शाहबाज ने अमीन के साथ निकाह कर जीवन में एक नई यात्रा शुरू की, 10 अगस्त को दे सकते हैं रिसेप्शन

नई दिल्ली भारत का हाल ही में श्रीलंका दौरा खत्म हुआ है। भारतीय क्रिकेटर ऑफ-सीजन का पूरा आनंद ले रहे हैं। ऐसे में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के पूर्व स्पिनर शाहबाज अहमद ने डॉ. शाइस्ता अमीन नामक एक कश्मीरी युवती के साथ शादी कर ली। शाहबाज ने अमीन के साथ निकाह कर जीवन में एक नई यात्रा शुरू की है। भारतीय टीम के होनहार ऑलराउंडर शाहबाज अहमद आईपीएल में लोकप्रिय फ्रेंचाइजी रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए खेलते हुए चर्चा में आए थे। हालांकि, अहमद को सनराइजर्स हैदराबाद ने खरीद लिया है। आईपीएल 2024 में शाहबाज को जब भी मौका मिला उन्होंने बल्ले और गेंद दोनों से उम्दा प्रदर्शन किया। आईपीएल में अपने शानदार प्रदर्शन के कारण शाहबाज अहमद को भारतीय क्रिकेट टीम में 2022 में उन्होंने डेब्यू किया। 10 अगस्त को दे सकते हैं रिसेप्शन अब उन्होंने एक नई पारी की शुरुआत की है। 29 साल के शाहबाज अहमद ने कश्मीर की मूल निवासी डॉ. शाइस्ता अमीन से विवाह किया। शादी समारोह परिवार की मौजूदी में कश्मीर परंपरा से हुआ। इसके अलावा इस समारोह में दुल्हन के घरवाले और करीबी दोस्त शामिल हुए। रिपोर्टों के अनुसार, अहमद 10 अगस्त को हरियाणा में अपने गृहनगर में एक भव्य रिसेप्शन का आयोजन कर सकते हैं। साल 2022 में किया था टी20I डेब्यू बता दें कि शाहबाज के निकाह की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल हो रही हैं। इन तस्वीरों में वह हाथ में बल्ला लिए हुए दिखाई दे रहे हैं। साथ सफेद रंग की शेरवानी पहनी है। शाहबाज के साथ दो अन्य लोग भी मौजूद हैं। गौरतलब हो कि शाहबाज मूल रूप से हरियाणा के रहने वाले हैं। कोविड महामारी के दौरान बंगाल से अपनी इंजीनियरिंग की डिग्री पूरी की। इसके बाद की पढ़ाई बीच में छोड़ क्रिकेट की दुनिया में नाम बनाने चले आए। recent visitors 163

पीएम मोदी ने किया ‘हर घर तिरंगा’ अभियान का आगाज, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्ट पर बदली DP

नईदिल्ली हमारा राष्ट्रीय पर्व स्वतंत्रता दिवस बस आने को है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज से ‘हर घर तिरंगा’ अभियान की शुरुआत कर दी है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर अपनी प्रोफ़ाइल फोटो के स्थान पर हमारे राष्ट्रीय ध्वज तिरंगे की तस्वीर लगा दी है। इसी के साथ सबसे अपील की है कि एक बार फिर इसे जन आंदोलन का रूप दें और तिरंगे के साथ अपनी सेल्फी अपलोड करें। पीएम मोदी ने देशवासियों से की अपील पीएम मोदी ने आज अपने एक्स अकाउंट पर प्रोफ़ाइल फोटो के स्थान पर तिरंगे की तस्वीर लगाकर इस साल के अभियान का आगाज़ कर दिया है। उन्होंने लोगों से इस बार भी अभियान को यादगार बनाने की अपील करते हुए लिखा है कि ‘इस वर्ष का स्वतंत्रता दिवस नजदीक आ रहा है, आइए फिर से हर घर तिरंगा को एक यादगार जन आंदोलन बनाएं। मैं अपनी प्रोफ़ाइल तस्वीर बदल रहा हूं और आप सभी से आग्रह करता हूं कि आप भी ऐसा करके हमारे तिरंगे का जश्न मनाने में मेरे साथ शामिल हों। और हां, अपनी सेल्फी https://hargartiranga.com पर जरूर शेयर करें।’ हर घर तिरंगा अभियान का उद्देश्य हर घर तिरंगा अभियान का मुख्य उद्देश्य देशभक्ति की भावना को जागृत करना और राष्ट्रीय ध्वज के महत्व को लोगों के दिलों में और गहरा करना है। तिरंगा केवल एक ध्वज नहीं है, बल्कि यह हमारी स्वतंत्रता, संप्रभुता और लोकतंत्र का प्रतीक है। इस अभियान के तहत, लोगों को अपने घरों पर तिरंगा फहराने के लिए प्रेरित किया गया, जिससे देश के हर कोने में एकता, अखंडता और देशभक्ति का संदेश फैल सके। स्वतंत्रता दिवस की 75वीं वर्षगांठ पर हुई शुरूआत बता दें कि भारत की स्वतंत्रता दिवस की 75वीं वर्षगांठ के अवसर पर, भारत सरकार ने एक विशेष अभियान की शुरुआत की थी, जिसका नाम “हर घर तिरंगा” है। इसके तहत प्रत्येक नागरिक से अपने घर पर तिरंगा फहराने की अपील की गई। अभियान का उद्देश्य देश के हर नागरिक को राष्ट्रीय ध्वज के प्रति गर्व और सम्मान की भावना से जोड़ना है। यह अभियान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में ‘आजादी का अमृत महोत्सव’ के अंतर्गत आयोजित किया गया। इस अभियान की शुरुआत 13 अगस्त 2022 को हुई और यह 15 अगस्त 2022 तक चला। इस अवधि में देशवासियों को तिरंगा खरीदने, उसे अपने घरों पर फहराने और सोशल मीडिया पर अपनी तस्वीरें साझा करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। अभियान को लोगों का व्यापक समर्थन मिला और पूरे देश में लोगों ने उत्साह के साथ इसमें भाग लिया। सरकारी दफ्तरों, स्कूलों, कॉलेजों और अन्य संस्थानों ने भी इस अभियान में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। हर घर तिरंगा अभियान एक सफल और प्रभावी पहल साबित हुई, जिसने देश के हर नागरिक को तिरंगे के साथ जोड़ा और उन्हें स्वतंत्रता संग्राम की उन महान कहानियों की याद दिलाई, जिन्होंने हमें आजादी दिलाई। recent visitors 113

नगर निगम के रिटायर्ड अधिकारियों पर लोकायुक्त का शिकंजा, सोने-चांदी और संपत्ति के दस्तावेज मिले; फॉरेन इन्वेस्टमेंट को लेकर जांच

भोपाल मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में नगर निगम के रिटायर्ड अधीक्षण यंत्री प्रदीप जैन के घर और ऑफिस में मध्य प्रदेश शासन की विशेष स्थापना लोकायुक्त टीम ने छापामार कार्रवाई कर दी। बताया जा रहा है कि, यहां से बड़ी संख्या में नगद नोट, सोने चांदी के आभूषण और प्रॉपर्टी के डॉक्यूमेंट मिले हैं। इनमें कुछ दस्तावेज जैसे हैं, जो बताते हैं कि विदेश में भी इन्वेस्टमेंट किया गया है। यह मकान प्रदीप जैन के बेटे यश जैन के नाम से रजिस्टर्ड है। नगर निगम का दागी अधिकारी भोपाल स्मार्ट सिटी में सुप्रिटेंडेंट इंजीनियर लोकायुक्त को पीके जैन के खिलाफ वित्तीय गड़बड़ियों की शिकायत मिली थी। इसके बाद शुक्रवार सुबह टीम एयरपोर्ट रोड स्थित पाॅश लार्ड्स कॉलोनी में स्थित उनके घर और गोविंदपुरा स्थित स्मार्ट सिटी ऑफिस में बने दफ्तर पहुंची। दोनों ही जगह से दस्तावेज जब्त किए हैं। पीके जैन रिटायरमेंट के बाद से ही भोपाल स्मार्ट सिटी में बतौर सुप्रिटेंडेंट इंजीनियर (प्रोजेक्ट) संविदा कार्यरत हैं। वहां उन्हें वित्तीय पावर भी मिले हुए हैं। जैन स्मार्ट सिटी में भी अधीक्षण यंत्री के पद पर ही काम कर रहे हैं। फाॅरेन इन्वेस्टमेंट्स की जांच की जा रही है लोकायुक्त के सूत्रों ने बताया कि प्रदीप जैन द्वारा विदेश में निवेश की सूचनाएं भी मिली हैं। कार्रवाई में मिले दस्तावेजों में जैन के फाॅरेन इन्वेस्टमेंट्स की जांच भी की जा रही है। पब्लिक इसके बारे में ज्यादा नहीं जानती परंतु लोगों को यह बताएं कि विदेशों से अवैध वित्तीय व्यवहार को मनी लॉन्ड्रिंग कहते हैं। भारत में यह गंभीर अपराध है। हालांकि लोकायुक्त ने स्पष्ट नहीं किया है कि उसे जो शिकायत मिली है उसमें मनी लॉन्ड्रिंग अथवा विदेश में अवैध तरीके से इन्वेस्टमेंट की डिटेल है या नहीं। recent visitors 92

अदालत में गैर हिंदी भारतीय भाषाओं का उपयोग फिलहाल नहीं : सरकार

नई दिल्ली  सरकार ने कहा है कि न्यायालय में क्षेत्रीय भाषाओं के इस्तेमाल को लेकर कैबिनेट को प्रस्ताव मिले थे लेकिन उन्हें मुख्य न्यायाधीश ने स्वीकार नहीं किया इसलिए फिलहाल हिंदी के अलावा अन्य भारतीय भाषाओं का न्यायालय में इस्तेमाल नहीं हो रहा है। कानून मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने एक पूरक सवाल की जवाब में कहा कि किसी भी राज्य में वहां की राज्यपाल की सिफारिश पर राष्ट्रपति की सहमति से स्थानीय भाषा का इस्तेमाल किया जा सकता है। इस क्रम में हिंदी का प्रयोग अधिकृत किया हुआ है और सभी राज्यों में इसका प्रयोग किया जा सकता है। उन्होंने कहा कि केंद्र के बाद तमिलनाडु, गुजरात, बांग्ला तमिल तथा छत्तीसगढ़ी में वहां की भाषाओं के न्यायालय में स्थानीय भाषाओं के इस्तेमाल लेकर को प्रस्ताव कैबिनेट को प्राप्त हुए थे लेकिन इसे मुख्य न्यायाधीश ने स्वीकार नहीं किया था। मेघवाल ने कहा कि न्यायिक स्वतंत्रता को ध्यान में रखते हुए तकनीकी माध्यम से न्यायालय की फैसलों की स्थानीय भाषाओं में अनूदित किया जा रहा है। उत्तम न्यायालय के फैसले के लिए हिंदी, तमिल, मराठी, गुजरायी आदि भाषाओं में ऐप उपलब्ध कराया गया है।     recent visitors 106

SC ने कृष्ण जन्मभूमि और शाही ईदगाह मस्जिद के सर्वे पर रोक लगाने वाले अपने पिछले आदेश को नवंबर तक के लिए बढ़ा दिया

मथुरा सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को मथुरा में कृष्ण जन्मभूमि मंदिर से सटी शाही ईदगाह मस्जिद के सर्वे पर रोक लगाने वाले अपने पिछले आदेश को नवंबर तक के लिए बढ़ा दिया है। न्यायमूर्ति संजीव खन्ना और न्यायमूर्ति पीवी संजय कुमार की पीठ ने मामले की सुनवाई स्थगित करते हुए कहा कि इस मुद्दे पर व्यापक बहस की आवश्यकता है। इस महीने की शुरुआत में इलाहाबाद हाईकोर्ट द्वारा जारी संबंधित आदेश को भी ध्यान में रखना होगा। सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने हाईकोर्ट के एक अगस्त के आदेश का हवाला दिया, जिसमें कहा गया था कि कृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह विवाद से संबंधित 18 मुकदमों में सुनवाई जारी रह सकती है। मस्जिद प्रबंधन समिति की चुनौती को खारिज करते हुए हाईकोर्ट ने अब मुकदमे की सुनवाई शुरू करने के लिए 12 अगस्त की तारीख तय की है। हिंदू पक्ष का प्रतिनिधित्व करने वाले अधिवक्ता विष्णु शंकर जैन ने पीठ से सर्वे पर रोक हटाने का अनुरोध करने वाली उनकी याचिका को सूचीबद्ध करने पर विचार करने का आग्रह किया। हाईकोर्ट के 1 अगस्त के आदेश का हवाला देते हुए जैन ने जोर देकर कहा कि सर्वोच्च न्यायालय के समक्ष मुस्लिम पक्ष की याचिका निष्प्रभावी हो गई है। हालांकि पीठ ने जवाब दिया कि मामले की सुनवाई नवंबर में ही होगी। सुप्रीम कोर्ट इलाहाबाद हाईकोर्ट के 26 मई के आदेश को चुनौती देने के मामले में उलझा हुआ है। मथुरा में विभिन्न सिविल न्यायालयों में हिंदू पक्षों द्वारा मस्जिद की भूमि पर अधिकार का दावा करते हुए दायर किए गए लगभग 18 मुकदमों को उसने अपने पास ट्रांसफर कर लिया था। ईदगाह समिति और यूपी सुन्नी वक्फ बोर्ड ने इस मामले को सुप्रीम कोर्ट में लाया। सुप्रीम कोर्ट ने 16 जनवरी को मस्जिद सर्वेक्षण की निगरानी के लिए अधिवक्ता-आयुक्त की नियुक्ति के हाईकोर्ट के आदेश पर रोक लगा दी। हाईकोर्ट का आदेश भगवान श्रीकृष्ण विराजमान कटरा केशव देव खेवट मथुरा (देवता) द्वारा नेक्स्ट फ्रेंड रंजना अग्निहोत्री और सात अन्य के माध्यम से दायर याचिका पर आया था। नेक्स्ट फ्रेंड किसी ऐसे व्यक्ति का कानूनी प्रतिनिधि होता है जो सीधे मुकदमा चलाने में असमर्थ होता है। हिंदू याचिकाकर्ताओं ने अनुरोध किया था कि मूल मुकदमा उच्च न्यायालय द्वारा चलाया जाए क्योंकि मामला राष्ट्रीय महत्व का था। दूसरी ओर मस्जिद प्रबंधन समिति ने लंबे विलंब के बाद मुकदमों की स्थिरता पर सवाल उठाया और आगे तर्क दिया कि यह मुकदमा पूजा स्थल (विशेष प्रावधान) अधिनियम, 1991 द्वारा वर्जित है। मस्जिद प्रबंधन समिति ने मुकदमों की स्थिरता पर सवाल उठाते हुए इलाहाबाद उच्च न्यायालय के समक्ष एक अलग याचिका भी दायर की थी। हालांकि 1 अगस्त को एक आदेश द्वारा उच्च न्यायालय ने माना कि मुकदमे स्थिरता योग्य थे और मुद्दों को तय करने के लिए 12 अगस्त की तारीख तय की। कृष्ण जन्मभूमि-शाही ईदगाह मस्जिद भूमि विवाद से संबंधित कई मुकदमे मथुरा की विभिन्न अदालतों में लंबित हैं। इनमें मस्जिद के 13.37 एकड़ भूमि को पुनः प्राप्त करने की मांग भी शामिल है। मस्जिद मंदिर से सटी हुई है और मुकदमों में मस्जिद समिति और श्री कृष्ण जन्मस्थान सेवा संघ के बीच 1968 में हुए समझौते को वापस लेने की मांग की गई है। 14 दिसंबर 2023 को इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने अधिवक्ता-आयुक्त द्वारा सर्वेक्षण का आदेश दिया। पिछले साल सितंबर में भारत के मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) धनंजय वाई चंद्रचूड़ ने ज्ञानवापी मामले की सुनवाई करते हुए कहा था कि किसी स्थल के धार्मिक चरित्र को भी साक्ष्य द्वारा प्रमाणित किया जाना चाहिए। recent visitors 88

कांचीपुरम में एक मंदिर के होर्डिंग पर पोर्न स्टार मिया खलीफा की तस्वीर, मंदिर प्रशासन ने दी सफाई

कांचीपुरम  तमिलनाडु के कांचीपुरम में एक मंदिर के होर्डिंग पर पोर्न स्टार मिया खलीफा की तस्वीर दिखाई देने से इंटरनेट यूजर्स हैरान हैं। यह होर्डिंग आदि त्योहार के मौके पर लगाया गया है। इस पोस्टर की तस्वीरें और वीडियो वायरल होने के बाद विवाद शुरू हो हो गया है। आदि फेस्टिवल तमिलनाडु में एक महत्वपूर्ण त्योहार है जो वर्षा और नदियों की पूजा के लिए मनाया जाता है। यह तमिलनाडु में एक भव्य तरीके से मनाया जाता है, खासकर मां अम्मन (पार्वती) के मंदिरों में। यह कई दिनों तक चलता है, इसमें लोग मां अम्मन की पूजा-अर्चना करते हैं, भजन-कीर्तन करते हैं, और विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों में भाग लेते हैं। यह त्योहार तमिलनाडु की संस्कृति और परंपरा का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है, जो लोगों को एकता और उत्साह के साथ जोड़ता है। इस त्योहार पर लोग नदियों के किनारे पूजा-पाठ करते हैं और अपनी सुख-समृद्धि के लिए प्रार्थना करते हैं। कुरुविमलाई में नागाथम्मन और सेल्लियम्मन मंदिरों में आदि त्योहार को भव्य तरीके से मनाने के लिए बड़े-बड़े आयोजन करने की योजना बनाई गई थी। इसमें रंगीन लाइट्स, होर्डिंग्स लगाना और लोगों को आमंत्रित करना शामिल था। क्यों लगाई मिया खलीफा की होर्डिंग? इस बीच एक होर्डिंग ने सभी का ध्यान खींचा, जिसमें मिया खलीफा की तस्वीर छपी हुई थी। यह होर्डिंग देखते ही देखते सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। मिया खलीफा की तस्वीर का इस त्योहार से कोई संबंध नहीं है। ऐसे में कांचीपुरम में एक मंदिर के होर्डिंग पर उनकी तस्वीर दिखाई देना लोगों को हैरान कर रहा है। पाल कुदम लिए हुए तस्वीर मिया खलीफा की तस्वीर को इस तरह एडिट किया गया कि ऐसा लगे कि वह 'पाल कुदम' लिए हुए हैं। 'पाल कुदम' दक्षिण में दूध से भरे बर्तन को कहते हैं, जिसे त्योहार के दौरान देवताओं को अर्पित किया जाता है। यह पारंपरिक प्रसाद का हिस्सा है। विवाद के बाद हटी होर्डिंग होर्डिंग लगाने वाले लोगों ने यह भी सुनिश्चित किया कि उनकी तस्वीर भी होर्डिंग में दिखाई दे, जिसमें उनके नाम आधार कार्ड फॉर्मेट में हो। तस्वीर के वायरल होने के बाद मगराल पुलिस को सूचित किया गया, जिसके बाद कार्रवाई करते हुए पुलिस ने होर्डिंग को हटा दिया है। लेबनान की मूल निवासी मिया खलीफा अमेरिकी की जानी मानी पोर्न स्टार रही हैं। पूरी दुनिया में उनकी पोर्न फिल्म के लोग दीवाने भी हैं। मगर मिया खलीफा अब अमेरिकी नागरिक हैं और वो अमेरिका में ही रहती हैं। recent visitors 105

पीएम मोदी ने नीरज चोपड़ा से कहा कि आप मन से गोल्ड निकाल दीजिए, आप स्वयं सबसे बड़ा गोल्ड हैं

नई दिल्ली पेरिस ओलंप‍िक 2024 में जैवल‍िन थ्रो में स‍िल्वर मेडल जीतने वाले भारत के जैवल‍िन थ्रोअर नीरज चोपड़ा से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बात की. पीएम मोदी ने नीरज चोपड़ा को जीत की बधाई दी. इसका वीडियो सामने आया है.  पीएम मोदी ने इस दौरान नीरज चोपड़ा से कहा कि आप मन से गोल्ड निकाल दीजिए, आप स्वयं सबसे बड़ा गोल्ड हैं. पेरिस ओलंपिक समापन समारोह में श्रीजेश और मनु भाकर होंगे भारत के संयुक्त ध्वजवाहक पीएम मोदी ने इस दौरान नीरज को कॉल किया और उन्हें बधाई देते हुए कहा- आपने देश का नाम रोशन किया है. पूरा देश रात (8 अगस्त) को आपका मुकाबला देख रहा था. देश की उम्मीदें आपकी तरफ थीं. नीरज चोपड़ा बोले- जैसा सोचा वैसा नहीं हुआ इस दौरान नीरज चोपड़ा ने पीएम मोदी से कहा- जैसा मैंने सोचा था, वैसा नहीं हो पाया. लोगों की उम्मीदें गोल्ड की थीं, पूरा एफर्ट लगाया लेकिन नहीं हो पाया. कंपटीशन काफी तगड़ा था. लेकिन इसके बावजूद मैं मेडल लेकर आया, इस बात की खुशी है. पीएम मोदी ने नीरज से कहा- इंजरी के बावजूद आप अच्छा खेले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दौरान कहा कि आप इंजरी होने के बावजूद अच्छा खेले. वहीं पीएम मोदी ने इस दौरान अरशद नदीम का भी नाम ल‍िए बिना नीरज चोपड़ा से कहा क‍ि आपने बताया था कि उसके साथ कंपटीशन टफ होता है. आगे और मेहनत करेंगे, पीएम से नीरज ने कहा नीरज चोपड़ा ने इस बातचीत के दौरान कहा कि आने वाले दिनों में और भी कंपटीशन आने वाले हैं, उनके लिए और भी मेहनत करेंगे. इस बातचीत के दौरान पीएम मोदी लगातार नीरज का हौसला बढ़ा रहे थे. पीएम मोदी ने की नीरज चोपड़ा की मां की तारीफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दौरान नीरज चोपड़ा की मां की भी तारीफ की. दरअसल, नीरज की मां सरोज देवी ने कहा था- हम तो बहुत खुश हैं. हमें तो सिल्वर भी गोल्ड के जैसा ही लग रहा है. जिस लड़के को गोल्ड मेडल मिला है, वह भी हमारा ही लड़का है. बहुत मेहनत करता है. ऐसे में पाकिस्तानी जैवल‍िन थ्रोअर अरशद नदीम के बारे में जो बात नीरज चोपड़ा की मां ने कही, उससे प्रधानमंत्री काफी खुश दिखे. recent visitors 99