Wednesday, July 8, 2026 8:36 am

गुना में एविएशन एकेडमी का टू सीटर प्लेन क्रैश, टेस्ट फ्लाइट के लिए भरी थी उड़ान , दोनों पायलट घायल; इंजन फेल होने की आशंका

गुना  गुना में रविवार को एक टू-सीटर विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। यह विमान कर्नाटक के बेलगावी एविएशन ट्रेनिंग इंटीट्यूट का बताया जा रहा है, जिसे मेंटेनेंस के लिए शा-शिब अकादमी में लाया गया था। इसे दो पायलट परीक्षण उड़ान के लिए लेकर निकले थे। करीब 40 मिनट तक हवा में रहने के बाद अचानक विमान का संतुलन बिगड़ गया और यह लहराते हुए जमीन पर आ गिरा। आशंका जताई जा रही है कि विमान का इंजन फेल होने की वजह से हादसा हुआ। इस दुर्घटना में दोनों पायलटों के घायल होने की खबर है। सूचना मिलने पर कैंट पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंच गए हैं। फ्लाइंग अकादमी का स्टाफ भी घटनास्थल पर मौजूद है। जानकारी के अनुसार कर्नाटक के बेलगावी एविएशन ट्रेनिंग इंटीट्यूट के एयरक्राफ्ट 152 ने रविवार दोपहर करीब एक बजे टेस्टिंग के लिए उड़ान भरी थी। कैप्टन वी चंद्र ठाकुर और पायलट नागेश कुमार करीब 40 मिनट तक एयरक्राफ्ट को उड़ाते रहे, लेकिन फिर वह एयर स्ट्रिप पर क्रैश हो गया। हादसे में दोनों पायलट घायल हो गए हैं, जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। विज्ञापन बताया जा रहा है कि बेलगावी एविएशन ट्रेनिंग इंटीट्यूट के एयरक्राफ्ट 152 को टेस्टिंग और मेंटेनेंस के लिए गुना की शा-शिब एकेडमी में लाया गया था। इसकी टेस्टिंग के लिए पायलट वी चंद्र ठाकुर और नागेश कुमार को हैदराबाद से बुलाया गया था। दोनों बीते दिन 10 अगस्त को गुना पहुंचे थे। आज रविवार को टेस्टिंग के लिए एयरक्राफ्ट ने उड़ान भरी, लेकिन 40 मिनट बाद वह क्रैश हो गया।   टेस्टिंग और मेंटेनेंस के लिए लाया गया था दुर्घटनाग्रस्त एयरक्राफ्ट कर्नाटक के बेलगावी एविएशन ट्रेनिंग इंटीट्यूट का है। दोनों पायलट हैदराबाद के रहने वाले हैं। ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट ने दोनों पायलट हायर किए थे। एयरक्राफ्ट टेस्टिंग और मेंटेनेंस के लिए गुना की शा-शिब एकेडमी में लाया गया था। पायलट 10 अगस्त को गुना आए थे। कैंट थाने के टीआई दिलीप राजोरिया ने बताया कि एक पायलट पूरी तरह ठीक है। दूसरे को सिर में चोट लगी है। उसे निजी अस्पताल में शिफ्ट किया है। सिर में टांके भी लगाए जा सकते हैं।   recent visitors 101

हिन्दू बांग्लादेश से सबक सीखें, हम वहां के सभी अल्पसंख्यकों के साथ हैं, लेकिन कांग्रेस और पूरा विपक्ष चुप क्यों है?

 भोपाल बांग्लादेश में आरक्षण को लेकर शुरू हुए बवाल ने प्रधानमंत्री शेख हसीना से उनकी कुर्सी छीन ली. इसके बाद से बांग्लादेश के हालात खराब होते जा रहे हैं. वहां अल्पसंख्यकों (हिंदू, ईसाई समेत अन्य) पर अत्याचार किए जा रहे हैं. इसको लेकर मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री और वरिष्ठ बीजेपी नेता उमा भारती की प्रतिक्रिया आई है. उन्होंने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि कई दिनों से बांग्लादेश में हिंदुओं और अल्पसंख्यकों को लेकर बहुत चिंतित थी, कुछ बोल भी नहीं पा रही थी. उमा भारती ने आगे लिखा कि अब जब खबर लगी है कि हिंदू समाज अपनी जान और अपनी इज्जत के लिए सड़कों पर उतर आया है, तब राहत मिली. जिन्होंने लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी की सीटें कम हो जाने का आनंद उत्सव मनाया है, वह बांग्लादेश से सबक सीखें. हम वहां के सभी अल्पसंख्यकों के साथ हैं, लेकिन कांग्रेस और पूरा विपक्ष चुप क्यों है?     1. कई दिनों से बांग्लादेश में हिंदुओं एवं अल्पसंख्यकों को लेकर बहुत चिंतित थी, कुछ बोल भी नहीं पा रही थी।     2. अब जब खबर लगी है कि हिंदू समाज अपनी जान और अपनी इज्जत के लिए सड़कों पर उतर आया है तब राहत मिली।     3. जिन्होंने लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी जी की सीटें कम हो जाने का आनंद… कांग्रेस नेता ने दिया था विवादित बयान वहीं बांग्लादेश हिंसा को लेकर मध्य प्रदेश कांग्रेस के नेता सज्जन सिंह वर्मा का विवादित बयान  सामने आया था. उन्होंने कहा था कि श्रीलंका-बांग्लादेश के बाद अब भारत का नंबर है. जिस तरह सरकार के खिलाफ श्रीलंका और बांग्लादेश में जनता सड़कों पर उतर आई और प्रधानमंत्री आवास में घुस गई, ठीक वैसे ही हालात भारत में बनते दिख रहे हैं. कांग्रेस नेता ने कहा अब भारत का नंबर है जब प्रधानमंत्री मोदी की गलत नीतियों की वजह से जनता उनके आवास में घुस जाएगी. कांग्रेस नेता के बयान पर पलटवार करते हुए बीजेपी मीडिया प्रभारी आशीष अग्रवाल की भी प्रतिक्रिया आई. उन्होंने कहा एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि नाम सज्जन, सोच दुर्जन! कांग्रेस के नफरती पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा कह रहे हैं- नरेंद्र मोदी, एक दिन जो जनता आज सड़क पर हिलोरे ले रही है, वह तुम्हारे प्रधानमंत्री निवास में घुसकर कब्जा कर लेगी. आशीष अग्रवाल ने आगे लिखा, "दंगे प्रेमी कांग्रेसी लगता है कि ये भूल गए कि भारत की 140 करोड़ जनता ने ही नरेंद्र मोदी को तीसरी बार प्रधानमंत्री बनाया है और मध्यप्रदेश सहित 11 राज्यो से कांग्रेस का सफाया किया है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 'वसुधैव कुटुम्बकम' की अवधारणा पर चलते हैं और नफरत फैलाने वालों को धूल चटाना भी अच्छे से जानते हैं. recent visitors 136

मौसम विभाग ने पांच दिन की दी चेतावनी, छत्तीसगढ़ के रायपुर-बिलासपुर-दुर्ग और बस्तर संभाग में होगी बारिश

रायपुर. छत्तीसगढ़ के अधिकांश जिलों में आज सुबह से ही बादल छाए हुए हैं। कई जगहों पर हल्की मध्यम बारिश हो रही है। वहीं राजधानी रायपुर में आज सुबह से ही बादल छाए हुए हैं। ठंडी हवाएं चल रही है। साथ ही बारिश की स्थिति बनी हुई है। वहीं रायपुर, बिलासपुर, दुर्ग और बस्तर संभाग में बारिश की गतिविधि में कमी आने की संभावना है। इसके साथ ही सरगुजा संभाग में अगले 5 दिनों तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। मौसम विभाग के अनुसार, रायपुर बिलासपुर दुर्ग और बस्तर संभाग में बारिश की गतिविधि में कमी आने की संभावना है। वही सरगुजा संभाग में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। आने वाले 5 दिनों तक सरगुजा संभाग के अधिकांश जगहों पर बारिश की गतिविधि जारी रहेगी इसके साथ ही एक दो जगह पर गलत चमक के साथ भारी से अति भारी बारिश हो सकती है। बीते दिनों लगातार बारिश से मौसम ठंडा हो चुका है। ठंडी हवाएं चल रही है और रायपुर में बारिश की स्थिति बनी हुई है। मौसम एक्सपर्ट के अनुसार, छत्तीसगढ़ में मानसूनी तंत्र कमजोर हो गया है, जिसके वजह से प्रदेश में बारिश की गतिविधि में कमी आने की संभावना है। हालांकि इस बीच अधिकांश जगहों पर हल्की मध्यम बारिश हो सकती है। वहीं मौसम विभाग ने सरगुजा संभाग के अधिकांश इलाकों में भारी बारिश की संभावना जताई है। शनिवार को राजधानी रायपुर सुमित प्रदेश के कई जिलों में सुबह से ही बादल छाए रहे। इसके बाद दोपहर में धूप निकली। वही शाम तक एक दो जगह पर हल्की मध्यम बारिश भी हुई। recent visitors 143

बांग्लादेश में सेना के काफिले पर नाराज भीड़ ने किया हमला, 15 घायल

ढाका सरकार, आवाम, अधिकारी, जज और अब सेना. बांग्लादेश में कोई भी सुरक्षित नहीं है. कई दिनों से जारी हिंसा अब बेकाबू हो गई है. इसी बीच सेना के जवानों पर भी हमले की खबर है. सेना की गाड़ी पर ये हमला गोपालगंज इलाके में हुआ. ढाका ट्रिब्यून की रिपोर्ट के अनुसार, इस घटना में सेना के जवानों, पत्रकारों और स्थानीय लोगों सहित 15 लोग घायल हो गए हैं. घायलों में दो को गोली लगी है. यह घटना शनिवार शाम करीब 4 बजे तब हुई जब अवामी लीग के हजारों कार्यकर्ता शेख हसीना की वापसी की मांग करते हुए सड़क पर थे. जवानों ने प्रदर्शन से रोका तो कर दिया हमला रिपोर्ट के अनुसार, हजारों की संख्या में अवामी लीग के नेता, कार्यकर्ता और स्थानीय लोग पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की देश में वापसी की मांग कर रहे थे. उन्होंने ढाका-खुलना राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया था. इसी बीच सेना की गाड़ी वहां पहुंची और उन्होंने प्रदर्शनकारियों से सड़क को खोलने और प्रदर्शन को खत्म करने की अपील की. लेकिन भीड़ ने उन पर ईंटें फेंकना शुरू कर दिया. बाद में भीड़ को तितर-बितर करने के लिए सेना के जवानों ने लाठियां भांजी. इसके जवाब में प्रदर्शनकारियों ने सेना के वाहन में तोड़फोड़ की और उसे आग के हवाले कर दिया.गोपालगंज कैंप के लेफ्टिनेंट कर्नल मकसुदुर रहमान ने घटना की पुष्टि की और कहा कि करीब 3,000 से 4,000 लोगों ने इकट्ठा होकर सड़क जाम कर दी है. हमले में सेना के कई जवान घायल हुए हैं.गोपीनाथपुर संघ के पूर्व अध्यक्ष लच्छू शरीफ ने कहा कि सेना के सदस्यों ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए गोलीबारी की. एक बच्चे सहित दो लोगों को गोली मार दी गई. घटना में किसी की मौत नहीं हुई. भारत-बांग्लादेश सीमा पर अलर्ट पड़ोसी देश बांग्लादेश में अशांति के मद्देनजर असम पुलिस भारत-बांग्लादेश सीमा पर हाई अलर्ट पर है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई भी व्यक्ति अवैध रूप से राज्य में प्रवेश न कर सके. पुलिस महानिदेशक जी.पी. सिंह ने कहा कि केंद्र ने निर्देश जारी किया है कि किसी भी व्यक्ति को बांग्लादेश से अवैध रूप से भारत में प्रवेश करने की अनुमति नहीं दी जाएगी. हिंदुओं पर हो रहे हमले बांग्लादेश में हिंदुओं को भी निशाना बनाया जा रहा है. कई मंदिरों को आग लगा दी गई है. इसी बीच अंतरिम सरकार के प्रमुख मोहम्मद यूनुस ने शनिवार को हिंसा प्रभावित अल्पसंख्यक समुदायों पर हमलों की निंदा की. उन्होंने अल्पसंख्यकों पर हो रहे हमलों को जघन्य बताया और सभी युवाओं से हिंदू, ईसाई, बौद्ध परिवारों की सुरक्षा सुनिश्चित करने का आग्रह किया. बांग्लादेश के दो हिंदू संगठनों- बांग्लादेश हिंदू बौद्ध ईसाई एकता परिषद और बांग्लादेश पूजा उद्यापन परिषद के अनुसार, 5 अगस्त को शेख हसीना के नेतृत्व वाली सरकार के पतन के बाद से बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों के सदस्यों को 53 जिलों में हमलों की कम-से-कम 205 घटनाओं का सामना करना पड़ा.   recent visitors 114

स्वतंत्रता दिवस में महज 4 दिन और प्रदेश के जिलों को नहीं मिले प्रभारी मंत्री? ऐसा क्यों

Only 4 days left for Independence Day and the districts of the state did not get minister in-charge? Why so

Only 4 days left for Independence Day and the districts of the state did not get minister in-charge? Why so

CMPFO में हिंदी ट्रांसलेटर एवं सोशल सिक्योरिटी असिस्टेंट पदों पर भर्ती का एलान, जल्द करें अप्लाई

नई दिल्ली सरकारी नौकरी की तलाश कर रहे उम्मीदवारों के लिए खुशखबरी है। कोयला खान भविष्य निधि संगठन (CMPFO) की ओर से ग्रुप के तहत जूनियर हिंदी ट्रांसलेटर एवं ग्रुप सी के अंतर्गत सोशल सिक्योरिटी असिस्टेंट के रिक्त पदों पर भर्ती निकाली गई है। इस भर्ती के लिए अधिसूचना जारी कर आवेदन प्रक्रिया शुरू की जा चुकी है जो निर्धारित अंतिम तिथि 6 सितंबर 2024 तक जारी रहेगी। इस भर्ती के लिए पात्रता रखने वाले अभ्यर्थी बिना देरी करते हुए तुरंत ही ऑनलाइन माध्यम से CMPFO की ऑफिशियल वेबसाइट starrating.coal.gov.in/cmpfo/ पर जाकर आवेदन प्रक्रिया पूर्ण कर सकते हैं। इस तरीके से भर सकते हैं फॉर्म इस भर्ती में आवेदन के लिए सबसे पहले ऑफिशियल वेबसाइट पर जाएं। वेबसाइट के होम पेज पर नोटिस सेक्शन में Applicant first register through Registration form (Click here) लिंक पर क्लिक करें। अब आपको पहले Registration के लिए मांगी गई डिटेल भरकर अकाउंट क्रिएट करना है। इसके बाद आप लॉग इन के माध्यम से अन्य डिटेल भरकर आवेदन प्रक्रिया पूर्ण कर लें। अंत में पूर्ण रूप से भरे हुए फॉर्म का एक प्रिंटआउट निकालकर सुरक्षित रख लें। अभ्यर्थी ध्यान रखें कि इस भर्ती में आवेदन करने के लिए किसी भी श्रेणी को एप्लीकेशन शुल्क नहीं भरना होगा अर्थात भर्ती में शामिल होने के लिए निशुल्क फॉर्म भरा जा सकता है। भर्ती विवरण इस भर्ती के माध्यम से कोल माइंस प्रोविडेंट फंड ऑर्गेनाइजेशन (CMPFO) की ओर से कुल 136 रिक्त पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। इसमें से जूनियर हिंदी ट्रांसलेटर के लिए 10 पद और सोशल सिक्योरिटी असिस्टेंट के लिए कुल 126 पद आरक्षित हैं। पात्रता एवं मापदंड एवं भर्ती से जुड़ी अधिक डिटेल के लिए अभ्यर्थी ऑफिशियल नोटिफिकेशन का अवलोकन अवश्य कर लें। recent visitors 78