Wednesday, July 8, 2026 11:32 am

चारभुजानाथ मंदिर में व्यास पीठ की बैठक में निर्णय, राजस्थान-केकड़ी में एक नवम्बर को होगा दीपावली पूजन

केकड़ी. दीपावली मनाने के दिन को लेकर इन दिनों काफी जद्दोजहद चल रही है। इस सारी ऊहापोह का पटाक्षेप करते हुए केकड़ी के प्रमुख केंद्र चारभुजानाथ मंदिर की व्यास पीठ द्वारा स्पष्ट किया गया है कि 1 नवंबर को ही दीपावली एवं माता महालक्ष्मी का पूजन करना शास्त्र सम्मत है। चारभुजानाथ मंदिर व्यासपीठ के कथा व्यास एवं वयोवृद्ध ज्योतिषाचार्य नगर पंडित मुरलीधर दाधीच ने उक्त घोषणा की है. ज्योतिषाचार्य नगर पंडित मुरलीधर दाधीच ने घोषणा करते हुए कहा कि इस बार खास बात यह भी है कि एक नवंबर को दीपावली पूजन वाले दिन शुक्रवार है, जो कि माता महालक्ष्मी की आराधना के लिए विशेष फलदाई माना जाता है। वहीं इस दिन स्वाति नक्षत्र भी है। यह दो अद्भुत संयोग दीपावली पूजन के दिन ही प्राप्त हो रहे हैं, जो कि विशेष शुभता वाले हैं और सुख-शांति और समृद्धि के प्रतीक हैं। उन्होनें कहा कि दीपावली पर माता महालक्ष्मी के पूजन की तिथि को लेकर किसी तरह की कोई भ्रमपूर्ण स्थिति नहीं है, यह 1 नवंबर को ही सुनिश्चित है। इस दिन प्रदोष व्यापिनी अमावस्या शास्त्र सम्मत एवं माता महालक्ष्मी पूजन के लिए सर्वश्रेष्ठ है। यह निर्णय पंचांग एवं शास्त्र के आधार पर है। जिसे चुनौती देने का कोई औचित्य नहीं है। हालांकि अमावस्या 31 अक्टूबर व 1 नवम्बर दोनों दिन है, लेकिन 1 नवंबर का दिन ही माता महालक्ष्मी पूजन के लिए शास्त्र सम्मत है। शास्त्रों और पंचांगों में यह तथ्य प्रमुखता से स्पष्ट किया गया है कि दीपावली पर्व के मौके पर यदि 2 दिन अमावस्या हो और दूसरे दिन प्रदोष काल भी हो, तो आगे वाला अगला दिन ही माता महालक्ष्मी के पूजन के लिए श्रेष्ठ व शास्त्र सम्मत है। एक नवम्बर को पूरे दिन और रात्रि में भी माता महालक्ष्मी के पूजन के मुहूर्त हैं। पंचांगों में उल्लेख, शंकराचार्य का भी निर्णय कथा व्यास पंडित मुरलीधर दाधीच ने बताया कि इस वर्ष 1 नवंबर को दीपावली पूजन किए जाने को लेकर प्रतिष्ठित पंडित बंशीधर ज्योतिष पंचांग में भी विशेष उल्लेख किया गया है। जिसमें बताया गया है कि श्री कांचीकामकोटि के जगतगुरुश्री शंकराचार्य शंकर विजयेंद्र सरस्वती महाराज के सानिध्य में 10 व 11 अगस्त 2023 को वाराणसी में आयोजित सभा में पंचांगकर्ताओं ने तथ्यों व शास्त्र सम्मत बिंदुओं के आधार पर सर्वसम्मति से इस संबंध में निर्णय लेकर 1 नवंबर को ही दीपावली मनाया जाना सुनिश्चित किया था। इसी दिन पितृकार्य अमावस्या है, अतः प्रातः पितृ देवता का पूजन करने के बाद श्रीमहालक्ष्मीजी का पूजन किया जाना चाहिए। यदि दीपावली एक दिन पूर्व मान्य की जाए तो देव पूजन, पार्वण श्राद्ध आदि महालक्ष्मी पूजन के बाद होगें जो कि विपरीत हो जायेगा, अतः दीपावली पर्व 1 नवंबर को मनाना ही शास्त्रोक्त है। 6 दिवसीय दीपावली महापर्व — 29 अक्तूबर धनतेरस-सायंकाल, यम-दीपदान, भौम प्रदोष 30 अक्तूबर मासिक शिवरात्रि 31 अक्तूबर नरक एवं रूप चतुर्दशी 1 नवम्बर दीपावली, श्रीमहालक्ष्मी पूजन 2 नवम्बर अन्नकूट, गोवर्धन पूजा 3 नवम्बर भाई-दूज recent visitors 72

अवॉर्ड फंक्शन में शोभिता संग पहुंचे नागा चैतन्य, स्टेज पर बिग बी के छुए पैर

मुंबई, शोभिता धूलिपाला से जल्द शादी करने वाले साउथ स्टार नागा चैतन्य ने अपने संस्कारों का उदाहरण पेश किया। एक अवॉर्ड फंक्शन में पहुंचे अभिनेता ने अमिताभ बच्चन के पैर छू आशीर्वाद लिया। नागा चैतन्य हाल ही में स्ट्रीमिंग सीरीज ‘धूता’ में नजर आए थे। अक्किनेनी नागेश्वर राव (एएनआर) नेशनल अवॉर्ड 2024 का आयोजन हैदराबाद में किया गया है। कार्यक्रम का एक वीडियो सामने आया है, जिसमें नागा चैतन्य अमिताभ बच्चन का पैर छूते नजर आ रहे हैं। नागा चैतन्य ने अपनी होने वाली पत्नी शोभिता धुलिपाला के साथ कार्यक्रम में स्टाइलिश तरीके से एंट्री की। दोनों ही अपने फॉर्मल आउटफिट में काफी आकर्षक लग रहे थे। कार्यक्रम में पहुंचे नागा चैतन्य ने नीले रंग की जैकेट और शोभिता ने हरे रंग की पोशाक पहनी थी। कार्यक्रम में शोभिता पारंपरिक परिधान साड़ी में दिखीं। उन्होंने बालों का बन बनाया था और उसे फूलों से सजाया था। कुछ दिनों पहले ही ‘मेड इन हेवन’ की अभिनेत्री ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम पर पसुपु दंचदम समारोह की तस्वीरें पोस्ट कीं, यह रस्म तेलुगू संस्कृति में शादी के उत्सव की शुरुआत का प्रतीक है। तस्वीरों को सोशल मीडिया पर शेयर कर उन्होंने कैप्शन में लिखा गोधुमा राय पसुपु दंचदम और इसलिए यह शुरू होता है। इस अवसर के लिए, अभिनेत्री ने सिल्क की साड़ी को सुनहरे ब्लाउज से मैच किया था। तस्वीरों में अभिनेत्री अपने परिवार की महिलाओं के साथ पोज देती नजर आ रही थीं। तस्वीरों में अभिनेत्री हल्दी पीसने और पुजारी और अपने परिवार के बड़ों के साथ कई रस्मों को तल्लीनता से निभाती दिखी थीं।   recent visitors 77

निचली अदालत ने मामले को बहुत ही लापरवाही से लिया, बेगुनाह 14 सालजेल में रही

जबलपुर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने एक महिला को 14 साल बाद आजादी दी है। हाईकोर्ट ने हत्या के मामले में जेल में बंद महिला को बरी कर दिया और उसे झूठे मामले में फंसाने के लिए पांच गवाहों और तीन जांच अधिकारियों के खिलाफ मुकदमा चलाने का आदेश दिया है। अदालत ने कहा कि अगर अभियोजन पक्ष के गवाहों और जांच अधिकारियों को बिना ऐक्शन लिए छोड़ दिया जाता है, तो इससे बेईमान लोगों को निर्दोष लोगों को झूठे केस में फंसाने का बढ़ावा मिलेगा। जस्टिस जीएस अहलूवालिया और विशाल मिश्रा की पीठ ने निचली अदालत की भी खिंचाई की और कहा कि यह वास्तव में दुर्भाग्यपूर्ण है कि निचली अदालत के जज ने मामले को बहुत ही लापरवाही से लिया और कानून की नजर से सबूतों का मूल्यांकन नहीं किया। क्या है मामला दरअसल, खंडवा जिले के पिपलोदा गांव की रहने वाली सुरजाबाई और उसकी बहन भूरीबाई (जो उस समय 20 वर्ष की थीं) को सितंबर 2008 में अपने बहनोई हरि उर्फ ​​भग्गू की जहर देकर और गला घोंटकर हत्या करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया था।अदालत ने मामले में खामियां पाईं जिसमें बताया गया था कि सुरजाबाई और भूरीबाई ने हरि की हत्या की और उसे नीम के पेड़ पर लटका कर इसे आत्महत्या का मामला दिखाने की कोशिश की। सुरजाबाई ने बताया कि उसकी सास ने उसे आत्महत्या के बारे में बताया था। वह उसे (मृतक को) बैलगाड़ी से अस्पताल ले गई और बाद में पुलिस को सूचना दी। दिसंबर 2010 में खंडवा की एक ट्रायल कोर्ट ने दोनों महिलाओं को दोषी ठहराया था। भूरीबाई को जमानत मिल गई, लेकिन सुरजाबाई तब से जेल में है। उसने ट्रायल कोर्ट के फैसले के खिलाफ मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में अपील की। अदालत को जांच में कई खामियां मिलीं। अदालत ने कहा कि ऐसा लगता है कि अपीलकर्ता सुरजाबाई से दुश्मनी के कारण अभियोजन पक्ष के गवाहों ने उसे झूठे केस में फंसाया है। अदालत ने कहा कि चूंकि अपीलकर्ता की ओर से कोई भी पेश नहीं हुआ, इसलिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा पारित फैसले के आधार पर अदालत ने स्वयं ट्रायल कोर्ट के रिकॉर्ड का अध्ययन किया और राज्य के वकील की बातें सुनीं। 16 अक्टूबर को कोर्ट ने आदेश में कहा, 'सबसे दुर्भाग्यपूर्ण बात यह है कि भूरीबाई, जो सुरजाबाई की बहन है और गर्भवती थी, को भी बिना किसी आधार के इस मामले में फंसाया गया। अभियोजन पक्ष यह साबित करने में विफल रहा है कि मृतक को सुरजाबाई के घर में कोई जहरीला पदार्थ दिया गया था। इसके अलावा अभियोजन पक्ष यह साबित करने में भी विफल रहा है कि मृतक को अस्पताल ले जाने वाली सूरजबाई या भूरीबाई ही थी।' recent visitors 76

उमा भारती ने क्राइम ब्रांच में दर्ज कराई FIR, MP से कर्नाटक तक जुड़ा है मामला

 भोपाल मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. इस वीडियो में एक महिला आईपीएस अफसर पूर्व सीएम उमा भारती को भ्रष्टाचार के आरोप में गिरफ्तार कर लेती है. इस वीडियो के वायरल होने के बाद पूर्व सीएम उमा भारती के निजी सचिव द्वारा क्राइम ब्रांच में शिकायत दर्ज कराई गई है. पूर्व सीएम उमा भारती के निजी सचिव उमेश गर्ग की शिकायत पर क्राइम ब्रांच ने बीएनएस की धारा 336(4) और 356(2) के तहत अज्ञात आरोपी के खिलाफ के खिलाफ केस दर्ज किया है. शिकायत में बताया गया है कि पूर्व सीएम उमा भारती की छवि को धूमिल करने का प्रयास किया गया. वीडियो में क्या? बता दें 45 सेकंड के वीडियो में कहा गया है कि "यह एक ऐसी आईपीएस अफसर हैं, जो मुख्यमंत्री के काले कारनामे देखने उनके ही घर नौकरानी बनकर पहुंच गई. लेकिन बाद में जो हुआ उसे देखकर आप भी हैरान हो जाएंगे. 40 सेकंड रुकिए." वीडिया में आगे कहा गया कि "2000 बैच की तेजतर्रार आईपीएस अफसर दीपा दिवाकर मौदगिल उर्फ डी रूपा जिस राज्य में होती हैं, वहां कोई भी कानून का उल्लंघन नहीं कर सकता. यह चर्चा में तब आ गईं जब इन्हें पता चला कि मध्य प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ठेकेदारों से जबरदस्ती पैसे मांग रहीं हैं. तभी रूपा जी मुख्यमंत्री के घर नौकरानी बनकर पहुंच गईं." आगे कहा गया कि "जैसे ही उन्होंने मुख्यमंत्री को ठेकेदारों से पैसे मांगते देखा तभी रूपा जी ने अपना असली चेहरा दिखाया तो सभी के होश उड़ गए. आईपीएस अफसर डी रूपा ने मुख्यमंत्री को उनके ही घर से गिरफ्तार कर लिया. अब आप बताइए क्या हर आईपीएस ऑफिसर को अपना काम ऐसी ही ईमानदारी से करना चाहिए." 'छवि खराब करने की कोशिश' इधर इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती के सचिव ने अपनी शिकायत में लिखा, किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा यह रील जानबूझकर पूर्व सीएम और बीजेपी की वरिष्ठ नेता की छवि धूमिन करने, उनकी मानहानि करने की नियत से यूट्यूब पर अपलोड कर उन्हें बदनाम करने की कोशिश की है. इसमें फोटो और वीडियो में काट-छांट कर एडिट कर तथ्यहीन जानकारी दी गई है. recent visitors 88

फिल्म ‘वनवास’ का टीज़र रिलीज

मुंबई, बॉलीवुड फिल्मकार अनिल शर्मा की आने वाली फिल्म वनवास का टीजर रिलीज कर दिया गया है। गदर: एक प्रेम कथा और गदर 2 जैसी ब्लॉकबस्टर फिल्मों के लिए मशहूर ज़ी स्टूडियोज़ और अनिल शर्मा अब फिल्म वनवास बना रहे हैं।फिल्म वनवास परिवार, सम्मान और लोगों द्वारा किए जाने वाले त्याग के बारे में एक दिल छू लेने वाली कहानी है। फिल्म वनवास का टीजर रिलीज कर दिया गया है। टीज़र में नाना पाटेकर और उत्कर्ष शर्मा को अनोखे किरदारों में देखा जा सकता है। फिल्म वनवास का लेखन, निर्माण और निर्देशन अनिल शर्मा ने किया है। ज़ी स्टूडियोज़ इस फ़िल्म को दुनिया भर में रिलीज़ करेगा। यह फिल्म क्रिसमस के अवसर पर 20 दिसंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होगी। recent visitors 72

लोन के लिए अब 30 नवम्बर तक कर सकेंगे आवेदन, राजस्थान-सिरोही में SC-ST परिवारों को मिलेगा स्वरोजगार

सिरोही. अनुसूचित जाति, जनजाति वित्त एवं विकास सहकारी निगम (अनुजा निगम) सिरोही द्वारा वित्तीय वर्ष 2024-25 में राष्ट्रीय निगमों की लोन योजनाओं में अनुसूचित जाति वर्ग के 40 अनुसूचित जनजाति वर्ग के 32, विशेष योग्यजन वर्ग के 10, सफाई कर्मचारी/स्वच्छकार वर्ग के 20 एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के 11 व्यक्तियों को स्वरोजगार उपलब्ध करवाने के लिए विभित्र व्यवसाय, उद्योग एवं सेवा क्षेत्र पर ऑनलाइन लोन दिया जाएगा। अनुसूचित जाति वर्ग के 40 अनुसूचित जनजाति वर्ग के 32, विशेष योग्यजन वर्ग के 10, सफाई कर्मचारी/स्वच्छकार वर्ग के 20 एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के 11 व्यक्तियों को किराणा दुकान, सिलाई कटिंग, भैंस/गाय पालन, कपड़ा दुकान, फैन्सी स्टोर, कम्प्यूटर जाॅब वर्क, ऑटो पाटर्स, साइकिल मरम्मत, बिजली सामान दुकान, टेंट हाउस, इलेक्ट्रिक बैटरी रिक्शा, जीप टैक्सी आदि हेतु अनुजा निगम पोर्टल पर ऑनलाइन लोन आवेदन पत्र आमंत्रित किए गए हैं। अनुजा निगम के परियोजना प्रबंधक राजेन्द्र कुमार पुरोहित ने बताया कि योजना में ऐसे आशार्थी जिनकी आयु 18 से 60 वर्ष के मध्य हो एवं जिनके परिवार की वार्षिक आय 3,00,000 रुपये से कम हो, को छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज दर पर लोन उपलब्ध करवाया जाएगा एवं नियमानुसार इकाई लागत का 50 प्रतिशत अथवा अधिकतम अनुदान राशि 50,000 रुपये स्वीकृत की जाएगी। आवेदक सिरोही जिले का मूल निवासी होना चाहिए तथा लोन एवं बैंक अथवा वित्तीय संस्था का अवधि पार लोन बकाया नही होना चाहिए। आशार्थियों का चयन जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में गठित अप्रेजल कमेटी द्वारा साक्षात्कार एवं मूल दस्तावेजों आदि की स्क्रीनिंग कर दिया जाएगा। लोन की वसूली 5 वर्ष में की जाएगी एवं लोन वसूली के लिए अग्रिम 20 चेक आदि प्रस्तुत करने होंगे। लोन लेने के इच्छुक व्यक्ति ऑनलाइन अनुजा निगम के पोर्टल पर ई-मित्र या स्वयं की एसएसओ आईडी के माध्यम से आवेदन की अंतिम तिथि 31 अक्तूबर से बढ़ाकर 30 नवम्बर 2024 तक कर दी गई है। आवेदक द्वारा लोन आवेदन पत्र के साथ जाति प्रमाण पत्र की प्रति, आधार कार्ड की प्रति (जन आधार प्लेटफार्म से सत्यापन), आवेदक के स्वयं के द्वारा सत्यापित वार्षिक आय प्रमाण पत्र, किसी भी बैंक या अन्य संस्था से ऋण नहीं होने का स्वयं द्वारा सत्यापित प्रमाण पत्र एवं जन आधार से लिंक खाता संख्या पास बुक की प्रति प्रस्तुत करनी होगी। recent visitors 137

बजरंग दल ने जनता से की अपील, दिवाली पर हिंदुओं की दुकान से ही सामान खरीदें, लगाए पोस्टर

 भोपाल / देवास  दिवाली से पहले मध्य प्रदेश के अलग-अलग शहरों में बजरंग दल ने पोस्टर लगाए हैं। पोस्टर को लेकर सियासत तेज हो गई है। राजधानी भोपाल से लेकर देवास तक में ऐसे पोस्टर लगाए गए हैं। यह होर्डिंग बजरंग दल के लोगों ने लगाए हैं। होर्डिंग देखकर इस पर सियासत तेज हो गई है। बजरंग दल ने लोगों से अपील की है कि दिवाली पर हिंदुओं की दुकान से ही सामान खरीदें। दिवाली को लेकर लगे हैं पोस्टर दरअसल, अलग-अलग चौक-चौराहों पर यह पोस्टर लगाए गए हैं। इसमें लिखा है कि अपना त्यौहार, अपनों से व्यवहार। दिवाली की खरीदी उनसे करे, जो आपकी खरीदी से दिवाली मना सके। इसके बाद नीचे लिखा है कि निवेदक बजरंग दल। ऐसे पोस्टर मध्य प्रदेश के अलग-अलग शहरों में दिख रहे हैं। बजरंग दल ने इसके जरिए यह संदेश देने की कोशिश की है कि यह हिंदुओं का त्यौहार है। आप हिंदुओं की दुकान से ही सामान खरीदें। हालांकि पहली बार एमपी में ऐसे पोस्टर सार्वजनिक रूप से लगाए गए हैं। इससे पहले बड़े पैमाने पर ऐसे पोस्टर नहीं लगे थे। देवास में भोपाल चौराहे पर यह होर्डिंग है। वहीं, भोपाल शहर में अलग-अलग जगहों पर होर्डिंग लगाई गई है। गौरतलब है कि मध्य प्रदेश में दिवाली को लेकर सीएम मोहन यादव ने भी अपील की है कि आप देसी दुकानों से सामान खरीदें। उन्होंने इसकी शुरुआत खुद से कर भी दी है। वह लोकल दुकानों से जाकर सामान की खरीदी कर रहे हैं। वहीं, बजरंग दल ने इसे अलग रंग दे दिया है। कांग्रेस ने की कार्रवाई की मांग हिंदुओं से ही सामान खरीदने की अपील वाले पोस्टर को कांग्रेस ने शर्मनाक और घटिया बताया है। कांग्रेस प्रदेश प्रवक्ता अवनीश बुंदेला ने सरकार से इस तरह के पोस्टर लगाने वाले खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है। अवनीश बुंदेला ने कहा कि विश्व हिंदू परिषद, बजरंग दल और बीजेपी तोड़ने की राजनीति कर रहे हैं। सब्जी, फूल का व्यापार करने वाले ज्यादातर दूसरे धर्म के लोग हैं, तो क्या ऐसे में भगवान को फूल चढ़ाना बंद कर दें? यह घटिया सोच का परिणाम है। कांग्रेस सनातन विरोधियों के साथ पोस्टर को शर्मनाक बताए जाने पर बीजेपी ने कांग्रेस पर पलटवार करते हुए उसे सनातन विरोधियों का समर्थक बताया है। बीजेपी प्रदेश प्रवक्ता अजय सिंह यादव ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि हिंदुओं की भावनाओं को आहत करने की कोशिश की जा रही है। कांग्रेस सनातन के खिलाफ बोलने वालों के साथ खड़ी है। सामाजिक संगठनों द्वारा इस तरह की अपील की जाना स्वाभाविक है। recent visitors 80