सोनाक्षी सिन्हा ट्रोल्स का मुंह बंद करना अच्छी तरह से जानती हैं, तलाक की बददुआ देने वाले को दिया सॉलिड जवाब

मुंबई सोनाक्षी सिन्हा ट्रोल्स का मुंह बंद करना अच्छी तरह से जानती हैं। जहीर खान से शादी करने के बाद कई लोग उनके सोशल मीडिया पर नेगेटिव कमेंट्स करते रहते हैं। अब शत्रुघ्न सिन्हा की बेटी ने ऐसे ही एक ट्रोल को तगड़ा जवाब दिया है। उनके एक पोस्ट पर शख्स ने उन्हें तलाक की बददुआ दी थी। सोनाक्षी ने उसका जवाब दिया है और एक शर्त पर तलाक का वादा भी किया है। वायरल है सोनाक्षी का जवाब सोनाक्षी ने जहीर इकबाल से शादी की है। दूसरे धर्म में शादी करने के बाद उनको इंटरनेट पर काफी नेगेटिविटी का सामना करना पड़ा। हालांकि सोनाक्षी और जहीर इन सबसे बेफिक्र दिखते हैं। अब सोनाक्षी और एक ट्रोल के बीच कमेंटबाजी का एक स्क्रीनशॉट वायरल है। किसी ने पोस्ट पर लिखा है, तुम्हारा तलाक तुम्हारे बहुत करीब है। इस पर सोनाक्षी ने जवाब दिया है, 'पहले तेरे मम्मी-पापा करेंगे फिर हम, प्रॉमिस।' शादी के समय काफी दिनों चली थी गॉसिप सोनाक्षी के इस जवाब की कई लोग तारीफ कर रह हैं। सोनाक्षी सिन्हा की शादी के समय भी कई तरह की गॉसिप चल रही थीं। लोगों को लग रहा था कि शत्रुघ्न सिन्हा नाराज हैं। बाद में शत्रुघ्न सिन्हा और उनकी पत्नी शादी में शामिल हुए और बेटी को आशीर्वाद दिया। हालांकि उनके बेटों के ना पहुंचने पर काफी समय तक सुगबुगाहट चलती रही थी। recent visitors 55

शेयर मार्केट ने भरी उड़ान, सेंसेक्स 1500 अंक उछलकर हुआ बंद, निवेशकों के लौट रहे अच्छे दिन

मुंबई शेयर मार्केट तेजी के ट्रैक पर सरपट दौड़ रहा है। ऐसा लग रहा मार्केट के अच्छे दिन लौट रहे हैं। सप्ताह के चौथे दिन गुरुवार को सेंसेक्स 1,508.91 अंक उछलकर 78,553.20 अंक पर बंद हुआ। निफ्टी 414.45 अंक चढ़कर 23,851.65 अंक पर ठहरा। शेयर मार्केट आज उड़ान भर रहा है। सुबह की गिरावट के बाद मार्केट में गजब की खरीदारी दिख रही है। सेंसेक्स में 1300 से अधिक अंकों की बंपर उछाल है। सेंसेक्स अब 78,349 पर है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 352 अंकों की उछाल के साथ 23789 पर पहुंच गया है। बैंकिंग स्टॉक्स उड़ान भर रहे हैं। शेयर मार्केट लगातार चौथे दिन भी बमबम बोल रहा है। सेंसेक्स में 78160 पर पहुंच गया है। इसमें अभी 1116 अंकों की बंपर उछाल है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 314 अंकों की उछाल के साथ 23751 पर पहुंच गया है। एयरटेल, आईसीआईसीआई बैंक, सन फार्मा, इंडसइंड बैंक, एक्सिस बैंक, रिलायंस, एचडीएफसी बैंक के दम पर सेंसेक्स में 77,629.43 पर पहुंच गया है। इसमें अभी 585.14 अंकों की उछाल है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 161 अंकों की उछाल के साथ 23598 पर पहुंच गया है। एनएसई पर 48 स्टॉक्स 52 हफ्ते के हाई और 11 लो पर हैं। 1821 शेयरों में तेजी और 782 में मंदी है। जबकि, 73 स्टॉक्स में अपर सर्किट लगा है। शेयर मार्केट खराब शुरुआत के बाद तेजी के ट्रैक पर आ गया है। सेंसेक्स में 486 अंकों की उछाल है और बीएसई का यह प्रमुख सूचकांक 77530 पर पहुंच गया है। जबकि, एनएसई का बेंचमार्क इंडेक्स निफ्टी 166 अंकों की उछाल के साथ 23602 पर पहुंच गया है। शेयर मार्केट खराब शुरुआत के बाद कभी हरा तो की ला हो रहा है। सेंसेक्स अभी 10 अंकों फायदे के साथ 77054 पर है। जबकि, निफ्टी 13 अंक नीचे 23423 पर ट्रेड कर रहा है। सेंसेक्स टॉप गेनर्स में आईसीआईसीआई बैंक, एचडीएफसी बैंक, इटर्नल, बजाज फिनसर्व, स्टेट बैंक, एयरटेल, एनटीपीसी, एक्सिस बैंक और नेस्ले हैं। शेयर मार्केट की लगातार तीन कारोबारी दिनों की तेजी पर आज ब्रेक लगा है। सेंसेक्स आज गुरुवार 17 अप्रैल को 76 अंकों के नुकसान के साथ 76968 पर खुला। जबकि, निफ्टी ने बुधवार के बंद के मुकाबले 35 अंकों की गिरावट के साथ 23402 के लेवल से आज के दिन की शुरुआत की। फेड चेयरमैन जेरोम पॉवेल की चेतावनी के बाद एशियाई बाजारों में मिलाजुला कारोबार हुआ, जबकि अमेरिकी शेयर मार्केट रातोंरात तेज गिरावट के साथ बंद हुए। वहीं, गिफ्ट निफ्टी 23,343 के स्तर के आसपास कारोबार कर रहा था। यह निफ्टी फ्यूचर्स के पिछले बंद से लगभग 90 अंकों की छूट है, जो भारतीय शेयर बाजार सूचकांकों के लिए नकारात्मक शुरुआत का संकेत देता है। ऐसे में घरेलू शेयर मार्केट के बेंचमार्क इंडेक्स सेंसेक्स और निफ्टी 50, मिश्रित वैश्विक बाजार संकेतों के बाद गुरुवार को गिरावट के साथ खुलने के आसार हैं। बता दें बुधवार को भारतीय शेयर बाजार में लगातार तीसरे दिन भी रैली रही। सेंसेक्स 309.40 अंक या 0.40 प्रतिशत बढ़कर 77,044.29 पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 108.65 अंक या 0.47 प्रतिशत बढ़कर 23,437.20 पर बंद हुआ। recent visitors 70

बंगाल हिंसा, ममता जी, इतिहास आपको कभी माफ नहीं करेगा: सीएम साय

रायपुर वक्फ संशोधन बिल के विरोध में पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद में हुई हिंसा में हिन्दुओं को निशाना बनाए जाने की मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने निंदा की है. इसके लिए उन्होंने बंगाल की मुख्यमंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि ममता जी, इतिहास आपको ऐसी निर्ममता के लिए कभी माफ नहीं करेगा. मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर किए पोस्ट में कहा कि पश्चिम बंगाल में वक्फ कानून की आड़ में आततायियों की भीड़ द्वारा हिंदुओं की हत्या, लूटपाट, मंदिरों को ध्वस्त करने जैसे कृत्य की जितनी निंदा की जाए, वह कम है. पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा मुस्लिम वोट बैंक की लिप्सा में दंगाइयों का तुष्टीकरण दुःखद है. ममता जी, इतिहास आपको ऐसी निर्ममता के लिए कभी माफ नहीं करेगा. आप बंगाल के आदिवासियों, पिछड़ों और दलितों की रक्षा करने में विफल तो रही ही हैं, संदेशखाली समेत हर मामले में आपने हमेशा जाने-अनजाने यह संदेश देने की कोशिश की है कि आपकी सरकार इन दंगों को प्रश्रय दे रही है. कृपया अपनी संवैधानिक शपथ की चिंता कर लीजिए. आप केवल एक समुदाय की नहीं, बल्कि पूरे प्रदेश की मुखिया हैं. पश्चिम बंगाल के सभी निवासियों की सुरक्षा आपका प्राथमिक दायित्व है. राजनीतिक लाभ-हानि की दृष्टि से ऐसे मामले को देखना छोड़ दीजिए. कृपया, जनता की रक्षा कीजिए.     पश्चिम बंगाल में वक्फ कानून की आड़ में आततायियों की भीड़ द्वारा हिंदुओं की हत्या, लूटपाट, मंदिरों को ध्वस्त करने जैसे कृत्य की जितनी निंदा की जाए, वह कम है। पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा मुस्लिम वोट बैंक की लिप्सा में दंगाइयों का तुष्टीकरण दुःखद है। recent visitors 44

भारत की सबसे लंबी परिवहन सुरंग ऋषिकेश-कर्णप्रयाग परियोजना की सुरंग संख्या 8 का उद्घाटन

भोपाल समारोह रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, उत्तराखंड के सीएम और स्थानीय सांसद अनिल बलोनो जी की मौजूदगी में हुआ। ऋषिकेश-कर्णप्रयाग रेलवे परियोजना में 14.58 किमी लंबी सुरंग संख्या 8 भारत की सबसे लंबी परिवहन सुरंग बनने जा रही है। वर्तमान में रेल सुरंग – उधमपुर श्रीनगर बारामुल्ला रेल लिंक (यूएसबीआरएल) के कटरा-बनिहाल खंड पर खारी और सुंबर स्टेशनों के बीच 12.75 किमी सड़क सुरंग – 9.02 किमी – अटल सुरंग को मनाली-लेह राजमार्ग में सबसे लंबी सड़क सुरंग माना जाता है। मुख्य विशेषताएं 12 स्टेशन, 19 बड़े पुल, 38 छोटे पुल परियोजना की कुल लंबाई: 125.20 इसमें से 83% सुरंग है (104 किमी) 14.72% खुले तटबंध हैं (18.4 किमी) 2.21% महत्वपूर्ण पुल हैं (3.07 किमी) मुख्य सुरंग की कुल लंबाई 104 किमी और सुरंगों की संख्या 16 है परियोजना की कुल सुरंग की लंबाई 213.57 किमी है (104 किमी की 16 मुख्य सुरंग, 97.72 किमी की 12 एस्केप सुरंग और 7.05 किमी क्रॉस पैसेज) सबसे लंबी सुरंग: 14.58 पुल की लंबाई: आधा किमी श्रीनगर पुल संख्या 09 पुल की ऊंचाई 46.9 मीटर गौचर पुल 15 सबसे लंबा पुल: 125 मीटर देवप्रयाग पुल 06 सुरंग: 6.00 किमी से आगे, संरेखण सुरंगों में है। 16 सुरंगों को 10 पैकेजों में विभाजित किया गया है। डीडी और पीएमसी अनुबंधों ने सभी पैकेजों में डिजाइन का काम पूरा कर लिया है। सभी सुरंगों के सुरंग निर्माण कार्य एक साथ शुरू हुए। वर्तमान सुरंग निर्माण प्रगति (मुख्य सुरंग, एस्केप सुरंग, एडिट और क्रॉस पैसेज सहित) 213 किमी के कुल दायरे के मुकाबले 195 किमी है। लंबी सुरंगों के शीघ्र पूरा होने की सुविधा के लिए सुरंग खुदाई के अतिरिक्त कार्य-मुख बनाने के लिए विभिन्न सुरंगों में आठ एडिट की पहचान की गई थी और मुख्य सुरंग निर्माण कार्य शुरू होने से पहले उन्हें पूरा कर लिया गया था। सुरंग निर्माण और टी-08 सुरंग आईआर में 2014 तक सुरंग की कुल लंबाई 125 किमी थी और 2014 से सुरंग निर्माण का काम 468.08 किमी यानी 3.7 गुना हो चुका है यह हिमालयी भूगर्भीय भूभाग में सुरंग निर्माण में टीबीएम का पहला सफल प्रयोग है और भारतीय रेलवे में पहला टीबीएम सिंगल शील्ड 9.11 मीटर उत्खनन व्यास ने 10.4 किमी सुरंग बनाई है एनएटीएम ने 4.11 किमी सुरंग बनाई है। टीबीएम को लॉन्च करने के लिए पोर्टल ओ1 से पहले 600 मीटर एनएटीएम द्वारा किया गया था। पोर्टल 2 जनसू छोर से एनएटीएम ने लगातार काम किया। 1. भूवैज्ञानिक सेटिंग: संरचना: सुरंग मुख्य रूप से जौनसार समूह के चांदपुर संरचना से होकर गुजरती है। चट्टान का प्रकार: मुख्य चट्टान इकाई चांदपुर फिलाइट है, जिसमें शामिल हैं: क्वार्टजाइट चट्टानों के अंतर्संबंधों के साथ क्वार्जिटिक और शिस्टोज फिलाइट क्वार्ट्ज शिराओं की उपस्थिति 2. चट्टान द्रव्यमान विशेषताएँ: संरचना: बहुत बारीकी से संयुक्त और पत्तेदार अपक्षय और शक्ति: थोड़ा से मध्यम रूप से अपक्षयित और मध्यम रूप से कमजोर से मध्यम रूप से मजबूत चट्टान द्रव्यमान भूवैज्ञानिक परिवर्तनशीलता: सुरंग संरेखण के साथ चट्टान द्रव्यमान की स्थिति में उच्च परिवर्तनशीलता। 3. जांच बाधाएँ: पहुँच की कठिनाई: ऊबड़-खाबड़ हिमालयी इलाके के कारण चुनौतीपूर्ण पहुँच, जिसके कारण सीमित भूवैज्ञानिक डेटा मिलता है। भूवैज्ञानिक जाँच: प्रारंभिक बोरहोल: 7 नग, कुल लंबाई 1196 मीटर। अतिरिक्त बोरहोल: 2 नं., कुल लंबाई 1077 मीटर 4. ओवरबर्डन: अधिकतम ओवरबर्डन: 800 मीटर (लगभग 1 किमी), न्यूनतम ओवरबर्डन: 70 मीटर सुरंग का व्यवहार: निचोड़ना, बहुत अधिक निचोड़ने का व्यवहार अपेक्षित है, विशेष रूप से कमजोर चट्टान द्रव्यमान स्थितियों और गहराई के कारण औसत से उच्च ओवरबर्डन स्थितियों के तहत। TBM सुरंग निर्माण में प्रमुख चुनौतियाँ 1. भूगर्भीय जटिलता: विषम चट्टान स्थितियों की उपस्थिति – खराब से मध्यम और कठोर चट्टान तक – उत्खनन और समर्थन के लिए महत्वपूर्ण चुनौतियाँ पेश करती है। सुरंग मार्ग के लगभग 20% हिस्से में निचोड़ने वाली ज़मीन की स्थिति, निर्दिष्ट स्टॉप को छोड़कर निर्बाध TBM संचालन की आवश्यकता होती है। मध्यम से उच्च ओवरबर्डन और गहरे बैठे भूस्खलन में बड़ी विकृतियाँ/गतिविधियाँ शामिल हो सकती हैं। 2. TBM संचालन और बाधाएँ: निर्माण के दौरान चल रही भूवैज्ञानिक और भूभौतिकीय जाँच के साथ-साथ बिना रुके TBM प्रगति की आवश्यकता। निचोड़ने वाले क्षेत्रों में TBM के फंसने का जोखिम। TBM को बिना किसी अनिर्धारित ठहराव के कठिन भूभाग और बदलती ज़मीनी स्थितियों से गुजरना चाहिए, जिसके लिए उच्च सिस्टम विश्वसनीयता और उत्तरदायी समर्थन की आवश्यकता होती है। 3. जल प्रवेश: दो प्रमुख क्षेत्रों में महत्वपूर्ण जल प्रवाह की पहचान की गई है, जिसकी अधिकतम प्रवाह दर 2000 एलपीएम है, जो उपकरण, सुरक्षा और प्रगति दर के लिए जोखिम पैदा कर रहा है। नालास स्थानों में संभावित जल। 4. अन्य चुनौतियाँ: लॉजिस्टिक्स और परिवहन: 30 किलोमीटर लंबे राष्ट्रीय राजमार्ग पर सामग्री और खंडों का निरंतर परिवहन, मानसून के मौसम के प्रभावों (जैसे, भूस्खलन, सड़क बंद होना) और यात्रा (तीर्थयात्रा) के मौसम में यातायात की भीड़ से जटिल सामग्री और खंड वितरण निर्बाध रहना चाहिए, जिससे रसद और आपूर्ति श्रृंखला विश्वसनीयता पर दबाव पड़ता है। बैकफ़िल ग्राउटिंग सिस्टम: ग्राउट पाइपलाइन सिस्टम 11 किलोमीटर से अधिक फैला हुआ है, जिसके लिए लगातार सफाई और रखरखाव की आवश्यकता होती है; विभिन्न भूवैज्ञानिक और संरचनात्मक स्थितियों के कारण सुरंग खंडों में विभिन्न मिश्रण डिज़ाइनों के लिए अनुकूलन समानांतर निर्माण गतिविधियाँ: कई निर्माण गतिविधियों का एक साथ निष्पादन: क्रॉस पैसेज, सुरंग खुदाई और टीबीएम ऑपरेशन लॉजिस्टिक्स रेलवे पुल: कुल 19 प्रमुख पुल, 5 महत्वपूर्ण और 38 छोटे पुल। महत्वपूर्ण पुल गंगा जी पर 1, चंद्रभागा जी पर 1 और अलकनंदा जी पर 3 हैं 19 प्रमुख पुलों में से 08 प्रमुख पुल पूरे हो चुके हैं। तीन महत्वपूर्ण पुल पूरे हो चुके हैं, एक चंद्रभागा जी पर और दो अलकनंदा जी पर। ऋषिकेश में एनएच/एसएच पर एक आरओबी और एक आरयूबी का निर्माण पूरा हो चुका है। गौचर, श्रीनगर और सिवाई में कार्य स्थलों तक पहुँच के लिए 03 प्रमुख सड़क पुल पूरे हो चुके हैं। शेष महत्वपूर्ण और प्रमुख पुलों (11 की संख्या) पर काम प्रगति की अग्रिम अवस्था में है। कमीशनिंग लक्ष्य: वीरभद्र – योग नगरी ऋषिकेश खंड 20.03.2020 को चालू हुआ। परियोजना में सुरंग निर्माण कार्य को वित्तीय वर्ष 2026-27 के अंत तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। ट्रैक कार्य, इलेक्ट्रिकल, ओएचई और एसएंडटी कार्यों की योजना बनाई गई है और जल्द ही शुरू हो जाएगी। recent visitors 36

मध्यप्रदेश में गेहूं की MSP पर खरीदी जारी, सीहोर ने नया रिकॉर्ड बनाया, अभी तक 5 लाख 29 हजार 482 टन की हुई खरीदी

 सीहोर   समर्थन मूल्य केंद्रों पर इस साल किसानों की गेहूं बेचने की होड़ लगी हुई है। एक माह की खरीदी में ही इस बार सीहोर ने नया रिकॉर्ड बना दिया है। पिछले साल पूरे सीजन में 5 लाख 6 हजार 40 टन गेहूं खरीदा गया था। इस बार सिर्फ एक महीने में 5 लाख 29 हजार 482 टन की खरीदी हो चुकी है। इस तरह सीहोर प्रदेश में सबसे आगे निकल गया है, जबकि उज्जैन 4 लाख 68 हजार टन के साथ दूसरे नंबर पर है। इस सीजन में किसान बड़ी संख्या में समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने आ रहे हैं। इस बार मौसम अनुकूल रहा। फसल की बुवाई से लेकर कटाई तक बारिश ने साथ दिया। कटाई के समय मौसम साफ रहा। इससे फसल की निकासी में कोई रुकावट नहीं आई। किसानों को उपज का भुगतान भी 3 से 7 दिन में मिल रहा है। साथ ही 175 रुपये प्रति क्विंटल बोनस भी मिल रहा है। इसके अलावा खुले बाजार और मंडी में गेहूं के दाम कम है। इसके कारण किसान अपनी उपज समर्थन मूल्य केंद्रों पर ले जा रहे हैं। समर्थन केंद्रों पर किसानों की उपज बेचने भीड़ कम होने का नाम नहीं ले रही है। जिले में 820 करोड़ रुपये का हो चुका भुगतान इस सीजन में 15 मार्च से खरीदी शुरू हुई थी। 15 अप्रैल तक 5 लाख 29 हजार टन गेहूं खरीदा जा चुका है। पिछले साल खरीदी 20 मार्च से शुरू होकर 31 मई तक चली थी। इस बार 5 मई तक ही खरीदी होनी है। यानी कुल 51 दिन का समय मिलेगा। इसके बावजूद अगले 20 दिन में 1.25 लाख से 1.50 लाख टन गेहूं और खरीदे जाने की उम्मीद है। अब तक जिले में 4 लाख 22 हजार टन गेहूं की खरीदी हो चुकी है। किसानों को 820 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। पूरे सीजन में अब तक 1376 करोड़ की खरीदी हो चुकी है। इसमें से 1203 करोड़ के ईपीओ जनरेट हो चुके हैं। किसानों के खातों में 1192 करोड़ रुपये पहुंच चुके हैं। 61 हजार 296 किसान बेच चुके अपनी उपज इस बार 88 हजार 292 किसानों ने पंजीयन कराया है। इनमें से 61 हजार 296 किसान अब तक अपनी उपज बेच चुके हैं। जिले में 240 खरीदी केंद्र बनाए गए हैं। शुरुआत में ही 140 केंद्रों पर खरीदी शुरू कर दी गई थी। पिछले साल की तुलना में इस बार खरीदी 5 दिन पहले शुरू हुई। मंडी में इस बार गेहूं के भाव कम हैं। मिल क्वालिटी गेहूं 200 से 300 रुपए प्रति क्विंटल कम दाम में बिक रहा है। जबकि समर्थन मूल्य पर ज्यादा दाम मिल मिल रहे रहे हैं। इसलिए किसान मंडी की बजाय खरीदी केंद्रों पर गेहूं बेच रहे हैं। भुगतान की व्यवस्था भी बेहतर हुई है। पिछले साल 10 से 15 दिन में भुगतान होता था। इस बार 3 से 7 दिन में पैसा मिल रहा है। यही वजह है कि इस बार खरीदी में रिकॉर्ड बना है। गेहूं खरीदी में सीहोर नंबर 1 इस संबंध में जिला खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के आकाश चंदेल ने बताया कि गेहूं खरीदी में सीजन में अभी तक सीहोर नंबर वन पर है। इस साल अभी तक 5 लाख 29 हजार मेट्रिक टन गेहूं की खरीदी हो चुकी है।   recent visitors 53

फ्रेंचाइजी में अपना पहला साल बिताने के बाद उन्हें लगा कि उन्हें एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई: अर्शदीप सिंह

नई दिल्ली पंजाब किंग्स (PBKS) के तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह ने कहा कि फ्रेंचाइजी में अपना पहला साल बिताने के बाद उन्हें लगा कि उन्हें एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी दी गई है जिससे एक खिलाड़ी और इंसान के रूप में विकसित होने में मदद मिली है। अर्शदीप 2019 IPL से पहले PBKS में शामिल हुए और तब से वह टीम का एक अभिन्न हिस्सा रहे हैं, उन्होंने 71 मैचों में 26.82 की औसत और 9 की इकॉनमी रेट से 84 विकेट लिए हैं। अर्शदीप ने गुरुवार को यूट्यूब पर फ्रेंचाइजी द्वारा पोस्ट किए गए एक वीडियो में कहा, 'जब से मैं पंजाब किंग्स में आया हूं, पहले साल को छोड़कर, मुझे अपनी भूमिका में वरिष्ठता महसूस होने लगी है। मैं पिछले सात सालों से इस टीम से जुड़ा हुआ हूं और टीम के साथ अपना पहला साल बिताने के बाद मुझे लगने लगा कि मुझे टीम में बहुत बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। इससे मुझे एक खिलाड़ी और इंसान के रूप में विकसित होने में भी मदद मिली।' अर्शदीप का सफल आईपीएल सीजन 2021 में आया जब उन्होंने 12 मैचों में 18 विकेट लिए। उन्होंने 2022 में 10 विकेट लिए जिसमें मुंबई इंडियंस के खिलाफ सुपर ओवर में अपनी हिम्मत बनाए रखना भी शामिल है। इसने उन्हें भारत की टी20आई टीम में शामिल होने के लिए प्रेरित किया, जहां अर्शदीप उस टीम के सदस्य थे जिसने 2024 पुरुष टी20 विश्व कप जीता और आईसीसी पुरुष टी20आई क्रिकेटर ऑफ द ईयर का पुरस्कार भी जीता। अर्शदीप ने आगे बताया कि कैसे इस वरिष्ठता की भावना ने खेल के प्रति उनके दृष्टिकोण को आकार दिया, खासकर उच्च दबाव की स्थितियों में। उन्होंने कहा, 'मेरी भूमिका और विकास में उन्नति बहुत पहले हुई और इसलिए मुझे पता था कि मैं महत्वपूर्ण चरणों में गड़बड़ नहीं कर सकता क्योंकि उन समय, योजना के अनुसार काम नहीं करने से टीम गंभीर संकट में पड़ सकती है। इसलिए, मैं गंभीर हो गया और बहुत जल्दी ही एक वरिष्ठ की तरह महसूस करने लगा।' उन्होंने ऑनलाइन ट्रोल का सामना करने के अपने दृष्टिकोण के बारे में बात करते हुए अंत में कहा, 'मेरे करियर में उतार-चढ़ाव आए हैं। मैंने बहुत ही कम समय में सबसे ऊंचे मुकाम के साथ-साथ सबसे निचले मुकाम को भी देखा है। लेकिन मैं इन ट्रोल्स से बहुत खुश हूं। मैं उनकी रचनात्मकता और मीम्स पर हंसता हूं। पहले, मैं इन मीम्स और संदेशों को सहेज कर रखता था ताकि बाद में उनका इस्तेमाल कर सकूं, लेकिन अब मुझे लगता है कि इनका कोई मतलब नहीं है। हालांकि, मुझे अभी भी लोगों की रचनात्मकता को देखने में मजा आता है।' पंजाब का अगला मुकाबला शुक्रवार को एम. चिन्नास्वामी स्टेडियम में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) से होगा। recent visitors 48

अपर संचालक जनसंपर्क श्री संजय जैन को मिलेगा लोक संपर्क सम्‍मान

पब्लिक रिलेशंस सोसायटी ऑफ इंडिया, भोपाल अपर संचालक जनसंपर्क श्री संजय जैन को मिलेगा लोक संपर्क सम्‍मान राष्‍ट्रीय जनसंपर्क दिवस पर पीआरएसआई भोपाल द्वारा 20 अप्रैल को र‍वीन्‍द्र भवन में किया जाएगा सम्‍मानित, 24 महिला पत्रकारों को मिलेगा अचला एवं उदिता अवार्ड   भोपाल  पब्लिक रिलेशंस सोसायटी ऑफ इंडिया के भोपाल चैप्‍टर द्वारा रविवार, 20 अप्रैल 2025 को आयोजित किये जाने वाले राष्‍ट्रीय जनसंपर्क दिवस के कार्यक्रम में जनसंपर्क विभाग के अपर संचालक श्री संजय कुमार जैन को लोक संपर्क सम्‍मान से सम्‍मानित किया जाएगा। यह सम्‍मान रवीन्‍द्र भवन भोपाल के गौरांजनी सभागार में प्रात: साढ़े दस बजे से आयोजित होने वाले कार्यक्रम में प्रदान किया जाएगा। पीआरएसआई भोपाल चैप्‍टर के अध्‍यक्ष श्री मनोज द्विवेदी ने बताया है कि राष्‍ट्रीय जनसंपर्क दिवस के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में ‘’रिस्‍पॉन्सिबल यूज ऑफ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस : रोल ऑफ पब्लिक रिलेशंस’’ विषय पर विशेष व्‍याख्‍यान का आयोजन किया जाएगा। पीआरएसआई भोपाल चैप्‍टर द्वारा आयोजित राष्‍ट्रीय जनसंपर्क दिवस के कार्यक्रम में मध्‍यप्रदेश के पत्रकारिता मीडिया, टी.वी. मीडिया और कार्पोरेट मीडिया में कार्यरत महिला पत्रकारों, टी.वी. एंकरों और जनसंपर्क प्रोफेशनल्‍स को अचला और उदिता सम्‍मान से सम्‍मानित किया जाएगा। कार्यक्रम में माखनलाल चतुर्वेदी राष्‍ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्‍वविद्यालय भोपाल के वाइस चांसलर श्री विजय मनोहर तिवारी, वरिष्‍ठ पत्रकार और राजनीतिक विशलेषक श्री गिरिजा शंकर, द टाईम्‍स ऑफ इंडिया ग्रुप मुंबई की वरिष्‍ठ फिल्‍म संपादक श्रीमती रेखा खान, जवाहरलाल नेहरू विश्‍वविद्यालय नई दिल्‍ली की एसोसिएट प्रोफेसर डिपार्टमेंट ऑफ मीडिया स्‍टडीज डॉ. अर्चना कुमारी एवं पब्लिक रिलेशंस सोसायटी ऑफ इंडिया के नेशनल वाइस प्रेसिडेंट श्री एस.पी.सिंह विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे।   गौरतलब है कि पब्लिक रिलेशन सोसायटी ऑफ इंडिया जनसंपर्क एवं संचार के क्षेत्र में विभिन्न संगठनों में कार्य करने वाले प्रोफेशनल्स की 70 वर्ष पुरानी एक राष्ट्रीय स्तर की संस्था है। इस संस्था के पूरे देश में लगभग 27 चेप्टर कार्यरत हैं। इन्‍हें मिलेगा अचला-उदिता सम्‍मान : डॉ. सुधा वर्मा, डॉ. सोनाली नरगुंदे, प्रो. पी. शशिकला, सीमा शिवेन्‍द्र, स्‍वाति पाराशर, रेखा खान, डॉ. अल्‍पना त्रिवेदी गिरि, ज्‍योति रात्रे, डॉ. दीपिका सक्‍सेना, अंजलि पाण्‍डे, पलक दीक्षित, गरिमा श्रीवास्‍तव, सुप्रिया सिंह, मिली मिश्रा, श्रद्धा सुमन, आकांक्षा पाण्‍डे, सदब खान, तनुश्री देसाई, पूजा चक्रवर्ती, गरिमा सिंह, करिश्‍मा कोतवाल, मीना पाटीदार, मेघा जैन एवं ऋतू साहू को सम्मानित किया जाएगा। recent visitors 47