शासकीय शिक्षक रहते हुए 1.90 करोड़ का लोन लेकर खोला निजी स्कूल, फिर भी बिरेंद्र पांडे के खिलाफ DEO को नहीं मिल रहे सबूत

रायपुर  शासकीय शिक्षक रहते हुए सरकारी स्कूल में बच्चों को पढ़ाना छोड़कर एक शिक्षक ने शिक्षा की पूरी दुकान खोल ली. हम यहां स्कूल को दुकान इसलिए कह रहे है क्योंकि छछान पैरी मीडिल स्कूल के समन्वयक बिरेंद्र पांडे ने अपनी निजी स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों को सरकार से मिलने वाली मुफ्त की किताबों को छोड़कर खुद किताब खरीदी और फिर बच्चों को बेची. शासकीय शिक्षक बिरेंद्र पांडे ने अपनी स्कूलों के संचालन के लिए 1 करोड़ 90 लाख रूपए का लोन भी लिया. लेकिन हैरानी की बात ये है कि जिला शिक्षा अधिकारी रायपुर और बीईओ अभनपुर को बिरेंद्र पांडे के खिलाफ कोई भी सबूत नहीं मिले. इस मामले में जब शिकायत हुई तो उन्हें क्लीन चीट दे दी गई. अब सवाल ये है कि जिला शिक्षा अधिकारी और विभाग को शिक्षक बिरेंद्र पांडे के निजी स्कूल संचालन से जुड़े क्या-क्या सबूत चाहिए जिसको देखने के बाद वे कार्रवाई कर सके. इस पूरे मामले में बिरेंद्र पांडे ने ये बात स्वीकारी की वे नवरंग पब्लिक स्कूल जो समिति चला रही है उसमें वे सदस्य है और उक्त समिति और 4 स्कूलों को उनकी पत्नी और पत्नी का भाई संचालित करते है. वहीं डीईओ विजय खंडेलवाल से इस पूरे मामले में कोई जवाब नहीं दिया. recent visitors 35

सुप्रीम कोर्ट में वक्फ विधेयक को चुनौती देगी कांग्रेस, जल्द खटखटाएगी अदालत का दरवाजा

नई दिल्ली वक्फ संशोधन विधेयक को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देने की तैयारी होने लगी है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन के बाद अब कांग्रेस ने शुक्रवार को कहा कि वह संसद में पारित वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 की संवैधानिकता को बहुत जल्द सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी। विधेयक को शुक्रवार सुबह संसद ने मंजूरी दी थी। इसे पहले लोकसभा फिर राज्यसभा ने भी इसे मंजूरी दे दी थी। विधेयक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाए DMK इससे पहले वक्फ विधेयक को लेकर स्टालिन ने अदालत का दरवाजा खटखटाने का एलान कर दिया था। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और डीएमके अध्यक्ष एम के स्टालिन ने गुरुवार को कहा था कि उनकी पार्टी इस विधेयक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाएगी। लोकसभा से विधेयक पारित होने के विरोध में स्टालिन विधानसभा में काली पट्टी बांधकर पहुंचे थे। इस दौरान उन्होंने कहा था कि भारत में बड़ी संख्या में दलों के विरोध के बावजूद कुछ सहयोगियों के इशारे पर रात दो बजे संशोधन को अपनाना संविधान की संरचना पर हमला है। 'सरकार के सभी हमलों का विरोध करना जारी रखेंगे' 'एक्स' पर एक पोस्ट में एआईसीसी महासचिव जयराम रमेश ने कहा, 'कांग्रेस बहुत जल्द ही वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 की संवैधानिकता को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती देगी।' उन्होंने कहा, 'हमें पूरा भरोसा है। हम भारत के संविधान में निहित सिद्धांतों, प्रावधानों और प्रथाओं पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार के सभी हमलों का विरोध करना जारी रखेंगे।' कांग्रेस ने गिनाए मामले , जिसे सुप्रीम कोर्ट में दी गई चुनौती जयराम रमेश ने कहा कि सीएए, 2019 को कांग्रेस की ओर से चुनौती दिए जाने पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हो रही है। आरटीआई अधिनियम, 2005 में 2019 के संशोधनों को लेकर भी कांग्रेस की चुनौती पर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हो रही है। चुनाव संचालन नियम (2024) में संशोधनों की वैधता को लेकर कांग्रेस की चुनौती पर भी सुनवाई जारी है। ऐसे ही पूजा स्थल अधिनियम, 1991 की मूल भावना को बनाए रखने के लिए कांग्रेस के हस्तक्षेप पर सुप्रीम कोर्ट में मामला लंबित है। स्टालिन खटखटाएंगे अदालत का दरवाजा लोकसभा में पास हुए वक्फ विधेयक को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी जाएगी। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन ने अदालत का दरवाजा खटखटाने का एलान कर दिया है। तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और डीएमके अध्यक्ष एम के स्टालिन ने गुरुवार को कहा कि उनकी पार्टी इस विधेयक के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका लगाएगी। लोकसभा से विधेयक पारित होने के विरोध में स्टालिन विधानसभा में काली पट्टी बांधकर पहुंचे। इस दारान उन्होंने कहा कि भारत में बड़ी संख्या में दलों के विरोध के बावजूद कुछ सहयोगियों के इशारे पर रात दो बजे संशोधन को अपनाना संविधान की संरचना पर हमला है। 'यह धार्मिक सद्भाव को बिगाड़ने वाला काम' मुख्यमंत्री ने सदन को बताया कि यह धार्मिक सद्भाव को बिगाड़ने वाला काम है। इसे उजागर करने के लिए हम आज विधानसभा की कार्यवाही में काली पट्टी बांधकर भाग ले रहे हैं। स्टालिन ने कहा, 'मैं आपको सूचित करना चाहूंगा कि द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) की ओर से इस विवादास्पद संशोधन के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में मामला दायर किया जाएगा। तमिलनाडु केंद्र सरकार के उस कानून के खिलाफ लड़ेगा, जो वक्फ बोर्ड की आजादी को नष्ट करता है और अल्पसंख्यक मुस्लिम आबादी को खतरे में डालता है।' 'विधेयक पारित कराने के तरीका निंदनीय' उन्होंने बताया कि राज्य विधानसभा ने प्रस्तावित संशोधन के खिलाफ 27 मार्च को एक प्रस्ताव पारित किया था, क्योंकि यह अल्पसंख्यक मुस्लिम समुदाय पर असर डालेगा। यह भारत के धार्मिक सद्भाव को गंभीर रूप से प्रभावित करेगा। उन्होंने कहा कि यह बेहद निंदनीय है कि वक्फ अधिनियम में संशोधन को लोकसभा में 232 सांसदों के विरोध में वोट देने के बावजूद पारित कर दिया गया। यह कोई सामान्य संख्या नहीं है। यह संख्या बढ़ भी सकती है। केवल 288 सदस्यों ने ही इसके पक्ष में मतदान किया। recent visitors 44

जुमे की नमाज को लेकर मुरादाबाद मंडल में पुलिस गश्त तेज

संभल संभल जामा मस्जिद सर्वे के दौरान हुए बवाल के बाद से लगातार शहर में चौकसी बरती जा रही है। जुमा नमाज के दौरान अतिरिक्त फोर्स शहर में लगाया गया है। एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई ने बताया कि संभल शहर में पुलिस के अलावा पीएसी और आरआरएफ के जवान लगाए गए हैं। सभी अधिकारी अलर्ट मोड पर हैं। इसके अलावा सोशल मीडिया पर निगरानी की जा रही है। यदि कोई माहौल खराब करने का प्रयास करता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उधर वक्फ संशोधन बिल को लेकर पुलिस अतिरिक्त सतर्कता बरत रही है। जामा मस्जिद के सदर की दूसरी अंतरिम जमानत अर्जी खारिज संभल की जामा मस्जिद के सदर जफर अली एडवोकेट की नियमित जमानत अर्जी पर केस डायरी न होने के कारण चार अप्रैल की तिथि सुनवाई के लिए नियत कर दी है। जबकि दोबारा से लगाई गई अंतरिम जमानत अर्जी न्यायालय ने खारिज कर दी। जामा मस्जिद के सदर जफर अली एडवोकेट दंगे भड़काने के आरोप में 23 मार्च से जेल में हैं। बुधवार को जफर अली एडवोकेट की नियमित जमानत अर्जी की सुनवाई अपर जनपद न्यायाधीश (एमपी एमएलए सेशन कोर्ट) निर्भय नारायण राय के न्यायालय में हुई। जफर अली के अधिवक्ता ने केस डायरी न आने के कारण दोबारा से अंतरिम जमानत अर्जी के लिए भी प्रार्थनापत्र लगाया। जिस पर सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता हरिओम प्रकाश उर्फ हरीश सैनी ने बहस की। बताया कि न्यायालय से एक अंतरिम जमानत अर्जी खारिज की जा चुकी है। गंभीर अपराध है। ऐसे आपराधिक व्यक्ति को अंतरिम या नियमित कोई भी जमानत दिया जाना न्याय हित में नहीं है। न्यायालय ने अंतरिम जमानत अर्जी खारिज कर दी। जबकि नियमित जमानत अर्जी पर सुनवाई के लिए चार अप्रैल की तारीख नियत कर दी।   recent visitors 38

राजस्थान की एंटी गैंगस्टर टॉस्क फोर्स दुबई से गिरफ्तार कर लाई कुख्यात शूटर आदित्य को, पूछताछ के बाद नागौर में होगी पेशी

जयपुर लॉरेंस गैंग के कुख्यात शूटर आदित्य जैन को दुबई से गिरफ्तार कर लिया गया है। आदित्य का काम गैंग के लिए टारगेट ढूंढकर उन्हें फोन पर धमकाने का था। राजस्थान पुलिस को पिछले लंबे अरसे से शूटिंग और अन्य आपराधिक मामलों में इसकी तलाश थी। आदित्य को पकड़ने के लिए इंटरपोल की मदद ली गई। इसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था। राजस्थान की एंटी गैंगस्टर टॉस्क फोर्स को इनपुट मिला था कि आदित्य दुबई में बैठकर देश में थ्रेड कॉल दे रहा है। इसकी लोकेशन पता चलने पर एंटी गैंगस्टर टॉस्क फोर्स की इंटरपोल टीम, जिसे डीआईजी योगेश यादव और एएसपी नरोत्तम वर्मा लीड कर रहे थे ने कार्रवाई को अंजाम देते हुए आदित्य को गिरफ्तार किया। जानकारी के मुताबिक दुबई से अजय को सुबह 8 बजे जयपुर एयरपोर्ट लाया गया है। पहले अजय को पुलिस मुख्यालय ले जाया जा रहा है। इसके बाद इसे जयपुर से नागौर लेकर जाएंगे, जहां कोर्ट में इसकी पेशी होगी। कैसे धरा गया आदित्य लॉरेंस विश्नोई गैंग के गुर्गे आदित्य के खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था। यूएई की पुलिस ने आदित्य के बारे में इंटरपोल रेफरेंस सीबीआई को दिया। सीबीआई की तरफ से राजस्थान पुलिस को इसकी जानकारी दी गई। इसके बाद यूएई पुलिस ने आदित्य को डिटेन किया और राजस्थान पुलिस को एक टीम भेजने के लिए कहा। राजस्थान पुलिस की तरफ से एएसपी सिद्धांत शर्मा की अगुवाई में यूएई टीम भेजी गई जो आदित्य को कस्टडी में लेकर जयपुर पहुंची है। recent visitors 38

वक्फ संशोधन बिल पर बसपा सुप्रीमो मायावती बोली – दुरुपयोग होने पर मुसलमानों का साथ देंगे

Grand inauguration of Central Group of Hospitals in Bhopal

लखनऊ वक्फ संशोधन बिल पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा है कि केंद्र सरकार इस बिल को जल्दबाजी में लाई है। अगर इस बिल को समझने के लिए जनता को और समय दिया जाता तो अच्छा होता। एक्स पर जारी किए गए बयान में उन्होंने कहा कि संसद में वक्फ संशोधन बिल पर सत्ता पक्ष व विपक्ष को सुनने के बाद, निष्कार्ष यही निकलता है कि केन्द्र सरकार यदि जनता को इस बिल को समझने के लिए कुछ और समय दे देती तथा उनके सभी सन्देहों को भी दूर करके जब इस बिल को लाती तो यह बेहतर होता। उन्होंने कहा कि दुःख की बात यह है कि सरकार ने इस बिल को बहुत जल्दबाजी में लाकर इसे पास कराया है। यह उचित नहीं और अब इस बिल के पास हो जाने पर यदि सरकारें इसका दुरुपयोग करती हैं तो फिर पार्टी मुस्लिम समाज का पूरा साथ देगी अर्थात् ऐसे में इस बिल से पार्टी सहमत नहीं है। लेकिन दुःख की बात यह है कि सरकार ने इस बिल को बहुत जल्दबाज़ी में लाकर जो इसे पास कराया है यह उचित नहीं और अब इस बिल के पास हो जाने पर यदि सरकारें इसका दुरुपयोग करती हैं तो फिर पार्टी मुस्लिम समाज का पूरा साथ देगी अर्थात् ऐसे में इस बिल से पार्टी सहमत नहीं है। बता दें कि वक्फ संशोधन बिल को लोकसभा और राज्यसभा में पास कर दिया गया है अब जल्द ही मंजूरी के लिए राष्ट्रपति के पास भेजा जाएगा। recent visitors 42

अनूपपुर जिला कांग्रेस कमेटी के जिला अध्यक्ष के लिए ठोकी दावेदारी रामखेलावन राठौर,धर्मेंद्र सोनी ने

अनूपपुर जिला कांग्रेस कमेटी के जिला अध्यक्ष के लिए ठोकी दावेदारी रामखेलावन राठौर,धर्मेंद्र सोनी ने क्या होगा ओबीसी का जिला कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष ? अनूपपुर इन दोनों मध्य प्रदेश नहीं कई राज्यों में कांग्रेस के जिला अध्यक्ष बदलने की जन चर्चा व्याप्त है! जिसमें यह भी माना जा रहा है ! कि जिला कांग्रेस कमेटी का जिला अध्यक्ष के लिए चयन किया जा रहा है? जिसमें कई नाम प्रदेश कांग्रेस कमेटी को भेजे गए हैं ? जिसमें अनूपपुर मध्य प्रदेश के पिछड़ी क्षेत्र में शुमार होता है! यह छत्तीसगढ़ और मध्य प्रदेश का बॉर्डर का जिला माना जाता है! अनूपपुर जिले में कांग्रेस के कोतमा,अनूपपुर क्षेत्र में विधायक लंबे अरसे तक रहे हैं? और कांग्रेस का एक गढ़ माना जाता था! इन दिनों जिला अध्यक्ष को लेकर राजकुमारी हो रही है ! जिसमें कांग्रेस पार्टी को इनके लिए भी विचार करना चाहिए? क्योंकि कांग्रेस पार्टी के लिए का हमेशा अंगद के पैर की तरह कांग्रेस पार्टी के लिए हमेशा समर्पित रहे हैं! अब अनूपपुर जिले के लिए जिला कांग्रेस कमेटी के जिला अध्यक्ष के लिए जन चर्चा व्याप्त है ऐसा माना जा रहा है। कि जल्द ही कांग्रेस कमेटी एक सूची जारी करने वाली है । जिसमें जिला अध्यक्षों का नाम होगा। देखना यह है कि कांग्रेस पार्टी किन्हे अनूपपुर जिले में जिला कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष बनती है ? मगर कांग्रेस पार्टी को यह सोचना होगा कि अनूपपुर जिले से कभी भी जिला अध्यक्ष नहीं चुना गया?अगर प्रदेश कांग्रेस कमेटी जिले का जिला अध्यक्ष अनूपपुर से सुनती है तो इसका फायदा कांग्रेस को आने वाले समय पर मिल सकता है? अगर इन पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी विचार करती है तो पार्टी भी मजबूत हो सकता है? जन चर्चा व्याप्त है।योग्य मिलनसार,जुझारू,मिलनसार, रामखेलावन राठौर (अधिवक्ता) पिता श्री ऐतू प्रसाद राठौर का जन्म 7/5/1974 अनूपपुर में हुआ और यह अपने मिलन और जुझारू कर्मठ तथा योग व्यक्तित्व के धनी ने अपनी पहचान बनाई अनूपपुर नहीं पूरे जिले में अपनी पहचान स्थापित की और आज भी इनकी पहचान अधिवक्ता के रूप में देखी जा रही है राजनैतिक कार्यकाल ‌ वर्ष 2002से वर्ष 2007तक वार्ड नंबर 1 नगर पालिका अनूपपुर में पार्षद रहे हैं। तथा कांग्रेस पार्टी के लिए हमेशा समर्पित रहते हुए अपनी छवि स्थापित कर अपनी धर्मपत्नी को वर्ष 2008से वर्ष 2013तक श्रीमती इंद्रवती राठौर वार्ड 1 से पार्षद बनाया है। इतना ही नहीं रामखेलावन राठौर की सक्रियता और लगन को देखते हुए एक बार फिर वर्ष 2013से वर्ष 2018 तक अध्यक्ष नगरपालिका परिषद अनूपपुर वर्ष 2019 से वर्ष 2020तक प्रशासनिक समिति के अध्यक्ष नगरपालिका परिषद अनूपपुर मैं रहे हैं! जन-जन का आशीर्वाद प्राप्त होता रहा है। संगठन में दायित्व कांग्रेस पार्टी के जिला कार्यकारिणी में भी इन्हें दायित्व रहा है।जिसमें वर्ष 2000से2004तक वार्ड अध्यक्ष वार्ड नंबर 1 नगर पालिका परिषद अनूपपुर वर्ष 2005 से वर्ष 2008तक दायित्व का निर्वहन करते रहे हैं! साथ ही ब्लाक समन्वयक सेवा दल ब्लाक जैतहरी के दायित्व का पूर्ण रूप से निर्वहन किया है! जिला कार्यकारिणी में भी रहा स्थान  वर्ष 2008से वर्ष 2013 तक पिछड़ा वर्ग जिला उपाध्यक्ष  जिला अनूपपुर,वर्ष 2014से वर्ष 2018तक,जिला उपाध्यक्ष किसान कांग्रेस जिला अनूपपुर वर्ष 2023-24 से वर्तमान तक जिला उपाध्यक्ष जिला कांग्रेस कमेटी अनूपपुर रहते हुए कांग्रेस पार्टी के लिए हमेशा सकरी रूप से काम करते रहे हैं? अनूपपुर जिला कांग्रेस कमेटी के  जिला अध्यक्ष के लिए जन चर्चा व्याप्त है अगर पार्टी इन्हें दाएं तो देती है तो पार्टी अवश्य मजबूत होगी? धर्मेंद्र सोनी ने भी की ठोक दी ताल नाम  धर्मेंद्र कुमार सोनी पिता  श्री केदार प्रसाद सोनी उम्र  40 वर्ष पता  वार्ड नंबर 11 PWD ऑफिस के पीछे बस्ती रोड अनूपपुर जिला अनूपपुर शिक्षा  Msc(zoo logy),B.ed.,LL.B.,LL.M. व्यवसाय  एडवोकेट (जिला एवं सत्र न्यायालय अनूपपुर)वर्तमान पद  जिलाध्यक्ष किसान कांग्रेस जिला अनूपपुर पूर्व कालीन पद वर्ष 2004-2006 तक nsui जिलामंत्री वर्ष 2007-2010 तक nsui प्रदेश सचिव वर्ष 2011-2014 तक युवा कांग्रेस जिलामहासचिव वर्ष 2015-2018 तक युवा कांग्रेस जिला उपाध्यक्ष वर्ष 2018-2020 तक कार्यकारी जिलाध्यक्ष युवा कांग्रेस वर्ष 2021-2023 तक प्रदेश सचिव युवा कांग्रेस वर्ष 2023-2025 वर्तमान वर्ष तक किसान कांग्रेस जिलाध्यक्ष विगत 20 वर्षों से सक्रिय तेज तर्रार ओजस्वी वक्ता के रूप में प्रदेश की सत्ताधारी पार्टी के खिलाफ उग्र जन आंदोलन में अपनी महती भागीदारी निभाकर युवाओं के लिए आदर्श रहे है।सरकार की जन विरोधी नीतियों का विरोध कर कई बार गिरफ्तारी दिया है, कई बार इनके विरुद्ध राजनैतिक मामला कायम किया गया। तेज तर्रार युवा नेतृत्व क्षमता के कारण युवाओं के चहेते रहे है। अनूपपुर जिले की कांग्रेस की राजनीति इनके इर्द गिर्द रहती है।पिछले 20 वर्षों से जिले के सत्ताधारी पार्टी के लिए युवा नेता एड.धर्मेंद्र सोनी परेशानी का विषय बने हुए है। पिछड़े वर्ग से होने के कारण जिले की राजनीति में अहम रोल निभाते है। recent visitors 26

कप्तान अजिंक्य रहाणे ने कहा- टीम के लिए यह मैच जीतना बहुत जरूरी था और वह भी बड़े अंतर से

कोलकाता सनराइजर्स हैदराबाद पर 80 रन से मिली जीत के बाद अजिंक्या रहाणे ने अपनी दिल की बात कही है। साथ ही उन्होंने इस मैच में जीत के मायने भी बताए। कोलकाता नाइट राइडर्स के कप्तान अजिंक्य रहाणे ने कहा कि उनकी टीम के लिए यह मैच जीतना बहुत जरूरी था और वह भी बड़े अंतर से। केकेआर ने पहले बल्लेबाजी करते हुए छह विकेट पर 200 रन बनाए और जवाब में सनराइजर्स को 120 रन पर आउट कर दिया। रहाणे ने मैच के बाद कहाकि यह मैच हमारे लिये काफी महत्वपूर्ण था। जीतना और बड़े अंतर से जीतना जरूरी था। हम इस विकेट पर पहले गेंदबाजी करना चाहते थे, लेकिन टॉस हारने के बाद पहले बल्लेबाजी करनी पड़ी। ऐसी थी रणनीति रहाणे ने कहाकि दो विकेट गंवाने के बाद पारी को संभालने पर बात हुई ताकि विकेट हाथ में रहने पर 11वें-12वें ओवर के बाद आने वाले बल्लेबाज तेजी से रन बना सकें। हमने अपनी गलतियों से बहुत कुछ सीखा है। इस मैच से भी बल्लेबाजी ग्रुप के रूप में सीखेंगे। उन्होंने कहाकि जब रिंकू और वेंकटेश बल्लेबाजी कर रहे थे तब लक्ष्य 30 गेंद में 50- 60 रन बनाना था। हम 15 ओवर तक सामान्य तरीके से खेलना चाहते थे और उसके बाद हाथ खोलने थे। हमें लगा था कि 170-180 का स्कोर अच्छा होगा लेकिन रिंकू और वेंकटेश ने आगे तक पहुंचा दिया। गेंदबाजों की तारीफ रहाणे ने अपने गेंदबाजों की तारीफ करते हुए कहाकि हमारे पास तीन बेहतरीन स्पिनर हैं। बदकिस्मती से मोईन नहीं था लेकिन सनी (सुनील नारायण) और वरुण ने अच्छी गेंदबाजी की। वैभव और हर्षित ने भी बढिया प्रदर्शन किया। गौरतलब है कि गत चैम्पियन केकेआर पहले तीन में से दो मैच गंवाने के बाद जीत की राह पर लौटी है। अब उसे मंगलवार को लखनऊ सुपर जायंट्स से खेलना है। वहीं, सनराइजर्स की यह लगातार तीसरी हार थी और अब उसका सामना रविवार को गुजरात टाइटंस से होगा। recent visitors 37