वह भद्रजन थे: प्रधानमंत्री मोदी, गंभीर, हरभजन ने अंशुमन गायकवाड़ को याद किया

नई दिल्ली  भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व क्रिकेटर और कोच अंशुमन गायकलाड़ अब नहीं रहे। अंशुमन लंबे समय से ब्लड कैंसर से जूझ रहे थे। उनकी हालत को देख कपिल देव ने मदद के लिए पूरा सपोर्ट किया। कपिल देव ने उनकी मदद के लिए अपनी पेंशन डोनेट करने का फैसला किया था। वहीं, बीसीसीआई ने भी मदद करते हुए उनके इलाज के लिए 1 करोड़ रुपये देने का एलान किया था, लेकिन कैंसर जैसी गंभीर बीमारी को अंशुमान मात नहीं दे सके और 71 साल की उम्र में वह दुनिया छोड़कर चले गए। अंशुमन गायकवाड़ के निधन पर गौतम गंभीर समेत कई बड़ी हस्तियों ने दुख का इजहार किया है। दरअसल, पूर्व भारतीय कोच अंशुमन गायकवाड़ का 71 साल की उम्र में ब्लड कैंसर की वजह से निधन हो गया। 12 साल के करियर में गायकवाड़ ने 40 टेस्ट और 15 वनडे मैच खेले, जिसमें उन्होंने 2254 रन बनाए। 1983 में जालंधर में पाकिस्तान के खिलाफ 201 रन उनके करियर का सर्वोच्च स्कोर रहा। अंशुमन की बीमारी का सबसे पहले उजागर पूर्व क्रिकेटर संदीप पाटिल ने किया था। पाटिल ने बताया था कि गायकवाड़ एक साल से ज्यादा समय से अपनी बीमारी से बहादुरी से लड़ रहे हैं और लंदन में उनका इलाज चल रहा है। अंशुमन की बीमारी की जानकारी मिलने के बाद 1983 विश्व विजेता कप्तान कपिल देव ने उनकी मदद के लिए हाथ बढ़ाया। मोहिंदर अमरनाथ, सुनील गावस्कर, संदीप पाटिल, दिलीप वेंगसरकर, मदन लाल, रवि शास्त्रा और कीर्ति आजाद जैसे पूर्व दिग्गजों ने भी उनकी बीमारी के इलाज के लिए पैसे जुटाने में मदद की। लेकिन अंशुमन कैंसर जैसी बीमारी से लड़ते-लड़ते दुनिया को अलविदा कह गए। उनके निधन के बाद क्रिकेट जगत में शोक की लहर दौड़ पड़ी। पीएम मोदी से लेकर भारत के नए कोच गौतम गंभीर समेत कई क्रिकेटर्स उनके निधन पर दुख जता रहे हैं। वह भद्रजन थे: प्रधानमंत्री मोदी, गंभीर, हरभजन ने अंशुमन गायकवाड़ को याद किया  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर और हरभजन सिंह ने अंशुमन गायकवाड़ के निधन पर शोक व्यक्त करते हुए उन्हें वास्तविक भद्रजन बताया। एक खिलाड़ी, कोच और चयनकर्ता के रूप में भारतीय क्रिकेट की सेवा करने वाले गायकवाड़ का रक्त कैंसर के कारण शनिवार को निधन हो गया। उन्होंने भारत की तरफ से 40 टेस्ट और 15 एक दिवसीय अंतरराष्ट्रीय मैच खेले। प्रधानमंत्री मोदी ने गायकवाड़ के निधन पर शोक व्यक्त किया और कहा कि उन्होंने भारतीय क्रिकेट में बहुत बड़ा योगदान दिया है। मोदी ने अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट पर लिखा, ‘‘अंशुमन गायकवाड़ जी को क्रिकेट में उनके योगदान के लिए याद किया जाएगा। वह एक प्रतिभाशाली खिलाड़ी और उत्कृष्ट कोच थे। उनके निधन से दुख हुआ। उनके परिवार और प्रशंसकों के प्रति संवेदना। ओम शांति।’’ भारत की सीमित ओवरों की श्रृंखला के लिए अभी श्रीलंका गए गंभीर ने अपने एक्स अकाउंट पर लिखा, ‘‘अंशुमन गायकवाड़ जी के निधन की खबर से दुखी हूं। भगवान उनके परिवार और प्रियजनों को शक्ति दे।’’ हरभजन के गायकवाड़ के साथ बहुत अच्छे संबंध थे। उन्होंने 1998 में जब अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में पदार्पण किया था तब गायकवाड टीम के कोच थे। हरभजन ने कहा, ‘‘अंशुमन गायकवाड़ का निधन दिल तोड़ने वाली खबर है। उनके कोच रहते हुए टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण की मेरे साथ सुखद यादें जुड़ी हैं। वह वास्तव में भद्रजन थे। उनके निधन से भारतीय क्रिकेट को बड़ी क्षति पहुंची है। उनकी आत्मा को शांति मिले। परिवार के प्रति संवेदना।’’ गृह मंत्री अमित शाह ने कहा, ‘‘अंशुमान गायकवाड़ जी के निधन से गहरा दुख हुआ, एक महान क्रिकेटर, जिनके क्रिकेट कौशल ने भारतीय क्रिकेट का गौरव बढ़ाया। दुख की इस घड़ी में उनके परिजनों के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं हैं। ओम शांति।’’ भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) के सचिव जय शाह ने कहा, ‘‘अंशुमन गायकवाड़ के परिवार और दोस्तों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं। पूरे क्रिकेट जगत के लिए यह दुखद है। भगवान उनकी आत्मा को शांति दे।’’ बीसीसीआई ने हाल में गायकवाड़ के उपचार के लिए एक करोड़ रुपये दिए थे, जिनका लंदन के किंग्स कॉलेज अस्पताल में इलाज चल रहा था। पाकिस्तान के पूर्व कप्तान रमीज़ राजा ने भी गायकवाड़ को श्रद्धांजलि देते हुए कहा, ‘‘अंशुमान गायकवाड़ के निधन से बहुत दुखी हूं। एक मिलनसार, विनम्र सज्जन व्यक्ति। वह मेरे दिवंगत भाई के दोस्त थे, जिससे मैं उनका प्रशंसक बन गया। कैंसर के खिलाफ बहादुरी से लड़े और अपनी बल्लेबाजी की तरह अपना सब कुछ झोंक दिया।’’   recent visitors 127

चावल के आटे का स्क्रब इस्तेमाल करें: त्वचा से मृत त्वचा और गंदगी हटाएं

हर लड़की चाहती है कि मेरी स्किन इतनी ज्यादा क्लीन और स्मूथ हो जाए कि हाथ लगाते ही गोल सॉफ्ट लगें। लेकिन केमिकल वाले ब्यूटी प्रोडक्ट का इस्तेमाल करने से स्किन ड्राई हो जाती है। लेकिन आपके किचन में ही एक ऐसा पाउडर मौजूद है जो चेहरे की सारी गंदगी को साफ कर डेड स्किन को रीमूव कर चमकती और कोमल त्वचा देने में मदद कर सकता है। हम बात कर रहे हैं चावल के आटे की, जो सेहत के साथ-साथ आपकी त्वचा के लिए भी बेहद फायदेमंद है। पुराने समय से ही चावल के आटे का इस्तेमाल चेहरे के लिए किया जाता रहा है। ये सफेद पाउडर आपके स्किन के लिए कितना फायदे है और इससे आप स्क्रब कैसे बना सकते हैं, आइए आपको बताते हैं। चावल के आटे के स्क्रब के फायदे चावल का आटा हमारी स्किन के लिए किसी कॉसमेटिक से कम नहीं है। ये डेड स्किन को साफ कर त्वचा को कोमल बनाने में मदद करता हैं। इसमें विटामिन और मिनरल्स भरपूर मात्रा में पाए जाते हैं, जो त्वचा को नरिश करने का काम करते हैं। चावल के आटे में एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण होते हैं जो सूजन और रेडनेस को कम करने में फायदेमंद होते हैं। चावल का आटा एजिंग साइन को कम करता है क्योंकि इसमें मौजूद एमिनो एसिड त्वचा को टाइट करने में मदद करते हैं। साथ ही चेहेर से गंदगी को साफ कर ब्लैकहेड्स और व्हाइटहेड्स को कम करने में भी फायदेमंद होता है। चावल के आटे का स्क्रब कैसे बनाएं? चावल के आटे का स्क्रब बनाना बहुत आसान है। बस इन सामग्री की जरूरत होगी- चावल का आटा- 2 चम्मच दही- 1 चम्मच शहद- 1 चम्मच नींबू का रस- कुछ बूंदें (ऑयली स्किन के लिए) नारियल का तेल- 1 चम्मच (ड्राई स्किन के लिए) ऐसे करें स्क्रब तैयार सबसे पहले एक कटोरे में चावल का आटा लें। अब इसमें दही, शहद और अपनी स्किन के अनुसार नारियल का तेल या नींबू का रस मिला लें। सभी सामग्री को अच्छी तरह मिलाकर एक गाढ़ा पेस्ट तैयार कर लें। लीजिए चावल के आटे का स्क्रब तैयार है। अब इसे अपने चेहरे पर लगाएं और हल्के हाथों से घिसें। 3-4 मिनट कर स्क्रब से मसाज करें और फिर 15-20 मिनट के लिए छोड़ दें। समय पूरा होने के बाद नॉर्मल पानी से फेस वॉश कर लें।​ चावल के आटे में कॉफी मिलाकर बनाएं स्क्रब आप चाहें तो चावल के आटे और कॉफी का स्क्रब भी बना सकते हैं। इसमें एंटी एजिंग गुण होते हैं जिसे अगर दही और चावल के आटे में मिलाकर लगाने से झुर्रियां कम होती है। साथ ही ग्लोइंग स्किन के लिए ये बहुत ही फायदेमंद नुस्खा है। आप स्क्रब बनाकर एक जार में स्टोर कर सकते हैं। ध्यान रखें रोज स्क्रब न करें बल्कि हफ्ते में 3 बार ही करें। recent visitors 225

हमारे लिए पैसे का महत्व नहीं है, संबंधों का महत्व है – सीएम यादव

चित्रकूट सीएम डॉ. मोहन यादव आज सतना के चित्रकूट में आयोजित प्रदेश स्तरीय आभार सह-उपहार कार्यक्रम में सम्मिलित हुए और लाड़ली बहनों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि रक्षाबंधन के पावन पर्व पर सरकार बहनों को 250 रुपए अतिरिक्त देगी और ये राशि प्रतिमाह जारी होने वाली 1250 रुपए की राशि से अलग है। इसी के उज्जवला योजना की हितग्राही लाड़ली बहनों को गैस सिलेंडर के लिए 450 रूपये भी दिए जाएँगे। इस कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने मंच से बहनों के लिए गीत भी गाया। मुख्यमंत्री ने मंच से गाया ‘एक हज़ारों में मेरी बहना है’ सतना में आयोजित कार्यक्रम में लाड़ली बहनों ने एक विशाल राखी मुख्यमंत्री को भेंट की। इसके बाद सीएम मोहन यादव ने मंच से ‘फूलों का तारों का सबका कहना है..एक हज़ारों में मेरी बहना है’ गीत गाकर उनसे प्रति अपनी स्नेहासिक्त भावनाओं का इज़हार किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘रक्षाबंधन का त्योहार हमारे परस्पर संबंधों के लिए महत्वपूर्ण है। हमारे हज़ारों साल से ये परंपरा रही है कि त्योहारों के माध्यम से हम समाज में अंतिम पंक्ति में बैठे लोगों के साथ भी संबंधों का निर्वाह कर सकें। हमने मकर संक्रांति का पर्व भी मनाया था। गुड़ी पड़वा भी मनाया। इसके बाद गुरु पूर्णिमा का पर्व आया। अब राखी का त्योहर आया है। हमारी बहनें माता पिता के बाद सबसे अधिक हमसे प्रेम करती हैं। ये हमारी संस्कृति है। हमारे परिवार में एक दूसरे को लेकर चलने का भाव सदा रहा है। बहनें शादी से पहले भी और बाद में भी अपने भाई के साथ सदैव अपने संबंध बनाए रखती हैं।’ ‘किसी हाल में बंद नहीं होगी लाड़ली बहना योजना’ इस अवसर पर सीएम ने कहा कि ‘बहुत सारे लोग सरकार बनने के बाद कह रहे थे कि ये योजना बंद हो जाएगी…तुम्हारी पार्टी बंद हो जाएगी लेकिन हमारी योजना बंद नहीं होगी। ये भाई और बहनों के बीच का रिश्ता है। तुम बोलते बोलते रहो..हम देते रहेंगे देते रहेंगे। जो रोते रहेंगे वो रोते रहेंगे..उससे कोई फ़र्क नहीं पड़ता। पैसे का महत्व नहीं है..संबंधों का महत्व है। 1 करोड़ 39 लाख बहनों से हमें असीम प्यार मिला है।’ सीएम ने कहा कि राखी 19 अगस्त की है लेकिन हम पूरे महीने इस त्योहार को मनाएँगे क्योंकि हमें तो प्रदेश की लाखों करोड़ों बहनों से राखी बँधवाना है।’ उन्होंने कहा कि ‘आज बहनों ने जो विशाल राखी दी है उस स्नेह से मैं गद्गद हूँ। जिसकी इतनी बहनें हों वो कितना भाग्यशाली है। आज से ये उत्सव प्रारंभ हुआ है पूरे महीने चलेगा। दस तारीख को एक साथ सिंगल क्लिक के जरिए 1250 और 250 रूपये दोनों राशि मिलाकर 1500 रूपये दिए जाएँगे। ये राशि रक्षाबंधन पर्व के दस दिन पहले ही लाड़ली बहनों के खाते में आ जाएगी ताकि आप सभी अच्छे से अपना त्योहार मना सकें। इसी के साथ जो भी बहनें उज्जवला गैस कनेक्शन की हितग्राही हैं और जिन्होंने लाड़ली बहना ने उज्जवला योजना के फ़ॉर्म भरे थे..उन सबके खाते में 450 रूपये भी डाले जाएँगे।’ मुख्यमंत्री ने कहा कि हम रोज़गार कि दिशा में भी लगातार काम कर रहे हैं और बड़े पैमाने पर रोज़गार स्थापित करेंगे। recent visitors 122

कंगना रनौत का पोस्ट पारसी दादा, ईसाई मां, नाना मुस्लिम राहुल गांधी फिर भी कैसे हैं कौल ब्राह्मण!

नई दिल्ली राहुल गांधी के लोकसभा में कास्ट के कमेंट पर कंगना रनौत ने तंज कसा है। उनका इंस्टाग्राम पोस्ट वायरल है। राहुल गांधी का कहना था कि अनुराग ठाकुर ने लोकसभा में उनको बेइज्जत किया और गाली दी। अब कंगना ने उनका पुराना वीडियो शेयर किया है जिसमें राहुल भी लोगों से जाति पूछते दिख रहे हैं। कंगना ने राहुल गांधी के लिए लिखा है कि उनकी जाति-पात का कुछ पता नहीं है। ऐसा लगता हैकि पास्ता को करी पत्ता का तड़का लगाया गया है। राहुल गांधी को घेरा कंगना रनौत राजनीति में ऑफिशियल एंट्री के बाद अब पॉलिटिकल बहस पर खुलकर पोस्ट करती हैं। उन्होंने रीसेंट इंस्टा पोस्ट में लिखा है, अपनी जात का कुछ पता नहीं, नानू मुस्लिम, दादी पारसी, मम्मी क्रिश्चन और खुद ऐसा लगता है जैसे पास्ता को करी पत्ते का तड़का लगाकर खिचड़ी बनाने की कोशिश की हो और इनको सबकी जात पता करनी है। कंगना ने लिखा है, वह सरेआम लोगों से इतने भौंडे तरीके से उनकी जाति कैसे पूछ सकते हैं। राहुल गांधी पर शर्म आती है। कंगना ने लगाए 2 वीडियो कंगना ने विपक्ष का दो मुंहा चेहरा हेडिंग से दो पोस्ट किए हैं। एक में राहुल गांधी बोल रहे हैं, इस कमरे में दलित कितने हैं। देखिए, मजा देखिए, इस कमरे में ओबीसी कितने हैं। यह वीडियो अक्टूबर 2023 का है। फिर फरवरी 2024 का एक वीडियो है जिसमें राहुल गांधी एक रैली में जाति के बारे में बात कर रहे हैं। फिर अखिलेश यादव का एक वीडियो लगाया है जिसमें वह चिल्ला रहे हैं कि आपने जाति कैसे पूछ ली। क्या था मामला राहुल गांधी ने मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी के सांसद अनुराग ठाकुर पर इल्जाम लगाया था कि उन्होंने यूनियन बजट सेशन के दौरान उन्हें गाली दी और बेइज्जत किया। अनुराग ने कहा था, 'जिनकी खुद की जाति का पता नहीं वे जाति जनगणना की बात कर रहे हैं।' बाद में अनुराग बोले, मैंने कहा था कि जिनको जाति के बारे में पता नहीं वे जनगणना के बारे में बात कर रहे हैं। मैंने किसी का नाम नहीं लिया। recent visitors 203

विधानसभा से एससीआर विधेयक पास होने के साथ ही गठन की प्रक्रिया शुरू

लखनऊ   राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) की तर्ज पर राज्य राजधानी क्षेत्र (एससीआर) के गठन का रास्ता साफ हो गया है। लखनऊ, हरदोई, सीतापुर, उन्नाव, रायबरेली और बाराबंकी को मिलाते हुए एससीआर का गठन किया जाएगा। इसकी कुल आबादी 22941300 और दायरा 27826 वर्ग किलो मीटर होगा। इसके लिए राज्य सरकार की ओर से विधानसभा में पेश उत्तर प्रदेश राज्य राजधानी क्षेत्र और अन्य क्षेत्र विकास प्राधिकरण विधेयक-2024 बुधवार को पास हो गया। विधानसभा से विधेयक पास होने के साथ ही एससीआर के गठन की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। एससीआर में कुल छह जिले होंगे। लखनऊ 2528, हरदोई 5986, सीतापुर 5743, उन्नाव 4558, रायबरेली 4609 और बाराबंकी जिले का 4402 वर्ग किलो मीटर दायरा इसमें शामिल किया गया है। उत्तर प्रदेश राज्य राजधानी क्षेत्र विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष मुख्यमंत्री को बनाया गया है। इसमें संबंधित जिलों के डीएम को सदस्य बनाया गया है। इसके साथ ही नौ सदस्य और होंगे। अपर मुख्य सचिव आवास, प्रमुख विभागों के प्रमुख सचिव या सचिव या पदेन सचिव सदस्य होंगे। मंडलायुक्त लखनऊ व अयोध्या सदस्य होंगे। प्रबंध निदेशक या उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कार्पोरेशन सदस्य होंगे। लखनऊ के मंडलायुक्त क्षेत्रीय विकास प्राधिकरण का सदस्य सचिव होगा। इसका मुख्यालय लखनऊ में होगा। राज्य राजधानी क्षेत्र में आने वाले जिलों में लखनऊ की जनसंख्या 4589838, हरदोई 4092845, सीतापुर 4483992, बाराबंकी 3108367, रायबरेली 3405559 और उन्नाव की जनसंख्या 3260699 है।   recent visitors 139

भारत को ओलंपिक में मिला तीसरा मेडल! शूटिंग में स्वप्निल कुसाले ने कांस्य पदक जीतकर रचा इतिहास

पेरिस पेरिस ओलंपिक 2024 में गुरुवार (1 अगस्त) को शूटिंग मे भारत ने इतिहास रच दिया। स्वप्निल कुसाले ने 50 मीटर राइफल 3पोजीशन में कांस्य पदक जीता। पहली बार ओलंपिक में ऐसा हुआ है कि एक ही खेल में भारत को 3 मेडल मिले हैं। 50 मीटर राइफल 3पोजीशन में पहली बार कोई भारतीय ओलंपिक फाइनल में पहुंचा और मेडल जीता। भारतीय दल अबतक 3 मेडल जीता है। तीनों ही मेडल शूटिंग में आए हैं। तीनों ही मेडल ब्रॉन्ज हैं। 22 साल की शूटर मनु भाकर 10 मीटर एयर पिस्टल में कांस्य पदक जीतकर पेरिस खेलों में भारत का खाता खोला था। इसके बाद मनु भाकर- सरबजोत सिंह की जोड़ी 10 मीटर मिक्सड टीम ब्रॉन्ज मेडल इवेंट में ब्रॉन्ज मेडल जीती। अब स्वप्निल कुसाले ने 50 मीटर राइफल 3पोजीशन में कांस्य पदक जीता। वह ओलंपिक में शूटिंग में मेडल जीतने वाले 7वें भारतीय बने। पेरिस ओलंपिक में कांस्य पदक जीतने से पहले स्वप्निल मामूली अंतर से विश्व चैंपियनशिप और एशियाई खेलों में पदक से चूक गए थे। दोनों में वह चौथे स्थान पर रहे थे। फाइनल में स्वप्निल कुसाले का प्रदर्शन 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन इवेंट के फाइनल में, स्वप्निल कुसाले निलिंग स्टेज के बाद 153.3 पर छठे स्थान पर थे। प्रोन स्टेज के बाद वह 310.1 के स्कोर के साथ पांचवें स्थान पर थे। इस समय तीसरे स्थान पर मौजूद यूक्रेन के सेरही कुलिश और कुसाले के बीच 0.6 का अंतर था। पहले स्टैंडिंग शॉट्स में कुसाले ने 51.1 का स्कोर के साथ चौथे स्थान पर पहुंच गए। वह तीसरे स्थान से 0.4 से दूर थे। स्वप्निल कुसाले का करियर 2015 में स्वप्निल कुसाले ने कुवैत में 2015 एशियाई शूटिंग चैंपियनशिप में जूनियर वर्ग में 50 मीटर राइफल प्रोन 3 में स्वर्ण पदक जीता। उन्होंने 50 मीटर राइफल प्रोन स्पर्धा में गगन नारंग और चैन सिंह से आगे रहकर तुगलकाबाद में आयोजित 59वीं राष्ट्रीय शूटिंग चैंपियनशिप भी जीती। उन्होंने तिरुवनंतपुरम में 61वीं राष्ट्रीय चैम्पियनशिप में 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन में स्वर्ण पदक जीतकर इ प्रदर्शन को दोहराया। शूटर इवेंट मेडल ओलंपिक राज्यवर्धन सिंह राठौड़ पुरुषों की डबल ट्रैप सिलव्र एथेंस अभिनव बिंद्रा पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल ब्रॉन्ज बीजिंग 2008 गगन नारंग पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल ब्रॉन्ज लंदन 2012 विजय कुमार पुरुषों की 25 मीटर रैपिड फायर पिस्टल ब्रॉन्ज लंंदन 2012 मनु भाकर महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल ब्रॉन्ज पेरिस 2024 मनु भाकर, सरबजोत सिंह मिश्रित टीम 10 मीटर एयर पिस्टल ब्रॉन्ज पेरिस स्वप्निल कुसाले 50 मीटर राइफल 3 पोजीशन ब्रॉन्ज पेरिस 2024 ओलंपिक में मेडल जीतने वाले भारतीय शूटर्स   ओलंप‍िक इत‍िहास में भारत के हुए 38 मेडल, पेर‍िस में तीसरा भारत के ओलंप‍िक मेडल‍िस्ट की पूरी ल‍िस्ट, जानें कौन, कब बना व‍िजेता एथलीट/खेल  मेडल  इवेंट  ओलंप‍िक सीजन नॉर्मन प्रिचर्ड*  स‍िल्वर  पुरुषों की 200 मीटर रेस पेरिस 1900 नॉर्मन प्रिचर्ड**  स‍िल्वर पुरुषों का 200 मीटर बाधा दौड़ (हर्डल रेस) पेर‍िस 1900 भारतीय हॉकी टीम गोल्ड  पुरुष हॉकी एम्स्टर्डम 1928 भारतीय हॉकी टीम गोल्ड पुरुष हॉकी लॉस एंजिल्स 1932 भारतीय हॉकी टीम गोल्ड पुरुष हॉकी बर्लिन 1936 भारतीय हॉकी टीम गोल्ड पुरुष हॉकी लंदन 1948 भारतीय हॉकी टीम गोल्ड पुरुष हॉकी हेल्सिंकी 1952 भारतीय हॉकी टीम गोल्ड पुरुष हॉकी मेलबर्न 1956 केडी जाधव ब्रॉन्ज पुरुषों की बेंटमवेट कुश्ती हेल्सिंकी 1952 भारतीय हॉकी टीम  स‍िल्वर  पुरुष हॉकी रोम 1960 भारतीय हॉकी टीम  गोल्ड  पुरुष हॉकी टोक्यो 1964 भारतीय हॉकी टीम  ब्रॉन्ज पुरुष हॉकी मेक्सिको सिटी 1968 भारतीय हॉकी टीम  ब्रॉन्ज  पुरुष हॉकी म्यूनिख 1972 भारतीय हॉकी टीम  गोल्ड पुरुष हॉकी मास्को 1980 लिएंडर पेस ब्रॉन्ज पुरुष एकल टेनिस  अटलांटा 1996 कर्णम मल्लेश्वरी ब्रॉन्ज भारोत्तोलन (महिलाओं का 54 किग्रा सिडनी 2000 राज्यवर्धन सिंह राठौड़ स‍िल्वर पुरुषों की डबल ट्रैप शूटिंग  एथेंस 2004 अभिनव बिंद्रा गोल्ड पुरुषों की 10 मीटर एयर राइफल शूटिंग बीजिंग 2008 विजेंदर सिंह ब्रॉन्ज पुरुषों की मिडिलवेट बॉक्सिंग (मुक्केबाजी) बीजिंग 2008 सुशील कुमार ब्रॉन्ज पुरुषों की 66 किग्रा कुश्ती बीजिंग 2008 सुशील कुमार स‍िल्वर पुरुषों की 66 किग्रा कुश्ती लंदन 2012 विजय कुमार स‍िल्वर पुरुषों की 25 मीटर रैपिड पिस्टल शूटिंग लंदन 2012 साइना नेहवाल ब्रॉन्ज महिला एकल बैडमिंटन लंदन 2012 मैरी कॉम ब्रॉन्ज महिला फ्लाइवेट मुक्केबाजी लंदन 2012 योगेश्वर दत्त ब्रॉन्ज पुरुष 60 किग्रा कुश्ती लंदन 2012 गगन नारंग ब्रॉन्ज 10 मीटर एयर राइफल शूटिंग लंदन 2012 पीवी सिंधु स‍िल्वर महिला एकल बैडमिंटन रियो 2016 साक्षी मलिक ब्रॉन्ज महिला 58 किग्रा कुश्ती रियो 2016 मीराबाई चानू  स‍िल्वर महिला 49 किग्रा भारोत्तोलन (वेटलिफ्टिंग) टोक्यो 2020 लवलीना बोरगोहेन ब्रॉन्ज महिला वेल्टरवेट बॉक्स‍िंंग (64-69 किग्रा) टोक्यो 2020 पीवी सिंधु  ब्रॉन्ज महिला एकल बैडमिंटन टोक्यो 2020 रवि कुमार दहिया  स‍िल्वर पुरुष फ्रीस्टाइल 57 किग्रा कुश्ती टोक्यो 2020 भारतीय हॉकी टीम  ब्रॉन्ज पुरुष हॉकी टोक्यो 2020 बजरंग पुनिया ब्रॉन्ज पुरुष 65 किग्रा कुश्ती टोक्यो 2020 नीरज चोपड़ा गोल्ड पुरुषों का भाला फेंक (जेवल‍िन थ्रो) टोक्यो 2020 मनु भाकर ब्रॉन्ज  वूमेन्स 10 मीटर एयर पिस्टल पेरिस 2024 मनु भाकर-सरबजोत स‍िंंह  ब्रॉन्ज  म‍िक्स्ड 10 मीटर एयर प‍िस्टल  पेर‍िस 2024  स्वप्निल कुसाले ब्रॉन्ज 50 मीटर राइफल थ्री पोजिशंस पेर‍िस 2024    recent visitors 132

स्पेशल डीजी संजय झा हुए रिटायर, आलोक रंजन प्रमोट

भोपाल  स्पेशल डीजी ट्रेनिंग संजय झा बुधवार 31 जुलाई को सेवानिवृत हो गए। उनकी जगह 1991 बैच के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (एडीजी) प्रबंध आलोक रंजन को स्पेशल डीजी बनाया जाएगा। इसके बाद सितंबर में स्पेशल डीजी एवं डायरेक्टर अभियोजन सुषमा सिंह सेवानिवृत होंगी। उनके स्थान पर एडीजी महिला सुरक्षा प्रज्ञा ऋचा श्रीवास्तव स्पेशल डीजी बनेंगी। बता दें कि संजय झा परिवहन आयुक्त थे, जिन्हें गुना बस हादसे के बाद पुलिस मुख्यालय में पदस्थ किया गया था। इसी वर्ष 30 नवंबर को डीजीपी सुधीर सक्सेना के सेवानिवृत होने पर एक स्पेशल डीजी को डीजीपी बनने का अवसर मिलेगा। ऐसे में स्पेशल डीजी एक पद रिक्त होने पर एडीजी तकनीकी सेवाएं योगेश मुद्गल डीजीपी बनेंगे। बता दें कि प्रदेश में डीजी के काडर पद पांच हैं, पर प्रदेश में काडर और नान काडर मिलाकर इसके 12 पद बनाए गए हैं। काडर पद में डीजीपी के अतिरिक्त, चेयरमैन पुलिस हाउसिंग कारपोरेशन, डीजी होमगार्ड, डीजी जेल और स्पेशल डीजी प्रशिक्षण के पद शामिल हैं। लोकायुक्त और ईओडब्ल्यू में भी डीजी का पद हैं पर यह काडर पद नहीं है। अधिकारी का नाम — पदनाम– सेवानिवृत्ति सुषमा सिंह– स्पेशल डीजी- 30 सितंबर राजेश कुमार गुप्ता – एडीजी- 30 सितंबर अनिल कुमार गुप्ता – एडीजी- 31 अक्टूबर आरके हिंगणकर – डीआइजी -31 अक्टूबर सुधीर कुमार सक्सेना – डीजीपी – 30 नवंबर महेंद्र सिंह सिकरवार – आइजी – 31 दिसंबर recent visitors 149