Saturday, July 11, 2026 4:25 am

हिंसा मामले में बढ़ी रिमांड, छत्तीसगढ़-बलौदाबाजार के विधायक देवेंद्र की कम नहीं मुश्किलें

बलौदाबाजार-भाटापारा. दुर्ग भिलाई विधायक देवेंद्र यादव की एक बार फिर मुश्किलें बढ़ गई हैं। बलौदा बाजार हिंसा मामले में विधायक देवेंद्र यादव की रिमांड अवधि 14 नवंबर तक बढ़ा दी गई है। पुलिस ने चालान पेश करने के लिए और समय की मांग की जिस पर उनके वकील अनादी शंकर मिश्रा ने आपत्ति दर्ज की। कोर्ट ने विधायक की रिमांड अवधि तीन दिन बढ़ा दी गई है, अब उनकी अभियोग पत्र पुलिस के द्वारा 14 नवंबर को पेश किया जाएगा। देवेंद्र यादव की 17 अगस्त को भिलाई से गिरफ्तारी हुई थी। इसके बाद से लगातार न्यायिक रिमांड बढ़ रही है। वे रायपुर की सेंट्रल जेल में बंद हैं। पुलिस का तर्क है कि, विधायक का मोबाइल जमा नहीं होने के चलते केस के प्रोग्रेस में देरी हो रही है। जिस पर देवेंद्र के वकील ने कहा कि, मोबाइल जमा कर दिया गया था। डीवीआर कॉपी करने के बाद पुलिस ने वापस लौटाया। देवेंद्र पर भीड़ को उकसाने का आरोप विधायक देवेंद्र यादव की गिरफ्तारी बलौदाबाजार हिंसा मामले में हुई है। उन पर हिंसा भड़काने का आरोप है। इस मामले में बलौदाबाजार पुलिस ने 4 बार नोटिस जारी किया, लेकिन विधायक ने बयान देने जाने से मना कर दिया था। उन्होंने कहा था कि पुलिस को बयान लेना है, तो उनके पास और लेकर जाए। हालांकि पूछताछ के लिए तीसरा नोटिस मिलने पर देवेंद्र यादव ने बलौदाबाजार जाकर पुलिस अधीक्षक से मुलाकात भी की थी। पुलिस के पास हैं पर्याप्त सबूत और गवाह वहीं, बलौदाबाजार पुलिस के एक उच्चाधिकारी की माने तो पुलिस के पास विधायक देवेंद्र यादव के खिलाफ गवाह हैं और कुछ लोगों के बयान हैं। इसके अलावा पुलिस के पास कुछ वीडियो भी हैं। जिसको आधार बनाकर उन पर कार्रवाई की जा रही है। 3 मामलों की एक साथ चल रही है जांच देवेंद्र यादव के खिलाफ बलौदाबाजार हिंसा का पहला मामला जांच में नहीं है, उनके खिलाफ कोयला घोटाला और कथित MMS मामले की भी जांच चल रही है। कुछ दिन पहले भिलाई नगर पुलिस ने भी उन्हें नोटिस जारी कर फोटो वीडियो के लिए थाने बुलाया था। देवेंद्र वहां भी दोबारा बयान दर्ज कराने नहीं गए। उन्होंने कहा कि, वह थाने जाकर अपना बयान एक बार दे दिए हैं। लिखित में भी दिया है कि, जांच में जो भी आगे पूछताछ या जानकारी चाहिए, उनके कार्यालय में आकर ले लें। recent visitors 69

सीएम साय और केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया करेंगे पदयात्रा, छत्तीसगढ़-जशपुर में जनजातीय गौरव दिवस पर कल

जशपुर. छत्तीसगढ़ के जशपुर में 13 नवंबर को जनजातीय गौरव दिवस के मौके पर एक खास पदयात्रा का आयोजन किया जा रहा है। इस पदयात्रा का नेतृत्व छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और केंद्रीय मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया करेंगे। यह आयोजन भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के उपलक्ष्य में हो रहा है, जिसमें आदिवासी समुदाय के योगदान और उनकी समृद्ध सांस्कृतिक धरोहर को सम्मानित किया जाएगा। इस पदयात्रा में 10,000 से अधिक मेरा युवा (MY) भारत के युवा स्वयंसेवक शामिल होंगे, जो आदिवासी संस्कृति, धरोहर और परंपराओं को बढ़ावा देंगे। पदयात्रा कोमोडो गांव से शुरू होकर रंजीत स्टेडियम तक 7 किलोमीटर की दूरी तय करेगी। यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अगुवाई में आदिवासी कला, संगीत, और पारंपरिक नृत्य का प्रदर्शन होगा, जिसमें आदिवासी समुदाय की समृद्ध संस्कृति की झलक मिलेगी। इस पदयात्रा के दौरान कई सांस्कृतिक गतिविधियाँ आयोजित की जाएँगी, जिनमें आदिवासी नायकों की झांकियाँ, रंगोली, पारंपरिक पेंटिंग्स और लाइव कार्यशालाएं शामिल होंगी। इसके अलावा, आदिवासी भोजन का स्वाद चखने का अवसर भी मिलेगा, जो सेहत के लिए लाभकारी है। यह आयोजन आदिवासी धरोहर और संस्कृति के प्रति जागरूकता बढ़ाने का एक प्रयास है, और छत्तीसगढ़ राज्य के लिए गर्व का विषय है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने युवाओं को इस आयोजन में शामिल होने और आदिवासी संस्कृति से जुड़ने का संदेश दिया है। recent visitors 50

आज कोर्ट में होगी पेशी, छत्तीसगढ़-रायपुर से शाहरुख खान को धमकाने वाला आरोपी फैजान गिरफ्तार

रायपुर. बॉलीवुड अभिनेता शाहरुख खान को जान से मारने की धमकी मामले में नया मोड़ आया है। पुलिस ने इस मामले में कार्रवाई करते हुए आरोपी फैजान खान को उसके घर से गिरफ्तार कर लिया है। सीएसपी अजय सिंह ने उसकी गिरफ्तारी की है। इस संबंध में रायपुर पुलिस को जानकारी दे दी गई है। मामले में मुंबई पुलिस आज रायपुर पहुंची। फैजान को अरेस्ट करने की ट्रांजिट रिमांड के साथ मंगलवार सुबह 11 बजे कोर्ट में पेश किया जाएगा। इससे पहले आरोपी ने कहा कि वो बांदा पुलिस थाने में अपना बयान दर्ज कराने मुंबई जाएगा। वहीं आरोपी को लगातार धमकी मिल रही थी। इसकी वजह से उसने मुंबई पुलिस कमिश्नर को आवेदन देकर लिखा कि वह व्यक्तिगत रूप से नहीं ऑनलाइन माध्यम से पेश होना चाहता है।  इन धाराओं में मामला दर्ज इसके पूर्व आरोपी ने कहा था कि उसका फोन पांच दिन पहले दो नवंबर को चोरी हो गया था। इस संबंध में मुंबई के बांद्रा पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस ने बीएनएस की धारा 308 4, 351 3 4, के तहत शिकायत दर्ज है। मुंबई पुलिस की शुरुआती जांच में पता है कि जिस मोबाइल नंबर से फोन किया गया था, वो नंबर छत्तीसगढ़ के रायपुर के फैजान नाम के शख्स का है। फैजान को मुंबई लेकर जाएगी पुलिस पुलिस की साइबर सेल की ओर से नंबर ट्रेस करने पर रायपुर का लोकेशन मिला है। सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक, पुलिस फैजान को रिमांड पर लेकर मुंबई जाएगी और उससे पूछताछ करेगी। इससे पहले भी शाहरुख खान को जान से मारने की धमकी मिल चुकी है, जिसके बाद उन्होंने पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद उनकी सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। recent visitors 79

मनमानी फीस वसूली और फर्जी पुस्तकों के मामले में हाईकोर्ट ने सरकार को स्टेटस रिपोर्ट पेश करने का दिया आदेश

जबलपुर प्रशासन द्वारा मनमानी फीस वसूली और फर्जी पुस्तकों को पाठ्यक्रम में शामिल किए जाने की जांच में सख्त कार्रवाई न किए जाने के मामले में आधा दर्जन निजी स्कूल प्रबंधनों ने जबलपुर हाईकोर्ट का रुख किया। याचिका की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट की जस्टिस संजीव सचदेवा और जस्टिस विनय सराफ की युगलपीठ के समक्ष शासन की ओर से स्टेटस रिपोर्ट पेश की गई। युगलपीठ ने रिपोर्ट को संतोषजनक नहीं पाया और एक नई स्टेटस रिपोर्ट पेश करने के निर्देश दिए हैं। याचिकाकर्ता रॉयल सीनियर सेकेंडरी स्कूल, लिटिल किंगडम, स्मॉल वंडर्स, नचिकेता हायर सेकेंडरी स्कूल, स्टेम फील्ड इंटरनेशनल सहित अन्य निजी स्कूल प्रबंधनों की ओर से दायर अपील में कहा गया है कि मनमानी फीस वृद्धि और फर्जी पुस्तकों को पाठ्यक्रम में शामिल करने की जांच जबलपुर जिला प्रशासन द्वारा की जा रही है। पूर्व में कई स्कूल प्रबंधनों के खिलाफ मामले दर्ज कर प्राधिकारियों को गिरफ्तार किया गया था। स्कूल प्रबंधन जांच में सहयोग करने को तैयार हैं, लेकिन उन्हें आशंका है कि दीवाली अवकाश के दौरान प्रशासन उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई कर सकता है। युगलपीठ ने याचिका की प्रारंभिक सुनवाई के दौरान आरोपी स्कूल संचालकों और स्टाफ के खिलाफ कोई कड़ी कार्रवाई न करने के आदेश दिए थे। युगलपीठ ने याचिकाकर्ता स्कूल प्रबंधन को निर्देशित किया है कि वे जिला समिति की जांच में पूरा सहयोग करें और अपेक्षित दस्तावेज प्रस्तुत करें। साथ ही युगलपीठ ने जिला प्रशासन से कार्रवाई के संबंध में जवाब मांगा था। प्रशासन की रिपोर्ट को संतोषजनक न पाते हुए युगलपीठ ने उक्त आदेश जारी किए। याचिका पर अगली सुनवाई 13 नवंबर को होगी। याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता अंशुमान सिंह ने पैरवी की। recent visitors 65

सिद्ध बाबा पहाड़ पर दंतैल हाथी का दस्तक, वन विभाग ने जारी की चेतावनी

सिद्ध बाबा पहाड़ पर दंतैल हाथी का दस्तक, वन विभाग ने जारी की चेतावनी "एमसीबी जिले के सिद्ध बाबा पहाड़ पर दंतैल हाथी घुस आया है. चिरमिरी वन विभाग ने ग्रामीणों को अलर्ट रहने की चेतावनी जारी की है" मनेंद्रगढ़ चिरमिरी मनेंद्रगढ़ चिरमिरी भरतपुर चिरमिरी के सिद्ध बाबा पहाड़ में एक दंतैल हाथी ने पिछले दो दिनों से आतंक मचा रखा है. वन विभाग के मुताबिक, यह हाथी लगातार क्षेत्र में विचरण कर रहा है, जिससे ग्रामीणों में भय का माहौल बन गया है. वन विभाग ने लोगों को जंगल में प्रवेश न करने की हिदायत दी है. साथ ही ग्रामीणों को हाथी से दूर रहने की सलाह दी जा रही है. हाथी को लेकर वन विभाग अलर्ट  चिरमिरी रेंजर सूर्यदेव सिंह ने बताया कि हाथी सिद्ध बाबा पहाड़ के आसपास मौजूद है. वन विभाग की टीम लगातार उसकी गतिविधियों पर नजर रख रही है. उन्होंने कहा है कि अभी तक इस हाथी ने किसी जगह और लोगों पर हमला नहीं किया है. किसी तरह की जनहानि नहीं हुई है, लेकिन लोगों को सावधान रहने अलर्ट जारी किया गया है. सिद्ध बाबा पहाड़ पर दिखा दंतैल हाथी हम टीम के साथ चौक पर तैनात हैं, ताकि किसी भी आपात स्थिति में समय रहते कार्रवाई की जा सके. हमारा उद्देश्य मानव हाथी संघर्ष को रोकना है. इस दिशा में आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं- सूर्यदेव सिंह, रेंजर, चिरमिरी वन परिक्षेत्र हाथी के आमद से ग्रामीणों में भय का माहौल इस क्षेत्र में हाथी के विचरण से आसपास के गांवों के लोग दहशत में हैं. हालांकि, वन विभाग की टीम सतर्कता के साथ हर कदम पर हाथी की निगरानी कर रही है. ताकि किसी भी प्रकार की अनहोनी को टाला जा सके. वन विभाग लोगों को सावधान रहने और हाथी के पास न जाने की अपील कर रहा है. recent visitors 181

‘वन्य जीव और पर्यावरण भी नष्ट हो रहा, अब बचा क्या है?’, छत्तीसगढ़-बिलासपुर हाईकोर्ट की फटकार

बिलासपुर. छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट में वन्य जीव के संरक्षण को लेकर लगी याचिका पर आज सुनवाई हुई। जिसमें प्रदेश में हुई बाघ की मौत को भी संज्ञान में लिया गया। वन्यजीवों के मौत के मामले में मुख्य न्यायाधीश की टिप्पणी को अहम माना जा रहा है। दरअसल छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश रमेश कुमार सिन्हा की डीबी में सुनवाई हुई जिसमें कोर्ट ने वन्यजीवों की मौत और पर्यावरण की अनदेखी पर बेहद कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि वन्य जीव नष्ट हो रहे हैं, पर्यावरण भी नष्ट हो रहे हैं अब बचा क्या? मुख्य न्यायाधीश की डीबी ने कहा कि वन्य जीव नहीं बचा पाएंगे और जंगल नहीं बच पाएंगे तो कैसे चलेगा? वन्यजीव है तो जंगल हैं, छत्तीसगढ़ में कम से कम यही सब है। जिसके जवाब में महाधिवक्ता ने कहा कि मामले में कड़ी कार्रवाई की जा रही है। कोर्ट ने बाघ की मौत को लेकर भी टिप्पणी की है। कहा यह दूसरी मौत है, टाइगर हिंदुस्तान में जल्दी मिलता नहीं, यहां है तो संरक्षण नहीं कर पा रहे हैं। दरअसल 8 नवंबर 2024 को सरगुजा के कोरिया वन मंडल के पास खनखोपड़ नाला के किनारे बाघ का शव मिला, जिसे वन विभाग ने आधिकारिक तौर पर जहर खुरानी की घटना बताया है, जिसकी जांच जारी है। हाईकोर्ट ने एफिडेविट के माध्यम से कार्रवाई के बारे में पूछा। जिस पर शासन का पक्ष महाधिवक्ता ने रखा। हाईकोर्ट ने APCCF को नोटिस जारी कर व्यक्तिगत रूप से शपथपत्र का जवाब तलब किया है। कोर्ट ने पूछा है कि वन्यजीवों के संरक्षण के लिए क्या कदम उठाए गए हैं? मामले में अगली सुनवाई आगामी 21 नवंबर को निर्धारित की है। recent visitors 89

मतदान कड़ी सुरक्षा के बीच ईवीएम के साथ मतदान केंद्रों पर पहुंचेंगे और मतदान की तैयारियों की व्यवस्था करेंगे

भोपाल प्रदेश के बुधनी और विजयपुर विधानसभा क्षेत्रों में 13 नवंबर को होने वाले मतदान के लिए मंगलवार सुबह मतदान दल रवाना हुआ। ये दल कड़ी सुरक्षा के बीच ईवीएम के साथ मतदान केंद्रों पर पहुंचेंगे और मतदान की तैयारियों की व्यवस्था करेंगे। इन दोनों सीटों पर चुनाव के लिए करीब 2800 कर्मचारियों और अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। दोनों ही सीटों पर कुल 5,31,616 मतदाता अपने मताधिकार का उपयोग कर नए विधायक चुनेंगे। दोनों जिलों में जिला निर्वाचन अधिकारी और कलेक्टर आज अपनी निगरानी में मतदान दलों को रवाना करेंगे। चुनावी शोर थमा, नेता अपने क्षेत्र लौट चलें बुधनी और विजयपुर विधानसभा सीटों पर होने वाले मतदान के लिए चुनावी शोर सोमवार शाम पांच बजे थमने के बाद अब प्रत्याशी और उनके समर्थक घर-घर जाकर सीधे संपर्क कर वोट मांग रहे हैं। वहीं, चुनाव आयोग के निर्देश के मुताबिक, चुनाव आचार संहिता लागू होने के बाद अपने प्रत्याशी की जीत के लिए डेरा जमाए नेता अब अपने क्षेत्रों को लौट आए हैं या इन जिलों से बाहर चले गए हैं। आज सुबह से ही मतदान दलों को रवाना करने के लिए विजयपुर और बुधनी विधानसभा मुख्यालय पर अधिकारियों की टीम जुटी हुई है। जिन कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है, उन्हें चुनाव आयोग के निर्देशों का सख्ती से पालन करने की हिदायत के साथ भेजा गया है। बुधवार को दिन भर मतदान कराने के बाद टीमों को ईवीएम वहीं जमा करनी हैं, जहां से वे रवाना हुए थे। विजयपुर विधानसभा में करीब 1,308 और बुधनी में 1,452 कर्मचारियों और अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। recent visitors 79