जनता को गुमराह करने आए थे राहुल! मोहन यादव ने स्कूल एजुकेशन का बजट बताकर कसा तंज

Rahul Gandhi came to mislead the public! Mohan Yadav took a dig at him by revealing the school education budget. भोपाल। इंदौर में राहुल गांधी के छात्रों की गूंज कार्यक्रम को लेकर मध्य प्रदेश में सियासत गरमा गई है. उज्जैन में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव और मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए दिल्ली विश्वविद्यालय छात्र संघ चुनाव में एबीवीपी की जीत को लेकर कांग्रेस पर पलटवार किया. सीएम मोहन यादव ने ABVP को जीत पर बधाई देते हुए इसे ‘झूठ की गूंज’ का जवाब बताया. वहीं उन्होंने मध्य प्रदेश में ड्रॉप आउट स्टूडेंट्स और शिक्षा को लेकर भी आंकड़े सामने रखे. राहुल गांधी में सीरियसनेस की कमी मोहन यादव ने कहा कि, ”इंदौर में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने एक ऐसा इवेंट किया जो असल में झूठ फैलाने की कोशिश थी. अपनी आदत के मुताबिक उन्होंने इस विषय को लेकर अपनी सीरियसनेस की कमी दिखाई. वे बिना तैयारी के आए और बच्चों और युवाओं से बात की, जबकि उनके साथ एक असली सवाल-जवाब का सेशन होना चाहिए था. कांग्रेस सिर्फ जनता को गुमराह करने के एजेंडे को आगे बढ़ा रही है, यह बहुत निराशाजनक है.” मध्य प्रदेश ने ज़ीरो-ड्रॉपआउट रेट उन्होंने कहा कि, मध्य प्रदेश ने ज़ीरो-ड्रॉपआउट रेट हासिल किया है, यह एक रिकॉर्ड है जिसे कांग्रेस और उसके साथियों को मानना चाहिए. कांग्रेस के राज में 2002-03 तक ड्रॉपआउट रेट 16% था. 1956 और 2002-03 के बीच ज़्यादातर समय कांग्रेस सत्ता में थी, फिर भी ड्रॉपआउट के आंकड़े उस विरासत को दिखाते हैं. उस समय स्कूल एजुकेशन का बजट लगभग 16% था. 2002-03 तक यह 2,000 करोड़ रुपए था, जबकि आज यह 38,658 करोड़ रुपए है. यह बच्चों और उनकी शिक्षा के मैनेजमेंट के प्रति हमारे गहरे कमिटमेंट को दिखाता है.” कांग्रेस ने छात्रों को कभी स्कूटी-लेपटॉप नहीं दिया मोहन यादव ने सवाल किया कि, ”कांग्रेस जवाब दे क्या उन्होंने अपने समय में कभी स्टूडेंट्स को यूनिफॉर्म दी? क्या उन्होंने कभी आने-जाने के लिए साइकिल दी? क्या उन्होंने कभी टॉप करने वाले स्टूडेंट्स को स्कूटर या लैपटॉप दिए? कांग्रेस ने स्टूडेंट्स और युवाओं को बढ़ावा देने या सपोर्ट करने के लिए कभी ऐसी कोई स्कीम लागू नहीं की.” उन्होंने कहा, ”जंतर मंतर पर युवाओं की आड़ में मायाजाल को फैलाने का काम करने का जवाब दिल्ली के युवाओं ने विद्यार्थी परिषद की जीत में दिया है. विजयवर्गीय बोले- राहुल गांधी फैला रहे ‘झूठ की गूंज’ मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने विश्राम भवन पर प्रेस वार्ता आयोजित कर कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि, ”राहुल गांधी ने इंदौर में ‘झूठ की गूंज’ फैलाने की कोशिश की है. इसके पहले दिल्ली और पंजाब भी गए थे. एक कहावत है ‘जहां जहां पैर पड़े संतन के वहां बंटा ढाल’. पंजाब में गए तो पंजाब में यूनिवर्सिटी के चुनाव में कांग्रेस का सफाया हो गया. फिर दिल्ली आए दिल्ली में झूठ की गूंज का बड़ा दावा किया था. 7 से 8 लाख रजिस्ट्रेशन हो गए और वहां पर उन्होंने बडी युवा शक्ति की सभा ली. दिल्ली विश्वविद्यालय के चुनाव के परिणाम आए हैं. सूपड़ा साफ हो गया, NSUI का एक भी सीट नही मिली है.” देश के युवाओं ने कांग्रेस को नकारा कैलाश विजयवर्गीय ने कहा, ”दिल्ली विश्वविद्यालय के चुनाव दिल्ली के नहीं होते बल्कि पूरे देश के विद्यार्थीयों के होते हैं. पूरे देश के छात्र वहां पढ़ते हैं. दिल्ली के चुनाव का परिणाम मूड ऑफ कंट्री है, मतलब देश के युवा शक्ति का मूड क्या है इस चुनाव परिणाम से साफ दिखाई देता है. इसलिए यह झूठ की गूंज के माध्यम से युवाओं को भड़काने का काम कांग्रेस पार्टी और वामपंथी कर रहे हैं. देश की युवा शक्ति ने उनको नकार दिया है और सिर्फ दिल्ली में नहीं मैं फिर इसको रिपीट कर रहा हूं. पंजाब में भी नकार, राजस्थान में नकार, राजस्थान की लोकल बॉडीज के चुनाव में नकार और इसलिए अब यह झूठ की गूंज ज्यादा चलने वाली नहीं है.” ’12 हजार क्षमता का था पंडाल, दावा लाख लोगों का’ कैलाश विजयवर्गीय ने लाखों की भीड़ के दावे और मंच की क्षमता पर Gen z को लेकर कहा, ”उस पंडाल का साइज आप पता लगाएंगे तो उस पंडाल में 12 हज़ार की संख्या आ सकती और उनका दावा था 1 लाख लोगों का. शहडोल, सतना सब दूर से आए तब जाकर इतनी भीड़ हुई.” उन्होंने कहा, ”मध्य प्रदेश की युवा शक्ति सिर्फ मोदी जी के साथ है. दिल्ली ने भी बता दिया है आने वाले समय में मध्य प्रदेश भी बताएगा.” recent visitors 18

इंदौर में राहुल गांधी के विरोध में लगे ‘झूठ की गूंज’ के पोस्टर, कांग्रेस नेताओं ने इसे भाजपा की साजिश बताकर हटाए

Posters titled ‘Echo of Lies’ targeting Rahul Gandhi appeared in Indore; Congress leaders removed them, alleging a BJP conspiracy. इंदौर। इंदौर में आज राहुल गांधी का कार्यक्रम छात्रों की गूंज होने वाला है। इसमें वे विद्यार्थियों के साथ संवाद करने शहर आने वाले हैं। राहुल गांधी के विरोध में शहर के कई मुख्य रास्तों पर होर्डिंग पर बैनर लगे हैं। इनमें लिखा है- झूठ की गूंज पर होगी सत्य की विजय। सभी पर एक क्यूआर कोड दिया गया है, जिसमें राहुल की पिछली चार रैलियों में किए गए चालीस दावों की जांच कर उन्हें झूठ बताया गया है। क्यूआर कोड को स्कैन करने पर www,jhoothkigoonj.com वेबसाइट खुलती है, इसमें राहुल गांधी की कोटा, देहरादून, प्रयागराज और पुणे में की गई रैली में किए गए दावों और उनकी सत्यता पर सवाल उठाए गए हैं। सभी रैलियों में किए गए उनके दावों में से कुछ को झूठ और कुछ को गुमराह करने वाला बताया गया है। रातों रात तमाम बिल बोर्ड पर झूठ की गूंज पोस्टर लगने पर कांग्रेस नेताओ ने इसे भाजपा की साजिश बताया है। इससे शहर में राजनीतिक माहौल गर्मा गया है। इसके बाद कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जगह-जगह लगे इन पोस्टरो को हटाना शुरू कर दिया। कांग्रेस ने कहा- हमेशा झूठ बोलने वाली पार्टी ने लगाए झूठ की गूंज के पोस्टर शहर कांग्रेस के अध्यक्ष चिंटू चौकसे ने कहा कि लोकतंत्र में भाजपा ने निचला स्तर बना लिया है। हमेशा झूठ बोलने वाली पार्टी ने सारे शहर में झूठ की गूंज के पोस्टर लगा दिए हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर राजनीतिक दल को अपनी बात कहने और जनता के बीच जाने का अधिकार होता है। भाजपा के कारण देश के लोकतंत्र को खतरा है यह बात कांग्रेस हमेशा कहती रही है। भाजपा अपने कार्यों से यह साबित करती रही है कि उसका लोकतंत्र में विश्वास नहीं है। यही कारण है कि आज इंदौर में होने जा रहे हैं छात्रों की गूंज कार्यक्रम को देखते हुए भाजपा ने शहर में कई जगह झूठ की गूंज के पोस्टर लगाए हैं। भाजपा के झूठ की शुरुआत तो अच्छे दिन लाने और हर व्यक्ति को 15 लाख रुपए उसके खाते में पहुंचाने के साथ हुई थी। ऐसे झूठ भाजपा की भोपाल से लेकर दिल्ली तक की सरकार लगातार बोल रही है। सरकार के इस झूठ को छात्र और युवा समझ गए हैं। अब वह अपनी आवाज उठा रहे हैं और कांग्रेस उनके साथ खड़ी हो रही है तो भाजपा परेशान हो रही है। चौकसे ने कहा कि पहले तो राहुल गांधी के कार्यक्रम के आयोजन में जितनी बाधाएं पैदा की जा सकती थी उतनी बाधाएं भाजपा सरकार ने जिला प्रशासन, नगर निगम, इंदौर विकास प्राधिकरण और इंदौर पुलिस के माध्यम से पैदा की है। जब उन सभी बाधाओं को पार करते हुए भी कांग्रेस अपना कार्यक्रम कर रही है तो आज झूठ फैलाने वाली पार्टी ने झूठ की गूंज के पोस्टर लगा दिए। पार्षद राजू भदौरिया ने उतारे पोस्टरकांग्रेस पार्षद राजू भदोरिया को आज सुबह इस तरह के पोस्टर लगने की जैसे ही जानकारी मिली वैसे ही वे मैदान में उतर गए और उन्होंने अपने साथियों के साथ जाकर अवैध रूप से लगाए गए इन पोस्टरों को उतारना शुरू कर दिया। उन्होंने सवाल किया है कि इंदौर नगर निगम के अधिकारी और उनकी टीम अब कहां है जब अवैध रूप से इस तरह के पोस्टर पूरे शहर में रातों-रात लगा दिए गए हैं। 169 स्त्रोतों से दावों की जांच की गईराहुल गांधी द्वारा अपनी रैलियों में किए गए दावों की जांच 169 स्त्रोतों के जरिए की गई। इसमें भारत सरकार की आधिकारिक वेबसाइट सहित संसद और न्यूज वेबसाइट से जानकारी ली गई है। इसके साथ ही वेबसाइट पर यह भी कहा गया है कि राहुल गांधी द्वारा देश से जितने झूठ बोले गए हैं, उन सभी को उजागर करने में मदद करें। वेबसाइट पर लिखा है कि कोई दावा तब झूठा होता है जब रिकॉर्ड उसका पूरी तरह खंडन करता है। कोई दावा तब भ्रामक होता है जब किसी वास्तविक आंकड़े को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया जाता है, संदर्भ से अलग कर दिया जाता है या उसे किसी और रूप में प्रस्तुत किया जाता है। recent visitors 20

एमपी राज्यपाल देने वाले हैं इस्तीफा? हाई कोर्ट के फैसले पर टिकी सब की नजरें

MP Governor about to resign? All eyes on the High Court’s decision विशेष संवाददाता: जितेन्द्र श्रीवास्तव/अर्पिता श्रीवास्तव  जबलपुर । राज्यपाल मंगूभाई पटेल के कार्यकाल को लेकर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में दायर जनहित याचिका पर सुनवाई हुई. जबलपुर कृषि विश्वविद्यालय की सेवानिवृत्त प्रोफेसर डॉ. एमए खान की ओर से दायर याचिका में दावा किया गया है कि मंगूभाई पटेल का 5 वर्ष का कार्यकाल पूरा हो चुका है. इसलिए उन्हें पद से इस्तीफा देना चाहिए. हाई कोर्ट ने इस मामले में फैसला सुरक्षित रख लिया है. याचिका में पद छोड़ने की मांग याचिका की सुनवाई हाई कोर्ट की जस्टिस आरएन पाठक और जस्टिस बीपी शर्मा की खंडपीठ में हुई. याचिकाकर्ता की ओर से संविधान के अनुच्छेद 153 और 156 का हवाला देते हुए कहा गया “राज्यपाल की नियुक्ति राष्ट्रपति करते हैं और उनका सामान्य कार्यकाल 5 वर्ष का होता है.” याचिका में मांग की गई है “5 वर्ष पूरे हो जाने पर राज्यपाल अपना पद छोड़ देते हैं पहले ऐसे उदाहरण सामने आए हैं. नया राज्यपाल नियुक्त होने तक राज्यपाल के कामकाज की जिम्मेदारी मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश को सौंपी जाए.” केंद्र सरकार ने रखा अलग पक्ष इस मामले में भारत सरकार की ओर से एडिशनल सॉलिसिटर जनरल ने दलील दी “संविधान के अनुच्छेद 156 के अनुसार राज्यपाल 5 वर्ष की अवधि के लिए पद पर रहते हैं, लेकिन उनका कार्यकाल नए राज्यपाल के पदभार ग्रहण करने तक जारी रह सकता है. ऐसे में केवल 5 वर्ष पूरे होने के आधार पर राज्यपाल का पद स्वतः रिक्त नहीं माना जा सकता.” दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद हाई कोर्ट ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया है. गुजरात में मंत्री रह चुके हैं मंगूभाई राज्यपाल मंगू भाई पटेल का जन्म 1 जून 1944 को गुजरात के नवसारी में हुआ. उन्होंने गुजरात की राजनीति में लंबे समय तक सक्रिय भूमिका निभाई. वह नवसारी से 5 बार और गांदेवी से एक बार विधायक रहे. गुजरात सरकार में वे आदिवासी कल्याण तथा बाद में वन एवं पर्यावरण विभाग के मंत्री रहे. वर्ष 2013 में वे गुजरात विधानसभा के उपाध्यक्ष भी बने. राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने जुलाई 2021 में मंगूभाई पटेल को मध्य प्रदेश का राज्यपाल नियुक्त किया था. उन्होंने 8 जुलाई 2021 को मध्य प्रदेश के राज्यपाल के रूप में शपथ ली थी. याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता अजय रायजादा ने पक्ष रखा. recent visitors 24

राहुल गांधी के छात्र संवाद से पहले नितिन नवीन का MP दौरा, तीन शहरों में कार्यक्रम

Nitin Naveen’s MP tour before Rahul Gandhi’s student dialogue, programs in three cities भोपाल । प्रदेश में इस माह दो बड़ी सियासी गतिविधियां होंगी। कांग्रेस सांसद और लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के 19 सितंबर को इंदौर में प्रस्तावित ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम से ठीक पहले भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन 17 सितंबर को इंदौर आएंगे। नितिन नवीन के 17 सितंबर को इंदौर, मंदसौर और उज्जैन में तीन प्रमुख कार्यक्रम प्रस्तावित हैं। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद नवीन का मप्र का यह पहला दौरा होगा। इधर, राहुल गांधी के कार्यक्रम से पहले भाजपा ने कहा है कि जेन-जी किसी व्यक्ति के हाथ का खिलौना न बनें। ‘जेन-जी’ की समस्याओं के हल के लिए वह तत्पर है और नयी पीढ़ी को कथित साजिशों के जाल में फंसकर किसी व्यक्ति के हाथ का खिलौना नहीं बनना चाहिए। उज्जैन में दीपोत्सव कार्यक्रम में शामिल होंगे नितिन नवीन प्रस्तावित कार्यक्रम के अनुसार नितिन नवीन ग्रामीण आबादी को जमीन का मालिकाना हक देने वाली स्वामित्व योजना के तहत इंदौर में निश्शुल्क रजिस्ट्री वितरण की शुरूआत करेंगे। नवीन उज्जैन में दीपोत्सव कार्यक्रम में भी शामिल होंगे। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के जन्मदिन और सार्वजनिक जीवन के 25 वर्ष पूरे होने के अवसर पर उज्जैन में 17 सितंबर को बड़ा दीपोत्सव कार्यक्रम होगा। क्षिप्रा नदी के घाटों और महाकाल लोक क्षेत्र में करीब 25 लाख दीप जलाए जाने की तैयारी है। भाजपा अध्यक्ष नितिन नवीन का इस आयोजन में भी शामिल होने का कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसके अलावा नवीन का मंदसौर के गांधी सागर अभयारण्य में चीतों को छोड़ने का भी प्रस्तावित कार्यक्रम है। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने बताया कि 17 सितंबर को भाजपा के नितिन नवीन का दौरा प्रस्तावित है, जल्द ही उनका दौरा फाइनल होगा, जिसकी सूचना दी जाएगी। उषा ठाकुर बोंली, विद्यार्थियों की मांगें सुनकर उनके समाधान के लिए पूरी भाजपा तत्पर लोकसभा के नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी का इंदौर में 19 सितंबर को ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम प्रस्तावित है। इसको लेकर पूर्व मंत्री व प्रदेश भाजपा प्रवक्ता उषा ठाकुर ने कहा कि इस विद्यार्थी संवाद अभियान के तहत राहुल गांधी भाजपा को प्रश्नपत्र लीक,महंगी शिक्षा, सरकारी भर्तियों में अनियमितताओं और बेरोजगारी जैसे मुद्दों पर घेरने का प्रयास कर रहे हैं। ‘जेन-जी’ (जेनरेशन जेड) से तात्पर्य उस पीढ़ी से है जिसका जन्म मुख्य रूप से वर्ष 1997 से 2012 के बीच हुआ है। उन्होंने दिल्ली के जंतर-मंतर पर पिछले दिनों हुए छात्र आंदोलन का जिक्र करते हुए मीडिया से कहा,‘‘हमारे नेतृत्व ने बच्चों की बात सुनी। उनकी समस्याओं का जो समाधान ढूंढना है, हम वह अवश्य ढूंढेंगे। विद्यार्थियों की मांगें सुनकर उनके समाधान के लिए पूरी भाजपा तत्पर है।’’ recent visitors 23

अरब में चुनाव लड़ने चले जाते, भाई का नाम ही पप्पू है; राहुल गांधी पर सीएम मोहन यादव ने,,

You could have gone to Arab to contest elections, your brother’s name is Pappu; CM Mohan Yadav on Rahul Gandhi अगर मालवा । राज्य के सीएम मोहन यादव ने जनता को संबोधित करते हुए डबल इंजन सरकार के कामों को गिनाया। इसके साथ ही नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर जमकर निशाना भी साधा। मोहन यादव ने कहा- एक नेता आ रहे हैं, झूठ की गूंज लेकर। उन्होंने, उनकी मां ने, दादा जी ने सारे खानदान ने कभी देश का भला नहीं किया। इसके साथ ही राहुल गांधी को पप्पू कहकर तंज कसते हुए कहा- ये तो समुद्र में चुनाव लड़ने चले गए थे। राहुल गांधी के खानदान ने कभी देश का भला नहीं किया दरअसल, राहुल गांधी द्वारा झूठ की गूंज नामक कार्यक्रम किये जा रहे हैं। इसी सिलसिले में उनको एमपी आना है। इस पर राज्य के सीएम मोहन यादव ने आरोप लगाते हुए कहा- राहुल गांधी के खानदान ने कभी भी देश का भला नहीं किया है। लेकिन अब वो यहां आ रहे हैं जनता की बात करने के लिए। युवा की बात करने के लिए। राहुल गांधी अरब में चुनाव लड़ने चले जाते जनता अच्छे से जानती है। जवाहरलाल नेहरू, श्रीमती इंदिरा गांधी, राजीव गांधी… बाद के समय में भी दिल्ली से चुनाव क्यों नहीं लड़ते थे। क्योंकि जनता इन्हें अच्छे से जानती थी। इसलिए ये लोग रायबरेली, अमेठी से लड़ते थे। राहुल पर तंज कसते हुए कहा- अब तो ये सब भी छोड़कर वायनाड गए हैं, केरल। वो कहते हैं कि समुद्र आ गया, नहीं तो अरब में चुनाव लड़ने जाते। भाई का नाम ही पप्पू है… मोहन यादव का तंज ये लोग न्यायालय के ऊपर भी उंगली उठाते हैं। सेना के पराक्रम पर भी उंगली उठाते हैं। राहुल गांधी पर फिर से तंज कसते हुए कहा- कई टेक्नोलॉजी के मामले में भारत कैसे आगे बढ़ रहा है, लेकिन भाई है कि मानता ही नहीं है। ताली बजाते हुए कहा- भाई भी क्या करे, भाई का नाम ही पप्पू है। दबी मुस्कान में कहा- अब पप्पू है, तो पप्पू जैसा काम करेगा। झूठ की गूंज कार्यक्रम के लिए एमपी आने वाली बात पर सीएम ने कहा- हमारे राज्य में आ रहे हैं, हम स्वागत करते हैं। recent visitors 28

रीवा सांसद का कांग्रेस विधायक पर पलटवार, बोले- अभय मिश्रा यौन विकृतियों से पीड़ित, पॉकेटमारी से शुरू किया था बिजनेस 

Rewa MP hits back at Congress MLA, says Abhay Mishra suffers from sexual perversions, started his business by pickpocketing सांसद ने विधायक अभय मिश्रा को यौन विकृतियों से पीड़ित तक बता दिया। सांसद ने कहा कि बिना सिर-पैर इस तरह की बात कोई सामान्य मानसिकता वाला व्यक्ति सोच भी…और पढ़ें रीवा। संजय गांधी मेडिकल कॉलेज के मुर्दाघर में महिलाओं के शवों के साथ दुष्कर्म के सेमरिया विधानसभा से कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा के सनसनीखेज आरोप के बाद रीवा की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस विधायक के इस बयान पर अब रीवा के भाजपा सांसद जनार्दन मिश्रा ने तीखा और बेहद निजी हमला बोला है। सांसद ने विधायक अभय मिश्रा को यौन विकृतियों से पीड़ित तक बता दिया। सांसद ने कहा कि बिना सिर-पैर इस तरह की बात कोई सामान्य मानसिकता वाला व्यक्ति सोच भी नहीं सकता। उन्होंने कहा कि संजय गांधी अस्पताल जैसे प्रतिष्ठित संस्थान पर बिना साक्ष्य के इस तरह का अनर्गल आरोप लगाना पूरे चिकित्सकीय स्टाफ का अपमान है और इससे रीवा की छवि खराब होती है। डिप्टी सीएम के पिता पर की गई टिप्पणी पर पलटवार इससे पहले कांग्रेस विधायक अभय मिश्रा ने डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल के पिता स्वर्गीय भैयालाल शुक्ल के व्यवसाय को लेकर टिप्पणी की थी। इस पर पलटवार करते हुए सांसद जनार्दन मिश्रा ने कहा कि स्वर्गीय भैयालाल शुक्ल यदि कोई व्यवसाय करते भी थे तो वह ईमानदारी का व्यवसाय था। इसी दौरान सांसद ने विधायक अभय मिश्रा के अतीत को लेकर भी बड़े आरोप लगाए। कहा कि विधायक अभय मिश्रा ने वाहनों की स्टपनी चोरी करके और स्टेट बैंक में पॉकेटमारी कर अपना कारोबार शुरू किया था। सांसद ने दावा किया कि एक समय कोतवाली में जिस तरह अपराधियों की फोटो स्लेट लेकर लगाई जाती थी, उसी तरह लंबे समय तक अभय मिश्रा की फोटो भी लगी रहती थी। अब यहां तक पहुंचे हैं, तो अशोभनीय बातें कर रहे हैं। recent visitors 35

भाजपा के सांसद-विधायक पहुंचे SP ऑफिस,जुआ फड़ पर पुलिस की रेड, पूर्व BJP मंडल अध्यक्ष का नाम आते ही मचा बवाल

BJP MPs and MLAs arrive at the SP’s office, police raid a gambling den, and the former BJP Mandal president’s name sparks uproar. विशेष संवाददाता: राम मेहरा  भोपाल। जिले में पुलिस की जुआ विरोधी कार्रवाई के बाद अब सियासी हलचल तेज हो गई है। सेवढ़ा क्षेत्र में पुलिस द्वारा जुआरियों के खिलाफ की गई कार्रवाई के दो दिन बाद भिंड-दतिया सांसद संध्या राय और सेवढ़ा विधायक प्रदीप अग्रवाल दतिया एसपी कार्यालय पहुंचे। दोनों जनप्रतिनिधियों ने कार्रवाई को गलत बताते हुए पुलिस अधीक्षक से मामले की जांच की मांग की। एसपी ने मामले की जांच एएसपी मंजीत चावला को सौंप दी है। क्या है पूरा मामला? मामला 10 सितंबर की रात का बताया जा रहा है। पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल के निर्देश पर जिले में जुआ-सट्टे के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत अतरैटा थाना, लांच थाना और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने सेवढ़ा के भगुवापुरा थाना क्षेत्र में अमित चौहान ढाबे के पास रात करीब डेढ़ बजे दबिश दी। पुलिस के मुताबिक, मुखबिर से सूचना मिली थी कि ढाबे के पास जुआ खेला जा रहा है। सूचना के आधार पर पुलिस टीम ने मौके पर घेराबंदी की और कथित तौर पर जुआ खेलते हुए आठ लोगों को गिरफ्तार किया। पुलिस ने मौके से नकदी और ताश के पत्ते भी जब्त किए। पकड़े गए आरोपियों की पहचान नरेन्द्र नरवरिया, जितेन्द्र चौहान निवासी बस्तूरी, श्रीकांत शाक्य निवासी भिंड, कोमल चौहान निवासी बस्तूरी, आकाश राजपूत निवासी मौ, पुत्तू शाक्य निवासी भिंड, सोनू उर्फ सुरेन्द्र सिंह चौहान निवासी बस्तूरी और पान सिंह कुशवाह निवासी डिरोलीपार के रूप में हुई है। पूर्व मंडल अध्यक्ष का नाम सामने आने से मामला बढ़ गया  पुलिस कार्रवाई के बाद मामला उस समय चर्चा में आ गया, जब गिरफ्तार किए गए लोगों में सोनू उर्फ सुरेन्द्र सिंह चौहान का नाम सामने आया। बताया जा रहा है कि सुरेन्द्र सिंह चौहान भाजपा के पूर्व मंडल अध्यक्ष और पूर्व जिला मंत्री रह चुके हैं। इसके बाद स्थानीय भाजपा नेताओं और संगठन से जुड़े लोगों में कार्रवाई को लेकर नाराजगी सामने आई। पार्टी से जुड़े नेताओं ने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए इसे गलत बताया और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की। सांसद-विधायक पहुंचे एसपी कार्यालय मामले को लेकर शनिवार को भिंड-दतिया सांसद संध्या राय और सेवढ़ा विधायक प्रदीप अग्रवाल दतिया एसपी कार्यालय पहुंचे। दोनों ने पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल से मुलाकात कर पूर्व मंडल अध्यक्ष के खिलाफ की गई जुआ एक्ट की कार्रवाई पर आपत्ति जताई और मामले की जांच की मांग करते हुए ज्ञापन सौंपा। बताया जा रहा है कि सांसद और विधायक ने एसपी से बंद कमरे में करीब एक घंटे तक चर्चा की। इस दौरान भाजपा प्रदेश प्रवक्ता एवं पूर्व विधायक घनश्याम पिरोनिया, पूर्व जिलाध्यक्ष विक्रम सिंह बुंदेला, पूर्व जिला उपाध्यक्ष कालीचरण कुशवाह, पूर्व मंडल अध्यक्ष प्रवीण श्रीवास्तव, जीतू कमरिया सहित बड़ी संख्या में भाजपा नेता मौजूद रहे। बैठक के बाद पुलिस अधीक्षक मयूर खंडेलवाल ने मामले की निष्पक्ष जांच का आश्वासन दिया। इसके बाद जांच की जिम्मेदारी एएसपी मंजीत चावला को सौंप दी गई। जांच रिपोर्ट पर टिकी नजर पुलिस की कार्रवाई के बाद अब मामले को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। एक ओर पुलिस का कहना है कि अभियान के तहत जुआ खेलने वालों के खिलाफ कार्रवाई की गई, वहीं भाजपा नेताओं ने कार्रवाई को गलत बताते हुए जांच की मांग की है। अब एएसपी मंजीत चावला की जांच रिपोर्ट महत्वपूर्ण मानी जा रही है। जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि पुलिस की कार्रवाई नियमों के तहत सही थी या कार्रवाई को लेकर लगाए गए आरोपों में कितनी सच्चाई है। फिलहाल मामले ने पुलिस कार्रवाई के साथ-साथ स्थानीय राजनीति में भी हलचल बढ़ा दी है और अब सभी की नजर जांच के नतीजे पर टिकी हुई है। recent visitors 14