खौफनाक दृश्य, अस्पताल के टॉयलेट में फंसा था नवजात, निकालने में लगे 7 घंटे, नहीं बच सका मासूम

खौफनाक दृश्य, अस्पताल के टॉयलेट में फंसा था नवजात, निकालने में लगे 7 घंटे, नहीं बच सका मासूम

Horrifying scene: Newborn trapped in hospital toilet; rescue took 7 hours, but infant could not be saved. छिंदवाड़ा ! मध्य प्रदेश के छिंदवाड़ा जिले के परासिया सिविल अस्पताल में सोमवार (15 दिसंबर) को एक ऐसी घटना सामने आई, जिसने हर किसी को झकझोर कर रख दिया. अस्पताल के सार्वजनिक महिला शौचालय के कमोड में एक नवजात शिशु फंसा हुआ मिला. शुरुआती आशंका है कि बच्चे को जन्म देने के बाद सबूत छुपाने के इरादे से उसे टॉयलेट में बहाने की कोशिश की गई थी, लेकिन वह नाकाम रही. यह मामला उस समय सामने आया जब ओपीडी चल रही थी. अस्पताल की एक महिला कर्मचारी शौचालय गई, लेकिन पानी फ्लश नहीं हो रहा था. जब उसने ध्यान से देखा तो कमोड के अंदर उसे कुछ असामान्य दिखाई दिया. झांकने पर बच्चे का हाथ और सिर नजर आया. यह देखकर वह घबरा गई और तुरंत अस्पताल प्रबंधन को इसकी जानकारी दी. सूचना मिलते ही अस्पताल प्रबंधन हरकत में आ गया. आनन-फानन में एएनसी, पीएनसी कक्ष और लेबर रूम की जांच की गई. यह पता लगाने की कोशिश की गई कि कहीं कोई महिला ऐसी तो नहीं है, जिसने हाल ही में प्रसव किया हो और बच्चा उसके साथ न हो. हालांकि जांच के दौरान ऐसी किसी महिला का पता नहीं चल सका. पुलिस को दी गई सूचनाघटना की गंभीरता को देखते हुए तुरंत परासिया पुलिस थाने को सूचना दी गई. शाम करीब 4:30 बजे पुलिस टीम मौके पर पहुंची और नवजात के शव को बाहर निकालने की प्रक्रिया शुरू की गई. लेकिन यह काम आसान नहीं था. नवजात का शव कमोड के पाइप में बुरी तरह फंसा हुआ था. शव निकालने के लिए पुलिस, अस्पताल स्टाफ और नगर पालिका के कर्मचारियों को घंटों मेहनत करनी पड़ी. कई प्रयासों के बाद भी जब शव बाहर नहीं आ सका, तो आखिरकार टॉयलेट के कमोड को तोड़ने का फैसला लिया गया. लंबी मशक्कत के बाद रात करीब 8 बजे शव को बाहर निकाला जा सका. शव निकालने में लगे करीब 7 घंटेपरासिया प्रभारी बीएमओ डॉक्टर सुधा बख्शी ने बताया कि स्टाफ नर्स से सूचना मिली थी कि महिला शौचालय में पानी नहीं जा रहा है और कुछ फंसा हुआ है. तकनीकी टीम के साथ निरीक्षण किया गया, जिसमें नवजात के फंसे होने की पुष्टि हुई. इसके बाद लिखित तहरीर बनाकर पुलिस को सूचना दी गई. शव निकालने में करीब 7 घंटे लगे. पुलिस ने नवजात के शव को बरामद कर लिया है और अब पूरे मामले की गहन जांच की जा रही है. यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि यह अमानवीय कृत्य किसने और किन हालात में किया. पुलिस का कहना है कि जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 62

कलेक्ट्रेट पहुंच गया नशे में धुत बीएलओ बोला – वर्कलोड बहुत है… कलेक्टर के सामने ही कर दिया हंगामा

कलेक्ट्रेट पहुंच गया नशे में धुत बीएलओ बोला – वर्कलोड बहुत है… कलेक्टर के सामने ही कर दिया हंगामा

A drunk BLO reached the Collectorate and said, “The workload is too much…” He created a ruckus in front of the Collector. छिंदवाड़ा। कलेक्ट्रेट परिसर में मंगलवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब माल्हनवाड़ा क्षेत्र का एक सहायक बीएलओ शराब के नशे में धुत होकर सीधे कलेक्टर से मिलने पहुंच गया। हाथ में गणना पत्रक और जुबान पर एक ही बात— “वर्कलोड बहुत है साहब… अब काम नहीं होगा।” सूत्रों के अनुसार सहायक बीएलओ का आरोप है कि उसकी वरिष्ठ बीएलओ उसके साथ अभद्र व्यवहार करती हैं और अत्यधिक काम का दबाव डालती हैं। इसी तनाव में वह सभी गणना पत्रक कलेक्टर को लौटाने आ गया। लेकिन नशे में उसके बेतुके व्यवहार को देखकर पुलिसकर्मियों ने उसे तत्काल कलेक्ट्रेट से बाहर कर दिया। बाहर किए जाने के बाद भी वह देर तक मैदान में चक्कर काटता रहा और बड़बड़ाता रहा। इससे पहले वह एसडीएम कार्यालय पहुंचा था, फिर एडीएम ऑफिस गया, जहां भी उसे बाहर का रास्ता दिखाया गया। इस बीच जिले में भारत निर्वाचन आयोग के निर्देश पर मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान का काम जोर-शोर से चल रहा है। अब तक 91% डिजिटाइजेशन पूरा हो चुका है और कलेक्टर हरेंद्र नारायण के नेतृत्व में 12 लाख 26 हजार से अधिक गणना फॉर्म वितरित किए जा चुके हैं। ग्राम पंचायतों से लेकर शहर के मतदाता सहायता केंद्र लोगों को फॉर्म भरने में मदद कर रहे हैं, जिसके चलते जिला वर्तमान में प्रदेश में 16वें स्थान पर चल रहा है। घटना के बाद प्रशासनिक हलकों में सवाल उठ रहे हैं कि भारी दबाव में काम कर रहे फील्ड स्टाफ की स्थिति आखिर कितनी तनावपूर्ण हो गई है। Pushpendra“माय सीक्रेट न्यूज़” यह एक ऑनलाइन वेबसाइट है, जो आपको देश – दुनिया और आपके आसपास की हर छोटी-बड़ी खबरों को आप तक पहुंचाती है। इस वेबसाइट का संचालन वरिष्ठ पत्रकार पुष्पेन्द्र जी कर रहे हैं। उन्होंने पत्रकारिता में BJC (बेचलर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) और MJC (मास्टर ऑफ़ जर्नलिज्म एंड कम्युनिकेशन) की डिग्री 2011 में हरिसिंह गौर केंद्रीय विश्वविद्यालय सागर मप्र से हासिल की है। उन्होंने भोपाल के स्वदेश, राज एक्सप्रेस, राष्ट्रीय हिंदी मेल, सांध्य प्रकाश, नवदुनिया और हरिभूमि जैसे बड़े समाचार पत्र समूहों में काम किया है।  और पढ़ें इस वेबसाइट का संचालन मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल से हो रहा है, जहाँ से प्रदेश की राजनीति से लेकर विकास की योजनाएं तैयार होती हैं।दे श व प्रदेश जिले की ताजा अपडेट्स व राजनीतिक प्रशासनिक खबरों के लिए पढ़ते रहिए हमारी वेबसाइट (my secret news. Com )👈 ✍️ पुष्पेन्द्र , (वरिष्ठ पत्रकार) भोपाल, मप्र  mysecretnews.com recent visitors 76