धामपुर के देहरादून नैनीताल नेशनल हाईवे पर एक तेज रफ्तार कार द्वारा थ्री व्हीलर से टक्कर, 7 लोगों की मौत

बिजनौर बिजनौर के धामपुर क्षेत्र में शनिवार सुबह घने कोहरे के कारण सड़क हादसे में सात लोगों की मौत हो गई और दो लोग घायल हो गए। यह हादसा धामपुर के देहरादून नैनीताल नेशनल हाईवे पर एक तेज रफ्तार कार द्वारा थ्री व्हीलर को पीछे से टक्कर मारने के कारण हुआ। हादसे में थ्री व्हीलर के चालक सहित सात लोगों की मौत हो गई। हादसे में सभी मृतक झारखंड में शादी कर वापस अपने गांव तिबड़ी आ रहे थे। जानकारी के अनुसार, एक ही परिवार के 6 लोग थे और यह यह शादी विशाल नाम के युवक की थी। ये लोग ट्रेन से मुरादाबाद आए और फिर एक थ्री व्हीलर कर अर्धरात्रि के समय गांव जा रहे थे। जब वह धामपुर नगीना मार्ग पर फायर स्टेशन के पास पहुंचे तो पीछे से क्रेटा कार ने टक्कर मार दी। इन सभी 6 लोगों की उपचार के लिए अस्पताल ले जाते समय मौत हो गई। मृतकों में खुर्शीद 65, उनका बेटा विशाल 25, पुत्रवधू खुशी 22 के अलावा मुमताज, रूबी और पुत्री 10 वर्षीय बुशरा भी शामिल हैं। परिवार के 6 लोगों के अलावा थ्री व्हीलर चालक की भी इलाज के लिए बिजनौर ले जाते हुए मौत हो गई। हादसे में घायल क्रेटा सवार शेरकोट निवासी सोहेल अल्वी व अमन को चिकित्सालय में भर्ती कराया गया है। एसपी अभिषेक झा ने दुर्घटना की जानकारी देते हुए कहा, "थाना धामपुर क्षेत्र में तड़के सुबह यह जानकारी प्राप्त हुई कि एक क्रेटा गाड़ी और एक ऑटो के बीच टक्कर हुई है। क्रेटा किसी अन्य वाहन को ओवरटेक कर रही थी और उसने अचानक अपना प्लेन चेंज किया और तेज स्पीड के साथ ऑटो को टक्कर मारी। ऑटो में सवार सात व्यक्ति थाना धामपुर क्षेत्र के ही रहने वाले हैं और मुरादाबाद रेलवे स्टेशन से लौट रहे थे। उनमें से छह व्यक्तियों की उसी समय मृत्यु हो गई थी और ऑटो चालक की उपचार के दौरान मृत्यु हो गई। लोगों के परिजनों को सूचना दे दी गई है और सभी शवों का पोस्टमार्टम करवाया जा रहा है और परिजनों को यथासंभव सहायता प्रदान की जा रही है।" recent visitors 135

प्रट्रोल-डीज़ल के दामों से लोगो जल्द मिल सकती है राहत, कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी

नई दिल्ली पेट्रोल और डीजल की कीमतों में जल्द ही लोगों को राहत मिलने वाली है, क्योंकि कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट का सिलसिला जारी है। ब्रेंट क्रूड की कीमत 2 फीसदी से अधिक घटकर 71 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर आ गई, जबकि डब्लूटीआई 2 फीसदी गिरकर 67 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया। इस हफ्ते के दौरान ब्रेंट क्रूड 4 फीसदी और डब्लूटीआई 5 फीसदी गिरा है। यह गिरावट उस वक्त आई है जब ओपेक प्लस देशों ने लगातार दूसरी बार उत्पादन में कटौती की समयसीमा बढ़ाई है, यानी उत्पादन में कटौती के बावजूद तेल की कीमतों में गिरावट आई है। इसमें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की जीत और पॉलिसी से संबंधित अनिश्चितताओं के कारण डॉलर में मजबूती आई है, वहीं अगले साल तेल सप्लाई में सरप्लस की संभावना है, जिससे तेल की कीमतों पर दबाव और बढ़ने का अनुमान है। इन सब घटनाक्रमों के बीच, घरेलू रिटेल प्राइस में कटौती की उम्मीदें भी बढ़ी हैं। सितंबर में जब कच्चे तेल की कीमतें 70 डॉलर प्रति बैरल के करीब थीं, तब पेट्रोलियम सचिव ने कहा था कि अगर ये स्तर बने रहते हैं, तो खुदरा कीमतों में कटौती की जा सकती है। हालांकि, बाद में मध्य-पूर्व संकट के कारण कीमतें फिर बढ़ गईं, लेकिन ब्रेंट क्रूड की कीमत कभी भी 82 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर नहीं पहुंची। एक्सपर्ट्स का अनुमान है कि अगले साल तेल सप्लाई में सरप्लस की स्थिति रह सकती है। इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी की मासिक रिपोर्ट में कहा गया है कि अमेरिका में उत्पादन बढ़ने के कारण, 2025 में डिमांड के मुकाबले सप्लाई 10 लाख बैरल प्रति दिन अधिक हो सकती है। इस संकेत और चीन में डिमांड घटने की आशंका के बीच, यूबीएस ने अगले साल के लिए ब्रेंट क्रूड का औसत अनुमान 87 डॉलर प्रति बैरल से घटाकर 80 डॉलर प्रति बैरल कर दिया है।  recent visitors 100

पाकिस्तान की हवा हुई जहरीली होने के कारण पंजाब के 2 शहरों में लगा कंप्लीट लॉकडाउन

नई दिल्ली भारत के साथ-साथ पाकिस्तान की हवा भी जहरीली हो गई है। इसे देखते हुए वहां कि पंजाब सरकार ने लाहौर और मुल्तान में कंप्लीट लॉकडाउन लगाने की घोषणा की है। यह शुक्रवार से रविवार तक प्रभावी रहेगा। यह निर्णय इन दोनों शहरों में वायु प्रदूषण के स्तर के अत्यधिक बढ़ने के कारण लिया गया है। पिछले कुछ हफ्तों से, पंजाब के कई शहरों में घना स्मॉग फैल गया है। लाहौर तथा मुल्तान सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। मुल्तान में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) पहले ही 2,000 को पार कर चुका है, जिससे वायु प्रदूषण का नया रिकॉर्ड बना है। पंजाब की मंत्री मरियम औरंगजेब ने शुक्रवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा, “हम लाहौर और मुल्तान में स्वास्थ्य आपातकाल घोषित कर रहे हैं।” उन्होंने बताया कि इन दोनों शहरों में शुक्रवार से रविवार तक पूर्ण लॉकडाउन लागू किया जाएगा। लाहौर और मुल्तान में निर्माण कार्यों को अगले 10 दिनों के लिए निलंबित कर दिया गया है। निर्माण सामग्री से लदी गाड़ियों को शहरों में प्रवेश करने से रोका जाएगा। इसके अलावा स्कूलें भी बंद हैं। कॉलेज और विश्वविद्यालय ऑनलाइन कक्षाएं चलाएंगे। सरकारी और निजी दफ्तरों में कर्मचारियों को घर से काम करने के लिए कहा गया है। रेस्तरां केवल 4 बजे तक खुलेंगे और 8 बजे तक टेकअवे सेवा दी जाएगी। मरियम औरंगजेब ने यह भी कहा कि इस स्मॉग सीजन के दौरान शादियों पर कोई प्रतिबंध नहीं लगाया जा रहा है। मरियम औरंगजेब ने यह भी बताया कि लाहौर में केवल 3 प्रतिशत हरियाली है, जबकि यहां 36 प्रतिशत हरियाली होनी चाहिए थी। इसके मद्देनज़र सरकार ने शहरभर में वृक्षारोपण अभियान शुरू करने की योजना बनाई है। इसके अलावा, कृषि विभाग ने किसानों को उनके पराली जलाने की बजाय उसे नष्ट करने के लिए 1,000 सुपर सीडर्स दिए हैं। 800 ईंट भट्टों को नष्ट किया गया है। लाहौर के वनों को बढ़ाने की दिशा में भी कदम उठाए जा रहे हैं। recent visitors 93

आतंकी लखवी को डांस क्लास में भाग लेते और जिम में कसरत करते पाकिस्तान में देखा गया, खुली पोल

इस्लामाबाद पाकिस्तान अपनी हरकतों से बाज नहीं आता है। पड़ोसी देश के द्वारा आतंकवाद के खिलाफ कार्रवाई की बात एक सफेद झूठ है। उसकी पोल उस समय फिर खुल गई जब 2008 में हुए मुंबई हमलों के मास्टरमाइंड और लश्कर-ए-तैयबा का ऑपरेशन्स कमांडर जकीउर्रहमान लखवी वहां जिम में बॉडी बनाता हुआ दिखा है। पाकिस्तान में खुलेआम घूमते हुए उसका वीडियो सोशल मीडिया में वायरल हो गया है। वीडियो में लखवी को डांस क्लास में भाग लेते और जिम में कसरत करते हुए देखा जा सकता है। हालांकि वीडियो के स्थान और तारीख के बारे में जानकारी स्पष्ट नहीं है, लेकिन कई मीडिया रिपोर्टों में दावा किया गया है कि लखवी ने अपना लुक बदल लिया है। इससे पहले उसे इस्लामाबाद में कोर्ट के कैमरों में कैद किया गया था। उस समय वह लंबी दाढ़ी में दिखाई दे रहा था। वायरल वीडियो में लखवी को पूरी तरह से शेव किए हुए देखा जा सकता है। लखवी को पाकिस्तान की अदालत ने पांच साल की सजा सुनाई 2021 में पाकिस्तान की एक अदालत ने लखवी को आतंकवाद को मदद करने के मामले में पांच साल की सजा सुनाई थी। भारत और अमेरिका ने लखवी पर 2008 के मुंबई आतंकी हमले की साजिश रचने का आरोप लगाया था। इस हमले में कम से कम 160 लोग मारे गए थे। हालांकि, पाकिस्तान ने लंबे समय तक लखवी की मुंबई हमलों में संलिप्तता से इनकार किया था। लेकिन वित्तीय संकट और फाइनेंशियल एक्शन टास्क फोर्स (FATF) की ग्रे लिस्ट में शामिल होने के बाद पाकिस्तान को उसे जेल भेजना पड़ा था। इसके बाद से लखवी को पाकिस्तान की सड़कों पर खुलेआम घूमते हुए कई बार देखा गया है। भारत की पाकिस्तान से लखवी को सौंपने की मांग भारत ने कई बार पाकिस्तान से लखवी को सौंपने की अपील की है, लेकिन पाकिस्तान का कहना है कि वह भारत को मुंबई हमलों से जुड़े किसी भी पाकिस्तानी नागरिक को नहीं सौंपेगा। पाकिस्तान ने यह भी कहा है कि ऐसे व्यक्तियों का पाकिस्तान में ही मुकदमा चलेगा। अमेरिकी मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि लखवी और अजमल कसाब दोनों पाकिस्तान के एक ही इलाके से हैं। द डॉन की रिपोर्ट के अनुसार, पाकिस्तान के अधिकारी लखवी की बातचीत के सुरागों को अमेरिकी और ब्रिटिश खुफिया एजेंसियों द्वारा प्रदान किए गए प्रमाण के रूप में स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं। इन सुरागों में लखवी की फोन कॉल्स शामिल हैं, जो उसने मुंबई के ताज होटल में छिपे हुए हमलावरों से की थीं। पाकिस्तानी अधिकारियों ने कहा कि कसाब का बयान और अन्य सबूत अदालत में स्वीकार्य नहीं थे। उनका कहना था कि ये बयान भारत द्वारा दबाव में लिए गए थे, इसलिए इन्हें किसी भी न्यायिक प्रक्रिया में स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने दावा किया कि इस जानकारी को अदालत में परीक्षण के लिए स्वीकार नहीं किया जा सकता। रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि इस मुद्दे पर अमेरिका और पाकिस्तान में के बीच गंभीर मतभेद थे। लखवी के क्या कहते हैं भारतीय और अमेरिकी अधिकारी 2009 में भारतीय अधिकारियों ने दिल्ली में पत्रकारों को बताया था कि वे मानते हैं कि लखवी और लश्कर-ए-तैयबा के ऑपरेटर यूसुफ मुजम्मिल ने मुंबई हमलों की साजिश रची थी। भारत और अमेरिका के अधिकारियों ने कहा कि वे तब तक संतुष्ट नहीं होंगे जब तक इस्लामाबाद उन लोगों पर मुकदमा नहीं चलाता और भारतीय धरती पर हुए हमलों से जुड़े अन्य आतंकवादी समूहों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करता। आपको बता दें कि लखवी का पाकिस्तान में खुलेआम घूमना और इस मामले में पाकिस्तान की आंतरिक जांच की अनिच्छा अंतरराष्ट्रीय समुदाय के लिए एक गंभीर सवाल बना हुआ है। भारत और पाकिस्तान के बीच यह मुद्दा आतंकवाद के खिलाफ संयुक्त कार्रवाई की आवश्यकता को और भी महत्वपूर्ण बनाता है। recent visitors 105

पुलिस ने योजनाबद्ध तरीके से देह व्यापार के अड्डे पर छापा मार कई युवक-युवतियों को आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा

जबलपुर जबलपुर पुलिस (Jabalpur Police) को कई दिनों से विजयनगर (Vijay Nagar) स्थित दीनदयाल चौक के पास चौकसे यात्री निवास में देह व्यापार (Prostitution) की सूचना मिल रही थी, लेकिन पुख्ता सूचना न होने के कारण पुलिस छापेमारी कार्रवाई से बच रही थी. इसके बाद पुलिस अधीक्षक (SP Jabalpur) संपर्क उपाध्याय ने योजनाबद्ध तरीके से देह व्यापार के अड्डे पर छापा मारने की योजना बनाई. ये प्लानिंग कामयाब भी हुई. पुलिस के एक्शन से अब हलचल मच गई है. वहीं पुलिस अधिकारियों ने बताया कि हमारी कार्रवाई ऐसे ही लगातार जारी रहेगी, दोषियों को छोड़ा नहीं जाएगा. पुलिस ने ऐसे दिया कार्रवाई को अंजाम प्लानिंग के अनुसार पुलिस कर्मचारी खुद ग्राहक बन कर चौकसे यात्री निवास गए. वहां जाकर चौकसे यात्री निवास के संचालक ने कुछ फोटो दिखाते हुए सौदा तय किया और उसके बाद रूम का किराया भी फिक्स किया गया जो 2000 से 5000 तक लिया जाता था. सौदा तय होने के बाद पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पांच युवकों और पांच युवतियों को आपत्तिजनक स्थिति में पकड़ा, इसके साथ होटल संचालक विजय कुमार चौकसे को भी गिरफ्तार किया गया. पकड़ी गई युवतियों में तीन जबलपुर की एक रीवा और एक दमोह की रहने वाली है. ऐसा भी पता चला कि पुलिस रेड के हल्ले गुल्ले से कुछ युवतियां पीछे के रास्ते से भागने कामयाब हो गईं. पुलिस ने देह व्यापार अधिनियम की धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है. शहर की छोटी होटल में कई जगह चल रहा है देह व्यापार का अड्डा जबलपुर की कई छोटी होटल और लाजो में इन दिनों देह व्यापार के अड्डे चल रहे हैं. सीएसपी (CSP Jabalpur) भगत सिंह गठोरिया ने कहा कि यह कार्रवाई लगातार चलती रहेगी, पुलिस अब सभी होटलों एवं लाॅजों में सतत निगरानी रखेगी और जहां किसी भी संदिग्ध गतिविधि को देखा जाएगा त्वरित कार्रवाई की जाएगी. recent visitors 73

माइक टायसन पर हावी जेक पॉल, लगाए जोरदार पंच, हुई करारी हार

एर्लिंगटन अमेरिका के दिग्गज मुक्केबाज माइक टायसन ने लगभग 20 साल बाद प्रोफेशनल बॉक्सिंग में वापसी की है. इससे पहले टायसन ने आखिरी प्रोफेशनल मुकाबला साल में 2005 में केविन मैकब्राइड के खिलाफ खेला था, जिसमें वो हार गए अब वो जेक पॉल के खिलाफ रिंग में उतरे हैं. टायसन और जेक पॉल के बीच का मुकाबला एर्लिंगटन (USA) के एटी एंड टी स्टेडियम में है. माइक टाइसन और जेक पॉल के बीच ये हैवीवेट मुकाबला आठ राउंड का है. पहले राउंड को टायसन ने 10-9 से अपने नाम किया. दूसरे राउंड में भी उन्हें 10-9 से जीत मिली है. तीसरे राउंड में जेक पॉल ने वापसी की और कुछ सॉलिड पंच जडे. तीसरा राउंड जेक पॉल ने 10-9 से अपने नाम किया. फिर चौथा राउंड भी 10-9 से पॉल के पक्ष में रहा. चौथे राउंड के बाद स्कोर बराबरी (38-38) था. पांचवे राउंड में माइक टायसन को पॉल के ओवरहैंड पंच से चेहरे पर जोरदार चोट लगी. जेक और टायसन की उम्र में 30 साल का फासला है. पांचवां राउंड जेक पॉल ने अपने नाम किया और मुकाबले में बढ़त ले ली. छठा, सातवां एवं आठवां राउंड भी पॉल ने अपने नाम किया. आठ राउंड के बाद स्कोर 78-74 से पॉल के पक्ष में था. इस मुकाबले से माइक टायसन को 20 मिलियन डॉलर (लगभग 169 करोड़ रुपये) मिलने वाले हैं. वहीं उनके प्रतिद्वंद्वी जेक पॉल को कथित तौर पर 40 मिलियन डॉलर (लगभग 338 करोड़ रुपये) मिलेंगे. 58 साल के टायसन ने इस मुकाबले से पहले तक एक प्रोफेशनल बॉकसर के रूप में 50 मुकाबलों में जीत हासिल की थी. जबकि उन्हें केवल छह में हार मिली. साल 1987 में टायसन ने सबसे कम उम्र में हैवीवेट चैम्पियन बनने की उपलब्धि हासिल कर ली. तब वह महज 20 साल के थे. खास बात यह रही कि टायसन ने 44 मुकाबले नॉकआउट के जरिए जीते. वहीं 27 साल के जेक पॉल यूट्यूबर से प्रोफेशनल बॉक्सर बने हैं. उन्होंने साल 2020 में प्रोफेशनल बॉक्सिंग शुरू की. पॉल ने 11 में से 10 मैच जीते हैं. नीरज गोयत ने हासिल की धांसू जीत माइक टायसन और जेक पॉल के बीच मुकाबले से पहले भारत के नीरज गोयत का जलवा देखने को मिला. नीरज गोयत ने ब्राजील के विंडरसन न्यून्स को छह राउंड के सुपर मिडिलवेट मुकाबले में 60-54 से हराया. नीरज ने शुरुआती राउंड से ही विंडरसन पर दबदबा कायम रखा. नीरज गोयत भारत के हरियाणा राज्य से ताल्लुक रखते हैं और उन्होंने अपने करियर में कई अवॉर्ड्स जीते हैं. नीरज साल 2015, 2016 और 2017 में WBC एशियन चैम्पियन रह चुके हैं. नीरज गोयत WBC रैंकिंग में जगह बनाने पहले भारतीय बॉक्सर हैं. नीरज ने अब तक प्रोफेशनल बॉक्सिंग में 18 मुकाबले जीते हैं, जबकि चार में उन्हें हार मिली. माइकल जेरार्ड टायसन का जन्म 30 जून 1966 को न्यूयॉर्क के ब्रुकलिन में हुआ था. बचपन से ही माइक टायसन काफी शरारती स्वभाव के थे. तोतले जुबान की वजह से कुछ लोग टायसन का मजाक उड़ाते थे, तो टाइसन ऐसे लोगों से झगड़ पड़ते थे. माइक टायसन की शरारतों का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि 13 साल की उम्र तक वह 38 बार अरेस्ट हुए. माइक टायसन साल 1981 और 1982 के जूनियर ओलंपिक गेम्स में गोल्ड मेडल हासिल करने में सफल रहे. फिर 1984 में टायसन ने न्यूयॉर्क में आयोजित नेशन गोल्डन ग्लव्स में जोनाथन लिटा को हराकर स्वर्ण पदक जीता. इसके धीरे-धीरे माइक टायसन ने बॉक्सिंग में अपना वर्चस्व स्थापित करना शुरू कर दिया. साल 1985 में महज 18 साल की उम्र में टायसन ने प्रोफेशनल बॉक्सिंग की शुरुआत की थी. विवादों में भी रह चुके हैं माइक टायसन बॉक्सिंग के साथ-साथ माइक टायसन विवादों में लगातार बने रहे. साल 1992 में माइक टायसन को बलात्कार का दोषी ठहराया गया था और छह साल जेल की सजा सुनाई गई थी. हालांकि उन्हें तीन साल बाद ही पैरोल पर रिहा कर दिया गया था. साल 1997 में एक मैच के दौरान टायसन ने गुस्से में विपक्षी बॉक्सर इवांडर हॉलीफील्ड का कान काट लिया था. टायसन ने हॉलीफील्ड के दाएं कान को इतने जोर से काटा था कि उसका कुछ पार्ट कटकर बॉक्सिंग रिंग में ही गिर गया था. माइक टायसन की निजी जिंदगी उतनी कामयाब नहीं रही है. माइक टायसन ने अबतक तीन बार शादी की है और वह आठ बच्चों के पिता बने. उन्होंने पहली बार 1988 में अभिनेत्री रॉबिन गिवेंस से शादी की लेकिन एक साल में दोनों की शादी टूट गई. फिर टायसन ने साल 1997 पेशे से डॉक्टर मोनिका टर्नर के साथ सात फेरे लिए. बाद में 2003 में टायसन ने मोनिका से भी रिश्ता तोड़ लिया. साल 2009 में टायसन ने एल. स्पाइसर से शादी की जो अबतक कायम है. बॉक्सिंग रिंग में शानदार प्रदर्शन के चलते टाइसन को आयरन माइक', 'किड डायनामाइट' और 'द बैडेस्ट मैन ऑन द प्लैनेट' जैसे निकनेम भी मिले.   recent visitors 99

स्कूल के मैदान खुद रही थी कब्र, कब्रिस्तान बनाने की थी तैयारी, तभी कलेक्टर को पहुंचा कॉल, हो गया तगड़ा एक्शन

सागर  स्कूल को शिक्षा का मंदिर माना जाता है लेकिन तब क्या जब स्कूल को कब्रिस्तान बना दिया जाए। ऐसा ही एक मामला मध्य प्रदेश के सागर जिले के सानौधा इलाके से सामने आया है। यहां के गिरवर में स्कूल परिसर के मैदान को कब्रिस्तान बनाने और यहां कब्र खोदकर मृतक को सुपुर्दे खाक करने की तैयारी का खुलासा हुआ है। जानकारी पर जब प्रशासन पहुंचा तो वहां मौजूद लोग विवाद करने लगे। प्रशासन ने कब्र को बंद कराकर मृतक को दफनाने के लिए दूसरी जगह दी है। हालांकि इस दौरान लोग विवाद करने पर अमादा हो गए थे। पुलिस और प्रशासन को काफी मशक्कत करना पड़ी, धमकी दी तब कहीं जाकर गांव वाले माने। मामले में बाल अधिकार संरक्षण आयोग ने संबंधितों को नोटिस भी जारी किए हैं। ये है पूरा मामला जानकारी के अनुसार जिले के सीमावर्ती गिरवर गांव में शासकीय उच्चतर माध्यमिक स्कूल के मैदान में कुछ लोग किसी मृतक को दफनाने के लिए कब्र खोद रहे थे। किसी ने इसकी खबर मध्य प्रदेश बाल अधिकार संरक्षण आयोग के सदस्य ओंकार सिंह को दी। उन्होंने तत्काल कलेक्टर संदीप जीआर को मामले की सूचना दी तो प्रशासन हरकत में आया। पुलिसकर्मी यहां पहुंचे और कब्र खोदने और सुपुर्दे खाक की प्रक्रिया रोकने की बात कही तो मृतक के परिजन व समाज के लोग पुलिस को ही धमकी देने लगे। धमकी के बाद एएसपी दलबल के साथ पहुंचे स्थानीय पुलिस से जब मामला नहीं संभला और लोग शव को थाने में रखकर प्रदर्शन की धमकी देने लगे तो मामला बिगड़ता देख एडिशनल एसपी लोकेश सिन्हा और प्रशासन का अमला भारी पुलिसबल के साथ गिरवर पहुंच गया। यहां उन्होंने समाज और परिवार के लोगों को समझाइश दी। लोगों का कहना था कि यहां हमारा कब्रिस्तान पहले से था, लेकिन इसके बाजू में स्कूल बना दी गई है। काफी मशक्कत के बाद लोग माने। प्रशासन ने उन्हें मृतक को दफनाने के लिए दूसरी जगह दी है। छुट्टी के दिन दफनाते हैं शव, 3 महीने पहले भी दफनाया था जानकारी अनुसार गिरवर के सरकारी स्कूल परिसर में दूसरी दफा कब्र खोदकर मृतक को दफनाने की तैयारी चल रही थी। बीते 14—15 अगस्त को सरकारी अवकाश के दिन यहां पर कब्र खोदकर गांव के किसी व्यक्ति को सुपुर्दे खाक किया गया था। कब्र पर पत्थर भी बकायदा लगाया गया था। अब शुक्रवार 15 नवंबर को भी छुट्टी का दिन था और स्कूल परिसर में कब्र खोदी जा रही थी। यदि समय पर सूचना नहीं मिलती तो लोग दफनाने की प्रक्रिया पूरी कर देते और स्कूल परिसर में दूसरी कब्र तैयार हो जाती। प्रशासन की गलती है, नोटिस जारी किए हैं मप्र बाल संरक्षण अधिकार आयोग के सदस्य ओंकार सिंह ने नवभारत टाइम्स को जानकारी देते हुए बताया कि गिरवर में करीब 3 महीने में दूसरी दफा शव दफनाने का काम चल रहा था। शुक्रवार को अवकाश था, अगस्त महीने में भी अवकाश के दिन ही शव दफनाया गया था। यह गलत है। प्रशासन को मौके पर जाकर देखना था, इसे रोकना था। उस समय रोका जाता तो अभी यह स्थिति नहीं बनती। मामले में आयोग ने संबंधितों को नोटिस जारी कर जवाब—तलब किया है। recent visitors 118