MP का लाल बना HAL का निदेशक,तेजस सहित अन्य वायुयान निर्माण से भारतीय सेना को सशक्त बनाने में अग्रणी है HAL

झाबुआ झाबुआ में जन्मे और पले बढ़े होकर वर्तमान में इंदौर में निवासरत विभिन्न सामाजिक संगठन में जिम्मेदारी संभाल रहे चार्टर्ड अकाउंट श्री राकेश भावसार , रक्षा क्षैत्र में महती भूमिका निभाते हुए भारतीय सेना को सशक्त बनाने वाली विश्व प्रसिद्ध संस्था हिन्दुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड ( HAL ) में निदेशक के रूप देश के लिए महत्वपूर्ण सेवाएं देंगे। इस संस्था का मुख्यालय बेंगलुरु है। झाबुआ के भावसार परिवार के सदस्य और लोकतंत्र सेनानी पूर्व जिला संघचालक स्व. श्री योगेंद्र भावसार के सुपुत्र श्री राकेश भावसार की आरंभिक स्कूली शिक्षा शासकीय हायर सेकेंडरी स्कूल झाबुआ और गणित विषय के साथ महाविद्यालीन शिक्षा शहीद चंद्रशेखर आजाद स्नातकोत्तर महाविद्यालय झाबुआ में ही हुई। आरम्भ से ही शैक्षणिक और सांस्कृतिक गतिविधियों में अग्रणी रहे सीए श्री राकेश भावसार , स्कूल और कॉलेज के दिनों में नेशनल कैडेट कोर ( एनसीसी ) में भी नियमित रहे है। वहीं , इंदौर में तीन दशक पूर्व सीए की पढ़ाई के समय से ही पारिवारिक पृष्ठभूमि के अनुरूप संघ गतिविधियों में सक्रियता से लगातार जुड़े हुए हैं। वर्तमान में वे शिक्षा के क्षैत्र में सक्रिय , संघ के आनुषांगिक संगठन ” विद्या भारती ” के मालवा प्रांत कोषाध्यक्ष , अवंतिका प्रकाशन न्यास , कोषाध्यक्ष और विश्व में सर्वाधिक संख्या में प्रसारित होने वाली मासिक बालपत्रिका ” देवपुत्र ” से संबद्ध सरस्वती बाल कल्याण न्यास के प्रबंध न्यासी की जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं। उल्लेखनीय है कि हिंदुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) रक्षा मंत्रालय के रक्षा उत्पादन विभाग के प्रशासनिक नियंत्रण के अधीन भारत सरकार का पूर्ण स्वामित्व वाला एक नवरत्न केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रम है। यह सेना के लिए तेजस व अन्य लड़ाकू विमान और ध्रुव हेलीकॉप्टर बनाने वाली अकेली कंपनी है। जिसका मुख्यालय बेंगलुरु (बैंगलोर) में है , यह दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े एयरोस्पेस और रक्षा निर्माताओं में से एक है। HAL की आपूर्तियाँ और सेवाएँ प्रमुख रूप से भारतीय रक्षा सेनाओं, तटरक्षक तथा सीमा सुरक्षा बल के लिए हैं। इसके द्वारा भारतीय विमान वाहकों तथा राज्य सरकारों को भी परिवहन विमानों तथा हेलिकाप्टरों की पूर्ति की जाती है। इसके अलावा यह उपक्रम 30 से अधिक देशों में निर्यात से भी संबद्ध हैं।के पी एस एल वी (ध्रुवीय उपग्रह प्रक्षेपण यान), जी एस एल वी (भू-स्थिर प्रक्षेपण यान), आई आर एस (भारतीय दूरस्थ उपग्रह) तथा इनसाट (भारतीय राष्ट्रीय उपग्रह) जैसे उपग्रह प्रक्षेपण यानों के निर्माण कार्य के अधीन भारतीय अंतरिक्ष कार्यक्रमों में एच ए एल ने गणनीय भूमिका निभायी है। एच ए एल के दो संयुक्त क्षेत्रीय उद्यम भी हैं जैसे बी ए ई – एच ए एल साफ्टवेयर लिमिटेड तथा इण्डो रशियन एवियेशन लिमिटेड (इराल)। भारत सरकार के रक्षा उत्पादन मंत्रालय द्वारा द्वारा सीए श्री राकेश भावसार को हिंदुस्तान ऐरोनॉटिक्स लिमिटेड ( HAL ) का स्वतंत्र निदेशक बनाए जाने पर झाबुआ , इंदौर सहित निमाड़ व मालवा क्षैत्र के सभी स्नेही और वरिष्ठजनों ने बधाई दी है। HAL निदेशक के पद पर श्री राकेश भावसार का कार्यकाल तीन वर्ष रहेगा। भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य व पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष श्री दौलत भावसार , पूर्व जिला महामंत्री श्री कीर्ति भावसार , पूर्व लोकसभा मीडिया प्रभारी श्री अंबरीष भावसार , क्षत्रिय भावसार समाज अध्यक्ष श्री राजेश भावसार सहित माहेश्वरी समाज झाबुआ , सामाजिक महासंघ झाबुआ, सकल व्यापारी संघ झाबुआ व विभिन्न संगठनों द्वारा सीए श्री राकेश भावसार की इस महती उपलब्धि पर बधाई और शुभकामनाएं दी। recent visitors 53

इंदौर में मोहम्मद जावेद ने PM मोदी के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी की और पाकिस्तान के समर्थन में नारे लगाए, हुआ गिरफ्तार

इंदौर मध्य प्रदेश के इंदौर में करणी सेना ने देशविरोधी नारेबाजी करने वाले एक युवक की जमकर धुनाई करने के बाद पुलिस के हवाले कर दिया। मामला गांधी नगर क्षेत्र का है, जहां मेट्रो प्रोजेक्ट में कार्यरत एक कर्मचारी का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। वायरल वीडियो में युवक 'पाकिस्तान जिंदाबाद' के नारे लगाते, भारत के खत्म होने और प्रधानमंत्री के खिलाफ अपशब्द कहता नजर आ रहा है। इस वीडियो के सामने आने के बाद श्री राजपूत करणी सेना ने तुरंत एक्शन लेते हुए युवक को पकड़कर थाने पहुंचाया। करणी सेना के प्रदेश संगठन मंत्री दिग्विजय सिंह सोलंकी के नेतृत्व में कार्यकर्ता गांधी नगर पहुंचे और मौके पर मौजूद मेट्रो प्रोजेक्ट कर्मचारी मोहम्मद जावेद पिता किताब अंसारी को पकड़ लिया। सेना ने पहले उसे जमकर धुनाई की और फिर पुलिस थाने ले जाकर उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। करणी सेना का कहना है कि ऐसे तत्व जो खुलेआम देश के खिलाफ नारे लगाते हैं, उन्हें बख्शा नहीं जाना चाहिए। संगठन मंत्री सोलंकी ने कहा, “देश का अपमान करने वालों को समाज में कोई स्थान नहीं मिलना चाहिए। हम किसी भी कीमत पर ऐसी हरकतों को सहन नहीं करेंगे।” करणी सेना ने प्रशासन से मांग की है कि जावेद अंसारी जैसे तत्वों को सार्वजनिक प्रोजेक्ट्स में कार्य करने की अनुमति नहीं दी जाए और ऐसे लोगों के खिलाफ राष्ट्रद्रोह जैसी कड़ी धाराओं में मुकदमा दर्ज किया जाए। पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जब जावेद के घर की तलाशी ली, तो वहां से गांजे की पुड़िया भी बरामद हुई। पुलिस ने उसे हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है और वीडियो की जांच के साथ अन्य डिजिटल साक्ष्य भी एकत्रित किए जा रहे हैं। गांधी नगर टीआई अनिल यादव के मुताबिक, मामले में आरोपी जावेद के खिलाफ विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वीडियो में दिख रहे और वीडियो बना रहे उसके अन्य साथियों की तलाश की जा रही है। जिन्हें जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा। recent visitors 46

सीहोर के जिला परिवहन अधिकारी रीतेश तिवारी को भोपाल आरटीओ का अतिरिक्त प्रभार, आदेश जारी किये

भोपाल स्कूल बस हादसे में बड़ी लापरवाही सामने आने के बाद भोपाल आरटीओ जितेंद्र शर्मा को निलंबित किये जाने के बाद अब परिवहन विभाग ने सीहोर के जिला परिवहन अधिकारी रीतेश तिवारी को उनकी जगह जिम्मेदारी सौंपी है, उन्हें भोपाल आरटीओ की जिम्मेदारी अतिरिक्त प्रभार के रूप में सौंपी गई है। मध्य प्रदेश में इन दिनों तबादलों का दौर चल रहा है इस बीच विभाग प्रशासकीय दृष्टि से भी अधिकारियों की पदस्थापनाएं कर रहे हैं, परिवहन विभाग ने आज दो अधिकारियों को प्रशासनिक दृष्टिकोण से अलग अलग जिलों में पदस्थ किया है उन्हें ये जिम्मेदारी अतिरिक्त प्रभार के रूप में सौंपी गई है। सीहोर जिला परिवहन अधिकारी को भोपाल का अतिरिक्त प्रभार परिवहन विभाग ने आज गुरुवार 15 मई को आदेश जारी करते हुए खाली पड़े भोपाल आरटीओ पद को अतिरिक्त प्रभार देकर भर दिया है, विभाग ने सीहोर के जिला परिवहन अधिकारी रीतेश तिवारी को भोपाल का नया आरटीओ पदस्थ किया है। इस महिला अधिकारी को नरसिंहपुर जिले की जिम्मेदारी   इसी तरह कार्यालय संभागीय उप परिवहन आयुक्त जबलपुर में पदस्थ सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी रमा दुबे को नरसिंहपुर के जिला परिवहन अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार सौंपा है, आदेश में कहा गया है ये अतिरिक्त प्रभार प्रशासकीय द्रष्टि स एकिये जा रहे हैं इसलिए दोनों अधिकारी तत्काल कार्यभार ग्रहण करें। recent visitors 36

शिक्षा की राह में अब नहीं कोई रुकावट, समाधान शिविर में चांदनी को मिला श्रवण यंत्र का सहारा

गौरेला पेंड्रा मरवाही मरवाही जनपद के ग्राम पंचायत लरकेनी की कक्षा 8वीं की छात्रा चांदनी रैदास, जो सुनने की परेशानी से जूझ रही थी, अब नई उम्मीद के साथ अपनी पढ़ाई जारी रख रही है। सुखीलाल की पुत्री चांदनी ने समाधान शिविर निमधा में श्रवण यंत्र के लिए आवेदन किया था। समाज कल्याण विभाग ने उसकी समस्या को गंभीरता से लेते हुए विशेष प्राथमिकता दी और तुरंत ही श्रवण यंत्र प्रदान कर दिया। अब चांदनी स्पष्ट रूप से सुन पा रही है, जिससे न केवल उसकी पढ़ाई आसान हो गई है, बल्कि उसके जीवन में एक नया आत्मविश्वास भी जगा है। चांदनी के परिजन इस मदद से बेहद खुश हैं। उन्होंने कहा, “अब हमारी बेटी बिना किसी रुकावट के पढ़ाई कर सकेगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जी का सुशासन तिहार और समाधान शिविर हमारे लिए वरदान साबित हुई है।” यह घटना न सिर्फ शासन की संवेदनशीलता का उदाहरण है, बल्कि यह भी दर्शाती है कि सही समय पर की गई सहायता किसी के जीवन की दिशा बदल सकती है। श्रवण यंत्र मिलने पर उन्होंने विधायक श्री प्रणव कुमार मरपची, जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री समीरा पैकरा एवं उपाध्यक्ष राजा उपेन्द्र बहादुर सिंह और कलेक्टर श्रीमती लीना कमलेश मंडावी के प्रति आभार व्यक्त किया है। recent visitors 28

इंदौर में आज शाम 4 बजे सिविल डिफेंस अभियान के अंतर्गत बड़ा गणपति चौराहे से राजबाड़ा तक विशाल तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी

 इंदौर इंदौर में आज शाम 4 बजे सिविल डिफेंस अभियान के अंतर्गत बड़ा गणपति चौराहे से राजबाड़ा तक विशाल तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। इस यात्रा का आयोजन भारतीय जनता पार्टी द्वारा किया जा रहा है, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव भी भाग लेंगे। यात्रा का प्रारंभ बड़ा गणपति चौराहे से होगा और समापन राजबाड़ा पर किया जाएगा। करीब डेढ़ किलोमीटर लंबी इस यात्रा की संपूर्ण व्यवस्था आठ विधानसभा क्षेत्रों के भाजपा कार्यकर्ताओं को सौंपी गई है। मुख्यमंत्री की उपस्थिति में 16 मई को आयोजित इस यात्रा की तैयारी हेतु मार्ग को देशभक्ति के रंगों से सजाया जा रहा है। विधानसभा क्षेत्रवार सजावट की जिम्मेदारी, कार्यकर्ता जुटे तैयारी में तिरंगा यात्रा के मार्ग को सजाने की जिम्मेदारी भाजपा के आठों विधानसभा क्षेत्रों की टीमों को दी गई है। सभी कार्यकर्ता आज बड़ा गणपति चौराहा पर एकत्रित होंगे, जहां से यात्रा आरंभ होगी। प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र को उनके हिस्से के मार्ग की सजावट का कार्य सौंपा गया है। इसके लिए प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में अलग-अलग समय पर बैठकें आयोजित की गईं, जिनमें संबंधित क्षेत्र के विधायक, प्रमुख नेता और अधिकृत पदाधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में मंडल, वार्ड और बूथ स्तर के कार्यकर्ता भी शामिल हुए और जिम्मेदारियां तय की गईं। 200 से अधिक मंचों की तैयारी, समाजों का मिला समर्थन तिरंगा यात्रा के लिए करीब डेढ़ किलोमीटर लंबे मार्ग को पूरी तरह देशभक्ति की भावना से सजाया गया है और यह लगभग तैयार हो चुका है। दोपहर तक शेष कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा। मार्ग में यात्रा का स्वागत करने के लिए विभिन्न संगठनों द्वारा 200 से अधिक मंचों की तैयारी की जा रही है। भाजपा ने अपने नेताओं से मंच न लगाने का आग्रह किया है। पार्टी द्वारा गठित विशेष टीमें अनाज मंडी, सब्जी मंडी, लोहा मंडी और मजदूर चौक जैसे स्थानों पर जाकर लोगों से संपर्क कर रही हैं। इस यात्रा के प्रचार-प्रसार के लिए व्यापक स्तर पर प्रयास किए जा रहे हैं। महू में 18 मई को ऐतिहासिक तिरंगा यात्रा, ऑपरेशन सिंदूर पर फोकस महू में 18 मई को सुबह 10 बजे एक और ऐतिहासिक तिरंगा यात्रा निकाली जाएगी। भाजपा जिला अध्यक्ष श्रवण सिंह चावड़ा ने बताया कि इस यात्रा का उद्देश्य भारतीय सैनिकों का मनोबल बढ़ाना और उन्हें सम्मान देना है। उन्होंने कहा कि हाल ही में पहलगाम में पाकिस्तानी आतंकियों द्वारा किए गए कायराना हमले से देश में आक्रोश फैला था, जिसका माकूल जवाब भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के जरिए दिया। सेना ने आतंकी ठिकानों को नष्ट कर दुनिया को भारत की शक्ति का परिचय कराया। इस यात्रा में भाग लेने वाले नागरिक ऑपरेशन सिंदूर के प्रतीक चिन्ह वाली तख्तियां लेकर चलेंगे, जिन पर पाकिस्तान विरोधी नारे और भारत माता व भारतीय सेना के जयकारे लिखे होंगे। यात्रा में 90 सामाजिक संगठनों ने भाग लेकर इसे ऐतिहासिक बनाने का संकल्प लिया है।   recent visitors 21

बाघों के साथ छेड़छाड़ के दो वीडियो चर्चा में, वन्यजीवों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल

सवाई माधोपुर रणथंभौर टाइगर रिजर्व से दो चौंकाने वाले वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिन्होंने वन्यजीवों की सुरक्षा और प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इन वीडियो में एक व्यक्ति बाघों के अत्यंत निकट नजर आ रहा है, कभी नवजात शावकों को सहलाते हुए तो कभी बाघ के पास रील बनाने की कोशिश करते हुए। पहला वीडियो रणथंभौर की फलौदी रेंज के देवपुरा वन क्षेत्र का बताया जा रहा है, जहां बाघिन RBT-2302 ने हाल ही में तीन शावकों को जन्म दिया है। वीडियो में देखा जा सकता है कि तीनों शावक एक पाइप में बैठे हैं और एक व्यक्ति उनके पास जाकर उन्हें हाथ लगा रहा है, उन्हें सहला रहा है और वीडियो बना रहा है। विशेषज्ञों की मानें तो यदि इस दौरान बाघिन वहां पहुंच जाती, तो बड़ा हादसा हो सकता था। दूसरा वीडियो फलौदी रेंज के जोन नंबर 10 (झोझेश्वर व कैलाशपुरी के बीच) का है। इसमें एक पर्यटक वाहन से उतरा युवक बाघ के बेहद नजदीक पैदल जा रहा है, जो तालाब में पानी पी रहा है। वीडियो में युवक रील बनाने के लिए अपनी जान जोखिम में डालता नजर आ रहा है। सौभाग्यवश बाघ ने हमला नहीं किया, वरना एक और अनहोनी हो सकती थी। इन दोनों घटनाओं ने साफ कर दिया है कि रणथंभौर टाइगर रिजर्व में वन्यजीवों की सुरक्षा भगवान भरोसे है। वन विभाग की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है लेकिन वायरल वीडियो ने विभाग की तैयारियों और सतर्कता की पोल खोलकर रख दी है। गौरतलब है कि हाल ही में रणथंभौर में दो बड़ी घटनाएं हो चुकी हैं, जिसमें 16 अप्रैल को टाइगर के हमले में एक सात वर्षीय बालक की मौत हो गई थी और 11 मई को बाघिन कनकटी ने रेंजर देवेंद्र चौधरी को मार डाला था। इन घटनाओं के बाद भी सुरक्षा में इस प्रकार की चूक वन विभाग की गंभीर लापरवाही को उजागर करती है। विशेषज्ञ मानते हैं कि इंसानों का इस तरह बाघों के करीब जाना न केवल उनकी खुद की जान के लिए खतरा है, बल्कि इससे बाघों का प्राकृतिक व्यवहार भी प्रभावित होता है। शावकों के साथ इस तरह की छेड़छाड़ बाघों के आक्रामक व्यवहार का कारण बन सकती है। recent visitors 34

NEET UG के रिजल्ट पर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने लगाई रोक, NTA को दिए ये निर्देश

इंदौर NEET-UG 2025 परीक्षा के दिन मध्य प्रदेश के इंदौर जिले के करीब 11 परीक्षा केंद्रों पर बिजली गुल हो गई थी। इस समस्या ने न सिर्फ परीक्षार्थियों को प्रभावित किया, बल्कि परीक्षा केंद्रों की गंभीर लापरवाही को भी उजागर कर दिया। नीट अभ्यर्थियों को अंधेरे में परीक्षा देना पड़ा। ऐसे में कई कैंडिडेट्स को दिक्कत हुई। इस मामले को लेकर एमपी हाईकोर्ट में याचिका दायर हुई जिसकी सुनवाई करते हुए कोर्ट ने अगले आदेश तक रिजल्ट न घोषित करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने अगले आदेश तक लगाई रिजल्ट पर रोक     गुरुवार को एक याचिका पर सुनवाई हुई जिसमें परीक्षा के दौरान अव्यवस्था और उम्मीदवारों के साथ अन्याय का मुद्दा उठाया गया था। याचिकाकर्ता ने तर्क दिया कि परीक्षा आयोजित करने वाली संस्था की जिम्मेदारी है कि वह परीक्षा केंद्रों पर आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करे। अब हाईकोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए एक परीक्षा के परिणामों पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने निर्देश दिया है कि अगली सुनवाई तक परिणाम घोषित नहीं किए जाएं। यह फैसला उन छात्रों के लिए राहत भरा है जिन्होंने परीक्षा में अव्यवस्था का सामना किया था। NTA को HC का निर्देश हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) को स्पष्ट निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने यह माना कि जिन केंद्रों पर परीक्षा के समय बिजली नहीं थी, वहां छात्रों के साथ अनुचित व्यवहार हुआ। इससे परीक्षा की निष्पक्षता पर सवाल उठे हैं। परीक्षा में बिजली गुल हो जाना केवल एक तकनीकी चूक नहीं बल्कि हजारों छात्रों के भविष्य पर सीधा असर डालने वाला मसला है। कोर्ट ने NTA से यह भी पूछा कि ऐसी स्थिति में उसकी क्या तैयारी थी और कौन जिम्मेदार है? इंदौर खंडपीठ का रुख सख्त MP हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए स्पष्ट किया कि जब तक अगली सुनवाई नहीं होती, NEET UG 2025 का रिजल्ट जारी नहीं किया जाएगा। इस फैसले से उन अभ्यर्थियों को आशा की किरण मिली है, जिनका परीक्षा अनुभव तकनीकी कारणों से प्रभावित हुआ। NEET जैसी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा में इस तरह की अव्यवस्था ने एक बार फिर भारत के परीक्षा तंत्र पर सवाल खड़े कर दिए हैं। बिजली जैसे मूलभूत संसाधन की अनुपलब्धता दर्शाती है कि परीक्षा केंद्रों की तैयारियों में भारी खामी रही। 11 केंद्रों की बिजली चली गई, अंधेरा छा गया इंदौर में 49 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे, जहां लगभग 27 हजार छात्रों ने परीक्षा दी। इसी दौरान अचानक मौसम बदल गया। तेज बारिश और करीब 120 किमी/घंटा की रफ्तार से चली आंधी ने पूरे शहर की बिजली व्यवस्था ठप कर दी। इसके चलते करीब 11 सेंटरों की बिजली चली गई और परीक्षा केंद्रों में अंधेरा छा गया। पेपर तक नहीं पढ़ पा रहे थे, मोमबत्ती जलाई बिजली गुल होने की वजह से कई छात्रों को मोमबत्ती और मोबाइल टॉर्च की रोशनी में पेपर देना पड़ा। घना अंधेरा होने के कारण बहुत से छात्र प्रश्नपत्र तक ठीक से पढ़ नहीं पाए। परीक्षा के बाद कई छात्र रोते हुए बाहर निकले। प्रभावित अभ्यर्थियों का कहना है कि, उन्होंने पूरी मेहनत से तैयारी की थी, लेकिन खराब व्यवस्था ने उनका भविष्य संकट में डाल दिया। जानकारी के मुताबिक इंदौर के जिन 11 सेंटरों में बिजली गुल हुई, वहां करीब 600 छात्रों की परीक्षा सीधे तौर पर प्रभावित हुई। यह पहला मौका था जब NTA ने शहर के सरकारी स्कूलों में परीक्षा केंद्र बनाए थे। यहां पावर बैकअप का कोई इंतजाम नहीं था। कुछ केंद्रों पर हो चुकी दो बार परीक्षा एक्सपर्ट का कहना है कि ओडिशा में चक्रवात के दौरान 2016 में एनटीए ने प्रभावित बच्चों के लिए दोबारा एग्जाम कराया था। नियमों की गफलत से 2022 में होशंगाबाद सहित कुछ अन्य केंद्रों पर भी ऐसा हो चुका है। recent visitors 53