मध्य प्रदेश पुलिस विभाग ने 300 से ज्यादा आरक्षकों के तबादलों का आदेश जारी

भोपाल मध्य प्रदेश में तबादला एक्सप्रेस दौड़ रही है, राज्य शासन लगातार तबला आदेश लगातार जारी कर रहा है इसी कड़ी में पुलिस मुख्यालय भोपाल ने भी थोकबंद तबादला आदेश जारी किये हैं , पीएचक्यू ने 300 से ज्यादा आरक्षकों की तबादला सूची जारी की है। पुलिस मुख्यालय भोपाल ने  गुरुवार को विभागीय स्तर पर थोकबंद तबादले किये इसमें उप निरीक्षक, सहायक उप निरीक्षक, प्रधान आरक्षक, कार्यवाहक उप निरीक्षक, कार्यवाहक सहायक उप निरीक्षक और कार्यवाहक प्रधान आरक्षकों के नाम शामिल हैं। PHQ ने 343 आरक्षकों के तबादले किये   इन तबादलों के बाद पुलिस ने एक और सूची जारी की जिसमें पुलिस आरक्षकों के तबादला आदेश हैं, पुलिस स्थापना बोर्ड की अनुशंसा के बाद जारी आदेश में 343 आरक्षकों को एक जिले से दूसरे जिले में पदस्थ किया गया है। ट्रांसफर नीति के मुताबिक निर्धारित अवधि में कार्यमुक्त करने के आदेश आदेश में कहा गया है कि ट्रांसफर किये गए आरक्षक को तबादला नीति के अनुसार निश्चित समयावधि में कार्य मुक्त किया जाये, यदि ट्रांसफर किया गया कर्मचारी निलंबित है तो उसे कार्यमुक्त ना किया जाये और उसकी सूचना पुलिस मुख्यालय को दी जाये। तबादला नीति और प्रक्रिया राज्य सरकार द्वारा जारी स्थानांतरण नीति ( Transfer Policy ) के अनुसार, तबादला होने वाले कर्मचारियों को निर्धारित समयावधि के भीतर कार्यमुक्त किया जाएगा। हालांकि, अगर कोई आरक्षक निलंबित स्थिति में है, तो उसे कार्यमुक्त नहीं किया जाएगा और उसकी सूचना पुलिस मुख्यालय (PHQ) को भेजी जाएगी। क्या है इस तबादले का उद्देश्य? इस बड़े फेरबदल का उद्देश्य पुलिस विभाग की कार्यक्षमता में सुधार लाना और विभिन्न क्षेत्रों में सुरक्षा बलों की तैनाती को संतुलित करना है। यह कदम प्रशासन की ओर से पुलिस कार्यकुशलता को बढ़ाने के लिए उठाया गया है ताकि जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा सके। recent visitors 23

कलेक्टर नेहा मीना ने अनुभवी महिलाओं को जोड़ते हुए ‘मोटी आई’ का अभियान चलाकर 1130 बच्चों को कुपोषण से बाहर निकाला

झाबुआ कलेक्टर नेहा मीना ने कुपोषण दूर करने व पोषण आहार को बढ़ावा देने के लिए अनूठी पहल की। उन्होंने गांव की अनुभवी महिलाओं को जोड़ते हुए उन्हें ‘मोटी आई’ का नाम दिया। इनके माध्यम से अभियान चलाकर कुपोषण से जंग लड़ी गई। इसके लिए कलेक्टर को लोक प्रशासन में उत्कृष्टता पुरस्कार 2024 मिला है। 21 अप्रैल को राष्ट्रीय सिविल सेवा दिवस पर विज्ञान भवन, नई दिल्ली में कलेक्टर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पुरस्कार देंगे। देश के कुल 16 सिविल सेवकों को यह पुरस्कार मिलने जा रहा है। जनजातीय क्षेत्र झाबुआ के लिए यह गौरव की बात है। मोटी आई अवधारणा राष्ट्रीय स्तर पर पसंद की गई है। पांच चरणों की विस्तृत प्रक्रिया के बाद कलेक्टर मीना का चयन किया गया। इसी साल चार अप्रैल को कैबिनेट सचिव की अध्यक्षता में एक्सपर्ट कमेटी ने इंटरव्यू के बाद कलेक्टर को चयनित किया। गुरुवार को प्रधानमंत्री कार्यालय से हरी झंडी मिलने के बाद पुरस्कार की घोषणा की गई। यह पुरस्कार आकांक्षी ब्लाक कार्यक्रम के तहत मिला है। पुरस्कार का लक्ष्य अच्छे प्रशासन को पहचान देना और दूसरों को लिए प्रेरणा बनाना है। ऐसे चलाया कार्यक्रम     ग्रामीण भारत को मुख्यधारा से जोड़ने का यह कार्यक्रम आधुनिक मॉडल है। इसके तहत जिले में जनता को सीधे जोड़ा गया है और योजनाओं को जमीन तक पहुंचाया गया है।     जुलाई 2024 के आंकड़े के अनुसार जिले में 1950 बच्चे कुपोषण के शिकार थे, जिनमें से करीब 1130 बच्चों को सामान्य श्रेणी में लाया गया है।     1325 मोटी आई जिले में प्रशिक्षित की गईं और उन्होंने घर-घर जाकर कुपोषण से लड़ने में महती भूमिका अदा की। इलेक्टोरल प्रैक्टिस अवार्ड भी मिल चुका है उल्लेखनीय है कि इसी साल 25 जनवरी को कलेक्टर मीना को बेस्ट इलेक्टोरल प्रैक्टिस अवार्ड 2024-25 से राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मु ने सम्मानित किया था। स्थानीय संस्कृति को जोड़कर मतदाता जागरूकता बढ़ाई गई थी। चुनावी काका- काकी, शुभंकर आदि का उपयोग किया गया था। recent visitors 22

दिल्ली के Dayalpur में देर रात गिरी चार मंजिला इमारत, 4 लोगों की मौत

दिल्ली उत्तर-पूर्वी दिल्ली के दयालपुर थाना क्षेत्र में शुक्रवार देर रात बड़ा हादसा हो गया. रात करीब 3 बजे यहां के शक्ति विहार इलाके में स्थि​त एक चार मंजिला इमारत भराभरा कर गिर गई. बता दें कि यह इलाका मुस्तफाबाद विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है. इमारत के गिरने से करीब दो दर्जन लोग मलबे में दब गए. एडिशनल डीसीपी संदीप लांबा के मुताबिक इस हादसे में अब तक चार लोगों की मौत हो गई है. मृतकों की पहचान चांदनी, दानिश, रेशमा और नावेद के रूप में हुई है. फिलहाल 18 लोगों को बाहर निकाला जा चुका है जिनमें से 14 को अस्पताल में भर्ती कराया गया है. अभी भी कुछ लोग मलबे में दबे हो सकते हैं. एनडीआरएफ, डॉग स्क्वाड, दिल्ली पुलिस और फायर डिपार्टमेंट की टीमें राहत एवं बचाव कार्य में जुटी हैं. स्थानीय लोग रेस्क्यू ऑपरेशन में मदद कर रहे हैं. एक चश्मदीद ने बताया कि इमारत पुरानी या जर्जर हालत में नहीं थी बल्कि अच्छी कंडीशन में थी लेकिन यह प्लॉट 'L' शेप में था जो संभवत: बिल्डिंग के गिरने की एक वजह हो सकता है. दिल्ली फायर सर्विस के एक कर्मी ने बताया कि हमें रात करीब 2:50 बजे एक मकान के ढहने की सूचना मिली. हम मौके पर पहुंचे तो पाया कि पूरी इमारत ढह गई है और लोग मलबे में फंसे हुए हैं. एनडीआरएफ, दिल्ली फायर सर्विस लोगों को बचाने के लिए काम कर रही है.   recent visitors 43

कांगो में आग लगने के बाद पलटी नाव, दर्दनाक हादसे में कम से कम 150 लोगों की मौत; कई अब भी लापता

कांगो अफ्रीकी देश कांगो में ईंधन लेकर रही एक बड़ी नाव में विस्फोट की वजह से आग लगने और पलटने से कम से कम 143 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई दर्जन लोग लापता हो गए। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक यह घटना राजधानी मबंडाका के पास रूकी और कांगो नदी के संगम पर मंगलवार को हुई। इस जगह पर यह दुनिया की सबसे गहरी नदी है। नाव तय सीमा से ज्यादा लोगों को लेकर यात्रा कर रही थी, तभी अचानक हुए विस्फोट से उस पर आग लग गई, जिससे अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया और नाव पलट गई। जांच के लिए पहुंचे प्रतिनिधि मंडल के प्रमुख जोसेफिन लोकुम के मुताबिक इस घटना के बाद लोगों की तलाश जारी थी। हमने बुधवार को 131 शवों को बरामद किया, जबकि गुरुवार और शुक्रवार को हमें 12 शव और मिले हैं। इन शवों में से कई की हालत बहुत खराब है और कई बुरी तरह से जले हुए हैं। घटना की जानकारी देते हुए लोकुमु ने बताया कि शुरुआती जांच में अभी यह सामने आया है कि एक महिला ने नाव पर ही भोजन पकाने के लिए आग जलाई थी। वहां से थोड़ी ही दूरी पर बहुत ही ज्वलनशील ईंधन रखा हुआ था.. आग के संपर्क में आते ही ईंधन में तेज विस्फोट हो गया, जिससे तत्काल ही कई लोगों की मौत हो गई। विस्फोट की वजह से वहां पर भगदड़ मच गई और नाव पलट गई। स्थानीय नागरिक समाज के नेता जोसेफ लोकोंडो ने कहा कि हमारी टीम ने शवों को दफनाने में मदद की है। मरने वालों संख्या फिलहाल 145 है.. कई लोगों की मौत जलने की वजह से हुई है तो कई लोग डूबने की वजह से मारे गए। फिलहाल स्थानीय लोग और प्रशासन मदद के लिए अपना काम कर रहा है। हम शवों की तलाश कर रहे हैं। घटना के तुरंत बाद आसपास मौजूद कई नावों ने लोगों को बचाने का प्रयास भी किया था। कई लोगों को वहां से बचाकर अस्पताल में भी भर्ती कराया गया था। नाव पर कितने लोग सवार थे इस सवाल का जवाब देते हुए लोकुम ने कहा कि हमें सही संख्या पता नहीं है.. लेकिन इतना तय है कि नाव पर क्षमता से ज्यादा लोग सवार थे। फिलहाल जितने शव हमें मिल चुके हैं लगभग उतने ही लोगों के और लापता होने का अनुमान है। आपको बता दें कि अफ्रीकी देश में सड़कों की अवसंरचना की भारी कमी है। इसीलिए यहां पर आम जनता एक जगह से दूसरी जगह जाने के लिए पानी की बड़ी-बड़ी नावों का सहारा लेती है। इसलिए यहां की झीलों और कांगो नदी में अक्सर दुर्घटनाएं होती रहती हैं। recent visitors 22

राज्य के दो जिले मोहला-मानपुर-चौकी और सक्ति को मिला बेस्ट परफॉर्मिंग जिला अवार्ड

रायपुर प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना  के शानदार प्रभावी क्रियान्वयन के लिए छत्तीसगढ़ राज्य को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी सफलता मिली है। कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा आयोजित प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना की 12वीं राष्ट्रीय समीक्षा बैठक के दौरान छत्तीसगढ़ को देश के बड़े राज्यों की श्रेणी में आज सेकंड बेस्ट परफॉर्मिंग स्टेट के पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। राज्य के मोहला – मानपुर- चौकी और सक्ति को भी प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बेस्ट परफॉर्मिंग जिला चुना गया है।यह दो दिवसीय राष्ट्रीय समीक्षा सम्मेलन 18-19 अप्रैल 2025 को  तिरुवनंतपुरम (केरल) में आयोजित हो रहा है।  भारत सरकार के कैबिनेट सचिव कृषि के करकमलों यह सम्मान आज छत्तीसगढ़ राज्य की ओर से  संयुक्त संचालक बी.के. मिश्रा एवं उपसंचालक उद्यानिकी नीरज शाह ने प्राप्त किया।इसके साथ ही मोहला-मानपुर-चौकी जिले की कलेक्टर  श्रीमती तूलिका प्रजापति एवं सक्ति जिले के कलेक्टर टोपनो ने  बेस्ट परफॉर्मिंग डिस्ट्रिक्ट का अवार्ड प्राप्त किया। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा  है कि यह सम्मान राज्य सरकार की किसान हितैषी नीतियों, कृषि मंत्री राम विचार नेताम के मार्गदर्शन और कृषि विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों की मेहनत का परिणाम है। यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ के किसानों के कल्याण के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती है। मुख्यमंत्री ने कृषि विभाग की टीम को इस सफलता के लिए बधाई दी और किसानों को समय पर लाभ पहुंचाने हेतु जारी प्रयासों की सराहना की। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि भविष्य में भी छत्तीसगढ़ कृषि के क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित करेगा। recent visitors 27

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार के माध्यम से प्रदेशवासियों के लिए संवाद से समाधान की पहल की

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सुशासन तिहार के माध्यम से प्रदेशवासियों के लिए संवाद से समाधान की पहल की है। तीन चरणों में आयोजित सुशासन तिहार अपने दूसरे चरण में पहुंच चुका है जिसमें लोगों से मिले आवेदनों का मिशन मोड में निराकरण किया जा रहा है। यह सरकार की पारदर्शिता, जवाबदेही और जनसहभागिता को प्रोत्साहित करने की सार्थक पहल है। यह न केवल सरकारी सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार लाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, बल्कि यह नागरिकों और सरकार के बीच विश्वास की मजबूत नींव भी रखता है। सुशासन तिहार में डिजिटल तकनीकों का उपयोग नागरिकों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना सरल, त्वरित और प्रभावशाली बना रहा है। सुशासन तिहार के अंतर्गत रायगढ़ जिले में भी आवेदनों का गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जा रहा है। ननसिया के सुन्दरलाल उरांव तथा श्रीमती अनीता बाई ने श्रमिक पंजीयन और श्रम विभाग की योजनाओं का लाभ प्राप्त करने के लिए आवेदन दिया था। इसका तत्काल निराकरण करते हुए उनका पंजीयन कर श्रमिक कार्ड प्रदान किया गया। साथ ही उन्हें श्रम विभाग की विभिन्न योजनाओं और पात्रता संबंधी जानकारी भी दी गई जिससे वे योजनाओं का लाभ ले सकें। श्रम विभाग द्वारा महतारी जतन, छात्रवृत्ति, नोनी सशक्तिकरण, मृत्यु पर परिवार को सहायता, सियान योजना, पेंशन योजना, साइकिल, सिलाई मशीन तथा अन्य उपकरण प्रदान करने से संबंधित अनेक योजनाएं संचालित की जा रही हैं। श्रमिक पंजीयन कराकर पात्र हितग्राही इनका लाभ ले सकते हैं। श्रमिक कार्ड बन जाने से खुश सुन्दर लाल उरांव ने कहा कि उसके आवेदन पर तत्काल कार्यवाही करते हुए श्रम कार्ड बनाकर दे दिया गया। सुशासन तिहार के इस आयोजन के लिए वे मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहते है कि श्रमिक कार्ड बनने से अब उन्हें श्रम विभाग से जुड़ी योजनाओं का लाभ लेने में आसानी होगी। दिव्यांग सुदर्शन को मिली ट्राइसिकल समाज कल्याण विभाग द्वारा पुसौर विकासखंड के ग्राम पंचायत ओड़ेकेरा के सुदर्शन खडिय़ा के आवेदन पर कार्यवाही करते हुए ट्राइसिकल एवं बैसाखी प्रदान किया गया। सुदर्शन 80 प्रतिशत दिव्यांग है जिसके चलते उसे कहीं भी आने-जाने के लिए काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। सुदर्शन ने कहा कि ट्रायसिकल मिलने से अब उसकी दूसरों पर निर्भरता कम होगी और उसे आने-जाने में सहूलियत होगी। उन्होंने सुशासन तिहार के लिए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को धन्यवाद देते हुए कहा कि इस पहल ने आमजन के लिए संवाद से समाधान की नई राह खोली है। recent visitors 19

CM यादव ने कहा PM मोदी के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश की धरती पर चीता प्रोजेक्ट सफलतापूर्वक संचालित किया जा रहा

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के मार्गदर्शन में मध्यप्रदेश की धरती पर चीता प्रोजेक्ट सफलतापूर्वक संचालित किया जा रहा है। भारत और लगभग सम्पूर्ण एशिया महाद्वीप से विलुप्त हो चुके चीतों का पुनर्वास कर राज्य सरकार प्रकृति से प्रगति और प्रगति से प्रकृति के संरक्षण की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि आज ही केन्द्रीय पर्यावरण, वन एनं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव के साथ मिलकर चीता प्रोजेक्ट की समीक्षा की है। इसमें तय किया कि मध्यप्रदेश में चीता प्रोजेक्ट का विस्तार किया जाएगा। केन्द्रीय मंत्री ने कूनो नेशनल पार्क में आने वाले पर्यटकों के लिए सुविधाएं बढ़ाए जाने सहित अन्य कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए हैं, जिन पर राज्य सरकार शिद्दत से अमल करेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने शुक्रवार को मीडिया को जारी संदेश में यह विचार व्यक्त किए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मध्यप्रदेश में श्योपुर स्थित कूनो नेशनल पार्क के बाद मंदसौर में गांधीसागर अभयारण्य प्रदेश का दूसरा ऐसा स्थान होगा, जहां चीतों को बसाया जा रहा है। हम चीता प्रोजेक्ट के विस्तार की स्वीकृति प्रदान करने के लिए केंद्र सरकार के आभारी हैं। आगामी 20 अप्रैल को गांधीसागर अभयारण्य से मध्यप्रदेश में चीता प्रोजेक्ट का‍विस्तार करने जा रहे हैं। यह वन्य जीव संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम सिद्ध होगा। साथ ही वन्य जीव संरक्षण प्रेमियों और देशी-विदेशी पर्यटकों के लिए भी यह उत्साह का अवसर है।   recent visitors 22