महाकाल के सुरक्षा गार्ड की हत्या के 3 दोषियों को आजीवन कारावास

उज्जैन महाकाल मंदिर के सुरक्षा गार्ड की हत्या के सनसनीखेज मामले में 3 साल बाद कोर्ट का फैसला आ गया है। जिला अदालत ने महाकाल मंदिर अन्न क्षेत्र के प्रभारी निनाद काले, सुरक्षाकर्मी भावना खेड़वनकर और सुनील शर्मा को दोषी करार देते हुए उम्रकैद की सजा सुनाई है, जबकि एक आरोपी को दोषमुक्त कर दिया गया है। इस मामले में आरोपियों को सजा दिलाने में डीएनए रिपोर्ट ने अहम भूमिका निभाई। हत्या के दौरान सुरक्षा गार्ड के हाथ में सुनील के बाल आ गए थे और पुलिस ने इन्हीं बालों के डीएनए परीक्षण के आधार पर तीनों आरोपियों को उम्रकैद की सजा तक पहुंचाया। ये था पूरा मामला शेयर आपको बता दें कि घर के पास चाकू मारकर की गई हत्या का यह मामला 22 अक्टूबर 2021 की रात का है, जब उज्जैन के महाकाल थाना पुलिस को सूचना मिली कि महाकाल मंदिर के सुरक्षा गार्ड दिनेश मराठा (41) की 2 बदमाशों ने चाकू मारकर हत्या कर दी। यह घटना (MP Ujjain News) नृसिंह घाट के पास गोंड बस्ती में दिनेश के घर के बाहर हुई थी। दिनेश और उनकी पत्नी भावना दोनों महाकाल मंदिर में सुरक्षा एजेंसी के कर्मचारी थे। इस अंधे कत्ल की गुत्थी सुलझाने के लिए पुलिस ने कई लोगों से पूछताछ की। अंततः डीएनए रिपोर्ट और कॉल रिकॉर्डिंग के जरिए घटना की सच्चाई सामने आई। अवैध संबंध के चलते हुई थी हत्‍या यह हत्या अवैध संबंध के चलते की गई थी। पुलिस ने जांच के दौरान मृतक की पत्नी भावना, उसके प्रेमी निनाद काले (जो महाकाल मंदिर अन्न क्षेत्र के प्रभारी थे), सुनील शर्मा और रोहित सिंह को गिरफ्तार किया था। करीब तीन साल तक चले इस मामले में अवैध संबंध के कारण हत्या की बात साबित होने पर कोर्ट ने गुरुवार को निनाद काले, भावना खेड़वनकर, और सुनील शर्मा को आजीवन (MP Ujjain News) कारावास की सजा सुनाई, हालांकि रोहित सिंह के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने के कारण उसे बरी कर दिया गया। स्‍कूल के पीछे मारा था चाकू परिवार को सूचना मिली थी कि नए नूतन स्कूल के पीछे दिनेश को चाकू मारा गया है। जब परिजन वहां पहुंचे, तो दिनेश सड़क पर गंभीर हालत में पड़ा हुआ था। उसकी (MP Ujjain News) बाईं पसली और पैर से तेज़ी से खून बह रहा था। पिता दयाराम और अन्य परिजनों ने तुरंत दिनेश को ऑटो से सरकारी अस्पताल पहुंचाया, लेकिन डॉक्टरों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। recent visitors 110

बेंगलुरु टेस्ट में सरफराज की सेंचुरी, पंत की फिफ्टी; दोनों के बीच 100+ रन की साझेदारी

 बेंगलुरु भारत और न्यूजीलैंड के बीच 3 मैचों की टेस्ट सीरीज का पहला टेस्ट बेंगलुरु में खेला जा रहा है. आज मुकाबले का चौथा द‍िन है. भारतीय टीम दूसरी पारी में बल्लेबाजी कर रही है. इस समय ऋषभ पंत और सरफराज खान बल्लेबाजी कर रहे हैं. भारतीय टीम का स्कोर 344 रन है और उसके 3 व‍िकेट ग‍िरे हैं. सरफराज खान ने इस दौरान मैच में अपना पहला शतक जड़ा. वहीं ऋषभ पंत भी अर्धशतक जमा चुके हैं. भारत न्यूजीलैंड से सिर्फ 12 रन पीछे है. बारिश के चलते लंच जल्दी ले लिया गया है. बारिश के चलते मैच थमा, सरफराज-पंत छाए, भारत अब न्यूजीलैंड से सिर्फ 12 रन पीछे विपरित हालातों से पार पाते हुए भारतीय टीम ने अपनी दूसरी पारी में तीन विकेट खोकर 344 रन बना लिए हैं। बारिश के चलते फिलहाल मैच रोका गया है। सरफराज खान 125 और ऋषभ पंत 53 रन बनाकर नाबाद हैं। न्यूजीलैंड की लीड अब सिर्फ 12 रन ही रह गई है। भारत 356 रन की लीड खत्म करते ही अपने टेस्ट इतिहास में दूसरी सबसे बड़ी बढ़त कवर कर लेगा। ऋषभ पंत ने ठोकी फिफ्टी सरफराज खान के शतक के बाद ऋषभ पंत ने भी अपनी फिफ्टी पूरी कर ली। भारत तेजी से न्यूजीलैंड की लीड उतारने के करीब जा रहा है। घुटने में चोट के चलते विकेटकीपिंग नहीं करने वाले पंत विपरित हालातों में आकर टीम को बखूबी संभाल रहे हैं। भारत के पहली पारी के 46 रनों के जवाब में न्यूजीलैंड ने 402 रन बनाए. इस तरह न्यूजीलैंड की टीम को 356 रनों की भारी बढ़त म‍िली है. न्यूजीलैंड की ओर से रचिन रवींद्र ने सबसे ज्यादा 134 रनों की पारी खेली. इस मैच से जुड़े अपडेट और लाइव स्कोर के ल‍िए इस पेज को र‍िफ्रेश करते रहें. न्यूजीलैंड की टीम अब तक भारतीय जमीन पर कोई भी द्विपक्षीय टेस्ट सीरीज नहीं जीत सकी है. इस बार दोनों टीमों के बीच 13वीं टेस्ट सीरीज खेली जाएगी. भारतीय टीम की कप्तानी रोहित शर्मा के हाथों में है. जबकि कीवी टीम की कमान टॉम लैथम संभाल रहे हैं. दूसरी पारी में भारतीय टीम की शुरुआत शानदार रही. कप्तान रोहित शर्मा और यशस्वी जायसवाल ने मिलकर पहले विकेट के लिए 72 रन जोड़े. यशस्वी सेट हो चुके थे, लेकिन वह बड़ा शॉट खेलने के चक्कर में अपना विकेट गंवा बैठे. यशस्वी को स्पिनर एजाज पटेल ने स्टम्प आउट कराया. यशस्वी के आउट होने के कुछ देर बाद रोहित शर्मा ने अपनी फिफ्टी पूरी कर ली. हालांकि रोहित फिफ्टी जड़ने के कुछ देर बाद ही एजाज पटेल की बॉल पर आउट हो गए. रोहित ने 8 चौके और एक सिक्स की मदद से 63 गेंदों पर 52 रन बनाए. रोहित के आउट होने के समय भारत का स्कोर 95/2 रन था. दो विकेट गिरने के बाद विराट कोहली और सरफराज खान ने मिलकर भारतीय पारी को संभाला. कोहली और सरफराज ने अपनी-अपनी फिफ्टी पूरी कर ली. सरफराज ने सिर्फ 42 गेंदों पर अपनी फिफ्टी पूरी की. वहीं कोहली ने अर्धशतकीय आंकड़े तक पहुंचने के लिए 70 गेंदें लीं. कोहली-सरफराज के बीच तीसरे विकेट के लिए 136 रनों की पार्टनरशिप हुई. कोहली तीसरे दिन की आखिरी गेंद पर आउट हुए. कोहली को ग्लेन फिलिप्स ने विकेटकीपर टॉम ब्लंडेल के हाथों कैच आउट कराया. कोहली ने 102 गेंदों पर 70 रन बनाए, जिसमें 8 चौके और एक सिक्स शामिल रहा. recent visitors 85

नेपाल : सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट में अवैध घुसपैठियों को नागरिकता दिलाए जाने का खुलासा किया गया

नेपाल में अवैध बांग्लादेशी और रोहिंग्या को नेपाली नागरिकता दिलाने में इस्लामिक संघ सक्रिय  नेपाल में रोहिंग्या मुस्लिमों को अवैध रूप से प्रवेश कराने में स्थानीय इस्लामी संगठनों का हाथ  नेपाल : सुरक्षा एजेंसियों की रिपोर्ट में अवैध घुसपैठियों को नागरिकता दिलाए जाने का खुलासा किया गया काठमांडू  नेपाल में रोहिंग्या और बांग्लादेशी मुस्लिमों को अवैध रूप से प्रवेश कराने में स्थानीय इस्लामी संगठनों का हाथ है। सरकार को सौंपी गई सुरक्षा एजेंसियों की एक रिपोर्ट में इन अवैध घुसपैठियों को नेपाल की नागरिकता भी दिलाए जाने का खुलासा किया गया है। इस रिपोर्ट के मुताबिक ये अप्रवासी मुख्य रूप से पश्चिम बंगाल से जुड़े नेपाल के पूर्वी हिस्से में काकरभिट्टा सीमा क्षेत्र से प्रवेश कर रहे हैं। नेपाल पुलिस की इंटेलिजेंस शाखा ने सरकार को सौंपी रिपोर्ट में बांग्लादेशी मुस्लिमों की मजदूर के रूप में घुसपैठ का भी उल्लेख है। इस रिपोर्ट में नेपाल के इस्लामिक संघ पर मुस्लिम समुदाय को देश में अवैध प्रवेश करवाकर नेपाली नागरिकता दिलाने में मुख्य भूमिका निभाने का आरोप है। रिपोर्ट में कहा गया है कि इस्लामिक संघ इन बांग्लादेशी मुसलमानों की सूची संकलित करके नेपाल मुस्लिम आयोग और उसके अध्यक्ष को भेजकर इस प्रक्रिया में केंद्रीय भूमिका निभाता है। आयोग इन व्यक्तियों को बांग्लादेशी नागरिकों के परिवार के सदस्यों के रूप में गलत तरीके से सत्यापित करता है, जिन्होंने पहले ही नेपाली नागरिकता हासिल कर ली है, जिससे उन्हें कानूनी जांच से बचने की अनुमति मिलती है। बांग्लादेश और रोहिंग्या मुसलमानों में से कुछ इस्लामिक संघ की मदद से नेपाली पासपोर्ट प्राप्त करने में सफल रहे हैं, और इनमें से कुछ को हाल ही में पकड़ा गया था। नागरिकता प्राप्त करने वाले बांग्लादेशी मुसलमानों की बढ़ती संख्या ने मधेस और तराई क्षेत्रों में जनसांख्यिकीय परिवर्तन के बारे में चिंता बढ़ा दी है। लंबे समय तक नेपाल पुलिस के विशेष ब्यूरो में काम करने वाले नेपाल पुलिस के अवकाश प्राप्त एआईजी पुष्कर कार्की ने बताया कि ये कार्रवाइयां जमात-ए-इस्लामी पाकिस्तान जैसे विदेशी कट्टरपंथी संगठनों के व्यापक एजेंडे का हिस्सा हैं, जो कथित तौर पर इस्लामिक संघ नेपाल के साथ सहयोग करते हैं। इन संगठनों का उद्देश्य अवैध आप्रवासन और नागरिकता हेरफेर के माध्यम से बांग्लादेशी मुसलमानों की आबादी बढ़ाकर दक्षिणी नेपाल में जनसांख्यिकीय संतुलन को बदलना है। नेपाल में सुरक्षा मामलों के जानकार डॉ. दीपेश केसी ने बताया कि बांग्लादेशी मुसलमानों के लिए नागरिकता सुरक्षित करने के अपने प्रयासों के अलावा, इस्लामिक संघ के नेता कथित तौर पर विभिन्न नेपाली राजनीतिक दलों के नेताओं के साथ नियमित चर्चा में लगे हुए हैं। माना जाता है कि इन बैठकों के दौरान वे नेपाल में रहने वाले बांग्लादेशी नागरिकों की नागरिकता की स्थिति को वैध बनाने के लिए राजनीतिक हस्तियों पर दबाव डाल रहे हैं, जिससे मामला और जटिल हो गया है। गृह मंत्रालय की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि नेपाल भी म्यांमार से भागकर आए रोहिंग्या शरणार्थियों की बढ़ती आमद का सामना कर रहा है और 2017 के बाद से बड़ी संख्या में रोहिंग्या नेपाल में प्रवेश कर चुके हैं। गृह मंत्रालय के पास यह तथ्य है कि नेपाल में रोहिंग्या शरणार्थियों की संख्या अब लगभग 800 तक पहुंच गई है। हालांकि नेपाल आधिकारिक तौर पर उन्हें शरणार्थी के रूप में मान्यता नहीं देता है। यूएनएचसीआर (शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र उच्चायुक्त) ने नेपाल में 370 रोहिंग्या व्यक्तियों को पहचान पत्र जारी किए हैं, जबकि अतिरिक्त 123 आवेदन लंबित हैं। इनमें से कई शरणार्थी अब काठमांडू के बाहरी इलाके में जमीन किराए पर लेना चाह रहे हैं, खासकर ललितपुर के टीकाथली और भक्तपुर के बाहरी इलाके में। इससे नेपाल में ही सुरक्षा और जनसांख्यिकीय चिंताएं भी बढ़ गई हैं। सरकार को सौंपी गई ताजा रिपोर्ट में नेपाल में सुरक्षा एजेंसियों ने रोहिंग्या शरणार्थियों सहित अवैध अप्रवासियों की बढ़ती आमद पर चिंता जताई है। यह बढ़ती प्रवृत्ति नेपाल की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए चिंता का विषय बन गई है क्योंकि अवैध आप्रवासन से देश के सामाजिक, राजनीतिक और जनसांख्यिकीय ताने-बाने के बाधित होने का खतरा है। सरकार की तरफ से सुरक्षा अधिकारियों से आग्रह किया जा रहा है कि वे मुस्लिम संगठनों द्वारा नेपाल में ऐसे बांग्लादेशी मुसलमानों को बुलाने और उनके रहने की सुविधा प्रदान करने के किसी भी प्रयास को रोककर, सीमा निगरानी को मजबूत करने और अवैध आव्रजन गतिविधियों पर अंकुश लगाने के साथ-साथ शरणार्थी संकट के मानवीय पहलू का प्रबंधन करके इस चुनौती को अधिक प्रभावी ढंग से संबोधित करें।     recent visitors 83

सूडान में आंतरिक रूप से विस्थापित लोगों की संख्या बढ़कर 8 2 मिलियन हो गई

जेनेवा  सूडान में 18 महीने से जारी संघर्ष ने मानवीय संकट को और भी गहरा कर दिया है। संयुक्त राष्ट्र शरणार्थी एजेंसी के अनुसार, अब तक लगभग 30 लाख शरणार्थी और वापस लौटे सूडानी लोग अपनी जान बचाने के लिए पड़ोसी देशों की शरण में जा चुके हैं। इनमें अधिकांश लोग मध्य अफ्रीकी गणराज्य, चाड, मिस्र, इथियोपिया, लीबिया, दक्षिण सूडान और युगांडा में शरण ले रहे हैं।संयुक्त राष्ट्र के मानवीय मामलों के समन्वय कार्यालय ने सूडान में लगातार हो रहे विस्थापन पर गहरी चिंता व्यक्त की है। अंतर्राष्ट्रीय प्रवासन संगठन के अनुसार, अक्टूबर के पहले पखवाड़े में ही लगभग 40,000 लोग सूडान के भीतर विस्थापित हुए हैं। पिछले साल अप्रैल में शुरू हुए संघर्ष के बाद से अब तक सूडान में आंतरिक रूप से विस्थापित लोगों की संख्या बढ़कर 8।2 मिलियन हो गई है, जिससे देश के भीतर मानवीय संकट गहरा गया है। दारफुर क्षेत्र में बढ़ते हिंसक संघर्ष के कारण अकेले अक्टूबर के पहले सप्ताह में 25,000 लोग पूर्वी चाड पहुंचे, जो इस वर्ष के किसी एक सप्ताह में पलायन करने वालों की सबसे अधिक संख्या है। चाड में इस समय 681,944 सूडानी शरणार्थी हैं, जो किसी भी अन्य देश की तुलना में सबसे ज्यादा हैं।     recent visitors 115

रणजी में बल्लेबाज साई सुदर्शन ने मचाया तहलका, ठोका दोहरा शतक; तमिलनाडु ने बनाए 379 रन

नई दिल्ली  दिल्ली के कप्तान हिम्मत सिंह को परिस्थितियों को सही से नहीं पढ़ पाने का खामियाजा भुगतना पड़ा जिससे तमिलनाडु ने बी साई सुदर्शन ने नाबाद दोहरा शतक ठोका। इसकी बदौलत ग्रुप डी रणजी ट्रॉफी मैच के पहले दिन स्टंप तक एक विकेट गंवाकर तमिलनाडु ने 379 रन बना लिये थे। सुदर्शन 202 रन बनाकर क्रीज पर डटे हैं, उन्होंने एन जगदीशन (101 गेंद में 65 रन) के साथ पहले विकेट के लिए 168 रन और वाशिंगटन सुंदर (नाबाद 96 रन) के साथ दूसरे विकेट के लिए अभी तक 211 रन की शतकीय साझेदारियां निभाईं। दिल्ली के कप्तान से हो गई चूक दिल्ली के कप्तान हिम्मत पिच पर बहुत घास होने के कारण सही फैसला नहीं कर सके जबकि यह सपाट निकली। इससे तमिलनाडु के बल्लेबाजों ने दिल्ली के गेंदबाजों की खूब धुनाई की। नवदीप सैनी (17 ओवर में 65 रन देकर एक विकेट) और हिमांश चौहान (17 ओवर में 50 रन देकर कोई विकेट नहीं) ने शुरूआती स्पैल में प्रभाव डाला लेकिन सुदर्शन और जगदीशन ने खराब स्पिन गेंदबाजी पर तेजी से रन बटोरे। दिल्ली के टीम प्रबंधन ने बायें हाथ के स्पिनर सुमित माथुर को अंतिम 11 में नहीं चुना जिन्होंने पिछले सत्र में अपने पदार्पण में नौ विकेट झटके थे। गुजरात टाइटन्स के क्रिकेट निदेशक विक्रम सोलंकी अपने खिलाड़ियों का खेल देख रहे थे और सुदर्शन के स्ट्रोक्स से वह प्रभावित दिखे। साई सुदर्शन ने 249 बॉल में ठोका दोहरा शतक सुदर्शन ने दिन के अंत में हर्ष त्यागी पर तेजी से एक रन लेकर 249 गेंद में अपना दोहरा शतक पूरा किया। फिलहाल, सुदर्शन 77 के स्ट्राइक रेट से बल्लेबाजी करते हुए 202 रन पर नाबाद खेल रहे हैं। उन्होंने अपनी पारी में अब तक 23 चौके और 1 छक्का भी लगाया है। 23 साल के सुदर्शन लगातार अपने नाम का डंका बजा रहे हैं। उन्होंने डॉमेस्टिक क्रिकेट में खुद को साबित किया है। रेड बॉल क्रिकेट में साई लगातार अच्छा कर रहे हैं। अगर इस तरह से वह खेलते रहे। तो जल्द ही उनकी भारत की टेस्ट टीम में जगह बन सकती है। वहीं साई ने भारत के लिए 3 वनडे और 1 टी20 भी खेला है। वनडे में उन्होंने 63.50 की औसत से 127 रन ठोके हैं, जिसमें 2 फिफ्टी शामिल हैं। recent visitors 172

भारत ने कनाडाई बॉर्डर सर्विस एजेंसी के अधिकारी को वॉन्टेड आतंकवादी घोषित किया

नई दिल्ली भारत और कनाडा के बीच खालिस्तानी आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या को लेकर कूटनीतिक विवाद चल रहा है। हाल ही में कनाडा ने भारत के उच्चायुक्त पर गंभीर आरोप लगाए थे, जिसके बाद भारत ने कनाडा के राजनायिकों को बाहर का रास्ता दिखाया और अपने उच्चायुक्त को भी वापस बुलाया। इस विवाद के बीच खबर है कि भारत ने कनाडाई बॉर्डर सर्विस एजेंसी (CBSA) के एक अधिकारी संदीप सिंह सिद्धू को वॉन्टेड आतंकवादी घोषित कर दिया है और उसे वापस लाने की मांग की है। कनाडा और भारत के बीच क्या है कूटनीतिक विवाद? कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो और रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस ने इस हफ्ते आरोप लगाया कि भारतीय राजनायिक कनाडा में सिख अलगाववादियों को निशाना बना रहे हैं। उनका आरोप है कि भारत सरकार को उनके बारे में जानकारी साझा करके उन्हें निशाना बनाया जा रहा है। उनके मुताबिक, शीर्ष भारतीय अधिकारी उस जानकारी को अपराध समूहों को दे रहे हैं जो कनाडा के नागरिक इन कार्यकर्ताओं को ड्राइव-बाय शूटिंग, जबरन वसूली और यहां तक कि हत्या का निशाना बना रहे हैं। दूसरी ओर, भारत ने कनाडा के आरोपों को बेतुका बताते हुए खारिज कर दिया है। विदेश मंत्रालय ने जवाबी कार्रवाई करते हुए कनाडा के कार्यवाहक उच्चायुक्त और पांच अन्य राजनयिकों को देश से निकाल दिया है। कौन है सीबीएसए का संदीप सिंह सिद्धू? टाइम्स नॉउ की एक रिपोर्ट के अनुसार, संदीप सिंह सिद्धू, सीबीएसए का कर्मचारी है और प्रतिबंधित संगठन इंटरनेशनल सिख यूथ फेडरेशन (ISYF) का सदस्य है। उस पर पंजाब में आतंकवादी गतिविधियों को बढ़ावा देने का आरोप है। कहा जा रहा है कि संदीप सिंह सिद्धू के पाकिस्तान स्थित खालिस्तानी आतंकवादी लखबीर सिंह रोडे और आईएसआई के अन्य गुर्गों के साथ संबंध थे। माना जा रहा है कि 2020 में बलविंदर सिंह संधू की हत्या में उसकी भूमिका थी। क्या सनी टोरंटो ही है संदीप सिंह सिद्धू? बलविंदर सिंह संधू, शौर्य चक्र पुरस्कार से सम्मानित थे। पंजाब के उग्रवाद के दौरान खालिस्तानी आतंकवादियों के खिलाफ अपने प्रयासों और अमेरिका और कनाडा में सिख फॉर जस्टिस (SFJ) के नेतृत्व में किये गए खालिस्तान जनमत संग्रह का विरोध करने वालों में वो प्रमुख थे। रिपोर्ट के अनुसार, संदीप सिंह सिद्धू को सीबीएसए में अधीक्षक पद पर प्रमोट किया गया था। एनआईए का दावा है कि सनी टोरंटो और पाकिस्तान में रहने वाले आतंकवादी लखबीर सिंह रोडे सहित कनाडा के खालिस्तानी गुर्गों ने संधू की हत्या की योजना बनाई थी। यह अभी भी साफ नहीं है कि सनी टोरंटो संदीप सिंह सिद्धू का ही दूसरा नाम है। यह रिपोर्ट विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची द्वारा पिछले हफ्ते की गई प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद आई है, जिसमें उन्होंने कहा था कि भारत ने कनाडा से करीब 26 आरोपियों के प्रत्यर्पण की मांग की थी, जिस पर कनाडाई अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया। उन्होंने कहा, ‘हमने कनाडा सरकार के साथ लॉरेंस बिश्नोई गिरोह सहित गिरोह के सदस्यों के बारे में सुरक्षा संबंधी जानकारी साझा की थी और उनसे उन्हें (अपराधियों को) गिरफ्तार करने का अनुरोध किया था … अब तक, हमारे अनुरोध पर कनाडा की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई है।’ recent visitors 95

मंत्री पटेल ने बताया मण्डल के प्रचलित अभिदाय दरों में 11 वर्ष पश्चात् वृद्धि करने का निर्णय लिया गया

श्रमिकों के सम्पूर्ण कल्याण के लिये सरकार प्रतिबद्ध- श्रम मंत्री पटेल प्रदेश में श्रम विभाग ने प्राप्त की विशेष उपलब्धियाँ – श्रम मंत्री पटेल मंत्री पटेल ने बताया मण्डल के प्रचलित अभिदाय दरों में 11 वर्ष पश्चात् वृद्धि करने का निर्णय लिया गया भोपाल श्रम, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल ने श्रम विभाग की उलब्धियों की जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश श्रम कल्याण मण्डल द्वारा प्रदेश में उज्जैन, पीथमपुर, भोपाल, जबलपुर एवं सतना में 05 आदर्श श्रम केन्द्र के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया गया गया है। श्रमोदय आदर्श आई टी आई-मुगालिया छाप में संचालित ट्रेड सिविल इंजीनियरिंग असिस्टेंट, टैकनीशियन मैकाट्रोनिक्स, एडवांस सीएनसी मशीनिंग टेक्नीशियन केवल प्रदेश में श्रमोदय आईटीआई में ही संचालित है, यह विशेष उपलब्धि है। मंत्री पटेल ने कहा कि श्रम मण्डल की "अंतिम संस्कार सहायता योजना" का लाभ केवल श्रमिक को मिलता था, जिसका विस्तार करते हुये पात्र श्रमिक के परिवार में पत्नि, पुत्र-पुत्री एवं माता-पिता को भी उक्त योजना में शामिल किया गया है। इसके साथ ही मण्डल की "अनुग्रह सहायता योजना" (अध्यक्ष का विवेकाधीन कोटा) का लाभ पहले केवल श्रमिक को मिलता था, जिसका विस्तार करते हुये पात्र श्रमिक के परिवार में पत्नि, पुत्र-पुत्री एवं माता-पिता को भी उक्त योजना में शामिल किया गया है। पात्र दिव्यांग श्रमिकों को इलेट्रिक वाहन प्रदाय करने का निर्णय लिया गया है, इस वर्ष 50 श्रमिकों को इलेट्रिक वाहन प्रदाय किये जायेगें। मंत्री पटेल ने बताया कि मण्डल के प्रचलित अभिदाय दरों में 11 वर्ष पश्चात् वृद्धि करने का निर्णय लिया गया है, जिसमें नियोजक का अभिदाय 30 रु. के स्थान पर 50 रु. प्रति छः माह एवं नियोजक का न्यनतम् अभिदाय 1500 के स्थान पर 2500 रु. प्रति छः माह वृद्धि करने का निर्णय लिया गया है। मण्डल दुद्वारा वर्तमान में संभागीय श्रमिक खेलकूद प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें इन्दौर की प्रतियोगिता 08 अक्टूबर को संपन्न हो चुकी है एवं 18 अक्टूबर को उज्जैन में प्रतियोगिता संपन्न हो रही है। शेष संभागों में भी निर्धारित तिथि पर प्रतियोगिताएँ आयोजित की जायेंगी। मंत्री पटेल ने कहा कि मण्डल की योजनाओं का लाभ लेने के लिये ऑनलाइन आवेदन लोक सेवा केन्द्रों के माध्यम से करना होते है। अब लोक सेवा केन्द्र के साथ मण्डल द्वारा संचालित 27 श्रम कल्याण केन्द्रों पर भी श्रमिक अपना आवेदन ऑनलाइन भर सकेगें। मण्डल को 95% अभिदाय ऑनलाईन प्राप्त हो रहा है। मण्डल में भी पोर्टल के माध्यम से ऑनलाईन अभिदाय का भुगतान प्राप्त किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि नियोजकों को अभियोजन की कार्यवाही से निजात दिलाने हेतु प्रशमन का प्रावधान किया गया है, जिससे नियोजकों को अभियोजन प्रक्रिया से राहत मिली है। हितग्राहियों को हितलाभ का भुगतान उनके आधार बेस, बैंक अकाउंट में ही किया जाना सुनिश्चित किया गया है। मध्यप्रदेश भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल की उपलब्धियों के बारे में मंत्री पटेल ने जानकारी देते हुए बताया किमध्यप्रदेश भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा पंजीकृत भवन एवं अन्य संनिर्माण श्रमिकों की संतानों हेतु स्कूल छात्रवृत्ति योजना 2024 शुरू की गई है, जिसके अंतर्गत कक्षा 01 से 12वीं तक के छात्र-छात्राओं को 2300 रूपये प्रति वर्ष तक की छात्रवृत्ति का लाभ प्रदाय किया जायेगा।उन्होंने कहाई-स्कूटर हेतु अनुदान योजना 2024 शुरू की गई है, जिसके अंतर्गत पंजीकृत निर्माण श्रमिक द्वारा इलेक्ट्रिक स्कूटर क्रय करने पर 40,000 रूपये तक की अनुदान राशि का लाभ प्रदाय किया जावेगा। "दिव्यांग सहायता अनुदान योजना" 2024 शुरू की गई है, जिसके अंतर्गत पंजीकृत निर्माण श्रमिक द्वारा दिव्यांगजन हेतु उपकरण क्रय करने पर 35,000 रूपये तक की अनुदान राशि का लाभ प्रदाय किया जावेगा। मंत्री पटेल ने बताया कि श्रमिक ग्रामीण आवास हेतु अनुदान योजना 2024 शुरू की गई है, जिसके अंतर्गत ऐसे पंजीकृत निर्माण श्रमिक जिन्हें "प्रधानमंत्री आवास योजना" (ग्रामीण) अंतर्गत आवास आवंटित होगा, उन्हें मंडल की ओर से 50,000 रूपये की अनुदान राशि का लाभ प्रदाय किया जावेगा। "औजार/उपकरण खरीदी हेतु अनुदान योजना" 2024 शुरू की गई है, जिसके अंतर्गत ऐसे पंजीकृत निर्माण श्रमिक द्वारा औजार/उपकरण की खरीदी करने पर मंडल की ओर से 10,000 रूपये तक की अनुदान राशि का लाभ प्रदाय किया जायेगा। मध्यप्रदेश भवन एवं अन्य संनिर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा प्रदेश के समस्त 16 नगर निगमों में पी.आई.यू. के माध्यम से 100 बिस्तर के श्रमिक विश्राम गृह का निर्माण किया जा रहा है। प्रति श्रमिक विश्राम गृह की लागत 6.10 करोड़ रूपये होगी। इनमें निःशुल्क ठहरने एवं रियायती दरों पर भोजन की व्यवस्था होगी। इनका संचालन जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में समिति द्वारा किया जायेगा। प्रदेश में 05 नवीन श्रमोदय आवासीय विद्यालय सागर, रीवा, उज्जैन, शहडोल एवं बालाघाट में शुरू किये जावेगें। इन 05 नवीन श्रमोदय विद्यालयों की कुल निर्माण लागत 310 करोड़ रूपये एवं प्रति वर्ष कुल संचालन व्यय 50 करोड़ रूपये होगा। वित्तीय वर्ष 2022-23 एवं 2023-24 में अनुग्रह सहायता योजना एवं आयुष्मान भारत योजना में लाभान्वित किये गये हितग्राहियों का सोशल ऑडिट करवाया जा रहा है। मंडल की सभी योजनाओं में आधार आधारित भुगतान की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है, जिसमें हितग्राही को उसके आधार से लिंक बैंक खातें में राशि डी.बी.टी. के माध्यम से प्राप्त होती है।   recent visitors 77