योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है: बालमकुंद राजपूत

योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है: बालमकुंद राजपूत

Yoga is an invaluable heritage of Indian culture: Balmkund Rajput बड़ामलहरा /लोकेंद्र सिंह बुंदेला । सरस्वती शिशु मंदिर हाई स्कूल बड़ामलहरा में सोमवार को सामूहिक सूर्य नमस्कार कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यालय के छात्र-छात्राओं, आचार्यगण एवं विद्यालय परिवार ने उत्साहपूर्वक एक साथ सूर्य नमस्कार किया। इस आयोजन का उद्देश्य विद्यार्थियों में योग, अनुशासन एवं स्वस्थ जीवनशैली के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि भाजपा युवा मोर्चा अध्यक्ष बालमकुंद राजपूत ने कहा कि योग भारतीय संस्कृति की अमूल्य धरोहर है। जो तन-मन को स्वस्थ रखने के साथ आत्मविश्वास और एकाग्रता भी बढ़ाता है। सूर्य नमस्कार से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और मानसिक संतुलन बना रहता है। इस अवसर पर राजपूत ने विद्यालय को एक कंप्यूटर सिस्टम भेंट किया। उन्होंने कहा कि आज के डिजिटल युग में कंप्यूटर शिक्षा विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। इस सहयोग से विद्यार्थियों को तकनीकी ज्ञान प्राप्त करने में सहायता मिलेगी और उनकी शैक्षणिक क्षमता में वृद्धि होगी।वहीं आचार्यगणों ने कहा कि इस प्रकार के आयोजनों से विद्यार्थियों में अनुशासन, संस्कार और राष्ट्रभक्ति की भावना का विकास होता है। कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान के साथ किया गया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से जनपद पंचायत अध्यक्ष रघुराज प्रताप सिंह (राघव राजा), पूर्व छात्र मयंक डेवड़िया, सोमू असाटी सहित स्कूल स्टाप एवं बड़ी संख्या छात्र-छात्राएं मौजूद थीं । recent visitors 86

बुरहानपुर में किसानों का आदिमानव भेष में आंदोलन… नग्नावस्था में केले के पत्ते लपेटकर जताया विरोध

Farmers in Burhanpur protest disguised as primitive humans बुरहानपुर/भोपाल। जिले के खकनार आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र के पांगरी गांव में मध्यम सिंचाई पांगरी बांध परियोजना का विरोध थमने का नाम नही ले रहा। प्रभावित किसानों ने आदिमानव के भेष में आंदोलन किया। उचित मुआवजे की मांग को लेकर बीते 3 साल से किसानों ने मोर्चा खोल रखा है। सरकार का ध्यान आकर्षित करने के मकसद से किसानों ने विरोध के कई तरीके अपनाए। किसानो का आरोप है कि लगातार प्रदर्शन के बावजूद अब तक सरकार ने सुध नहीं ली। आक्रोशित प्रभावित किसानों ने इस बार आदिमानव बनकर अनोखे तरीके से प्रदर्शन किया। किसानों ने निर्वस्त्र होकर शरीर पर केले के पत्ते लपेटे, सिर पर भी पत्तों की टोपी पहनी और फिर नारेबाजी कर सरकार को जगाने का प्रयास किया। किसानों का कहना है कि पिछले 3 वर्षों से दोगुने मुआवजा की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। सुनवाई नहीं होने पर अब ये तरीका अपनाना पड़ा है। आदिमानव आंदोलन का तरीका अपनाकर किसानों ने बताया कि सरकार उन्हें इसी रूप में लाने की जिद पर है। किसानों ने कहा कि सरकार न्यूनतम मुआवजा देकर उन्हें आदिमानव जैसी स्थिति में धकेल रही है। आंदोलन का नेतृत्व कर रहे डॉ. रवि कुमार पटेल ने भूमि अधिग्रहण कानून 2013 राइट टू लाइफ विद डिग्निटी और संविधान के अनुच्छेद 300A का हवाला देते हुए न्यायसंगत मुआवजे की मांग रखी। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन को और उग्र किया जाएगा। जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट नहीं दें पा रहे सही जवाब किसान डॉ. रवि कुमार पटेल ने बताया “भूमि अधिग्रहण कानून 2013 के अनुसार ग्रामीण क्षेत्रों में दोगुना मुआवजा का अधिकार है, जो उन्हें मिलना चाहिए। किसान नंदू पटेल ने बताया “सरकार चाहती है कि किसान आदिमानव हो जाएं, किसानों की भूमि अधिग्रहण की गई है। लेकिन सरकार न्यूनतम मुआवजा दे रही है, अगर सरकार का यही रवैया रहा तो विवश होकर उग्र आंदोलन करना होगा। वहीं, इस मामले में सवाल पूछने पर जल संसाधन मंत्री तुलसी सिलावट ने कन्नी काट ली। उन्होंने अन्य बांध परियोजना के लाभ बताते हुए पल्ला झाड़ लिया। जीतू पटवारी ने बोला मोहन यादव सरकार पर हमला बुरहानपुर में किसानों के प्रदर्शन पर कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा “एक ओर किसान अर्धनग्न होकर अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रहे हैं, दूसरी ओर मोहन यादव सरकार इवेंटबाजी में व्यस्त है। इन्हीं किसानों से देश की थाली भरती है। किसानों को इस तरह प्रताड़ित करना निंदनीय है। सरकार तत्काल हस्तक्षेप करे और किसानों को उनके हक का पूरा मुआवजा दे। बीजेपी सरकार की केवल बातें बड़ी-बड़ी बुरहानपुर के राजीव गांधी पंचायती राज संगठन जिलाध्यक्ष हेमंत पाटिल ने कहा “भाजपा सरकार का शुरू से सिद्धांत रहा है, बातें बड़ी-बड़ी करती हैं। जमीन पर हकीकत कुछ ओर रहती है। पांगरी बांध परियोजना का मामला चल रहा है। प्रभावित किसान बीते 3 वर्षों से लगातार संघर्ष कर रहे है, लेकिन सरकार कुम्भकर्णी नींद में सो रही है। किसानों को 4 गुना तक मिलना चाहिए मुआवजा भूमि अधिग्रहण और मुआवजे को लेकर जबलपुर के भारतीय किसान संघ के नेता राघवेंद्र पटेल का कहना है “2013 के भूमि अधिग्रहण कानून में सरकार ने जमीन के दाम का 4 गुना तक मुआवजा देने की बात कही है, लेकिन मध्य प्रदेश केवल दो गुना मुआवजा दे रहा है।सरकार को चाहिए कि गुजरात की ही तरह विकास परियोजनाओं में जिन किसानों की जमीन जा रही है, उन्हें 4 गुना तक मुआवजा दिया जाए। जमीन के बदले जमीन दे सरकार भारत कृषक समाज से जुड़े हुए किसान नेता इंदु पटेल का कहना है “सरकार को ऐसी नीति बननी चाहिए कि किसान की जमीन यदि किसी परियोजना में जा रही है तो उसे आधा मुआवजा और आधी जमीन कम से कम वापस होनी चाहिए, क्योंकि यदि किसी किसान की पूरी जमीन परियोजना में चली जाती है वह बेरोजगार हो जाता है। सरकार को किसानों को जमीन के बदले जमीन देना चाहिए। recent visitors 104

श्रद्धांजलि सभा में गौ-सेवा की दिखी अनूठी मिसाल ।

A unique example of cow service was seen in the condolence meeting. हरिप्रसाद गोहे आमला। देवगांव (काजली): ग्राम पंचायत देवगांव में स्व. तुलसी बाई खातरकर की श्रद्धांजलि सभा एक प्रेरणादायक वातावरण में संपन्न हुई। इस दुखद अवसर पर भी परिवार ने समाज सेवा और जीव दया का उदाहरण प्रस्तुत किया। गौशाला परिवार के विशेष आग्रह पर क्षेत्र के प्रमुख गौ-सेवक—मनोज विश्वकर्मा, देवेंद्र राजपूत, बाला जैन, और यशवंत चढ़ोकर, कार्यक्रम में उपस्थित हुए। सभी ने स्व. तुलसी बाई खातरकर के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस अवसर पर स्व. खातरकर की स्मृति में अनिल खातरकर, विजय खातरकर और सुरेश खातरकर ने गौशाला समिति को ₹1100 की राशि भेंट की। उन्होंने यह दान मूक पशुओं की सेवा के लिए समर्पित किया और कामना की कि परिवार पर गौ माता का आशीर्वाद सदैव बना रहे। इस पुनीत कार्य की उपस्थित जनों ने सराहना की। recent visitors 148

आमला में प्रथम बार हुआ, बिछड़े साथियों को याद करने श्रद्धांजलि सभा का आयोजन ।

आमला में प्रथम बार हुआ, बिछड़े साथियों को याद करने श्रद्धांजलि सभा का आयोजन ।

For the first time in Amla, a condolence meeting was organised to remember the departed friends. हरिप्रसाद गोहेआमला। बीती रात नगर के रवीन्द्रनाथ टैगोर वार्ड स्थित हवाई पट्टी इलाके में बिछड़े साथियों को याद करने श्रद्धांजलि सभा एवं वर्षाभिनंदन मिलन समारोह का आयोजन कार्यक्रम के सूत्रधार के के श्रीवास्तव, सोनू समुद्र के सफ़ल एवं कुशल मार्ग दर्शन में आयोजित किया गया था। आपको बता दे उक्त आयोजित कार्यक्रम रेल्वे सेवानिवृत इंजीनियर के के श्रीवास्तव के संयोजन में क्षेत्र में प्रथम बार आयोजित कर नई अभिनव पहल की शुरुआत की गई। कार्यक्रम कि उपस्थित जानों ने सराहना कर आयोजित कार्यक्रम की भूरी भूरी प्रशंसा कि। वहीं श्रीवास्तव ने बताया आयोजन आगे भी आयोजित किए जाने कि बात कह कार्यक्रम में उपस्थित जानों का शब्द गुच्छ से धन्यवाद ज्ञापित किया।कार्यक्रम का उद्देश्य वर्ष 2025 में बिछड़े साथियों को श्रद्धांजलि अर्पित करना एवं स्थानीय गायक कलाकारों के लिए वर्षाभिनंदन कार्यक्रम के मौके पर गीतों से सुसज्जित मंच सांझा करना था। इस मौके पर बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, गीत संगीत से जुड़े स्थानीय कलाकारों ने पहुंच कार्यक्रम को सफ़ल बनाया। कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत अपनो से बिछड़े साथियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर किया गया। बाद गीत संगीत के उभरते कलाकार सोनू समुंदरे के मार्गदर्शन में संगीतमय कार्यक्रम का आयोजन मंच संचालक रंजीत गोहे अकेला के नेतृत्व में शुरू हुआ जो रात दस बजे तक चलता रहा। कलाकारों द्वारा दी गई प्रस्तुति में सोनू समुंदरे एवं संजू साकरे की जोड़ी ने एक से बढ़कर एक गीतों की प्रस्तुति देकर कार्यक्रम में समा बांध दिया वहीं अन्य उपस्थित कलाकारों ने भी अपनी प्रस्तुति दी। इस दौरान मौजूद वक्ताओं ने अपने संक्षिप्त उद्बोधन में बिछड़े हुये साथियों को याद किया इस दौरान लोगों की आंखें भर आई थी। वहीं लोगों ने आयोजित कार्यक्रम को सफ़ल बताकर आयोजन की सराहना की। इस मौके पर प्रमुख रुप से के के श्रीवास्तव, प्रकाश डाफने, सोनू समुंदरे, सतीश पाल, रविकांत डाफ़ने, मनोज विश्वकर्मा,अशोक नागले, पवन मिश्रा,राजेंद्र ढोलकर, रमेश बेले, कन्हैयालाल तायवाड़े, पार्षद पदमा विजय अतुलकर, पियूष श्रीवास्तव,हरिप्रसाद गोहे, गोपाल सिसोदिया, सुनील जरिया, मुन्ना भाई बृजेश मोरले, लल्लू यादव सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। recent visitors 152

बिछड़े दोस्तों की कमी पाकर झलके लोगों के आसू, सभी ने दी भावभीनी श्रद्धांजली।

बिछड़े दोस्तों की कमी पाकर झलके लोगों के आसू, सभी ने दी भावभीनी श्रद्धांजली।

People shed tears at the loss of their departed friends, everyone paid heartfelt tributes. हरिप्रसाद गोहेआमला। बीती रात नगर के रवीन्द्रनाथ टैगोर वार्ड स्थित हवाई पट्टी इलाके में बिछड़े साथियों को याद करने श्रद्धांजलि सभा एवं वर्षाभिनंदन मिलन समारोह का आयोजन कार्यक्रम के सूत्रधार के के श्रीवास्त, सोनू समुद्र के सफ़ल एवं कुशल मार्ग दर्शन आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य वर्ष 2025 में बिछड़े साथियों को श्रद्धांजलि अर्पित करना एवं स्थानीय गायक कलाकारों के लिए वर्षाभिनंदन कार्यक्रम के मौके पर गीतों से सुसज्जित मंच सांझा करना था। इस मौके पर बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक, गीत संगीत से जुड़े स्थानीय कलाकारों ने पहुंच कार्यक्रम को सफ़ल बनाया। कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत अपनो से बिछड़े साथियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर किया गया। बाद गीत संगीत के उभरते कलाकार सोनू समुंदरे के मार्गदर्शन में संगीतमय कार्यक्रम का आयोजन मंच संचालक रंजीत गोहे अकेला के नेतृत्व में शुरू हुआ जो रात दस बजे तक चलता रहा। कलाकारों द्वारा दी गई प्रस्तुति में सोनू समुंदरे एवं संजू साकरे की जोड़ी ने एक से बढ़कर एक गीतों की प्रस्तुति देकर कार्यक्रम में समा बांध दिया वहीं अन्य उपस्थित कलाकारों ने भी अपनी प्रस्तुति दी। इस दौरान मौजूद वक्ताओं ने अपने संक्षिप्त उद्बोधन में बिछड़े हुये साथियों को याद करा किया इस दौरान लोगों की आंखें भर आई थी। वहीं लोगों ने आयोजित कार्यक्रम को सफ़ल बताकर आयोजन की सराहना की। इस मौके पर प्रमुख रुप से के के श्रीवास्त, प्रकाश डाफने, सोनू समुंदरे, सतीश पाल, रविकांत डाफ़ने, अशोक नागले, राजेंद्र ढोलकर, रमेश बेले, कन्हैयालाल तायवाड़े, पार्षद पदमा विजय अतुलकर, हरिप्रसाद गोहे, गोपाल सिसोदिया, सुनील जरिया, मुन्ना भाई बृजेश मोरले, लल्लू यादव सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। recent visitors 90

मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी में मादा तेंदुआ की मौत, 20 साल की उम्र में ली अंतिम सांस

मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी में मादा तेंदुआ की मौत, 20 साल की उम्र में ली अंतिम सांस

Female leopard dies at Mukundpur White Tiger Safari, breathes her last at the age of 20 मैहर। मध्यप्रदेश की शान मानी जाने वाली मुकुंदपुर व्हाइट टाइगर सफारी से दुखद खबर सामने आई है। यहां संरक्षित मादा तेंदुआ ने 2 जनवरी की रात करीब 3 बजे अंतिम सांस ली। तेंदुआ की उम्र 20 वर्ष थी, जो वन्यजीवों की औसत आयु के लिहाज से काफी अधिक मानी जाती है। मुकुंदपुर सफारी का अमला यह बात दो दिन तक छिपाए रहा। सफारी प्रबंधन के मुताबिक, पिछले कुछ दिनों से तेंदुआ सुस्त दिखाई दे रही थी। उसकी सक्रियता कम हो गई थी और खुराक भी सामान्य से कम हो चुकी थी। चिकित्सकीय टीम लगातार उसकी निगरानी कर रही थी, लेकिन उम्रजनित कमजोरी और स्वास्थ्य में गिरावट के कारण उसे बचाया नहीं जा सका। तेंदुआ को वर्ष 2020 में पन्ना टाइगर रिजर्व से मुकुंदपुर सफारी लाया गया था। लंबे समय तक वह पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र रही और सफारी के जैव-विविधता संरक्षण प्रयासों की अहम कड़ी भी मानी जाती थी। प्रबंधन ने तेंदुआ के शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद अंतिम संस्कार की प्रक्रिया पूरी कर ली है। मौत के सही कारणों का खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद किया जाएगा। recent visitors 105

आज होगा 2026 संगीतमय वर्षाभिनंदन मिलन समारोह कार्यक्रम का आयोजन।

Today 2026 Musical Varshabhinandan Milan Samaroh program will be organized. 2025 में बिछड़ गए साथियों का स्मरण एवं श्रद्धांजलि सभा का भी होंगा आयोजन। हरिप्रसाद गोहेआमला। रविन्द्र नाथ टैगोर वार्ड क्रमांक 12 स्थित हवाई पट्टी के नीचे आज 2026 संगीतमय वर्षाभिनंदन मिलन समारोह कार्यक्रम का आयोजन आआयोजित किया गया। समिति संरक्षक के के श्रीवास्तव ने बताया मिलन समारोह वर्ष 2026 का संगीतमय आयोजन आज रविवार शाम को आयोजित किया गया है साथ वर्ष 2025 में बिछड़ गए साथियों का स्मरण एवं उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित किया जाना है। उन्होंने इस अवसर पर सभी ईस्ट मित्रो से कार्यक्रम स्थल पहुंच कार्यक्रम को सफ़ल बनाने अपिल की है। चंद दिनों से न मिलने पर,क्यों ये तड़प रहे हैं हम।तुमसे इतना प्यार मिला है,कैसे भूल सकेंगे हम।।आप इस वर्षाभिनंदन एवं मिलन समारोह में सभी सहपाठियों के साथ सादर आमंत्रित हैं ,पधारकर हमारी मित्रता को और प्रगाढ़ बनाकर नया आयाम देके के श्रीवास्तव आमला । recent visitors 171