नए साल के पहले हफ्ते दिल्ली विधानसभा चुनाव की घोषणा के आसार, तैयारियां अंतिम चरण में पहुंची

नई दिल्ली दिल्ली विधानसभा चुनाव की घोषणा नए साल के पहले सप्ताह में की जा सकती है। आयोग के सूत्रों की मानें तो चुनाव को लेकर की जा रहीं तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं। पारदर्शी व निष्पक्ष चुनाव में अहम भूमिका निभाने वाली विभिन्न निगरानी टीमों के गठन को लेकर बीते दो दिनों में अधिसूचना जारी कर दी गई है। आयोग के निर्देश पर दिल्ली सरकार के गृह विभाग ने चुनाव के लिए स्टेट सर्विलांस टीम, फ्लाइंग स्क्वॉड और सेक्टर अधिकारियों को लेकर अधिसूचना जारी करने के साथ उन्हें स्पेशल मजिस्ट्रेट पावर भी दे दी है, जिससे वह चुनावों में गड़बड़ी करने वाले लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर सकें। यह टीम निष्पक्ष चुनाव और आचार संहिता को लागू कराने में अहम भूमिका निभाती हैं। आयोग ने राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों द्वारा किए जाने वाले खर्च पर निगरानी के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। अब निगरानी समिति को रोजाना उम्मीदवारों के खर्च आदि की जानकारी ईईएमएस सॉफ्टवेयर पर अपडेट करनी होगी। इसमें उम्मीदवार का नाम, उसका खाता, शैडो रजिस्टर बना या नहीं, 30 दिन में खर्च की पूरी जानकारी, अगर नहीं दी तो क्या कारण है, समेत कई जानकारी देनी होगी। पांच जनवरी को अंतिम मतदाता सूची जारी होगी चुनाव घोषणा के साथ ही आयोग पांच जनवरी को अंतिम मतदाता सूची भी जारी करेगा। फिलहाल मतदाता सूची में नाम जुड़वाने और हटवाने के लिए आए आवेदन की जांच प्रक्रिया चल रही है। बुधवार तक यह प्रक्रिया खत्म हो जाएगी। चुनाव आयोग को कुल 2.67 लाख से अधिक आवेदन नाम जुड़वाने, हटवाने और सुधार के लिए मिले हैं। आयोग की 29 अक्टूबर 2024 को जारी ड्राफ्ट मतदाता सूची के मुताबिक दिल्ली में कुल 1.53 करोड़ से अधिक मतदाता हैं। हेल्पलाइन पर जानकारी मिलेगी दिल्ली मुख्य निर्वाचन अधिकारी आर. एलिस वाज ने दिल्ली के मतदाताओं से अपील की है कि वह मतदाता सूची से जुड़ी कोई भी जानकारी, आपत्ति जताने के लिए वोटर हेल्पलाइन नंबर 1950 पर काल करें। यहां से उन्हें हर तरह की जानकारी मिलेगी। मसलन, उनका नाम मतदाता सूची में है कि नहीं, उनका पोलिंग स्टेशन कहां है। ऑनलाइन मतदाता पंजीकरण प्रक्रिया समेत अन्य सभी चुनाव संबंधित जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। अगर कोई शिकायत है तो उसे भी यहां दर्ज करा सकते हैं। recent visitors 73

देश में तेजी से रोजगार के अवसर बढ़ रहे, कर्मचारी भविष्य निधि संगठन से अक्टूबर में जुड़े 13.41 लाख सदस्य

नई दिल्ली कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) से अक्टूबर में 13.41 लाख सदस्य जुड़े हैं। यह दिखाता है कि देश में तेजी से रोजगार के अवसर बढ़ रहे हैं। यह बयान केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्रालय द्वारा बुधवार को दिया गया। अक्टूबर में ईपीएफओ से करीब 7.50 लाख नए सदस्य जुड़े हैं, जिनमें से 58.49 प्रतिशत 18-25 आयु वर्ग के थे। इस युवा आयु वर्ग की कुल संख्या 5.43 लाख है। मंत्रालय ने बताया है कि यह आंकड़ा पहले के रुझान के अनुरूप है, जो दर्शाता है कि संगठित कार्यबल में शामिल होने वाले अधिकांश व्यक्ति युवा हैं, जिसमें मुख्य रूप से पहली बार नौकरी की तलाश करने वाले लोग शामिल हैं। यह अर्थव्यवस्था में रोजगार के बढ़ते अवसरों का संकेत देता है। पेरोल डेटा से मिली जानकारी के अनुसार, करीब 12.90 लाख सदस्य ईपीएफओ से बाहर निकल गए और फिर से इसमें शामिल हो गए हैं। यह आंकड़ा अक्टूबर 2023 की तुलना में सालाना आधार पर 16.23 प्रतिशत अधिक है। इन ईपीएफओ सदस्यों ने अपनी नौकरी बदली और ईपीएफओ के दायरे में आने वाले कंपनियों में फिर से शामिल हो गए। इन सदस्यों ने अंतिम निपटान के लिए आवेदन करने के बजाय अपने संचयित धन को स्थानांतरित करने का विकल्प चुना और इस प्रकार अपनी सामाजिक और वित्तीय सुरक्षा का विस्तार किया। पेरोल डेटा का लिंग-वार विश्लेषण करने पर पता चलता है कि महीने के दौरान जोड़े गए नए सदस्यों में से लगभग 2.09 लाख नई महिला सदस्य हैं। यह आंकड़ा अक्टूबर 2023 की तुलना में सालाना आधार पर 2.12 प्रतिशत अधिक है। आधिकारिक बयान में कहा गया कि समीक्षा अवधि के दौरान कुल महिला सदस्यों की संख्या में वृद्धि करीब 2.79 लाख रही। महिला सदस्यों की संख्या में वृद्धि अधिक समावेशी और विविधतापूर्ण कार्यबल की ओर व्यापक बदलाव का संकेत देता है। पेरोल डेटा का राज्यवार विश्लेषण से पता चलता है कि ईपीएफओ से जुड़े कुल सदस्यों में शीर्ष पांच और केंद्र शासित प्रदेशों की हिस्सेदारी 61.32 प्रतिशत की रही है। recent visitors 133

प्रयागराज महाकुंभ : MP-CG से चल रही 5 स्पेशल ट्रेनें

रायपुर   प्रयागराज महाकुंभ के दौरान संगम में स्नान करने के लिए प्रयागराज आने वाले यात्रियों को अधिक से अधिक सुविधाएं प्रदान की जाए. उनकी यात्रा सुगम और सुखद रहे. महाकुंभ के दौरान रेलवे के दौरान 3000 स्पेशल गाडियां सहित 13000 से अधिक रेल गाडियां चलायी जाएंगी. इसी कड़ी में दक्षिण रेलवे से चलाने वाली 5 महाकुंभ स्पेशल ट्रेनें जो दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के गोंदिया, बालाघाट एवं नैनपुर होकर परिचालन किया जा रहा है.  महाकुंभ मेले के दौरान ट्रेन में होने वाली अतिरिक्त भीड़-भाड़ के दौरान रेल यात्रियों को अधिक से अधिक कन्फर्म बर्थ/सीट की सुविधा उपलब्ध कराने हेतु दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे द्वारा तीन कुंभ मेला स्पेशल ट्रेनों का परिचालन किया जा रहा है जो रायगढ़-वाराणसी, दुर्ग-वाराणसी एवं बिलासपुर-वाराणसी के मध्य तीन फेरे के लिए चलाई जा रही है. 08251/08252 रायगढ़-वाराणसी-रायगढ़ कुंभ मेला स्पेशल, 08791/08792 दुर्ग-वाराणसी-दुर्ग कुंभ मेला स्पेशल एवं 08253/08254 बिलासपुर-वाराणसी-बिलासपुर कुंभ मेला स्पेशल ट्रेन व्हाया बिलासपुर, कटनी, प्रयागराज के मार्ग से चलाई जा रही है. इन सभी कुंभ मेला स्पेशल ट्रेनों की जानकारी पहले ही दी जा चुकी है.  दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे से होकर चलने वाली 08530/08529 विशाखपट्टनम-पंडित दीनदयाल उपाध्याय–विशाखपट्टनम एवं 08562/08561 विशाखपट्टनम-गोरखपुर–विशाखपट्टनम कुम्भ मेला स्पेशल ट्रेनों का परिचालन किया जा रहा है. ये गाडियाँ दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के ‘‘रायपुर, बिलासपुर, उसलापुर, रायगढ़, चांपा, पेंड्रारोड, अनूपपुर, शहडोल एवं उमरिया स्टेशनों पर ठहरकर गंतव्य तक जाएगी. इन सभी कुंभ मेला स्पेशल ट्रेनों की जानकारी दी गयी है. इसी प्रकार दक्षिण रेलवे से चलने वाली 5 महाकुंभ मेले स्पेशल एवं दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे से गोंदिया, बालाघाट एवं नैनपुर होकर चलाने वाली ट्रेनों की सुविधा का परिचालन गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर एवं जबलपुर होकर किया जाएगा. जिससे गोंदिया, बालाघाट एवं नैनपुर के मध्य दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के यात्री होगे लाभान्वित. जिसकी जानकारी इस प्रकार है  (01) 06005/06006 कन्याकुमारी-गया- कन्याकुमारी साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल, (02) 06021/06022 कोचुवेलि-गया-कोचुवेलि साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल, (03) 06001/06002 चेन्नई सेंट्रल-गोमती नगर-चेन्नई सेंट्रल साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल, (04) 06003/06004 कन्याकुमारी-बनारस-कन्याकुमारी साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल, (05) 06007/06008 कोचुवेलि- बनारस-कोचुवेलि साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल  का परिचालन होगा. (01) 06005/06006 कन्याकुमारी-गया-कन्याकुमारी साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल: – यह स्पेशल ट्रेन कन्याकुमारी से गया के लिए दिनांक 06 एवं 20 जनवरी, 2025 को रवाना होगी. इसी प्रकार गया से कन्याकुमारी के लिए दिनांक 09 एवं 23 जनवरी, 2025 को रवाना होगी. यह स्पेशल ट्रेन का ठहराव कन्याकुमारी, रेन, कोविलपट्टी, तिरुच्चिरापलि, विल्लुपुरम जंक्शन, विजयवाड़ा जंक्शन, बल्हारशाह, गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर, जबलपुर होकर गया के लिए परिचालन होगा. इस स्पेशल ट्रेन में 06 एसी थ्री, 06 स्लीपर, 01 लगेजवन, 02 एसएलआरडी सहित 15 कोच के साथ रवाना होगी. (02) 06021/06022 कोचुवेलि-गया-कोचुवेलि साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल{ – यह स्पेशल ट्रेन कोचुवेलि से गया के लिए दिनांक 07, 21 जनवरी  एवं 04 फरवरी,  2025 को रवाना होगी. इसी प्रकार गया से कोचुवेलि के लिए दिनांक 10, 24 जनवरी एवं 07 फरवरी, 2025 को रवाना होगी.  यह स्पेशल ट्रेन का ठहराव कोचुवेलि, कयाणकुलम जंक्शन, एर्नाकुलम शहर, तिरुच्चिरापलि, इरोड जंक्शन, विजयवाड़ा जंक्शन, बल्हारशाह, गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर, जबलपुर होकर गया के लिए परिचालन होगा. इस स्पेशल ट्रेन में 04 एसी थ्री, 06 स्लीपर, 01 लगेजवन, 07 एसएलआरडी सहित 18 कोच के साथ रवाना होगी.  (03) 06001/06002 चेन्नई सेंट्रल-गोमती नगर-चेन्नई सेंट्रल साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल :- यह स्पेशल ट्रेन चेन्नई से गोमती नगर के लिए दिनांक 08, 15 एवं 22 जनवरी, 2025 एवं 05, 19 एवं 26 फरवरी, 2025  को रवाना होगी. इसी प्रकार गोमती नगर से चेन्नई के लिए दिनांक 11, 18 एवं 25 जनवरी तथा 08 एवं 22 फरवरी, 2025 को रवाना होगी. यह स्पेशल ट्रेन का ठहराव चेन्नई, गुडूर जंक्शन, विजयवाड़ा जंक्शन, सिरपुर कागजनगर, बल्हारशाह, गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर, जबलपुर होकर गोमती नगर के लिए परिचालन होगा. इस स्पेशल ट्रेन में 04 एसी थ्री, 06 स्लीपर, 01 लगेजवन, 07 एसएलआरडी सहित 18 कोच के साथ रवाना होगी.  (04) 06003/06004 कन्याकुमारी-बनारस-कन्याकुमारी साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल:- यह स्पेशल ट्रेन कन्याकुमारी से बनारस के लिए दिनांक 17 फरवरी, 2025  को रवाना होगी. इसी प्रकार बनारस से कन्याकुमारी के लिए दिनांक 20 फरवरी, 2025 को रवाना होगी. यह स्पेशल ट्रेन का ठहराव कन्याकुमारी, रेन, कोविलपट्टी, तिरुच्चिरापलि, विल्लुपुरम जंक्शन, विजयवाड़ा जंक्शन, बल्हारशाह, गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर, जबलपुर होकर बनारस के लिए परिचालन होगा इस स्पेशल ट्रेन में 06 एसी थ्री, 06 स्लीपर, 01 लगेजवन, 02 एसएलआरडी सहित 15 कोच के साथ रवाना होगी.  05) 06007/06008 कोचुवेलि-बनारस-कोचुवेलि साप्ताहिक कुंभ मेले स्पेशल:- यह स्पेशल ट्रेन कोचुवेलि से बनारस के लिए दिनांक 18 एवं 25 फरवरी, 2025 को रवाना होगी. इसी प्रकार बनारस से कोचुवेलि के लिए दिनांक 21 एवं 28 फरवरी, 2025 को रवाना होगी. यह स्पेशल ट्रेन का ठहराव कोचुवेलि, कयाणकुलम जंक्शन, एर्नाकुलम शहर, तिरुच्चिरापलि, इरोड जंक्शन, विजयवाड़ा जंक्शन, बल्हारशाह, गोंदिया, बालाघाट, नैनपुर, जबलपुर होकर गया के लिए परिचालन होगा. इस स्पेशल ट्रेन में 04 एसी थ्री, 06 स्लीपर, 01 लगेजवन, 07 एसएलआरडी सहित 18 कोच के साथ रवाना होगी. recent visitors 70

व्यस्तता भरी लाइफ में दिमाग को दे ब्रेक

रोजाना की लाइफ में लोग अपने काम में काफी व्यस्त और स्ट्रेस में रहते हैं। हेल्दी डायट, नियमित शारीरिक गतिविधि और पर्याप्त आरामदायक नींद के साथ अपने शारीरिक स्वास्थ्य को बनाकर रखा जा सकता है। इन दिनों लोग अपने काम में इतना ज्यादा व्यस्त रहते हैं कि मानसिक और शारीरिक हेल्थ से जुड़ी समस्याएं हो सकती हैं। ऐसे में अपने ब्रेन को ब्रेक देना बेहद जरूरी है। जानिए दिमाग को ब्रेक देना क्यों जरूरी है और काम के दौरान दिमाग को कैसे ब्रेक दें। दिमाग को ब्रेक देना क्यों है जरूरी छोटे-छोटे ब्रेक लेने से फोकस और एकाग्रता को बढ़ावा मिलता है। वहीं ब्रेक लेने से तनाव के लेवल को कम करने में मदद मिल सकती है। जब हम लगातार एक्शन मोड में होते हैं तो हमारा शरीर कोर्टिसोल जैसे तनाव हार्मोन जारी करता है, जो हमारे स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकते हैं। ऐसे में ब्रेक लेने से कोर्टिसोल के स्तर को कम करने में मदद मिल सकती है, जिससे तनाव का लेवल कम होगा काम के दौरान दिमाग को ब्रेक कैसे दें पूरे दिन छोटे-छोटे ब्रेक लें हर एक घंटे में छोटे-छोटे ब्रेक लेने की कोशिश करें। अपने ब्रेक के दौरान केवल बैठे रहने के बजाय, कुछ एक्टिविटी को शामिल करने की कोशिश करें। इसके अलावा बाहर टहलने जाएं या हल्की स्ट्रेचिंग करें। टेकनोलॉजी से डिस्कनेक्ट करें अपने ब्रेक के दौरान टेकनोलॉजी से डिस्कनेक्ट करने की कोशिश करें। यह तनाव के लेवल को कम करने और आपके दिमाग को आराम करने का मौका देने में मदद कर सकता है। ब्रेक को प्राथमिकता दें कई लोग ब्रेक तो लेते हैं लेकिन उसे प्राथमिकता नहीं देते हैं और अपने अधूरे काम को परा करने में लग जात हैं। मानसिक और शारीरिक दोनों तरह से हेल्दी रहने के लिए ब्रेक को प्राथमिकता दें। recent visitors 83

प्राइवेट नौकरी या सरकारी सभी के लिए PF खाते से जुड़े 5 नए नियम: नए साल 2025 से New Rules

नई दिल्ली साल 2024 खत्म होने में महज छह दिन बचे हैं और नए साल 2025 (New Year) के आगाज की तैयारियां देशभर में शुरू हो गई हैं. नए साल के साथ 1 जनवरी 2025 से ही देश में कई बड़े बदलाव (Rule Change From 1st January) लागू होने जा रहे हैं. जिसका असर हर घर और हर जेब पर देखने को मिलेगा. इन बदलावों में रसोई में इस्तेमाल होने वाले एलपीजी सिलेंडर की कीमतों (LPG Cylinder Price) से लेकर यूपीआई पेमेंट (UPI Payment) तक के रूल शामिल हैं.   LPG से UPI तक बदलाव हर महीने देश में कई फाइनेंशियल चेंज देखने को मिलते हैं और इस बात नया महीना ही नहीं 1 जनवरी से नया साल भी शुरू होने वाला है.  साल के पहले ही दिन से देश में पांच बड़े बदलाव लागू होने जा रहे हैं. इनमें पहला एलपीजी सिलेंडर की कीमतों (LPG Price) से लेकर हवाई ईंधन तक के दाम (ATF Rates) में संशोधन देखने को मिलेगा. क्योंकि महीने की पहली तारीख को ऑयल मार्केटिंग कंपनियां ये बदलाव करती हैं. तो वहीं पहली जनवरी से ही UPI 123Pay पेमेंट के नियम भी लागू होने जा रहे हैं. तो EPFO के पेंशनर्स के लिए लाया गया नया नियम भी इसी दिन से लागू होगा. इसके अलावा किसानों को बिना गारंटी के लोन तक इस लिस्ट में शामिल हैं. पहला बदलाव- LPG के दाम हर महीने की पहली तारीख की तरह ही 1 जनवरी 2025 को ऑयल मार्केटिंग कंपनियां रसोई और कॉमर्शियल एलपीजी गैस की कीमतों में संशोधन करेंगी और नए रेट जारी करेंगी. बीते कुछ समय से जहां कंपनियों ने 19 किलोग्राम वाले कॉमर्शियल LPG Cylinder की कीमतों में कई बदलाव किए हैं, तो लंबे समय से देश में 14 किलो वाले रसोई सिलेंडर के दाम स्थिर हैं. ऐसे में इस बार लोगों को इसके भाव में बदलाव की उम्मीद है. इसके अलावा हवाई ईंधन की कीमतों में भी बदलाव देखने को मिल सकता है. दूसरा बदलाव- EPFO का नया रूल नए साल के पहले दिन 1 जनवरी 2025 को ही कर्मचारी भविष्य निधि संगठन यानी EPFO द्वारा पेंशनर्स के लिए नया नियम लागू किया जाएगा, जो उनके लिए बड़ा तोहफा है. दरअसल, ईपीएफओ पेंशनर्स के लिए नए साल में एक बड़ा बदलाव करने जा रहा है, जिसके तहत अब पेंशनर्स अपनी पेंशन (Pension) राशि देश के किसी भी बैंक से निकाल सकेंगे और इसके लिए उन्हें किसी अतिरिक्त वेरिफिकेशन की जरूरत नहीं होगी. तीसरा बदलाव- UPI 123Pay के नियम रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) द्वारा फीचर फोन से ऑनलाइन पेमेंट की सुविधा देने के लिए यूपीआई 123पे की शुरुआत की थी. इस इसकी ट्रांजैक्शन लिमिट को बढ़ाने का फैसला किया है, जो कि 1 जनवरी से लागू होगा. इसके बाद यूजर्स अब आप 10,000 रुपये तक की रकम का ऑनलाइन पेमेंट कर पाएंगे. इससे पहले तक यह लिमिट 5,000 रुपये तक ही थी. चौथा बदलाव- शेयर मार्केट से जुड़ा नियम सेंसेक्स, सेंसेक्स-50 और बैंकेक्स से मंथली एक्सपायरी में बदलाव किया है. अब ये हर सप्ताह शुक्रवार को नहीं, बल्कि मंगलवार को होगी. वहीं तिमाही और छमाही कॉन्ट्रैक्ट्स की एक्सपायरी आखिरी मंगलवार को होगी. वहीं दूसरी ओर NSE इंडेक्स ने Nifty 50 मंथली कॉन्ट्रैक्ट्स के लिए गुरुवार का दिन तय किया है. पांचवा बदलाव- किसानों को लोन 1 जनवरी 2025 से जो अगला बदलाव होने जा रहा है, वो किसानों से जुड़ा हुआ है. साल के पहले दिन से RBI द्वारा किसालों को बिना गारंटी 2 लाख रुपये तक का लोन मिलेगा. बीते दिनों आरबीआई ने किसानों के लिए बिना गारंटी लोन की लिमिट में इजाफा करने का ऐलान किया था. जिसके चलते अब उन्हें 1.6 लाख रुपये नहीं, बल्कि दो लाख रुपये तक का लोन मिल पाएगा.   recent visitors 216

इंदौर आईएसबीटी जनवरी होगा प्रारंभ, गुजरात, राजस्थान और दिल्ली जाने वाली 186 बसें होंगी संचालित

इंदौर  इंदौर में कुमेड़ी स्थित ISBT बनकर लगभग तैयार हो गया है। अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त इस बस स्टैण्ड से गुजरात, राजस्थान और दिल्ली क्षेत्र में जाने वाली लगभग 186 बसें संचालित होगी। बस स्टैण्ड के संचालन के संबंध में चर्चा के लिए यहां कलेक्टर आशीष सिंह की अध्यक्षता में बस संचालकों की बैठक सम्पन्न हुई। इस बैठक में उक्त बसों के संचालन के संबंध में सहमति बनी। बैठक में बताया गया कि, कुमेड़ी स्थित आईएसबीटी बनकर लगभग तैयार हो गया है। इस बस स्टैण्ड का संचालन अगले जनवरी माह से प्रारंभ किया जाएगा। कलेक्टर आशीष सिंह ने कहा कि इस बस स्टैण्ड से गुजरात, राजस्थान और दिल्ली क्षेत्र में जाने वाली बसों के संचालन का प्लान तैयार किया गया है। यह बस स्टैण्ड अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त है। बस स्टैण्ड में यात्रियों और बसों के लिए अनेक सुविधाएं मौजूद है। यात्रियों और बस संचालकों की सुविधा के साथ शहर के यातायात सुधार को देखते हुए इस बस स्टैण्ड से बसों का संचालन किया जाना हितकारी है। उन्होंने बताया कि, उक्त क्षेत्रों में जाने वाले बसें अभी इधर-उधर से संचालित हो रही है। अनेक बसें शहर के व्यस्ततम मार्गों से होकर गुजरती है, इससे यातायात बाधित होता है। बैठक में बस संचालकों को बस संचालन के प्लान के बारे में बताया गया। बैठक में आईएसबीटी से बस संचालन के संबंध में सहमति बनी। प्लान के बारे में बस संचालकों ने अपने-अपने सुझाव भी दिए। सुझाव के आधार पर बताया गया कि आईएसबीटी के समीप वाहन संचालकों को बस पार्क करने के लिए इंदौर विकास प्राधिकरण द्वारा जगह उपलब्ध कराई जाएगी। आईएसबीटी तक यात्रियों की सुविधा के लिए सिटी बस, ऑटो, ई-रिक्शा आदि लोक परिवहन के साधनों की कनेक्टिविटी की जाएगी। कुलमिलाकर, देखा जाए तो मध्यप्रदेश के इंदौर में कुमेड़ी स्थित ISBT बनकर लगभग तैयार हो गया है। अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त इस बस स्टैण्ड से गुजरात, राजस्थान और दिल्ली क्षेत्र में जाने वाली लगभग 186 बसें संचालित होगी। recent visitors 138

राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने हिज्ब उत तहरीर के सदस्यों के खिलाफ आरोप पत्र दायर किया, 4 राज्यों में स्लीपर सेल थे एक्टिव

नई दिल्ली  हिज्ब उत तहरीर के आतंकियों ने इस्लामी देशों की सैन्य शक्ति को प्रदर्शित करने के लिए एक प्रदर्शनी का आयोजन किया था। इन लोगों को हिंसक जिहाद और युद्ध के माध्यम से भारत में कानूनी रूप से स्थापित सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए बुलाया किया गया था। राष्ट्रीय जांच एजेंसी ने अपने आरोपपत्र में आरोप हिज्ब-उत-तहरीर के सदस्यों के खिलाफ ये बातें कही हैं। एजेंसी ने  एक विशेष एनआईए अदालत के समक्ष एक पूरक आरोपपत्र दायर किया। इसमें उसने अब्दुल रहमान और मुजीबुर रहमान को यूएपीए की विभिन्न धाराओं के तहत तमिलनाडु और अन्य स्थानों पर हिज्ब उत तहरीर की विचारधारा को बढ़ावा देने के लिए आतंकवादी कृत्यों को अंजाम देने की साजिश रचने और तैयारी करने के आरोप में नामजद किया। दोनों को इस साल जून में एनआईए ने गिरफ्तार किया था। शरीया कानून लागू करना चाहते थे एनआईए के अनुसार, जांच से पता चला है कि आरोपियों ने संगठन की विचारधारा का प्रचार करने के लिए हिज्ब उत तहरीर के स्वयंभू पदाधिकारियों के साथ साजिश रची थी। इसका उद्देश्य भारत में इस्लामिक खिलाफत की स्थापना करना और एचयूटी के संस्थापक तकी अल-दीन अल-नभानी द्वारा लिखित शरिया आधारित संविधान के मसौदे को लागू करना था। एनआईए की जांच के अनुसार, आरोपी सक्रिय रूप से हिज्ब उत तहरीर की सीक्रेट क्लासेज में दारिस (छात्रों) की भर्ती में शामिल थे। उन्होंने 'बयान' (धार्मिक प्रदर्शन) कक्षाएं भी संचालित की थीं। साथ ही सोशल मीडिया पर संगठन की भारत विरोधी विचारधारा को आगे बढ़ाने के लिए कई शॉर्ट फिल्में भी बनाई थीं। यूपी, तमिलनाडु समेत 4 राज्यों में स्लीपर सेल लेबनान स्थित इस कट्टरपंथी समूह की ब्रिटेन सहित पश्चिमी देशों में उपस्थिति है। पिछले वर्ष अक्टूबर में फिलिस्तीन के समर्थन में हुए सड़क विरोध प्रदर्शन के बाद इस पर प्रतिबंध लगा दिया गया था, क्योंकि इसने इजरायल में हमास की कार्रवाई की प्रशंसा की थी। मध्य प्रदेश, तमिलनाडु, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में इसके स्लीपर सेल के उभरने के बाद भारत ने हाल ही में इस समूह पर यूएपीए के तहत मामला दर्ज किया है। इस साल की शुरुआत में मध्य प्रदेश के आतंकवाद निरोधी दस्ते ने हिज्ब उत तहरीर के पहले मॉड्यूल का भंडाफोड़ किया था। अधिकारियों के अनुसार, बाद में केंद्रीय गृह मंत्रालय ने इस मामले को एनआईए को सौंप दिया। एजेंसी ने बाद में हिज्ब उत तहरीर के 17 सदस्यों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया। recent visitors 94