ग्वालियर में टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन की स्थापना से बढ़ेंगे रोजगार: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि जल गंगा संवर्धन अभियान में प्रदेश में नदी, खेत तालाब, पोखर सहित सभी जल स्रोतों के संरक्षण का कार्य चल रहा है। सभी जिलों में जनप्रतिनिधि और प्रभारी मंत्री अपने-अपने स्तर पर 90 दिन तक चलने वाले इस अभियान का हिस्सा बने और अपना योगदान दें। आगामी 30 जून तक जारी रहने वाले जल गंगा संवर्धन अभियान में प्रदेश में अमृत सरोवरों का भी निर्माण किया जा रहा है। हमारी सरकार का यह अभियान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सर्वोच्च प्राथमिकता वाले कार्यों में शामिल है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जल संरक्षण के हो रहे पुनीत कार्यों के लिए प्रदेशवासियों को बधाई दी है। अगली कैबिनेट मीटिंग में लेंगे ट्रांसफर पॉलिसी पर निर्णय मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार अगली कैबिनेट मीटिंग तक स्थानांतरण नीति (ट्रांसफर पॉलिसी) को लेकर भी नीतिगत निर्णय लेगी। हम प्रदेश के अधिकारी-कर्मचारियों के कल्याण के लिए उनके वेतन एवं सभी प्रकार के भत्तों के भुगतान के लिए कार्य कर रही है। लोक सेवकों के हितों के साथ ही राज्य सरकार खाली पदों पर जल्द से जल्द भर्ती की दिशा में आगे बढ़ रही है। भर्ती अभियान में सभी योग्य उम्मीदवारों को मौका मिले, इसके लिए प्रत्येक विभाग की समीक्षा की जा रही है। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग (एमपीपीएससी) की लंबित परीक्षाएं भी शीघ्र कराने के लिए प्रयास किये जा रहे हैं। ग्वालियर में टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन की स्थापना से बढ़ेंगे रोजगार मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार ने बीते सोमवार को ही प्रदेश में टेलीकॉम सेक्टर के डेवलपमेंट को गति प्रदान करने के लिए ग्वालियर में टेलीकॉम मैन्युफैक्चरिंग जोन स्थापना की दिशा में एक बड़ा कदम आगे बढ़ाया है। इससे बड़े पैमाने पर युवाओं को रोजगार उपलब्ध होंगे। इसी के साथ आईटी सेक्टर पर आधारित एक कॉन्क्लेव 27 अप्रैल को इंदौर में आयोजित होगी। इससे जुड़े विभागों के अधिकारी तैयारियों में जुटे हुए हैं। मध्यप्रदेश के ग्वालियर, इंदौर और जबलपुर में आईटी के बड़े केंद्र स्थापित हो, इस प्रयोजन से हर संभव प्रयास हो रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मध्यप्रदेश को देश का नंबर-1 राज्य बनाने का संकल्प दोहराते हुए बदलते दौर में सभी क्षेत्रों में समुचित विकास की आवश्यकता पर जोर दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंगलवार को मीडिया को जारी संदेश में यह जानकारियां साझा की हैं।   recent visitors 30

Vice President ने कहा एक मामले में SC ने कहा कि प्रस्तावना संविधान का हिस्सा नहीं दूसरे मामले में कहा कि यह संविधान का हिस्सा

नई दिल्ली उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने अपने एक नए संबोधन में कहा है कि संविधान के बारे में कोई संदेह नहीं होना चाहिए. संविधान क्या होगा? इसे अंतिम रुप से तय करने वाले निर्वाचित प्रतिनिधि हीं होंगे और इससे ऊपर कोई अथॉरिटी नहीं होगा. उन्होंने कहा कि संसद सुप्रीम संस्था है. राज्यसभा के सभापति उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने दिल्ली विश्वविद्यालय में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि संविधान के पद औपचारिक या सजावटी हो सकते हैं. मेरे हिसाब से नागरिक सर्वोच्च है. हर किसी की अपनी भूमिका होती है. उपराष्ट्रपति ने एक बार फिर संविधान कोर्ट की आलोचना की और सुप्रीम कोर्ट द्वारा संविधान की प्रस्तावना को लेकर व्याख्याओं में असंगति पर सवाल उठाया. जगदीप धनखड़ ने कहा, "एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि प्रस्तावना संविधान का हिस्सा नहीं है (गोलकनाथ मामला) दूसरे मामले में उसने कहा कि यह संविधान का हिस्सा है (केशवानंद भारती). बता दें कि गोलकनाथ केस में संसद अनुच्छेद 368 के तहत मौलिक अधिकारों को संशोधित या समाप्त नहीं कर सकती, क्योंकि मौलिक अधिकार संविधान का अभिन्न हिस्सा हैं. यानी कि संसद को मौलिक अधिकारों में कटौती करने का अधिकार नहीं है. केशवानंद भारती केस में सर्वोच्च न्यायालय की 13 जजों की संविधान पीठ ने 7:6 के बहुमत से फैसला दिया कि संसद अनुच्छेद 368 के तहत संविधान के किसी भी हिस्से को संशोधित कर सकती है, लेकिन यह संविधान की मूल संरचना (Basic Structure) को नष्ट नहीं कर सकती. मूल संरचना में संविधान की सर्वोच्चता, लोकतंत्र, धर्मनिरपेक्षता, संघीय ढांचा, शक्ति पृथक्करण, न्यायिक समीक्षा, और मौलिक अधिकारों का सार शामिल है. 25 जून 1975 लोकतंत्र का काला दिन उपराष्ट्रपति ने देश में आपातकाल का जिक्र करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि 25 जून 1975 हमारे लोकतंत्र का काला दिवस था. इस दिन देश की सर्वोच्च अदालत ने 9 उच्च न्यायालयों की सलाह की अवहेलना की. जगदीप धनखड़ ने कहा कि आपातकाल के दौरान लोगों ने सर्वोच्च बलिदान दिया, लेकिन सौदेबाजी नहीं की. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र अभिव्यक्ति और संवाद से ही पनपता है. अगर अभिव्यक्ति के अधिकार का गला घोंटा जाता है तो लोकतंत्र खत्म हो जाता है. और अगर अभिव्यक्ति के अधिकार पर अहंकार हो जाता है तो वह हमारी सभ्यता के अनुसार अभिव्यक्ति नहीं है संवैधानिक पद औपचारिक या सजावटी हो सकते हैं दिल्ली विश्वविद्यालय संविधान के 75  वर्ष लागू होने के उपलक्ष्य पर आयोजित कार्यक्रम 'कर्तव्यम' को संबोधित करते हुए उपराष्ट्रपति ने कहा कि संस्कृत में कर्तव्य का अर्थ है कर्तव्य. हमारे संविधान निर्माता ने ऐसा संविधान दिया जिसमें टकराव से बचा जा सके. उन्होंने संविधान में मौजूद कुछ ऐसे पदों की ओर इशारा किया जिन्हें आम तौर पर सजावटी कहा जाता है. जगदीप धनखड़ ने कहा, "संवैधानिक पद औपचारिक या सजावटी हो सकते हैं. मेरे अनुसार, एक नागरिक सर्वोच्च है. हर किसी की भूमिका होती है. उन्होंने कहा कि एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि प्रस्तावना संविधान का हिस्सा नहीं है (गोलकनाथ मामला) दूसरे मामले में उसने कहा कि यह संविधान का हिस्सा है (केशवानंद भारती). संसद ही सुप्रीम है उन्होंने कहा कि संविधान के बारे में कोई संदेह नहीं होना चाहिए. संविधान क्या होगा? इसे अंतिम रुप से तय करने वाले निर्वाचित प्रतिनिधि ही होंगे और इससे ऊपर कोई अथॉरिटी नहीं होगा. इससे ऊपर कोई अथॉरिटी नहीं होगा. संसद सर्वोच्च है. उन्होंने कहा कि हमारा लोकतंत्र सहभागी है. डॉ. अंबेडकर ने माना कि स्वतंत्रता के लिए जिम्मेदारियों की आवश्यकता होती है. उन्होंने कहा कि मौलिक कर्तव्य मूल रूप से संविधान में नहीं थे. इसलिए 42वें संविधान संशोधन द्वारा हमने अनुच्छेद 51A पेश किया. शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए 86वें संशोधन द्वारा एक और कर्तव्य जोड़ा गया. उपराष्ट्रपति ने कहा कि राष्ट्रवाद के लिए ऐसी प्रतिबद्धता की आवश्यकता होती है जिसमें मिलावट न की जा सके. हमारा संविधान हजारों वर्षों से हमारी सभ्यता के सिद्धांतों को दर्शाता है. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र बातचीत में जीता है और बातचीत में सभी बराबर हैं. लोकतंत्र की सेहत बातचीत की गुणवत्ता पर निर्भर करती है. अगर बातचीत को पैसे वालों, विदेशी हितों द्वारा नियंत्रित किया जाता है, तो क्या होगा? हमें पक्षपात से ऊपर उठना होगा.     recent visitors 35

आतंकियों ने घुड़सवारी करते पर्यटकों पर की गोलीबारी, एक की मौत, सुरक्षाबलों ने सर्च ऑपरेशन किया शुरू

नई दिल्ली जम्मू-कश्मीर के पहलगाम के बैसरन में आतंकी हमला हुआ है. आतंकियों ने घुड़सवारी कर रहे पर्यटकों के ग्रुप को निशाना बनाया, जिसमें सात लोग घायल हो गए हैं. घायलों में तीन पर्यटक, तीन स्थानीय हैं, एक की अभी जानकारी नहीं है. दो की हालत गंभीर है. इस हमले में न केवल इंसान बल्कि कुछ घोड़े भी घायल हुए हैं, जिनको गोलियां लगी हैं. एक शख्स की मौत हो गई है. आतंकियों को पकड़ने के लिए सुरक्षाबलों ने सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया है. सीआरपीएफ (CRPF) की अतिरिक्त क्विक रिएक्शन टीम (QAT) घटनास्थल के लिए भेजा गया है. दरअसल, कश्मीर में कुछ ऐसे इलाके हैं जहां पर आतंकवाद नजर नहीं आता, पहलगाम उसमें से एक ऐसा हिस्सा है. यहां पर पर्यटक बड़ी संख्या में पहुंचते हैं. मार्च में हुई बर्फबारी के बाद सैकड़ों की तदाद में पर्यटक यहां लगातार पहुंच रहे हैं. पहलगाम के एक पहाड़ के टॉप पर ट्रैकिंग के लिए पर्यटक जाते हैं. वहां पर ये आतंकी हमला हुआ. पर्यटकों पर वहां छुपे आतंकियों ने गोलीबारी की. आतंकी हमले के बाद सुरक्षाबल घटनास्थल पर पहुंच गए हैं. सुरक्षाबलों ने पर्यटकों से नहीं घबराने की अपील की है. वहीं, पहलगाम से आई ताजा तस्वीर में नजर आ रहा है कि कई स्थानीय लोग अपनी दुकान को बंद कर दिया. J&K के पूर्व DGP एसपी वैद ने हमले को लेकर क्या कहा? पहलगाम में हुए आतंकी हमला चिंताजनक खबर है. कुछ समय में अमरनाथ यात्रा भी आने वाली है और पहलगाम में ही बेस कैंप है. प्रदेश में टूरिज्म अभी पीक पर है. क्योंकि भारत के ज्यादातर इलाकों में भीषण गर्मी पड़ रही है. ज्यादातर आतंकी टूरिस्ट पर हमला नहीं करते है. क्योंकि इसे स्थानीय लोगों के व्यापार पर असर पड़ेगा. ये पर्यटक जहां पहुंचे थे वो पहाड़ की ऊंचाई थी, सभी जगह पुलिसवाले नहीं पहुंच सकते. आतंकी को मौका मिला और उन्होंने पर्यटकों को टारगेट किया.  कश्मीर घाटी और जम्मू के क्षेत्र में 90 फीसदी जो अभी आतंकी मौजूद हैं वह पाकिस्तान से इन्फिलिटरेट होकर अंदर आए हैं. लोकल आतंकी को सेंसिटिविटी रहती है, उनकी संख्या बेहद ही कम है.   recent visitors 25

40 साल में पहली बार भारतीय पीएम की जेद्दा यात्रा पर, आसमान में ही PM मोदी का भव्य स्वागत, F-15 लड़ाकू विमानों ने जेद्दा तक किया एस्कॉर्ट

जेद्दा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के निमंत्रण पर सऊदी अरब के दो दिवसीय दौरे पर मंगलवार को जेद्दा पहुंचे. पीएम मोदी का विमान जब सऊदी हवाई क्षेत्र में पहुंचा तो उनका विशेष स्वागत किया गया. रॉयल सऊदी एयर फोर्स के एफ-15 लड़ाकू विमानों ने जेद्दा तक प्रधानमंत्री मोदी के विमान को एस्कॉर्ट किया. यह प्रधानमंत्री की सऊदी अरब की तीसरी यात्रा है, जबकि वह पहली बार जेद्दा गए हैं. सूत्रों के अनुसार पीएम मोदी की जेद्दाह यात्रा के दौरान भारत और सऊदी अरब कम से कम छह समझौता ज्ञापनों (MOU) पर हस्ताक्षर करने वाले हैं, जबकि कुछ और समझौतों को अंतिम रूप देने के लिए दोनों देशों के अधिकारियों के बीच बातचीत चल रही है. विदेश मंत्रालय ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस एवं प्रधानमंत्री प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान के साथ भारत-सऊदी अरब स्ट्रेटेजिक पार्टनरशिप काउंसिल की दूसरी बैठक की सह-अध्यक्षता करेंगे. सऊदी अरब की अपनी दो दिवसीय यात्रा पर मंगलवार को रवाना होने से पहले प्रधानमंत्री मोदी ने अपने वक्तव्य में कहा, 'भारत सऊदी अरब के साथ अपने दीर्घकालिक और ऐतिहासिक संबंधों को अत्यधिक महत्व देता है. हाल के वर्षों में दोनों देशों के संबंधों में रणनीतिक गहराई और गति आई है. दोनों देशों ने रक्षा, व्यापार, निवेश, ऊर्जा और लोगों के बीच संबंधों के क्षेत्रों सहित पारस्परिक रूप से लाभकारी और ठोस साझेदारी विकसित की है.' प्रधानमंत्री मोदी ने 2014 से लेकर अब तक, सऊदी अरब और खाड़ी देशों के साथ भारत के संबंधों की दिशा बदली है. साल 2016 और 2019 में पहले की यात्राओं के बाद यह प्रधानमंत्री मोदी की खाड़ी क्षेत्र के किसी देश की 15वीं यात्रा है. सऊदी अरब में भारतीय राजदूत सुहेल एजाज खान ने प्रधानमंत्री की यात्रा पर कहा, 'भारत और सऊदी अरब के बीच संपर्क के मामले में जेद्दा एक बहुत ही महत्वपूर्ण शहर है, क्योंकि सदियों से जेद्दा दोनों देशों के बीच व्यापार के लिए बंदरगाह था और यह मक्का का प्रवेश द्वार भी है. इसलिए जो कोई भी उमराह और हज के लिए आता है, वह जेद्दा में उतरता है और फिर मक्का जाता है.' समाचार एजेंसी पीटीआई ने उच्च पदस्थ सूत्रों के हवाले से अपनी रिपोर्ट में कहा है कि प्रधानमंत्री मोदी शाम को सऊदी अरब के क्राउन प्रिंस और प्रधानमंत्री मोहम्मद बिन सलमान अल सऊद के साथ अपनी बैठक के दौरान भारतीय हज यात्रियों के लिए कोटा सहित हज यात्रा से संबंधित अन्य मुद्दों पर भी चर्चा कर सकते हैं. भारत के राजदूत सुहेल एजाज खान ने कहा, 'हज एक बहुत ही महत्वपूर्ण तीर्थ यात्रा है और भारत सरकार इसे बहुत महत्व देती है. अल्पसंख्यक मामलों का मंत्रालय इस यात्रा की व्यवस्था कर रहा है. द्विपक्षीय वार्ता में विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की गई है. हज यात्रा को लेकर सऊदी सरकार और भारत के बीच हमेशा से बहुत अच्छा समन्वय रहा है.'       recent visitors 43

‘शरबत जिहाद’ वाले बयान पर बाबा रामदेव को हाई कोर्ट ने लगाई फटकार

नई दिल्ली योग गुरु बाबा रामदेव की मुश्किलें बढ़ सकती हैं. दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा है कि पतंजलि आयुर्वेद के संस्थापक की लोकप्रिय स्क्वैश ड्रिंक रूह अफजा पर 'शरबत जिहाद' वाली टिप्पणी "अस्वीकार्य" है और इसने अदालत की "अंतरात्मा" को झकझोर दिया है.  न्यायमूर्ति अमित बंसल ने रूह अफजा निर्माता हमदर्द के मुकदमे की सुनवाई करते हुए कहा, "इससे अदालत की अंतरात्मा को झटका लगा है. यह अस्वीकार्य है. हमदर्द की ओर से पक्ष रखते हुए वरिष्ठ अधिवक्ता मुकुल रोहतगी ने कहा कि बाबा रामदेव हमदर्द के खिलाफ लगातार बयानबाजी कर रहे हैं. कंपनी के मालिकों के धर्म पर भी हमला कर रहे हैं. रोहतगी ने यह भी कहा कि यह एक ऐसा मामला है जो हर किसी को चौंकाने वाला है, और यह अपमान से परे है. यह सांप्रदायिक विभाजन पैदा करने से जुड़ा मामला है, यह नफरत फैलाने वाले भाषण जैसा है. अदालत ने क्या कहा? रामदेव की ‘पतंजलि फूड्स लिमिटेड' के खिलाफ ‘हमदर्द नेशनल फाउंडेशन इंडिया' की याचिका पर सुनवाई कर रहे न्यायमूर्ति अमित बंसल ने कहा, ‘‘इसने अदालत की अंतरात्मा को झकझोर दिया है. यह उचित नहीं है. आप (रामदेव के वकील) अपने मुवक्किल से निर्देश लें, अन्यथा सख्त आदेश दिया जाएगा.'' बाद में रामदेव ने अपनी टिप्पणी का बचाव करते हुए कहा कि उन्होंने किसी ब्रांड या समुदाय का नाम नहीं लिया. बाबा रामदेव ने क्या कहा था? बताते चलें कि हाल ही में बाबा रामदेव का एक वीडियो सामने आया था जिसमें वो कहते हुए सुने गए थे कि लोग गर्मी में प्यास बुझाने के लिए कोल्ड ड्रिंक पीते हैं. ये असल में टॉयलेट क्लीनर की तरह होते हैं. उन्होंने आगे कहा कि एक तरफ टॉयलेट क्लीनर जैसे जहर का हमला है और दूसरी तरफ एक कंपनी है जो शरबत बेचती है. उससे कमाए गए पैसे से मस्जिदें और मदरसे बनवाती है. बाबा रामदेव ने किसी का नाम तो नहीं लिया था लेकिन, माना जा रहा है कि उनका निशाना 'रूह अफजा' पर था. बाबा रामदेव ने आगे कहा था कि अगर आप शरबत पीते हैं तो इससे मस्जिदों और मदरसों के निर्माण को सपोर्ट मिलेगा. लेकिन, पतंजलि का गुलाब शरबत पीते हैं तो इससे गुरुकुल, आचार्यकुलम, पतंजलि विश्वविद्यालय और भारतीय शिक्षा बोर्ड आगे बढ़ेगा. हाईकोर्ट ने बयान पर जताई नाराजगी इससे पहले हाईकोर्ट ने बाबा रामदेव द्वारा दिए गए 'शरबत जिहाद' संबंधी बयान पर सख्त नाराजगी जताई और इसे अक्षम्य और अदालत की चेतना को झकझोरने वाला करार दिया है. क्या कहा हाईकोर्ट ने… हाईकोर्ट ने कहा, यह बयान अक्षम्य है और अदालत की चेतना को झकझोर देने वाला है. यह टिप्पणी उस याचिका की सुनवाई के दौरान दी गई, जिसे हमदर्द लैबोरेटरीज ने रामदेव के एक बयान के खिलाफ दायर किया है. यह बयान हमदर्द के प्रसिद्ध उत्पाद 'रूह अफ़ज़ा' को लेकर दिया गया था. हाई कोर्ट ने कहा कि इस बयान को किसी भी तरह से ठीक नहीं ठहराया जा सकता है. हमदर्द की ओर से वरिष्ठ वकील मुकुल रोहतगी पेश हुए. रोहतगी ने दलील दी कि बाबा रामदेव का बयान हेट स्पीच के दायरे में आता है. यह बयान धार्मिक आधार पर समाज को बांटने वाला है. हमदर्द ने हाई कोर्ट में क्या कहा… हमदर्द की ओर से पेश वकील ने अदालत को बताया कि यह मामला सिर्फ ‘रूह अफ़ज़ा’ की छवि को धूमिल करने तक सीमित नहीं है, बल्कि इससे कहीं आगे जाकर यह एक साम्प्रदायिक विभाजन पैदा करने वाला मामला भी बनता है. वकील ने दलील दी कि बाबा रामदेव का यह बयान सामाजिक सौहार्द और सांप्रदायिक सद्भाव को प्रभावित करने वाला है, जिसे हल्के में नहीं लिया जा सकता. कोर्ट ने रामदेव के वकील को दोपहर 12 बजे पेश होने के लिए कहा था. दोपहर 12 बजे कोर्ट ने फिर इस मसले पर सुनवाई की.   recent visitors 41

UPSC में भोपाल से रोमिल द्विवेदी की 27वीं रैंक और क्षितिज आदित्य शर्मा की 58वीं रैंक आई

भोपाल संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा 2024 का फाइनल रिजल्ट मंगलवार को दोपहर में घोषित कर दिया गया। टॉपर्स की लिस्ट भी जारी हो गई है। प्रयागराज की शक्ति दुबे ने देशभर में पहली रैंक हासिल की है। वहीं मध्यप्रदेश के अभ्यर्थियों ने भी टापर्स की लिस्ट में जगह बनाई है। राजधानी भोपाल से रोमिल द्विवेदी की 27वीं रैंक और क्षितिज आदित्य शर्मा की 58वीं रैंक आई है। जबकि इंदौर के योगेश राजपूत ने भी 540वीं रैंक हासिल कर ली।  मंगलवार को जारी हुआ सिविल सेवा परीक्षा 2024 का रिजल्ट यूपीएससी की आफिशियल वेबसाइट upsc.gov.in पर अपलोड कर दिया गया है। अभ्यर्थी अपने नाम और रोल नंबर के साथ रिजल्ट देख सकते हैं। इस साल 1009 अभ्यर्थियों का चयन सिविस सेवा में हुआ है। यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2024 का फाइनल रिजल्ट मंगलवार को जारी हुआ है। इसमें भोपाल के रोमिल द्विवेदी को 27वीं रैंक मिली है। रोमिल सहकारिता विभाग के डिप्टी कमिश्नर केके द्विवेदी के बेटे हैं। पिछले साल इनका सिलेक्शन ऑल इंडिया रेवेन्यू सर्विस में हुआ था। वहीं भोपाल के क्षितिज आदित्य शर्मा को 58वां स्थान मिला है। इसी तरह इंदौर के योगेश राजपूत को रिजल्ट में 540वीं रैंक मिली है। IRS छोड़ क्षितिज बनेंगे IAS आफिसर भोपाल के क्षितिज आदित्य शर्मा ने 58वीं रैंक के साथ टॉपर्स की लिस्ट में जगह बनाई है। क्षितिज आदित्य शर्मा के शानदार प्रदर्शन से उनके घर खुशी का माहौल है। इससे पहले भी क्षितिज का चयन भारतीय राजस्व सेवा (IRS) में हो गया था, लेकिन मन में आईएएश आफिसर बनने की चाह के कारण उन्होंने दोबारा से यह परीक्षा दी थी। IAS और IPS के लिए 300 पद सिविल सेवा परीक्षा के लिए 180 पद भरे जाएंगे। इनमें 73 अनारक्षित, 24 एससी, 13 एसटी, 52 ओबीसी और 18 EWS श्रेणी के लिए आरक्षित हैं। जबकि पुलिस सेवा (IPS) के लिए 150 पद रखे गए हैं। इनमें 60 अनारक्षित, 23 एससी, 10 एसटी, 42 ओबीसी और 15 EWS श्रेणी के लिए आरक्षित रखे गए हैं। इंदौर के योगेश का इंडियन पोस्टल सर्विस में हुआ था चयन इंदौर के योगेश राजपूत को 540वीं रैंक मिली है। यह योगेश का चौथा अटेम्ट था। इससे पहले उनका चयन इंडियन पोस्टल सर्विस के लिए हो चुका था, लेकिन वे इससे संतुष्ट नहीं थे। पिछले सप्ताह ही योगेश का इंटरव्यू हुआ है। UPSC ने सिविल सर्विस एग्जाम 2024 का फाइनल रिजल्ट मंगलवार को जारी किया। मध्य प्रदेश के रोमिल द्विवेदी को 27वीं रैंक मिली है। रोमिल सहकारिता विभाग के जॉइंट कमिश्नर केके द्विवेदी के बेटे हैं। पिछले साल इनका सिलेक्शन ऑल इंडिया रेलवे सर्विस में हुआ था। वहीं, इटारसी के गरीबी लाइन निवासी मोनू शर्मा ने 359 वी रैंक हासिल की है। भोपाल के क्षितिज आदित्य शर्मा को 58वां स्थान मिला है। इसी तरह इंदौर के योगेश राजपूत को रिजल्ट में 540वीं रैंक मिली है। 2 साल पहले रोमिल को 364वीं रैंक मिली थी रोमिल द्विवेदी मूल रूप से रीवा के आनंद नगर बोदाबाग के रहने वाले हैं। दो साल पहले उन्हें UPSC में 364वीं रैंक मिली थी। उनका चयन IRS के लिए हुआ था। जबकि इससे पहले रोमिल मुंबई स्थित एक्सिस बैंक में असिस्टेंट वाइस प्रेसिडेंट रह चुके हैं। जवा तहसील के पुरैना गांव में 21 मार्च 1995 को जन्मे रोमिल द्विवेदी के पिता केके द्विवेदी जॉइंट कमिश्नर सहकारिता भोपाल में पदस्थ हैं। बड़े भाई वन विभाग में हैं। वहीं चाचा प्रकाश द्विवेदी राज्य वित्त सेवा के अधिकारी है। रोमिल अपने चाचा से इंस्पायर होकर ही UPSC की तैयारी कर रहे थे। रोमिल के पिता केके द्विवेदी ने बताया कि उनके बेटे ने बगैर किसी कोचिंग के खुद तैयारी करते हुए यह सफलता हासिल की है। यह हैं यूपीएससी के टॉपर शक्ति दुबे हर्षिता गोयल डोंगरे अर्चित पराग शाह मार्गी चिराग आकाश गर्ग कोमल पुनिया आयुषी बंसल राज कृष्ण झा आदित्य विक्रम अग्रवाल मयंक त्रिपाठी recent visitors 34

नानाजी बन गए मुख्यमंत्री मोहन यादव, नातिन को गोद में लेकर जमकर झूमे

भोपाल मध्यप्रदेश। सीएम डॉ. यादव अब नाना बन गए हैं। भाजपा प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने एक वीडियो शेयर करते हुए यह जानकारी साझा की है। वीडियो में सीएम मोहन यादव अपनी बेटी के बच्चे को प्यार से दुलारते हुए नजर आ रहे हैं। नरेंद्र सलूजा ने कहा कि, मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव जी नाना बने…बहुत-बहुत बधाई। मध्य प्रदेश भारतीय जनता पार्टी के प्रवक्ता नरेंद्र सलूजा ने खुशखबरी बताते हुए एक्स हैंडल पर लिखा कि मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव जी नाना बने…बहुत-बहुत बधाई। हालांकि मोहन यादव ने अपने सोशल मीडिया पेज पर यह खुशी शेयर नहीं की है। एक मिनट 20 सेकेंड के इस वीडियो में सीएम बेटी की बच्ची को हाथ में पुचकारते तो कभी दुलारते दिख रहे हैं। नातिन पर खूब स्नेह लुटाते भी दिख रहे हैं। यही नहीं मोहन यादव ने नातिन के जन्म पर बेटी को न्योछावर के रूप में कुछ रुपये भी दिए। डॉ. मोहन यादव की शादी सीमा यादव से हुई है। उनके तीन बच्चे हैं—दो बेटे और एक बेटी। उनके पास एमबीए,एलएलबी और पीएचडी की डिग्री है। उनके परिवार के सदस्य भी व्यापार और कृषि में शामिल हैं। यह बच्ची उनकी बेटी आकांक्षा यादव के घर हुई है। बेटी गायनकोलॉजिस्ट है। उनके बाकी दोनों बेटों की बात करें तो अभिमन्यु यादव डॉक्टर हैं और वैभव यादव ने एलएलबी-एलएलएम किया है। मोहन यादव के पिता पूनमचंद यादव है जिनका पिछले साल निधन हो गया था। मां का नाम लीलाबाई यादव है। एमपी के मुखिया खुद 5 भाई-बहन हैं। recent visitors 34