मुंबई क्राइम ब्रांच की बड़ी कार्रवाई जोगेश्वरी इलाके में 4 करोड़ की ड्रग्स बरामद, दो ड्रग्स सप्लायरों को किया गिरफ्तार

मुंबई मुंबई क्राइम ब्रांच ने नशे के सौदागरों के खिलाफ कड़ा कदम उठाते हुए एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। क्राइम ब्रांच की यूनिट 5 ने जोगेश्वरी इलाके में दो ड्रग्स सप्लायरों को गिरफ्तार किया और उनके कब्जे से 2 किलोग्राम एमडी ड्रग्स बरामद किया। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इस ड्रग्स की कीमत लगभग 4 करोड़ रुपये आंकी गई है। जानकारी के अनुसार, क्राइम ब्रांच की टीम को जोगेश्वरी बस डिपो के पास दो संदिग्ध व्यक्तियों पर शक हुआ। तलाशी लेने पर उनके पास से भारी मात्रा में एमडी ड्रग्स मिला। दोनों आरोपियों के खिलाफ अंबोली पुलिस स्टेशन में एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उन्हें हिरासत में ले लिया गया। मुंबई क्राइम ब्रांच अब इस बात की गहन जांच कर रही है कि यह ड्रग्स कहां से लाया गया था और इसे किन-किन लोगों तक पहुंचाने की योजना थी। पुलिस को शक है कि यह एक बड़े ड्रग्स रैकेट का हिस्सा हो सकता है। बता दें कि पिछले माह अप्रैल में भी क्राइम ब्रांच को मुंबई से सटे मीरा-भायंदर इलाके में एक बड़ी सफलता हाथ लगी थी। तब 'ड्रग्स क्वीन' के नाम से कुख्यात सबीना शेख को भारी मात्रा में कोकीन और नकदी के साथ गिरफ्तार किया गया। मीरा-भायंदर-वसई विरार पुलिस आयुक्तालय की क्राइम ब्रांच यूनिट-1 (काशीमीरा) की इस कार्रवाई में कुल 14.868 किलोग्राम कोकीन बरामद की गई थी, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 22.33 करोड़ रुपए आंकी गई थी। सबीना की गिरफ्तारी के बाद मामले की छानबीन आगे बढ़ाई गई, जिसमें चौंकाने वाले खुलासे हुए थे। सबीना की निशानदेही पर क्राइम ब्रांच ने नाइजीरियाई नागरिक एंडी उबाबुदिके ओनींसे को गिरफ्तार किया, जिसके घर से 2.604 किलोग्राम कोकीन (कीमत 3.90 करोड़ रुपए) और बड़ी मात्रा में नकदी जब्त की गई थी। इसके बाद पुलिस ने वसई के एवरशाइन नगर से एक विदेशी महिला क्रिस्टाबेल एनजेई को भी गिरफ्तार किया था। उसके पास से 64.98 लाख रुपए की कोकीन, भारतीय मुद्रा और विदेशी करेंसी (अमेरिकन डॉलर समेत) बरामद की गई थी। क्रिस्टाबेल एनजेई के बारे में पता चला कि वह कैमरून की नागरिक है। सबीना का नेटवर्क मुंबई, नवी मुंबई, पालघर, पुणे और नासिक तक फैला हुआ है। वह भारतीय नागरिक होने के कारण बिना शक के बड़े नेटवर्क को संभालती थी और विदेशी सप्लायर्स के बीच एक महत्वपूर्ण कड़ी के तौर पर काम करती थी। recent visitors 46

WWE का बड़ा इवेंट मनी इन द बैंक 2025 7 जून को, पैसों के लिए आपस में मार-कुटाई करेंगे रेसलर्स

नई दिल्ली WWE का अगला बड़ा इवेंट, मनी इन द बैंक 2025, 7 जून को होगा। कंपनी इसकी तैयारी कर रही है। WWE के लिए यह एक बड़ा मौका है। इस इवेंट में फैंस को अक्सर चौंकाने वाले सरप्राइज मिलते हैं। ट्रिपल एच के समय में WWE ने बहुत सफलता हासिल की है। मनी इन द बैंक लैडर मैच पर सबकी निगाहें होंगी। WWE मनी इन द बैंक 2025 के लिए बड़े इवेंट आयोजित करने की योजना बना रहा है और लोग इसका इंतजार कर रहे हैं। मनी इन द बैंक में दिखेंगे कई सितारे रोमन रेंस, सीएम पंक और जॉन सीना जैसे पहलवान इसमें प्रदर्शन करते दिखेंगे। हाल के महीनों में, ट्रिपल एच ने जिन पहलवानों को चुना है, उस वजह से विवाद हुआ है। मनी इन द बैंक 2025 में ट्रिपल एच दर्शकों को इम्प्रेस करने के लिए तीन मुख्य मैच आयोजित कर सकते हैं। ऐसे में आइए जानते हैं कि वह तीन मुकाबले कौन-कौन से हैं। ये हैं वो तीन मुकाबले, जिसका आयोजन करवा सकते है ट्रिपल एच     पहला मैच सैथ रॉलिंस और सीएम पंक के बीच हो सकता है। रेसलमेनिया 41 में सैथ रॉलिंस, सीएम पंक और रोमन रेंस ने एक इवेंट में भाग लिया था। वहां रॉलिंस जीते थे। हेमैन ने पंक और रेंस को धोखा दिया। उस समय, ब्रॉन ब्रेकर उस टीम का हिस्सा बन गए जिसे वे मैनेज करते हैं। पंक रॉलिंस और हेमैन से बदला लेना चाहते हैं। सामी जेन और जे उसो ने अब तक उनकी मदद की है।     दूसरा मैच सोलो सिकोआ और जैकब फातू के बीच हो सकता है। ट्रिपल एच को सोलो सिकोआ और जैकब फातू के बीच के झगड़े पर ध्यान देना चाहिए। फरवरी में दोनों के बीच एक मैच का इशारा मिला था। दोनों ने गलती से एक-दूसरे पर हमला कर दिया था। रेसलमेनिया 41 में, सिकोआ ने यूएस चैंपियनशिप जीती। इन दोनों के बीच अभी तक कोई अच्छी केमिस्ट्री नहीं बनी है।     तीसरा मैच रोमन रेंस और ब्रॉन ब्रेकर के बीच हो सकता है। फैंस लंबे समय से रोमन रेंस और ब्रॉन ब्रेकर के बीच मुकाबले का इंतजार कर रहे हैं। ब्रेकर ने कई बार यह साफ किया है कि वह रेंस से लड़ना चाहते हैं। कंपनी ने इसकी प्रक्रिया शुरू कर दी है। रेसलमेनिया 41 के बाद पहले रॉ के दौरान, ब्रेकर ने रेंस के खिलाफ दो स्पीयर का इस्तेमाल किया। रोमन बुरी हालत में थे। वह रिंग में लड़ते हुए बेबस दिख रहे थे। ब्रेकर और रोमन के बीच का मुकाबला भविष्य में नई कहानियों को जन्म दे सकता है। recent visitors 61

खरगोन में आधी रात को मचा हड़कंप, गौ तस्करों की गाड़ी ने गौ सेवकों को रौंदा, चार लोग हुए घायल

खरगोन  खरगोन जिले के गोगांवा थाने के बिलाली और दसनावल गांव के बीच गो तस्करों के चार पहिया वाहन ने गो सेवकों को सामने से टक्कर मारी। इसमें दो गौ सेवक गंभीर रूप से घायल हो गए है। वहीं दो गो सेवकों को चोट आई है। घटना गुरुवार रात डेढ से 2 बजे की है। खरगोन में गो सेवकों को सूचना मिली थी कि गोवंश को महाराष्ट्र भेजा जा रहा है। खंडवा-बड़ौदा मार्ग पर गो सेवक पहुंच गए। इस दौरान गौ तस्करी के लिए जा रहे वाहनों को रोकने के दौरान तस्करों ने सामने से ही गो सेवकों को जानलेवा टक्कर मार दी। सिर में आई गंभीर चोट घटना में दो गो सेवक सतीश राठौर और राजा चौहान के सिर में गंभीर चोट के बाद खरगोन के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दो गो सेवक को मामूली चोट आई है जिनका उपचार जिला अस्पताल में चल रहा है। 6-7 पिकअप वाहनों से महाराष्ट्र भेजे जा रहे थे गोवंश अवैध गो वंश परिवहन की सूचना के बाद करीब एक दर्जन से अधिक गो सेवक गाड़ी पकड़ने पहुंचे थे। करीब 6 से 7 पिकअप वाहन से महाराष्ट्र जाने के लिए गोवंश का परिवहन हो रहा था। बताया जा रहा है छह वाहन भाग निकले। एक वाहन को पुलिस ने जब्त किया है। खबर लगते ही देर रात को ही अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरेंद्र रावत पहुंचे थे। पुलिस ने सूचना कर नाकेबंदी भी करा दी थी। गोगांवा पुलिस विवेचना कर रही है। उधर, हिंदू संगठन के पदाधिकारी का आरोप है कि इतने थानों और चौकी क्रास होकर गो तस्करी के वाहन महाराष्ट्र कैसे पहुंच रहे हैं। पिछले दिनों ही गो सेवकों ने प्रभारी मंत्री विश्वास सारंग को शिकायत की थी। उसके बावजूद तस्करी जारी है। recent visitors 45

सेना ने 48 घंटे में छह आतंकी किये ढेर, त्राल-शोपियां में कैसे रडार पर आए दहशतगर्द?

श्रीनगर जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकी हमले के बाद से ही सेना पूरे कश्मीर में आतंकियों का खात्मा करने में लगी हुई है. यहां सेना सर्च ऑपरेशन के साथ ही कई अन्य ऑपरेशन चला रही है. इसी के तहत सेना ने 48 घंटों के अंदर 6 आतंकियों ढेर कर दिया है. इसके अलावा कई आतंकियों तलाश की जा रही है. गुरुवार को सेना की पुलवामा जिले में आतंकियों के साथ मुठभेड़ हुई, इसमें मुठभेड़ में जैश-ए-मोहम्मद (जेईएम) के तीन आतंकवादी मारे गए. इनकी पहचान आसिफ अहमद शेख, आमिर नजीर वानी और यावर अहमद भट के रूप में हुई है. इसके पहले मंगलवार को लश्कर के मॉड्यूल के आतंकवादियों को ढेर किया गया था. 6 आतंकी ढेर 8 की तलाश श्रीनगर में आज की गई एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में IGP कश्मीर वी.के. बिरदी ने आतंकियों के खात्मे के बारे में बताया है. उन्होंने कहा कि पिछले 48 घंटों में हमने दो बहुत सफल ऑपरेशन किए हैं. ये दो ऑपरेशन शोपियां और त्राल में किए गए. कुल 6 आतंकवादियों को मार गिराया गया. उन्होंने बताया कि 4 आतंकियों की लिस्ट में से 6 को ढेर कर दिया गया है इसके अलावा बचे हुए अन्य 8 आतंकियों की तलाश की जा रही है. कैसे ऑपरेशन हुआ सफल? प्रेस कॉन्फ्रेंस में सेना के अधिकारियों ने बताया कि पिछले कई दिनों से इन आतंकियों के मूवमेंट की खबर मिल रही थी. इसी को देखते हुए हम लोग सर्च ऑपरेशन चला रहे थे. उसी दौरान हमें आतंकियों के बारे में जानकारी मिली. सूचना मिलने के बाद सुरक्षाबलों ने घेराबंदी कर तलाश अभियान शुरू किया था. सर्च ऑपरेशन के दौरान ही आतंकियों ने जैसे ही सेना के जवानों को देखा तो तुरंत ही फायरिंग शुरू कर दी. जवाबी कार्रवाई में 3 आतंकी मारे गए. इनकी पहचान आसिफ अहमद शेख, आमिर नजीर वानी और यावर अहमद भट के रूप में हुई है. मारे गए आतंकियों के पास से हथियार और गोला बारूद भी जब्त किया गया है. मंगलवार को शोपियां में मुठभेड़ में लश्कर के तीन आतंकियों को मार गिराया गया था। आईजीपी कश्मीर वीके बिरदी ने कहा कि तीनों आतंकियों को जिंदा पकड़ने का प्रयास किया गया था, लेकिन उन्होंने हथियार नहीं डाले। संबंधित अधिकारियों ने बताया कि जैश कमांडर आसिफ अहमद शेख और उसके दो साथियों आमिर नजीर वानी व यावर अहमद बट के त्राल के नादिर में एक जगह छिपे होने की सूचना मिली थी। आतंकियों पर था पांच-पांच लाख का इनाम इसके आधार पर पुलिस ने सेना और सीआरपीएफ के जवानों के साथ मिलकर अभियान शुरू किया। आतंकियों ने मकान के साथ सटे शेड में भी शरण लेने का प्रयास किया और एक आतंकी वहीं शेड में मारा गया। आसिफ जैश का जिला कमांडर था। सात लाख का इनामी आसिफ 2022 को आतंकी बना था। आमिर और यावर अहमद बट दोनों ही पांच-पांच लाख के इनामी थे और 2024 को आतंकी बने थे। स्थानीय लोगों ने की ऑपरेशन में मदद मेजर जनरल धनंजय जोशी ने बताया कि 12 मई को हमें आतंकियों के बारे में इनपुट मिला था. हालांकि वे बहुत ऊंचाई पर थे. हमने जानकारी मिलने के बाद ही सर्च ऑपरेशन शुरू किया और उनकी पहचान पता की. सर्च ऑपरेशन के दौरान उन्होंने गोलीबारी शुरू कर दी. एक-एक घर में जाकर तलाशी ली गई. इस दौरान, हमारे सामने चुनौती नागरिक ग्रामीणों को बचाने की थी. इसके बाद, तीन आतंकवादियों को मार गिराया गया. मारे गए 6 आतंकवादियों में से एक, शाहिद कुट्टे, दो बड़े हमलों में शामिल था, जिसमें एक जर्मन पर्यटक पर हमला भी शामिल था. पूरे सर्च ऑपरेशन के दौरान अच्छा लोकल सपोर्ट भी मिला था.   recent visitors 54

कूल कूल गर्मी : मई के पहले पखवाड़े में मात्र तीन दिन 40 से ऊपर गया पारा, 25 साल बाद इतना

भोपाल मई माह का पहला पखवाड़ा बीत गया है। आमतौर पर मई का पहला पखवाड़ा काफी तपिश भरा होता है, लेकिन इस बार लगातार बादल, तेज हवा, बारिश के चलते मई में गर्मी से राहत मिल रही है। तापमान लगातार सामान्य से नीचे बने हुए हैं। पिछले 25 सालों बाद मई के पहले पखवाड़े में अधिकतम तापमान लगातार 40 डिग्री से नीचे बना हुआ है। इसके पहले वर्ष 2000 में भी मई के पूरे माह में बारिश हुई थी और तब पूरे मई माह में 23 दिन अधिकतम तापमान 40 डिग्री से कम थे।  एमपी के भोपाल शहर में बीते दिन धूप खिली रही। इस दौरान शहर का अधिकतम तापमान 37.3 और न्यूनतम 25.6 डिग्री दर्ज किया गया। बुधवार के मुकाबले अधिकतम तापमान आधा डिग्री की गिरावट आई। मई में 25 सालों बाद पहले पखवाड़े में ऐसी स्थिति बनी है। इसके पहले वर्ष 2000 में भी मई में ऐसी स्थिति बनी थी। इसके बाद 2023 में भी अच्छी बारिश हुई थी, लेकिन पहले पखवाड़े में 8 दिन तापमान 40 डिग्री से कम थे। मौसम विशेषज्ञ एके शुक्ला ने बताया कि वर्ष 2000 से लेकर अब तक 25 साल में यह सबसे कम है। इन 25 वर्षों में कभी ऐसा नहीं हुआ। 15 दिन में से सिर्फ तीन दिन ही दिन का तापमान 40 डिग्री से ऊपर रहा। पिछले 12 दिन में एक भी बार पारा 40 डिग्री तक भी नहीं पहुंचा। इस दौरान आंधी चलने का भी नया रिकॉर्ड बना। मई के शुरुआती 15 दिनों में से 11 दिन आंधी चली। 25 साल में आंधी के दिनों की संख्या भी यह सबसे ज्यादा है। महीने की शुरुआती 3 दिन ही थोड़े-बहुत तपे। 4 तारीख से मौसम बदल गया। तबसे चल रहा बादल, आंधी, बारिश का दौर अब तक जारी है। मौसम वैज्ञानिक एके शुक्ला बताते हैं कि मौसम को प्रभावित करने वाला वेस्टर्न डिस्टरबेंस सक्रिय इन दिनों सक्रिय रहा। प्रदेश में और उसके आसपास के राज्यों में चक्रवात बने। इनके कारण अरब सागर से नमी लाकर बारिश करवाने वाली रेखा (ट्रफ लाइन) भी मध्य प्रदेश या उसके आसपास से गुजरी। इस कारण कभी ऊंचाई के कभी मध्य और कभी निम्न स्तर के बादल छाए रहे। इस दौरान तपिश नहीं बढ़ सकी। तापमान भी 36 से 38 डिग्री के आसपास बना रहा। ऐसे मौसम का यह असर हुआ कि मई के शुरुआती 9 दिन में ही मई की बारिश का कोटा 14.2 मिमी पूरा हो गया। जानिए क्या कहते है एक्सपर्ट मौसम विशेषज्ञ का कहना है कि इस बार लगातार पश्चिमी विक्षोभ, चक्रवात के कारण बादल, बारिश की स्थिति लगातार बन रही है, जिससे तापमान ज्यादा नहीं बढ़े हैं। इस सीजन में अब तक एक बार भी लू नहीं चली है। अभी मानसून ऑनसेट होने में लगभग एक माह का समय है। दूसरी ओर आने वाले दिनों में तापमानों में बढ़ोतरी होने की संभावना है। इस बार लोगों के लिए खुशखबरी की बात ये है कि मानसून सामान्य या उससे अधिक रहने की संभावना है। एसी, कूलर की बिक्री कम मौसम के बदले मिजाज के कारण तापमान सामान्य से कम बने हुए हैं। ऐसे में एसी, कूलर का भी इस बार बहुत ज्यादा इस्तेमाल नहीं हो रहा है जिससे इसकी बिक्री पर भी फर्क पड़ा है। बावड़िया में कूलर मेला लगाने वाले अरुण जैन का कहना है कि मार्च से जून तक सबसे अधिक बिक्री मई में होती है, लेकिन इस बार मई में कम हुई है। हर साल मई में 800 से एक हजार कूलर बिकते थे, जबकि अब तक 200 कूलर बिक पाए हैं। recent visitors 48

सीएम डॉ मोहन यादव ने अस्पताल में पहुंच कर मॉकड्रिल के दौरान ग्रेनेट फटने से घायल जवानों का जाना हाल-चाल

भोपाल  सीएम डॉ मोहन यादव ने अस्पताल में पहुंच कर मॉकड्रिल के दौरान ग्रेनेट फटने से घायल जवानों का जाना हाल-चाल। इस दौरान उनके साथ पुलिस के आला अधिकारी भी मौजूद रहे। सीएम डॉ मोहन ने कहा कि मॉकड्रिल के दौरान घायल जवानों से मिलने आया था। उनके बेहतर इलाज के लिए निर्देश दिए हैं। उनके परिजनों से मुलाकात की है। भोपाल में एक घटना में घायल एक व्यक्ति के बच्चे ने भी मुझसे उनके पिता से मिलने का आग्रह किया था उनसे भी मिला हूं। एक जवान को आंख में गंभीर चोट लगी है, मैंने जांच के आदेश भी दिए हैं। मॉकड्रिल के दौरान इस तरह की घटना क्यों हुई, जो भी दोषी हो उसके खिलाफ कार्रवाई करने की बात कही है,जवानों के साथ पूरी सरकार खड़ी है। इंदिरा के खिलाफ फैसला दिया तो आपातकाल लगवा दिया विजय शाह और कांग्रेस के राजभवन के बाहर धरने पर मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा- कांग्रेस कितने भी नाटक कर ले कांग्रेस को भी पता है कि मामला न्यायालय में है न्यायालय से बढ़कर तो कोई नहीं है। नेता प्रतिपक्ष पर भी मुकदमा था। क्या कांग्रेस उनका इस्तीफा मांगेगी। न्यायालय का जहां भी अपमान करने का मौका होता है वहां कांग्रेस बाज नहीं आती है। इलाहाबाद कोर्ट ने जब इंदिरा गांधी के खिलाफ फैसला दिया तो उन्होंने आपातकाल लगवा दिया था। सुप्रीम कोर्ट ने तीन तलाक को लेकर जो निर्णय दिया उसे कानून को बदलने का काम भी कांग्रेस ने किया। न्यायालय के आदेश पर क्या सिद्धारमैया को हटा दिया पीएम नरेंद्र मोदी की अगुवाई में माननीय न्यायालय के हर आदेश का पालन किया है। ट्रिपल तलाक को लेकर भी आए और न्यायालय के निर्णय के बाद राम मंदिर भी बनवाया। हम न्यायालय के आदेश का सम्मान करते हैं, जो न्यायालय आदेश देती है वह हम पालन करते हैं। न्यायालय के आदेश का मखौल उड़ाने का काम हमेशा कांग्रेस करती है। सिद्धारमैया के खिलाफ कोर्ट ने आदेश दिया उसका क्या किया। न्यायालय के आदेश पर क्या सिद्धारमैया को हटा दिया। केजरीवाल सीएम रहते जेल में गए तब कांग्रेस ने क्यों मांग नहीं की। न्यायालय जो निर्णय करेगी सरकार उसके साथ है। recent visitors 36

IPL के लिए विदेशी खिलाड़ियों के लौटने पर खुश नहीं ऑस्ट्रेलियाई दिग्गज जॉनसन, पैसे से ज्यादा सुरक्षा अहम, मैं होता तो…

नई दिल्ली ऑस्ट्रेलिया के पूर्व तेज गेंदबाज मिचेल जॉनसन ने इंडियन प्रीमियर लीग के मौजूदा सत्र के बाकी हिस्से के लिए विदेशी खिलाड़ियों की वापसी पर सवाल उठाया है। उन्होंने कहा है कि विदेशी खिलाड़ियों का भारत लौटने का फैसला विवेकपूर्ण नहीं है। उन्हें मौजूदा परिस्थितियों में वेतन से ज्यादा सुरक्षा को प्राथमिकता देनी चाहिए। पहलगाम में 22 अप्रैल को हुए आतंकवादी हमले के बाद भारत और पाकिस्तान के बीच सैन्य संघर्ष और सीमा पर तनाव चरम पर पहुंच गया था। इस वजह से दुनिया की सबसे बड़ी टी20 लीग को 9 मई को निलंबित कर दिया गया था। इसके निलंबन के एक दिन बाद दोनों देशों के बीच संघर्ष विराम की घोषणा की गई। इससे शनिवार से आईपीएल के फिर से शुरू होने का रास्ता साफ हो गया। जॉनसन का हालांकि मानना है कि विदेशी खिलाड़ियों के लिए बाकी बचे मैचों में भाग न लेना समझदारी होगी। उन्होंने ‘वेस्ट ऑस्ट्रेलिया’ के लिए अपने कॉलम में लिखा, ‘क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया ने हालांकि खिलाड़ियों को अपने निर्णय लेने का अधिकार दिया है, लेकिन उनके लिए विकल्पों का चयन करना मुश्किल हो सकता है।’ बायें हाथ के इस पूर्व तेज गेंदबाज ने कहा, ‘क्रिकेट में इन दिनों बहुत ज्यादा पैसे खर्च हो रहे हैं, लेकिन यह अब भी एक खेल ही है और इस सप्ताह इंडियन प्रीमियर लीग के बंद होने के बाद इस बात पर काफी ध्यान गया है।’ उन्होंने कहा, ‘मुझे अगर यह फैसला करना पड़े कि भारत वापस लौटकर टूर्नामेंट खत्म करूं या नहीं, तो यह एक आसान फैसला होगा। मैं इसका जवाब नहीं में देना पसंद करूंगा। जिंदगी और सुरक्षा सबसे महत्वपूर्ण चीज है, वेतन नहीं।’ भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) ने सोमवार को कहा कि उसने व्यापक विचार-विमर्श करने और सरकार से आवश्यक मंजूरी हासिल करने के बाद लीग को फिर से शुरू करने का फैसला किया है। इसका फाइनल पहले से तय 25 मई की जगह अब 3 जून को खेला जायेगा। संशोधित कार्यक्रम के मुताबिक प्लेऑफ में भाग लेने वाले ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के खिलाड़ियों को 11 जून से लॉर्ड्स में शुरू होने वाले विश्व टेस्ट चैंपियनशिप (डब्ल्यूटीसी) फाइनल की तैयारी के लिए काफी कम समय मिलेगा। जॉनसन ने कहा, ‘यह एक व्यक्तिगत फैसला है। किसी को भी वापस जाने के लिए मजबूर या दबाव महसूस नहीं करना चाहिये। भले ही आईपीएल और पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) इसके लिए कड़ी मेहनत करें। दोनों टूर्नामेंटों को अभी समाप्त कर देना चाहिए या स्थानांतरित करने पर विचार करना चाहिए।’ उन्होंने डब्ल्यूटीसी फाइनल का जिक्र करते हुए कहा, ‘यह मत भूलिए कि ऑस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका के कुछ खिलाड़ियों को आगामी विश्व टेस्ट चैंपियनशिप फाइनल के लिए तैयारी करने की जरूरत होगी। आईपीएल फाइनल अब 3 जून तक टाल दिया गया है, जो लॉर्ड्स में डब्ल्यूटीसी फाइनल शुरू होने से ठीक एक सप्ताह पहले है। टेस्ट क्रिकेट के सबसे अहम मैच में से एक के लिए खिलाड़ियों की तैयारी प्रभावित होना भी एक बड़ा मुद्दा है।’ recent visitors 53