Friday, July 10, 2026 2:15 am

संभल में पाकिस्तान के विरोध में लगाए नारे, काली पट्टी बांध कर जुमे की नमाज अदा करने पहुंचे नमाजी

संभल यूपी के संभल और चंदौसी जिले की कई मस्जिदों में शुक्रवार को जुमे की नमाज अदा करने नमाजी काली पट्टी बांधकर पहुंचे और पाकिस्तान के खिलाफ नारेबाजी की। संभल की शाही जामा मस्जिद में नमाजियों ने पोस्टर लेकर पाकिस्तान और आतंकवादियों के खिलाफ प्रदर्शन किया। कश्मीर के पहलगाम शहर के बैसरन में मंगलवार को हुए आतंकी हमले में 26 लोगों की मौत हो गयी थी, जिसमें से अधिकतर पर्यटक थे। संभल की शाही जामा मस्जिद में नमाज पढ़ कर निकले साकिर हुसैन ने कहा, जिन निहत्थे लोगों के साथ यह जुल्म हुआ और हमारी बहनों का सुहाग उजाड़ दिया गया, बेहद ही दुखद घटना है। उन्होंने अपना गुस्सा जाहिर करते हुए कहा, “आतंकवादियों और उनके आकाओं को सबक सिखाने का यह सही समय है। मेरी सरकार से गुजारिश है कि इन आतंकवादियों को ऐसा सबक मिले कि नस्ले भी याद रखें। वहीं सईद अख्तर इसराइली ने कहा, भारत को पाकिस्तान से सारे समझौते रद्द करने चाहिए और जहां-जहां आतंकवादियों के शिविर हैं उन्हें नष्ट कर देना चाहिए।” अख्तर ने कहा, “हमले में मारे गये निहत्थे लोगों के लिए मस्जिद में हम लोगों ने दुआ की। यह पूरी इंसानियत का कत्ल है और इस दुख की घड़ी में हम उन परिवारजनों के साथ हैं।” वहीं चंदौसी की तकिए वाली मस्जिद में नमाज पढ़ने के बाद शाह आलम मंसूरी ने कहा कि पाकिस्तान लगातार भारत में आतंकवाद करके निर्दोष लोगों की जान ले रहा है लेकिन अबकी बार आर पार से कम बात नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा, “आज हमने काली पट्टी बांध कर आतंकवाद का विरोध किया है। आज देश का हर मुसलमान आतंकवाद के खिलाफ देश के साथ खड़ा है। recent visitors 37

केंद्र सरकार ने वक्फ संशोधन एक्ट पर जवाबी हलफनामा दाखिल किया, धार्मिक अधिकार में कोई हस्तक्षेप नहीं…

नई दिल्ली केंद्र सरकार ने वक्फ संशोधन एक्ट पर जवाबी हलफनामा दाखिल किया है. सुप्रीम कोर्ट में दाखिल जवाब में सरकार ने कानून का बचाव करते हुए यानी इसे सही ठहराते हुए कहा है कि पिछले 100 साल से वक्फ बाई यूजर को केवल पंजीकरण के आधार पर मान्यता दी जाती है ना कि मौखिक रूप से. केंद्र सरकार ने हलफनामे में कहा कि वक्फ मुसलमानों की कोई धार्मिक संस्था नहीं बल्कि वैधानिक निकाय है. वक्फ संशोधन कानून के मुताबिक मुतवल्ली का काम धर्मनिरपेक्ष होता है न कि धार्मिक. ये कानून चुने गए जनप्रतिनिधियों की भावनाओं को दर्शाता है. उन्होंने ही बहुमत से इसे पारित किया है. केंद्र सरकार ने कोर्ट में वक्फ को लेकर जो हलफनामा दाखिल किया है, उसमें कहा गया है कि संसद द्वारा पारित कानून को संवैधानिक रूप से वैध माना जाता है, विशेष रूप से संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) की सिफारिशों और संसद में व्यापक बहस के बाद बना हुए कानून को. केंद्र ने कोर्ट से अनुरोध किया कि वह अभी किसी भी प्रावधान पर अंतरिम रोक नहीं लगाए. इस संशोधन कानून से किसी भी व्यक्ति के वक्फ बनाने के धार्मिक अधिकार में कोई हस्तक्षेप नहीं होता. केवल प्रबंधन और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए इस कानून में बदलाव किया गया है. बता दें कि इस बिल को पारित करने से पहले संयुक्त संसदीय समिति की 36 बैठकें हुई थीं और 97 लाख से ज्यादा हितधारकों ने सुझाव और ज्ञापन दिए थे. समिति ने देश के दस बड़े शहरों का दौरा कर जनता के बीच जाकर उनसे उनके विचार जाने थे.   recent visitors 39

पाकिस्तानी संसद ने भारत के खिलाफ सर्वसम्मति से घातक हमले को पाकिस्तान से जोड़ने को लेकर एक प्रस्ताव पारित किया

इस्लामाबाद जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले में पाकिस्तान कनेक्शन सामने आने से पड़ोसी देश तिलमिला गया है। संसद में पाकिस्तान भारत के खिलाफ जमकर जहर उगल रहा है। शुक्रवार को पाकिस्तानी संसद ने भारत के खिलाफ सर्वसम्मति से घातक हमले को पाकिस्तान से जोड़ने को लेकर एक प्रस्ताव पारित किया। उसने कहा कि पाकिस्तान अपनी रक्षा करने के लिए पूरी तरह से तैयार है। पहलगाम हमले में आतंकियों ने 25 भारतीय और एक नेपाली नागरिक की गोली मारकर हत्या कर दी थी। इसके बाद देशभर में पाकिस्तान के खिलाफ भारी गुस्सा है। पाकिस्तानी डिप्टी पीएम इशाक डार ने संसद में प्रस्ताव पेश किया, जिसमें कहा गया कि पाकिस्तान जल आतंकवाद या सैन्य उकसावे सहित किसी भी आक्रमण के खिलाफ अपनी संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करने के लिए पूरी तरह सक्षम और तैयार है। प्रस्ताव के अनुसार, संसद ने इस बात पर जोर दिया कि निर्दोष नागरिकों की हत्या पाकिस्तान के अपनाए गए मूल्यों के विपरीत है। कहा गया, ''यह प्रस्ताव जम्मू और कश्मीर में 22 अप्रैल 2025 को हुए पहलगाम हमले से पाकिस्तान को जोड़ने के सभी तुच्छ और निराधार प्रयासों को भी खारिज करता है।'' प्रस्ताव में पाकिस्तान ने भारत पर उसे बदनाम करने का आरोप लगाया। संसद ने कहा, ''पाकिस्तान को बदनाम करने के लिए भारत सरकार द्वारा सुनियोजित और दुर्भावनापूर्ण अभियान की निंदा की जाती है, जो संकीर्ण राजनीतिक लक्ष्य के लिए आतंकवाद के मुद्दे का शोषण करने के परिचित पैटर्न पर चल रहा है।'' साथ ही, पाकिस्तान ने भारत की सिंधु जल संधि पर रोक लगाने के फैसले की भी निंदा की और फिर से दोहराया कि यह साफ तरीके से युद्ध की कार्रवाई के बराबर है। नई दिल्ली ने हमले के बाद बुधवार को पाकिस्तान के खिलाफ कई कड़े कदम उठाए। भारत ने कार्रवाई करते हुए 1960 की सिंधु जल संधि को निलंबित कर दिया। इसके अलावा, पाक से लगने वाली अटारी बॉर्डर को भी बंद कर दिया और राजनयिक संबंधों को भी कम कर दिया है। इसके अलावा, पाकिस्तानी नागरिकों के वीजा को भी रद्द करने का फैसला लिया गया है। इसके जवाब में पाकिस्तान ने भी अहम बैठक की और भारतीय विमानों के लिए एयरस्पेस को बंद करने समेत कई फैसले लिए। recent visitors 27

सुरक्षाबलों ने सर्च ऑपरेशन की शुरुआत कर दी, पहलगाम में हमला करने वाले 4 आतंकियों को देखा है, महिला के दावे से हड़कंप

जम्मू जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए हमले में शामिल आतंकियों के लिए तेजी से सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। इस बीच, कठुआ जिले में एक महिला ने दावा किया कि उन्होंने हमले में शामिल आतंकियों को देखा है, जिससे हड़कंप मच गया। इसके बाद कठुआ में बड़े स्तर पर सुरक्षाबलों ने सर्च ऑपरेशन की शुरुआत कर दी है। 'इंडिया टुडे' के अनुसार, जम्मू-कश्मीर पुलिस का विशेष अभियान समूह मौके पर पहुंच गया है और तलाशी अभियान चला रहा है। कठुआ के अलावा, पुलवामा और बारामूला में भी आतंकियों को ढूंढने के लिए सर्च ऑपरेशन चलाया जा रहा है। 22 अप्रैल को पहलगाम में आतंकियों ने गोलीबारी करते हुए 26 लोगों की हत्या कर दी थी। इसमें कई लोग घायल भी हुए थे। इसके बाद आतंकी घटनास्थल से भागने में कामयाब रहे थे। स्थानीय पुलिस के साथ-साथ सेना आतंकियों को ढूंढने के लिए बड़े स्तर पर अभियान चला रही है। वहीं, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने शुक्रवार को कहा कि पहलगाम आतंकवादी हमले में शामिल प्रत्येक अपराधी की तलाश की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमलावरों को इस कायरतापूर्ण कृत्य की भारी कीमत चुकानी होगी। उपराज्यपाल ने सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी समेत शीर्ष सैन्य अधिकारियों के साथ सुरक्षा समीक्षा बैठक की। लगभग एक घंटे तक चली बैठक में उपराज्यपाल ने सेना प्रमुख से न केवल पहलगाम आतंकवादी हमले के लिए जिम्मेदार लोगों को न्याय के दायरे में लाने के लिए प्रभावी कदम उठाने को कहा, बल्कि आतंकवाद के बुनियादी ढांचे और उसके पारिस्थितिकी तंत्र को कुचलने के प्रयासों को भी तेज करने को कहा। बैठक के दौरान सिन्हा ने कहा कि देश को सेना, पुलिस और केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों के शौर्य और वीरता पर पूरा भरोसा है और इन सभी एजेंसियों को मिलकर पहलगाम आतंकवादी हमले के गुनहगारों और मददगारों की पहचान कर, उनके पूरे नेटवर्क को खत्म करने की दिशा में सतत कार्रवाई करनी चाहिए। सेना प्रमुख शुक्रवार को घाटी पहुंचे थे, जहां उन्होंने पहलगाम हमले के बाद की स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने बताया कि सेना प्रमुख जम्मू-कश्मीर की समग्र सुरक्षा स्थिति की समीक्षा करेंगे और शीर्ष सैन्य अधिकारी उन्हें हमले के बाद उठाए गए कदमों की जानकारी देंगे। recent visitors 21

सनराइजर्स हैदराबाद ने चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का लिया फैसला

नई दिल्ली चेन्नई सुपर किंग्स और सनराइजर्स हैदराबाद के बीच आईपीएल 2025 का 43वां मुकाबला शुक्रवार को एम चिदंबरम स्टेडियम में खेला जा रहा है। सनराइजर्स हैदराबाद के कप्तान पैट कमिंस ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी का फैसला किया है।चेन्नई ने दो बदलाव किए हैं। रचिन और शंकर को बाहर का रास्ता दिखाया गया है, जबकि ब्रेविस और हुड्डा को प्लेइंग इलेवन में जगह मिली है। चेन्नई ने किए दो बदलाव सनराइजर्स हैदराबाद के कप्तान पैट कमिंस ने इंडियन प्रीमियर लीग में शुक्रवार को चेन्नई सुपरकिंग्स के खिलाफ टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। सुपरकिंग्स ने दो बदलाव करते हुए रचिन रविंद्र और विजय शंकर की जगह डेवाल्ड ब्रेविस और दीपक हुड्डा को एकादश में शामिल किया है। सनराइजर्स हैदराबाद प्लेइंग इलेवन सनराइजर्स हैदराबाद (प्लेइंग इलेवन): अभिषेक शर्मा, ईशान किशन, नितीश कुमार रेड्डी, हेनरिक क्लासेन (विकेटकीपर), अनिकेत वर्मा, कामिंडु मेंडिस, पैट कमिंस (कप्तान), हर्षल पटेल, जयदेव उनादकट, जीशान अंसारी, मोहम्मद शमी चेन्नई सुपर किंग्स प्लेइंग इलेवन चेन्नई सुपर किंग्स (प्लेइंग इलेवन): शेख रशीद, आयुष म्हात्रे, सैम करन, रवींद्र जड़ेजा, देवाल्ड ब्रेविस, शिवम दुबे, एमएस धोनी (विकेटकीपर/कप्तान), दीपक हुडा, नूर अहमद, खलील अहमद, मथीशा पथिराना सनराइजर्स हैदराबाद ने जीता टॉस सनराइजर्स हैदराबाद ने चेन्नई सुपर किंग्स के खिलाफ टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया है। recent visitors 36

कोंडागांव : जिले की ग्राम पंचायतों में जनचौपाल का आयोजन शुरू

कोंडागांव जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में मूलभूत सुविधाओं का आकलन करने हेतु कलेक्टर श्रीमती नुपुर राशि पन्ना के निर्देशानुसार जिले के ग्राम पंचायतों में जनचौपाल का आयोजन प्रारंभ हो गया है। निर्धारित तिथियों के अनुसार आयोजित हो रहे जनचौपालों में जिला स्तरीय नोडल अधिकारी उपस्थित होकर ग्रामीण क्षेत्रों में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं का आकलन कर रहे हैं। इस दौरान शासकीय भवनों की वर्तमान स्थिति का निरीक्षण किया जा रहा है तथा ग्रामीणों को शासन की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित होने की स्थिति की जानकारी एकत्रित की जा रही है। recent visitors 32

बेमेतरा : कलेक्टर ने किया जिला अस्पताल का औचक निरीक्षण, मरीजों से की सीधी बातचीत, दिए स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार के निर्देश

बेमेतरा कलेक्टर एवं दंडाधिकारी रणबीर शर्मा ने आज शुक्रवार को जिला अस्पताल बेमेतरा का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सुविधाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने अस्पताल के विभिन्न वार्डों में जाकर भर्ती मरीजों से सीधे संवाद किया, उनका हालचाल जाना और इलाज से जुड़ी उनकी संतुष्टि की स्थिति पर जानकारी प्राप्त की।कलेक्टर शर्मा ने महिला वार्ड, शिशु वार्ड, जनरल वार्ड, आपातकालीन कक्ष, औषधि वितरण कक्ष, ऑपरेशन थियेटर और ओपीडी सहित अन्य प्रमुख हिस्सों का निरीक्षण किया। उन्होंने प्रत्येक वार्ड में साफ-सफाई की स्थिति, बेड की उपलब्धता, बिजली और पानी की आपूर्ति, पंखों और कूलर की कार्यशीलता तथा मरीजों को मिलने वाली भोजन व्यवस्था की भी बारीकी से जांच की। मरीजों से संवाद और समस्याओं का त्वरित समाधान निरीक्षण के दौरान कई मरीजों और उनके परिजनों ने अपनी समस्याएं और सुझाव साझा किए। जिलाधीश ने डॉक्टर से कहा की हॉस्पिटल मे आवश्यकता अनुसार दवाइयों की स्टॉक पर्याप्त उपलब्ध रहे । कलेक्टर ने अस्पताल प्रबंधन को निर्देश दिए कि मरीजों को पौष्टिक एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन समय पर उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि अस्पताल में इलाज के साथ-साथ मरीजों के लिए गरिमापूर्ण और सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना प्रशासन की जिम्मेदारी है। डॉक्टरों और कर्मचारियों को निर्देश कलेक्टर रणबीर शर्मा ने डॉक्टरों के कक्षों में पहुंचकर चिकित्सकों से भी चर्चा की और उपस्थित मेडिकल स्टाफ से मरीजों की देखभाल की प्रक्रिया, औषधियों की उपलब्धता, और अस्पताल में उपलब्ध उपकरणों की कार्यप्रणाली की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि चिकित्सक अपने कर्तव्यों का निर्वहन पूरी निष्ठा और संवेदनशीलता के साथ करें। मरीजों के प्रति सहानुभूति का भाव रखें और हर मरीज को समय पर, उचित इलाज मिले, यह सुनिश्चित करें। उन्होंने स्टाफ की उपस्थिति रजिस्टर की भी जांच की और समय पर ड्यूटी पर उपस्थित रहने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी कहा कि अस्पताल में अनुशासन और कार्यकुशलता बनी रहनी चाहिए। स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार प्रशासन की प्राथमिकता कलेक्टर शर्मा ने मीडिया से बातचीत में कहा कि जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता आम नागरिकों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है। इसके लिए अस्पतालों का समय-समय पर निरीक्षण किया जा रहा है और जो भी कमियां सामने आती हैं, उन्हें तुरंत दूर करने के निर्देश दिए जाते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि स्वास्थ्य सुविधा के मामलों किसी भी प्रकार की लापरवाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अस्पतालों में आने वाले हर मरीज को बेहतर इलाज और सुविधा मिलना ही प्रशासन का उद्देश्य है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि आने वाले दिनों में उपस्वास्थ्य केंद्रों और सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों का भी निरीक्षण किया जाएगा। निरीक्षण के दौरान एडीएम अनिल वाजपेयी, एसडीएम प्रकाश भारद्वाज, सीएमएचओ, और अस्पताल प्रबंधक तथा अन्य संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे। recent visitors 29