Sunday, July 5, 2026 10:37 am

जिले में शांति समिति की बैठक 9 मार्च को, होली और रमजान पर सौहार्द बनाए रखने पर होगा मंथन

जिले में शांति समिति की बैठक 9 मार्च को, होली और रमजान पर सौहार्द बनाए रखने पर होगा मंथन प्रशासन ने सभी संबंधित लोगों से निर्धारित तिथि व समय पर बैठक में उपस्थित होने का आग्रह किया है एमसीबी/मनेंद्रगढ़  मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले में होली और रमजान के मद्देनजर शांति व्यवस्था को बनाए रखने के लिए प्रशासन सतर्क हो गया है। कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के निर्देशानुसार एवं अपर कलेक्टर अनिल कुमार सिदार के आदेशानुसार शांति समिति की बैठक का आयोजन किया जा रहा है। यह बैठक 9 मार्च 2025, रविवार को शाम 4 बजे जनपद पंचायत सभाकक्ष की (अमृत सदन) मनेन्द्रगढ़ में होगी। बैठक में समाज के विभिन्न वर्गों के प्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और पुलिस विभाग के अधिकारी शामिल होंगे। त्यौहारों के दौरान सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखने और शांति व्यवस्था सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की जाएगी। प्रशासन ने सभी संबंधित लोगों से निर्धारित तिथि व समय पर बैठक में उपस्थित होने का आग्रह किया है, ताकि जिले में शांति और भाईचारे का माहौल बना रहे। recent visitors 26

चैंपियंस ट्रॉफी विजेता को मिलेंगे कितने करोड़ रुपये? रनर-अप टीम पर भी होगी पैसों की बरसात

नई दिल्ली भारत और न्यूजीलैंड के बीच आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 का फाइनल मैच 9 मार्च को खेला जाना है। यह मुकाबला दुबई इंटरनेशनल क्रिकट स्टेडियम में खेला जाएगा। इस मैच में जीत हासिल कर टीम इंडिया की नजरें चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब एक बार फिर से जीतने पर होगी। इससे पहले एमएस धोनी की कप्तानी में टीम इंडिया ने पहली बार ये खिताब जीता था, जबकि साल 2002 में भारत ने संयुक्त रूप से ये ट्रॉफी जीती थी। आईसीसी ने पहले ही कर दिया था प्राइज मनी का ऐलान आईसीसी ने चैंपियंस ट्रॉफी के आगाज से पहले ही इस बात का ऐलान कर दिया था कि विजेता, उप विजेता और सेमीफाइनल तक का सफर तय करने वाली टीम को प्राइज मनी के तौर पर कितनी रकम दी जाएगी। इतना ही नहीं, मैच जीतने पर भी आईसीसी की ओर से अच्छी खासी रकम दी जाती है। जिसमें टीम इंडिया अभी तक अव्वल नंबर पर चल रही है। आईसीसी की ओर से कहा गया था कि चैंपियंस ट्रॉफी में मैच जीतने वाली टीम को हर मुकाबले के हिसाब से 29.5 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। टीम इंडिया अभी तक पांच मैच जीत चुकी है। चैंपियंस ट्रॉफी की विजेता और उप विजेता टीम को इतनी मिलेगी धनराशि बात अगर चैंपियंस ट्रॉफी के विजेता की प्राइज मनी की करें तो आईसीसी के अनुसार खिताब जीतने वाली टीम को 19.5 करोड़ रुपये की भारीभरकम रकम दी जाएगी। वहीं जो टीम फाइनल में हारेगी यानी उपविजेता को 9.75 करोड़ रुपये की प्राइज मनी मिलेगी। इसके बाद अगर सेमीफाइनल में हारने वाली टीम की बात की जाए तो उन दो टीमों को 4.85 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। जो टीम टूर्नामेंट में पांचवां और छठा स्थान हासिल करेंगी, उन्हें तीन करोड़ रुपये दिए जाएंगे, वहीं नंबर सात और आठ पर रहने वाली टीम को 1.2 करोड़ रुपये की धनराशि दी जाएगी। आईसीसी ने हालांकि रकम का ऐलान डॉलर में किया है, लेकिन हम यहां आपकी सुविधा के लिए इसे रुपये में दे रहे हैं। रुपये की कीमत डॉलर के मुकाबले कम और ज्यादा होती रहती है, इसलिए इस इनामी धनराशि में हल्का सा बदलाव हो सकता है। तीन इंडिया लगातार तीसरी बार खेल रही है चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल भारतीय टीम लगातार तीसरी बार चैंपियंस ट्रॉफी का फाइनल खेलती हुई दिखाई देगी। इसे पहले साल 2013 में तो भारत ने इंग्लैंड को हराकर ट्रॉफी अपने नाम की थी, लेकिन साल 2017 में भारतीय क्रिकेट टीम को पाकिस्तान के हाथों हार का सामना करना पड़ा था। अब भारत के पास मौका है कि वो दो बार चैंपियंस ट्रॉफी जीतने वाली दूसरी टीम ​बने। हालांकि टीम इंडिया ने साल 2002 में भी चैंपियंस ट्रॉफी का खिताब जीता था, तब भारत और श्रीलंका को संयुक्त विजेता घोषित किया गया था। इसके अलावा ऑस्ट्रेलिया भी दो बार आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी जीत चुका है। उसकी कहानी पहले ही खत्म हो गई है। टीम इंडिया मौजूदा टूर्नामेंट में अभी तक अजेय रही है और ऐसे में उसके जीतने की उम्मीदें काफी ज्यादा है। अगर भारत ने ये फाइनल मैच जीत लिया तो उसे विजेता टीम के तौर पर कितने करोड़ रुपये मिलेंगे, जबकि रनर-अप टीम को भी कितनी राशि मिलेगी? recent visitors 40

मुख्यमंत्री ने नए कन्वेंशन सेंटर के निर्माण के लिए किया भूमि-पूजन

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश की राजधानी भोपाल में बड़े आयोजनों के लिए जिस तरह के कन्वेंशन सेंटर की आवश्यकता थी, वह कुशाभाऊ ठाकरे इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर (मिंटो हॉल) के विस्तारीकरण और नए कन्वेंशन सेंटर से पूर्ण हो जाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राष्ट्रीय मानव संग्रहालय में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का आयोजन सफल रहा। इस अवसर पर भोपाल में एक कन्वेंशन सेंटर की आवश्यकता अनुभव की गई। इस तरह के सेंटर की स्थापना की घोषणा के कुछ दिन में ही केन्द्र सरकार से इसकी स्वीकृति प्राप्त हो गई है। इस तरह यह नए केन्द्रीय बजट के पहले महत्वपूर्ण प्रकल्प के रूप में सामने आया है और शीघ्र ही इस सेंटर के विकास का कार्य प्रारंभ हो जाएगा। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में विभिन्न क्षेत्रों में विकास के साथ ही शहरों में जनता से जुड़ी सुविधाओं के विस्तार का महत्वपूर्ण कार्य किया जा रहा है। राजधानी भोपाल और प्रदेश का विकास प्रधानमंत्री मोदी के विजन के अनुरूप होगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव शुक्रवार की शाम कुशाभाऊ ठाकरे कन्वेंशन सेंटर के मुख्य सभाकक्ष में कन्वेंशन सेंटर परिसर में प्रस्तावित नवीन कन्वेंशन सेंटर का भूमि-पूजन कर समारोह को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पर्यटन विभाग के अधिकारियों को 100 करोड़ रूपए की लागत से बनने वाले इस नए कन्वेंशन सेंटर के निर्माण में वर्तमान कन्वेंशन सेंटर की वास्तुकला और आकल्पन की तरह कार्य सम्पन्न किए जाने के निर्देश दिए। उच्च स्तरीय बैठकों के साथ ही व्यवसायिक आयोजनों और बड़े सम्मेलनों के लिए यह सेंटर उपयोगी सिद्ध होगा। भोपाल टाइगर कैपिटल भी मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पर्यटन मध्यप्रदेश की पहचान है। हाल ही भोपाल में सम्पन्न ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट से भोपाल की प्राकृतिक सुंदरता प्रतिभागियों के मध्य चर्चा का विषय रही। वन्य जीवन पर्यटन में प्रदेश की नई पहचान बन रही है। देश में सर्वाधिक टाइगर मध्यप्रदेश में है। प्रदेश में माधव राष्ट्रीय उद्यान 9वां टाइगर रिजर्व घोषित हुआ है। मानव और वन्य प्राणी के सह-जीवन का अनूठा उदाहरण राजधानी भोपाल में देखने को मिलता है, जहां रातापानी अभ्यारण्य के झिरी-द्वार की दूरी शहर से सिर्फ 4-5 किलोमीटर दूर है। यहां टाइगर की संख्या को देखते हुए भोपाल को टाइगर कैपिटल मान सकते हैं। भोपाल की झील में घड़ियाल भी मिलेंगे। हमारे देश में मध्यप्रदेश ही ऐसा प्रदेश है जहां चीतों की बसाहट के साथ चम्बल क्षेत्र में घड़ियाल अभ्यारण्य और प्रदेश में अनेक टाइगर रिजर्व हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने स्वामी विवेकानंद की उस उक्ति को चरितार्थ करने का कार्य किया है, जिसमें 21वीं सदी भारत की होने की भविष्यवाणी की गई थी। प्रधानमंत्री मोदी ने विकास के सभी क्षेत्रों में अभूतपूर्व प्रयास किए हैं। आर्थिक शक्ति के रूप में भारत ने इंग्लैंड को पीछे छोड़ा है। प्रधानमंत्री मोदी के विजन के अनुरूप मध्यप्रदेश में पर्यटन विकास के लिए अनेक महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। प्रदेश में खजुराहो प्रथम एयरपोर्ट था। अब हवाई सेवाओं का प्रदेश में तेजी से विस्तार किया जाएगा। व्यापार-व्यवसाय क्षेत्र को इससे काफी लाभ पहुंचेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भूमि-पूजन कार्यक्रम में उद्योग और व्यापार जगत के प्रतिनिधियों विशेष होटल और पर्यटन उद्योग से जुड़े लोगों की भागीदारी पर प्रसन्नता व्यक्त की। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम मंत्री चैतन्य कुमार काश्यप ने कहा कि इस कन्वेंशन सेंटर के भूमि-पूजन से मुख्यमंत्री डॉ. यादव की 25 फरवरी की घोषणा का 10 दिवस के अंदर क्रियान्वयन प्रारंभ हो गया है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट की सफलता से उत्साह का वातावरण बना है। मध्यप्रदेश में बड़ी संख्या में निवेशक आ रहे हैं। निश्चित ही प्रदेश में औद्योगिक विकास का वातावरण बनेगा। जहां उज्जैन सम्राट विक्रमादित्य के न्याय और विकास के दर्शन का प्रतीक है, वहीं प्रदेश की राजधानी भोपाल अत्याधुनिक सेवाओं के साथ नई पहचान बनाने की ओर अग्रसर है। वरिष्ठ सांसद वी.डी शर्मा ने कहा कि विजनरी मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भोपाल में इस तरह के सुविधाजनक कन्वेंशन सेंटर के निर्माण की आवश्यकता बताई थी। वर्तमान कन्वेंशन सेंटर की क्षमता कम होने से कई आयोजनों में जो कठिनाई हो रही थी, वह नए सेंटर के निर्माण के बाद खत्म हो जाएगी। भोपाल की सुंदरता शहर की पहचान बनी है। प्रधानमंत्री मोदी भी भोपाल के सौन्दर्यीकरण को देखकर प्रभावित हुए थे। कार्यक्रम में पर्यटन मंत्री धर्मेन्द्र सिंह लोधी ने वीडियो संदेश द्वारा भोपाल को मिली इस महत्वपूर्ण सौगात के लिए बधाई दी। कैसा होगा नया कन्वेंशन सेंटर वर्तमान सेंटर के परिसर में आधुनिक तकनीक से नया सेंटर निर्मित और सुसज्जित किया जाएगा। नवीन संरचना में भूतल, निचला तल, प्रथम एवं द्वितीय तल निर्मित होंगे। वर्तमान कुशाभाऊ ठाकरे सभागार और प्रस्तावित भवनों के बीच सांस्कृतिक केन्द्र होगा, जिसमें कियोस्क होंगे, जो सम्मेलनों के दौरान स्थानीय हस्तशिल्प का प्रदर्शन और विक्रय करने में सहायक होंगे। नवीन सेंटर में करीब 1500 व्यक्तियों की क्षमता वाला ऑडिटोरियम, 300 व्यक्ति के लिये हॉल, 200 व्यक्तियों के लिये मीटिंग हॉल, भोजन के लिये 2000 व्यक्तियों की क्षमता वाला डाइनिंग हॉल एवं डाइनिंग सुविधा युक्त 2000 व्यक्तियों की क्षमता वाला लॉन, वर्तमान एवं नवीन भवन मिलाकर 3000 व्यक्तियों की क्षमता वाला कन्वेंशन हॉल जिसमें 4500 व्यक्तियों के भोजन करने की क्षमता, अतिथियों के लिये सर्वसुविधायुक्त 15 कमरे जिनमें 5 सुइटस एवं 10 अतिरिक्त बड़े कुल 40 बेड क्षमता वाले कमरे, पुराने एवं नवीन भवनों के बीच बफर ओपन स्पेस (इनमें सामाजिक, सांस्कृतिक कार्यक्रमों और प्रदर्शनियों की सुविधा), 300 व्यक्तियों के लिये डाइनिंग रेस्टोरेंट, बिजनेस सेंटर (प्रेस लॉन्ज, ट्रैवल डेस्क, मनी चेंजर, निजी लॉउन्ज एवं टी लॉउन्ज), मॉडर्न बिल्डिंग मैनेजमेंट, फायर फाइटिंग सिस्टम और ऑडियो-वीडियो युक्त आधुनिक तकनीक एवं एकॉस्टिक इंटीरियर्स के साथ ही 2000 व्यक्तियों की क्षमता का बैंक्वेट हॉल भी बनेगा। इसमें 400 वाहनों की पार्किंग व्यवस्था भी होगी। कुशाभाऊ ठाकरे इंटरनेशनल कन्वेंशन सेंटर और प्रस्तावित नवीन कन्वेंशन सेंटर दोनों परिसरों को एक कॉरीडोर से जोड़ा जाएगा। वर्ष 2026 में बनकर तैयार होने वाला यह सेंटर निश्चित ही भोपाल के लिए यह अनूठी सौगात होगा। कार्यक्रम में विधायक रामेश्वर शर्मा, विधायक भगवानदास सबनानी, अध्यक्ष नगर निगम भोपाल कृष्ण सूर्यवंशी एवं जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। प्रारंभ में अतिथियों का स्वागत किया गया। प्रमुख सचिव पर्यटन शिवशेखर शुक्ला ने स्वागत उद्बोधन दिया और अतिथियों को स्मृति चिन्ह प्रदान किए। पर्यटन निगम के … Read more

मुख्यमंत्री यादव अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर लाड़ली बहना योजना की मार्च 2025 किस्त जारी करेंगे

भोपाल  मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर शनिवार को कुशाभाऊ ठाकरे सभागार में लाड़ली बहना योजना की मार्च 2025 किस्त जारी करेंगे। सीएम सिंगल क्लिक के जरिए लाड़ली बहनों के खाते में 1.27 करोड़ लाभार्थी महिलाओं के खाते में लगभग 1552.73 करोड़ रुपये की राशि भेजेंगे। इसके साथ ही वे मप्र राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के स्व-सहायता समूहों को बैंक ऋण राशि वितरण, दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना (डीडीयूजीकेवाय) अंतर्गत प्रशिक्षण प्राप्त बेटियों को नियुक्ति पत्रों का वितरण करेंगे। कार्यक्रम में भोपाल शहर में चलित जैविक हाट बाजार के तीन वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करने के साथ ही मिशन के अन्य कार्यों का शुभारंभ किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री महिला स्व सहायता समूहों द्वारा उनके उत्पादों की प्रदर्शनी का अवलोकन भी करेंगे। महिलाओं का सम्मान मुख्यमंत्री उन उत्कृष्ट महिलाओं को सम्मानित करेंगे, जिन्होंने प्रदेश में महिलाओं और बच्चों के क्षेत्र में समाजसेवा, सुरक्षा, वीरता एवं साहसिक कार्यों में उल्लेखनीय कार्य किया है। राज्य स्तरीय कार्यक्रम में महिला, बाल विकास विभाग के राज्य स्तरीय पुरस्कार का वितरण करेंगे। पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल एवं राज्यमंत्री राधा सिंह भी कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगीं। उल्लेखनीय है कि महिला, बाल विकास विभाग द्वारा वर्ष 2023-24 के लिए राष्ट्रमाता पद्मावती पुरस्कार (2023), राजमाता विजयाराजे सिंधिया समाजसेवा पुरस्कार (2023-24), रानी अवंति बाई वीरता पुरस्कार (2024) और विष्णु कुमार महिला एवं बाल कल्याण समाजसेवा सम्मान पुरस्कार (2024) शामिल हैं। नवाचारों एवं अभियानों का होगा शुभारंभ     मप्र ग्रामीण आजीविका मिशन के डिजिटल ई-न्यूज लेटर ‘आजीविका अनुभूति’ का विमोचन किया जाएगा।     सीहोर जिले के समूह सदस्यों को आवागमन के लिए 200 ई-साइकिल का वितरण।     छह प्रमुख शहरों भोपाल, इंदौर, ग्वालियर, जबलपुर, उज्जैन एवं धार में जैविक हाट का शुभारंभ।     वित्तीय साक्षरता अभियान का शुभारंभ।     दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल योजना (डीडीयूजीकेवाय) अंतर्गत विशेष रूप से युवतियों के लिए पांच प्रशिक्षण बैच।     आरसेटी के माध्यम से बालाघाट, डिंडोरी, अलीराजपुर जिलों में पारंपरिक कला एवं शिल्प के प्रोत्साहन के लिए कौशल प्रशिक्षण का शुभारंभ।     डीडीयूजीकेवाइ अंतर्गत 1000 युवतियों को नियुक्ति पत्र दिए जाएंगे।     ‘पढ़ेंगे हम, बढ़ेंगे हम’ साक्षरता अभियान का शुभारंभ।     भोपाल जिले के दो स्व-सहायता समूहों को 10-10 लाख रुपये का बैंक ऋण राशि भी प्रतीक स्वरूप दी जाएगी।   recent visitors 51

असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों पर यूपीएससी ने निकाली भर्ती, आवेदन करने की अंतिम तिथि 27 मार्च

संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों पर भर्ती निकाली है। आयोग की ओर से जारी सूचना के अनुसार, इस वैकेंसी के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। अप्लाई करने के इच्छुक और योग्य अभ्यर्थी आधिकारिक वेबसाइट https://upsc.gov.in पर जाकर ऑनलाइन अप्लाई कर सकते हैं। आवेदन करने की अंतिम तिथि 27 मार्च, 2025 है। यूपीएससी की ओर से जारी सूचना के अनुसार, हिंदी, इतिहास, केमिस्ट्री, कॉमर्स, कंप्यूटर साइंस, इंग्लिश, ज्योग्राफी, फिजिक्स, राजनीति विज्ञान और अर्थशास्त्र सहित अन्य विषयों में असिस्टेंट प्रोफेसर के पदों को भरने के लिए यह नियुक्ति निकाली गई है। इन पदों पर आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे पहले एक बार नोटिफिकेशन को अच्छी तरह से पढ़ लें और फिर अप्लाई करें, क्योंकि आवेदन पत्र में गड़बड़ी पकड़ में आने पर फॉर्म रिजेक्ट कर दिया जाएगा। एजुकेशन क्वालिफिकेशन और एज लिमिट इस वैकेंसी के लिए ऑनलाइन आवेदन करने वाले कैंडिडेट्स को संबंधित विषय में 55 फीसदी अंकों के साथ पीजी डिग्री होनी चाहिए। साथ ही, अभ्यर्थियों को संबंधित विषय में नेट एग्जाम पास होना चाहिए। शैक्षणिक योग्यता से जुड़ी ज्यादा जानकारी के लिए अभ्यर्थियों को नोटिफिकेशन की जांच करनी चाहिए। इस भर्ती के लिए आवेदन करने वाले जनरल वर्ग के अभ्यर्थियों की आयु 35 साल होनी चाहिए। हालांकि, आरक्षित वर्ग के कैंडिडेट्स को नियमानुसार एज लिमिट में छूट दी जाएगी। यूपीएससी ने असिस्टेंट प्रोफेसर के अलावा, Dangerous गुड्स इंस्पेक्टर के पदों पर भर्ती निकाली है। इस वैकेंसी के लिए ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया भी आज से ही शुरू हो रही है। वैकेंसी के लिए आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों को किसी भी स्ट्रीम में ग्रेजुएट होना चाहिए। अप्लाई करने वाले सामान्य अभ्यर्थियों की आयु 40 वर्ष होनी चाहिए। इस वैकेंसी से जुड़ी ज्यादा जानकारी के लिए आवेदकों को आधिकारिक वेबसाइट पर विजिट करना चाहिए। recent visitors 36

सीरिया में असद समर्थकों और सरकार के बीच संघर्ष, दो दिन में 200 से ज्यादा की मौत, बढ़ी चिंता

दमिश्क सीरिया (Syria) की नई सरकार के पक्ष में खड़े लड़ाकों ने देश के बॉर्डर पर कई गांवों पर हमला किया, जिसमें दर्जनों लोगों की मौत हो गई है. यह हमला अपदस्थ राष्ट्रपति बशर असद के वफादारों द्वारा सरकारी सुरक्षा बलों पर हाल ही में किए गए हमलों के जवाब में किया गया. गांवों पर हमले गुरुवार को शुरू हुए और शुक्रवार को भी जारी रहे. दोनों पक्षों के बीच चल रही झड़पें दिसंबर की शुरुआत में इस्लामी ग्रुप हयात तहरीर अल-शाम के नेतृत्व वाले विद्रोही समूहों द्वारा असद की सरकार को गिराए जाने के बाद से सबसे खराब हिंसा है. नई सरकार ने 14 साल के गृहयुद्ध के बाद सीरिया को एकजुट करने का संकल्प लिया है. कैसे शुरू हुईं हालिया झड़पें? ब्रिटेन स्थित Syrian Observatory for Human Rights के मुताबिक, लड़ाई शुरू होने के बाद से 200 से ज्यादा लोग मारे गए हैं. गांवों में बदले की भावना से किए गए हमलों में मारे गए करीब 140 लोगों के अलावा, मृतकों में सीरिया के सरकारी बलों के करीब 50 सदस्य और असद के प्रति वफ़ादार 45 लड़ाके शामिल हैं. मार्च 2011 से सीरिया में चल रहे गृहयुद्ध में पांच लाख से ज्यादा लोग मारे गए हैं और लाखों लोग विस्थापित हुए हैं. ब्रिटेन स्थित सीरियन ऑब्ज़र्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स के मुताबिक, सबसे हालिया झड़पें तब शुरू हुईं जब सरकारी बलों ने गुरुवार को तटीय शहर जबलेह के पास एक वॉन्टेड शख्स को हिरासत में लेने की कोशिश की और असद के वफ़ादारों ने उन पर घात लगाकर हमला कर दिया. महिलाओं-बच्चों के भी मरने की आशंका AP के मुताबिक, ऑब्जर्व करने वाली एजेंसी के मुताबिक, गुरुवार और शुक्रवार को नई सरकार के प्रति वफादार बंदूकधारियों ने बॉर्डर के पास शीर, मुख्तारियाह और हफ्फाह गांवों पर हमला किया, जिसमें 69 पुरुषों की मौत हो गई, लेकिन किसी महिला को कोई नुकसान नहीं पहुंचा. Syrian Observatory for Human Rights के प्रमुख रामी अब्दुर्रहमान ने कहा, "उन्होंने हर उस आदमी को मार डाला, जिससे उनका सामना हुआ." बेरूत स्थित Al-Mayadeen TV ने भी तीन गांवों पर हुए हमलों की खबर दी, जिसमें कहा गया कि अकेले मुख्तारियाह गांव में 30 से ज्यादा पुरुष मारे गए. ऑबजर्वेट्री ने कहा कि बनियास शहर में 60 अन्य लोग मारे गए, जिनमें महिलाएं और बच्चे भी शामिल हैं. सीरियाई अधिकारियों ने मृतकों की संख्या प्रकाशित नहीं की, लेकिन सीरिया की सरकारी समाचार एजेंसी SANA ने एक अज्ञात सुरक्षा अधिकारी के हवाले से कहा कि सरकारी सुरक्षा बलों पर हाल ही में हुए हमलों का बदला लेने के लिए कई लोग तट पर गए थे. अधिकारी ने कहा कि इन कार्रवाइयों के कारण "कुछ व्यक्तिगत उल्लंघन हुए और हम उन्हें रोकने के लिए काम कर रहे हैं." अंतरिम राष्ट्रपति अहमद अल-शरा ने एक वीडियो बयान में पूर्व सरकार से जुड़े सशस्त्र समूहों से अपने हथियार सौंपने और नई सरकार के प्रति वफादार लोगों से नागरिकों पर हमला करने या कैदियों के साथ दुर्व्यवहार करने से बचने का आह्वान किया.   recent visitors 49

कटघोरा से दीपका फोरलेन समेत महत्वपूर्ण सड़कों की मिली स्वीकृति, चार अंडरब्रिज, बरसाती नालों, पुल पुलियों, गौरव पथ का होगा निर्माण

रायपुर कोरबा शहर समेत जिले को विकसित बनाने के क्रम में वाणिज्य, उद्योग एवं श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन के सशक्त प्रयासों से 150 से अधिक सड़क परियोजना, सिंचाई परियोजना, गौरव पथ, अंडरब्रिज, बायपास सड़क, नालों के साथ–साथ कई महत्वपूर्ण योजनाओं के लिए बजट में स्वीकृति मिली है। प्रदेश की विष्णुदेव की सरकार में बीते सवा साल में कोरबा शहर के साथ–साथ जिले के सभी उपनगरीय व अन्य ग्रामीण इलाकों में विकास कार्य को रफ़्तार मिली है। 3 मार्च को वित्त मंत्री ओपी चौधरी द्वारा जारी किए गए राज्य के बजट में कोरबा जिले  में मुख्य तौर पर गोपालपुर से कटघोरा फोरलेन सड़क, कटघोरा से दीपका फोरलेन सड़क, गोपालपुर से कटघोरा तक मार्ग मजबूती करण कार्य, चोटिया से चिरमिरी तक फोरलेन सड़क, ध्यानचंद चौक कोरबा से बजरंग चौक तक 2 लेन. सड़क निर्माण, बजरंग चौक से परसाभाठा चौक बालको रिंग रोड, कोरबा 4 लेन निर्माण कार्य, रेल्वे स्टेशन कोरबा से गौमाता चौक तक बायपास मार्ग का निर्माण, एसपी ऑफिस से रजगामार बीटी रोड निर्माण कार्य, नॉनबिर्रा रामपुर बेहरचवा 27 किलोमीटर का उन्नयन के कार्य की स्वीकृति मिली है। इन स्थानों पर अंडरब्रिज की स्वीकृति     बजट में जिले के कई मार्गो पर रेल्वे क्रासिंग में अंडर ब्रिज के निर्माण की स्वीकृति मिली है। गौरतलब है की शहर के संजय नगर रेल्वे क्रासिंग पर अंडरब्रिज का निर्माण अब प्रारम्भ हो चुका है। कोरबा–गेवरा रेल लाइन के बालपुर रेल्वे क्रासिंग पर आरयूबी का निर्माण, कोरबा–गेवरा रेल लाइन के मड़वारानी रेल्वे क्रासिंग पर आरयूबी का निर्माण, कोरबा–गेवरा रेल लाइन के पताडी पर आरयूबी के निर्माण की स्वीकृति मिली है। शहर के इन बड़े नालों की मिली स्वीकृति    शहर के चार प्रमुख नालों के निर्माण के लिए नगरीय निकाय अधोसंरचना विकास के तहत स्वीकृति मिली है। इसमें पोड़ीबहार चर्च से हनुमान मंदिर तक आरसीसी नाला 2 करोड़, वार्ड क्रमांक 30 दादर रोड कलवर्ट से मानिकपुर मुक्तिधाम तक कलवर्ट व नाला निर्माण 2 करोड़, मेनन शॉप से जिला अस्पताल के सामने आरसीसी नाला 2 करोड़, दर्री जोन पीएमवाय साइट से लाटा तालाब आरसीसी नाला निर्माण 2 करोड़ की स्वीकृति मिली है। इन पुल–पुलियों के निर्माण की मिली स्वीकृति कोरबा–रानीरोड–सर्वमंगला मंदिर के मध्य हसदेव नदी पर रपटा कम लो लेवल पुल व पहुंच मार्ग का निर्माण, बालको उरगा रिंगरोड पर ढेगूरनाला पर उच्च स्तरीय पुल व पहुंच मार्ग का निर्माण, बेलाकछर से रोगबहरी मार्ग पर सारबहरा नाला पर उच्चस्तरीय पुल एवं पहुंच मार्ग, बड़गाँव नवापारा मार्ग पर चोरनई नदी में उच्च स्तरीय पुल समेत कुल 17 पुल निर्माण कार्य की स्वीकृति मिली है। कोरबा शहर में बनेगा 2.8 किलोमीटर लम्बा गौरव पथ का निर्माण     कोरबा शहर में 2.8 किलोमीटर लम्बा गौरव पथ के निर्माण की स्वीकृति मिली है। सीएसईबी चौक से जैन चौक–तानसेन चौक से कोसाबाड़ी चौक तक गौरव पथ का निर्माण होगा। वीआईपी मार्ग पर वाहनों के दबाव को देखते हुए इस मार्ग का कायाकल्प किया जायगा। बांकीमोंगरा के जल आवर्धन के लिए 8.20 करोड़ की मिली स्वीकृति    कोरबा जिला के दूसरे सबसे बड़े नगरीय निकाय बांकीमोंगरा नगर पालिका में पेयजल की समस्या लंबे समय से है। बांकीमोंगरा के जल आवर्धन के लिए 8.20 करोड़ की स्वीकृति मिली है। इन शासकीय दफ़्तरो का होगा कायाकल्प   रजगामार चौकी, दर्री सीएसपी कार्यलय का उन्नयन, राजपत्रित ट्रांजिट ओर अराजपत्रित ट्रांजिट हॉस्टल का निर्माण, कोरबा तहसील को मॉडल तहसील भवन का निर्माण होगा। उद्योग मंत्री का प्रयास रंग लाया, शहर से लेकर गांव की रफ़्तार होगी तेज     उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन द्वारा बजट में स्वीकृति के लिए सभी विभाग नगर निगम, पीडब्लूडी, सेतु निगम, जल संसाधन विभाग के अलग अलग विकास कार्यों का प्रस्ताव राज्य शासन को दिया गया था। मंत्री देवांगन के प्रयासों से कार्यों को बजट में स्वीकृति मिली है। मंत्री देवांगन के प्रयासों से कोरबा शहर में बीते एक साल में 400 करोड़ के कार्यों की स्वीकृति मिली थी, जिसके बहुत से कार्य पूर्ण हो चुके है, कुछ निर्माणाधीन है, कुछ कार्य टेंडर प्रक्रिया में है। recent visitors 39