राज्यपाल ने इन्दौर में केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री के साथ ईएजी प्लेनरी देशों की बैठक का किया शुभारम्भ

भोपाल ईएजी (यूरेशियन ग्रुप) देशों की बैठक मनी लॉन्ड्रिंग एवं आतंकवाद की फंडिंग रोकने में मील का पत्थर सिद्ध होगी। सभी बड़े देशों को एकजुट होकर मनी लॉन्ड्रिंग और टेरर फंडिंग को रोकने के लिए एकजुट होकर बड़े कदम उठाने की आवश्यकता है। विश्व में आतंकवाद पर नियंत्रण के लिए सभी ईएजी ग्रुप सदस्यों देशों का एकजुट होना बड़ा कदम है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में मनी लॉन्ड्रिंग और टेरर फंडिंग को रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाए गए हैं। इन्दौर में गुरूवार को 41वीं ईएजी प्लेनरी देशों की बैठक के उद्घाटन सत्र में माननीय राज्यपाल श्री मंगुभाई पटेल ने कही। राज्यपाल श्री पटेल ने कहा कि भारत में डिमॉनिटाइजेशन, डिजिटलाइजेशन से पारदर्शी वित्तीय व्यवस्था के लिए विशेष प्रयास हुए। उन्होंने कहा आधुनिक तकनीक के उपयोग से अवैध वित्तीय गतिविधियों को रोकने के लिए और अधिक विशेष प्रयास किए जाने की आवश्यकता है। इसके लिए ईएजी ग्रुप देश को मजबूत कूटनीतिक और सशक्त प्रयास करने की आवश्यकता है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर शांति के लिए ईएजी ग्रुप देशों के प्रयास प्रभावी परिणामकारक सिद्ध होंगे। कार्यक्रम को केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री पंकज चौधरी ने संबोधित करते हुए कहा वित्त शोधन और आतंकवाद को वित्त पोषण की रोकथाम के लिए यूरेशियन देशो का ग्रुप महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा भारत सरकार टेरर फंडिंग के खिलाफ पूरी मजबूती के साथ कार्य कर रही है। भारत में काला धन अधिनियम, आर्थिक अपराध को रोकने के लिए विशेष प्रयास  किए गए है और यह लगातार जारी हैं। भारत में साफ और पारदर्शी वित्तीय प्रणाली के लिए जीएसटी, डिजिटल इंडिया के तहत विशेष प्रयास किए गए हैं। यूपीआई डिजिटल लेनदेन को विशेष प्रोत्साहन दिया जा रहा हैं। भारत में परिवर्तन निदेशालय लगातार सशक्त हो रहा है। भारत की सभी एजेंसियां द्वारा मिलकर आतंकवाद और उग्रवाद को धन पोषित करने वालों, मनी लांड्रिंग पर प्रभावी और कड़ी कार्रवाई हो रही हैं। भारत के इन प्रयासों को और सशक्त बनने में ईएजी ग्रुप की बैठक महत्वपूर्ण सिद्ध होगी। जल संसाधन मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट ने सम्बोधित करते हुए कहा कि लोकमाता अहिल्याबाई होल्कर की नगरी में ईएजी ग्रुप की बैठक गर्व का विषय हैं। उन्होंने कहा मनी लॉन्ड्रिंग सीधे तौर पर किसी देश की अर्थव्यवस्था के लिए खतरा है, लेकिन जब यह आतंकवाद को पोषित करती है, तब विश्व शांति और सद्भाव के समक्ष गंभीर चुनौतियों को जन्म देती है। आतंकवाद को मिलने वाली वित्तीय मदद समस्त विश्व के लिए चिंता का सबब बनी हुई है इससे निपटने के लिए विश्व के बड़े देशों को एकजुट होना होगा। यह आयोजन वैश्विक अखंडता और मानवता के हित की दिशा में बड़ा कदम है। उन्होंने कहा नक्सलवाद और ड्रग्स का व्यापार भी मनी लॉन्ड्रिंग से बढ़ रहा हैं। इससे निपटना हमारे लिए बड़ी चुनौती हैं। भारत के प्रयास सार्थक, प्रभावी और प्रशंसनीय ईएजी ग्रुप अध्यक्ष श्री यूरी चिकानचिन ने कहा ईएजी ग्रुपों में भारत के प्रयास सार्थक, प्रभावी और प्रशंसनीय हैं। ग्रुप देशों ने विभिन्न सत्रों में बैठक के दौरान टेरर फंडिंग रोकथाम प्रयासों, मनी लॉन्ड्रिंग रोकने के संबंध में महत्वपूर्ण निर्णयों पर चर्चा की गई हैं। उन्होंने कहा भविष्य की चुनौतियों और उनकी रोकथाम के लिए भी बैठक में चर्चा की गई है। यूरेशियन सहित अफ्रीकी देशों सहित विश्व के अन्य क्षेत्रों में आतंकवाद को फंडिंग एक गंभीर चुनौति है। ईएजी ग्रुप की बैठक में तकनीकी और प्रौद्योगिकी के बेहतर उपयोग के संबंध में चर्चा हुई हैं। उन्होंने कहा प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में भारत के प्रयास प्रशंसनीय हैं। भारत को ईएजी ग्रुप देशों की बैठक की मेजबानी मिलना गर्व की बात भारत सरकार के वित्त सचिव श्री संजय मल्होत्रा ने आतंकवाद को वित्त पोषण, मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम, पारदर्शी अर्थव्यवस्था के लिए उठाए गए कदमों के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने कहा यूरेशियन क्षेत्र में टेरर फंडिंग, मनी लांड्रिंग सहित नई चुनौतियों पर नियंत्रण के लिए ईएजी ग्रुप की महत्वपूर्ण भूमिका हैं। उन्होंने कहा यह हमारे लिए गर्व की बात है कि ईएजी ग्रुप के जो भी देश शामिल है उनमें से कोई भी ग्रे सूची में नहीं है। उन्होंने कहा ग्रुप देशों के बीच बेहतर समन्वय के लिए विशेष प्रयास लगातार किए जा रहे हैं। भारत को ईएजी ग्रुप देश की बैठक की मेजबानी का अवसर मिला। यह भारत के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा आवश्यकता है कि वर्तमान समय में टेक्नोलॉजी और एआई का उपयोग सुरक्षा के बेहतर उपायों के लिए किया जाए। उन्होंने कहा मनी लांड्रिंग के साथ-साथ फाइनेंशियल फ्रॉड प्रभावित लोगों को असेट्स रिकवरी के लिए भी बेहतर कार्य करने की आवश्यकता है। भारत द्वारा इस क्षेत्र में भी प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं। कार्यक्रम में महापौर इन्दौर श्री पुष्यमित्र भार्गव ने ईएजी अध्यक्ष श्री यूरी चिकानचिन को इंदौर में मौजूद यूरेशियन गार्डन का प्रमाण पत्र भेंट किया। उद्घाटन सत्र का शुभारंभ राज्यपाल श्री पटेल, केंद्रीय वित्त राज्य मंत्री श्री चौधरी ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। बैठक में केंद्रीय वित्त अतिरिक्त सचिव श्री विवेक अग्रवाल ने कार्यक्रम के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। कार्यक्रम में ईएजी प्लेनरी देशों के डेलिगेट्स एवं प्रतिनिधि गण उपस्थित थे।   recent visitors 64

रोहित शर्मा ने कहा- भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच मौजूदा दौरे में श्रृंखला जीतने की गति को बनाए रखने की कसम खाई

कैनबरा रोहित शर्मा ने गुरुवार को ऑस्ट्रेलियाई संसद में अपने भाषण में भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच मजबूत संबंधों की सराहना की और मौजूदा दौरे में श्रृंखला जीतने की गति को बनाए रखने की कसम खाई। ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज ने दौरे के मैच से पहले संघीय संसद भवन में एक स्वागत समारोह आयोजित किया, जिसमें भारतीय खिलाड़ियों ने ऑस्ट्रेलियाई प्रधानमंत्री से मुलाकात की। रोहित ने अपने भाषण में कहा, "भारत और ऑस्ट्रेलिया। हम बहुत पुराने हैं, चाहे वह खेल हो, चाहे वह व्यापार संबंध हों। पिछले कई वर्षों से, हमने दुनिया के इस हिस्से में आकर क्रिकेट खेलने और देश की विभिन्न संस्कृतियों का आनंद लिया है। और जाहिर है, ऑस्ट्रेलिया चुनौतीपूर्ण है… खिलाड़ियों के लिए यहां आकर क्रिकेट खेलना चुनौतीपूर्ण है क्योंकि लोगों में जुनून है, हर खिलाड़ी में प्रतिस्पर्धात्मकता है। यही वजह है कि हमारे लिए यहां आकर क्रिकेट खेलना हमेशा एक बड़ी चुनौती रही है।" उन्होंने कहा, "हमें पिछले कुछ समय में कुछ सफलता मिली है और पिछले हफ़्ते हम उस गति को बनाए रखना चाहते हैं, हम ऑस्ट्रेलिया की संस्कृति का भी आनंद लेना चाहते हैं। शहरों की विविधता हमें एक अलग एहसास देती है। हमें यहां आना और अपनी यात्रा का आनंद लेना बहुत पसंद है, और उम्मीद है कि अगले कुछ हफ़्तों में हम ऑस्ट्रेलियाई जनता और साथ ही भारतीय प्रशंसकों का मनोरंजन कर पाएंगे, जो यहां आकर हमारी इच्छा को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। यह कभी आसान नहीं होता।" रोहित ने कहा, "हम कुछ क्रिकेट खेलने और साथ ही देश का आनंद लेने के लिए उत्सुक हैं। यह एक शानदार जगह है, जैसा कि हम सभी जानते हैं। आने वाले महीने में बहुत अच्छे प्रदर्शन की उम्मीद है। हम सभी उत्साहित हैं और उम्मीद है कि हम मनोरंजन कर पाएंगे। हमें यहां बुलाने के लिए आपका धन्यवाद सर। यह एक खुशी की बात है।'' भारतीय टीम गुरुवार सुबह पर्थ से कैनबरा पहुंची । वे शनिवार को मनुका ओवल में प्रधानमंत्री एकादश के खिलाफ़ दिन-रात का मैच खेलेंगे। भारत ने पर्थ में बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफी के पहले टेस्ट में ऑस्ट्रेलिया पर 295 रनों की शानदार जीत दर्ज की और पांच टेस्ट मैचों की सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली। दूसरा टेस्ट, जो एक डे-नाइट मैच है, 6 से 10 दिसंबर तक एडिलेड में खेला जाएगा। recent visitors 103

दमोह में आंगनवाड़ी केंद्रों पर जल्द ही सैकड़ों आंगनवाड़ी सहायिकाओं के पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू होने वाली

दमोह दमोह जिले में आंगनवाड़ी केंद्रों पर जल्द ही सैकड़ों आंगनवाड़ी सहायिकाओं के पदों पर भर्ती की प्रक्रिया शुरू होने वाली है। दरअसल, लंबे समय से कम वेतन पर कार्यरत मिनी आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को अब अपग्रेड किया गया है। इन्हें महिला बाल विकास विभाग ने मिनी आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को मुख्य आंगनवाड़ी कार्यकर्ता में तब्दील कर दिया है। सरकार के इस फैसले से दमोह की 254 आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं का मानदेय बढ़ जाएगा। उन्हें अब 6,700 रुपये से बढ़कर 13,100 रुपये मिलने लगेंगे। मिनी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की जगह अब इन्हें आंगनवाड़ी कार्यकर्ता के रूप में माना जाएगा। सहायिकाओं की भर्ती प्रक्रिया दिसंबर के पहले सप्ताह से प्रारंभ होगी। खास बात यह है कि इस बार स्थानीय स्तर पर भर्ती नहीं होगी। शासन को इसकी सूचना भेजी जाएगी और वहां से पोर्टल के माध्यम से भर्ती प्रक्रिया अपनाई जाएगी। दिसंबर के पहले सप्ताह में कार्यप्रणाली तैयार होगी महिला बाल विकास विभाग के सहायक संचालक संजीव मिश्रा ने बताया कि अब भोपाल से पोर्टल के माध्यम से भर्ती प्रक्रिया होगी। यहां से केवल खाली पद की जानकारी मांगी जाएगी। उन्होंने बताया कि जिले से जानकारी भेजी जा चुकी है। जो पुरानी मिनी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता थीं, उन्हें अब प्रमोट करके आंगनवाड़ी कार्यकर्ता बना दिया गया है। संभवतः दिसंबर के पहले सप्ताह में इसकी कार्यप्रणाली तैयार हो जाएगी और पोर्टल के माध्यम से भर्ती की प्रक्रिया प्रारंभ हो जाएगी। उन्होंने बताया कि पहले मिनी आंगनवाड़ी केंद्र पर केवल कार्यकर्ता होते थे, लेकिन अपग्रेड होने के बाद वहां सहायिका की नियुक्ति की जाएगी।   recent visitors 83

भारतीय सेना के सैनिक और फाइटर जेट्स को ‘मि. इंडिया’ जैसा अदृश्य बना जाएगा, देश में तैयार अदृश्य करने वाला कपड़ा

नई दिल्ली भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (IIT) कानपुर ने एक ऐसी अद्भुत तकनीक विकसित की है, जिससे सैनिकों, विमानों, और सैन्य गाड़ियों को दुश्मनों के राडार और इमेजिंग सिस्टम से छिपाया जा सकता है। इस तकनीक को मेटामैटेरियल सरफेस क्लोकिंग सिस्टम कहा जाता है, और इसके जरिए भारतीय सेना के सैनिक और फाइटर जेट्स को ‘मि. इंडिया’ जैसा अदृश्य बना दिया जाएगा। क्या है यह मेटामैटेरियल? यह एक विशेष प्रकार का कपड़ा है, जो सैनिकों और सैन्य उपकरणों को दुश्मन की राडार, सैटेलाइट, इंफ्रारेड कैमरे, और थर्मल इमेजर से बचाने की क्षमता रखता है। इस तकनीक की मदद से दुश्मन के किसी भी इमेजिंग सिस्टम, जैसे कैमरा या सेंसर, से इसे देखा नहीं जा सकेगा। इसका मतलब यह है कि भारतीय सेना के उपकरण और जवान दुश्मन के निगरानी से बाहर रहेंगे और पूरी तरह से छिपे रहेंगे। सेना के लिए एक बड़ी राहत यह मेटामैटेरियल भारतीय सैनिकों के लिए बेहद फायदेमंद साबित हो सकता है। इसे सैनिकों के यूनिफॉर्म, सैन्य गाड़ियों के कवर, और विमानों के कवर में इस्तेमाल किया जा सकता है। इस कपड़े का सबसे बड़ा फायदा यह है कि यह न केवल दुश्मन के राडार से बचाता है, बल्कि यह दुश्मन के थर्मल इमेजर और अन्य इन्फ्रारेड तकनीकों से भी छिपा रहता है। IIT कानपुर के वैज्ञानिकों की सफलता यह मेटामैटेरियल IIT कानपुर के तीन वैज्ञानिकों – प्रो. कुमार वैभव श्रीवास्तव, प्रो. एस अनंत रामकृष्णन, और प्रो. जे रामकुमार द्वारा विकसित किया गया है। इन तीनों वैज्ञानिकों ने 2010 से इस पर काम शुरू किया था और 2018 में इसके पेटेंट के लिए आवेदन किया था। अब यह तकनीक पूरी तरह से तैयार हो चुकी है और भारतीय सेना के साथ पिछले 6 सालों से इसका परीक्षण चल रहा है। स्वदेशी तकनीक, विदेशों से सस्ती यह मेटामैटेरियल पूरी तरह से स्वदेशी है और विदेशों से मंगाए जाने वाले समान तकनीकी उपकरणों से 6-7 गुना सस्ता है। IIT कानपुर के निदेशक प्रो. मनिंद्र अग्रवाल ने इस तकनीक का उद्घाटन किया और इसे भारतीय सेना के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया। भविष्य में सेना को मिल सकता है यह अदृश्य कपड़ा मेटातत्व कंपनी के एमडी और पूर्व एयर वाइस मार्शल प्रवीण भट्ट ने कहा कि अगर इस तकनीक को जल्द अप्रूवल मिल जाता है, तो भारतीय सेना को यह मेटामैटेरियल अगले एक साल के अंदर मिल सकता है। इसके इस्तेमाल से सेना की सुरक्षा में एक नया अध्याय जुड़ जाएगा और दुश्मन की कई निगरानी तकनीकों को निष्क्रिय किया जा सकेगा। इस अदृश्य कपड़े के जरिए भारतीय सेना के लिए सुरक्षा की एक नई दिशा खुल रही है। इससे न केवल जवानों और सैन्य उपकरणों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी, बल्कि यह भारतीय रक्षा क्षेत्र को और भी मजबूत बनाएगा।  recent visitors 81

स्वीकृत योजना में सीवरेज, जलप्रदाय, वाटर बॉडी, ग्रीन स्पेस निर्माण कार्यों के लिए मुख्य रूप से मंजूरी दी गई

अमृत 2.0 में 1146 प्रोजेक्टस् पर कार्य भोपाल नगरीय प्रशासन एवं विकास संचालनालय की राज्य स्तरीय तकनीकी समिति की 49वीं बैठक में अमृत 2.0 योजना में 558 करोड़ 17 लाख रूपये के डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) का अनुशंसा के बाद तकनीकी अनुमोदन कर दिया है। यह बैठक बुधवार को आयुक्त नगरीय प्रशासन एवं विकास, भरत यादव की अध्यक्षता में हुई। बैठक में तकनीकी समिति की अनुशंसा के बाद अनुमोदन दिया गया। स्वीकृत योजना में सीवरेज, जलप्रदाय, वाटर बॉडी, ग्रीन स्पेस निर्माण कार्यों के लिए मुख्य रूप से मंजूरी दी गई। समिति ने सांवेर शहर की सीवरेज परियोजना की दर स्वीकृति पर भी विचार किया। प्रदेश में 418 नगरीय निकायों में अमृत 2.0 के तहत 11,778 करोड़ रूपये लागत के 1146 प्रोजेक्ट्स पर कार्य किया जा रहा है। प्रदेश के शहरी क्षेत्रों में स्वच्छ जल की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिये सीवरेज और उनके प्रबंधन का कवरेज बढ़ाने पर लगातार कार्य किया जा रहा है। शहरों में उपलब्ध जल स्वच्छ रहे इसके लिये स्वच्छ जल को सुरक्षित करने के प्रबंधन पर भी ध्यान दिया जा रहा है। इस बात पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है कि जल स्त्रोतों में गंदा पानी न मिले। नदियों और तालाबों के पानी में गंदे नालों का पानी न मिले, इसके लिये शहरी क्षेत्रों में सीवरेज की पर्याप्त व्यवस्था की जा रही है। प्रदेश में अमृत 2.0 में जल प्रदाय की 417 परियोजनाओं में से 210 परियोजनाओं को मंजूरी दी जा चुकी है। इन परियोजनाओं में से 199 का कार्य प्रगति पर है। चयनित शहरों में स्वच्छ पर्यावरण के लिये 390 पार्क विकसित किए जा रहे हैं। इनमें से 54 पार्क, जिनकी कुल लागत 12 करोड़ 81 लाख रूपये है, उनका निर्माण पूरा किया जा चुका है। प्रदेश में सीवरेज की स्वीकृत 36 परियोजनाओं में से एक परियोजना पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। साथ ही 16 करोड़ रुपये लागत की 25 वॉटर बॉडी परियोजनाओं का कार्य पूरा किया जा चुका है। प्रदेश मे 272 वॉटर बॉडी प्रोजेक्ट का कार्य प्रगति पर है।   recent visitors 78

पुलिस कंट्रोल रूम को कॉल आया था, जिसमें पीएम के खिलाफ साजिश की बात कही गई थी, जांच जारी

नई दिल्ली प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जान से मारने की साजिश से जुड़े एक फोन कॉल की जांच जारी है। खबर है कि मुंबई पुलिस कंट्रोल रूम को कॉल आया था, जिसमें पीएम के खिलाफ साजिश की बात कही गई थी। फिलहाल, जांच जारी है और पुलिस ने एक महिला को भी हिरासत में लिया है। कहा जा रहा है कि महिला की मानसिक स्थिति ठीक नहीं है। मुंबई पुलिस कंट्रोल रूम को फोन आया था, जिसमें कॉलर ने पीएम मोदी का जिक्र किया था। कॉलर का दावा है कि पीएम मोदी को मारने का प्लान तैयार था और हथियार भी तैयार थे। खबर है कि पुलिस इस मामले में FIR दर्ज करने जा रही है और कॉलर को ट्रेस कर रही है। इस संबंध में पुलिस ने एक महिला को भी गिरफ्तार किया है। प्रथम दृष्टया वह पारिवारिक कारणों के चलते परेशान नजर आ रही है। recent visitors 89

प्रियंका गांधी ने सांसद की शपथ के साथ दिया बड़ा संदेश, संविधान वाले दांव को भी शपथ के साथ ही चलने की कोशिश

नई दिल्ली वायनाड लोकसभा सीट से चुनी गईं प्रियंका गांधी ने आज सांसद के तौर पर शपथ ली। कांग्रेस की नेता शपथ के दौरान हाथ में संविधान की कॉपी लिए रहीं। इस तरह उन्होंने संविधान वाले दांव को भी शपथ के साथ ही चलने की कोशिश की, जिस पर कांग्रेस समेत विपक्ष ने लोकसभा चुनाव के दौरान नैरेटिव तैयार किया था। लोकसभा इलेक्शन में कांग्रेस एवं अन्य विपक्षी दलों ने आरोप लगाया था कि सरकार इसलिए 400 सीट चाहती है ताकि संविधान बदला जा सके और गरीबों का आरक्षण छीन लिया जाए। इसके बाद जब लोकसभा का सत्र शुरू हुआ तो कांग्रेस के सांसदों ने संविधान लेकर ही शपथ ली थी। अखिलेश यादव और अवधेश प्रसाद जैसे नेता भी संविधान की कॉपी लिए दिखे। उसी को अब प्रियंका गांधी ने भी आगे बढ़ाया है। प्रियंका गांधी की शपथ के मौके पर उनके पति रॉबर्ट वाड्रा, बेटे रिहान वाड्रा और बेटी मिराया वाड्रा भी लोकसभा पहुंचे। इसके अलावा उनकी मां सोनिया गांधी और भाई राहुल गांधी पहले से ही सदन में मौजूद थे। राहुल गांधी खुद रायबरेली लोकसभा सीट से सांसद हैं, जबकि सोनिया गांधी राज्यसभा की मेंबर हैं। प्रियंका गांधी ने वायनाड लोकसभा सीट का उपचुनाव 4 लाख 10 हजार से ज्यादा वोटों से जीत हासिल की है। उन्होंने कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया के प्रत्याशी सत्यन मोकेरी को मात देकर लोकसभा में एंट्री की है। यहां से भाजपा ने नव्या हरिदास को चुनाव में उतारा था। बुधवार को ही अपने निर्वाचन का सर्टिफिकेट प्रियंका गांधी ने लिया था और कहा था कि यह हमारी मेहनत, प्यार और जनता के भरोसे की जीत है। प्रियंका गांधी ने एक्स पर लिखा था, 'मेरे साथ वायनाड से मेरी जीत का सर्टिफिकेट लेकर आए। मेरे लिए यह सिर्फ एक दस्तावेज नहीं है बल्कि प्यार, भरोसे और प्रतिबद्धता का प्रतीक है। मुझे चुनने के लिए वायनाड का धन्यवाद।' इसी साल जून में आए लोकसभा के नतीजों में राहुल गांधी यहां से जीते थे। इसके अलावा रायबरेली से भी वह जीते थे, ऐसे में उन्होंने वायनाड की सीट छोड़ी दी और अब यहां उपचुनाव हुआ तो प्रियंका गांधी को जीत मिली है। recent visitors 85