Tuesday, July 7, 2026 12:20 am

बालाघाट में लाखों क्विंटल धान खरीदी केंद्रों पर ही पड़ी, परिवहन नहीं होने से परेशानी बढ़ी

बालाघाट में लाखों क्विंटल धान खरीदी केंद्रों पर ही पड़ी, परिवहन नहीं होने से परेशानी बढ़ी

Lakhs of quintals of paddy remained at procurement centres in Balaghat, problems increased due to lack of transportation बालाघाट। बालाघाट जिले में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान के परिवहन में देरी हो रही है। 1 दिसंबर से शुरू हुई धान खरीदी के बाद से अब तक 8 लाख क्विंटल से अधिक धान खरीदी केंद्रों पर ही पड़ा है, जिसका परिवहन नहीं हो पाया है।जिले में अब तक 49,881 किसानों से 23 लाख 50 हजार क्विंटल धान की खरीदी की गई है, जिसकी कुल कीमत 556 करोड़ रुपए है। इसमें से किसानों को 150 करोड़ 82 लाख रुपए का भुगतान भी किया जा चुका है। हालांकि, खरीदी गई धान में से लगभग 15 लाख क्विंटल का ही परिवहन हो सका है। धान परिवहन की गति विशेष रूप से बालाघाट और लालबर्रा क्षेत्रों में धीमी है। लालबर्रा विकासखंड के केंद्रों से परिवहन में देरी के कारण फर्म मेसर्स पंकजम पर 5 लाख रुपए का जुर्माना लगाया गया है। recent visitors 53

MP खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री मंत्री बोले- वोटर लिस्ट में नाम नहीं तो राशन पानी होगा बंद, कांग्रेस बोली- चुनाव आयोग के अधिकारी बन गए क्या आप?

MP खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री मंत्री बोले- वोटर लिस्ट में नाम नहीं तो राशन पानी होगा बंद, कांग्रेस बोली- चुनाव आयोग के अधिकारी बन गए क्या आप?

MP Food and Supplies Minister said- If your name is not in the voter list, ration and water will be stopped, Congress said- Have you become an officer of the Election Commission? भोपाल ! मध्य प्रदेश के खाद्य एवं आपूर्ति मंत्री गोविंद सिंह राजपूत का एक विवादित बयान सामने आया है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। मंत्री ने कहा कि ‘जिसने मतदाता सूची में नाम नहीं जुड़वाया, उसे राशन और सरकारी सुविधाएं मिलना बंद हो जाएंगी।’ उनके इस बयान ने जनता में हड़कंप और राजनीतिक हलचल दोनों बढ़ा दी हैं। बताया जाता है कि मंत्री सागर जिले की सुरखी विधानसभा में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे थे। यहां उन्होंने अपील करते हुए कहा कि गांवों में मतदाता सूची अपडेट होने का काम चल रहा है, इसलिए हर व्यक्ति अपना नाम जोड़वाए। उन्होंने कहा अगर नाम नहीं जोड़वाओगे तो राशन, आधार कार्ड और अन्य सुविधाएं बंद हो जाएंगी। 5–6 दिन का समय है, जाकर अपना फॉर्म जमा कर दो।’ हालांकि SIR (Special Intensive Revision) प्रक्रिया का उद्देश्य केवल मतदाता सूची को अपडेट और त्रुटिरहित बनाना है। इस प्रक्रिया का किसी भी तरह से राशन कार्ड या अन्य सरकारी योजनाओं से कोई संबंध नहीं है। न ही इसका प्रभाव राशन मिलने पर पड़ता है। विपक्ष का हमला- ‘नेतागिरी छोड़ चुनाव आयोग के अधिकारी बन गए क्या?’उपनेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे ने मंत्री पर निशाना साधते हुए कहा कि मंत्री किस अधिकार से ऐसे बयान दे रहे हैं? क्या वे चुनाव आयोग के अधिकारी हैं? कटारे ने आरोप लगाया कि भाजपा SIR प्रक्रिया को प्रभावित कर रही है और चुनाव आयोग से मंत्री पर कार्रवाई की मांग की। recent visitors 82