इंदौर के उपचुनाव में जीती भाजपा, चार हजार वोट से कांग्रेस प्रत्याशी को हराया

BJP wins Indore by-election, defeats Congress candidate by four thousand votes

BJP wins Indore by-election, defeats Congress candidate by four thousand votes इंदौर नगर निगम के वार्ड 83 के उप चुनाव में भाजपा प्रत्याशी की जीत हो गई है। भाजपा के जीतू राठौर को 6490 और कांग्रेस के उम्मीदवार विकास जोशी को 2235 वोट मिले हैं। भाजपा उम्मीदवार 4255 वोटों से चुनाव जीत गए हैं। उप जिला निर्वाचन अधिकारी राजेंद्र रघुवंशी ने बताया कि मतगणना के लिए 15 टीमें बनाई थी। 11 टेबलों पर गणना हुई और 4 टीमें रिजर्व में थीं। शुक्रवार को नेहरू स्टेडियम में मतगणना सुबह 9 बजे शुरू हुई। मतदाताओं ने रुचि नहीं दिखाईपार्षद कमल लड्ढा के निधन के बाद यहां उपचुनाव हुए हैं। बुधवार को वोटिंग हुई थी। भाजपा से जीतू राठौर, कांग्रेस विकास जोशी सहित 6 उम्मीदवारों मैदान में थे। इस उप चुनाव में खास बात यह रही की भाजपा का गढ़ कहे जाने वाले इस वार्ड में मतदाताओं ने चुनाव में ज्यादा रुचि नहीं दिखाई। इस वार्ड में 11 सितंबर को 41.32 प्रतिशत ही मतदान हुआ। जो पिछली बार से कम है। 21 हजार 700 मतदाताओं में से महज 8900 वोटर्स ने ही वोट डाले। कमल लड्ढा 8 हजार वोट से जीते थेइंदौर नगर निगम चुनाव में कमल लड्ढा की जीत सबसे बड़ी जीत थी। बता दें कि इस वार्ड में अब लड्ढा के निधन के बाद यहां उपचुनाव हुआ है। 2022 में हुए चुनाव में इस वार्ड से बीजेपी के कमल लड्ढा की जीत 8803 वोट से हुई थी। कमल लड्ढा को उस समय 11 हजार 280 वोट मिले थे। वहीं उनके प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के आशीष लाहोटी को 2 हजार 477 वोट मिले थे। वहीं वार्ड 83 के बाद सबसे बड़ी जीत वार्ड 81 में बीजेपी के अभिषेक बबलू शर्मा की हुई थी। शर्मा 8 हजार 696 वोट से जीते थे। recent visitors 152

थाने से मात्र 200 मीटर दूर लुटेरों ने की लूटपाट एवं दंपति पर किया हमला ,बुजुर्ग की मौत, पत्नी घायल

Just 200 meters away from the police station, robbers looted and attacked a couple, elderly man died, wife injured

Just 200 meters away from the police station, robbers looted and attacked a couple, elderly man died, wife injured. टीकमगढ़ ! बड़ागांव में बीती रात बुजुर्ग दंपति के घर में घुसकर बदमाशों ने लूटपाट की और बुजुर्ग की धारदार हथियार से हत्या कर दी। बदमाशों ने बुजुर्ग की पत्नी पर भी हमला किया, जिसमें वे गंभीर रूप घायल हो गई। जिन्हें इलाज के लिए जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। वारदात से गुस्साए लोगों ने टीकमगढ़-सागर मार्ग पर जाम लगा दिया। जानकारी के अनुसार, जिले के बड़ा गांव नगर में बीती रात पुलिस थाने से 200 मीटर की दूरी पर रहने वाले बुजुर्ग दंपति के घर में बदमाश घुसे और उन पर कातिलाना हमला कर दिया। इस घटना में ब्रतीचंद्र जैन (70) की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनकी पत्नी आशा जैन घायल हो गई हैं। उन्हें टीकमगढ़ जिला चिकित्सालय रेफर किया गया है। पुलिस द्वारा समय पर कार्रवाई न किए जाने से नाराज स्थानीय लोगों ने सुबह टीकमगढ़-सागर हाईवे पर जाम लगा दिया है। उनका कहना है कि नगर में लगातार चोरी की घटनाएं बढ़ रही हैं, लेकिन पुलिस कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रही है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि बड़ा गांव पुलिस थाने की प्रभारी रात के समय टीकमगढ़ में निवास करती हैं, उनके बड़ा गांव में नहीं रहने के कारण अपराध की घटनाएं लगातार बढ़ रही हैं। लोगों ने लगाया जामबुजुर्ग दंपति के घर में लूटपाट और हत्या की घटना से नाराज स्थानीय लोगों ने सुबह से टीकमगढ़-सागर हाईवे पर जाम लगा दिया है। खबर लिखे जाने तक जाम जारी था। स्थानीय लोगों की मांग है कि जब तक बड़ा गांव पुलिस थाने की प्रभारी पर कार्रवाई नहीं होती और आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं होती, तब तक जाम जारी रहेगा। टीकमगढ़ के पुलिस अधीक्षक रोहित ने बताया कि इस घटना में बुजुर्ग ब्रतीचंद्र जैन की मौत हो गई है और उनकी पत्नी घायल हैं। सूचना मिलने पर वह स्वयं घटनास्थल पर जा रहे हैं। अकेले रहते थे बुजुर्ग दंपत्तिस्थानीय लोगों ने बताया कि बुजुर्ग दंपति पुलिस थाने से 200 मीटर की दूरी पर अकेले रहते थे। बीती रात करीब 1:00 बजे बदमाश उनके घर में घुसे, लूटपाट की और बुजुर्ग की हत्या कर दी, जबकि उनकी पत्नी को घायल कर दिया। स्थानीय लोगों का कहना है कि थाना की 200 मीटर की दूरी पर होने के बावजूद पुलिस का अपराधियों में कोई भय नहीं है, जिसके कारण यह घटना घटी है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। बुजुर्ग दंपति के बच्चे बाहर रहते हैं। recent visitors 305

शराब घोटाले मामले में अरविंद केजरीवाल को राहत, सुप्रीम कोर्ट से मिली जमानत

Arvind Kejriwal gets relief in liquor scam case, gets bail from Supreme Court

Arvind Kejriwal gets relief in liquor scam case, gets bail from Supreme Court दिल्ली ! सुप्रीम कोर्ट आबकारी नीति घोटाले मामले में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल की दो याचिकाओं पर आज यानी शुक्रवार को फैसला सुनाया। पहली याचिका पर कोर्ट ने सीबीआई की गिरफ्तारी को वैध माना। वहीं, दूसरी याचिका पर फैसला सुनाते हुए र्ब्ट ने केजरीवाल को जमानत दे दी। दरअसल, केजरीवाल ने केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) की ओर से दर्ज भ्रष्टाचार के मामले में अपनी गिरफ्तारी और जमानत से दिल्ली हाईकोर्ट के इनकार को चुनौती देते हुए दो अलग-अलग याचिकाएं दायर की थीं। न्यायमूर्ति सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने दोनों याचिकाओं पर फैसला सुनाया। पीठ में न्यायमूर्ति उज्ज्वल भुइंया भी शामिल हैं। पीठ ने पांच सितंबर को केजरीवाल की याचिकाओं पर फैसला सुरक्षित रख लिया था। सीबीआई ने इस मामले में आम आदमी पार्टी (आप) के प्रमुख को 26 जून को गिरफ्तार किया था। recent visitors 263

पुरानी शैली बदलें, पूरी संवेदनशीलता के साथ जनता की समस्याओं का निराकरण करें – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

solve the problems of the public with full sensitivity - Chief Minister Vishnu Dev Sai

Change the old style, solve the problems of the public with full sensitivity – Chief Minister Vishnu Dev Sai रायपुर। मुख्यमंत्री  विष्णु देव साय ने आज राजधानी रायपुर के न्यू सर्किट हाउस में दो दिवसीय कलेक्टर कॉन्फ्रेंस को सम्बोधित करते हुए कहा कि बीते 9 महीने में यशस्वी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की गारंटी के अनुरूप प्रदेश को संवारने की दिशा में प्रयास किया गया है, किन्तु विकसित छत्तीसगढ़ की परिकल्पना को साकार करने के लिए हम सबको और अधिक कठिन परिश्रम करना होगा। उन्होंने कलेक्टरों से कहा कि शासन की योजनाएं पूरी पारदर्शिता के साथ क्रियान्वित की जाए और इसका लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी फ्लैगशिप योजनाओं में सैचुरेशन के लक्ष्य को ध्यान में रखकर कार्य करें। उन्होंने कुछ जिलों में आम जनता और स्कूली छात्रों से शासकीय अधिकारियों द्वारा किए गए दुर्व्यवहार पर सख्त नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि अधिकारी पूरी संवेदनशीलता और सहृदयता के साथ आम जनता की समस्याओं को सुने और उसका यथासंभव शीघ्र निराकरण करें। मुख्यमंत्री ने कहा कि अधिकारियों-कर्मचारियों की भाषा-शैली मर्यादित होनी चाहिए। उन्होंने कलेक्टरों को जनसामान्य से संयमित लहजे में बातचीत करने की हिदायत दी और कहा कि यदि आपके अधीनस्थ अधिकारी भाषा संयम न रखें, तो उन पर तत्काल सख्त कार्यवाही करें।  मुख्यमंत्री ने कलेक्टरों से कहा कि स्थानीय स्तर की समस्याएं वहीं निपटे, छोटी-छोटी समस्याओं को लेकर लोगों को राजधानी न आना पड़े। इस बात का ध्यान जिला प्रशासन को रखना चाहिए। जनप्रतिनिधियों द्वारा ध्यान में लाई गई जन समस्याओं के त्वरित निदान के लिए प्रभावी कदम उठाएं जाएं। मुख्यमंत्री ने राजस्व विभाग की समीक्षा के दौरान साफ तौर पर कहा कि इस विभाग का आम लोगों और किसानों से ज्यादा वास्ता है। राजस्व के प्रकरणों का निराकरण बिना किसी लेट-लतीफी के किए जाने से शासन-प्रशासन की छबि बेहतर होती है। उन्होंने अधिकारियों को जनसामान्य की भूमि संबंधी छोटी-छोटी त्रुटियों एवं समस्याओं का निदान पूरी संवेदनशीलता के साथ समय-सीमा में करने के निर्देश दिए।   मुख्यमंत्री ने सारंगढ़-बिलाईगढ़, बस्तर, खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में राजस्व मामलों के निराकरण की धीमी गति पर अप्रसन्नता जताई। उन्होंने जिलेवार कलेक्टरों से अविवादित और विवादित नामांतरण, खाता विभाजन, सीमांकन, त्रुटि सुधार, डायवर्सन, असर्वेक्षित ग्रामों की जानकारी, नक्शा बटांकन की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने कहा कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण में ऐसे जिले जिनकी प्रगति 70 प्रतिशत से कम है, उन्हें इस मामले में ज्यादा ध्यान देने की जरूरत है। विवादित बटवारा के प्रकरण 6 माह से ज्यादा लंबित न हो। सीमांकन के प्रकरणों को भी तेजी से निराकृत किया जाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने सभी कमिश्नरों को अधीनस्थ जिलों का नियमित दौरा कर राजस्व प्रकरणों के निराकरण की स्थिति की समीक्षा करने के भी निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य को प्रधानमंत्री ने अभी पीएम आवास के अंतर्गत 8 लाख 46 हजार 931 आवासों को स्वीकृति दी है। पूर्ववर्ती सरकार के दौरान पीएम आवास का काम काफी पिछड़ गया था। हमें तेजी से इस पर काम करना है। यह सर्वाेच्च प्राथमिकता का कार्य है। इसके साथ ही हमने चिन्हांकित किये गये लगभग 47 हजार आवासहीन परिवारों को मुख्यमंत्री आवास योजना अंतर्गत आवास देने का निर्णय भी लिया है। इस पर भी जुट कर काम करना है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में स्वच्छता सर्वे अभी चल रहा है। छत्तीसगढ़ के गांव और ग्राम पंचायतें स्वच्छता सर्वे को सभी मानदंडों को पूरा करती हों, इस पर विशेष रूप से ध्यान देने की जरूरत हैं। मनरेगा रोजगार सृजन का सबसे अच्छा माध्यम है। इसके माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में उपयोगी अधोसंरचनाएं तैयार करें। मनरेगा में भुगतान संबंधी दिक्कतों का समाधान करें। मुख्यमंत्री ने मनरेगा के तहत मानव दिवस सृजन कम होने पर बस्तर कलेक्टर पर नाराजगी जतायी। उन्होंने कलेक्टरों को ग्रामीण क्षेत्रों में स्वसहायता समूहों को बढ़ावा देने के साथ ही ट्रेनिंग, बैंक लिंकेज आदि की व्यवस्था पर विशेष रूप से ध्यान देने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने पंचायतों का व्यापक निरीक्षण करने, वहां की समस्याओं को हल करने के निर्देश दिए। अमृत सरोवर योजना को जन अभियान का स्वरूप देने, प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत आवासों का तेजी से निर्माण कराए जाने पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि यह हमारी सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता वाली योजना है। 15 सितम्बर को प्रधानमंत्री जी द्वारा पहली किश्त जारी की जाएगी। मुख्यमंत्री ने बैठक में प्रधानमंत्री विश्वकर्मा कौशल विकास योजना के क्रियान्वयन की स्थिति की समीक्षा की और खैरागढ़, सारंगढ़, सक्ती, रायगढ़ जिलों की शून्य प्रगति पर नाराजगी जताई और कहा कि यह स्थिति ठीक नहीं है।   मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राज्य में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति की समीक्षा के दौरान गरियाबंद जिले के सूपेबेड़ा में किडनी की बीमारी की रोकथाम के लिए प्रभावी उपाय करने और आवश्यकतानुसार दिल्ली से विशेषज्ञ बुलाकर सेवाएं लेने की बात कही। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री राष्ट्रीय डायलिसिस कार्यक्रम का सभी जिलों में संचालन तथा रोगियों को लाभ सुनिश्चित करने, आगामी 6 माह में शत प्रतिशत आयुष्मान पंजीयन करने, पीएम जनऔषधि केंद्रों का संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने टीबी उन्मूलन के तहत किये जा रहे कार्यों की भी जानकारी ली। टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में रायपुर और बिलासपुर जिले में बेहतर स्थिति की सराहना की। उन्होंने अन्य जिलों को भी टीबी उन्मूलन कार्यक्रम में तेजी लाने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने शिक्षा विभाग की योजनाओं की समीक्षा करते हुए सरस्वती सायकल योजना के वितरण में कुछ जिलों में हुई लेट-लतीफी को लेकर अप्रसन्नता जताई। उन्होंने कलेक्टरों को स्पष्ट तौर पर कहा कि सायकल का वितरण शिक्षा सत्र शुरू होते ही सुनिश्चित किया जाना चाहिए। सुकमा एवं बलरामपुर जिले में साइकिल वितरण अब तक न होने पर की स्थिति को देखते हुए कहा कि इस तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मुख्यमंत्री ने आदिम जाति विकास विभाग की समीक्षा के दौरान हितग्राहियों को प्रधानमंत्री जन मन योजना का शत-प्रतिशत लाभ दिलाने पर जोर दिया। उन्होंने कबीरधाम जिले में वन अधिकार पट्टा के कार्य में सुधार की आवश्यकता पर बल दिया और जिन जिलों में डिजिटलाइजेशन का कार्य 80 प्रतिशत से कम है, वहां तेजी से कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने आश्रम एवं छात्रावासों की व्यवस्थाओं को दुरुस्त रखने पर विशेष ध्यान देने को कहा और कलेक्टरों को स्वयं निरीक्षण करने के … Read more

छतरपुर : 14 सितम्बर को नेशनल लोक अदालत का आयोजन

Chhatarpur: National Lok Adalat organized on 14th September

Chhatarpur: National Lok Adalat organized on 14th September छतरपुर ! 14 सितम्बर 2024 को जिला एवं तहसील न्यायालयों में नेशनल लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा। सभी व्यक्तियों से अनुरोध है कि अधिक जानकारी के लिए कार्यालय जिला विधिक सेवा प्राधिकरण छतरपुर में या निःशुल्क न. 15100 पर कॉल कर सम्पर्क कर सकते हैं।लोक अदालत एक ऐसा मंच है जहां न्यायालय में लंबित या मुकदमे के रूप में दाखिल नहीं किए गए मामलों का सौहार्दपूर्ण तरीके से निपटारा किया जाता है। यह सामान्य न्यायालयों से अलग होता है क्योंकि यहां विवादित पक्षों के बीच परस्पर समझौते के माध्यम से विवादों का समाधान किया जाता है। इसीलिए छतरपुरवासियों से अपील की जाती है कि त्वरित एवं सस्ते न्याय के लिए 14 सितंबर को लोक न्यायालय पहुंचकर उसका लाभ उठाएं। recent visitors 173

प्रदेश की सड़कों को गड्ढा-मुक्त करने चलेगा विशेष अभियान: मंत्री श्री सिंह

Special campaign will be launched to make the roads of the state pothole-free: Minister Shri Singh

पेंचवर्क अभियान की सफलता जाँचने अधीक्षण यंत्री और संभागीय प्रबंधकों की टीम करेगी औचक निरीक्षणपेंच-वर्क कार्य की वास्तविकता का किया जायेगा आकलन Special campaign will be launched to make the roads of the state pothole-free: Minister Shri Singh भोपाल ! मध्यप्रदेश में सड़कों को गड्ढामुक्त बनाने के उद्देश्य से लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह द्वारा दिए गए निर्देशों के पालन में, विभाग द्वारा 7 से 22 अगस्त तक एक वृहद् पेंचवर्क अभियान चलाया गया जिसके अंतर्गत सभी विभागीय इंजीनियरों को जिम्मेदारी सौंपी गई और प्रदेशभर में लोक निर्माण विभाग की सड़कों की स्थिति का निरीक्षण किया गया एवं मरम्मत कार्य शीघ्रता से पूरा कराया गया। अभियान के बाद विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को मरम्मत कार्य की गई सड़कों का आवंटन किया गया और निरीक्षण के उपरांत रिपोर्ट प्रस्तुत करने को कहा गया। खास बात यह रही कि मरम्मत के बाद किसी संभाग की सड़कों का निरीक्षण कराने के लिए दूसरे संभाग के अधिकारियों को भेजा गया। यह पारदर्शिता और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए किया गया ताकि मरम्मत कार्यों की निगरानी बेहतर ढंग से की जा सके। निरीक्षण उपरांत विभाग के कार्यपालन यंत्रियों ने उनसे संबंधित सड़कों को गड्ढा-मुक्त किये जाने प्रमाण-पत्र प्रस्तुत किए। अब इस कार्य की सफलता की जांच के लिए 9 से 15 सितंबर के बीच एक विशेष अभियान चलाया जाएगा। अपर मुख्य सचिव लोक निर्माण विभाग श्री के.सी. गुप्ता ने आदेश जारी किये है। इस अभियान के अंतर्गत अधीक्षण यंत्री और संभागीय प्रबंधकों की टीम विभिन्न मण्डलों में जाकर पेंचवर्क कार्य का औचक निरीक्षण करेगी और सड़कों की वास्तविक स्थिति का आंकलन करेगी एवं दिये गये प्रमाण-पत्रों की सत्यता की जांच की जाएगी और 18 सितंबर तक प्रतिवेदन शासन को सौंपा जाएगा। इस अभियान का उद्देश्य सड़कों की गुणवत्ता सुनिश्चित करना और प्रदेश की सड़क व्यवस्था को बेहतर बनाना है, जिससे आम जनता को सुगम यातायात की सुविधा प्राप्त हो सके। लोकपथ ऐप पर प्राप्त शिकायतों की हो विशेष मॉनिटरिंग लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह ने लोकपथ ऐप पर प्राप्त शिकायतों की विशेष मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिये हैं। उन्होंने कहा कि शिकायतों का समय-सीमा के भीतर निराकरण किया जाए और इस प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि हर शिकायत का निपटारा त्वरित और प्रभावी तरीके से हो, ताकि आमजन की समस्याओं का समाधान समय पर हो सके। लोकपथ ऐप पर अब तक 2762 शिकायतें प्राप्त हुई हैं जिनमे से 2699 शिकायतों का निराकरण किया गया है एवं शेष शिकायतों का निराकरण प्रचलन में है । मंत्री श्री सिंह ने कहा कि लोकपथ ऐप का उद्देश्य नागरिकों को एक सरल और प्रभावी प्लेटफॉर्म प्रदान करना है, जिसके माध्यम से वे सड़कों से संबंधित समस्याओं की शिकायतें दर्ज कर सकते हैं। ऐसे में, शिकायतों का समय पर निपटारा करना हमारी प्राथमिकता है। मंत्री श्री सिंह ने सड़क निर्माण में उपयोग होने वाले डामर की गुणवत्ता पर विशेषध्यान देने के भी निर्देश दिये। उन्होंने डामर सप्लाई देयकों का शतप्रतिशत सत्यापन कराया जाने के भी निर्देश दिये। recent visitors 158

जाति प्रमाण पत्र बनाने की व्यवस्था का हो सरलीकरण : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

The system of making caste certificate should be simplified: Chief Minister Dr. Yadav

पिछड़ा वर्ग पोस्ट मेट्रिक बालिका छात्रावासों में आंरभ होगा मैस का संचालन और बनेंगी बाउण्ड्रीवॉलछात्रवृत्ति प्राप्त कर रहे विद्यार्थियों की शाला में नियमित उपस्थिति का हो परीक्षणमुख्यमंत्री ने की पिछड़ा वर्ग-अल्पसंख्यक कल्याण तथा विमुक्त, घुमन्तु और अर्द्धघुमन्तु कल्याण विभाग की समीक्षा The system of making caste certificate should be simplified: Chief Minister Dr. Yadav भोपाल ! मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश में जाति प्रमाण पत्र बनाने की व्यवस्था का सरलीकरण करने के निर्देश दिए है। उन्होंने कहा है कि जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने की व्यवस्था को भी जन-सुलभ बनाया जाए। इसके लिए संबंधित विभागों में परस्पर समन्वय सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने पिछड़ा वर्ग पोस्ट मेट्रिक बालिका छात्रावासों में मैस का संचालन आरंभ करने तथा बालिका छात्रावासों की सुरक्षा के लिए बाउण्ड्रीवॉल बनाने के निर्देश दिए। इन छात्रावासों में सोलर पैनल भी लगाए जाएंगे। उन्होंने वर्ष 2024-25 में पिछड़ा वर्ग पोस्ट मेट्रिक छात्रवृत्ति भुगतान के लिए वर्तमान बजट प्रावधान के अतिरिक्त 560 करोड़ रूपए बजट के साथ ही छात्रवृत्ति के लिए पृथक पोर्टल को भी स्वीकृति प्रदान की। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मंत्रालय में पिछड़ा वर्ग-अल्पसंख्यक कल्याण तथा विमुक्त, घुमन्तु और अर्द्ध-घुमन्तु कल्याण विभाग की समीक्षा में यह निर्देश दिए। बैठक में विभाग की मंत्री श्रीमती कृष्णा गौर, मुख्य सचिव श्रीमती वीरा राणा, अपर मुख्य सचिव डॉ. राजेश राजौरा सहित विभागीय अधिकारी उपस्थित थे। युवाओं को बाजार की मांग के अनुरूप उद्यमिता और व्यवसायों का दिया जाए प्रशिक्षण मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि जिन विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति उपलब्ध कराई जा रही है, उनकी शाला में नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक प्रबंध किए जाएं। उन्होंने कहा कि पिछड़ा वर्ग विदेश अध्ययन छात्रवृत्ति के अंतर्गत लाभान्वित हुए विद्यार्थियों के प्रदेश को योगदान का भी आंकलन किया जाए। उन्होंने कहा कि पिछड़े वर्ग के बेरोजगार युवाओं को विदेश में रोजगार उपलब्ध कराने के लिए संचालित योजना के अंतर्गत संबंधित देश की भाषा में दक्षता के लिए प्रदेश के चयनित संभागों में आवश्यक व्यवस्था कर सघन प्रयास किए जाएं। इसके साथ ही सरदार पटेल रोजगार प्रशिक्षण योजना और पिछड़ा वर्ग के परम्परागत व्यवसायों पर आधारित उत्कृष्टता केन्द्रों की स्थापना में बाजार की मांग के अनुरूप व्यवसायों और उत्पादों पर फोकस किया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने मुख्यमंत्री पिछड़ा वर्ग तथा अल्प-संख्यक उद्यम एवं स्व-रोजगार योजना के अंतर्गत गतिविधियों को विस्तार देने की आवश्यकता बताई। कंजर, सांसी, पारधी समुदायों के संबंध में पुलिस अधिकारियों की काउंसलिंग की जाए मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने विमुक्त, घुमन्तु और अर्द्ध-घुमन्तु कल्याण विभाग की समीक्षा के दौरान कहा कि कंजर, सांसी, पारधी तथा अन्य समुदायों के युवाओं और अगली पीढ़ी को शिक्षा, उद्यमिता और विकास से जोड़ने के लिए शासकीय प्रयासों के साथ-साथ सामाजिक संस्थाओं को भी पहल करने के लिए प्रेरित किया जाए। पुलिस, होमगार्ड तथा सुरक्षा संबंधी सेवाओं में चयन के लिए इन समुदायों के युवाओं को आवश्यक प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाए। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कंजर, सांसी, पारधी समुदायों के लिए औपनिवेशिक प्रभाव के परिणामस्वरूप उपयोग में लाए जाने वाले संबोधनों को त्यागने के लिए पुलिस अधिकारियों व मीडिया की काउंसलिंग की जाएं। विमुक्त, घुमन्तु अर्द्ध घुमन्तु जातियों को सांस्कृतिक और समुदाय की गतिविधियों के लिए सामुदायिक भवनों के निर्माण की स्वीकृति भी दी गई। बैठक में बताया गया कि विमुक्त घुमन्तु और अर्द्ध घुमन्तु जातियों के सर्वे का कार्य भी शुरू किया गया है। recent visitors 162