एमपी में 1 मई से होंगे कर्मचारियों के तबादले: अगले हफ्ते आएगी ट्रांसफर नीति

Employees will be transferred in MP from May 1: Transfer policy will come next week भोपाल,सुशील दामले । मध्यप्रदेश में करीब ढाई साल बाद 1 से 31 मई तक कर्मचारियों के तबादले होंगे। मंगलवार को डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल ने कैबिनेट बैठक की ब्रीफिंग के दौरान यह जानकारी दी। बैठक शुरू होने से पहले एक न्यूज एजेंसी से चर्चा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी तबादलों से रोक हटाने के संकेत दिए थे। सीएम ने कहा, हमारी कोशिश रहेगी कि तबादला नीति अगली कैबिनेट बैठक तक आ जाए। से चर्चा में मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने भी तबादलों से रोक हटाने के संकेत दिए थे। सीएम ने कहा, हमारी कोशिश रहेगी कि तबादला नीति अगली कैबिनेट बैठक तक आ जाए। बता दें, मध्यप्रदेश के कर्मचारी लंबे समय से तबादलों का इंतजार कर रहे हैं। पिछले साल के अंत में कुछ विशेष मामलों में तबादलों की छूट दी गई थी, लेकिन इससे कई कर्मचारी वंचित रह गए थे। सीएम चाहते थे शैक्षणिक सत्र के बाद हों तबादलेएक वरिष्ठ मंत्री ने बताया कि पिछले साल मुख्यमंत्री की यह मंशा थी कि शैक्षणिक सत्र के बीच में तबादले न हों। इसकी दो वजह भी बताईं… सत्र के बीच किसी शिक्षक का तबादला होता है, तो उस स्कूल के छात्रों का कोर्स प्रभावित होता है। शिक्षक को भी नई संस्था में जाने के बाद रुटीन में आने में समय लगता है। दूसरे विभागों के कर्मचारियों के बीच में तबादले होते हैं, तो उनके बच्चों को स्कूल शिफ्ट करने में परेशानी होती है। कर्मचारी और परिवार सत्र खत्म होने तक दूर-दूर रहते हैं। आखिरी बार अक्टूबर 2022 में हुए थे तबादलेबता दें, एमपी में 2022 के बाद अब तबादले हाेंगे। तब जून 2021 की तबादला नीति के आधार पर तबादले हुए थे। प्रदेश में 7.50 लाख कर्मचारी हैं। इनमें से डेढ़ से दो लाख कर्मचारी तबादलों से प्रभावित होते हैं। जनवरी 2025 में सरकार ने गंभीर बीमारी या कारण वाले मामलों में तबादले में छूट दी थी। ये तबादले प्रभारी मंत्री की सहमति से किए गए थे। recent visitors 103

22 अप्रैल तक की बात करें तो आईपीएल के 18वें सीजन में चार टीमों की हालत ज्यादा ही खराब

नई दिल्ली इंडियन प्रीमियर लीग यानी आईपीएल 2025 के सीजन का आधा सफर समाप्त हो चुका है। दूसरा हाफ शुरू हो चुका है और 22 अप्रैल तक की बात करें तो आईपीएल के 18वें सीजन में चार टीमों की हालत ज्यादा ही खराब है। इनमें चेन्नई सुपर किंग्स, सनराइजर्स हैदराबाद, राजस्थान रॉयल्स और कोलकाता नाइट राइडर्स का नाम शामिल है। इन टीमों ने इस सीजन कम से कम 5-5 मैच गंवाए हैं। इन टीमों के लिए प्लेऑफ्स में पहुंचना बहुत ज्यादा कठिन हो गया, खासकर उन टीमों के लिए जो 6-6 मैच हार चुकी है। सबसे पहले बात पॉइंट्स टेबल में सबसे आखिरी पायदान पर चल रही चेन्नई सुपर किंग्स की करते हैं, जो 8 में से 6 मुकाबले हार चुकी है। टीम प्लेऑफ्स की रेस में है, लेकिन इसके लिए टीम को बाकी के 6 मुकाबले जीतने होंगे। अगर टीम एक भी मैच हार जाती है तो प्लेऑफ्स की रेस से लगभग बाहर हो जाएगी। वहीं, नौवें नंबर पर विराजमान सनराइजर्स हैदराबाद ने अब तक खेले सात मैचों में से 5 मुकाबले गंवाए हैं। इस तरह एसआरएच के पास अभी भी खुद के दम पर प्लेऑफ्स में पहुंचने का मौका है। इसके लिए टीम को बाकी बचे सात मैचों में से कम से कम 6 मुकाबले जीतने होंगे और नेट रन रेट का भी ख्याल रखना होगा। राजस्थान की भी हालत खराब पॉइंट्स टेबल में आठवें नंबर पर चल रही राजस्थान रॉयल्स की बात करें तो इस सीजन टीम 8 में से 2 ही मैचों में जीत दर्ज कर कर पाई है। अभी भी टीम के 6 मुकाबले बाकी हैं और 6 मैचों को जीतकर टीम के खाते में 16 अंक हो सकते हैं और इस तरह टीम प्लेऑफ्स के लिए क्वॉलिफाई कर जाएगी, लेकिन पहले हाफ की परफॉर्मेंस को देखकर लगता नहीं है कि आरआर इस बार टॉप 4 में फिनिश कर पाएगी। मौजूदा चैंपियन कोलकाता नाइट राइडर्स की भी हालत इस सीजन पतली लग रही है। टीम 8 मैचों में से सिर्फ तीन मुकाबले ही जीत पाई है। पांच मैचों में हार मिल चुकी है। टीम अभी भी 18 अंकों तक पहुंच सकती है, लेकिन जिस तरह का प्रदर्शन उसके मध्य क्रम और निचले क्रम के बल्लेबाज कर रहे हैं, उसे देखते हुए कहा नहीं जा सकता कि केकेआर टॉप 4 में बने रहने लायक है। हालांकि, क्रिकेट अनिश्चितताओं का खेल है, यहां कुछ भी हो सकता है तो किसी भी टीम को कमतर नहीं आंका जा सकता। recent visitors 35

जसप्रीत बुमराह और स्मृति मंधाना बने दुनिया के सर्वश्रेष्‍ठ क्रिकेटर, 5 और खिलाड़ियों को भी सम्मान

नई दिल्ली  भारतीय क्रिकेटर स्मृति मंधाना और जसप्रीत बुमराह को 2024 के लिए विजडन ने दुनिया के सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर चुना है। मंधाना को महिला और बुमराह को पुरुष कैटेगरी में यह सम्मान मिला है। यह घोषणा विजडन क्रिकेटर्स अलमानैक के 2025 एडिशन में की गई। मंधाना ने दूसरी बार यह अवॉर्ड जीता है और वह ऐसा करने वाली पहली भारतीय महिला हैं। इससे पहले 2018 में भी उन्हें यह अवॉर्ड मिला था। स्मृति मंधाना का 2024 में प्रदर्शन स्मृति मंधाना को यह खिताब इसलिए मिला क्योंकि उन्होंने 2024 में 1659 इंटरनेशनल रन बनाए। यह महिला क्रिकेट में एक साल में सबसे ज्यादा रन बनाने का रिकॉर्ड है। उन्होंने वनडे में चार शतक भी लगाए। उन्होंने टी20I में 763 रन बनाए और वनडे में 747 रन बनाए। साउथ अफ्रीका के खिलाफ उन्होंने शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने तीन वनडे में 117, 136 और 90 रन बनाए। यह एक द्विपक्षीय सीरीज में 343 रन का रिकॉर्ड है। उन्होंने एक टेस्ट में 149 रन भी बनाए। टी20 वर्ल्ड कप जीते के हीरो रहे बुमराह जसप्रीत बुमराह को पुरुषों का सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर इसलिए चुना गया क्योंकि उन्होंने हर फॉर्मेट में कमाल का प्रदर्शन किया। उन्होंने 2024 में 14.92 की औसत से 71 टेस्ट विकेट लिए। यह किसी भी गेंदबाज का एक साल में सबसे कम औसत है। उन्होंने कई मैचों में महत्वपूर्ण योगदान दिया। विशाखापत्तनम में उन्होंने इंग्लैंड के टॉप ऑर्डर को ध्वस्त कर दिया। टी20 वर्ल्ड कपके फाइनल में साउथ अफ्रीका के खिलाफ मैच जिताऊ गेंदबाजी की। वह 20 से कम की औसत से 200 टेस्ट विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज भी बने। रोहित शर्मा की गैरमौजूदगी में पर्थ में बुमराह की कप्तानी में भारत ने ऑस्ट्रेलिया को हराया था। टी20 वर्ल्ड कप में उन्होंने 4.17 की इकोनॉमी रेट से 15 विकेट लिए। उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट चुना गया था। विजडन ने बेस्ट 5 क्रिकेटर भी चुने विजडन ने जिन पांच क्रिकेटरों को साल का सर्वश्रेष्ठ क्रिकेटर चुना है। इसमें गस एटकिंसन, लियाम डॉसन, सोफी एक्लेस्टोन, जेमी स्मिथ और डैन वॉरॉल शामिल हैं। ये सभी इंग्लैंड के खिलाड़ी है। सोफी महिला टीम के प्रमुख स्पिनर हैं तो वॉरॉल ने अभी तक इंग्लैंड के लिए इंटरनेशनल क्रिकेट नहीं खेला है। 2016 में उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए खेलता था लेकिन 2018 में इंग्लैंड आ गए। बुमराह को बताया ‘स्‍टार ऑफ द ईयर’ 2024 में 20 से कम औसत से 200 विकेट लेने वाले इतिहास के पहले टेस्ट गेंदबाज बने जसप्रीत बुमराह को विजडन के संपादक लॉरेंस बूथ ने ‘स्‍टार ऑफ द ईयर’ बताया है। बुमराह ने 15 से कम औसत से 71 टेस्ट विकेट लिए और जून में कैरिबियन में टी20 विश्व कप में भारत की जीत में अहम भूमिका निभाई थी। बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी में बुमराह ने अकेले ही 13.06 की औसत से 32 विकेट चटकाए थे। बूथ ने लिखा कि वह बहुत घातक था। उन्‍होंने बुमराह को सभी समय का सबसे महान खिलाड़ी माने जाने का दावा भी किया। स्‍मृति मंधाना दुनिया की बेस्‍ट महिला खिलाड़ी भारतीय महिला क्रिकेटर स्मृति मंधाना को विजडन ने दुनिया की बेस्‍ट महिला खिलाड़ी माना है। मंधाना ने 2024 में सभी फॉर्मेट में 1659 रन बनाए, जो कि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के एक कैलेंडर वर्ष में किसी महिला खिलाड़ी द्वारा बनाए गए सबसे अधिक रन हैं। इसमें उनके बल्‍ले से निकले चार एकदिवसीय शतक भी शामिल हैं, जो एक और रिकॉर्ड है। मंधाना ने जून में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ दस विकेट की जीत में दूसरा टेस्ट शतक (149) लगाया था। निकोलस पूरन बने सर्वश्रेष्ठ टी20 खिलाड़ी वहीं, वेस्टइंडीज के स्‍टार बल्लेबाज निकोलस पूरन को वर्ष का सर्वश्रेष्ठ टी20 खिलाड़ी घोषित किया गया। वर्ष के पांच क्रिकेटर में सर्रे का दबदबा इस बार विजडन के वर्ष के पांच क्रिकेटर में सर्रे काउंटी के तीन खिलाड़ी गस एटकिन्सन, जेमी स्मिथ और डैन वॉरल को शामिल किया है। इनके अलावा हैम्पशायर के लियाम डॉसन और इंग्लैंड की खिलाड़ी सोफी एक्लेस्टोन को भी इस प्रतिष्ठित सम्मान से नवाजा गया है। मिचेल सैंटनर को सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन का सम्मान भारत के खिलाफ खेले पुणे टेस्ट में न्‍यूजीलैंड के मिचेल सैंटनर के 13 विकेट ने कीवी टीम को सीरीज में 2-0 की अजेय बढ़त दिलाई थी। इस कारण भारत 2012 के बाद पहली घरेलू टेस्ट सीरीज हार गया था। इस प्रदर्शन के लिए सैंटनर को विजडन ट्रॉफी से सम्मानित किया गया है। recent visitors 38

मध्य प्रदेश के इंदौर में कोरोना का एक नया मामला सामने आया, इलाज के दौरान महिला की मौत, डॉक्टर्स पॉजिटिव युवक का इलाज कर

इंदौर  मध्य प्रदेश में एक बार फिर कोरोना वायरस ने दस्तक दे दी. इंदौर के एक प्राइवेट अस्पताल में एक महिला पेट दर्द की शिकायत लेकर आई थी, उसका किडनी से संबंधित बीमारी का इलाज किया जा रहा था, लेकिन जांच में वह कोरोना पॉजिटिव मिली. इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई. घटना से स्वास्थ्य महकमें में हड़कंप मच गया. अन्य दो लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं. डॉक्टर्स कोरोना वायरस के लौटने से हैरान हैं. मध्य प्रदेश के इंदौर में लंबे समय बाद कोविड के दो मरीज मिले हैं. इनमें एक युवक है जबकि, दूसरी बुजुर्ग महिला है. दोनों को एक प्राइवेट हॉस्पिटल में एडमिट किया गया था. दोनों को अलग-अलग बीमारियां हैं. इनमें से महिला की अन्य बीमारियों के चलते सोमवार को मौत हो गई जबकि युवक का इलाज चल रहा है. बताया जा है कि दोनों मरीज इंदौर के हैं. इनमें से युवक को दो-तीन दिनों से सर्दी खांसी थी. उसने पहले दूसरे अस्पताल में दिखाया, लेकिन फर्क नहीं पड़ने पर अरबिंदो अस्पताल में दिखाया. यहां उसकी कई प्रकार की जांचें हुईं, जिनमें कोविड की पुष्टि हुई. ऐसे भर्ती हुई महिला प्राप्त जानकारी के मुताबिक, महिला इंदौर के पश्चिमी क्षेत्र की रहने वाली थी. 74 वर्षीय महिला को किडनी की बीमारी के कारण एडमिट किया गया था, उसे सीवियर सेप्टिक था. वह कोमार्बिट पैसेंट थी. उसकी गंभीर हालत को देखते हुए उसकी भी फ्लू पैनल जांच की गई. जिसमें वह भी कोविड पॉजिटिव पाई गई. सोमवार को उसकी मौत हो गई. डॉक्टर्स का कहना है कि महिला को किडनी में समस्या के साथ अन्य बीमारियां थीं साथ ही वह कोरोना पॉजिटिव भी पाई गई थी, जिसकी से उसकी मौत हुई. युवक का इलाज जारी डॉक्टर्स ने जानकारी देते हुए बताया कि महिला के बाद एक युवक भी काफी दिनों से सर्दी खांसी की समस्या से परेशान था. उसके इलाज के लिए उसकी कई प्रकार की जांच की गई. जिसमें कोरोना का जांच भी शामिल थी. उसे कोरोना की जांच में पॉजिटिव मिलने पर सावधानियां बरती गईं. फिलहाल युवक ठीक है. उसका इलाज जारी है. recent visitors 41

बड़ा हादसा : महादेव घाट पुल पर तेज रफ्तार बोलेरो अनियंत्रित होकर सूखी नदी में गिरी, 6 लोगों की मौत

दमोह  मध्य प्रदेश के दमोह जिले में स्थित महादेव घाट के पास दर्दनाक सड़क हादसा हो गया है। यहां सड़क पर दौड़ती तेज रफ्तार बोलेरो जीप महादेव घाट के पुल पर अनियंत्रित होकर पलटी और सीधे करीब 50 फीट नीचे आ गिरी। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, हादसे में वाहन में सवार 6 से 7 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई लोग गंभीर रूप से घायल हैं। घायलों को दमोह जिला अस्पताल एवं जबेरा स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती किया जा रहा है। इनमें से कुछ को जबलपुर भी रेफर किया गया है। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस बल एवं प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं।  दमोह जिले के नोहटा थाना क्षेत्र अंतर्गत बनवार चौकी के समीप महादेव पुल घाट के पास ये हादसा हुआ है। बताया जा रहा है कि, तेज रफ्तार दौड़ती बेलोरो जीप अनियंत्रित होकर पलटी, फिर पुल से नीचे आ गिरी, जिससे जीप सवार करीब 6 से 7 लोगों की घटनास्थल पर ही मौत हो गई। जबकि, इतने ही लोग गंभीर रूप से घायल हुए है। स्थानीय लोगों का कहना है कि, वाहन तेज गति से आ रहा था, जिसे बोलेरो वाहन चालक पुल पर नियंत्रित नहीं कर सका और वाहन पुल से नीचे सूखी नदी में आ गिरा। हादसे की भीषणता का अंदाजा इसी से लगा सकते हैं कि पुल से नीचे गिरी बोलेरो जीप पूरी तरह से चकनातूर हो गई है। जीप में दबने से यात्रियों की मौत जीप के उसके चारों पहिए ऊपर हो गए तथा सवारियां उसी के नीचे दब गईं। घटना में 6 से 7 लोगों की मृत्यु होने की जानकारी सामने आ रही है। स्थानीय ग्रामीणों ने वाहन को पलटते देखा तो तुरंत ही घटना की सूचना पुलिस को दी तथा स्वयं घायलों को बाहर निकलने का प्रयास करने लगे। घटना की जानकारी मिलते ही मौके पर एसडीएम सौरभ गंधर्व, तहसीलदार, थाना प्रभारी नोहटा और वनवार चौकी प्रभारी मनीष यादव सहित पुलिस बल मौके पर पहुंच गया। घायलों का रेस्क्यू कर उपचार के लिए रवाना कर दिया गया है। जबकि, शवों को पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल पहुंचाया गया है। शुरुआती तौर पर सामने आई जानकारी के अनुसार, हादसे का शिकार यात्री जबलपुर जिले के बेलखेड़ा के रहने वाले बताए जा रहे हैं। recent visitors 42

फिल्म से सीखा नकली नोट छापना, मास्टरमाइंड निकला 8वीं पास, 5 गिरफ्तार, मास्टर चाबी ने खोला राज

इंदौर इंदौर के एक होटल के कमरे में पढ़े-लिखे बेरोजगार युवक नकली नोटों की फैक्ट्री चला रहे थे। खुलासा तब हुआ, जब होटल स्टाफ को शक हुआ और उसने मास्टर चाबी से रूम खोला। जो नजारा दिखा, वह चौंकाने वाला था। छिंदवाड़ा का अब्दुल शोएब उर्फ छोटू (25) आर्ट एंड डिजाइन से ग्रेजुएट है। वह लंबे समय से बेरोजगार था। पिता पर बड़ा कर्ज था। उसने ऑनलाइन फर्जी करेंसी से जुड़े ग्रुप्स खंगालना शुरू किए और यहीं उसकी पहचान द्वारका (गुजरात) के मयूर चम्पा (25) से हुई, जिसने फिल्म 'फर्जी' देखने के बाद नकली नोट छापने का आइडिया सोचा था। मयूर ने शोएब को एक खास सॉफ्टवेयर मुहैया कराया, जो असली नोट की हूबहू कॉपी तैयार कर सकता था। इसमें वाटरमार्क, सीरियल नंबर और रंगों तक का मिलान था। सोशल मीडिया से जोड़े बेरोजगार साथी शोएब ने रहीश खान (32), प्रफुल्ल कोरी (19) जैसे साथियों को जोड़ा, जो या तो मामूली काम करते थे या बिल्कुल बेरोजगार थे। बाद में भोपाल के आकाश घारु (30) और मेडिकल स्टोर संचालक शंकर चौरसिया (42) भी इस रैकेट से जुड़ गए। सारा नेटवर्क फेसबुक के जरिए जुड़ा था। सॉफ्टवेयर, हाई क्वालिटी प्रिंटर, लेमिनेशन मशीन, बटर पेपर, कटिंग टूल्स और अन्य उपकरण खरीदे गए। जल्दी अमीर बनना चाहते थे डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश कुमार त्रिपाठी ने बताया- 13 अप्रैल को सूचना मिली कि इंदौर के अनुराग नगर स्थित होटल इंटरनिटी में तीन युवक नकली नोट छाप रहे हैं। टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए होटल के रूम नंबर 301 में दबिश दी। यहां से अब्दुल शोएब, रहीश खान और प्रफुल्ल कुमार कोरी को गिरफ्तार किया। कमरे की तलाशी के दौरान उनके बैग से 500-500 रुपए के 100 नकली नोट और नोट छापने के उपकरण बरामद किए गए। पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि जल्दी अमीर बनने की नीयत से उन्होंने योजनाबद्ध तरीके से होटल में छिपकर नकली नोट छापने का ठिकाना बनाया था। इन्हें अपने अन्य साथियों के माध्यम से बाजार में खपाने की योजना बना रखी थी। केस दर्ज कर तीनों को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से रिमांड पर लेकर पूछताछ की गई। 'मास्टर की' ने खोला नकली नोट फैक्ट्री का राज डीसीपी क्राइम ब्रांच राजेश त्रिपाठी ने  बातचीत में बताया- आरोपी होटल के दो कमरों में नकली नोट छाप रहे थे। होटल स्टाफ के एक मेंबर को शक हुआ। जब आरोपी कमरे में नहीं थे, उसने मास्टर की से रूम का ताला खोला। वीडियो बनाकर क्राइम ब्रांच को भेजा। जिस पर टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। डीसीपी त्रिपाठी ने बताया कि यदि क्राइम ब्रांच ने समय रहते कार्रवाई नहीं की होती, तो यह गैंग नकली नोटों को बड़े पैमाने पर बाजार में चला देता। recent visitors 45

पति पर अप्राकृतिक संबंध बनाने का आरोप, हाईकोर्ट ने खारिज की पत्नी की याचिका, कोर्ट-भारत में वैवाहिक बलात्कार को मान्यता नहीं

इंदौर हाईकोर्ट की इंदौर बेंच के न्यायमूर्ति बिनोद कुमार द्विवेदी ने पत्नी के साथ अप्राकृतिक यौन संबंध (Unnatural sexual relations) बनाने के आरोप से एक पति को बरी कर दिया। हाईकोर्ट के इस फैसले में दो महत्वपूर्ण बिंदु उभर कर सामने आए हैं। हाईकोर्ट ने टिप्पणी में कहा हैं भारत में वैवाहिक बलात्कार को मान्यता नहीं है। ये एक विशेष मामलों का फैसला रिपोर्ट में कोर्ट (MP High Court) ने वैवाहिक बलात्कार (Marital Rape) को अभी तक कानूनी मान्यता नहीं मिलने की बात कही है। कोर्ट का कहना हैं कि यह एक महत्वपूर्ण मुद्दा है। जिस पर भारत में लगातार बहस हो रही है। यह फैसला भारतीय कानून (Indian law) में सहमति और अप्राकृतिक यौन संबंधों की परिभाषा को समझने के लिए महत्वपूर्ण है। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि यह एक विशेष मामले का फैसला है। सह​मति से सेक्स IPC में नहीं कोर्ट ने कहा कि यदि एक पत्नी वैध विवाह के दौरान अपने पति के साथ रह रही है तो किसी पुरुष द्वारा पंद्रह वर्ष से कम उम्र की अपनी पत्नी के साथ कोई भी सेक्स बलात्कार नहीं होगा। यह भारतीय दंड संहिता (IPC) की धारा 377 के दायरे में नहीं आता। यह धारा, जो पहले समलैंगिक संबंधों को अपराध माना जाता था। दहेज प्रताड़ना का भी था आरोप याचिकाकर्ता पत्नी का आरोप है कि उसके साथ पति ने क्रूरता की। दहेज की मांग की। अप्राकृतिक सेक्स किया। इस प्रकार IPC की धारा 498-ए (क्रूरता), 377 (अप्राकृतिक अपराध), 323 (स्वेच्छा से चोट पहुंचाने के लिए दंड), 294 (अश्लील कृत्य) और 506 (आपराधिक धमकी के लिए दंड) के साथ धारा 34 (सामान्य इरादे को आगे बढ़ाने में कई व्यक्तियों द्वारा किए गए कार्य) और दहेज निषेध अधिनियम की धारा 3 (दहेज देने या लेने के लिए दंड) के साथ धारा 4 (दहेज मांगने के लिए दंड) के तहत दंडनीय अपराध करने के लिए एक FIR दर्ज की गई। जिला कोर्ट ने भी कर दिया बरी 3 फरवरी 2024 को इंदौर की एक अतिरिक्त सत्र की अदालत ने अपनी पत्नी के साथ अप्राकृतिक सेक्स के आरोप से बरी किया था। यह आरोप भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 377 (अप्राकृतिक यौन कृत्य) के तहत लगाया गया था। याचिकाकर्ता महिला के वकील की ओर से कहा गया कि पर्याप्त साक्ष्य के बावजूद पति को आरोप से मुक्त कर दिया, जो कानून की दृष्टि से गलत है। जिला कोर्ट ने भी कर दिया था बरी, फिर पत्नी हाईकोर्ट पहुंची उच्च न्यायालय का रुख करने वाली महिला के पति को इंदौर की एक अतिरिक्त सत्र अदालत ने अपनी पत्नी के साथ अप्राकृतिक यौन कृत्य के आरोप से तीन फरवरी 2024 को बरी कर दिया था। यह आरोप भारतीय दंड संहिता (आईपीसी) की धारा 377 (अप्राकृतिक यौन कृत्य) के तहत लगाया गया था। याचिकाकर्ता महिला के वकील की ओर से उच्च न्यायालय में कहा गया कि पर्याप्त सबूत के बावजूद निचली अदालत ने पति को भारतीय दंड संहिता की धारा 377 के तहत लगाए गए आरोप से मुक्त कर दिया जो कानून की दृष्टि से गलत है। महिला ने उच्च न्यायालय से गुहार लगाई थी कि निचली अदालत के इस आदेश को रद्द किया जाए। पति के वकील ने कहा पत्नी से संबंध बनाना धारा 377 के तहत अपराध नहीं महिला के पति के वकील ने उच्च न्यायालय में दलील पेश की कि शीर्ष अदालत भारतीय दंड संहिता की धारा 377 को ‘असंवैधानिक’ घोषित कर चुकी है। महिला के पति के वकील ने उच्च न्यायालय में बहस के दौरान यह भी कहा कि भारतीय दंड संहिता की धारा 375 के तहत ‘‘बलात्कार’’ की संशोधित परिभाषा के अनुसार वैवाहिक संबंध बरकरार रहने के दौरान पत्नी के साथ यौन संबंध बनाना आईपीसी की धारा 377 के तहत अपराध नहीं माना जाता है। कोर्ट ने कहा- आईपीसी के तहत वैवाहिक बलात्कार को मान्यता नहीं पक्षकारों को सुनने के बाद न्यायालय ने पति और पत्नी के बीच अप्राकृतिक यौन संबंध के पहलू पर विचार-विमर्श करने वाले कुछ निर्णयों का उल्लेख किया और IPC की धारा 375 के तहत बलात्कार की संशोधित परिभाषा का उल्लेख किया। न्यायालय ने यह भी कहा कि आज तक आईपीसी के तहत वैवाहिक बलात्कार को मान्यता नहीं दी गई। न्यायालय ने मनीष साहू पुत्र ओंकार प्रसाद साहू बनाम मध्य प्रदेश राज्य के फैसले का भी हवाला दिया, जिसमें यह देखा गया। हालांकि, यह न्यायालय IPC की धारा 375 के तहत परिभाषित बलात्कार की संशोधित परिभाषा पर विचार करने के बाद पहले ही इस निष्कर्ष पर पहुंच चुका है कि यदि एक पत्नी वैध विवाह के दौरान अपने पति के साथ रह रही है तो किसी पुरुष द्वारा पंद्रह वर्ष से कम उम्र की अपनी पत्नी के साथ कोई भी संभोग या यौन क्रिया बलात्कार नहीं होगी। इसलिए IPC की धारा 375 के तहत बलात्कार की संशोधित परिभाषा के मद्देनजर, जिसके द्वारा एक महिला के गुदा में लिंग का प्रवेश भी बलात्कार की परिभाषा में शामिल किया गया। पति द्वारा पंद्रह वर्ष से कम उम्र की अपनी पत्नी के साथ कोई भी संभोग या यौन क्रिया बलात्कार नहीं है तो इन परिस्थितियों में अप्राकृतिक कृत्य के लिए पत्नी की सहमति का अभाव अपना महत्व खो देता है। वैवाहिक बलात्कार को अब तक मान्यता नहीं दी गई। IPC की धारा 377 के तहत मामला दर्ज किया गया। इसके बाद हाई कोर्ट ने पुनर्विचार याचिका खारिज कर दी। पत्नी ने दहेज प्रताड़ना का भी लगाया था आरोप याचिकाकर्ता पत्नी ने आरोप लगाया कि उसके साथ क्रूरता की गई दहेज की मांग की गई और अप्राकृतिक यौन संबंध बनाए गए। इस प्रकार IPC की धारा 498-ए (क्रूरता), 377 (अप्राकृतिक अपराध), 323 (स्वेच्छा से चोट पहुंचाने के लिए दंड), 294 (अश्लील कृत्य और गीत) और 506 (आपराधिक धमकी के लिए दंड) के साथ धारा 34 (सामान्य इरादे को आगे बढ़ाने में कई व्यक्तियों द्वारा किए गए कार्य) और दहेज निषेध अधिनियम की धारा 3 (दहेज देने या लेने के लिए दंड) के साथ धारा 4 (दहेज मांगने के लिए दंड) के तहत दंडनीय अपराध करने के लिए एक FIR दर्ज की गई। recent visitors 101