Sunday, July 5, 2026 8:48 am

पुलिस ने कुणाल कामरा को भेजा नया समन, 31 मार्च को होना होगा पेश

मुंबई,  स्टैंड-अप कमीडियन कुणाल कामरा की मुसीबतें बढ़ती जा रही हैं। मुंबई की खार पुलिस ने गुरुवार को कॉमीडियन को नया समन भेज 31 मार्च को पूछताछ के लिए हाजिर होने का निर्देश दिया है। खार पुलिस स्टेशन से मिली जानकारी के मुताबिक, कुणाल कामरा वकील के जरिए पुलिस के संपर्क में हैं। इससे पहले समन जारी होने पर कुणाल ने 2 अप्रैल तक का समय मांगा था, लेकिन पुलिस ने मोहलत देने से इनकार करते हुए 31 मार्च, सुबह 11 बजे तक खार पुलिस स्टेशन में हाजिर होने के लिए कहा है। कुणाल कामरा को खार पुलिस ने समन भेजकर मंगलवार को 11 बजे हाजिर होने के लिए कहा था, लेकिन कामरा हाजिर नहीं हुए और हाजिर होने के लिए एक हफ्ते का समय मांगा। पुलिस ने उनकी मांग को खारिज कर बुधवार को नया समन भेजा। खार पुलिस ने हैबिटेट स्टूडियो से जुड़े कई लोगों से पूछताछ कर उनका बयान दर्ज किया। पुलिस की मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ जारी है। मंगलवार को पूछताछ के लिए पुलिस के सामने पेश न होने के मामले में कामरा ने फोन पर न्यूज एजेंसी आईएएनएस से बातचीत में बताया कि वह अभी मुंबई से बाहर हैं, इस वजह से वह पुलिस के सामने उपस्थित नहीं हो सके। उन्होंने कहा कि मुंबई आकर पुलिस के सामने पेश होने के लिए उन्हें एक सप्ताह का समय चाहिए। खार पुलिस ने कामरा को मंगलवार को ही समन भेजा था। वह घर पर नहीं मिले तो उन्हें व्हाट्सएप पर भी समन भेजा गया। उन्हें सुबह 11 बजे जांच अधिकारी के समक्ष पेश होने के लिए कहा गया था। खार पुलिस की एक टीम उनके घर भी गई और उनके माता-पिता को भी समन की एक प्रति दी। कुणाल कामरा ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट शेयर कर हैबिटेट क्लब में हुई तोड़फोड़ की निंदा की और कहा कि अपनी टिप्पणी के लिए वह माफी नहीं मांगेंगे। कॉमेडियन ने इंस्टाग्राम पोस्ट में लिखा था, “हैबिटेट केवल एक मंच है। सभी प्रकार के शो के लिए एक जगह है। हैबिटेट (या कोई अन्य स्थल) मेरी कॉमेडी के लिए जिम्मेदार नहीं है, न ही उसके पास इस बात पर कोई नियंत्रण है कि मैं क्या कहता या करता हूं। न ही कोई राजनीतिक दल ऐसा करता है।” उन्होंने आगे लिखा, “किसी कॉमेडियन के शब्दों के लिए किसी आयोजन स्थल पर हमला करना उतना ही मूर्खतापूर्ण है, जितना टमाटर ले जा रही एक ट्रक को इसलिए पलट देना, क्योंकि परोसा गया बटर चिकन आपको पसंद नहीं आया।” उन्हें मिल रही धमकियों को लेकर कामरा ने कहा था, “भाषण और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के अपने अधिकार का उपयोग केवल शक्तिशाली और अमीर लोगों की चापलूसी करने के लिए नहीं किया जाना चाहिए, भले ही आज का मीडिया हमें इसके विपरीत विश्वास दिलाए। मैं अपने खिलाफ की गई किसी भी कानूनी कार्रवाई के लिए पुलिस और अदालत के साथ सहयोग करने के लिए तैयार हूं।” कामरा पर महाराष्ट्र के उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर बिना नाम लिए विवादित टिप्पणी का आरोप है। कामरा ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स के जरिए पैरोडी सॉन्ग अपलोड किया था, जिसमें ‘गद्दार’ शब्द का इस्तेमाल शिवसेना प्रमुख के लिए किया गया था।   recent visitors 49

आसाराम आश्रम छिन सकता है, इसके अलावा सदाशिव प्रज्ञा मंडल को भी किया जा सकता है शिफ्ट: रिपोर्ट

अहमदाबाद रेप केस में उम्रकैद की सजा काट रहे प्रवचनकर्ता आसाराम से अहमदाबाद आश्रम छिन सकता है। जहां अभी आसाराम का आश्रम है, संभव है कि वहां 2036 में दुनियाभर के खिलाड़ी ओलिंपिक मेडल के लिए जोर लगा रहे होंगे। दुनिया के सबसे बड़े खेल आयोजन की दावेदारी के लिए गुजरात के अहमदाबाद में जोरशोर से तैयारी चल रही है। इसके लिए जो मास्टर प्लान बनाया गया है उसके दायरे में आसाराम का आश्रम भी है। सूत्रों के हवाले से एक रिपोर्ट में बताया है कि अहमदाबाद के मोटेरा में स्थित आसाराम के आश्रम का सरकार अधिग्रहण कर सकती है। नरेंद्र मोदी स्टेडियम के नजदीक तीन आश्रमों को हटाकर वहां सरदार पटेल स्पोर्ट्स एनक्लेव, ओलिंपिक विलेज और अन्य खेल सुविधाओं का विकास किया जा सकता है। रिपोर्ट में कहा गया है कि 'संत श्री आसाराम आश्रम' के अलावा भारतीय सेवा समाज और सदाशिव प्रज्ञा मंडल को भी शिफ्ट किया जा सकता है। सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि इन आश्रमों की जमीन को अधिग्रहण करके इन ट्रस्ट को वैकल्पिक स्थान देने की प्रक्रिया चल रही है। अहमदाबाद म्यूनिसिपिल कमिश्नर, अहमदाबाद डिस्ट्रिक्ट कलेक्टर समेत तीन सदस्यों की समिति मास्टर प्लान के लिए जमीन अधिग्रहण प्रक्रिया में जुटी है। 86 साल के आसाराम 31 मार्च तक अंतरिम जमानत पर रिहा है। इससे पहले वह राजस्थान के जोधपुर जेल में बंद था। शीर्ष अदालत ने गुजरात में बलात्कार के एक मामले में आसाराम को अंतरिम जमानत पर रिहा किया है। इस मामले में सत्र अदालत ने जनवरी 2023 में उसे दोषी ठहराया था और आजीवन कारावास की सजा सुनाई थी। recent visitors 30

अशोकनगर जिला अस्पताल में एसएनसीयू वार्ड के एसी में धमाका, सिविल सर्जन ने वार्ड का किया निरीक्षण

अशोकनगर अशोकनगर जिला अस्पताल में गुरुवार को एसएनसीयू वार्ड के एसी में ब्लास्ट हो गया। एसी के पास से निकली ऑक्सीजन लाइन इसमें टूट गई। धमाके के बाद अफरा-तफर के बीच नर्सिंग स्टॉफ ने बच्चों को दूसरी यूनिट में शिफ्ट किया। वार्ड में 8 बच्चे भती थे। सूचना मिलने के बाद मौके पर पहुंचे एसडीएम, तहसीलदार और सिविल सर्जन ने वार्ड का निरीक्षण किया और फिर बच्चों के स्वास्थ्य की जानकारी ली। जानकारी के मुताबिक डीपी पर लोड ज्यादा आने की वजह से अस्पताल का एसी फट गया था। एसडीएम बृजबिहारी श्रीवास्तव और सिविल सर्जन डॉ. डीके भार्गव के अनुसार एससी फटने का कारण इलेक्ट्रिक फाल्ट है। गर्मी के दिनों में ओवरलोडिंग की वजह से एससी में धमाका होने की आशंका जताई जा रही है। अधिकारियों के अनुसार घटना की जांच कराई जा रही है। सभी बच्चे स्वस्थ हैं। recent visitors 34

Ola, Uber के अब केंद्र सरकार शुरू करने जा रही ‘सहकार टैक्सी’

नई दिल्ली Ola, Uber जैसी सर्विसेज के साथ अपनी गाड़‍ियां चलाने वाले ड्राइवरों की हमेशा एक शिकायत रहती है कि उन्‍हें सही भुगतान नहीं किया जाता। तमाम ड्राइवरों को यह आरोप लगाते हुए देखा गया है कि कंपन‍ियां उनसे ज्‍यादा कमीशन लेती है और उन्‍हें कम पेमेंट होता है। ओला-उबर को अब एक नई चुनौती मिल सकती है। रिपोर्ट के अनुसार, केंद्र सरकार बहुत जल्द ‘सहकार टैक्सी’ नाम से एक नई टैक्सी सर्विस शुरू करने जा रही है। कहा जा रहा है कि इससे ओला, उबर और रैपिडो जैसे प्लेटफॉर्म्‍स को टक्‍कर मिलेगी। इस सर्विस के तहत लोग बाइक, कैब और ऑटो बुक करा पाएंगे एक जगह से दूसरी जगह जाने के लिए। नहीं देना होगा कमीशन, सीधे मुनाफा रिपोर्ट के अनुसार, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने संसद में ‘सहकार टैक्सी’ का ऐलान किया। उन्‍होंने कहा कि इसका मकसद ड्राइवरों को बड़ी कंपनियों को मुनाफा दिए बिना सीधे कमाने में मदद करना है। कहा जा रहा है कि किसी राइड से जो भी मुनाफा होगा, वह सीधे ड्राइवर को मिलेगा। उसे कहीं कोई कमीशन नहीं देना होगा। पूरे देश में शुरू की जाएगी सहकार टैक्‍सी सरकार का कहना है कि आने वाले महीनों में सहकार टैक्सी पूरे देश में शुरू हो जाएगी। इस सर्विस से होने वाला सारा मुनाफा सीधे ड्राइवरों को मिलेगा। एक सहकारी बीमा कंपनी भी बनाई जाएगी, जो बीमा सेवाएं देने का काम करेगी। टू और फोर-वीलर का होगा रजिस्‍ट्रेशन बताया जा रहा है कि सर्विस से जुड़ने के लिए टू वीलर और फोर वीलर्स का रजिस्‍ट्रेशन सहकार टैक्‍सी में किया जाएगा। सरकार का कहना है कि सर्विस से जो भी मुनाफा होगा, वह किसी बिजनेसमैन की जेब में नहीं जाएगा। वह सीधे गाड़ी चलाने वाले को मिलेगा। ओला, उबर से सस्‍ता ऑप्‍शन रिपोर्ट के अनुसार, सहकार टैक्‍सी का मुख्‍य मकसद लोगों को सस्‍ती ट्रांसपोर्ट सर्विस मुहैया कराना है। इससे ड्राइवरों को कमाई करने के बेहतर विकल्‍प मिलेंगे। प्राइवेट कंपनियां ड्राइवरों से कुछ कमीशन ले लेती हैं। कई बार कूपन कोड अप्‍लाई होने से ग्राहक को तो फायदा हो जाता है, लेकिन ड्राइवर को कम पैसा मिलता है। राज्‍यों में पहले से चल रहीं ऐसी योजनाएं रिपोर्ट के अनुसार, पश्चिम बंगाल और केरल जैसे राज्‍यों में इस तरह की सेवाएं पहले से चल रही हैं। साल 2022 में केरल में केरल सवारी को शुरू किया गया था। पश्चिम बंगाल में भी यात्री साथी के नाम से ऐसी सर्विस चलाई जा रही है। अब सहकार सर्विस के आने से ओला-उबर को चुनौती मिल सकती है। recent visitors 33

संजय दत्त के साथ फिर जोड़ी जमाएंगे सलमान खान

मुंबई, बॉलीवुड के दबंग स्टार सलमान खान, माचो हीरो संजय दत्त के साथ फिर से फिल्मों में जोड़ी जमाते नजर आ सकते हैं। सलमान खान इन दिनों अपनी आने वाली फिल्म सिकंदर को लेकर चर्चा में हैं, जो ईद के अवसर पर 30 मार्च को रिलीज हो रही है।सलमान खान ने फिल्म सिकंदर की रिलीज से पहले बड़ा ऐलान किया है। सलमान खान ने ऐलान किया है कि वह संजय दत्त के साथ फिर से काम करने जा रहे हैं। हालांकि, सलमान खान ने फिल्म का नाम नहीं बताया है। सलमान खान ने कहा कि फिल्म का अधिकारिक तौर पर बाद में ऐलान किया जाएगा। सलमान खान ने फिल्म की कहानी के बारे में भी कुछ नहीं कहा है। सलमान खान और संजय दत्त ने 'साजन' और 'चल मेरे भाई' जैसी फिल्मों में काम किया है। दोनों अभिनेता अपनी ऑन-स्क्रीन दोस्ती के साथ-साथ ऑफ-स्क्रीन दोस्ती के लिए जाने जाते हैं। फैंस एक लंबे समय से हिंदी सिनेमा के दो बड़े सितारों संजय दत्त और सलमान खान को एक साथ बिग स्क्रीन पर देखने की आस लगाए बैठे थे। अब उनका ये सपना पूरा होने जा रहा है। सलमान खान और संजय दत्त एक साथ फिर से बिग स्क्रीन पर एक ही फिल्म में धमाल मचाने की तैयारी कर रहे हैं।   recent visitors 43

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विधायक गुरु खुशवंत साहेब को दी जन्मदिन की बधाई

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज उनके निवास कार्यालय में आरंग विधायक गुरु खुशवंत साहेब ने सौजन्य मुलाकात की।  मुख्यमंत्री साय ने गुरु खुशवंत को आज उनके जन्मदिन के अवसर पर हार्दिक बधाई और शुभकामनाएँ दी। उन्होंने गुरु खुशवंत साहेब के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर गुरु बालदास साहेब भी उपस्थित रहे। recent visitors 24

संबल योजना: 28 मार्च को सीएम मोहन यादव जारी करेंगे श्रमिक परिवारों के खातों में 505 करोड़ रूपये, मिलेगा लाभ

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 28 मार्च को मंत्रालय में संबल योजना में अनुग्रह सहायता के 23 हजार 162 प्रकरणों में 505 करोड़ रुपये सिंगल क्लिक से हितग्राहियों के खातों में अंतरित करेंगे। कार्यक्रम में श्रम, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल एवं प्रदेश के विभिन्न स्थानों पर मंत्री एवं स्थानीय जन प्रतिनिधि भी उपस्थित रहेंगे। मुख्यमंत्री जनकल्याण (संबल) योजना, असंगठित क्षेत्र में कार्यरत लाखों श्रमिकों के लिए महत्वपूर्ण योजना है। योजना में अनुग्रह सहायता योजना अंतर्गत दुघर्टना में मृत्यु होने पर 4 लाख रुपये एवं सामान्य मृत्यु होने पर 2 लाख रुपये प्रदान किए जाते हैं। स्थायी अपंगता पर 2 लाख रुपये एवं आंशिक स्थायी अपंगता पर 1 लाख रुपये तथा अंत्येष्टि सहायता के रूप में 5 हजार रुपये प्रदान किए जाते हैं। संबल योजना में महिला श्रमिकों को प्रसूति सहायता के रूप में 16 हजार रुपये दिए जाते हैं, साथ ही श्रमिकों के बच्चों को महाविद्यालयीन शिक्षा प्रोत्साहन योजना में उच्च शिक्षा के लिए संपूर्ण शिक्षण शुल्क राज्य सरकार द्वारा वहन किया जाता है। गिग वर्कर्स भी योजना में शामिल नीति आयोग की पहल पर प्रदेश के गिग एवं प्लेटफार्म वर्कर्स को भी संबल योजना के अंतर्गत सम्मिलित किया जाकर इनका पंजीयन प्रारंभ किया गया है। इन्हें भी संबल योजना के अंतर्गत समस्त लाभ प्रदान किए जा रहे हैं। संबल हितग्राहियों को खाद्यान्न पात्रता पर्ची भी प्राप्त होती है। इससे वे केंद्र तथा राज्य सरकार द्वारा रियायती दरों पर राशन प्राप्त कर रहे हैं। जन्म से मृत्यु तक आर्थिक सहायता संबल योजना में श्रमिक को जन्म से लेकर मृत्यु तक आर्थिक सहायता प्राप्त होती है वास्तविक अर्थों में यह श्रमिकों का संबल है। प्रदेश की यह योजना देश के सभी राज्यों के लिए अनुकरणीय है। सभी संबल हितग्राहियों को आयुष्मान भारत निरामयम योजना में पात्र श्रेणी में चिन्हित किया गया है, अब उन्हें भी 5 लाख रुपये वार्षिक निःशुल्क चिकित्सा सहायता प्रदान की जा रही है। राज्य सरकार ने योजना प्रारंभ होने के बाद 1 अप्रैल 2018 से अब तक 1 करोड़ 74 लाख श्रमिकों का संबल योजना के अंतर्गत पंजीयन किया है। श्रमिकों के पंजीयन की प्रक्रिया जारी है। श्रम विभाग योजनांतर्गत वर्तमान तक 06 लाख 58 हजार से अधिक प्रकरणों में 5 हजार 927 करोड़ रुपये से अधिक के हितलाभ दिए जा चुके हैं। जानिए क्या है संबल योजना     मुख्यमंत्री जनकल्याण (संबल) योजना, असंगठित क्षेत्र में कार्यरत लाखों श्रमिकों के लिए महत्वपूर्ण योजना है। योजना में अनुग्रह सहायता योजना अंतर्गत दुघर्टना में मृत्यु होने पर 4 लाख रूपये एवं सामान्य मृत्यु होने पर 2 लाख रूपये प्रदान किये जाते हैं।     स्थायी अपंगता पर 2 लाख रूपये एवं आंशिक स्थायी अपंगता पर 1 लाख रूपये तथा अंत्येष्टि सहायता के रूप में 5 हजार रूपये प्रदान किये जाते हैं।     संबल योजना में महिला श्रमिकों को प्रसूति सहायता के रूप में 16 हजार रूपये दिये जाते हैं, साथ ही श्रमिकों के बच्चों को महाविद्यालय शिक्षा प्रोत्साहन योजना में उच्च शिक्षा के लिये सम्पूर्ण शिक्षण शुल्क राज्य सरकार द्वारा वहन किया जाता है।     नीति आयोग की पहल पर प्रदेश के गिग एवं प्लेटफार्म वर्कर्स को भी संबल योजना के अंतर्गत सम्मिलित किया जाकर इनका पंजीयन प्रारम्भ किया गया है। इन्हें भी संबल योजना के अंतर्गत समस्त लाभ प्रदान किये जा रहे हैं।     संबल हितग्राहियों को खाद्यान्न पात्रता पर्ची भी प्राप्त होती है। इससे वे केन्द्र तथा राज्य सरकार द्वारा रियायती दरों पर राशन प्राप्त कर रहे हैं।संबल योजना में श्रमिक को जन्म से लेकर मृत्यु तक आर्थिक सहायता प्राप्त होती है वास्तविक अर्थों में यह श्रमिकों का संबल है।     प्रदेश की यह योजना देश के सभी राज्यों के लिए अनुकरणीय है। सभी संबल हितग्राहियों को आयुष्मान भारत निरामयम योजना में पात्र श्रेणी में चिन्हित किया गया है, अब उन्हें भी 5 लाख रूपये वार्षिक निःशुल्क चिकित्सा सहायता प्रदान की जा रही है। मुख्यमंत्री अधिवक्ता कल्याण स्कीम अंतर्गत 2.16 करोड़ अंतरित सीएम डॉ. मोहन यादव के निर्देशानुसार मुख्यमंत्री अधिवक्ता कल्याण स्कीम के तहत राज्य अधिवक्ता परिषद् जबलपुर के बैंक खाते में 2 करोड़ 16 लाख रूपये अंतरित कर दिये गये है। राशि वित्त वर्ष 2024-25 के लिये अंतरित की गई है। इस स्कीम के तहत 12 हजार रूपये के मान से प्रत्येक नवीन अधिवक्ता को सहायता राशि प्रदान की जाती है।   recent visitors 34