Friday, July 3, 2026 6:48 am

रोहित-विराट के लिए अहम होगा दूसरा ODI, सचिन और धोनी हैं बड़ी वजह

कोलंबो भारत और श्रीलंका के बीच 3 मैचों की वनडे सीरीज का दूसरा मुकाबला आज (4 अगस्त) कोलंबो के आर. प्रेमदासा स्टेडियमा में खेला जाएगा. दोनों देशों के बीच वनडे सीरीज का पहला मुकाबला टाई पर छूटा था. ऐसे में टीम इंडिया का लक्ष्य इस मुकाबले को जीतकर सीरीज में 1-0 की बढ़त बनाने पर है. भारतीय समयानुसार यह मुकाबला दोपहर 2.30 बजे से खेला जाएगा. मुकाबले में रोहित शर्मा भारतीय टीम की कप्तानी करेंगे. वहीं चरिथ असलंका के कंधों पर श्रीलंकाई टीम की बागडोर होगी. ऋषभ पंत की होगी प्लेइंग-11 में एंट्री? इस मुकाबले के लिए दोनों टीमों की प्लेइंग-11 पर भी फैन्स की निगाहें हैं. मुकाबले के लिए भारतीय टीम की प्लेइंग-11 में ऋषभ पंत को शामिल किया जा सकता है, जिनका स्पिनर के खिलाफ अच्छा रिकॉर्ड रहा है. पंत अपरंपरात शॉट्स खेल कर उनकी लय बिगाड़ सकते हैं. पंत के इस मैच में खेलने की स्थिति में शिवम दुबे को बाहर बैठना पड़ सकता है. शिवम ने पहले वनडे में 19 रन देकर एक विकेट लिया था. शिवम ने बल्ले से जरूर 25 रन बनाए, लेकिन वह मैच फिनिश नहीं कर सके. दूसरी ओर श्रीलंकाई टीम में एक बदलाव होना तय है. वानिंदु हसारंगा इंजरी के चलते बाकी दो मैचों से बाहर हो गए हैं. भारत को अगर श्रीलंका के खिलाफ दबदबा बनाए रखना है तो उसे स्पिनर्स और धीमी पिच से निपटने का तरीका ढूंढना होगा. भारत पहले वनडे मैच में 231 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए एक समय तीन विकेट पर 130 रन बनाकर अच्छी स्थिति में दिख रहा था, लेकिन इसके बाद श्रीलंका के स्पिनर्स हावी हो गए और भारतीय टीम 230 रन पर आउट हो गई जिससे यह मैच टाई रहा. रोहित शर्मा ने आक्रामक अंदाज में बल्लेबाजी की, लेकिन इसके बाद श्रीलंका के स्पिनर्स ने अपनी रणनीति पर अच्छी तरह से अमल किया. भारत और श्रीलंका के बीच 3 मैचों की वनडे सीरीज की खेली जा रही है. इसका पहला मैच कोलंबो में खेला गया था, जो बेहद रोमांचक रहा और टाई पर खत्म हुआ. इस मुकाबले में कई रिकॉर्ड्स भी बने. इस सीरीज का दूसरा मुकाबला भी कोलंबो में ही 4 अगस्त को खेला जाएगा और ये कोई साधारण मैच नहीं होने वाला है. दूसरे मैच में महेंद्र सिंह धोनी और सचिन तेंदुलकर जैसे दिग्गज क्रिकेटर्स के रिकॉर्ड्स दांव पर होंगे. भारतीय टीम के मौजूदा दिग्गज बल्लेबाज रोहित शर्मा और विराट कोहली के पास इन सभी को तोड़ने का मौका होगा. इसलिए ये मैच उनके लिए खास होने वाला है. वहीं टीम इंडिया भी इस मुकाबले को जीतकर किसी टीम के खिलाफ 100 मैच जीतने का कारनामा कर सकती है. रोहित के निशाने पर धोनी का रिकॉर्ड रोहित शर्मा ने पहले मुकाबले में भी कई रिकॉर्ड अपने नाम किए थे. दूसरे मुकाबले में उनके निशाने पर भारत के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी का रिकॉर्ड निशाने पर होगा. धोनी ने अपने वनडे करियर में कुल 10773 रन बनाए हैं, वहीं रोहित 10767 रन बना चुके हैं. 7 रन बनाते ही वो धोनी को वनडे में रन बनाने के मामले में पीछे कर देंगे. दूसरे वनडे मैच में रोहित के निशाने पर सिर्फ धोनी नहीं बल्कि क्रिस गेल का भी रिकॉर्ड होगा. उनके पास वनडे क्रिकेट का ‘सिक्सर किंग’ बनने का मौका होगा. क्रिस गेल ने अपने 301 मैच के वनडे करियर के दौरान 331 छक्के लगाए. वहीं भारतीय कप्तान 263 मुकाबलों में अब तक 326 छक्के लगा चुके हैं. अगर रोहित दूसरे मैच में 6 छक्के लगा देते हैं, तो वो गेल को पीछे छोड़ देंगे. विराट भी कर सकते हैं कारनामा विराट कोहली को भारतीय टीम का रन मशीन कहा जाता है. ऐसे में रोहित शर्मा जब इतने रिकॉर्ड्स तोड़ रहे हैं, तो वो भला कहां पीछे रहने वाले हैं. दूसरे वनडे में उनके पास दो रिकॉर्ड अपने नाम करने का मौका होगा. 293 वनडे मुकाबलों में विराट 58 की औसत 13872 रन ठोक चुके हैं. अगर वो अगले मैच में 128 रन बना देते हैं, तो 14 हजार रन के आंकड़े पर पहुंच जाएंगे. ऐसा करने वाले वो दूसरे भारतीय और दुनिया के तीसरे बल्लेबाज बन जाएंगे. ये कारनामा अभी तक केवल सचिन तेंदुलकर और कुमार संगकारा ही कर सके हैं. इसके अलावा विराट इंटरनेशनल क्रिकेट में 27 हजार रन के आंकड़े तक पहुंचने से केवल 92 रन दूर हैं. दूसरे मैच में इस रिकॉर्ड तक पहुंचने का मौका होगा. 92 रन बनाते ही वो ऐसा करने वाले दुनिया के केवल चौथे बल्लेबाज बन जाएंगे. उनके पहले ये इस कीर्तिमान तक सिर्फ सचिन तेंदुलकर, कुमार संगकारा और रिकी पॉन्टिंग ही पहुंच सके हैं. रोहित ने बनाए हैं 10768 रन रोहित शर्मा ने अपने करियर में अब 263 वनडे मैच खेले हैं। इस दौरान 255 पारियों में उन्‍होंने 49.16 की औसत और 92.09 की स्‍ट्राइक रेट से 10767 रन बनाए हैं। वह वनडे में 5वें सबसे ज्‍यादा रन बनाने वाले भारतीय बल्‍लेबाज हैं। इस लिस्‍ट में चौथे नंबर पर राहुल द्रविड़ हैं। पर्व भारतीय कोच ने अपने करियर में 340 वनडे खेले। इस दौरान 314 पारियों में उन्‍होंने 39.15 की औसत और 71.18 की स्‍ट्राइक रेट से 10768 रन बनाए थे। ऐसे में रोहित 2 रन बनाते ही राहुल द्रविड़ को पीछे छोड़कर वनडे में चौथे सबसे ज्‍यादा रन बनाने वाले बल्‍लेबाज बन सकते हैं। वनडे में सबसे ज्‍यादा रन बनाने वाले भारतीय     सचिन तेंदुलकर: 18426 रन     विराट कोहली: 13872 रन     सौरव गांगुली: 11221 रन     राहुल द्रविड़: 10768 रन     रोहित शर्मा: 10767 रन पहले वनडे में रोहित का प्रदर्शन सीरीज के पहले वनडे में रोहित शर्मा ने शानदार बल्‍लेबाजी की थी। उन्‍होंने 33 गेंदों में अर्धशतक जड़ दिया था। भारतीय कप्‍तान ने 123.4 की स्‍ट्राइक रेट से 47 गेंदों पर 58 रन बनाए थे। अपनी इस पारी में उन्‍होंने 7 चौके और 3 छक्‍के भी लगाए थे। डुनिथ वेललेज ने उनका विकेट चटकाया था। मुकाबले की बात करें तो यह ड्रॉ रहा था। recent visitors 116

मुक्केबाज निशांत देव के साथ ओलंपिक में हुई बेइमानी, जानबूझकर हराने का लग रहा आरोप

नई दिल्ली पेरिस ओलंपिक 2024 में भारतीय बॉक्सर निशांत देव का मेडल जीतने का सपना टूट गया. निशांत देव मेन्स बॉक्सिंग के 71 किलो भारवर्ग में मेक्सिको के मार्को वेरडे से भिड़े, जहां उन्हें 1-4 से हार का सामना करना पड़ा. यदि निशांत क्वार्टर फाइनल जीतते तो उनका कम से कम ब्रॉन्ज मेडल जीतना पक्का हो जाता. लेकिन वह पहले राउंड में बढ़त बनाने के बाद भी हार गए. भारत ने पेरिस ओलंपिक में अब तक तीन ब्रॉन्ज जीते हैं, जो शूटिंग में आए हैं. निशांत की हार के बाद फैन्स का फूटा गुस्सा! निशांत ने शुरुआती राउंड में आसानी से जीत हासिल की. पहले राउंड में पांच में से चार जजों ने निशांत को बेहतर माना और 10-10 अंक दिए. फिर दूसरे राउंड में भी निशांत पूरी तरह से नियंत्रण में दिखे, जहां उन्होंने मैक्सिकन खिलाड़ी पर कई बड़े जैब हुक लगाए, फिर भी जजों ने आश्चर्यजनक रूप से उस राउंड में वेरडे का पक्ष लिया. दूसरे राउंड में केवल दो जजों ने निशांत के पक्ष में 10-10 अंक दिए. जबकि तीन जजों ने वेरेड के पक्ष में फैसला सुनाया. हालांकि तीसरे राउंड में निशांत देव मोमेंटम बरकरार नहीं रख पाए. तीसरे राउंड में पांचों जजों ने वेरेडे के पक्ष में फैसला सुनाया. जब तीसरा राउंड खत्म हुआ तो निशांत देव काफी कॉन्फिडेंट नजर आ रहे थे. उन्हें पूरा यकीन था कि वो मैच जीत चुके हैं, लेकिन जो फैसला आया वो हैरान करने वाला रहा. निशांत 1-4 से क्वार्टरफाइनल मुकाबला हार चुके थे. कमेंटेटर भी इस फैसले से हैरान से थे. भारत के लिए ओलंपिक में ब्रॉन्ज जीत चुके स्टार बॉक्सर विजेंदर सिंह भी इस मुकाबले में स्कोरिंग सिस्टम से हैरान थे. विजेंदर ने एक्स पर लिखा, 'मुझे नहीं पता कि स्कोरिंग सिस्टम क्या है, लेकिन मुझे लगता है कि यह बहुत करीबी मुकाबला था. उसने बहुत अच्छा खेला…कोई ना भाई.' सोशल मीडिया पर फैन्स के भी रिएक्शन सामने आए हैं. फैन्स मान रहे हैं कि निशांत को जानबूझकर हराया गया है जबकि वो जीत के हकदार थे. कुल मिलाकर यह एक करीबी मुकाबला था और स्कोरिंग ने यह साबित कर दिया.एक भी जज ने किसी भी मुक्केबाज को तीनों राउंड नहीं दिए. जर्मन जज, जिन्होंने वरेडे को शुरुआती राउंड दिया, उन्होंने दूसरे राउंड में भारत के पक्ष में फैसला दिया. शौकिया मुक्केबाजी में ज्यादातर स्कोरिंग पंच नजदीक से और शरीर पर निर्देशित होते हैं. निशांत देव के कुछ हुक या क्रॉस वर्डे के चेहरे पर लगे. कुछ दस्तानों से टकराए और वे स्कोरिंग पंच नहीं थे. उन्होंने पहले राउंड में वेरडे को जहां चाहा, वहां पहुंचाया. फिर दूसरे राउंड में निशांत का प्रदर्शन कुल मिलाकर अच्छा रहा. हालांकि आखिरी राउंड में वह उस दबाव को बरकरार नहीं रख सके. कौन हैं निशांत देव? निशांत देव का जन्म 23 दिसंबर 2000 को हरियाणा के करनाल में हुआ था. निशांत ने अपने चाचा से प्रभावित होकर साल 2012 में मुक्केबाजी शुरू की, जो एक पेशेवर मुक्केबाज थे. फिर क्या था निशांत कोच सुरेंदर चौहान के अंडर करनाल के कर्ण स्टेडियम में प्रशिक्षण लेने लगे. बाद में निशांत कर्नाटक के विजयनगर शिफ्ट हो गए, जहां उन्होंने इंस्पायर इंस्टीट्यूट ऑफ स्पोर्ट्स (ISS) में ट्रेनिंग की. 19 साल की उम्र में निशांत ने सीनियर राष्ट्रीय चैम्पियनशिप में कर्नाटक का प्रतिनिधित्व किया, लेकिन क्वार्टर फाइनल में हार गए. हालांकि उनके खेल से भारतीय मुक्केबाजी के तत्कालीन हाई परफॉर्मेंस निदेशक सैंटियागो नीवा काफी प्रभावित हो थे. सैंटिंयागो उन्हें भारतीय कैम्प में ले गए, जहां उन्होंने अनुभवी बॉक्सर के साथ ट्रेनिंग शुरू की. निशांत ने राष्ट्रीय लेवल पर अपनी छाप छोड़ी. 2021 और 2022 में उन्होंने नेशनल चैम्पियनशिप में स्वर्ण पदक जीता. दिलचस्प बात यह है कि उन्होंने कभी भी इंटरनेशनल लेवल पर जूनियर वर्ग में प्रतिस्पर्धा नहीं की है. निशांत देव की बॉक्सिंग जर्नी आसान नहीं रही है. साल 2010 में निशांत के साथ दुखद हादसा हुआ था, जब सीढ़ियों से गिरने के कारण उनका दाहिना कंधा खिसक गया. इसके चलते उनके कंधे में रॉड डाली गई. तब निशांत की उम्र 10 साल थी. साल 2022 की शुरुआत में उनकी पुरानी चोट फिर उभर आई. जिससे उनका बोन मैरो संक्रमित हो गया. इस चोट के पहले लक्षण दिखने के बावजूद उन्होंने टूर्नामेंट में भाग लेना जारी रखा था.मार्च 2022 में उनकी सर्जरी हुई और वे साल के अधिकांश समय रिहैब में रहे, जिसके कारण उन्हें उस साल बर्मिंघम राष्ट्रमंडल खेलों से बाहर रहना पड़ा. निशांत देव ने जनवरी 2023 में हिसार में आयोजित राष्ट्रीय मुक्केबाजी चैम्पियनशिप के जरिए रिंग में वापसी की. मई 2023 में ताशकंद में आयोजित आईबीए पुरुष विश्व मुक्केबाजी चैम्पियनशिप में निशांत ने कांस्य पदक जीता, जो अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उनका पहला पदक था. निशांत ने इस साल बैंकाक में आयोजित दूसरे वर्ल्ड बॉक्सिंग क्वालिफाइंग टूर्नामेंट के जरिए पेरिस ओलंपिक 2024 के लिए क्वालिफाई किया था. निर्णायक मुकाबले में निशांत ने मेडागास्कर के बॉक्सर वासिले सेबोटारी को 5-0 से हराया था.   recent visitors 106

खरार्घाट गांव को 75 साल के बाद सीएम मोहन यादव ने दी पुल की सौगात

दमोह दमोह जिले के तेंदूखेड़ा ब्लॉक में पठाघाट और खर्राघाट दो पुल काफी नीचे थे, थोड़ी सी बारिश में दोनों पुल पानी में डूब जाते थे। लेकिन, अब ऐसा नहीं होगा। शनिवार को खर्राघाट नदी पर बने नए पुल का मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लोकार्पण कर दिया है। 75 साल के बाद खर्राघाट में लोगों को नए पुल की सुविधा मिली है। इस पुल के निर्माण से 18 गांवों के लोगों का आवागमन बारिश के दिनों में भी जारी रहेगा, जो पहले बंद हो जाता था। पुल निर्माण के बाद लोग पठाघाट पुल की बजाए इस नए पुल से आवागमन कर सकते हैं। खमरिया गांव निवासी नीलेश यादव ने बताया कि खमरिया, अजीतपुर, देवरी निजाम, खमखेड़ा, दलपतखेड़ा सहित अन्य गांवों के लोगों को मुख्य मार्ग तक पहुंचने के लिए खर्राघाट के क्षतिग्रस्त पुल से होकर गुजरना पड़ता था। अब नए पुल के निर्माण के बाद यह समस्या समाप्त हो गई है। पुल काफी सुविधाजनक है और इसमें दोनों तरफ रैलिंग लगी हुई है, जिससे अगर कोई वाहन अनियंत्रित होता है तो रैलिंग के जरिए वह नीचे गिरने से बच सकता है।  खर्राघाट पर बने पुल का निर्माण कार्य चार साल में पूरा हुआ है। यह पुल ऊंचाई में काफी अधिक है, इससे बारिश के दिनों में पुल पर पानी नहीं आएगा और सुरक्षा के साथ आवागमन जारी रहेगा। पुल का निर्माण प्रधानमंत्री सड़क योजना द्वारा कराया गया है, यह मंत्री धर्मेंद्र सिंह के पिछले विधायकी कार्यकाल में मंजूर हुआ था। खर्राघाट पुल निर्माण का कार्य चार करोड़ पचास लाख की लागत से चार वर्षों में पूरा किया गया है। पुल 150 मीटर लंबा है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पिंडरई और अजीतपुर मार्ग पर बने उच्चस्तरीय पुल का जबेरा से वर्चुअल लोकार्पण किया। यह पुल 75 साल के बाद बना है, इसके एक ओर मुख्य मार्ग है, जबकि दूसरी ओर गांव बसे हैं। जहां, की आबादी लगभग बीस हजार है।   recent visitors 149

राहतगढ़ में लिंक कोर्ट के शुभारंभ से क्षेत्रवासियों मिलेंगे सुविधा: जस्टिस संजय द्विवेदी

सागर मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय, जबलपुर के माननीय जस्टिस संजय द्विवेदी ने राहतगढ़ में लिंक कोर्ट के शुभारंभ किया। इस अवसर पर खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत विशेष रूप से उपस्थित थे। इस अवसर पर जस्टिस संजय द्विवेदी ने कहा कि राहतगढ़ क्षेत्रवासियों के लिए इस क्षेत्र के नाम के अनुरूप राहत और एक बड़ी सुविधा मिली है। यहां शुरू किया जा रहा लिंक कोर्ट क्षेत्र के लिए बहुत लाभदायक सिद्ध होगा। उन्होंने कहा कि न्यायिक प्रक्रिया एक सामूहिक प्रयास है जिसे सफल बनाने में सभी का सहयोग आवश्यक है। यहां नियुक्त किए गए न्यायाधीश राहुल सोनी पर सभी की आशाओं पर खरा उतरने की जिम्मेदारी होगी। जिसे सफल बनाने के लिए जज और अधिवक्ता दोनों के बीच समन्वित प्रयास तथा संतुलन आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जज और अधिवक्ता दोनों को ही न्यायालयीन प्रक्रिया में मर्यादित रहने की आवश्यकता होती है। जिस प्रकार जब तक समुद्र मर्यादित रहता है तब तक सब संतुलित रहता है और मर्यादा लांघ देने पर तूफान आ जाता है, उसी प्रकार न्यायपालिका में भी मर्यादा और संतुलन आवश्यक है। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने कहा कि लिंक कोर्ट मिलने से राहतगढ़ क्षेत्र की करीब बीस वर्ष पुरानी लंबी मांग को आज मूर्त रूप मिला है। इस कोर्ट के माध्यम से हमारी कोशिश है कि सभी क्षेत्रवासियों को सरल, सुगम और शीघ्र न्याय मिल सके। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की मंशा के अनुरूप हमारे प्रयास हैं कि न्याय व्यवस्था सुलभ और सस्ती हो। उन्होंने कहा कि गांव-गांव तक, छोटे-छोटे कस्बों तक न्याय की सुविधा मिले इसी परिपेक्ष्य में यह लिंक कोर्ट शुरू की गई है। उन्होंने अधिवक्ताओं सहित क्षेत्र की जनता को आश्वस्त किया कि यहां किसी भी प्रकार की कमी नहीं रहने दी जाएगी। वकीलों के लिए भी उचित व्यवस्था की जाएगी। वकीलों के स्थान और न्यायालय भवन के लिए भी प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि लिंक कोर्ट के माध्यम से जहां एक ओर लोग उनके ही क्षेत्र में न्यायालयीन कार्य करा सकेंगे वहीं दूसरी ओर कई लोगों को रोजगार के अवसर भी मिलेंगे। इस अवसर पर डिस्ट्रिक्ट जज एम.के.शर्मा ने कहा कि मंत्री गोविंद सिंह राजपूत के विशेष प्रयासों से ही यह कोर्ट अस्तित्व में आया है। लंबे समय से उठ रही मांग कभी स्थान अनुपलब्धता तो कभी अनुमति न मिल पाने के कारण मूर्त रूप नहीं ले पा रही थी। परंतु मध्यप्रदेश उच्च न्यायालय के जस्टिस तथा पोर्टफोलियो जज, सागर माननीय संजय द्विवेदी के सकारात्मक मार्गदर्शन और मंत्री श्री राजपूत के प्रयासों से यह संभव हो सका। कार्यक्रम में कलेक्टर दीपक आर्य, प्रभारी पुलिस अधीक्षक संदीप उइके, एसडीएम अशोक सेन सहित अन्य प्रशासनिक अधिकारी तथा जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह राजपूत, जुडिशल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास -राहतगढ़ लिंक कोर्ट राहुल सोनी, स्टेट बार काउंसिल मेंबर राजेश पांडे व रश्मि रितु जैन सहित अधिवक्तागण और क्षेत्रीय जनप्रतिनिधि, भाजपा कार्यकर्ता व क्षेत्रवासी मौजूद रहे। वाटरफॉल का किया भ्रमण राहतगढ़ के प्राचीन ऐतिहासिक वॉटरफॉल का कार्यक्रम के बाद माननीय जस्टिस संजय द्विवेदी तथा खाद्य नागरिक आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत एवं जिला जज एम.के.शर्मा सहित अन्य सभी न्यायाधीशों ने वॉटरफॉल का भ्रमण किया। recent visitors 90

महंत Kanak Bihari Das Maharaj के खाते से 90 लाख रूपए लेकर भागी साध्वी !

छिंदवाड़ा मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा (Chhindwara) के लोनिबर्रा श्री राम जानकी मंदिर धाम के महंत स्व. कनक बिहारी दास के बैंक खाते से 90 लाख रुपये निकाल लिए गए. इस मामले की शिकायत पुलिस से की गई है. पुलिस ने रीना रघुवंशी उर्फ साध्वी लक्ष्मी और अन्य लोगों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. बता दें कि महंत कनक बिहारी दास ने अयोध्या में राम मंदिर के लिए एक करोड़ रुपये दान में दिए थे. दरअसल, स्व. कनक बिहारी दास महाराज के उत्तराधिकारी श्याम बाबा ने चौरई पुलिस थाने में एक शिकायत दर्ज कराई थी, जिसमें कहा गया था कि एसबीआई बैंक में स्व. कनक बिहारी दास का खाता था. उसमें 90 लाख रुपये जमा थे. अभी इसमें उत्तराधिकारी को लेकर केस न्यायालय में चल रहा है. शिकायत में आरोप लगाया गया कि भोपाल की रहने वाली रीना रघुवंशी ने अपने साथियों के साथ मिलकर धोखाधड़ी की और खाते में अपना मोबाइल नंबर दर्ज करवाकर नेट बैंकिंग के जरिए खाते से राशि निकाल ली. श्याम बाबा भी खुद को महंत कनक बिहारी दास का उत्तराधिकारी मान रहे हैं. वहीं साध्वी की ओर से एक कॉपी वायरल हो रही है, जिसमें दावा किया गया है कि महंत कनक बिहारी दास ने उनको उत्तराधिकारी बनाया है. बीते साल सड़क हादसे में हो गया था महंत कनक बिहारी दास का निधन फिलहाल पुलिस ने रीना रघुवंशी उर्फ साध्वी लक्ष्मी सहित अन्य लोगों पर धारा 420 सहित अन्य धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है. स्व. महंत कनक बिहारी दास का 17 अप्रैल 2023 को सड़क हादसे में निधन हो गया था. उन्होंने अयोध्या मंदिर के लिए 1 करोड़ रुपये का दान दिया था. इस मामले में चौरई एसडीओपी का कहना है कि एक शिकायत मिली थी. इसमें कहा गया था कि स्व. कनक बिहारी दास के अकाउंट से पैसे निकाल लिए गए हैं. शिकायत के आधार पर धोखाधड़ी की एफआईआर दर्ज की गई. इसमें रीना रघुवंशी का नाम दर्ज है. पूरे मामले की विवेचना चल रही है. बताया जाता है कि रीना रघुवंशी 2022 में विदिशा में एक कार्यक्रम में कनक दास महाराज से जुड़ी थी। कनक बिहारी दास महाराज की 17 अप्रैल 2023 को सडक़ हादसे में मौत हो गई थी। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए एक करोड़ रुपए चंदा दिया था। बम्हनीलाला के रहने वाले और श्रीराम जानकी मंदिर समिति के नए महंत श्याम दास महाराज और मंदिर से जुड़े चक्रपाल सिंह पटेल ने 15 दिन पहले चौरई थाने में शिकायत की थी। इसमें बताया था कि कनक बिहारी दास महाराज का खाता चौरई के स्टेट बैंक ऑफ इंडिया में है। अकाउंट में 90 लाख रुपए जमा थे।   महाराज के निधन के बाद रीना ने कूटरचित दस्तावेजों की मदद से खुद को कनक दास महाराज का नॉमिनी बना लिया। दस्तावेजों की मदद से 28 दिसंबर 2023 को भोपाल से मोबाइल सिम भी अलॉट करवा ली। 31 दिसंबर 2023 को उसने महाराज के खाते से अपने खाते में एक रुपए ऑनलाइन ट्रांजैक्शन कर चेक भी किया। सफल होने पर लगातार ट्रांजैक्शन करती रही। 19 जनवरी 2024 को 50 लाख रुपए कैश निकाले। 31 जनवरी को आखिरी बार 9 लाख 99 हजार 999 रुपए का ट्रांजैक्शन किया। एक महीने में ऑनलाइन और ऑफलाइन 89 लाख 80 हजार रुपए अपने खाते में ट्रांसफर कराए। अब कनकदास महाराज के खाते में सिर्फ 20 हजार रुपए बचे हैं। पुलिस ने जांच के बाद आरोपी रीना रघुवंशी पर मामला दर्ज किया है।   recent visitors 150

गाजा में स्कूल पर इजरायली हमले में 15 फिलिस्तीनियों की दर्दनाक मौत

गाजा  गाजा शहर में एक स्कूल पर इजरायली हवाई हमले में कम से कम 15 फिलिस्तीनी मारे गए हैं. दर्जनों अन्य घायल हो गए. फिलिस्तीनी सुरक्षा और चिकित्सा सूत्रों के हवाले से ये जानकारी दी गई है. फिलिस्तीनी सुरक्षा सूत्रों ने शनिवार को सिन्हुआ समाचार एजेंसी को बताया कि इजरायली जेट ने गाजा शहर के उत्तर में शेख रादवान में एक स्कूल पर मिसाइल से हमला किया. यहां विस्थापित लोग रह रहे थे. फिलिस्तीनी चिकित्सा सूत्रों के मुताबिक, बमबारी में 15 लोग मारे गए और दर्जनों अन्य घायल हो गए, और पीड़ितों की संख्या बढ़ने की संभावना है. सिन्हुआ समाचार एजेंसी ने बताया कि इजरायल रक्षा बलों ने शनिवार को एक बयान में कहा कि उसने हमास के कमांड और नियंत्रण परिसर को निशाना बनाया है, जिसका इस्तेमाल हथियार बनाने के लिए किया जा रहा था और जिसे पहले गाजा शहर में एक स्कूल के रूप में इस्तेमाल किया जाता था. बयान में कहा गया है कि परिसर का इस्तेमाल हमास आतंकवादियों के लिए छिपने की जगह के रूप में किया जा रहा था. इस परिसर के अंदर इजरायल के खिलाफ आतंकवादी हमले की योजना बनाई गई थी. इसमें कहा गया है कि बुनियादी ढांचे के भीतर से काम करके, नागरिक आबादी और संस्थानों का अपने आतंकवादी गतिविधियों के लिए मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल कर हमास अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करता है. इसके अलावा, हमास द्वारा संचालित स्वास्थ्य अधिकारियों ने शनिवार को एक प्रेस बयान में कहा कि 7 अक्टूबर, 2023 से गाजा पट्टी पर चल रहे इजरायली हमलों में फिलिस्तीनी मृतकों की संख्या बढ़कर 39,550 हो गई है, जबकि 91,280 अन्य घायल हुए हैं. बनाई जा रही थी इजरायल के खिलाफ हमले की योजना सिन्हुआ समाचार एजेंसी ने बताया कि इजरायल रक्षा बलों ने शनिवार को एक बयान में कहा कि उसने हमास के कमांड और नियंत्रण परिसर को निशाना बनाया है, जिसका इस्तेमाल हथियार बनाने के लिए किया जा रहा था और जिसे पहले गाजा शहर में एक स्कूल के रूप में इस्तेमाल किया जाता था। बयान में कहा गया है कि परिसर का इस्तेमाल हमास आतंकवादियों के लिए छिपने की जगह के रूप में किया जा रहा था, और इस परिसर के अंदर इजरायल के खिलाफ आतंकवादी हमले की योजना बनाई गई थी। इसमें कहा गया है कि बुनियादी ढांचे के भीतर से काम करके, नागरिक आबादी और संस्थानों का अपने आतंकवादी गतिविधियों के लिए मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल कर हमास अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन करता है। इसके अलावा, हमास द्वारा संचालित स्वास्थ्य अधिकारियों ने शनिवार को एक प्रेस बयान में कहा कि 7 अक्टूबर, 2023 से गाजा पट्टी पर चल रहे इजरायली हमलों में फिलिस्तीनी मृतकों की संख्या बढ़कर 39550 हो गई है, जबकि 91280 अन्य घायल हुए हैं। recent visitors 95

मंडला में नर्मदा उफान पर, 19 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट, इंदौर भोपाल ग्वालियर जबलपुर समेत इन जिलों में रेड अलर्ट

भोपाल प्रदेश में वर्षा का मजबूत सिस्टम फिर सक्रिय हो गया गुरुवार को राजधानी भोपाल समेत 20 से ज्यादा जिलों में तेज बारिश हुई। मौसम विभाग ने अगले चार दिन तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। मंडला में नर्मदा नदी उफान पर है। रामनगर और छोटा पुल डूब गया है। मौसम विभाग ने भोपाल, सागर, जबलपुर, नर्मदापुरम, ग्वालियर और चंबल संभाग के 19 जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। भोपाल में गुरुवार सुबह से ही बारिश का दौर शुरू हो गया था। इससे पुराने भोपाल में कुछ इलाकों में सड़कें पानी में डूब गईं। स्कूल से बच्चों को लेकर लौट रही स्कूल वैन नाले में फंस गई। हालांकि, जेसीबी की मदद से बच्चों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। मध्यप्रदेश में एक्टिव दाे बड़े सिस्टम की वजह से आज रविवार को भी बारिश हो रही है। भोपाल में छोला इलाके के मकानों में पानी भर गया है। विदिशा में बेतवा खतरे के निशान के करीब पहुंच गई है। नर्मदापुरम में तवा डैम के गेट शनिवार रात में बंद कर दिए गए थे अतिभारी बारिश की इन जिलों में चेतावनी रविवार को भी मौसम विभाग ने कई जिलों में अतिभारी बारिश की चेतावनी जताई है। इन जिलों में बालाघाट, मैहर, शहडोल, कटनी, उमरिया, शामिल हैं।जबकि पन्ना, डिंडौरी, जबलपुर, सतना, सीधी, सिंगरौली, दमोह छतरपुर अनूपपुर में भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। वहीं, मंडला, सिवनी, टीकमगढ़ शिवपुरी,नरसिंहपुर, विदिशा, रायसेन, खंडव हरदा नीमच, मंदसौर, रतलाम,निवाड़ी, सागर, बैतूल, सिवनी, झाबुआ, अलीराजपुर, शाजापुर, बुरहानपुर, आगर, गुना, अशोकनगर, श्योपुर, मुरैना, भिंड, ग्वालियर, उज्जैन, बड़वानी, खरगोर, देवास, नर्मदापुरम, राजगढ़, दतिया, भोपाल में भी पानी गिर सकता है। शनिवार सुबह 8:30 से शाम के 5:30 तक सागर में 17, सतना में 0.7, शिवानी में पांच, सीधी में 19, टीकमगढ़ में तीन, उमरिया में 6, मलाजखंड में 29, छिंदवाड़ा में चार, दमोह में 18, जबलपुर में 35, मंडला में 20, नरसिंहपुर में 69, रीवा में 37, बैतूल में पांच, भोपाल में 0.4, धार में सात, गुना में 0.2 नर्मदापुरम में सात, इंदौर में पांच, खंडवा में तीन, खरगोन में पचमढ़ी में 6, रतलाम में 6, शिवपुरी में 6 और उज्जैन में 0.6 मिली मीटर बारिश दर्ज हुई। 14 प्रतिशत से अधिक बारिश वहीं, रविवार को 5 जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया गया है। नर्मदापुरम में तवा डैम के 9 गेट खोलने से नदी में बहाव तेज हो गया। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार 1 जून से 3 अगस्त तक के मानूसनी सीजन में अब तक प्रदेश में औसत से 14 प्रतिशत अधिक बारिश रिकॉर्ड हो चुकी है। पूर्वी मध्य प्रदेश में औसत से 6% अधिक जबकि पश्चिमी मध्य प्रदेश में औसत से 21% अधिक पानी गिर चुका है। भोपाल में शनिवार भदभदा के 2, कलियासोत डैम के 4 गेट खुले भोपाल में शनिवार रात से हो रही बारिश सुबह भी जारी रही। कई इलाकों में एक फीट तक पानी भर गया है। रात में ही शहर में ढाई इंच पानी गिर गया। बड़ा तालाब अपने फुल टैंक लेवल 1666.80 फीट तक पहुंच गया है। भदभदा डैम के 2 गेट खोल दिए गए। कलियासोत डैम के 4 गेट खोले गए हैं। आज कोलार डैम के गेट भी खुल सकते हैं। भोपाल में अब तक 30 इंच से ज्यादा बारिश हो चुकी है, जो सीजन की 80 प्रतिशत तक है। recent visitors 198