Tuesday, July 7, 2026 3:04 pm

बीरभूम की कोयला खदान में फिर हुआ हादसा, 7 मजदूरों की मौत

बीरभूम पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में स्थित एक कोयला खदान में धमाका होने की वजह से 7 लोगों की मौत हो गई है जबकि कई लोग घायल बताए जा रहे हैं. जिस कोयला खदान में यह ब्लास्ट हुआ वह बीरभूम जिले के लोकपुर थाना क्षेत्र में स्थित है. कंपनी का नाम गंगारामचक माइनिंग प्राइवेट लिमिटेड कोलियरी (GMPL) है जहां कोयला क्रशिंग के दौरान यह खदान में ब्लास्ट हो गया. इस घटना में कई कर्मचारी भी घायल हुए हैं. सूत्रों का दावा है कि कोयला क्रशिंग के लिए कोयला खदान में विस्फोट करते समय यह हादसा अनजाने में हुआ. जैसे ही धमाका हुआ तो मौके पर मौजूद जी.एम.पी.एल. के कई अधिकारी और कर्मचारी वहां से भाग निकले. स्थानीय पुलिस घटनास्थल पर पहुंच गई है और बचे हुए मजदूरों को सुरक्षित निकाला जा रहा है. इसके अलावा स्थानीय बीजेपी विधायक भी मौके पर हैं. फिलहाल बचाव और राहत का कार्य जारी है. पुलिस मृतकों के परिजनों की भी जानकारी जुटा रही है और उनसे संपर्क कर रही है.   recent visitors 57

राज्यपाल ने दिलाई वन्य जीव संरक्षण की शपथ, पुरस्कार वितरण समारोह सम्पन्न

बच्चों को वन्य जीवन और जैव विविधता की महत्ता से बचपन में ही करें संस्कारित : मंगुभाई पटेल राज्यपालपटेल ने कहा  हमारा संविधान पर्यावरण के संरक्षण, वन और वन्य जीवों की सुरक्षा की जिम्मेदारी प्रदान करता है राज्यपाल ने दिलाई वन्य जीव संरक्षण की शपथ, पुरस्कार वितरण समारोह सम्पन्न  राज्य स्तरीय वन्य जीव सप्ताह का समापन और पुरस्कार वितरण समारोह सम्पन्न भोपाल राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि बच्चों को वन, वन्य जीव और जैव विविधता की महत्ता के बारे में बचपन से ही संस्कारित किया जाना चाहिए। माता-पिता उन्हें जैव संरक्षण की बहुलता और आवश्यकता के बारे में जागरूक और संवेदनशील बनाए। राज्यपाल पटेल आज भोपाल में राज्य स्तरीय वन्य जीव सप्ताह के समापन और पुरस्कार वितरण समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर वन्य जीव संरक्षण पर आधारित पेंटिंग प्रतियोगिता के पुरस्कार दिए. इसमें वन्य जीव संरक्षण पर श्रेष्ठ पेंटिंग बनाने पर राज्यपाल ने मान्या शाक्या को सम्मानित किया। उन्होंने एक से 7 अक्टूबर 2024 तक आयोजित वन्य जीव सप्ताह की विभिन्न प्रतियोगिताओं के विजेता छात्र-छात्राओं को पुरस्कार प्रदान किए। साथ ही वन विभाग के अधिकारियों-कर्मचारियों को विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कृत कर बधाई दी।  राज्यपाल पटेल ने उपस्थित जनों को वन्य जीव संरक्षण की शपथ भी दिलाई। राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि हमारा संविधान पर्यावरण के संरक्षण, वन और वन्य जीवों की सुरक्षा की जिम्मेदारी प्रदान करता है। मौलिक कर्तव्यों के तहत प्रत्येक नागरिक से पर्यावरण को सुरक्षित रखने में योगदान की अपेक्षा करता है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश को कुल भौगोलिक क्षेत्रफल के हिसाब से देश के सबसे बड़े वन क्षेत्र होने गौरव प्राप्त है। बाघों के अलावा, तेंदुए, घड़ियाल, चीता, भेड़िये और गिद्धों की सर्वाधिक संख्या के लिये भी प्रदेश पहचाना जाता है। हर प्रदेशवासी की प्राथमिक जिम्मेदारी है कि वे वन और वन्य जीव रूपी अमूल्य धरोहर की विरासत को सहेज कर भावी पीढ़ी को सौंपने में अपना योगदान दे। कोविड ने दिया प्रकृति के प्रति श्रद्धा और सौहार्द्र का सबक राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने कहा कि सदी की सबसे बड़ी त्रासदी कोविड ने हम सबको यह सबक दिया है कि हमें सुरक्षित भविष्य के लिए प्रकृति की विविधता के प्रति श्रद्धा और सौहार्द्र के साथ रहना होगा। हमारे ऋषि-मुनियों ने भी अपने तप त्याग और साधना से हजारों साल पहले ही इकोलॉजी तंत्र के संरक्षण के लिए प्राणियों में सद्भावना का संदेश दिया था। राज्यपाल पटेल ने कहा कि भारतीय संस्कृति में वन और वन्यजीवों का विशिष्ट स्थान रहा है। विभिन्न देवी-देवताओं के वाहन वन्यजीव है। अनेक विधि-विधानों में भी पेड़-पौधों की आराधना होती है। शपथ को अपने कार्य और व्यवहारों में शामिल करे राज्यपाल मंगुभाई पटेल ने राज्य स्तरीय वन्य जीव सप्ताह के समापन अवसर पर उपस्थित जनों को वन्य जीव संरक्षण, संवर्धन और सुरक्षा की शपथ दिलाई। उन्होंने कहा कि आप सभी अपने कार्य, और व्यवहार में शपथ का 24 घंटे और 365 दिन पालन करे। आपका यह संकल्प वनों और वन्यजीवों के संरक्षण, संवर्धन और सुरक्षा प्रयासों को जन आन्दोलन बनाने में योगदान देगा। इसे अपना कर्तव्य मानकर कार्य करे। राज्य मंत्री वन, दिलीप अहिरवार ने कहा कि वन्य जीव संरक्षण और कानूनों की जागरूकता में वन्य जीव सप्ताह की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने प्रदेश सरकार द्वारा वन्य जीव संरक्षण, पुनर्वास, अपराध नियंत्रण आदि प्रयासों की विस्तार से जानकारी दी। राज्यपाल पटेल का तुलसी का पौधा भेंट कर स्वागत किया गया। स्मृति चिन्ह भेंट कर अभिनंदन किया गया। उन्होंने मध्यप्रदेश राज्य जैव विविधता बोर्ड के पोस्टर, मध्यप्रदेश सामान्य तितलियाँ पोस्टर, कान्हा के पक्षी पुस्तक, मध्यप्रदेश टाईगर फान्डेशन की वार्षिक रिपोर्ट, वन्य जीव संरक्षण पर आधारित प्रकाशन का विमोचन किया। एक से 7 अक्टूबर तक आयोजित हुए वन्य जीव सप्ताह के आयोजन का प्रतिवेदन प्रधान मुख्य वन संरक्षक व्ही.के. अंबाडे ने प्रस्तुत किया। आभार संचालक वन विहार, मीना अवधेश कुमार शिवकुमार ने व्यक्त किया। कार्यक्रम में वन विभाग के अपर मुख्य सचिव अशोक वर्णवाल, मुख्य वन संरक्षक, वन बल प्रमुख असीम श्रीवास्तव और अधिकारी-कर्मचारी, वन्य जीव संरक्षण से जुड़े व्यक्ति, स्कूली बच्चें और उनके अभिभावक उपस्थित थे।   recent visitors 65

वायरल वीडियो की जांच पर से पंजीबद्ध मारपीट के प्रकरण में कोतवाली पुलिस द्वारा चार आरोपी गिरफ्तार

  अनूपपुर  सोशल मीडिया पर ग्राम पसला में मोहम्मद अनवर एवं मो. इस्ताक उर्फ कतन्नी दोनो निवासी वार्ड न. 15 लहसुई थाना कोतमा जिला अनूपपुर के साथ मारपीट का वायरल वीडियो पुलिस को प्राप्त होने पर, कोतवाली पुलिस द्वारा तत्काल संज्ञान लिया जाकर वायरल वीडियो की जांच की जाकर प्रार्थी मोहम्मद अनवर पिता मोहम्मद आशिक उम्र 28 वर्ष निवासी वार्ड न. 15 लहसुई थाना कोतमा जिला अनूपपुर की रिपोर्ट पर थाना कोतवाली में अजय यादव, रवि चौहान, अमित भदौरिया, रघुवर पटेल, अवधेश, गुडलक, मनीष भदौरिया एवं अन्य के विरूद्ध अपराध क्रमांक 442/24 धारा 296,115(2),351(3), 3(5) बी.एन.एस. पंजीबद्ध किया जाकर विवेचना की गई ।               सोमवार की सुबह कोतवाली पुलिस द्वारा दबिश दी जाकर  चार आरोपी रघुवर प्रसाद पटेल पिता हरदास पटेल उम्र 40 साल निवासी ग्राम पसला, अजय यादव पिता नरेश चंद्र यादव उम्र 26 साल निवासी  साऊसपुर जिला एटा उत्तर प्रदेश, अभिषेक सिंह भदोरिया उर्फ गुड लक पिता किशोर सिंह उम्र 20 साल निवासी ग्राम भवनपुरा जिला भिंड एवं पार्थ सिंह चौहान पिता विमल सिंह चौहान उम्र 21 साल निवासी नादगांव इटावा, उत्तर प्रदेश को गिरफ्तार किया जाकर मारपीट में प्रयुक्त प्लास्टिक के पाइप जप्त किए गए हैं एवं शेष आरोपियों की पतासाजी एवं गिरफ्तारी हेतु पुलिस टीम लगाई गई है। recent visitors 113

प्रतिबंधित नशीली दवा अल्प्राजोलम टैबलेट्स की तस्करी में लिप्त एक आरोपी को पुलिस ने किया गिरफ्तार

इंदौर मध्य प्रदेश के इंदौर कमिश्नरेट में अपराध नियंत्रण के तहत ऑपरेशन प्रहार चलाया जा रहा है। इसके तहत क्राइम ब्रांच ने एक और बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। प्रतिबंधित नशीली दवा अल्प्राजोलम टैबलेट्स की तस्करी में लिप्त एक आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। क्राइम ब्रांच की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर गुटकेश्वर मंदिर के सामने खाली मैदान में एक संदिग्ध व्यक्ति को घेराबंदी कर पकड़ा। पूछताछ में आरोपी ने अपना नाम अमित पिता महेंद्र गुप्ता (44) निवासी लाभ अपार्टमेंट, गांधीनगर, इंदौर बताया है। आरोपी की तलाशी लेने पर उसके पास से 1200 नग प्रतिबंधित अल्प्राजोलम टैबलेट बरामद हुई। आरोपी के पास से बरामद नशीली दवाओं के संबंध में वह कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपी के खिलाफ NDPS एक्ट के तहत थाना अपराध शाखा में मामला दर्ज कर अग्रिम कानूनी कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई से इंदौर में अवैध मादक पदार्थों की तस्करी पर एक और बड़ी चोट है। क्राइम ब्रांच टीम ने लगातार मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ गोपनीय सूचनाओं के आधार पर कार्रवाई कर रही है, जिससे शहर में नशीली दवाओं का अवैध व्यापार रोकने में मदद मिल रही है। recent visitors 54

टेंट की लटक रही विद्युत लाइनें बनीं जानलेवा, राजस्थान-अलवर में युवक की करंट से मौत

अलवर. अलवर के उद्योग नगर थाना अंतर्गत बख्तल की चौकी के समीप टेंट डेकोरेशन का काम करने वाले एक 30 वर्षीय युवक की 11 हजार केवी की विद्युत लाइन की चपेट में आने से दर्दनाक मौत हो गई। जानकारी के अनुसार मालाखेड़ा थाना क्षेत्र के केरवाड़ा गांव निवासी 30 वर्षीय देवेंद्र प्रजापत पुत्र गंगा लहरी प्रजापत ठेकेदार नीरज के साथ स्टैंड डेकोरेशन का काम करने बकतल की चौकी के समीप गया हुआ था, जहां काम करते समय अचानक 11000 केवी की विद्युत लाइन की चपेट में आ गया। बताया जा रहा है कि यह लाइन काफी नीचे लटक रही थी, जिसके कारण काम करते समय युवक ने उसे गलती छू लिया। करंट लगने के बाद गंभीर हालत में उसे अस्पताल में भर्ती किया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। गौरतलब है कि जगह-जगह इस तरह की विद्युत लाइनें लटकी पड़ी हैं, जिसके कारण आए दिन दुर्घटनाएं होती रहती हैं लेकिन फिर भी विद्युत विभाग ने इस तरफ से अपनी आंखें बंद कर रखी हैं। कुछ दिन पहले रैणी में भी इसी तरह का हादसा हुआ था और एक युवक लाइन की चपेट में आ गया था। बहरहाल उद्योग नगर थाना पुलिस ने पोस्टमार्टम करवाकर शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया। साथ ही पुलिस मामला भी दर्ज कर लिया है लेकिन रिपोर्ट में विद्युत विभाग का कहीं कोई जिक्र नहीं है और ना ही इस घटना के लिए विभाग की लापरवाही को जवाबदार ठहराया गया है। recent visitors 71

इजरायली सेना ने गाजा को खंडहर में बदल दिया, अब 42000 मौतें, इजरायल कई मोर्चों पर एक साथ लड़ रहा है युद्ध

तेल अवीव इजरायल ने 7 अक्टूबर, 2023 को हुए हमास के बर्बर हमले की पहली बरसी पर 10 दिन के राष्ट्रीय शोक की घोषणा की है. हमास ने पिछले साल 7 अक्टूबर के दिन इजरायल में अचानक धावा बोल दिया था. उसके लड़ाकों ने आसमान, जमीन और समुद्र के रास्ते इजरायल में घुसकर कत्लेआम मचाया था. इस हमले में 1200 से अधिक इजरायली नागरिकों की मौत हुई थी और हमास ने 250 से के करीब लोगों को बंधक बना लिया था, जिसमें बच्चे और महिलाएं भी शामिल थीं. हमास ने अपने इस हमले को ऑपरेशन अल-अक्सा फ्लड (Operation Al-Aqsa Flood) नाम दिया था. इजरायल ने इस बर्बरता का बदला लेने और हमास का अस्तित्व मिटाने की कसम खाई थी. उसने गाजा में ऑपरेशन आयरन स्वॉर्डस (Operation Iron Swords) चलाया. उसकी सेना ने गाजा को खंडहर में बदल दिया. पिछले एक साल के अंदर गाजा में इजरायली कार्रवाई में करीब 41000 मौतें हुई हैं, लाखों लोग गाजा से विस्थापित हुए हैं. इजरायल अब तक इस्माइल हानिया और मोहम्मद डेफ समेत हमास के कई शीर्ष नेताओं को ढेर कर चुका है. यह 2008 के बाद से फिलिस्तीन-इजरायल संघर्ष का पांचवां युद्ध है, और 1973 में योम किप्पुर युद्ध के बाद इस क्षेत्र में सबसे बड़ा सैन्य अभियान है. हमार ने 7 अक्टूबर के हमले को बताया 'Glorious' गाजा पट्टी पर 2007 से हमास का शासन है और 7 अक्टूबर, 2023 के हमले के बाद इजरायल की बदले की कार्रवाई में यहां बड़े पैमाने पर विनाश हुआ है. गाजा में बुनियादी ढांचे मलबे में तब्दील हो चुके हैं. एक वर्ष बीत जाने के बाद भी, गाजा युद्ध अनसुलझा है और पूरे क्षेत्र में युद्ध की संभावना अधिक बनती जा रही है. अपने कई शीर्ष नेताओं और कमांडरों के मारे जाने के हमास सक्रिय है. कतर स्थित हमास के सदस्य खलील अल-हया ने एक वीडियो संदेश जारी करके 7 अक्टूबर, 2023 के हमले को 'महान कार्य' बताया है. अल-हया ने 7 अक्टूबर के हमले की बरसी पर जारी अपने संदेश में कहा, 'पूरा फिलिस्तीन, विशेष रूप से गाजा और हमारे फिलिस्तीनी नागरिक दुश्मन के खिलाफ अपने प्रतिरोध के साथ एक नया इतिहास लिख रहे हैं.' इजरायल कई मोर्चों पर एक साथ लड़ रहा है युद्ध हमास द्वारा 7 अक्टूबर, 2024 को किए गए हमले की पहली बरसी आने तक इजरायल कई मोर्चों पर युद्ध लड़ रहा है. अब उसका फोकस गाजा से लेबनान में शिफ्ट हो गया है. लेबनान के अलग-अलग हिस्सों में हिज्बुल्लाह को निशाना बनाते हुए इजरायली सेना की जमीनी कार्रवाई और वायुसेना के हवाई हमले जारी हैं. गाजा में 41,000 से अधिक मौतों के बावजूद ऐसा लगता है कि यह हिंसा कभी खत्म नहीं होने वाली. इजरायली रक्षा बलों ने 5 अक्टूबर, 2024 को गाजा शहर के बगल में स्थित जबालिया में हमास लड़ाकों को खत्म करने के इरादे से एक और अभियान शुरू किया. इजरायल ने कहा कि हमास जबालिया में फिर सिर उठाने की कोशिश कर रहा था. अब भी 101 बंधकों के बारे में नहीं चल सका पता यह संभव है कि इजरायल के खिलाफ उसके दुश्मनों द्वारा एक और आतंकवादी हमला या सैन्य अभियान इलाके में संघर्ष की स्थिति को और भी भयावह बना सकता है. हमास ने 7 अक्टूबर, 2023 को इजरायल पर हमले के दौरान जिन 250 लोगों को बंधक बनाया था, उनमें से 101 बंधकों का अब भी पता नहीं चल सका है. इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने हाल ही में संयुक्त राष्ट्र में अपने संबोधन में इन बंधकों का जिक्र किया था. उन्होंने यह प्रतिबद्धता जाहिर की थी कि इजरायल आखिरी बंधक का पता लगाए बिना चैन से नहीं बैठेगा. गाजा में इजरायल का उद्देश्य हमास की सैन्य क्षमताओं और शासन को नष्ट करना और बंधकों को छुड़ाना है. अपने युद्ध को अंजाम तक पहुंचा पाएगा इजरायल? लेबनान के खिलाफ मोर्चा खोलने के पीछे इजरायल का लक्ष्य अपने उन 60,000 से अधिक नागरिकों को सीमा के पास अपने घरों में लौटने के लिए सुरक्षित महसूस कराना है, जिन्हें ​हिज्बुल्लाह के रॉकेट हमलों की जद में आने का डर सताता है. पिछले एक साल में इजरायल अपने दुश्मनों पर नकेल कसने में कामयाब रहा है, लेकिन अपने युद्धों को अंजाम तक पहुंचाने में सफल नहीं रहा है. इजरायली सैन्य अधिकारी भी यह स्वीकार करते हैं कि हमास और हिज्बुल्लाह के शीर्ष नेतृत्व को खत्म करने और उनकी सैन्य क्षमताओं को कुंद करने के बावजूद, ये दोनों मिलिशिया समूह फिलिस्तीन और लेबनान में एक ताकत बने रहेंगे. इस संघर्ष में ईरान की एंट्री से स्थिति और बिगड़ सकती है. इन सब तथ्यों को ध्यान में रखते हुए यही समझ में आता है कि इजरायल को निकट भविष्य में भी युद्धों और संघर्षों के लिए तैयार रहना होगा.   recent visitors 69

बिग बॉस 18 प्रोमो: पहले दिन राजत दालाल और ताजिंदर बग्गा की लड़ाई

टीवी रियलिटी शो 'बिग बॉस 18' का लॉन्च हो गया है। इस शो में बायोपिक के कारण चर्चा में रहने वाले यूट्यूबर सिल्वर स्टार्स और राजनीति की दुनिया से तेजिंदर पाल सिंह बग्गा ने भी एंट्री ली है। पहले ही दिन दोनों में बहस होगी। इसका प्रमोशन हो चुका है और वायरल हो रहा है। बिग बॉस 18 के प्रमोशन में दिखाया गया है कि रजत दलाल जेल में हैं। उनके साथ 'वायरल भाभी' हेमा शर्मा भी हैं। जेल के बाहर तेजिंदर पाल सिंह बग्गा बैठे हुए हैं। दोनों के बीच पहले ही दिन आपसी मतभेद हो रहे हैं। तेजिंदर पाल सिंह बग्गा और सिल्वर शेयर में तू-तू मैं-मैं इस प्रोमो वीडियो में सिल्वर शेयर बाजार हैं, 'पूरे भारत ने वीडियो में आपकी बाइक के लेवल का आकलन किया है?' इस पर तजिंदर बग्गा बोले, 'हां लेवल देखा ना।' इस श्रवण के बाद चाँदी का क्रोध सामुद्रिक आकाश पर पहुँच जाता है। सिल्वर ने दी धमकी- 2 मिनट में भूत बना दिया सिल्वर की बातें आगे बोलीं, 'मैं ना गंवार हूं और मैं बहुत प्यार से करता हूं और प्यार से रहता हूं।' इसके बाद जवाब में तेजिंदर भी कहते हैं, 'ऐसा ही है, सारे देश में एक बाइक गिरी।' इसके बाद सिल्वर कहते हैं, 'यहां सब देख रहे हैं ना बाकी, इसलिए हिसाब से बात करो, 2 मिनट में भूत बना दिया।' जेल के अंदर चांदी और वोट हेमा क्यों हैं? बिग बॉस 18 के ग्रैंड प्रीमियर में बिग बॉस ने चाहत पैवेलियन को जेल की चाभी दी थी और कहा था कि अगर वो किसी भी तरह से जेल में जाने से पहले जेल में जाने से बचना चाहती हैं तो वो अगले ऑर्डर तक जेल जाने से बचना चाहती हैं। ।। प्रमोशन से साफ है कि चाहत ने सिल्वर और हेमा को जेल जाने के लिए मना लिया है। recent visitors 93