Tuesday, July 7, 2026 6:57 am

इजरायल का कड़ा जवाब: हमास और इस्लामिक जिहाद के टॉप कमांडर्स ढेर, गाजा में स्थिति गंभीर

गाजा   अक्टूबर 2025 में हुए सीजफायर (युद्धविराम) के बाद इजरायल ने अब तक का सबसे बड़ा हमला किया है. इजरायली सेना (IDF) ने दावा किया है कि उन्होंने बुधवार को एक बड़े ऑपरेशन में ‘फिलिस्तीनी इस्लामिक जिहाद’ (PIJ) के टॉप कमांडर अली राजियाना को मार गिराया है. इजरायल के मुताबिक, यह सीजफायर के बाद की सबसे बड़ी कामयाबी है. कौन था अली राजियाना?   द यरूशलेम पोस्ट के अनुसार, इजरायली सेना और उनकी खुफिया एजेंसी ‘शिन बेट’ के मुताबिक, अली राजियाना ‘नार्दर्न गाजा ब्रिगेड’ का चीफ था. वह न सिर्फ इस्लामिक जिहाद की मिलिट्री काउंसिल का हिस्सा था, बल्कि हमास के साथ मिलकर इजरायली सैनिकों पर हमलों की प्लानिंग भी करता था. सेना ने बताया कि युद्ध के दौरान बंधकों को कैद में रखने में भी इसकी बड़ी भूमिका थी और सीजफायर के बाद यह अपनी ब्रिगेड को फिर से खड़ा करने की कोशिश कर रहा था. नोआ मार्सियानो के हत्यारे का भी अंत बुधवार को ही इजरायल ने एक और बड़ी जानकारी दी. उन्होंने मुहम्मद इसाम हसन अल-हबील को भी मार गिराया है. इजरायल का कहना है कि इसी शख्स ने इजरायली सैनिक नोआ मार्सियानो की हत्या की थी, जिसे 7 अक्टूबर 2023 को बंधक बनाया गया था. सेना का कहना है कि इससे नोआ के परिवार को इंसाफ मिला है. हमलों में 23 लोगों की जान गई एक तरफ इजरायल इसे आतंकियों के खिलाफ एक्शन बता रहा है, वहीं दूसरी तरफ गाजा के स्वास्थ्य अधिकारियों के अनुसार इन हमलों में 23 फिलिस्तीनियों की मौत हो गई है. इनमें 7 बच्चे भी शामिल हैं. दक्षिण गाजा के खान यूनिस में एक मेडिकल वर्कर भी मारा गया, जो घायलों की मदद करने पहुंचा था. वहीं उत्तरी गाजा में एक 5 महीने के बच्चे की मौत की खबर भी सामने आई है. क्या सीजफायर का उल्लंघन हो रहा है? इजरायल का कहना है कि उन्होंने ये हमले इसलिए किए क्योंकि चरमपंथियों ने इजरायली सैनिकों पर गोलीबारी की थी, जिसमें एक सैनिक गंभीर रूप से घायल हो गया था. इसे सीजफायर का उल्लंघन बताते हुए इजरायल ने जवाबी कार्रवाई की. दूसरी ओर, हमास ने कहा कि इजरायल की ये हरकतें शांति की कोशिशों को खत्म कर रही हैं. हमास ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से इजरायल पर दबाव बनाने की मांग की है. राफा बॉर्डर को लेकर सस्पेंस सीजफायर समझौते के तहत गाजा और मिस्र के बीच ‘राफा बॉर्डर’ को खोला गया था ताकि बीमार मरीजों को इलाज के लिए बाहर भेजा जा सके. हालांकि, इजरायल ने सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए मरीजों के जाने पर अस्थायी रोक लगा दी थी. मिस्र के सूत्रों का कहना है कि अब मामला सुलझ गया है और काम फिर से शुरू हो गया है. अब तक का नुकसान  सीजफायर के बाद: इजरायली हमलों में अब तक लगभग 560 लोगों की मौत हुई है (गाजा अधिकारियों के अनुसार), जबकि 4 इजरायली सैनिक मारे गए हैं. युद्ध की शुरुआत से: अक्टूबर 2023 से अब तक 71,000 से ज्यादा फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं. इजरायल में नुकसान: 7 अक्टूबर 2023 के हमास हमले में करीब 1,200 इजरायली मारे गए थे. जनवरी में अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सीजफायर के दूसरे फेज का एलान किया था, जिसमें गाजा के पुनर्निर्माण पर बात होनी थी. लेकिन इजरायली सेना की वापसी और हमास के हथियारों को छोड़ने जैसे बड़े मुद्दों पर अब भी पेंच फंसा हुआ है. recent visitors 24

लेबनान में इजरायल ने हिज्बुल्लाह के ‘मास्टरमाइंड इंजीनियर’ अली दाऊद अमिच को किया ढेर

तेल अवीव इजरायली सेना (IDF) ने दावा किया है कि उसने रविवार, 1 फरवरी को हिज्बुल्लाह के आतंकवादी अली दाऊद अमिच पर हमला कर उसे मार गिराया है। इजरायल के लिए अली दाऊद अमिच को रास्ते से हटाना एक बड़ी सफलता माना जा रहा है। बताया गया है कि दाऊद हिज्बुल्लाह के इंजीनियरिंग विभाग में एक शाखा के प्रमुख के तौर पर काम कर रहा था। इजरायली सेना के मुताबिक, यह आतंकी दक्षिणी लेबनान के अल-द्विर क्षेत्र में हिज्बुल्लाह के लिए सैन्य बुनियादी ढांचे को दोबारा खड़ा करने की कोशिश कर रहा था और इजरायली बलों के खिलाफ आतंकी साजिशों को बढ़ावा दे रहा था। सोशल मीडिया पर IDF का बयान इजरायली सुरक्षा बलों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर पोस्ट करते हुए लिखा, “एलिमिनेट कर दिया गया: अली दाऊद अमिच, जो हिज्बुल्लाह के इंजीनियरिंग विभाग में ब्रांच हेड के रूप में काम करता था। अली दक्षिणी लेबनान के अल-द्विर इलाके में हिज्बुल्लाह के आतंकी बुनियादी ढांचे को फिर से स्थापित करने और IDF सैनिकों के खिलाफ आतंकी हमलों को आगे बढ़ाने के प्रयासों में शामिल था। यह इजरायल और लेबनान के बीच हुई अंडरस्टैंडिंग का उल्लंघन है।” सीजफायर समझौते का जिक्र गौरतलब है कि पिछले साल 2025 में अमेरिका की मध्यस्थता में इजरायल और लेबनान के बीच सीजफायर समझौता हुआ था। इसके बाद से इजरायल को उम्मीद है कि लेबनानी सेना हिज्बुल्लाह को निरस्त्र करेगी। दरअसल, दोनों देशों के बीच हुए सीजफायर समझौते में यह शर्त शामिल थी कि हिज्बुल्लाह को निरस्त्र किया जाएगा। लेबनानी सेना ने सभी नॉन-स्टेट समूहों को हथियारों से मुक्त करने के अपने कई चरणों वाले प्लान के पहले हिस्से को पूरा करने के लिए 2025 के अंत तक की डेडलाइन खुद तय की थी। संघर्ष विराम के बावजूद जारी हमले 27 नवंबर 2024 को संघर्ष विराम लागू होने के बावजूद, इजरायली सेना हिज्बुल्लाह से खतरे का हवाला देते हुए लेबनान में हमले जारी रखे हुए है। इसके साथ ही इजरायल ने लेबनान सीमा पर पांच प्रमुख स्थानों पर अपनी स्थिति भी बनाए रखी है। recent visitors 38

फिलिस्तीन में अब तक इजरायल के हमलों से 50 हजार लोग मारे जा चुके, कई शीर्ष कमांडर भी शामिल

 गाजा इजरायल और हमास के बीच करीब 6 सप्ताह तक सीजफायर चला। इस दौरान इजरायल ने फिलिस्तीन के सैकड़ों कैदियों को रिहा किया तो करीब 150 बंधकों को हमास ने भी छोड़ा। इन लोगों को हमास ने 7 अक्टूबर 2023 को किए भीषण हमले में अगवा कर लिया था। इसके बाद से ही वे बंधक थे। अब भी करीब 60 बंधकों के हमास के पास ही होने की खबरें हैं। लेकिन सीजफायर आगे बढ़ाने पर कोई बात नहीं बनी तो इजरायल ने फिर से हमले तेज कर दिए हैं। बीते 3 से 4 दिनों में ही इजरायल ने गाजा में ताबड़तोड़ हमले किए हैं, जिनमें 500 लोगों की मौत हुई है। इसके अलावा रविवार को ही उसने गाजा पर फिर से कई हवाई हमले किए, जिसमें 51 लोग मारे गए। इन हमलों में इजरायल का एक शीर्ष कमांडर भी मारा गया है। अब तक मिली जानकारी के अनुसार इजरायल के हमलों में रविवार को 51 लोग मरे, जिनमें से एक इजरायल के राजनीतिक विंग का सदस्य इस्माइल बरहूम भी शामिल है। वह खान यूनिस शहर के नासिर अस्पताल में इलाज करा रहा था। इसी दौरान इजरायल ने हमला किया, जिसमें वह मारा गया। इसके अलावा लेबनान में भी इजरायल ने हमले किए हैं, जिनमें 8 लोग मारे गए हैं। हालांकि लेबनान में सक्रिय उग्रवादी संगठन हिजबुल्लाह ने इजरायल के हमले की बात से इनकार किया है। दरअसल करीब डेढ़ साल तक अकेले हमास से लड़ने के बाद 4 महीनों से इजरायल ने हिजबुल्लाह को भी निशाने पर लेना शुरू किया है। फिलहाल इजरायल की ओर से गाजा में और सैनिक भेजने की तैयारी की जा रही है। बेंजामिन नेतन्याहू सरकार में इसे लेकर सहमति बन गई है और आने वाले कुछ दिनों इजरायली सैनिकों की बड़ी संख्या गाजा में डेरा डाल सकती है। सीजफायर के दौरान इजरायल ने अपने सैनिकों की संख्या को कम कर लिया था। गाजा की हेल्थ मिनिस्ट्री का कहना है कि फिलिस्तीन में अब तक इजरायल के हमलों से कुल 50 हजार लोग मारे जा चुके हैं। यही नहीं एक्सपर्ट्स का कहना है कि आंकड़ा इससे ज्यादा का ही है क्योंकि बहुत सारे शवों की तो गिनती तक नहीं हो सकी है। ईरान के तीन हथियार- हूती, हिजबुल्लाह और हमास वहीं मध्य पूर्व में अमेरिका की सक्रियता भी लगातार बढ़ी हुई है। उसने यमन में सक्रिय विद्रोही संगठन हूती पर फिर से हमले किए हैं। दरअसल हूती विद्रोही संगठन लगातार यमन की खाड़ी में जहाजों को टारगेट कर रहा था। ऐसा करने के पीछे उसकी कोशिश थी कि जंग रोकने के लिए इजरायल पर दबाव बनेगा। लेकिन अब अमेरिका ने ही मोर्चा संभाल लिया है। हूती, हिजबुल्लाह और हमास का ईरान समर्थित संगठन माना जाता है। ये तीनों ही इजरायल के कट्टर दुश्मन हैं और मध्य पूर्व में ईरान के एजेंडे को मजबूत करते हैं। recent visitors 50

इजरायल ने गाजा पट्टी में एक बार फिर हवाई हमले शुरू कर दिए, अब आरपार की लड़ाई का ऐलान

तेल अवीव  इजरायल ने गाजा पट्टी में एक बार फिर हवाई हमले शुरू कर दिए हैं। इजरायली सेना ने मंगलवार को एक के बाद एक हमले किए। इससे गाजा में कम से कम 400 से ज्‍यादा लोगों की मौत हुई है। इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्‍याहू ने कहा कि हमास के खिलाफ हमले जारी रहेंगे। ये हमले तब हुए हैं, जब गाजा में जनवरी में शुरू हुए युद्धविराम का पहला फेज खत्म हो गया है। युद्धविराम पर दोनों पक्षों की सहमति ना बन पाने के बाद इजरायल गाजा में बम बरसा रहा है। हालांकि गाजा को नियंत्रित करने वाला फिलिस्तीनी गुट हमास ने इजरायल के हमले और बेंजामिन नेतन्‍याहू की धमकी के बावजूद अपना रुख नहीं बदला है। इजरायली वेबसाइट यरुशलम पोस्ट की रिपोर्ट के मुताबिक, हमास के अपने रुख में कोई नरमी नहीं है, वह बंधक और युद्धविराम समझौते के लिए अपनी शर्तों पर अड़ा है। एक अधिकारी ने द यरूशलम पोस्ट को बताया कि हमास फिलहाल अपना रुख बदलने के मूड में नहीं दिख रहा है। इससे इजरायल का रुख और सख्त हो सकता है। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने रक्षा मंत्री काट्ज और वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारियों के साथ गाजा मुद्दे पर बुधवार को तीन घंटे तक मीटिंग की है। इस बैठक में हमास और गाजा पर हमले तेज करने का फैसला लिया गया है। 'जमीनी बल भी गाजा में जाएंगे' इजरायली अधिकारी ने कहा है कि उनके जमीनी बलों की नेटजारिम कॉरिडोर में एंट्री सिर्फ शुरुआत है। आने वाले समय में इजरायल का रिएक्शन और ज्यादा कड़ा हो सकता है। इजरायल ने गाजा में हमास के शासन को खत्म करने पर जोर दिया है। इजरायल के मिनिस्टर मिकी जोहर लिकुड ने कहा कि हमने हमास के प्रति अपना रवैया ज्यादा सख्त करने का फैसला किया है। जोहर ने कहा, 'इजरायल चाहता है कि बंधकों की वापसी हो और हमास को निशस्त्र कर दिया जाए। मेरा मानना है कि गाजा पट्टी पर पूरी तरह इजरायल का नियंत्रण हो। अपने लक्ष्यों को हासिल करने के लिए कैबिनेट लड़ाई जारी रखने के पक्ष में हैं।' मिनिस्टर ओरिट स्ट्रोक ने कहा कि इजरायल का अंतिम लक्ष्य हमास को खत्म करना है। ये युद्ध से ही होगा, इसके अलावा कोई और विकल्प नहीं है। ओरिट स्ट्रोक ने आगे कहा कि इजरायली सेना ने हालिया हवाई हमलों में हमास के नागरिक नेतृत्व को भी निशाना बनाया है। यह बात 7 अक्टूबर, 2023 को ही तय हो गई थी लेकिन इसे पूरी तरह से लागू नहीं किया गया था।अब हम उस लक्ष्य को पूरा करने की दिशा में काम कर रहे हैं। इस पर हम पीछे नहीं हटेंगे। recent visitors 52

इजरायल ने उत्तरी गाजा पट्टी खाली करने के आदेश दिया, हमास के ‘The End’ का प्लान!

 गाजा इजरायल की सेना ने सीजफायर को ठेंगा दिखाकर हमास पर आक्रामक रुख अख्तियार किया है. इजरायल के गाजा पर अब तक के भयावह हमले में 300 से ज्यादा लोगों की मौत हुई है. लेकिन इजरायल का गुस्सा शांत नहीं हो रहा. उसने हमास के खात्मे का प्लान बना लिया है. इजरायल ने उत्तरी गाजा पट्टी खाली करने के आदेश दे दिए हैं. इजरायल की मंशा हमास को जड़ से उखाड़ फेंकने की है. 19 जनवरी को इजराइल-हमास में शुरू हुए सीजफायर के बाद इजराइल का गाजा में यह सबसे बड़ा हमला है. इजराइली प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने कहा कि उन्होंने यह हमले इसलिए कराए क्योंकि सीजफायर पर हो रही बातचीत आगे नहीं बढ़ रही थी. वहीं, हमास ने इजरायल के इन हमलों को सीजफायर का उल्लंघन बताते हुए कहा कि इजरायल ने बिना किसी उकसावे के हमले किए हैं. इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने हमास पर दबाव बनाने के लिए गाजा से मिस्र जाने वाले राफा क्रॉसिंग को बंद रखने के निर्देश दिए हैं. इसका मकसद मरीजों तक इलाज की पहुंच रोकना है. इससे पहले इजराइल ने गाजा में राहत सामग्री, तेल और दूसरी चीजें लेकर जाने वाली गाड़ियों का रास्ता रोक दिया था. मालूम हो कि इजरायल और हमास युद्धविराम समझौते का पहला चरण एक मार्च को खत्म हो गया था. इसके बाद से इजरायल की ओर से गाजा पर हमले जारी है. इजरायली सेना आईडीएफ का कहना है कि यह हमला हमास के आतंकियों को निशाना बनाने के लिए किया गया था. सीजफायर का पहला चरण एक मार्च को खत्म हो गया है. पहले चरण में हमास ने 33 बंधक छोड़े हैं. वहीं इजराइल ने दो हजार से फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा किया है. इजराइल और हमास में बीच सीजफायर के दूसरे फेज पर अभी तक बातचीत शुरू नहीं हो पाई है. इस फेज में लगभग 60 बंधकों को रिहा किया जाना था.   recent visitors 50

इजराइल के ताजा हवाई हमलों में कम से कम 200 लोगों की हुई मौत, फिलिस्तीनी अधिकारियों ने दी जानकारी

 गाजा जराइल ने मंगलवार सुबह गाजा पट्टी क्षेत्र में हमास के ठिकानों को निशाना बनाते हुए सिलसिलेवार हवाई हमले किए। फिलिस्तीनी अधिकारियों ने हमले में कम से कम 200 से अधिक लोगों की मौत की जानकारी दी है। कहा जा रहा है जनवरी में युद्धविराम के प्रभावी होने के बाद से यह गाजा में अब तक का सबसे भीषणतम हमला है। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने कहा कि युद्धविराम को बढ़ाने के लिए वार्ता में कोई खास प्रगति नहीं होने के कारण उन्होंने हमले का आदेश दिया। नेतन्याहू के कार्यालय ने कहा, ‘‘इजराइल अब सैन्य ताकत बढ़ाकर हमास के खिलाफ कार्रवाई करेगा।’’ फिर से संघर्ष जारी होने की आशंका रातभर हुए हमलों ने शांति का दौर खत्म कर दिया है और 17 माह से जारी संघर्ष के फिर से शुरू होने की आशंका को बढ़ा दिया है जिसमें 48,000 से ज्यादा फलस्तीनी मारे गए थे और गाजा तबाह हो गया। हमास द्वारा बंधक बनाकर रखे गए लगभग 24 इजराइली नागरिकों के भविष्य के बारे में इजराइल के हमलों के कारण संशय की स्थिति पैदा हो गई है जिनके बारे में माना जाता है कि वे अब भी जीवित हैं। हमास ने एक बयान में इजराइल की ओर से किए गए हमलों की निंदा की और कहा कि इन हमलों ने बंधकों के भविष्य को खतरे में डाल दिया है। 'बेगुनाह लोगों के खिलाफ…' हमास के एक अधिकारी ताहिर नुनू ने इजरायली हमलों की आलोचना की है. उन्होंने कहा, "अंतर्राष्ट्रीय समुदाय का मोरल टेस्ट हो रहा है, या तो वह कब्जे वाली सेना द्वारा किए गए अपराधों की वापसी की अनुमति दे या फिर गाजा में बेगुनाह लोगों के खिलाफ आक्रामकता और जंग को खथ्म करने की प्रतिबद्धता को लागू करे." गाजा में तमाम जगहों पर विस्फोटों की आवाजें सुनी जा सकती थीं और मिडिल गाजा के अल-अक्सा हॉस्पिटल में एम्बुलेंस पहुंच रही थीं." युद्ध विराम को लेकर क्या हुआ था? जंग को रोकने के लिए युद्ध विराम पर सहमति बनने के दो महीने बाद ताजे हमले  हुए हैं. छह हफ्ते में हमास ने करीब 2,000 फिलिस्तीनी कैदियों के बदले में करीब तीन दर्जन बंधकों को रिहा किया. लेकिन दो हफ्ते पहले युद्ध विराम का पहला चरण खत्म होने के बाद से, दोनों पक्ष करीब 60 बचे बंधकों को रिहा करने और युद्ध को पूरी तरह से खत्म करने के मकसद से दूसरे चरण के साथ आगे बढ़ने के तरीके पर सहमत नहीं हो पाए हैं. नेतन्याहू ने बार-बार जंग को फिर से शुरू करने की धमकी दी है और इस महीने की शुरुआत में हमास पर दबाव बनाने के लिए घेरे हुए क्षेत्र में सभी खाद्य और सहायता डिलीवरी को रोक दिया.   हमास ने कही ये बात वहीं, एक इजराइली अधिकारी ने नाम उजागर न करने की शर्त पर बताया कि इजराइल हमास के उग्रवादियों, इसके नेताओं और बुनियादी ढांचों पर हमला कर रहा है तथा हवाई हमलों से परे अभियान को और बढ़ाने की योजना बना रहा है। इस बीच हमास ने चेतावनी दी है कि मंगलवार की सुबह इजरायल के नए हवाई हमलों ने उनके बीच हुए सीजफायर को तोड़ दिया है। उसने साथ ही धमकी भरे अंदाज में यह भी कहा कि इजरायल की इस हरकत ने बंधकों के भाग्य को खतरे में डाल दिया है। वहीं, इजरायल ने कहा कि उसने सीजफायर को बढ़ाने के लिए चल रही बातचीत में कोई प्रगति न देखते हुए गाजा पट्टी में हवाई हमले किए हैं। recent visitors 56

गाजा को इजरायल ने अंधेरे में डुबोया, पूरी तरह से रोक दी बिजली सप्लाई, हमास से सीजफायर पर रखी शर्त

यरुशलम  इजराइल का कहना है कि वह गाजा को बिजली की आपूर्ति बंद कर रहा है। इसका पूरा असर अभी स्पष्ट नहीं है, लेकिन इस क्षेत्र के वाटर ट्रीटमेंट प्लांटों को पीने के पानी के उत्पादन के लिए बिजली मिलती है। रविवार को यह घोषणा ऐसे समय में की गई है जब एक सप्ताह पहले इजराइल ने 20 लाख से अधिक लोगों को क्षेत्र में सभी प्रकार की वस्तुओं की आपूर्ति बंद कर दी थी। इसने हमास पर दबाव बनाने की कोशिश की है कि वह अपने संघर्ष विराम के पहले चरण को आगे बढ़ाए। यह चरण पिछले सप्ताहांत समाप्त हो गया। जनरेटर और सौलर पैनल के भरोसे गाजा हमास ने युद्ध विराम के अधिक कठिन दूसरे चरण पर वार्ता शुरू करने पर जोर दिया है। युद्ध के कारण गाजा काफी हद तक तबाह हो चुका है और वहां बिजली आपूर्ति के लिए जनरेटर और सौर पैनलों का उपयोग किया जाता है। इजरायली ऊर्जा मंत्री ने आदेश पर हस्ताक्षर किए रविवार को ऊर्जा मंत्री एली कोहेन ने घोषणा की कि इजरायल गाजा को "तुरंत" बिजली की आपूर्ति बंद कर देगा। उन्होंने कहा, "हम अपने बंधकों को घर वापस लाने और युद्ध के बाद हमास को गाजा में न रहने देने के लिए अपने पास मौजूद हर उपकरण को सक्रिय करेंगे।" कोहेन ने घोषणा के तुरंत बाद गाजा में बिजली के प्रवाह को रोकने के आदेश पर हस्ताक्षर किए। हमास पर दबाव बना रहा है इजरायल शुक्रवार को, वॉल स्ट्रीट जर्नल ने बताया कि हमास पर दबाव बनाने के लिए इजरायल की चरण-दर-चरण योजना गाजा में माल और आपूर्ति के प्रवेश को रोकने से शुरू होगी, जिसके अगले चरण में बिजली और पानी को बंद करना होगा। जुलाई में, इजरायल ने गाजा में एक जल सुविधा को इजरायल के इलेक्ट्रिक ग्रिड से जोड़ा ताकि गाजा के लोगों को प्रति दिन 20,000 लीटर तक की दर से मध्यम से लंबी अवधि के आधार पर पानी उपलब्ध कराया जा सके, एक नीति जिसने इजरायल की वैश्विक वैधता को बनाए रखने का काम किया recent visitors 52