सनातन के आधार महादेव है और हमारे महादेव की शक्ति हैं आदिशक्ति जगदंबा माता पार्वती:CM यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दमोह के नोहटा में नोहलेश्वर महोत्सव में महाशिवरात्रि महापर्व पर उज्जैन से देर रात 11:15 बजे वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से सम्मिलित हुए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भगवान शिव और शक्ति के महापर्व महाशिवरात्रि की सभी को हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि आदि और अंत महादेव है।सुंदर और सत्य महादेव है। सृजन और संहार महादेव है। सनातन के आधार महादेव है और हमारे महादेव की शक्ति हैं आदिशक्ति जगदंबा माता पार्वती। मैं गौरीशंकर के चरणों में शीश झुकाता हूं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मैं भगवान महाकाल महाराज की उज्जयिनी से नोहटा में विराजे भगवान नोहलेश्वर महादेव को मैं प्रणाम करता हूँ। ऐसी कृपा हुई भगवान भोलेनाथ की मुझ पर कि आज नोहलेश्वर महाराज ने भी मुझे अपनी शरण में बुलाया और बाबा महाकाल ने भी। भगवान शिव की कृपा से मध्यप्रदेश में ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट का सफल आयोजन हुआ है। आपके आशीर्वाद से हम मध्यप्रदेश की प्रगति का नया अध्याय लिख रहे हैं। विरासत को सहेज कर विकास का रथ दौड़ा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि बहुत समय से सभी की इच्छा थी कि यहां महाशिवरात्रि महापर्व पर महोत्सव का आयोजन हो। बेहद प्रसन्नता की बात है कि इस बार 10 दिन का महोत्सव आयोजित हो रहा है। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में दमोह से धर्मस्व ,पर्यटन एवं संस्कृति राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार ) धर्मेंद्र सिंह लोधी,दमोह सांसद राहुल सिंह लोधी उपस्थित रहे। recent visitors 53

GIS के बाद मध्य प्रदेश में रिकॉर्ड निवेश प्रस्ताव आने से खुशी का माहौल, 26.61 लाख करोड़ रुपये के प्रस्ताव

भोपाल राजधानी में हुए ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) के बाद मध्य प्रदेश में रिकॉर्ड निवेश प्रस्ताव आने से खुशी का माहौल है। लेकिन साथ ही, पुराने सवाल भी उठ रहे हैं। क्या वाकई में इतना निवेश आएगा? और क्या इतनी नौकरियां मिलेंगी? मुख्य सचिव अनुराग जैन ने GIS में मंगलवार को भरोसा दिलाया कि सरकार निवेश के वादों को हकीकत में बदलने के लिए काम करेगी। 26.61 लाख करोड़ से ज्यादा का निवेश दो दिन चले GIS में 26.61 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। यह राशि राज्य के कुल कर्ज और बजट से कई गुना ज्यादा है। पिछले पांच सालों में मिले कुल निवेश प्रस्तावों से भी यह काफी ज्यादा है। सरकार का अनुमान है कि इससे 17.34 लाख नौकरियां पैदा होंगी। अगर ऐसा हुआ तो मध्य प्रदेश की बेरोजगारी की समस्या आधी से ज्यादा हल हो सकती है। राज्य में करीब 30 लाख बेरोजगार युवा हैं। राज्य की आर्थिक स्थिति बदलने की उम्मीद GIS में मध्य प्रदेश को मिले निवेश प्रस्तावों से राज्य की आर्थिक तस्वीर बदलने की उम्मीद जगी है। 26.61 लाख करोड़ रुपये का यह आंकड़ा राज्य के मौजूदा कर्ज 4.15 लाख करोड़ रुपये से छह गुना से भी ज्यादा है। यह राशि राज्य के बजट, जो इस साल 4 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा होने का अनुमान है, से भी कई गुना ज्यादा है। इससे साफ है कि अगर ये निवेश प्रस्ताव हकीकत में बदलते हैं तो राज्य की अर्थव्यवस्था को बड़ा बढ़ावा मिलेगा। 17.34 लाख नौकरियां मिलने की संभावना निवेश के साथ-साथ रोजगार के अवसर भी बड़ी संख्या में पैदा होने की उम्मीद है। सरकार का दावा है कि इन प्रस्तावों से 17.34 लाख नौकरियां पैदा होंगी। मध्य प्रदेश में बेरोजगार युवाओं की संख्या करीब 30 लाख है। ऐसे में अगर ये अनुमान सही साबित होते हैं तो राज्य में बेरोजगारी की समस्या काफी हद तक कम हो सकती है। मुख्य सचिव अनुराग जैन ने GIS में इस बात की उम्मीद जताई कि निवेश के इरादे राज्य में फलित हों। पिछले अनुभवों को देखते हुए बढ़ी चिंता हालांकि, पिछले अनुभवों को देखते हुए कुछ चिंताएं भी हैं। पहले के निवेश प्रस्तावों में से सिर्फ 10% ही जमीन पर उतरे हैं। इस बार सरकार का कहना है कि वह हर निवेश प्रस्ताव पर नजर रखेगी। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने भरोसा दिलाया है कि अधिकारी निवेशकों के साथ लगातार संपर्क में रहेंगे ताकि उनके वादे पूरे हों। मुख्य सचिव हर महीने इसकी समीक्षा करेंगे। जैन ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के सामने GIS के समापन समारोह में यह जानकारी दी। निवेशकों की समस्याओं के समाधान के लिए एक पोर्टल भी बनाया जाएगा। बीजेपी ने 4 लाख नौकरियों का किया है वादा सरकारी नौकरियों की बात करें तो अगस्त 2022 से भाजपा सरकार ने 4 लाख सरकारी नौकरियों का वादा किया है। इनमें से करीब एक लाख नौकरियां देने का दावा किया गया है। सरकारी और निजी क्षेत्र की नौकरियों को मिलाकर मध्य प्रदेश में कुल 24 लाख नौकरियां मिलने की उम्मीद है। मध्य प्रदेश रोजगार पोर्टल के अनुसार, मंगलवार तक 29,68,663 युवा पंजीकृत थे। यह राज्य में बेरोजगार युवाओं की सही संख्या नहीं है, लेकिन इसे अनुमान का आधार माना जाता है। एक साल में एमपी में हुए 7 क्षेत्रीय शिखर सम्मेलन एक साल में, राज्य को मध्य प्रदेश में 7 क्षेत्रीय शिखर सम्मेलनों के माध्यम से 4.17 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। सरकार ने कहा था कि क्षेत्रीय शिखर सम्मेलनों में, मध्य प्रदेश को 4.17 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिससे 4.5 लाख नौकरियां पैदा होने की उम्मीद थी। अगर GIS और क्षेत्रीय औद्योगिक शिखर सम्मेलनों के आंकड़ों को मिला दिया जाए, तो राज्य को लगभग 30 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव और 21 लाख से ज्यादा नौकरियों का आश्वासन मिला है। recent visitors 64

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने महाशिवरात्रि पर सपत्नीक भगवान महाकाल की पूजा कर अभिषेक किया

उज्जैन मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सपत्नीक महाशिवरात्रि महापर्व पर महाकाल मंदिर में बाबा महाकाल की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों की सुख-समृद्धि की कामना की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने भगवान बाबा महाकाल का जल, दुग्ध अभिषेक भी किया। विक्रम महोत्सव 2025 के पूर्व कलश यात्रा का किया शुभारंभ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विक्रमादित्य, उनके युग, भारत उत्कर्ष, नव जागरण और भारत विद्या पर एकाग्र विक्रमोत्सव-2025 समारोह के शुभारंभ के पहले बुधवार सुबह कलश यात्रा का शुभारंभ किया। इस मौके पर श्रीराम तिवारी निदेशक-महाराजा विक्रमादित्य शोधपीठ, डॉ. प्रशांत पुराणिक, डॉ. रमण सोलंकी, संजय यादव, संजय अग्रवाल सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।   recent visitors 63

ग्लोबल ब्रिलि,न्स फोरम लंदन ने किया एनआरआई समिट का आयोजन

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भारतीय नागरिक विश्व के किसी भी देश में बसते हों, भारतीय संस्कृति से अवश्य जुड़े रहते हैं। हमारे राष्ट्र की यही पहचान है। विश्व के अलग-अलग देशों में रहने वाले भारतीय वहाँ के समाज में भी समरस हो जाते हैं। प्रत्येक समाज के साथ आत्मीयता स्थापित करने और अपनी जड़ों से जुड़े रहने की विशेषता भारतीय नागरिकों की पहचान है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव मंगलवार की शाम कोर्टयार्ड मैरिट में ग्लोबल ब्रिलिएन्स फोरम लंदन द्वारा आयोजित एनआरआई समिट को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भारत में नालंदा, तक्षशिला और विक्रमशिला जैसे अध्ययन केंद्र थे, जहां श्रेष्ठ जीवन पद्धति सिखाई जाती थी। विश्व के कई देशों से इन शिक्षा केंद्रों तक शिक्षा ग्रहण करने के लिए नागरिक पहुंचते थे। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने विभिन्न देशों के अप्रवासी भारतीयों से भेंट के दौरान भोपाल और मध्यप्रदेश के विशिष्ट स्थानों के संबंध में चर्चा की और उनसे पुन: मध्यप्रदेश आने का अनुरोध किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने यूके सहित अन्य देशों से आए अप्रवासी भारतीयों द्वारा ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में प्रतिभागी के रूप में आने के लिए आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर जेरार्डस क्रॉस टाऊन (बकिंघमशायर, इंग्लैंड) की महापौर सुप्रेरणा भारद्वाज, आदित्य प्रताप सिंह (इंचार्ज ग्लोबल ब्रिलियन्स फोरम, यूके), जितेन्द्र वैद्य (यूएई), संजय नागरकर (प्रेसीडेंट इन्डिया कनेक्ट, हांगकांग) विनायक गिरगुने, जसपाल सिंह एवं दिवाकर शुक्ला ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का स्वागत किया। कार्यक्रम में अपर मुख्य सचिव मुख्यमंत्री कार्यालय डॉ. राजेश राजौरा के अलावा सुनेहा बग्गा, राहुल कोठारी आदि उपस्थित थे।   recent visitors 50

प्रदेश की राजधानी भोपाल का निरंतर होगा सौंदर्यीकरण, 25 वर्ष का प्लान बनेगा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट प्रदेश की प्रगति का स्वर्णिम अध्याय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव भोपाल में बनेगा नया कन्वेंशन सेंटर, जल संरचनाओं के संरक्षण के होंगे कार्य  : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रदेश की राजधानी भोपाल का निरंतर होगा सौंदर्यीकरण, 25 वर्ष का प्लान बनेगा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री ने मीडिया प्रतिनिधियों से की चर्चा भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि भोपाल में संपन्न दो दिवसीय ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट प्रदेश की प्रगति का एक स्वर्णिम अध्याय है। इस तरह के प्रयास जारी रहेंगे। राज्य सरकार द्वारा सेक्टर वाइज और एरिया वाइज इंडस्ट्री कॉन्क्लेव भविष्य में आयोजित की जाएगी। भोपाल मध्यप्रदेश की राजधानी है। समिट के अवसर पर शहर का सौन्दर्यीकरण हुआ। आगे भी यह कार्य जारी रहेंगे। भोपाल की जल संरचनाओं को भी सहेजा जाएगा। उन्हें साफ सुथरा और सुंदर बनाए रखा जाएगा। भोपाल में इन्वेस्टर्स समिट जैसे आयोजन किए जाने के लिए एक बड़े कन्वेंशन सेंटर की आवश्यकता है, जिसका निर्माण राज्य सरकार करवाएगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव आज ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के समापन पर मीडिया प्रतिनिधियों से चर्चा कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार भोपाल की प्रगति के लिए 25 वर्ष की योजना बना रही है। उद्योगों और व्यवसायों के विकास के लिए निरंतर प्रयास होंगे। मध्यप्रदेश में जैसे रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव के अच्छे परिणाम मिले उस क्रम में ग्लोबल इन्वेस्टर्स संख्या में रोजगार की संभावनाएं सामने आई हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समिट में प्राप्त निवेश प्रस्ताव और समिट की सफलताओं के विभिन्न आयामों की विस्तार पूर्वक चर्चा की।इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री द्वय जगदीश देवड़ा राजेंद्र शुक्ल, खजुराहो सांसद वी. डी. शर्मा, मुख्य सचिव अनुराग जैन सहित वरिष्ठ अधिकारी एवं अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने समिट के सफल आयोजन के लिए राजधानी भोपाल के नागरिकों, सभी जनप्रतिनिधियों, प्रदेश के जनप्रतिनिधियों और उद्योग जगत एवं मीडिया का आभार भी व्यक्त किया। recent visitors 35

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने उद्योगपतियों एवं निवेशकों से की वन-टू-वन चर्चा

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के दूसरे दिन उद्योगपतियों और निवेशकों के साथ प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार और निवेश संभावनाओं पर वन-टू-वन चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने युवाओं के कौशल उन्नयन और रोजगार के नए अवसरों के सृजन पर भी विचार-विमर्श किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से उल्यानोवस्क रशिया के गवर्नर एलेक्सी रूस्किख से भी मुलाकात की। इसी क्रम में आपसी सहयोग को लेकर उल्यानोस्क, रशिया के गवर्नर और मध्यप्रदेश सरकार के बीच एमओयू हुआ। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से वर्ल्ड बैंक के कंट्री डायरैक्टर ऑगस्ट टैनो कुआमे के नेतृत्व में बैंक के प्रतिनिधि मंडल ने अर्बन डेवलपमेंट, सोलर एनर्जी आदि सेक्टरों पर चर्चा की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट में जेरार्डस क्रॉस टाऊन (बकिंघमशायर, इंग्लैंड) की महापौर सुप्रेरणा भारद्वाज ने भेंट कर वन- टू- वन चर्चा की। इसी तरह मिनिस्ट्री ऑफ टेक्सटाइल भारत सरकार की सचिव श्रीमती नीलम शमी राव ने टेक्सआइल और प्रदेश में पीएम मित्र पार्क के विकास के संबंध में चर्चा की। डोनियर इंडस्ट्रीज के मैनेजिंग डायरेक्टर राजेन्द्र अग्रवाल ने टेक्सटाइल, आईनॉक्स के डायरेक्टर सिद्धार्थ जैन ने ऑक्सीजन सेक्टर, केपी ग्रुप के सीईओ आलोक दास द्वारा रिन्यूएबल एनर्जी को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. यादव से चर्चा की गईं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव से विश्वकर्मा ग्रुप विश्वविद्यालय पुणे के एमडी डॉ. भरत अग्रवाल ने शिक्षा, गोल्डक्रेस्ट सीमेंट के एमडी आर. एस. जोशी ने सीमेंट, अल्फाविजन ओवर्सीस के चेयरमेन आर. के. गोयल ने हॉस्पिटेलिटी, एकमे ग्रुप के सीईओ निखिल ढिंगरा ने रिन्यूएबल एनर्जी, रूसान फार्मा के डायरेक्टर डॉ. राजेश हजेला ने फार्मास्युटिकल सेक्टर पर मध्यप्रदेश में निवेश को लेकर वन टू वन चर्चा की।   recent visitors 57

भोपाल- सीहोर- रायसेन- विदिशा का भी होगा समन्वित रूप से विकास: मुख्यमंत्री डॉ. यादव

पर्यटन सहित सेक्टर विशेष और विषय विशेष पर होंगी समिट: मुख्यमंत्री डॉ. यादव इंदौर- नागदा- उज्जैन -देवास- मक्सी (शाजापुर)- पीथमपुर (धार) को जोड़कर महानगर के रूप में विकसित किया जाएगा : मुख्यमंत्री डॉ. यादव भोपाल- सीहोर- रायसेन- विदिशा का भी होगा समन्वित रूप से विकास: मुख्यमंत्री डॉ. यादव उज्जैन में 3300 हेक्टेयर में धार्मिक नगर विकसित किया जाएगा प्रदेश में ग्वालियर, जबलपुर, सागर, रीवा, नर्मदापुरम जैसे छोटे शहर भी अब औद्योगिक विकास के नए केंद्र बन रहे हैं हेल्थ टूरिज्म के अंतर्गत प्रदेश के आम आदमी के हित में आरंभ की गई एयर एम्बुलेंस सेवा 10 मार्च को माधव नेशनल पार्क प्रदेश के 9वें टाइगर रिजर्व के रूप में होगा लोकार्पित जोधपुर में बन रहे बेहतरीन लकड़ी फर्नीचर के लिए मध्यप्रदेश एमओयू करने को तत्पर मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के दूसरे दिन पर्यटन व संस्कृति और अनलॉकिंग अर्बन लैंड वैल्यू पर केंद्रित सत्रों को किया संबोधित भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रदेश में ग्वालियर, जबलपुर, सागर, रीवा, नर्मदापुरम जैसे छोटे शहर भी अब औद्योगिक विकास के नए केंद्र बन रहे हैं। क्षेत्रीय स्तर पर हुई इन्वेस्टर समिट से प्रदेश में उद्योग व्यापार और रोजगार के लिए बेहतर वातावरण निर्मित करने में मदद मिली है। इसके साथ ही निवेशकों, उद्योगपतियों और प्रदेश के स्थानीय जन में परस्पर आत्मविश्वास भी बढ़ा है। निवेशकों और उद्योगपतियों को प्रदेश के छोटे शहरों में जाकर लगा कि इन स्थान में भी पर्याप्त आधोसंरचना और बेहतर जीवन जीने के संसाधन उपलब्ध हैं। वहीं स्थानीय निवासियों ने यह जाना कि प्रदेश के छोटे शहरों में बड़े निवेशकों, उद्योगपतियों को आकर्षित करने की क्षमता है और उनके शहरों में भी इन्वेस्टर समिट जैसी गतिविधियों का आयोजन सफलता पूर्वक किया जा सकता है । मुहासा- बाबई जैसे छोटे स्थान में औद्योगिक गतिविधियों का बड़े पैमाने पर विस्तार हो रहा है। संपूर्ण प्रदेश में औद्योगिक गतिविधियों का समान रूप से विस्तार करना प्रदेश में अलग-अलग स्थान पर इन्वेस्टर समिट आयोजित करने का मुख्य उद्देश्य रहा।मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट के दूसरे दिन पर्यटन व संस्कृति और अनलॉकिंग अर्बन लैंड वैल्यू पर केंद्रित सत्रों को संबोधित किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इंदौर- नागदा- उज्जैन -देवास- मक्सी (शाजापुर)- पीथमपुर (धार) के लगभग 8000 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र को मिलाकर मेट्रोपॉलिटन के रूप में विकसित करने की योजना है। इसके लिए आवागमन के मार्ग, रेल नेटवर्क, बिजली, पानी, सफाई, सीवर लाइन जैसी मूलभूत व्यवस्थाओं को विकसित कर, आगामी 25 वर्ष में इस क्षेत्र को महानगर के रूप में विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि भोपाल- सीहोर- रायसेन- विदिशा आदि क्षेत्र को भी समन्वित रूप से मेट्रोपॉलिटन के रूप में विकसित करने की योजना है। इसके लिए विशेषज्ञों और जन सामान्य से सुझाव भी आमंत्रित किए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि मेले का मतलब है मेल जोड़ बढ़ाना और इसमें पर्यटन महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उज्जैन में 2028 में सिंहस्थ होने जा रहा है, उज्जैन में 3300 हेक्टेयर क्षेत्र में धार्मिक नगर विकसित करने की योजना है। इस क्षेत्र में महामंडलेश्वर, शंकराचार्य, साधु, संत, महंत आदि को स्थाई रूप से अपने आश्रम निर्मित करने के लिए आमंत्रित किया जाएगा। जिसमें अन्न क्षेत्र के साथ-साथ स्कूल, कॉलेज, अस्पताल आदि का संचालन किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पर्यटन को तीर्थाटन से जोड़ने की दिशा में उनके द्वारा विशेष पहल की गई है। राज्य सरकार भविष्य में पर्यटन तथा अन्य क्षेत्रों पर विशेष समिट का आयोजन करेगी। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि पर्यटन के क्षेत्र में निरंतर प्रगति के लिए राज्य सरकार प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा है कि मध्यप्रदेश के विशाल भौगोलिक विस्तार को देखते हुए प्रदेश की एविएशन नीति में बदलाव किया गया है। विमान सेवा को प्रोत्साहन देने के लिए राज्य सरकार द्वारा इसेंटिव प्रदान कर जबलपुर, रीवा, सिंगरौली के यात्रियों को विमान सेवा उपलब्ध कराई जा रही है। इसके साथ ही आयुष्मान योजना के माध्यम से जरूरतमंद मरीजों को विमान और हेलीकॉप्टर से निशुल्क एयर एंबुलेंस सेवा भी उपलब्ध कराई जा रही है। हेल्थ टूरिज्म के क्षेत्र में प्रदेश के आम आदमी के हित में राज्य सरकार द्वारा यह नवाचार किया गया है । मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश वन्य जीवों की दृष्टि से पर्याप्त संपन्न है। टाइगर, चीते, घड़ियाल आदि की संख्या लगातार बढ़ रही है। देश में सर्वाधिक टाइगर और तेंदुआ मध्य प्रदेश में है। चंबल विश्व की सबसे सुंदर और स्वच्छ नदियों में शामिल है, यहां पर्यटन को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता है। चंबल क्षेत्र में घड़ियालों की संख्या भी लगातार बढ़ रही है। इसी प्रकार प्रदेश में गिद्धों की भी संख्या पर्याप्त है। प्रदेश में टाइगर रिजर्व 7 से बढ़कर 9 हो गए हैं। विश्व विख्यात पुरातत्वविद डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर के नाम पर रातापानी टाइगर रिजर्व हाल ही में प्रारंभ हुआ है। माधव नेशनल पार्क 10 मार्च को लोकार्पित किया जाएगा। प्रदेश वन संपदा से भरपूर है, राज्य सरकार सभी प्रकार के पर्यटन को प्रोत्साहित करने के लिए प्रयासरत है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने जोधपुर में बन रहे लकड़ी के बेहतरीन फर्नीचर के लिए मध्यप्रदेश से लकड़ी उपलब्ध कराने के बारे में राजस्थान सरकार से एओयू करने का प्रस्ताव रखा । मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर केन बेतवा लिंक नदी जोड़ो परियोजना और काली सिंध पार्वती चंबल परियोजना का सफल क्रियान्वयन आरंभ हो रहा है, यह राज्यों के परस्पर मधुर संबंधों का श्रेष्ठ उदाहरण बनेगा।   recent visitors 32