सीएम का पहला संकल्प है सोलर एनर्जी, राजस्थान-जयपुर समिट में रिन्यूएबल एनर्जी पर फोकस

जयपुर. राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इनवेस्टमेंट समिट में राजस्थान सरकार का सबसे ज्यादा फोकस रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर को लेकर है। अब तक ऊर्जा सेक्टर की 30 कंपनियों के साथ 6.57 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा के एमओयू साइन किए हैं। इनमें सौर, पवन, हरित हाइड्रोजन, हाइब्रिड, पंप भंडारण, बैटरी भंडारण और हरित अमोनिया परियोजनाएं शामिल हैं। ग्लोबल इनवेस्टमेंट समिट की तैयारियों में जुटे मुख्यमंत्री भजनलाल ने कहा है कि वे समिट शुरू होने तक 10 बड़े संकल्प लेंगे। उनका पहला संकल्प सौर ऊर्जा से जुड़ा है। भजनलाल ऐलान कर चुके हैं कि राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इनवेस्टमेंट समिट सौर ऊर्जा से चलेगी। सौर ऊर्जा पर फोकस इसलिए इसी साल गुजरात के गांधीनगर में आयोजित हुई चौथी ग्लोबल रिन्यूएबल एनर्जी इंवेस्टर्स मीट एंड एक्सपो में राजस्थान को सौर ऊर्जा क्षमता में देश पहला स्थान मिला। इसके साथ ही राजस्थान को ओवर ऑल रिन्यूएबल एनर्जी क्षमता में देश में दूसरा स्थान मिला है। राज्य में 28 गीगावाट रिन्यूएबल एनर्जी परियोजनाओं से लगभग 470 करोड़ यूनिट बिजली उत्पादित हो रही है और 32 गीगावाट की परियोजनाएं निर्माणाधीन हैं। दुनिया का सबसे बड़ा सोलर पार्क हमारे यहां राजस्थान 22860.73 मेगावाट की स्थापित क्षमता के साथ सौर ऊर्जा में प्रथम स्थान पर है। प्रदेश कुसुम योजना में पहले पायदान पर है, यहां इस योजना में 121 मेगावाट क्षमता के 92 संयंत्र स्थापित हो चुके हैं। जोधपुर के भड़ला में दुनिया का सबसे बड़ा सोलर पार्क है। इसकी कुल स्थापित क्षमता 2245 मेगावाट है। इनके अलावा फलौदी-पोकरण सोलर पार्क-750 मेगावाट, फतेहगढ़ फेज-1 बी : 1500 मेगावाट, नोखा सोलर पार्क(जैसलमेर)- 925 मेगावाट व  पूगल सोलर पार्क (बीकानेर) -2450 मेगावाट जैसी बड़ी परियोजनाएं भी यहां चल रही हैं। 2027 तक ऊर्जा उत्पादन में आत्मनिर्भर बनने का लक्ष्य सीएम भजनलाल ने अपने पहले संकल्प पर कहा कि राइजिंग राजस्थान समिट का उद्घाटन दिवस पूरी तरह से सौर ऊर्जा से संचालित होगा। उन्होंने कहा कि यह समिट सूरज की ताकत से प्रदेश के विकास में नया सवेरा लाएगा। उन्होंने कहा कि हमारी प्राथमिकता है कि प्रदेश में निर्बाध बिजली की आपूर्ति के लिए अक्षय ऊर्जा को बढ़ावा दिया जाए। राज्य सरकार की अनुकूल निवेश नीतियों से राजस्थान अक्षय ऊर्जा में निवेशकों की पसंद बना हुआ है तथा आज राजस्थान भारत में अक्षय ऊर्जा उत्पादन में पहले स्थान पर है। उन्होंने कहा कि हम प्रदेश को 2027 तक ऊर्जा उत्पादन में आत्मनिर्भर बनाने के लक्ष्य के साथ काम कर रहे हैं। रिन्यूएबल एनर्जी की नई नीति होगी लॉन्च ग्लोबल इनवेस्टमेंट समिट में राजस्थान सरकार अक्षय ऊर्जा क्षमता को 125 गीगावाट तक बढ़ाने के लिए राजस्थान एकीकृत स्वच्छ ऊर्जा नीति-2024 भी जारी करेगी। कैबिनेट की बैठक में इसके मसौदे को मंजूरी मिल चुकी है। नई नीति में 2030 तक अक्षय ऊर्जा क्षमता को 125 गीगावाट तक बढ़ाने, फ्लोटिंग, रिजर्वायर टॉप और कैनाल टॉप सौर ऊर्जा परियोजनाओं को बढ़ावा देने, पम्प स्टोरेज प्रोजेक्ट सहित बड़ी जल विद्युत परियोजनाओं और 8 मार्च 2019 के बाद शुरू हुई छोटी जल विद्युत परियोजनाओं को शामिल करने और नेट मीटरिंग व्यवस्था में 80 प्रतिशत ट्रांसफार्मर क्षमता तक सोलर रूफटॉप लगाने की अनुमति दी गई है। सभी अक्षय ऊर्जा परियोजनाओं और पार्कों को राजकीय भूमि आवंटन, वर्चुअल पीपीए आधारित सौर ऊर्जा परियोजनाओं, कार्बन ट्रेडिंग, ऊर्जा दक्षता तथा नेट जीरो बिल्डिंग को बढ़ावा देने के प्रावधान भी नई नीति में हैं। राजस्थान एक नजर में – 1:  राज्य की कुल स्थापित विद्युत क्षमता में नवीकरणीय ऊर्जा का योगदान लगभग 20.3% है, तथा शेष 78.79% पारंपरिक स्रोतों से प्राप्त होता है। 2:  राजस्थान 22860.73 मेगावाट की स्थापित क्षमता के साथ सौर ऊर्जा में प्रथम स्थान पर है, तथा यहां वर्ष में 325 से अधिक दिन साफ धूप वाले होते हैं। 3:  5195.82 मेगावाट की स्थापित क्षमता के साथ राजस्थान पवन ऊर्जा में तीसरे स्थान पर है। सभी प्रमुख राज्यों में राजस्थान ने नवीकरणीय ऊर्जा की स्थापित क्षमता में सबसे अधिक वार्षिक वृद्धि (18.63%) दर्ज की है। 4: 2023 में ग्रिड से जुड़ी अक्षय ऊर्जा की सबसे अधिक स्थापित क्षमता राजस्थान (22,398 मेगावाट) में थी, जिसके बाद गुजरात (19,436 मेगावाट) का स्थान था, जो मुख्य रूप से पवन और सौर ऊर्जा के कारण था। 5:  साल  2024 की शुरुआत तक राज्य ने 18 गीगावाट की स्थापित सौर क्षमता को पार कर लिया, जिससे यह सौर ऊर्जा उत्पादन के मामले में भारत में अग्रणी राज्य बन गया। recent visitors 74

सुसाइड नोट में पार्टनर्स और पंडित से धोखाधड़ी का खुलासा, राजस्थान-जयपुर में बिजनेसमैन ट्रेन के आगे कूदा

जयपुर। सांगानेर निवासी 45 वर्षीय बिजनेसमैन बालकृष्ण माथुर ने ट्रेन के आगे कूदकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। पुलिस को मृतक के ऑफिस से लाल रंग की एक डायरी और जेब में एक पर्ची मिली, जिनमें आत्महत्या के कारणों का उल्लेख है। सुसाइड नोट में बालकृष्ण ने अपने बिजनेस पार्टनर्स और एक कथित पंडित पर गंभीर आरोप लगाए हैं। बालकृष्ण ने अपने सुसाइड नोट में लिखा कि वे अपने बिजनेस पार्टनर्स—मुकेश यादव, राकेश यादव, जोरावर सिंह, भुनेश जागीड़, और राहुल यादव—की धोखाधड़ी से मानसिक रूप से टूट चुके थे। उन्होंने बताया कि इन पार्टनर्स ने उन्हें 40 लाख रुपये का आर्थिक नुकसान पहुंचाया, उनका मकान बिकवा दिया, और व्यापार में हेराफेरी की। बालकृष्ण ने अपने परिवार से माफी मांगते हुए लिखा, "इन चोरों से आहत होकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर रहा हूं। मेरी प्रशासन से अपील है कि मेरे परिवार को न्याय दिलाया जाए।" पंडित पर ठगी का आरोप दूसरे सुसाइड नोट में बालकृष्ण ने बताया कि मानसिक परेशानियों के चलते उन्होंने टीवी पर दिखने वाले एक पंडित से संपर्क किया। पंडित ने पूजा-पाठ के नाम पर उनसे 2 लाख रुपये ठग लिए। उन्होंने लिखा कि इस ठगी ने उनकी परेशानियां और बढ़ा दीं। घटना का विवरण और पुलिस की जांच मालपुरा गेट थाना पुलिस के अनुसार, 25 अक्टूबर की रात बालकृष्ण फैक्ट्री से घर लौटने के बाद अचानक बाहर निकले और करीब 100 मीटर दूर रेलवे ट्रैक पर जाकर ट्रेन के सामने छलांग लगा दी। मौके से मिली लाल डायरी और पर्ची ने पूरे मामले को उजागर किया। पत्नी ने दर्ज करवाई FIR बालकृष्ण की पत्नी कल्पना माथुर ने पति के सुसाइड नोट के आधार पर मालपुरा गेट थाने में आत्महत्या के लिए उकसाने का मामला दर्ज करवाया। उन्होंने बताया कि उनके पति पिछले कुछ महीनों से बेहद तनाव में थे। परिवार के पूछने पर वे केवल इतना कहते थे, "पार्टनर्स के कारण परेशान हूं।" प्रशासन से न्याय की गुहार मृतक के परिवार ने प्रशासन से अपील की है कि आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और उनकी हड़पी गई रकम वापस दिलाई जाए। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है। recent visitors 135

पुलिस ने अपराधियों पर की ताबड़तोड़ कार्रवाई, राजस्थान-जयपुर में चोरी-अफीम तश्करी- वाहन चोरी और रिश्वतखोरी

जयपुर. सबसे पहले राजधानी जयपुर के सदर थाना की बात करते है। यहां पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मंदिरों में घुसकर चोरी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है और उसके पास से मंदिरों से चुराए गए चांदी के छत्र सहित वारदात में प्रयुक्त नकब सामान भी बरामद किया है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है। पुलिस उपायुक्त जयपुर पश्चिम अमित कुमार ने बताया कि सदर थाना पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मंदिरों में घुसकर चोरी करने वाले सूरज सिंह उर्फ बिट्टू निवासी मजदूर नगर हसनपुरा जयपुर को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी के पास से मंदिरों से चुराए गए चांदी के छत्र सहित वारदात में प्रयुक्त नकब सामान जब्त किया है और साथ ही एक अवैध हथियार कटार भी बरामद की है। पुलिस पूछताछ में और भी कई वारदातें खुलने की आशंका जताई जा रही है। अवैध मादक पदार्थ अफीम की तस्करी करने वाला आरोपी गिरफ्तार दूसरी ओर जालूपुरा थाना पुलिस और जिला स्पेशल टीम जयपुर उत्तर (डीएसटी) ने ऑपरेशन क्लीन स्वीप के तहत कार्रवाई करते हुए अवैध मादक पदार्थ अफीम की तस्करी करने वाले एक आरोपी को पकड़ा है और उसके पास 467 ग्राम अवैध मादक पदार्थ अफीम जब्त की है। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है। पुलिस उपायुक्त जयपुर (उत्तर) राशि डोगरा डूडी ने बताया कि पुलिस कमिश्नरेट की ओर से चलाए जा रहे ऑपरेशन क्लीन स्वीप के तहत जालूपुरा थाना और डीएसटी उत्तर ने कार्रवाई करते हुए अवैध मादक पदार्थ की तस्करी करने वाले तस्कर नारायण लाल सालवी निवासी गंगरार जिला चित्तौड़गढ़ को गिरफ्तार कर उसके पास से 467 ग्राम अवैध मादक पदार्थ अफीम बरामद की है। पुलिस आरोपित से अवैध मादक पदार्थ की खरीद-फरोख्त के बारे में पूछताछ करने में जुटी है। मौज-मस्ती व अन्य शौक पूरा करने लिए वाहन चुराने वाला गिरफ्तार विधाधर नगर थाना पुलिस ने एक शातिर वाहन चोर को गिरफ्तार कर उसके पास से चोरी की एक मोटरसाइकिल बरामद की हैं। पुलिस जांच में सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपित रात में रेकी कर घरों के बाहर खड़ी बाइक चोरी किया करता था और उन्हें औने-पौने दामों में बेच कर मौज मस्ती व अन्य शौक पूरे करता था। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह शहर में दर्जनों वाहन चोरी कर चुका हैं। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है। पुलिस उपायुक्त जयपुर उत्तर राशि डोगरा डूडी ने बताया कि विधाधर नगर थाना पुलिस ने एक शातिर वाहन चोर  मुकेश कुमार (20) निवासी गांव दिलावरपुर थाना केसरीया जिला मोतिहारी बिहार को गिरफ्तार किया है। जिसने पूछताछ में वाहन चोरी करना कबूला। आरोपित जयपुर शहर में कई वाहन चोरी की वारदात कर चुका हैं। पैसा और शौक पूरा करने के लिए वह वाहन चोरी करता था। पुलिस हेड कांस्टेबल पच्चीस हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (एसीबी) की सिरोही टीम ने बुधवार को कार्रवाई करते हुए पुलिस थाना सांचौर जिला सांचौर के पुलिस हेड कांस्टेबल किशनाराम को परिवादी से पच्चीस हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया है। भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो पुलिस महानिदेशक डॉ. रवि प्रकाश मेहरड़ा ने बताया कि एसीबी की सिरोही टीम को परिवादी ने शिकायत दी कि उसके परिवारजनों के विरूद्ध दर्ज मुकदमे में मदद करने की एवज में पुलिस हैड कांस्टेबल किशनाराम पचास हजार रुपये रिश्वत मांग रहा है। जिसपर एसीबी की सिरोही टीम के अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक रामेश्वर लाल के नेतृत्व में शिकायत का सत्यापन कर ट्रेप की कार्रवाई करते हुए पुलिस हैड कांस्टेबल किशनाराम को पच्चसी हजार रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया गया है। उल्लेखनीय है कि शिकायत के सत्यापन के दौरान भी पुलिस हेड कांस्टेबल किशनाराम ने परिवादी से पांच हजार रुपये अपने परिचित के खाते में जरिये फोन पे ट्रांसफर करवाकर वसूले थे। recent visitors 59

गोविन्दपुरा रोपाड़ा में 9 जनवरी से आयोजन, राजस्थान-जयपुर में ‘सशक्त युवा-विकसित भारत’ की थीम पर होगा मिनी जम्बूरी

जयपुर। राजस्थान राज्य भारत स्काउट व गाइड मंडल मुख्यालय, जयपुर द्वारा आगामी 9 जनवरी से 13 जनवरी, 2024 तक जयपुर के गोनेर रोड स्थित गोविन्दपुरा रोपाडा़ में मिनी जम्बूरी (जिला स्तरीय प्रतियोगिता रैली) का आयोजन किया जाएगा। सशक्त युवा-विकसित भारत की थीम पर आयोजित होने वाले कार्यक्रम में जिला- जयपुर, जयपुर ग्रामीण, दूदू एवं कोटपूतली-बहरोड़ के 3 हजार से अधिक स्काउट गाइड भाग लेंगे। जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने रैली के आयोजन के संबंध में बैठक ली एवं आयोजन की तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में जिला कलक्टर ने नगर निगम, सार्वजनिक निर्माण विभाग, जलदाय विभाग, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग, परिवहन विभाग, पुलिस विभाग, सूचना एवं जनसंपर्क विभाग, खाद्य एवं आपूर्ति विभाग, जयपुर विकास प्राधिकरण, स्कूल शिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, पर्यटन विभाग, वन विभाग, सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग संबंधित विभागों के अधिकारियों को रैली के सफल आयोजन के लिए जिम्मेदारियां सौंपी। बैठक में जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने अधिकारियों को मिनी जम्बूरी के सफल आयोजन के लिए हर संभव प्रयास एवं आवश्यक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिये। recent visitors 127

जनसुनवाई के प्रकरणों को समयबद्ध निपटाएं, राजस्थान-जयपुर कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने दिए निर्देश

जयपुर। जिला कलक्ट्रेट सभागार में मंगलवार को साप्ताहिक समीक्षा बैठक का आयोजन हुआ। बैठक में जिला कलक्टर डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने अधिकारियों को जनसुनवाई के दौरान प्राप्त प्रकरणों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण के निर्देश दिये। साथ ही जिला कलक्टर ने अधिकारियों को कुर्रेजात, सीमाज्ञान, नामांतरण, पत्थरगढ़ी एवं भू-रूपांतरण सहित समस्त प्रकार के लंबित राजस्व वादों में भी कमी लाने के निर्देश दिये। जिला कलक्टर ने अधिकारियों को रास्ता खोलो अभियान के तहत अधिक से अधिक ग्रामीणों को लाभांवित करने एवं खोले गए रास्तों पर जल्द से जल्द ग्रेवल सड़कों के निमार्ण के लिए आवश्यक कार्यवाही करने के लिए भी निर्देशित किया। उन्होंने बैठक में जिले में संचालित लोक कल्याणकारी योजनाओं के क्रियान्वयन एवं कार्य प्रगति की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने जिले के सभी उपखण्ड अधिकारियों को युवा महोत्सव के सफल आयोजन के लिए समस्त तैयारियां दुरुस्त रखने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिये कि वे सभी स्तर पर आयोजित होने वाले इस युवा महोत्सव में ज्यादा से ज्यादा प्रतिभाशाली युवा अपनी सक्रिय भागीदारी निभाएं इसके लिए अधिकारी कार्ययोजना का बेहतर रूप से क्रियान्वयन करें। डॉ. जितेन्द्र कुमार सोनी ने अधिकारियों को जिला स्तरीय जनसुनवाई में प्राप्त प्रकरणों के गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने, नियमित जनसुनवाई करने, राजकीय कार्यालयों, विद्यालयों, छात्रावासों का नियमित रूप से निरीक्षण करने एवं अधिक से अधिक रात्रि चौपाल कार्यक्रमों के आयोजन के निर्देश दिये। जिला कलक्टर ने अधिकारियों को आगामी सर्द ऋतु के मद्देनजर क्षेत्र में पर्याप्त संख्या में रैन बसेरे संचालित करने एवं रैन बसेरों में साफ-सफाई, साफ बिस्तर सहित अन्य इंतजाम सुनिश्चित करने के लिए निर्देशित किया। उन्होंने अधिकारियों को मर्ज किये गए राजकीय विद्यालयों के भवनों में वर्तमान में किराये के भवन में संचालित आंगनबाड़ी अथवा स्वास्थ्य केन्द्र अथवा अन्य राजकीय कार्यालय संचालित करने की कार्यवाही अमल में लाने के लिए भी निर्देशित किया। बैठक में राजस्थान संपर्क पोर्टल, मुख्यमंत्री सहायता कोष से जुड़े प्रकरणों की भी समीक्षा की गई। जिला कलक्टर ने अधिकारियों को स्वच्छता सर्वेक्षण रैंकिंग सुधार के लिए समस्त आवश्यक तैयारियां दुरुस्त करने के निर्देश दिये। उन्होंने अधिकारियों को अपने क्षेत्र में गोद लिये गए पार्कों का गुणवत्तापूर्ण विकास करने के निर्देश दिये गए। बैठक में जिला परिषद की मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्रीमती प्रतिभा वर्मा, अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रथम) श्रीमती विनीता सिंह, अतिरिक्त जिला कलक्टर (तृतीय) श्रीमती कुंतल विश्नोई, सहित नगर निगम, शिक्षा विभाग, सामाजिक न्या एवं अधिकारिता विभाग एवं अन्य संबंधित विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी मौजूद रहे। वहीं, समस्तर उपखण्ड अधिकारी, खण्ड विकास अधिकारी, अधीशासी अधिकारी, ब्लॉक मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी वीसी के माध्यम से बैठक में जुड़े। recent visitors 158

विद्यार्थियों को दिलाई शपथ, राजस्थान-जयपुर में संविधान दिवस निकाली रैलियां

जयपुर। संविधान दिवस के अवसर पर मंगलवार को राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार राजस्थान के सभी 36 जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मुख्यालय व 181 तालुका विधिक सेवा समिति द्वारा जिला व तालुका स्तर पर विभिन्न विद्यालय, महाविद्यालय पर विद्यार्थियों को संविधान की पालना की शपथ दिलाई गई एवं विधिक जागरूकता रैलियां निकलायी गई एवं उपस्थित लाभार्थियों को संविधान में वर्णित मौलिक अधिकारों, मूल अधिकारों, नीति निर्देशक तत्वों के बारें मेें जानकारी दी गई। राजस्थान के विभिन्न कारागृहों में भी विधिक जागरूकता शिविरों का आयोजन किया गया। राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के सदस्य सचिव ने बताया ​कि संविधान दिवस के अवसर पर मौलिक कर्तव्य, मूल अधिकारों, नीति निर्देशक तत्वों, शिक्षा का अधिकार के बारे में विधिक जागरूकता कार्यक्रम में विस्तार से जानकारी दी गई। राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं व निःशुल्क विधिक सहायता, पीड़ित प्रतिकर स्कीम, नालसा पोर्टल, नालसा हेल्पलाईन तथा कार्यस्थल पर महिलाओं का लैगिंक उत्पीड़न अधिनियम, वरिष्ठ नागरिकों का अधिकार एवं परिवार में उनकी भूमिका, दहेज प्रथा, कन्या भ्रूण हत्या जैसे विषयों तथा लोक अदालत प्रक्रिया की जानकारी भी दी गई। इसके साथ ही राज्य के समस्त जिला विधिक सेवा प्राधिकरण मुख्यालय व तालुका विधिक सेवा समिति द्वारा जिला व तालुका स्तर पर संविधान दिवस के अवसर पर 29 सेमीनार, 563 विधिक जागरूकता एवं साक्षरता शिविर एवं 30 रैलियों का आयोजन कर 62 हजार से ज्यादा व्यक्तियों को लाभान्वित किया गया। recent visitors 74

टेस्ट के बाद मिलती है गैंग में एंट्री, राजस्थान-जयपुर में लॉरेंस और रोहित गैंग के बदमाशों का खुलासा

जयपुर. संजय सर्किल थाना पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए लॉरेंस और रोहित गैंग से जुड़े चार बदमाशों से पूछताछ में कई चौकाने वाली बातें सामने आई है। बदमाशों से पूछताछ में सामने आया है कि गैंग में एंट्री के लिए पहले टेस्ट देना पड़ा है। टेस्ट में पास होने पर ही उन्हें गैंग में शामिल करने की प्रक्रिया शुरू की जाती है। गिरफ्तार हुए बदमाश फेमस होने के लिए वे गैंग से जुड़े थे। गैंग से जुड़ने से पहले छोटे-छोटे टेस्ट लेकर परखा जाता है। फोन के जरिए ही सभी ऑर्डर मिलते हैं। हथियार पिकअप और डिलीवर करते थे, लेकिन सिस्टम ऐसा है कि कभी किसी का चेहरा नहीं देखा। गैंग के बदमाशों के पास लॉरेंस गैंग की तरफ से फोन आता था। एमपी से हथियार लाते और जयपुर में डिलीवरी देते थे। ये लोग नहीं जानते थे कि किस से हथियार लाए हैं, किसे हथियार देने हैं। पूछताछ में सामने आया कि इनके पास फोन आता है। फोन करने वाला बताता था कि हथियार एक जगह पर पत्थर के नीचे रखे हुए हैं। बदमाश बताई जगह पर जाते। वहां से हथियार उठा लेते। फिर इन्हें बताया जाता कि जयपुर में किस जगह पर हथियार छोड़ने हैं। ये लोग उसी जगह हथियार छोड़ देते थे। चारों बदमाश किसी भी व्यक्ति के साथ डायरेक्ट सम्पर्क में नहीं थे।  उन्हें लगता है कि इस गैंग के साथ जुड़कर फेमस हो जाएंगे। उनको पैसा मिलेगा, क्योंकी अभी तक ये लोग बेरोजगार हैं। इनके पास कोई काम नहीं है। बदमाशों की पोस्ट को लाइक, कॉमेंट और फॉलो कर के गैंग से जुड़ जाते हैं। इनके पास फोन आने लगते हैं। फोन करने वाले खुद को लॉरेंस, रोहित गोदारा बता कर बात करते हैं। ये लोग इनसे फोन पर बात करते रहते हैं। गैंग के लोग पता करते हैं ये लोग काम के भी है या नहीं। पहले छोटे-छोटे टास्क दिये जाते हैं। इसमें किसी के घर के बाहर की रेकी करना, व्यापारियों के नम्बर लाना, उसके आने-जाने के टाइम नोट करना। काम अच्छा होने पर इन लोगों को पैसा दिया जाता है। पुलिस उपायुक्त जयपुर उत्तर राशि डूडी डोगरा ने बताया कि आज के युवा जल्द पैसा कमाने और फेम कमाने के लिए हर तरीके अपना रहा है। वह बदमाशों के साथ इसीलिए जुड़ रहा है क्योंकी उसे जल्दी पैसा कमाना है। गैंग ऑपरेट करने वालों को भी ऐसे ही लोगों की जरूरत है। ये लोग नहीं समझ रहे कि ये लोग केवल एक कटपुतली हैं। इनका इस्तेमाल कर के जेल भिजवा देंगे और उनका कुछ नहीं जाएगा। चारों युवकों के पास से जो मोबाइल फोन मिले हैं, उन की फोरेंसिक साइंस लेबोरेटरी (एफएसएल) जांच करानी है। गिरफ्तार बदमाशों के पास गैंग का फोन कब और कहां से आया। उन नंबरों को कौन यूज कर रहा है। सारी जानकारी मिलने के बाद टीम एक्शन करेगी। टीम का आगे का काम यही है कि ये लोग जिन लोगों के सम्पर्क में थे उन लोगों तक कैसे पहुंचा जाए। recent visitors 72