Sunday, July 5, 2026 7:04 pm

उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा हिनौती गोधाम में हजारों गौवंश को आश्रय मिलेगा

हिनौती गोधाम में गौवंश रखने के लिए तत्काल करें आवश्यक व्यवस्थाएँ – उप मुख्यमंत्री  उप मुख्यमंत्री ने कहा गौशालाओं संचालन तथा गौसेवा के लिए दान दी गयी राशि को आयकर की छूट में शामिल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा हिनौती गोधाम में हजारों गौवंश को आश्रय मिलेगा भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा कि हिनौती गोधाम में हजारों गौवंश को आश्रय मिलेगा। इसे आधुनिक गौशाला और गोसंवर्धन केन्द्र के रूप में विकसित किया जायेगा। गौशाला में जारी बाउंड्रीबाल का निर्माण शीघ्र पूरा करायें साथ ही स्वीकृत प्लान के अनुसार गौवंश के रहने के लिए शेड तथा भूसा भण्डारण के लिए शेड का निर्माण भी तत्काल शुरू करायें। हिनौती गोधाम को माडल गौशाला के रूप में विकसित करें। उप मुख्यमंत्री ने कहा कि गौशालाओं संचालन तथा गौसेवा के लिए दान दी गयी राशि को आयकर की छूट में शामिल करें, जिससे इस पुनीत कार्य में बढ़चढ़कर सहयोग मिल सके। उप मुख्यमंत्री ने कलेक्टर सतना को बगदरा गौ-अभयारण्य का निर्माण शीघ्र शुरू करने के निर्देश देते हुए कहा कि चित्रकूट के समीप बगदरा घाटी हजारों गौवंश के प्राकृतिक रहवास का अनूठा स्थल है। उप मुख्यमंत्री शुक्ल रीवा कमिश्नर कार्यालय में विभागीय समीक्षा कर रहे थे। कलेक्टर श्रीमती प्रतिभा पाल ने बताया कि बाउंड्रीबाल का निर्माण ग्रामीण यंत्रिकी विभाग द्वारा किया जा रहा है। शेड का निर्माण भी दो दिन में शुरू हो जायेगा। गुढ़ में भैरव बाबा मंदिर के समीप स्वीकृत गौशाला में 50 एकड़ में 18 लाख रूपये की लागत से फेंसिंग का कार्य शुरू हो गया है। यहां भी शेड निर्माण के लिए राशि मंजूर कर दी गयी है। बैठक में राजेश पाण्डेय ने गौशाला संचालन समिति में जनप्रतिनिधियों को शामिल करने का सुझाव दिया। जनपद अध्यक्ष गंगेव विकास तिवारी ने गौशाला संचालन के संबंध में सुझाव दिया। बैठक में विधायक मनगवां इंजी. नरेन्द्र प्रजापति, कमिश्नर बी.एस. जामोद, कलेक्टर रीवा श्रीमती प्रतिभा पाल, कलेक्टर सतना अनुराग वर्मा, कलेक्टर मऊगंज अजय श्रीवास्तव, उप संचालक पशु पालन डॉ. राजेश मिश्रा, परियोजना अधिकारी जिला पंचायत संजय सिंह तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।   recent visitors 85

जनवरी से होंगे प्रदेश में एक लाख पदों पर भर्ती, मुख्य सचिव अनुराग जैन ने विभागों से मांगी जानकारी

भोपाल. प्रदेश में एक लाख सरकारी पदों पर भर्ती की प्रक्रिया जनवरी 2025 से प्रारंभ होगी। मुख्यमंत्री डा. मोहन यादव ने सभी मंत्रियों को स्वयं इस कार्य को देखने और समय सीमा के भीतर प्रक्रिया सुनिश्चित करने के लिए कहा है तो मुख्य सचिव अनुराग जैन ने सभी विभागों से रिक्त पदों की जानकारी मांगी है। प्रदेश में इस समय लगभग सात लाख नियमित कर्मचारी हैं। रिक्त पदों की पूर्ति नहीं होने के कारण विभाग आउटसोर्स या फिर संविदा कर्मचारियों से काम चला रहे हैं। इससे काम की गुणवत्ता भी प्रभावित हो रही है। इसे देखते हुए मुख्यमंत्री ने रिक्त पदों को प्राथमिकता से भरने का निर्णय लिया है। रिक्त पदों की मांगी गई जानकारी मुख्य सचिव कार्यालय ने सभी विभागों को पत्र जारी कर 2024 में रिक्त पदों की जानकारी मांगी है। साथ ही यह भी पूछा है कि अगस्त 2022 तक किस श्रेणी के कितने पदों की भर्ती की गई। परिणाम इनके जारी हुए या नहीं और चयनित अभ्यर्थियों ने पदभार ग्रहण किया है या नहीं। 31 मार्च 2025 तक कितने पद किस संवर्ग के रिक्त हो जाएंगे।वित्त विभाग को प्रस्ताव भेजकर भर्ती के लिए कब स्वीकृति ली गई। उधर, भर्ती प्रक्रिया को लेकर मुख्य सचिव राज्य लोक सेवा आयोग और कर्मचारी चयन मंडल के अधिकारियों के साथ बैठक भी कर चुके हैं। सूत्रों का कहना है कि सरकार जनवरी से भर्ती प्रक्रिया प्रारंभ कर देगी और। लक्ष्य यह है कि वर्ष 2025 के अंत तक नियुक्तियां प्रारंभ हो जाएं। बजट में किया जाएगा प्रविधान वित्त विभाग के अधिकारियों का कहना है कि वर्ष 2025-26 के बजट की प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। इसमें कर्मचारियों के वेतन-भत्ते के लिए सभी को स्थापना व्यय में प्रविधान करना है। एक लाख पदों पर भर्ती के हिसाब से सभी विभागों को बजट प्रविधान भी करना होगा। अभी लगभग 23 प्रतिशत बजट स्थापना व्यय के लिए रखा जाता है। recent visitors 50

आज से राज्य सेवा परीक्षा-2022 के 457 पदों के लिए इंटरव्यू, रोजाना 70-80 अभ्यर्थी साक्षात्कार की प्रक्रिया से गुजरेंगे

इंदौर राज्य सेवा परीक्षा-2022 की अंतिम चयन प्रक्रिया सोमवार से शुरू होगी। मध्य प्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) ने 457 पदों पर 1551 अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए बुलाया है। रोजाना 70-80 अभ्यर्थी साक्षात्कार की प्रक्रिया से गुजरेंगे। आयोग ने अभ्यर्थियों को एक घंटा पहले कार्यालय पहुंचने के निर्देश दिए है। मुताबिक अभ्यर्थियों को एडमिट कार्ड के अलावा पहचान पत्र भी साथ में रखना होगा। आयोग ने मुख्य परीक्षा का परिणाम सात जून को जारी किया था। जुलाई में साक्षात्कार के लिए आवेदन बुलाए, जिसमें 1551 अभ्यर्थियों का चयन किया गया, जिसमें 1259 मुख्य भाग और 292 प्रावधिक भाग में शामिल थे।   जिला पंजीयक, सहायक संचालक, डिप्टी कलेक्टर, डीएसपी, वाणिज्यिक कर अधिकारी, उप पुलिस अधीक्षक, श्रम अधिकारी, मुख्य नगर पालिका अधिकारी, अतिरिक्त सहायक विकास आयुक्त, नायब तहसीलदार, सहायक श्रम अधिकारी, वाणिज्यिक कर निरीक्षक सहित अन्य विभागों के 457 पद हैं। अधिकारियों के मुताबिक 48 चयनित अभ्यर्थियों ने जुलाई में दस्तावेज जमा नहीं किए, जिसमें 27 अभ्यर्थियों ने आवेदन और 21 अभ्यर्थियों ने समयावधि बाद दस्तावेज प्रस्तुत किए थे। अक्टूबर में आयोग ने इनकी उम्मीदवारी निरस्त कर दी। आपत्ति आने के बाद आयोग ने दोबारा आवेदन बुलाए है। अभी प्रक्रिया चल रही है। वे बताते है कि 11 नवंबर से साक्षात्कार की प्रक्रिया शुरू होगी। मध्य प्रदेश लोकसेवा आयोग (एमपीपीएससी) अगले महीने राज्य पात्रता परीक्षा करवाने जा रहा है। एक दर्जन शहरों में 25 दिसंबर को परीक्षा रखी गई है। 20 विषयों में 30 हजार अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है। नवंबर अंतिम सप्ताह से अभ्यर्थियों को प्रवेश पत्र जारी किए जाएंगे। ऑफलाइन आयोजित होगी परीक्षा आयोग ने स्पष्ट कर दिया है कि परीक्षा केंद्रों में बदलाव नहीं किया जाएगा। इस बिंदु पर गाइडलाइन में उल्लेख किया है। म्यूजिक, गणित, कंप्यूटर साइंस, रक्षा व रणनीतिक अध्ययन, अंग्रेजी, हिंदी, फिजिक्स, भूगोल, रसायन सहित 31 विषय रखे गए हैं। परीक्षा ओएमआर शीट पर ऑफलाइन पद्धति से आयोजित होगी। प्रत्येक अभ्यर्थी को दो पेपर हल करने होंगे, जिसमें शिक्षण व शोध अभिवृत्ति और ऐच्छिक विषय रखा है। 300 अंकों के होंगे दो पेपर पहले पेपर में 50 और दूसरे पेपर में 100 प्रश्न होंगे। 300 अंक के दोनों पेपर होंगे। अभ्यर्थियों को तीन घंटे में 150 प्रश्न हल करने होंगे। ये सभी आब्जेक्टिव प्रश्न रहेंगे। इंदौर, भोपाल, ग्वालियर, जबलपुर, रीवा, सतना, सागर, उज्जैन, नर्मदापुरम, शहडोल, खरगोन, रतलाम में परीक्षा केंद्र बनाएंगे। केंद्रों पर 100-150 अभ्यर्थी होंगे। अधिकारियों के मुताबिक हिंदी और अंग्रेजी दोनों भाषा में पेपर होंगे। recent visitors 54

कलेक्टर सिंह ने आम नागरिकों से यातायात नियमों का पालन करने का किया आव्हान, अब तुरंत हो होगी कार्रवाई

इंदौर इंदौर में इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम (ITMS) ने काम करना प्रारंभ कर दिया है। रविवार को इसका ट्रायल किया गया और एक चौराहे पर सिग्नल तोड़कर भागने वालों को अगले चौराहे पर तुरंत पकड़ लिया गया। चौराहों पर लगे कैमरों की मदद से ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों को पकड़ने में पुलिस को कोई परेशानी भी नहीं हुई। अभी तक इंदौर में कैमरे से चालान कट रहे थे और मोबाइल पर मैसेज आ रहे थे या फिर घर पर चालान आ रहे थे। लोग यह चालान नहीं भर रहे थे और इस पर पैनल्टी बढ़ती जा रही थी। इस वजह से पुलिस ने रियल टाइम एक्शन शुरू किया है। अब यदि लोग किसी भी चौराहे पर ट्रैफिक नियम तोड़कर भागेंगे तो उन्हें अगले चौराहे पर पकड़ लिया जाएगा। अधिकारियों ने दिए सिस्टम को शुरू करने के निर्देश इंदौर में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर  प्रशासन एवं पुलिस ने ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन को लेकर सख्ती प्रारंभ कर दी है। इंदौर शहर में यातायात के नियंत्रण के लिये विगत दिनों आयोजित सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में एक चौराहे पर ट्रैफिक नियम तोड़ने पर अगले चौराहे पर ही चालान काटे जाने की कार्रवाई किये जाने का निर्णय लिया गया था। महापौर पुष्यमित्र भार्गव, कलेक्टर आशीष सिंह एवं आयुक्त नगर निगम शिवम वर्मा के निर्देशों के क्रम में इंदौर में इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम ने कार्य करना प्रारंभ कर दिया है। कैमरे के चालान नहीं भर रहे थे लोग, इसलिए अगले चौराहे पर ही पकड़ेगी पुलिस कलेक्टर आशीष सिंह के मार्गदर्शन में स्मार्ट सिटी मिशन इंदौर एवं ट्रैफिक पुलिस द्वारा संयुक्त रूप से आज रसोमा चौराहे पर आईटीएमएस  सिस्टम से चालानी कार्रवाई की गई। उल्लेखनीय है कि यह देखने में आ रहा था कि सिग्नल तोड़ने पर ऑटोमेटिक चालान जेनरेट तो हो जाते हैं लेकिन चालान जमा करने के सिस्टम में आवश्यक सुधार की आवश्यकता महसूस हो रही थी। इसके लिए यह निर्णय लिया गया था कि चालानी कार्रवाई रियल टाइम की जाये। वाहन चालक द्वारा एक चौराहे पर सिग्नल को तोड़ा जाता है तो अगले चौराहे पर संबंधित पर चालानी कार्रवाई करते हुए वसूली की जाए। इसी के तहत यह कार्रवाई प्रारंभ की गई। कलेक्टर सिंह ने आम नागरिकों से आव्हान किया है कि वे यातायात नियमों का पालन करें और कार्रवाई से बचें। स्पॉट फाइन किया गया आज स्मार्ट सिटी के मुख्य कार्यपालन अधिकारी दिव्यांक सिंह एवं पुलिस उपायुक्त अरविन्द तिवारी द्वारा आईटीएमएस सिस्टम से चौराहे पर लाल बत्ती का उल्लंघन करने पर ट्रैफिक पुलिस के माध्यम से चालानी कार्यवाही की गई। दिव्यांक सिंह ने बताया कि शहर के प्रमुख चौराहों पर आईटीएमएस के माध्यम से ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन करने पर चालान बनाए जा रहे हैं। आज इस सिस्टम से रसोमा चौराहे से लाल बत्ती का उल्लंघन करने पर ट्रैफिक पुलिस द्वारा एमआर-9 चौराहे पर चिन्हित वाहनों के चालान बनाए गए एवं स्पॉट फाइन किया गया। recent visitors 58

COP29 में मध्यप्रदेश की बिटिया की भागीदारी गर्व का विषय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दी बधाई

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश की प्रतिभाशाली बिटिया डॉ. साक्षी भारद्वाज को पर्यावरण क्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर हो रहे COP29 आयोजन में भागीदारी के लिए बधाई दी है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि डॉ. साक्षी की भागीदारी गर्व का विषय है। उल्लेखनीय है कि संयुक्त राष्ट्र द्वारा 29वां संयुक्त राष्ट्र जलवायु परिवर्तन सम्मेलन 11 से 22 नवंबर 2024 तक अज़रबैजान के बाकू शहर में हो रहा है। इस अंतर्राष्ट्रीय सम्मेलन COP29 में भारत एवं मध्यप्रदेश का प्रतिनिधित्व करने के लिए मध्यप्रदेश की डॉ. साक्षी भारद्वाज का चयन किया गया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि गत माह भोपाल में भारत के पहले राज्य-स्तरीय Pre-CoP सम्मेलन का आयोजन भी पर्यावरण-संरक्षण के क्षेत्र में एक सार्थक प्रयास रहा है। डॉ. साक्षी कई वर्षों से पर्यावरण-संरक्षण के लिए कार्यरत हैं। राज्य युवा पुरस्कार से सम्मानित होने के साथ ही डॉ. साक्षी भोपाल से स्वच्छ भारत की ब्रांड एंबेसडर भी हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि वैश्विक मंच पर प्रतिनिधित्व की यह उपलब्धि देश के युवाओं को पर्यावरण-संरक्षण के क्षेत्र में आगे लाने में प्रेरक भूमिका निभाएगी।   recent visitors 45

बिलासपुर से प्रयागराज की फ्लाइट फुल, उड़ानों के फेरे बढ़ाए जाने की मांग

रायपुर/बिलासपुर  रेलवे द्वारा प्रयागराज होकर जाने वाली ट्रेन सारनाथ एक्सप्रेस को आगामी 3 महीने में कई दिनों तक निरस्त कर दिया है. इसके कारण दिल्ली और प्रयागराज जाने वाली फ्लाइट में यात्रियों की संख्या बढ़ गई है. उसमें लोगों को टिकट नहीं मिल रही है. इसको ध्यान रखते हुए हवाई सुविधा जन संघर्ष समिति ने दिल्ली फ्लाइट को पहले की तरह व्हाया प्रयागराज सप्ताह में चार दिन चलाने की मांग की है. हवाई सुविधा जन संघर्ष समिति ने बताया कि रेलवे द्वारा प्रयागराज होकर जाने वाली ट्रेन सारनाथ एक्सप्रेस को आगामी 3 महीने में कई दिनों तक निरस्त कर दिया है. इस कारण हवाई जहाज के जरिए प्रयागराज जाने वाले बढ़ गए हैं. वहीं दिल्ली जाने वाली ट्रेनों में भी आने वाले समय में कोहरे की समस्या होगी, जिसके कारण लोग ट्रेन की बजाय हवाई जहाज से यात्रा करना पसंद करेंगे. इसको ध्यान रखते हुए बिलासपुर से प्रयागराज और दिल्ली के लिए उड़ानों के फेरे बढ़ाए जाना अत्यंत आवश्यक है. समिति ने कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार का एलाइंस एयर के साथ एमओयू है. अतः उसे ही इन उड़ानों में वृद्धि के लिए पहल करनी चाहिए और एलाइंस एयर से उड़ान बढ़ाने को कहना चाहिए. दिवाली सीजन में दिल्ली के लिए सप्ताह में 6 दिन चलने वाली उड़ने पूरी तरह भरी गई थी, साथ ही उसका किराया भी सामान्य से अधिक रहा है. इसी तरह प्रयागराज जाने वाली फ्लाइट भी पूरी सीट के साथ चल रही है. इसके कारण यात्रियों को अधिक एलाइंस एयर यह करने में सक्षम नहीं होती है, तो ओपन टेंडर के माध्यम से अन्य विमानन कंपनियों को बिलासपुर से उड़ानें प्रारंभ करने के लिए आमंत्रित करना चाहिए. चार दिन चलने वाली प्रयागराज चल रही सिर्फ दो दिन समिति ने बताया कि बिलासपुर से प्रयागराज के लिए सप्ताह में चार दिन फ्लाइट थी. उसको घटकर 2 दिन कर दिया गया है. इस कारण प्रयागराज मार्ग पर भी उड़ान में जगह नहीं मिल रही है, और किराया बढ़ गया है. यात्रियों की संख्या को देखते हुए पहले की तरह उड़ान फिर से बढ़कर पहले की तरह सप्ताह में चार दिन करने की आवश्यकता है. इसके लिए बिलासपुर से दिल्ली के लिए चल रही सीधी उड़ान और व्हाया जबलपुर उड़ान को डिस्टर्ब किए बिना यह वृद्धि की मांग की गई है. recent visitors 53

इंदौर में 15 नवंबर के बाद तापमान में आएगी गिरावट, अभी कुछ दिन सामान्य रहेगा मौसम

इंदौर इंदौर शहर में अभी अलसुबह व रात के समय उत्तरी हवा हल्की ठंडक का अहसास करवा रही है। दोपहर में धूप निकलने के कारण मौसम सामान्य बना हुआ है। एक सप्ताह ऐसा ही मौसम रहेगा और तापमान सामान्य के आसपास रहेगा। 15 नवंबर के बाद मौसम में परिवर्तन हो सकता है। मौसम विज्ञानियों के मुताबिक, इंदौर में अगले सप्ताह भी हल्की ठंड का असर रहेगा और तापमान सामान्य के आसपास ही रहेगा। वर्तमान में इंदौर में हवा का रुख उत्तर व उत्तर पूर्वी तो है, लेकिन यह जमीन की सतह से एक से डेढ़ किलोमीटर की ऊंचाई पर ही चल रही है। इसके ऊपर पश्चिमी हवा चल रही है। उत्तरी हवाओं में अभी नहीं है ठंडक यही वजह है कि अभी शहर में शीतलता का असर दिखाई नहीं दे रहा है। नवंबर में अभी तक पश्चिमी विक्षोभ का असर न दिखने के कारण भी अभी तापमान सामान्य के आसपास बना हुआ है। पश्चिमी विक्षोभ के न आने से हिमालय क्षेत्र में भी अभी बर्फबारी शुरू नहीं हुई है। इस वजह से हिमालय की ओर से आ रही उत्तरी हवा में अभी ज्यादा ठंडक नहीं है। मौसम विज्ञानियों की माने तो अगले सप्ताह एक पश्चिमी विक्षोभ के आने की संभावना है। इसके असर से 15 नवंबर के बाद तापमान में गिरावट आने की संभावना है। अभी सुबह व रात में ठंडक व दोपहर में धूप के कारण गर्मी होने के कारण शहरवासी वायरल, बुखार के शिकार हो रहे हैं। ऐसे में बदलते मौसम में सभी को अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखने की जरूरत है। अलसुबह वाक या काम पर जाते समय जैकेट पहनें व सिर व कान को टोपी, मफलर से ढंककर रखें। रात के समय भी ठंडक बढ़ने पर इस तरह की सावधानी रखें। recent visitors 77