दमोह स्टेशन से असलाना के बीच तीसरी रेल लाइन का ट्रैक कंप्लीट, 120 किमी की रफ्तार से ट्रेन दौड़ाकर थर्ड लाइन का किया निरीक्षण

 दमोह दमोह स्टेशन से असलाना के बीच तीसरी रेल लाइन का ट्रैक कंप्लीट हो गया है। इसलिए बुधवार को यहां पर 120 किमी की रफ्तार से ट्रेन दौड़ाकर थर्ड लाइन का निरीक्षण अधिकारियों ने किया। जल्द ही इस ट्रेक पर आवागमन शुरू होगा। जबलपुर रेल मंडल के एडीआरएम और रेलवे के सुरक्षा आयुक्त ने तीसरी रेलवे लाइन का निरीक्षण कर लिया है। दमोह से असलाना के बीच ट्रैक सही मिला है, लेकिन सागर रूट पर पथरिया से असलना के बीच में सुनार नदी और कटनी रूट पर घटेरा, बांदकपुर के बीच व्यारमा नदी पर पुल न बनने की वजह से तीसरी लाइन पूरी तरह से कंपलीट नहीं हो पाई है। हालांकि सुरक्षा आयुक्त से स्वीकृति पत्र जारी होने के बाद इस पर आवागमन चालू हो पाएगा। दमोह स्टेशन मास्टर मुकेश जैन ने बताया कि असलाना से दमोह के बीच में रेल संरक्षा आयुक्त ने 120 किमी की रफ्तार से स्पेशल ट्रेन दौड़ाई। इसमें कहीं पर कोई खामी नहीं मिली, लेकिन सुनार नदी पर पुल न बनने की वजह से कुछ समय लग सकता है। इसी तरह की स्थिति घटेरा के पास व्यारमा नदी पर पुल न बनने की समस्या है। यहां पर भी काम चल रहा है। जल्द ही पूरा होने के बाद रेलवे ट्रैक फ्री हो जाएगा। बता दें तीसरी रेल लाइन विस्तारीकरण का यह बहुत बड़ा काम है इससे जहां रेल सुविधाओं में वृद्धि होगी। इसके साथ ही छोटे स्टेशन पर यात्रियों के लिए आवश्यक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। पिछले दिनों मलैया मिल फाटक से असलाना स्टेशन तक तीसरी रेल लाइन जोड़ने के लिए 52 यात्री ट्रेनों को बंद करना पड़ा था। अब जबकि तीसरी लाइन का काम पूरा हो गया है तो इस ट्रेक पर ट्रेनें चलना शुरू हो जाएंगी और यात्रियों को एक ही समय पर दो यात्री ट्रेनें उपलब्ध रहेंगी। recent visitors 70

थम नहीं रही रेलवे के खिलाफ साजिश, बिरला नगर रेलवे स्टेशन के पास ट्रैक पर मिली लोहे की रॉड

ग्वालियर मध्य प्रदेश के ग्वालियर और उत्तर प्रदेश के रायबरेली में असामाजिक तत्वों द्वारा ट्रेन पलटाने का षड्यंत्र फिर सामने आया है। ग्वालियर में सोमवार देर रात बिरला नगर स्टेशन स्टेशन के आउटर पर तीसरी लाइन की पटरियों पर लोहे की मोटी छड़ों को तारों से बांधकर रख दिया गया था। रात लगभग डेढ़ बजे इसी ट्रैक पर आ रही मालगाड़ी के लोको पायलट को जब छड़ें नजर आईं तो उन्होंने इमरजेंसी ब्रेक लगाकर ट्रेन रोकी और हादसा टला। जीआरपी व आरपीएफ के जवान देर रात मौके पर पहुंचे। जीआरपी ने इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। काशन आर्डर के कारण मालगाड़ी की गति 12 किमी प्रतिघंटा थी। यदि ट्रेन की गति अधिक होती, तो छड़ें नजर नहीं आती और हादसा होने की आशंका थी। तकनीकी अधिकारियों के अनुसार लोहे की दो छड़ें कुछ दूरी पर ट्रैक पर थीं। पहली छड़ यदि ट्रेन के पहिए से कट भी जाती, तो ट्रेन को झटका लगता और तब तक दूसरी छड़ पहिए के नीचे आ जाती। ऐसे में ट्रेन के डिरेल होने की पूरी संभावना थी। इस घटना की जानकारी मिलते ही पूरे दिन झांसी मंडल से प्रयागराज मुख्यालय तक हलचल मची रही, क्योंकि इससे पहले भी उत्तर मध्य रेलवे के अंतर्गत विभिन्न स्टेशनों के आसपास ट्रेन पलटाने का षड्यंत्र रचा जा चुका है। ट्रैक पर लोहे की छड़ें मिलीं     बिरलानगर के पास रेलवे ट्रैक पर लोहे की छड़ें मिली हैं। इसी ट्रैक से मालगाड़ी गुजरनी थी, तभी छड़ें देखकर ट्रेन रोक ली गई। आरपीएफ व जीआरपी ने इसे जब्त किया है और इस मामले में जीआरपी में मामला दर्ज किया गया है। सुरक्षा बल फिलहाल मामले की जांच कर रहे हैं। – मनोज कुमार सिंह, जनसंपर्क अधिकारी रेल मंडल झांसी पहले भी हो चुकी हैं साजिशें     गत पांच अक्टूबर को झांसी-भोपाल रेल लाइन पर दैलवारा-ललितपुर के बीच ट्रैक पर छह फीट का सरिया असामाजिक तत्वों ने रख दिया था। इस दौरान पातालकोट एक्सप्रेस ट्रैक पर थी और उसके पहियों में सरिया फंस गया था।     गत 30 सितंबर को कानपुर के गोविंदपुरी-भीमसेन रेल लाइन पर अग्निशामक सिलेंडर रखा मिला था। इस दौरान पुष्पक एक्सप्रेस गुजर रही थी।     29 सितंबर को महोबा रेलवे ट्रैक पर कबरई और मटोंध स्टेशन के बीच पटरियों पर भारी-भरकम पिलर रखकर पैसेंजर ट्रेन को पलटाने के प्रयास किया गया था।     22 सितंबर को कानपुर के महाराजपुर में प्रेमपुर स्टेशन के पास ट्रैक पर एलपीजी सिलेंडर और बीयर कैन रखी हुई मिली थीं। उस समय मालगाड़ी इस ट्रैक से गुजर रही थी।     17 अगस्त को कानपुर के गोविंदपुरी स्टेशन के नजदीक ही भीमसेन रेल लाइन पर पटरी पर रखे भारी पत्थर के टकराने से साबरमती एक्सप्रेस के 22 डिब्बे डिरेल हो गए थे।   recent visitors 86

रायबरेली में बालू के ढेर से ढक गया था ट्रैक, चालक ने पटरी न देख रोकी ट्रेन

 रायबरेली रायबरेली में  रात लोको पायलट की सूझबूझ से बड़ा ट्रेन हादसा टल गया. जानकारी के मुताबिक रेलवे ट्रैक पर पड़े बालू के ढेर को देखकर लोको पायलट ने पैसेंजर ट्रेन रोक दी. बताया जाता है कि सड़क निर्माण के लिए ले जाए जा रहे बालू लदे ट्रक से बालू गिरने के कारण रेलवे ट्रैक पूरी तरह ढंक गया था. पूरा मामला रघुराज सिंह रेलवे स्टेशन के पास का बताया जा रहा है. यहां से रायबरेली रघुराज सिंह पैसेंजर ट्रेन गुजर रही थी. ट्रैक से बालू हटाने के बाद रवाना हुई ट्रेन पुलिस ने बताया कि रविवार को रघुराज सिंह स्टेशन के पास लोको पायलट ने रेल की पटरियों पर बालू का ढेर देखा. जिसके बाद उसने एक ट्रेन को कुछ देर के लिए रोक दिया. एसएचओ देवेंद्र भदौरिया ने बताया कि बालू को ट्रैक से हटा दिया गया और मार्ग पर रेल यातायात फिर से शुरू कर दिया गया. भदौरिया ने कहा कि रेलवे ट्रैक पर बालू का एक छोटा सा ढेर डाल दिया गया था, जिसके कारण रायबरेली से आने वाली शटल ट्रेन को रोक दिया गया. डंपर चालक ट्रैक पर बालू डालकर हुआ फरार मामले में स्थानीय लोगों ने बताया कि इलाके में सड़क निर्माण का काम चल रहा है, जिसमें रात में डंपरों का इस्तेमाल किया जा रहा है. उन्होंने बताया कि रविवार शाम को बालू ढोने वाले एक डंपर चालक ने बालू को रेलवे ट्रैक पर फेंक दिया और भाग गया. अगर लोको पायलट की नजर समय पर नहीं पड़ती तो बड़ा हादसा हो सकता था. आपको बता दें कि पिछले कुछ दिनों में ट्रेन को पलटाने की कोशिश की कई खबरें आ चुकी हैं. इससे पहले कानपुर में भी ट्रेन को पलटाने की साजिश वाली खबरआई थी. जहां ट्रैक पर सिलेंडर मिला था. इस मामले की जांच की जा रही है. वहीं, इसके बाद झांसी में टूटी पटरियों पर केरल एक्सप्रेस दौड़ गई थी. ड्राइवर की नजर जब ट्रैक पर पड़ी तो उसने तुरंत ब्रेक लगा दी थी. जिससे यात्रियों में चीख-पुकार मच गई थी.   recent visitors 84

दादर-भुसावल के बीच चलेंगी 140 स्पेशल ट्रेनें, वर्ष के अंत तक मिलेगी सुविधा, क्या है प्लान?

मुंबई  सेंट्रल रेलवे ने दिवाली के कारण ट्रेनों की भीड़ को देखते हुए दादर और भुसावल के बीच चलने वाली 104 विशेष लंबी दूरी की ट्रेनों की अवधि बढ़ाने का फैसला किया है। जो कि वर्तमान में नवरात्रि उत्सव के साथ चल रही है। इस फैसले से रेल यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी। दरअसल त्योहारों के दौरान गांव जाने वाले यात्रियों की संख्या काफी होती है। इनमें गणेशोत्सव, नवरात्रि और दिवाली त्योहार शामिल हैं। ट्रेनों की भीड़ को देखते हुए सेंट्रल रेलवे ने दादर और भुसावल के बीच चलने वाली 104 स्पेशल ट्रेनों का समय बढ़ा दिया है। ये है योजना… ट्रेन नंबर 09051 दादर-भुसावल और ट्रेन नंबर 09052 भुसावल-दादर हर सोमवार, बुधवार और गुरुवार को चलेगी और इसे 31 दिसंबर तक बढ़ा दिया गया है। ट्रेन संख्या 09049 दादर-भुसावल चलने वाली (26 यात्राएं) और ट्रेन संख्या 09050 भुसावल-दादर दोनों साप्ताहिक विशेष ट्रेनें प्रत्येक शुक्रवार को चलेंगी। इन ट्रेनों को 27 दिसंबर तक बढ़ा दिया गया है। दोनों ट्रेनों के समय, स्टॉपेज और कोच में कोई बदलाव नहीं किया गया है। वेबसाइट पर रिजर्वेशन खुला सभी कम्प्यूटरीकृत आरक्षण केंद्रों के साथ-साथ www.irctc.co.in पर विशेष किराये के साथ सभी स्पेशल ट्रेनों के लिए आरक्षण खुला है। रेलवे ने स्पेशल ट्रेनों के विस्तृत ठहराव के लिए www.enquiry. Indianrail.gov.in पर जाने या NTES ऐप डाउनलोड करने की अपील की है। रेलवे शहर में तीन सौ पौधे लगाएगाउधर 'स्वच्छता सेवा' के तहत एक हरित पहल के तहत मध्य रेलवे के नागपुर मंडल की ओर से शहर और इसके आसपास तीन सौ पेड़ लगाए जा रहे हैं। हरित और स्वस्थ पर्यावरण के लिए यह पहल शुरू की गई है। हाल ही में अपर मंडल रेल प्रबंधक पीएस खैरकर के नेतृत्व में पूरे विभाग में हजारों पौधे लगाए गए। रेलवे का लक्ष्य अकेले नागपुर शहर और उसके आसपास तीन सौ पेड़ लगाने का है। इस गतिविधि में रेलवे के कई विभागों के अधिकारी और कर्मचारी शामिल हुए हैं। recent visitors 78

रतलाम स्टेशन के करीब डीजल से भरी मालगाड़ी के दो टैंकर बेपटरी हुए, बाल्टियों और कैन डीजल भरने टूट पड़े लोग

रतलाम    दिल्ली-मुंबई रेलमार्ग पर रतलाम रेलवे स्टेशन के पास पेट्रोलियम पदार्थ से भरी एक मालगाड़ी बेपटरी हो गई. दिल्ली की तरफ जाने वाली डाउन लाइन पर यह हादसा हुआ है. हादसे के बाद मालगाड़ी के दो वैगन पटरी से उतर गए. दुर्घटनाग्रस्त हुए एक वैगन से ज्वलनशील पदार्थ का रिसाव भी होने लगा. हादसे की जानकारी मिलने के बाद रेलवे के आला अधिकारियों सहित एक्सीडेंट रिलीफ ट्रेन मौके पर पहुंची है. अधिकारियों का मानना है कि यह भी ट्रेन डिरेल करने की कोई साजिश हो सकती है.  हादसे की सूचना मिलने रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए और बचाव कार्य शुरू कर दिया गया। इस दौरान यात्री ट्रेनों का परिचालन भी बाधित हो गया और कई यात्री ट्रेनें अपने नियमित समय के विपरीत चलने लगी। रेल हादसे की खबर के बाद अधिकारियों में भी  हड़कंप मच गया। यह दुर्घटना गुरुवार रात 9.30 बजे की बताई जा रही है। रेल सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार बड़ौदा की ओर से रतलाम स्टेशन होते हुए बी नागदा साइड जा रही मालगाड़ी रतलाम रेलवे स्टेशन से कुछ ही दूर घटला ब्रिज के आगे अपयार्ड की ओर बेपटरी हो गई। दुर्घटना में दो डिब्बे बे पटरी से उतर गए। उसमे से एक डिब्बा  पलटी भी खा गया। रेलवे के माल गाड़ी के टिकट का डिब्बे में ज्वलनशील पदार्थ (डीजल) भरा हुआ था। इस हादसे के बाद इस रूट से गुजरने वाली कई  यात्री ट्रेनों का परिचालन बाधित हो गया। इधर दुर्घटना की सूचना मिलने के बाद राहत ट्रेन मौके पर पहुंच गई और रूट सुधारने का कार्य शुरू कर दिया गया। साथ ही डीआरएम रजनीश कुमार व अधिकारी मॉनिटरिंग के लिए कंट्रोल में पहुंचे और व्यवस्थाओ पर नजर बनाए रखी । हादसे की जांच के आदेश जारी डीआरएम ने इस हादसे की जांच के भी आदेश दे दिए है। इसके साथी दुर्घटना वाले क्षेत्र में लाउडस्पीकर पर ज्वलनशील पदार्थ नहीं ले जाने का भी अनाउंस किया गया जिससे कोई बड़ा हादसा ना हो सके। वही इस संबंध में रेलवे की ओर से जारी सूचना के तहत उन्होंने बताया कि 03 अक्टूबर, 2024 को नागदा की ओर जा रही गुड्स ट्रेन लगभग 10 बजे रतलाम-रतलाम ई केबिन के मध्य Km 655/10-12 के पर दो वैगन डिरेल हो गई है तथा एक वैगन पलट गई है। इसके कारण दिल्ली मुम्बई डाउन लाइन प्रभावित हुई है तथा अप लाइन से ट्रेनें चल रही है। डिरेल वैगन को छोड़कर शेष वैगन को वहां से रवाना कर दिया गया है तथा डिरेल वैगन को रिरेल करने का कार्य जारी है। जल्द ही डाउन लाइन को चालू कर दिया जाएगा। इसमें किसी प्रकार की जनहानि नही हुई है। इस घटना के कारण डाउन की दो ट्रेने प्रभावित हुई है। मंडल रेल प्रबंधक सिहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवम कर्मचारी घटना स्थल पर उपस्थित हैं। रतलाम DRM रजनीश कुमार के अनुसार नागदा की ओर जा रही गुड्स ट्रेन रात लगभग 10 बजे रतलाम-रतलाम ई केबिन के मध्य किलोमीटर 655/10-12 के पर दो वैगन डिरेल हो गई है तथा एक वैगन पलट गई है। इसके कारण दिल्ली मुम्बई डाउन लाइन प्रभावित हुई है तथा अप लाइन से ट्रेनें चल रही है। डिरेल वैगन को छोड़कर शेष वैगन को वहां से रवाना कर दिया गया है तथा डिरेल वैगन को रिरेल करने का कार्य जारी है। जल्द ही डाउन लाइन को चालू कर दिया जाएगा। इसमें किसी प्रकार की जनहानि नही हुई है। इस घटना के कारण डाउन की दो ट्रेन प्रभावित हुई है। विभागों के अधिकारी और कर्मचारी घटना स्थल पर उपस्थित हैं। लापरवाही की भयावह तस्वीर, जान पर खेल कर लोगों ने मचा दी डीजल की लूट… रतलाम में हुए इस हादसे के बाद लापरवाही की भयावह तस्वीर भी सामने आई कि स्थानीय लोगों ने टैंकरों से डीजल लीक होता देखा तो जान की परवाह किए बिना अपने बरतन और प्लास्टिक के केन लेकर पहुंच गए। देखते ही देखते वहां ऐसे सैकड़ों लोगों की भीड़ लग गई और डीजल की लूट मच गई। यह नजारा दिल दहला देने वाला…कैसे लोग अपनी जान पर खेल जाते हैं…। इन ट्रेनों को किया री शेड्यूल -गाड़ी संख्या 09546- नागदा रतलाम स्पेशल 01 घंटे -गाड़ी संख्या 09545- रतलाम नागदा 1.30 घंटे -गाड़ी संख्या 19341- नागदा बिना 1.30 घंटे -गाड़ी संख्या 09382- रतलाम दाहोद -गाड़ी संख्या 09350 दाहोद आनंद 02.00 घंटे लेटेस्ट अपडेट बता दें कि 3 अक्टूबर को नागदा की ओर जा रही गुड्स ट्रेन लगभग 22.00 बजे रतलाम-रतलाम ई केबिन के मध्य Km 655/10-12 के पर दो वैगन डिरेल हो गई थी । वैगनों को डिरेल कर तथा ट्रैक एवम OHE का मरम्मत कर डाउन लाइन को 04 अक्टूबर, 2024 को 10.00 बजे फिट दे दिया गया है। कॉशन आर्डर के साथ ट्रेनों का परिचालन किया जा रहा है। टला बड़ा हादसा, रेलवे की कई टीमें पहुंचीं ज्वलनशील पदार्थ से भरी मालगाड़ी रतलाम रेलवे स्टेशन के समीप डाउन लाइन पर दुर्घटनाग्रस्त हो गई है, ये जानकारी लगते ही रेलवे में हड़कंप मच गया. ये मालगाड़ी दिल्ली-मुंबई रूट पर नागदा की ओर जा रही थी. इसी दौरान स्टेशन से कुछ मीटर की दूरी पर मालगाड़ी के 2 वैगन पटरी से उतर गए. दुर्घटनाग्रस्त हुए हुए एक वैगन से डीजल का रिसाव होने की वजह से रेलवे की टीम को ट्रैक से वेगन हटाने में समय लगा. वैगन से हो रहे ज्वलनशील पदार्थ के रिसाव को रोकने के लिए इंडियन ऑयल कॉरपोरेशन की एक्सपर्ट टीम को भी सूचना दी गई है. गनीमत ये रही कि रेलवे की तत्परता से डीजल में आग नहीं लगी, वरना बड़ी घटना हो सकती थी. शुरू की गई हादसे के कारणों की जांच रतलाम डीआरएम रजनीश कुमार ने ईटीवी भारत से चर्चा में बताया कि '' डिरेल होने की सूचना मिलने पर रेलवे की टीम तत्काल दुर्घटनाग्रस्त वैगन को हटाने और डाउन लाइन पर यातायात बहाल करने का प्रयास कर रही है. घटनास्थल पर एक्सीडेंट रिलीफ टीम और रेलवे के इंजीनियर रेलवे ट्रैक से वैगन हटाने और डाउन लाइन पर रेल यातायात शुरू करने में जुटे हैं. मालगाड़ी डिरेल होने के कारणों की जांच भी रेलवे की टीम कर रही है.''   recent visitors 99

नागपुर-शहडोल एक्सप्रेस आज से छह दिन तो रक्षाबंधन के बाद 10 दिन बंद रहेगी , जानें वजह

शहडोल त्यौहार के बीच दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे द्वारा यात्रियों की समस्या बढ़ा दी है। रेलवे ने एक माह में दूसरी बार नागपुर-शहडोल ट्रेन को निरस्त करने का निर्णय लिया है। बुधवार से छह दिनों के लिए नागपुर-शहडोल की ट्रेन व रीवा इतवारी एक्सप्रेस को पहले ही निरस्त करने के आदेश जारी कर दिए थे, लेकिन इसके बाद भी रेलवे को यात्रियों पर तरस नहीं आया तो रेलवे ने मंगलवार को एक बार फिर आदेश जारी करते हुए नागपुर शहडोल ट्रेन को 10 दिनों के लिए निरस्त कर दिया है। रेलवे ने 27 अगस्त से 5 सितंबर तक निरस्त करने के आदेश जारी किए है। इस वजह से यात्रियों की चिंताएं बढ़ गई है। रेलवे से मिली जानकारी अनुसार बिलासपुर मंडल के अंतर्गत शहडोल-न्यू कटनीमल्टीप्ल लाइन रेल खंड पर उमरिया रेलवे स्टेशन को तीसरी रेललाइन से जोडने का कार्य किया जाना है। इस कार्य के लिए नॉन इंटरलोकिंग कार्य किया जाएगा। इसी वजह से रेलवे ने कई ट्रेनों को निरस्त किया है। जिसमें शहडोल नागपुर ट्रेन भी शामिल है। गाड़ी संख्या 11201- 11202 नागपुर-शहडोल एक्सप्रेस 27 अगस्त से 05 सितम्बर तक बंद रहेगी। वहीं 28 अगस्त से 06 सितंबर तक शहडोल से रवाना होने वाली गाड़ी रदद् होगी। आज से भी नहीं मिलेगी जबलपुर ट्रेन की सुविधा दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे द्वारा एक माह में दो बार ट्रेने के निरस्त के आदेश जारी किए गए है। बताया जा रहा है कि कलमना रेलवे स्टेशन में तीसरी लाइन कार्य के चलते वाया छिंदवाड़ा होते हुए रीवा-इतवारी, इतवारी-रीवा, शहडोल-नागपुर एक्सप्रेस निरस्त रहेगी। रेलवे द्वारा रीवा-इतवारी (11756) एक्सप्रेस 13, 15, 16 एवं 18 अगस्त को निरस्त रहेगी। वहीं इतवारी- रीवा (11755) एक्सप्रेस 14, 16, 17 एवं 19 अगस्त को निरस्त रहेगी। वहीं नागपुर-शहडोल (11202) एक्सप्रेस 15 से 20 अगस्त तक एवं शहडोल- नागपुर (11201) एक्सप्रेस 14 से 19 अगस्त तक निरस्त रहेगी। recent visitors 74

भोपाल से मुंबई की ओर जाने वाली ट्रेनों में वेटिंग 17 अगस्त तक, शताब्दी और वंदे भारत एक्सप्रेस में 100 से अधिक सीटें खाली

भोपाल  त्योहार से पहले की तिथियों की कई ट्रेनों में आरक्षण कराने पर अभी से प्रतीक्षा सूची का टिकट मिल रहा है। रक्षाबंधन पर भोपाल की ओर आने वाली कुछ ट्रेनों में आरक्षित सीटों की प्रतीक्षा सूची सौ का आंकड़ा पार कर गई है। वहीं, छठ पूजा और दीपावली पर घर जाने के लिए भी यात्रियों से अभी से आरक्षण करा लिया है। ऐसे में रक्षाबंधन से पहले ही यात्रियों का सबसे अधिक दबाव दिल्ली, मुंबई, नागपुर की ओर भोपाल से जाने वाली ट्रेनों पर है। जानकारी के अनुसार 17 अगस्त को भोपाल से दिल्ली जाने वाली लगभग सभी ट्रेनों में वेटिंग 50 तक पहुंच गई है। शताब्दी और वंदे भारत एक्सप्रेस में 100 से अधिक सीटें खाली भोपाल से दिल्ली 12001 शताब्दी एक्सप्रेस में सीटें खाली है। इसमें सीसी श्रेणी में 130 से अधिक और ईसी श्रेणी में 10 से अधिक सीट है। वहीं, आरकेएमपी से हजरत निजामुद्दीन जाने वाले 20171 वंदे भारत एक्सप्रेस के सीसी श्रेणी में 660 सीट और ईसी श्रेणी में 30 सीट खाली है। इसके अलावा आरकेएमपी से रीवा जाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस में सीसी श्रेणी 95 और ईसी श्रेणी में 20 सीट खाली है। वहीं, रीवांचल एक्सप्रेस में शयनयान श्रेणी में 131 वेटिंग और थर्ड एसी में 40 वेटिंग चल रही है। 12409 गोंडवाना सुपरफास्ट एक्सप्रेस राखी से पहले निरस्त है। भोपाल से मुंबई की ओर जाने वाली ट्रेनों में वेटिंग 17 अगस्त तक की ट्रेन – शयनयान श्रेणी – थर्ड एसी 12138 पंजाब मेल – 113 वेटिंग – 31 वेटिंग 11072 कामायनी एक्सप्रेस – 65 वेटिंग – 17 वेटिंग 12533 पुष्पक एक्सप्रेस – 35 वेटिंग – 10 वेटिंग 20104 लखनऊ-एलटीटी – 42 वेटिंग – 15 वेटिंग 22537 कुशीनगर एक्सप्रेस – 26 वेटिंग – 10 वेटिंग  भोपाल से दिल्ली की ओर जाने वाली ट्रेनों में वेटिंग 17 अगस्त तक की – ट्रेन – शयनयान श्रेणी – थर्ड एसी 12155 भोपाल एक्सप्रेस – 135 वेटिंग – 40 वेटिंग 12625 केरला एक्सप्रेस – 50 वेटिंग – 10 वेटिंग 18237 छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस – 44 वेटिंग – 10 वेटिंग 12627 कर्नाटक एक्सप्रेस – 101 वेटिंग – 38 वेटिंग 11077 झेलम एक्सप्रेस – 46 वेटिंग – 16 वेटिंग भोपाल से नागपुर की ओर जाने वाली ट्रेनों में वेटिंग 17 अगस्त तक की – ट्रेन – शयनयान श्रेणी – थर्ड एसी 12808 समता एक्सप्रेस – 95 वेटिंग – 30 वेटिंग 12650 संपर्क क्रांति एक्सप्रेस – सीट नहीं है – 36 वेटिंग 20806 एपी एक्सप्रेस – 15 वेटिंग – 05 वेटिंग 12626 केरला एक्सप्रेस – 16 वेटिंग – 05 वेटिंग 12724 तेलंगाना एक्सप्रेस – 17 वेटिंग – 11 वेटिंग recent visitors 162