इंडिगो की भोपाल से अहमदाबाद जा रही मॉर्निंग उड़ान में अचानक तकनीकी खराबी निरस्त,यात्री फ्लाइट कैंसल होने से नाराज

भोपाल  मंगलवार को इंडिगो की भोपाल से अहमदाबाद जा रही मॉर्निंग उड़ान में अचानक तकनीकी खराबी आ गई। इस कारण एयरलाइन कंपनी ने उड़ान को निरस्त कर दिया। इसके चलते यात्रियों को बेहद परेशानियों का सामना करना पड़ा। इस फ्लाइट से करीब 70 यात्री अहमदाबाद के लिए सफर करने वाले थे। हालांकि इंडिगो प्रबंधन ने यात्रियों को शाम की उड़ान से जाने का विकल्प दिया है। लेकिन ऐसे यात्री जो जरूरी मीटिंग या अन्य काम से जा रहे थे, वे फ्लाइट कैंसल होने के बाद नाराज नजर आए। ऐसे कुछ यात्रियों ने एयरपोर्ट पर हंगामा भी किया। जानकारी के अनुसार अहमदाबाद उड़ान सुबह 8:35 बजे भोपाल से अहमदाबाद के लिए टेकऑफ होती है। टेकऑफ होने से पहले ही उड़ान में तकनीकी खराबी आ गई। इस कारण इंडिगो ने यात्रियों को बताया कि उड़ान रवाना नहीं हो पाएगी। कुछ यात्री मंगलवार को सुबह 6:00 बजे एयरपोर्ट पर पहुंच गए थे। इन यात्रियों को अचानक उड़ान निरस्त होने से परेशान होने पड़ा। कई यात्रियों ने एयरपोर्ट पर हंगामा कर दिया। लेकिन इंडिगो प्रबंधन ने कहा कि चूंकि विमान में तकनीकी गड़बड़ी आ गई है, इसलिए इसे रवाना नहीं किया जा सकता। इंडिगो ने यात्रियों को शाम की उड़ान से जाने का विकल्प दिया। साथ ही ऐसे यात्रियों को पूरा रिफंड देने की भी पेशकश की, जो यात्रा निरस्त करना चाहते हैं। recent visitors 89

हाईकोर्ट जज के संपर्क में थे घोटाले के दो आरोपी अफसर, छत्तीसगढ़ पीडीएस में ईडी का एससी में बड़ा खुलासा

रायपुर. छत्तीसगढ़ में एक हजार करोड़ रुपये के कथित नागरिक आपूर्ति निगम घोटाला (पीडीएस) मामले में बड़ी खबर निकल कर सामने आ रही है। इस मामले में शामिल दो अधिकारियों ने छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के जज से संपर्क किया था। ईडी ने इस संबंध में सुप्रीम कोर्ट में जानकारी दी है। ईडी ने एससी को दिये अपने हलफनामे में दावा करते हुए कहा है कि छत्तीसगढ़ की तत्कालीन भूपेश सरकार के दो नौकरशाह अपने खिलाफ चल रहे मामले को कमजोर करने के लिए सबूतों से छेड़छाड़ करने की कोशिश किये थे। हालांकि, एक अगस्त के हलफनामे में ईडी के संबंधित जज का नाम नहीं बताया गया है। ईडी ने दावा करते हुए कहा कि उनसे उनके भाई और राज्य के पूर्व मुख्य सचिव अजय सिंह के जरिए संपर्क किया गया था। ईडी ने इस संबंध में दावा करते हुए कहा कि इस मुकदमे की जांच को प्रभावित करने के लिए हमारे पास पर्याप्त सबूत हैं। टुटेजा तत्कालीन एडवोकेट जनरल सतीश चंद्र वर्मा के माध्यम से न्यायाधीश के संपर्क में थे। यह 31 जुलाई और 11 अगस्त 2019 के व्हाट्सएप से मिले संदेशों से क्लीयर है। व्हाट्सएप संदेशों से पता चला है कि न्यायाधीश की बेटी और दामाद का बायोडाटा तत्कालीन एजी की ओर से कार्रवाई करने के लिए टुटेजा को भेजा गया था, जो न्यायाधीश और दोनों मुख्य आरोपी टुटेजा और शुक्ला के बीच कोर्डिनेट का काम कर रहे थे। सुप्रीम कोर्ट को ईडी ने दावा करते हुए बताया कि छत्तीसगढ़ के नागरिक जन आपूर्ति निगम घोटाले में आरोपी दो वरिष्ठ नौकरशाह अनिल कुमार टुटेजा और आलोक शुक्ला अक्टूबर 2019 में छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के जज के संपर्क में थे। उसी जज की अदालत से 16 अक्तूबर 2019 को आलोक शुक्ला को जमानत पर रिहाई का आदेश जारी हुआ था। इतना ही नहीं ईडी का दावा है कि तत्कालीन महाधिवक्ता सतीश चंद्र वर्मा दोनों दागियों और न्यायाधीश के बीच संपर्क बनाए हुए थे। 'नए सिरे से एक अलग स्वतंत्र एजेंसी से जांच कराई जाए' ईडी के वकील सौरभ पांडेय ने बताया कि साल 2020 में कोरोना लॉकडाउन शुरू होने के ठीक पहले अनिल टुटेजा और डॉ.आलोक शुक्ला की अग्रिम जमानत अर्जी छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में फाइल की गई थी। हाईकोर्ट  में इनकी जमानत अर्जी विचार करने के लिए रखा गया था जबकी बाकी सभी अन्य आपराधिक मामलों में जमानत आवेदन ट्रायल कोर्ट (जिला न्यायालय) में फाइल करनी होती है और अगर जिला न्यायालय से राहत नहीं मिलती है तब हाइकोर्ट में अर्जी लगानी पड़ती है। अनिल टुटेजा और डॉ. आलोक शुक्ला की जमानत अर्जी पर एक साथ साल 2020 में सुनवाई हुई थी। इतना ही नहीं ईडी ने सुप्रीम कोर्ट में अनिल टुटेजा और डॉ. आलोक शुक्ला की जमानत रद्द करने के लिए याचिका दायर की है। ईडी की याचिका में ये भी मांग की गई है कि नान घोटाले की जांच नए सिरे से एक अलग स्वतंत्र एजेंसी से कराई जाए। जज के भाई के संपर्क में थे आरोपी सुप्रीम कोर्ट में ईडी ने अपने शपथ पत्र और दलील में कहा कि टुटेजा और शुक्ला आरोपी शुक्ला की अग्रिम जमानत के मामले के संबंध में न्यायाधीश के भाईके संपर्क में थे। क्योंकि न्यायाधीश की पीठ के समक्ष लंबित था।  जैसे ही 16 अक्टूबर 2019 को दोनों आरोपियों को जमानत दी गई तो न्यायाधीश के भाई को मुख्य सचिव के पद से हटा दिया गया और 1 नवंबर 2019 को योजना आयोग के उपाध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया। इसमें कहा गया है कि “आरोपी व्यक्ति अनुसूचित अपराध में अन्य मुख्य आरोपियों की भूमिका को कमजोर करने के लिए सह-अभियुक्त शिव शंकर भट्ट के मसौदा बयान को शेयर करने और संशोधित करने में शामिल थे। ताकि अनुसूचित अपराध में अन्य प्रमुख आरोपियों की भूमिका कमजोर साबित की जा सके। व्हाट्सएप चैट से हुआ बड़ा खुलासा ईडी का दावा है कि टुटेजा और शुक्ला के तत्कालीन महाधिवक्ता के साथ 4 अक्टूबर से 16 अक्टूबर 2019 के व्हाट्सएप चैट के विश्लेषण से जस्टिस चंदेल के भाई और तत्कालीन एडीजी आर्थिक अपराध शाखा-भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो रायपुर की भूमिका का पता चलता है। उस समय वो ही अनुसूचित अपराध का बचाव करने के प्रभारी थे। दोनों आरोपियों को भ्रष्टाचार के आरोपों से बरी करने के लिए उनके खिलाफ दर्ज मामले को कमजोर करने में इन्होंने ही अहम भूमिका निभाई थी। एजेंसी ने दावा किया कि घोटाले पर राज्य ईओडब्ल्यू की रिपोर्ट से कई पैराग्राफ टुटेजा और शुक्ला के कहने पर मुख्य आरोपी के हितों की रक्षा के लिए हटा दिए गए थे। बाद में वही संशोधित रिपोर्ट हाईकोर्ट के सामने पेश की गई। ईडी ने कहा कि अभियुक्तों की संलिप्तता और उच्च पदस्थ संवैधानिक राज्य अधिकारियों की मिलीभगत से मुकदमे को पटरी से उतारने और साक्ष्यों के साथ छेड़छाड़ करने के ठोस प्रयास के संबंध में एक स्वतंत्र एजेंसी की ओर से जांच शुरू करने के लिए पर्याप्त सबूत हैं। जानें क्या था मामला बीजेपी का आरोप है कि भूपेश बघेल के कार्यकाल में ये घोटाला हुआ था। राज्य में 13 हजार 301 दुकानों में राशन बांटने में गड़बड़ी उजागर हुई थी। केवल चावल में ही 600 करोड़ रुपये का घोटाला हुआ था। एक हजार करोड़ से ज्यादा का कुल घोटाला हुआ था। स्टॉक जांच नहीं करने के बदले में एक-एक राशन दुकान वाले से दस-दास लाख रुपये लिया गया था। घोटला पर एफआईआर दर्ज ईडी की रिपोर्ट पर कस्टम मिलिंग घोटला में एफआईआर दर्ज की गई है। कई राइस मिलर्स की ओर से नागरिक आपूर्ति निगम एवं एफसीआई में जो कस्टम मिलिंग का चावल जमा किया जाता है। उसमें व्यापक पैमाने पर भ्रष्टाचार किया गया है। प्रति क्विंटल के हिसाब से अवैध राशि की वसूली की गई है। पद का दुरूपयोग करते हुए विभिन्न शासकीय अधिकारियों की ओर से राइसमिलर्स के साथ मिलीभगत कर लाभ प्राप्त कर शासन को आर्थिक क्षति पहुंचाई गई है। प्रीतिका पूजा को मनोज सोनी, प्रबंध संचालक मार्कफेड के मारफत रोशन चन्द्राकर की ओर से निर्देश था कि उन्हीं मिलर्स के बिल का भुगतान किया जाना है जिनकी वसूली की राशि रोशन चन्द्राकर को प्राप्त हुई है। किन मिलर्स को भुगतान किया जाना है, इसकी जानकारी संबंधित जिले के राईस मिलर्स एसोसिएशन के द्वारा मनोज सोनी के माध्यम से मिलती … Read more

BJP ने बैज के बयान पर किया पलटवार, छत्तीसगढ़ में कांवड़ियों पर फूल बरसाने से कांग्रेस के पेट में हो रहा दर्द

रायपुर. छत्तीसगढ़ बीजेपी के प्रदेश महामंत्री रामजी भारती ने कांग्रेस पर निशाना साधा है। पीसीसी चीफ दीपक बैज के बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि कांग्रेस शुरू से ही सनातन धर्म विरोधी रही है। कांवड़ यात्रियों परमुख्यमंत्री साय के हाथों हेलीकॉप्टर से पुष्पवर्षा किए जाने पर कांग्रेसियों की टिप्पणी को सनातन विरोधी प्रलाप बताकर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि प्रियंका गांधी के स्वागत में 2 किलोमीटर तक 6 हजार किलो गुलाब की पंखुड़ियों से सजाकर सामंती चरित्र का शर्मनाक प्रदर्शन करने वाले कांग्रेसियो को कांवड़ यात्रियों के पुष्पवर्षा से स्वागत और अभिनंदन पर पेट में दर्द हो रहा है। भाजपा प्रदेश महामंत्री ने कहा कि कांग्रेसियों की राजनीतिक दुकान सनातन विरोध और हिन्दुत्व के प्रति घृणा से सजी है और रह-रहकर अपनी इन दुकानों में बैठकर सनातन संस्कृति के खिलाफ विष-वमन करते रहना कांग्रेसियों की लत में शुमार है। भूपेश सरकार के राज में इलाज के अभाव में प्रदेश के 39 हजार बच्चों की मौत से कलंकित कांग्रेस आज डायरिया के नाम पर घड़ियाली आxसू बहाकर ओछी राजनीति कर रही है, जबकि प्रदेश की भाजपा सरकार इस बीमारी के प्रसार पर अंकुश लगाने के तमाम उपायों पर पूरी संजीदगी और संवेदनशीलता के साथ काम कर रही है। 'कांग्रेस विचारों से पूरी तरह से कंगाल' रामजी भारती ने ने कहा कि सनातन के खिलाफ खुद को खड़ा बताने के लिए अब कांग्रेसी कार्ल मार्क्स के धर्म को अफीम बताए जाने तक को जस्टीफाई करने में जरा भी शर्म महसूस नहीं कर रहे हैं। इससे यह भी साफ हो गया है कि वामपंथियों के रचे चक्रव्यूह में फंसी कांग्रेस विचारों से पूरी तरह से कंगाल हो चुकी है कि अब वामपंथ के उधार के विचारों की बैसाखी पर अपने राजनीतिक वजूद को बचाने के ये घृणित उपक्रम कांग्रेस की नियति हो चले हैं। प्रियंका के स्वागत में दो किलोमीटर तक बिछाया था फूल भारती ने कहा कि कभी प्रदेश की राजधानी में प्रियंका वाड्रा के स्वागत में 2 किलोमीटर तक की सड़क को 6 हजार किलोग्राम गुलाब के फूलों की पंखुड़ियों से कालीन की तरह सजाकर अपने सामंती चरित्र का शर्मनाक प्रदर्शन करने वाले कांग्रेसियो को आज काँवर यात्रियों का पुष्पवर्षा से स्वागत और अभिनंदन करने पर पेट में रह-रहकर मरोड़ उठ रहा है! यह पाखंड कांग्रेस के सनातन और हिन्दुत्व विरोधी राजनीतिक चरित्र को बेनकाब करने के लिए पर्याप्त है। 'हिन्दुत्व को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां करना कांग्रेस का डीएनए' उन्होंने कहा कि सनातन और हिन्दुत्व को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां करना ही कांग्रेस का डीएनए है। कांग्रेस कभी संसद में हिन्दुओं को हिंसक, नफरती और झूठा बताती है तो कभी सनातन संस्कृति को लेकर बेसिर-पैर की बातें करती रही है। हर मौके पर पूरे देशभर में कांग्रेसियों ने अपनी राजनीतिक दुकानदारी चलाने के लिए हिन्दुत्व और सनातन संस्कृति के प्रति केवल नफरत को बेचने का काम किया है। यह न केवल कांग्रेस, बल्कि उसके नेतृत्व वाले इंडी ठगबंधन के सहयोगी दल भी यही कर रहे हैं। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री स्टालिन के बेटे और वहां के मंत्री उदयनिधि स्टालिन ने सनातन संस्कृति को मच्छर से फैलने वाली डेंगू, मलेरिया बताकर उसके नष्ट होने की बात कही थी। इतना ही नहीं कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बेटे प्रियंक खड़गे ने उदयनिधि के बयान को सही ठहराया था। कांग्रेस के कर्नाटक से सांसद डी.के. सुरेश ने तो देश विभाजन तक की बात कहकर अपने दुस्साहस का परिचय दे चुके हैं। recent visitors 108

अमेरिकी कोर्ट ने गूगल को दिया तगड़ा झटका, जज ने सुनाया बड़ा फैसला, भारी पड़ा कानून तोड़ना

न्यूयॉर्क गूगल (Google) को तगड़ा झटका लगा है। एक अमेरिकी कोर्ट के जज ने फैसला सुनाया कि गूगल ने ऐंटीट्रस्ट लॉ यानी अविश्वास कानून का उल्लंघन किया है। जज ने फैसले में कहा कि गूगल ने खुद को दुनिया का डिफॉल्ट सर्च इंजन बनाने और मोनोपॉली के लिए अरबों डॉलर खर्च किए हैं। कोर्ट का यह फैसला संभावित सुधारों को तय करने के लिए दूसरे ट्रायल का रास्ता भी साफ करता है। इसमें गूगल पैरेंट अल्फाबेट का ब्रेकअप (विघटन) भी शामिल हो सकता है। ऐसा होने पर ऑनलाइन ऐडवर्टाइजिंग की दुनिया में बड़ा बदलाव देखने को मिल सकता है, जिस पर गूगल बीते कई सालों से राज करता आ रहा है। साल 2023 में अल्फाबेट की टोटल सेल में गूगल ऐड्स का 77% था। साल 2021 में 26.3 बिलियन डॉलर का भुगतान वाशिंगटन डी.सी. के यूएस डिस्ट्रिक्ट जज अमित मेहता ने अपने में फैसले में लिखा कि गूगल एक मोनोपॉलिस्ट यानी एकाधिकारवादी है और उसने अपने एकाधिकार को बनाए रखने के लिए एक के रूप में काम किया है। जज ने आगे यह भी लिखा कि गूगल ऑनलाइन सर्च मार्केट का लगभग 90% और स्मार्टफोन पर 95% कंट्रोल रखता है। मेहता ने कहा कि गूगल ने साल 2021 में 26.3 बिलियन डॉलर का भुगतान किया था ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि उसका सर्च इंजन स्मार्टफोन और ब्राउजर पर बाइ डिफॉल्ट ऑफर हो। फैसले के खिलाफ अपील करने की तैयारी में अल्फाबेट अल्फाबेट ने कहा कि वह मेहता के फैसले के खिलाफ अपील करने का प्लान बना रहा है। गूगल ने एक बयान में कहा कि कोर्ट के फैसले से यह साफ हो गया है कि गूगल बेस्ट सर्च इंजन ऑफर करता है। कंपनी ने आगे यह भी कहा कि बेस्ट होने से कारण अब गूगल सर्च इंजन को आसानी से उपलब्ध नहीं कराना चाहिए। दूसरी तरफ अमेरिकी अटॉर्नी जनरल मेरिक गारलैंड ने फैसले को अमेरिकी यूजर्स के लिए एक ऐतिहासिक जीत बताते हुए कहा कि कोई भी कंपनी चाहे कितनी भी बड़ी या प्रभावशाली क्यों न हो, वह कानून से ऊपर नहीं हो सकती। बताते चलें कि टेक शेयरों में व्यापक गिरावट के बीच अल्फाबेट के शेयरों में सोमवार को 4.5% की गिरावट देखी गई। recent visitors 105

डमरु वादन की मंगल ध्वनि से गुंजायमान हुई उज्जयिनी, 1500 डमरू वादकों ने बनाया गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड

बाबा महाकाल की सवारी बनी आस्था, उत्साह और उमंग की त्रिवेणी डमरु वादन की मंगल ध्वनि से गुंजायमान हुई उज्जयिनी एक साथ 1500 डमरू वादकों ने बनाया गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड भगवान महाकाल श्रावण के तीसरे सोमवार निकले नगर भ्रमण पर, भक्तों को दिए दर्शन उप मुख्यमंत्री देवड़ा और खाद्य नागरिक आपूर्ति मंत्री राजपूत बाबा महाकाल की सवारी में हुए शामिल उज्जैन बाबा महाकाल की तीसरी सवारी आस्था, उत्साह और उमंग के साथ निकाली गई। श्रावण माह के तीसरे सोमवार भगवान महाकालेश्वर चंद्रमौलेश्वर के रूप में पालकी में, हाथी पर मनमहेश के रूप में व गरूड़ रथ पर शिव-तांडव स्वरूप में विराजित होकर नगर भ्रमण पर निकले और अपनी प्रजा का हाल जाना। इस दौरान 1500 डमरू वादकों ने एक साथ डमरू बजाकर गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड बनाया।  भगवान महाकाल की सवारी निकलने के पूर्व महाकालेश्वर मंदिर के सभा मंडप में भगवान महाकाल का उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने विधिवत पूजन-अर्चन किया और सवारी में शामिल हुए। इस अवसर पर सभा मंडप में विधायक सतीश मालवीय, विधायक महेश परमार, महापौर मुकेश टटवाल, नगर निगम सभापति श्रीमती कलावती यादव सहित अन्य जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। डमरू वादकों के साथ बाबा निकले शिव-तांडव स्वरूप में भ्रमण पर बाबा महाकाल की सवारी में डमरू वादन की मंगल ध्वनि के साथ भगवान शिव की स्तुति की गई। डमरू वादकों द्वारा एकसाथ लयबद्ध रूप में आकर्षक एवं मनमोहक प्रस्तुति देकर श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। श्रावण माह का तीसरा सोमवार उज्जैन के लिए ऐतिहासिक रहा। महाकाल लोक के शक्तिपथ पर 1500 डमरू वादकों ने एक साथ एक समय समय में लयबद्ध डमरू वादन कर विश्व कीर्तिमान रचा। बाबा महाकाल के भक्तों ने हर्षोल्लास और उमंग से सवारी में भाग लिया और डमरू वादकों का स्वागत किया। निमाड़ अंचल के सुप्रसिद्ध काठी नृत्य की हुई अदभुत प्रस्तुति बाबा महाकाल की सवारी में निमाड़ अंचल के लोकनृत्य काठी की मनमोहक प्रस्तुति आकर्षण का केन्द्र रही। भगवान शंकर और माता गौरा से जुड़ी इस प्रस्तुति ने सभी श्रद्धालुओं का मन मोह लिया। लोक कलाकारों ने मोर पंख से सजी आकर्षक रंग-बिरंगी वेशभूषा में प्रमुख ढाक वाद्य यंत्र से आकर्षक प्रस्तुति दी। बाबा महाकाल की सवारी के साथ भजन मंडलियां भी उत्साह और उमंग के साथ शिव भजनों की मधुर प्रस्तुति देते हुए चली। रामघाट पर भगवान महाकाल का इन्द्र देव ने भी किया जलाभिषेक भगवान महाकालेश्वर की सवारी महाकाल मन्दिर से प्रस्थान कर जैसे ही रामघाट पर पहुंची, वैसे ही चहुंओर आस्था और श्रद्धा का जन-सैलाब उमड़ पड़ा। श्रावण में अपने सौंदर्य की छटा बिखेरते हुए स्वयं प्रकृति भगवान महाकाल का स्वागत करने के लिए आतुर दिखाई दी। पुजारियों के साथ भगवान का जलाभिषेक वर्षा कर इन्द्र देव ने भी किया। भगवान महाकालेश्वर का पूजन और जलाभिषेक पं. आशीष पुजारी द्वारा कराया गया। उप मुख्यमंत्री जगदीश देवड़ा और खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने भी रामघाट पर भगवान का पूजन किया। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद उमेशनाथ महाराज सहित जनप्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। “भोले शंभु-भोलेनाथ” और “अवंतिका नाथ की जय” के घोष से श्रद्धालुओं ने की पुष्पवर्षा भगवान महाकाल की पालकी जैसे ही महाकालेश्वर मन्दिर के मुख्य द्वार पर पहुंची, सशस्त्र पुलिस बल के जवानों द्वारा पालकी में सवार चंद्रमौलेश्वर को सलामी दी गई। सवारी मार्ग में जगह-जगह खड़े श्रद्धालुओं ने भोले शंभु-भोलेनाथ और अवंतिका नाथ की जय के घोष के साथ भगवान महाकालेश्वर पर पुष्पवर्षा की। सुगमता से हुए श्रद्धालुओं को भगवान के दर्शन महाकालेश्वर भगवान की सवारी में हजारों की संख्या में भक्त झांझ, मजीरे, ढोल और भगवान का प्रिय वाद्य डमरू बजाते हुए पालकी के साथ उत्साहपूर्वक आराधना करते हुए चले। श्रद्धालुओं ने सुगमतापूर्वक भगवान के दर्शन लाभ लिए। महाकालेश्वर भगवान की सवारी परंपरागत मार्ग महाकाल चौराहा, गुदरी चौराहा, बक्षी बाजार और कहारवाडी से होती हुई रामघाट पहुंची, जहॉ शिप्रा नदी के जल से भगवान का अभिषेक और पूजन-अर्चन किया गया। इसके बाद सवारी रामानुज कोट, मोढ़ की धर्मशाला, कार्तिक चौक खाती का मंदिर, सत्यनारायण मंदिर, ढाबा रोड, टंकी चौराहा, छत्री चौक, गोपाल मंदिर, पटनी बाजार और गुदरी बाजार से होती हुई पुन: महाकालेश्वर मंदिर पहुंची। बाबा महाकाल की सवारी की प्रमुख झलकियां     दत्त अखाडा पर माधव संगीत महाविद्यालय के दल ने सुमधुर भजनों की प्रस्तुति दी।     श्रद्धालु आकर्षक स्वरूप धारण कर भगवान महाकाल की आराधना करते हुए चले।     सवारी मार्ग पर आकर्षक रंगोलियों से जगह-जगह बाबा महाकाल की सवारी का स्वागत किया गया।     प्रशासन एवं पुलिस के आला अधिकारियों ने व्यवस्थाओं का सतत् निरीक्षण करते हुए सवारी का सफल संचालन सुनिश्चित किया।     2 चलित रथ के माध्यम से श्रृद्धालुओं ने भगवान महाकाल की सवारी के सुगमतापूर्वक दर्शन किए।     महाकाल घाटी, रामघाट, दत्त अखाड़ा, गोपाल मन्दिर आदि प्रमुख स्थानों पर बड़ी एलईडी के माध्यम से भी श्रद्धालुओं ने सवारी का सजीव प्रसारण देखा।   recent visitors 178

विटामिन-डी की कमी दूर करने के लिए खाएं ये खाद्य पदार्थ

दही विटामिन-डी की कमी पूरी करने के लिए दही को डाइट में शामिल करें. दही में भरपूर मात्रा में विटामिन डी होता है. यह मांसपेशियों को मजबूत बनाता है. साथ ही खाना पचाने में मददगार होता है. संतरा संतरे में विटामिन-डी के साथ विटामिन-सी भी होती है. विटामिन-डी की कमी पूरा करने के लिए आप मौसम के मुताबिक संतरा खा सकते हैं अंडा अंडे में प्रोटीन और कई विटामिन होता है. अंडे के पीले भाग में विटामिन-डी होता है. मशरूम मशरूम में भी अच्छी मात्रा में विटामिन-डी होता है. इसमें कैल्शियम और फास्फोरस भी होता है. यह हेल्थ के लिए फायदेमंद है. गाय का दूध इसे पीने से अच्छी मात्रा में विटामिन-डी मिलेगा. गाय के दूध में प्रोटीन, कैल्शियम, फास्फोरस, मैग्नीशियम, मैंगनीज और जिंक जैसे पोषक तत्व भी होते हैं. मछली मछली में प्रचुर मात्रा में विटामिन-डी होता है. अगर आप नॉन-वेजिटेरियन हैं तो मछली को डाइट में शामिल करके हेल्दी रह सकते हैं. recent visitors 151

Himachal Pradesh में बादल फटने पर Kangana Ranaut ने जताया दुख, दुर्गम इलाकों में जाकर बाढ़ प्रभावित लोगों से मुलाकात की

शिमला सालों तक बॉलीवुड की चकाचौंध में रहीं कंगना रनौत राजनीति में एंट्री के बाद जमीन पर लोगों की मुश्किलों को करीब से देख रही हैं। रैंप पर कैटवॉक करके लाखों लोगों को अपना फैन बनाने के बाद वह पहाड़ों की कठिन चढ़ाई करके जरूरतमंद लोगों तक पहुंच बना रही हैं। मंडी से लोकसभा सांसद कंगना रनौत ने हिमाचल प्रदेश के दुर्गम इलाकों में जाकर बाढ़ प्रभावित लोगों से मुलाकात की। तबाही के निशान देखकर वह बेहद भावुक नजर आईं और धरती माता से दया की प्रार्थना की। शिमला जिले के रामपुर में पिछले दिनों बादल फटने से भारी तबाही हुई। कंगना रनौत ने अपने टीम के साथ प्रभावित इलाके में जाकर हालात का जायजा लिया। उन्होंने पीड़ित लोगों से मुलाकात की और उनका दुख-दर्द साझा किया। उन्होंने केंद्र सरकार तक प्रभावित लोगों की बात पहुंचाकर उचित मदद का भरोसा दिया। पीड़ितों तक पहुंचने के लिए कंगना को भी पहाड़ों की चोटियों पर पैदल चढ़ना पड़ा। सड़क क्षतिग्रस्त होने की वजह से गाड़ियों को काफी पहले रोकना पड़ा।   कंगना रनौत जमीनी हालत देखकर बेहद भावुक दिखीं। उन्होंने एक्स पर अपने दौरे की तस्वीरें साझा करते हुए धरती माता से दया की प्रार्थना की। कंगना ने लिखा, 'हिमाचल प्रदेश में आज बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर रही हूं। इस विशाल ब्रह्मांड में हम बेहद असुरक्षित हैं। हे धरती देवी, जीवन की माता, हम पर दया करो।' पत्रकारों से बातचीत में भाजपा सांसद कंगना रनौत ने कहा, 'राज्य सरकार की हालत सभी को पता है। पिछली बार के विस्थापितों से वादा किया था कि केंद्र से जो फंड आया उससे 7-7 लाख सभी को दिए जाएंगे। क्या वो 7 लाख मिला? … गांव के लोग खुद अपने हाथों से पुल बना रहे हैं। पीएम नरेंद्र मोदी अवश्य पैकेज भेजेंगे, उन्होंने पिछली बार भी 1800 करोड़ का पैकेज भेजा था, अब भी भेजेंगे और वो जाएगा सुक्खू जी को। मैं कहूंगी कि वो पैसे विस्थापितों मिलेगा या नहीं इस पर जांच शुरू जाए। यहां जो भी भ्रष्टाचार का नाच शुरू किया गया है उस पर लगाम लगाई जाए।' हिमाचल प्रदेश के तीन जिलों में बादल फटने से अचानक आई बाढ़ के कारण जान गंवाने वालों की संख्या सोमवार को बढ़कर 14 हो गई, जबकि करीब 40 लोग अब भी लापता हैं। हिमाचल प्रदेश में 31 जुलाई की रात को कुल्लू के निरमंड, सैंज व मलाना, मंडी के पधर और शिमला के रामपुर उपसंभाग में बादल फटने की घटनाओं के बाद करीब 40 लोग लापता हैं। वहीं, सबसे ज्यादा नुकसान शिमला और कुल्लू जिले की सीमा पर स्थित समेज गांव को हुआ, जहां 30 से ज्यादा लोग लापता बताये जा रहे हैं।   recent visitors 123