Friday, July 10, 2026 3:22 pm

नानाजी देशमुख पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय में सातवां दीक्षा समारोह आयोजित, राज्यपाल ने 1029 छात्रों को उपाधि प्रदान की

जबलपुर नानाजी देशमुख पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय का सातवां दीक्षा समारोह शुक्रवार को आयोजित किया गया। विवि के सभागार में आयोजित समारोह में मुख्य अतिथि प्रदेश के राज्यपाल व विश्वविद्यालय के कुलाधिपति मंगू भाई पटेल की गरिमामय उपस्थिति में 1029 छात्रों को उपाधि प्रदान की। साथ ही 12 छात्र स्वर्ण पदक से नवाजे गए। समारोह में पशुपालन मंत्री लखन पटेल विशिष्ट अतिथि रहे। दीक्षा भाषण कुलगुरु डॉ बीएन त्रिपाठी शेरे कश्मीर एग्रीकल्चर साइंस व टेक्नोलाजी विश्वविद्यालय द्वारा दिया गया। विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रोफेसर मनदीप शर्मा भी मंचासीन थे। तीन पीएचडी योग्यता प्रमाण पत्र शामिल सुबह 11:00 बजे आरंभ सातवें दीक्षा समारोह में शैक्षणिक सत्र 21-22, 22-23 तथा 23-24 के छात्रों को उपाधि प्रदान की गई। जिसमें बीवीएससी के 678, एमबीएससी के 229, पीएचडी 34, बीएफसी के 76, एमएफएससी के 12, 12 स्वर्ण पदक, तीन पीएचडी योग्यता प्रमाण पत्र शामिल हैं। साथ ही आरवीसी में चयनित पूर्व छात्राओं को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। इस मौके पर कुलसचिव डॉ एसएस तोमर, उपकुलसचिव डॉ रामकिंकर मिश्रा सहित अन्य मंचासीन थे। recent visitors 35

वेतन वृद्धि, मातृत्व और पितृत्व अवकाश, सेवा सुरक्षा के प्रावधान नवीन नीति में शामिल

भोपाल उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कहा है कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन की नवीन संविदा कर्मचारी नीति-2025 का निर्धारण संविदा कर्मचारियों के हितों की रक्षा को प्राथमिकता देते हुए किया गया है। नवीन नीति से स्वास्थ्य सेवा क्षेत्र में स्थायित्व आएगा और कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण मिलेगा। इस नीति का लाभ 32 हज़ार संविदा कर्मचारियों को प्रत्यक्ष रूप से मिलेगा और उनके परिवारों सहित लगभग 1.5 लाख लोग इससे लाभान्वित होंगे। उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि यह निर्णय प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक प्रभावी और सुचारु बनाने में सहायक होगा। उन्होंने समस्त संविदा कर्मचारियों से अपील की है कि सभी समर्पित भाव से सेवा करें, जिससे प्रदेश के नागरिकों को उच्च गुणवत्ता वाली स्वास्थ्य सुविधाएँ मिल सकें। एनएचएम की नवीन नीति में संविदा कर्मचारियों को कई महत्वपूर्ण सुविधाएँ प्रदान की गई हैं। अब कर्मचारियों को हर वर्ष अनुबंध के नवीनीकरण की आवश्यकता नहीं होगी। कर्मचारियों के कार्य प्रदर्शन के मूल्यांकन के लिए एक पारदर्शी और समयबद्ध वार्षिक सेवा आधारित रिपोर्टिंग प्रणाली लागू की गई है। कर्मचारियों की शिकायतों के त्वरित और प्रभावी निवारण के लिए एक अपीलीय अनुक्रम स्थापित किया गया है। संविदा कर्मचारियों की सेवा समाप्ति का अधिकार केवल मिशन संचालक एनएचएम के पास होगा और यह केवल प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों का पालन करने के बाद ही किया जा सकेगा। नवीन नीति में वेतन वृद्धि को भी एक सुव्यवस्थित ढांचे में लाया गया है। अब उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) के आधार पर नियमित वेतन वृद्धि का लाभ मिलेगा। गर्भवती महिलाओं को नियुक्ति के समय प्रसव के छह सप्ताह बाद (सातवें सप्ताह से) कार्यभार ग्रहण करने की अनुमति दी जाएगी, जिससे वे मातृत्व के शुरुआती दिनों में समुचित देखभाल प्राप्त कर सकेंगी। इसी तरह, मातृत्व अवकाश और पितृत्व अवकाश के प्रावधान भी संविदा कर्मचारियों के लिए लागू किए गए हैं। आकस्मिक परिस्थितियों में सहायता के लिए अनुकंपा नियुक्ति और एक्स-ग्रेशिया के प्रावधान प्रदेश में स्वास्थ्य सेवाओं की सुचारु व्यवस्था के लिए संविदा कर्मचारियों को अंतर-जिला स्थानांतरण की सुविधा प्रदान की गई है। जिला स्वास्थ्य समिति को जिले में स्थानांतरण का अधिकार दिया गया है। इसके अलावा, कर्मचारियों की शिकायतों के समाधान के लिए एक स्पष्ट शिकायत निवारण अनुक्रम निर्धारित किया गया है। आकस्मिक परिस्थितियों में परिवार को सहायता प्रदान करने के लिए अनुकंपा नियुक्ति और एक्स-ग्रेशिया सहायता राशि के प्रावधान किए गए हैं। सामान्य प्रशासन विभाग के नियमों के अनुसार विशेष अवकाश की सुविधा भी संविदा कर्मचारियों को प्रदान की जाएगी। नवीन नीति में कर्मचारियों के हितों की रक्षा के लिए यह भी प्रावधान किया गया है कि यदि किसी कर्मचारी के खिलाफ जांच चल रही हो, तो उसे 50% वेतन प्रदान किया जाएगा। स्थानांतरण प्रक्रियाओं को अधिक पारदर्शी बनाने के लिए ऑनलाइन ट्रांसफर मैनेजमेंट सिस्टम लागू किया गया है। साथ ही, वेतन असमानता की समस्या को दूर करते हुए सभी संविदा कर्मचारियों के लिए वेतन समानता सुनिश्चित की गई है।   recent visitors 36

भारत की इकोनॉमी में दिखी मजबूती, उम्मीद से बेहतर रही जीडीपी ग्रोथ

नई दिल्ली  वित्त वर्ष 2024-25 की तीसरी तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर 2024) में भारत की आर्थिक वृद्धि 6.2% रही। यह कमी मुख्य रूप से निर्माण और खनन क्षेत्रों के कमजोर प्रदर्शन के कारण आई है। राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) द्वारा शुक्रवार को जारी आंकड़ों के अनुसार, पिछले साल इसी अवधि में 9.5% की वृद्धि दर्ज की गई थी। वहीं, मौजूदा चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही (जुलाई-सितंबर 2024) में 5.6% की ग्रोथ हुई थी। जीडीपी ग्रोथ का डेटा बताता है कि भारतीय अर्थव्यवस्था ने सालाना आधार पर कमजोर प्रदर्शन किया है। हालांकि, तिमाही आधार पर इसमें रिवाइल के संकेत नजर आ रहे हैं। NSO ने 2024-25 के लिए विकास दर 6.5% रहने का अनुमान लगाया है। जनवरी 2025 में जारी पहली अग्रिम अनुमान में इसे 6.4% आंका गया था। साथ ही, 2023-24 के लिए GDP वृद्धि दर को संशोधित कर 9.2% कर दिया गया है, जो पहले 8.2% आंकी गई थी। मौजूदा वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही की जीडीपी ग्रोथ आंकड़ा अर्थशास्त्रियों के अनुमान के अनुसार ही है। लेकिन जुलाई-सितंबर तिमाही के संशोधित 5.6 फीसदी की वृद्धि दर से अधिक है। इकोनॉमिक एक्सपर्ट का अनुमान था कि सरकार के बढ़ते खर्च और शहरी खपत में सुधार के कारण मौजूदा वित्त वर्ष की तीसरी तिमाही में GDP ग्रोथ 6.2 से 6.3 फीसदी के बीच रह सकती है। पिछले तिमाही में आई थी जीडीपी में गिरावट हालांकि सरकार ने अनुमान लगाया कि तीसरी तिमाही में 6.3 फीसदी जीडीपी ग्रोथ रेट रह सकती है, इसलिए अनुमान से कम थोड़ा रहा है. लेकिन तिमाही दर तिमाही आधार पर देश की विकास दर में बढ़ोतरी देखने को मिली है, क्योंकि सितंबर तिमाही में देश की जीडीपी ग्रोथ 5.4 फीसदी पर थी. जुलाई से सितंबर तिमाही के दौरान इकोनॉमी में स्लोडाउन देखने को मिला था. जो सात तिमाहियों में सबसे धीमी थी. लेकिन अब सुधार के संकेत मिल रहे हैं. सालाना आधार पर कम हुई जीडीपी ग्रोथ दिसंबर तिमाही के जीडीपी आंकड़ों को सालाना आधार पर देखें तो Q3 GDP ग्रोथ 8.6 फीसदी से घटकर 6.2 फीसदी पर आ गई है. नेशनल स्टैटिक्स ऑफिस (NSO) के आकड़ों के अनुसार वित्त वर्ष 2025 में भारत की ग्रोथ रेट 6.5 फीसदी रहने का अनुमान है. recent visitors 53

MP में 2 मार्च को एक्टिव होगा नया सिस्टम, बदलेगा मौसम का मिजाज, फिर बादल बारिश

भोपाल मार्च के पहले सप्ताह में मध्य प्रदेश के मौसम में बदलाव देखने को मिलेगा। इस दौरान नए वेदर सिस्टम के सक्रिय होने से फिर बादल बारिश की स्थिति बनेगी। आज शुक्रवार को प्रदेश के सभी जिलों में मौसम शुष्क रहने का अनुमान है। 2-4 दिनों तक यह स्थिति बनी रह सकती है एमपी मौसम विभाग के मुताबिक, 2 मार्च से पश्चिम-उत्तर भारत में एक नया वेस्टर्न डिस्टरबेंस एक्टिव होने जा रहा है, जिसके असर प्रदेश के मौसम में भी बड़ा देखने को मिलेगा। 4 मार्च से इंदौर, ग्वालियर, चंबल हिस्से में कहीं-कहीं बादल छाने के साथ बारिश की संभावना जताई गई है।खास करके मंदसौर, रतलाम और नीमच जिलों में बारिश की संभावना है। ग्वालियर चंबल और अन्य इलाकों में भी बूंदाबांदी हो सकती है। फरवरी में मौसम का मिला-जुला असर रहा। शुरुआती दिनों में ही तेज ठंड पड़ी, लेकिन दूसरे सप्ताह से ठंड जैसी गायब सी हो गई। भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, उज्जैन, जबलपुर समेत कई शहरों में रात का पारा 10 डिग्री से अधिक ही रहा। वहीं, दिन में 34 डिग्री तक पहुंच चुका है। फरवरी के आखिरी दिन शुक्रवार को भी मौसम का मिजाज ऐसा ही बना रहेगा, लेकिन मार्च के पहले सप्ताह में मौसम में फिर से बदलाव देखने को मिल सकता है। दो दिन बाद असर उत्तर-पश्चिमी भारत में सक्रिय होने वाले वेस्टर्न डिस्टरबेंस का असर प्रदेश में 2 दिन बाद यानी, 4 मार्च से देखने को मिल सकता है। इसके अलावा एक साइक्लोनिक सकुर्लेशन सिस्टम भी एक्टिव है। इस कारण भोपाल समेत कई शहरों में बादल छाए रहे। मार्च के पहले हफ्ते में MP में बारिश     वर्तमान में पाकिस्तान के पास एक पश्चिमी विक्षोभ द्रोणिका के रूप में बना हुआ है। उत्तर-पश्चिमी राजस्थान और उसके आसपास एक प्रेरित चक्रवात बन गया है।इस प्रेरित चक्रवात से लेकर अरब सागर तक एक द्रोणिका बनी हुई है।     अलग-अलग स्थानों पर बनी इन मौसम प्रणालियों के प्रभाव से हवाओं का रुख दक्षिण-पश्चिमी एवं दक्षिण-पूर्वी हो गया है, जिससे पारा चढ़ेगा।वही प्रेरित चक्रवात से लेकर अरब सागर तक द्रोणिका बनी रहने से अरब सागर से कुछ नमी भी आ रही है जिससे कहीं-कहीं आंशिक बादल छा रहे है।     मौसम का इस तरह मिजाज अभी दो-तीन दिन तक बना रह सकता है लेकिन 2 मार्च को एक नया पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत क्षेत्र में पहुंचने वाला है, जिसके असर से फिर बादल बारिश की स्थिति बनेगी।     आज 28 फरवरी को तापमान में वृद्धि देखने को मिलेगी। इस दौरान कहीं-कहीं बादल भी छा सकते हैं।1 मार्च को भोपाल, इंदौर समेत कई शहरों में दिन का पारा 2 से 3 डिग्री तक बढ़ सकता है। रात के पारे में बढ़ोतरी, 10 डिग्री के पार पहुंचा प्रदेश में पांच दिन तक तेज ठंड पड़ी। इस वजह से पचमढ़ी समेत कई शहरों में पारा 10 डिग्री से नीचे ही रहा, लेकिन बुधवार-गुरुवार की रात में पारे में फिर से बढ़ोतरी होने लगी। कई शहरों में पारा 2 से 4 डिग्री तक बढ़ गया। पचमढ़ी में 10.2 डिग्री, कल्याणपुर में 10.3 डिग्री, शाजापुर के गिरवर में 11.2 डिग्री, उमरिया में 11.3 डिग्री, अशोकनगर के आंवरी में 11.6 डिग्री और मंडला में पारा 12 डिग्री तक दर्ज किया गया। इधर, गुरुवार को दिन के तापमान में भी बढ़ोतरी देखने को मिली है। अगले 2 दिन ऐसा मौसम 28 फरवरी: तापमान में बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। कहीं-कहीं बादल भी छा सकते हैं। 1 मार्च: भोपाल, इंदौर समेत कई शहर में दिन का पारा 2 से 3 डिग्री तक बढ़ सकता है। recent visitors 45

जर्मन शेफर्ड कुत्ते ने बाघ से लड़कर मालिक की जान बचाई, इलाज के बाद कुत्ते की मौत

उमरिया  बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के पास भरहुत गांव में एक बहादुर जर्मन शेफर्ड कुत्ते ने अपने परिवार को बाघ के हमले से बचाया। दो दिन पहले हुई इस घटना में कुत्ता घायल हो गया, लेकिन उसने बाघ को भगाकर अपने परिवार की जान बचाई। इसके बाद परिवार के लोग इलाज के लिए अस्पताल ले गए थे। इलाज के बाद कुत्ते की मौत हो गई है। बाघ ने हमला करने की कोशिश भरहुत गांव में शिवम बढ़गैया के परिवार पर एक बाघ ने हमला करने की कोशिश की। तभी उनके पालतू जर्मन शेफर्ड कुत्ते ने बाघ का सामना किया और परिवार को बचा लिया। इस बहादुरी के दौरान कुत्ता घायल हो गया, लेकिन उसने बाघ को भगा दिया। पशु चिकित्सक डॉक्टर अखिलेश सिंह कुत्ते का इलाज कर रहे हैं। डॉक्टर सिंह के अनुसार, कुत्ते के घाव गंभीर हैं, लेकिन वह जल्द ही ठीक हो जाएगा। हालांकि गांव पहुंचने के बाद कुत्ते की मौत हो गई है। जंगल से निकलकर गांव आ गया बाघ घटना रात के समय हुई जब परिवार घर के अंदर था। अचानक एक बाघ जंगल से निकलकर गांव में आ गया और बढ़गैया के घर में घुसने की कोशिश की। घर के आंगन में मौजूद जर्मन शेफर्ड ने बाघ को देखते ही भौंकना शुरू कर दिया और उसका रास्ता रोक लिया। बाघ कुछ देर के लिए रुक गया, लेकिन फिर उसने कुत्ते पर हमला कर दिया। कुत्ते ने भी बहादुरी से बाघ का मुकाबला किया। बाघ से भिड़ गया जर्मन शेफर्ड शिवम बढ़गैया ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि हम सब रात में घर के अंदर थे। तभी जंगल से एक बाघ निकलकर हमारे घर में घुस आया। हमारे जर्मन शेफर्ड कुत्ते ने बाघ को देखकर भौंकना शुरू कर दिया और उसका रास्ता रोक लिया। कुत्ते को अपने सामने देखकर बाघ कुछ देर के लिए स्तब्ध खड़ा रह गया, लेकिन अचानक बाघ ने उस पर हमला कर दिया। बूढ़ा होने के बावजूद लड़ा बढ़गैया ने आगे बताया कि हमारा कुत्ता बूढ़ा होने के बावजूद बाघ का डटकर मुकाबला किया। बाघ ने एक झपट्टा मारकर कुत्ते को अपने साथ खींच ले गया। कुछ दूर ले जाकर बाघ ने कुत्ते को मारने की कोशिश की, लेकिन हमारा कुत्ता फिर पूरी ताकत से उठ खड़ा हुआ और बाघ के सामने गुर्राने लगा। जब बाघ कुत्ते को मार नहीं पाया तो वह वहां से भाग गया। गांव के लोग मचाने लगे शोर इस लड़ाई के दौरान गांव के लोग जाग गए और शोर मचाने लगे। इससे डरकर बाघ जंगल में वापस भाग गया। घायल कुत्ते को तुरंत उठाया गया और प्राथमिक उपचार के बाद अगले दिन सुबह अस्पताल ले जाया गया। ग्रामीणों ने नवभारत टाइम्स.कॉम को बताया कि बाघ ने उस रात कई कुत्तों पर हमला किया। इनमें कुछ का शिकार भी किया है। अपने मालिक की जान बचाने वाले कुत्ते की मौत हो गई है क्योंकि वह गंभीर रूप से घायल था। झपट्टा मारकर खींच ले गया बाघ शिवम बढ़गैया ने बताया कि उनका जर्मन शेफर्ड डॉग वरिष्ठ होने के बावजूद बाघ का ज्यादा देर सामना नहीं कर पाया और एक झपट्टा मारकर बाघ डॉग को अपने साथ खींच ले गया। कुछ दूर ले जाकर बाघ ने डॉग को मारने की कोशिश की, लेकिन डॉग फिर पूरी ताकत के साथ उठ खड़ा हुआ और बाघ के सामने गुर्राने लगा। कुछ देर के प्रयास के बाद जब बाघ डॉग को मारने में सफल नहीं हुआ तो वहां से वापस लौट गया। डॉग और बाघ की इस लड़ाई के दौरान गांव के लोग जाग चुके थे और वे भी शोर मचाते हुए बाहर आ गए। जिसकी वजह से बाघ जंगल के अंदर चला गया। recent visitors 19

आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी: 28 ओवर के बाद अफगानिस्तान का स्कोर 139/3

लाहौर आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी, 2025 का मैच 10 अफगानिस्तान वर्सेस ऑस्ट्रेलिया के बीच खेला जा रहा है। मैच लाहौर के गद्दाफ़ी स्टेडियम पर खेला जा रहा है। 28 ओवर के बाद अफगानिस्तान का स्कोर 139/3 है। सेदिकुल्लाह अटल 70 और हशमतुल्लाह शाहिदी 11 रन बनाकर खेल रहे हैं। 28 ओवर में स्कोर 139/3 अफगानिस्तान ने 28वें ओवर में 8 रन बनाए। मौजूदा रनरेट: 4.96 रन प्रति ओवर बैटर: सेदिकुल्लाह अटल 70(83), हशमतुल्लाह शाहिदी 11 (31) बॉलर: एडम जम्पा 4-20-1   recent visitors 44

छत्तीसगढ़ में घरों में सोलर पैनल लगाने से बिजली बिल में हो रही बचत

रायपुर  सोलर पैनल लगाने से हर महीने बिजली बिल में बचत होते देख अब छत्तीसगढ़ में भी प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत घरों में भी सोलर पैनल लगाए जा रहे हैं। क्रेडा के  अधिकारियों के अनुसार राज्य में अभी तक करीब ढाई लाख लोग प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के पोर्टल में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं, जिनमें से लगभग 40 हजार लोगों ने घरों में सोलर पैनल लगाने के लिए आवेदन भी किए हैं। इनमें से एक हजार से अधिक लोगों के घरों में सोलर पैनल लग  गए हैं। इससे उनके घरों में बिजली का उत्पादन भी होने लगा है, जिससे बिजली बिल में हर महीने अच्छी बचत भी होनी लगी है। यही कारण है कि सोलर पैनल को लेकर लोगों की सोच भी सकारात्मक हुई है, जिससे पोर्टल में रजिस्ट्रेशन कराने वालों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। प्रधानमंत्री सूर्य पर मुफ्त बिजली योजना के तहत 3 किलोवाट का सोलर पैनल लगाकर उपभोक्ता हर महीने घर में ही 360 यूनिट बिजली तैयार कर रहे है. जिससे बिजली बिल में 20 हजार रुपए तक की बचत हो रही है। इस योजना का लाभ लेने के लिए रायपुर सहित प्रदेश के कई जिलों से आवेदन किए जा रहे हैं। इनमें नक्सल प्रभावित मोहला-मानपुर सुकमा, नारायणपुर जैसे जिले भी शामिल है। सब्सिडी के साथ बैंक लोन इस योजना के तहत उपभोक्ताओं को सोलर पैनल लगाने पर सब्सिडी के रूप में छूट दी जा रही है। उपभोक्ता को बैंक से दो लाख रुपए का लोन और हजार रुपए की सब्सिडी में मिल रही। सोलर पैनल की लाइफ 25 वर्ष की है। इस तरह उपभोक्ता को सोलर पैनल लगाने से 4 लाख 21 हजार 200 रुपए की बचत होगी। दो साल में करीब डेढ़ लाख घरों में सोलर पैनल लगाने का लक्ष्य क्रेडा के अनुसार इस योजना के तहत प्रदेश में दो वर्ष में करीब डेढ़ लाख घरों में सोलर पैनल लगाने का लक्ष्य रखा गया है। इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए जिलो में अधिकारियों को निर्देशित किया गया है। इसके तहत लोगों को सोलर पैनल के फायदों के बारे में जागरूक भी किया जा रहा है। recent visitors 24