Wednesday, July 8, 2026 4:38 am

दिवाली से पहले बुझा घर का चिराग, कैथल में 2 बहनों का था इकलौता भाई, 12 साल बाद मन्नतों से हुआ था पैदा

कैथल हरियाणा के कैथल जिले में दिवाली से पहले एक परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। मायापुरी कॉलोनी के 12 वर्षीय हर्ष आलोक को खेलते समय अज्ञात वाहन ने टक्कर मार दी, जिससे उसकी मौत हो गई। मृतक हर्ष आलोक अपनी दो बहनों का इकलौता भाई था। वह 12 साल बाद मन्नतों से पैदा हुआ था और महज 12 साल की उम्र में इस दुनिया को छोड़ दिया। सदमे में परिवार मृतक के मामा ने बताया कि हर्ष आलोक आठवीं कक्षा में पढ़ता था। हर्ष आलोक अपनी नई स्कूटी चला रहा था तो किसी अज्ञात वाहन ने उसे टक्कर मार दी, जिसमें हर्ष आलोक की जान चली गई। इस हादसे के बाद से पूरा परिवार सदमे में है। वहीं लड़के के पिता अपने बेटे के मरने का सदमा सहन नहीं कर पा रहे जोकि बार-बार बेहोश हो रहे है। दिवाली से पहले मिले इस सदमे ने पूरे परिवार को तोड़कर रख दिया। जांच में जुटी पुलिस जांच अधिकारी पारस कुमार ने बताया कि शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों को सौंप दिया। फिलहाल मामले की जांच की जा रही है, जिसमें बच्चे को टक्कर मारने वाले अज्ञात वाहन का पता लगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। recent visitors 158

राजधानी वासियों के साथ मुख्यमंत्री साय ने लगाई राष्ट्र की एकता, अखंडता की दौड़

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने राजधानी रायपुर के तेलीबांधा तालाब में राजधानी वासियों के साथ राष्ट्र की एकता, अखंडता के लिए दौड़ लगाई। इस मौके पर उन्होंने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती के अवसर पर आयोजित रन फॉर यूनिटी हम सभी को एकजुट होकर आगे बढ़ाने की प्रेरणा देता है। मुख्यमंत्री ने इस दौरान एकता दौड़ को झंडी दिखाकर रवाना किया। मुख्यमंत्री के साथ कैबिनेट मंत्री श्री राम विचार नेताम,  मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल, श्री टंकराम वर्मा, मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, विधायक सर्वश्री पुरंदर मिश्रा, श्री मोतीलाल साहू, गुरु खुशवंत साहेब ने भी एकता दौड़ लगाई। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रन फॉर यूनिटी कार्यक्रम में लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल का पुण्य स्मरण करते हुए अपने संबोधन की शुरूआत की। उन्होंने कहा कि ब्रिटिश शासन के दौरान सरदार पटेल ने अंग्रेजों के खिलाफ कई बड़े आंदोलनों का नेतृत्व किया। स्वतंत्रता के बाद उन्हीं के प्रयासों से रियासतों को एक करके उन्हें स्वतंत्र भारत में शामिल किया गया। श्री साय ने कहा कि सरदार पटेल ने भारत की अखंडता अक्षुण्ण बनाए रखने के लिए अपना जीवन समर्पित किया। उन्होंने कहा कि रन फॉर यूनिटी सभी लोगों को एकजुट होकर आगे बढने की प्रेरणा देता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल ने जिस संकल्प और साहस के साथ राष्ट्र को एकजुट किया, वह हम सभी के लिए प्रेरणादायी है। रन फॉर यूनिटी के आयोजन का उद्देश्य फिटनेस के मंत्र को भी देशभर में फैलाना है। सभी स्वस्थ रहेंगे तो देश अपनी पूरी ऊर्जा के साथ विकास के रास्ते पर तेजी से आगे बढ़ पाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने सभी को धनतेरस, दीपावली, राज्य स्थापना, अन्नकूट और छठ महापर्व की शुभकामनाएं दी। मंत्री श्री राम विचार नेताम ने सभी को राष्ट्रीय एकता दिवस दिवस की शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि यह पावन दिन हमें अपने देश की एकता अखंडता को बनाये रखने की प्रेरणा देता है। सरदार वल्लभ भाई पटेल के योगदान को हम भारतवासी कभी नहीं भूल सकते। खेल मंत्री श्री टंकराम वर्मा ने कहा कि रन फॉर यूनिटी देश की एकता, अखंडता और सुरक्षा का संदेश देता है। सरदार पटेल ने देश की अखंडता के लिए 500 से अधिक रियासतों को एक बनाया। उन्होंने कहा कि हमारे देश के यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने 2047 तक विकसित भारत बनाने का जो लक्ष्य रखा है, इसे पूरा करने के लिए हम सभी मिलकर आगे बढ़े। गौरतलब है कि इस वर्ष दीपावली के उत्सव को देखते हुए 29 अक्टूबर को ही राष्ट्रीय एकता दिवस और रन फॉर यूनिटी का आयोजन किया गया। recent visitors 53

यहां से प्रशिक्षण लेकर स्वरोजगार की तरफ अग्रसर होंगे छत्तीसगढ़ के युवा : स्वास्थ्य मंत्री जायसवाल

रायपुर  प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने राष्ट्रीय आयुर्वेद दिवस पर वर्चुअल माध्यम से रायपुर में बनने वाले 100 बिस्तरों वाले केंद्रीय योग और प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान संस्थान का शिलान्यास किया।प्रधानमंत्री श्री मोदी अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान, नई दिल्ली से वर्चुअल माध्यम से रायपुर से जुड़े थे। श्री मोदी ने कहा कि देश के लोग जितना ज्यादा स्वस्थ रहेंगे, देश की प्रगति उतनी ही तेजी से होगी। पूरी दुनिया के लोग योग और पंचकर्म के लिए भारत आते हैं और आने वाले समय में इनकी संख्या और बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि भारत सरकार स्वास्थ्य के क्षेत्र में संवेदनशीलता के साथ काम रही है। केंद्रीय योग और प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान संस्थान रायपुर को केन्द्रीय योग और प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान परिषद् (सीसीआरवायएन) के तहत स्थापित किया जा रहा है। 90 करोड़ रूपए की लागत से इस संस्थान का निर्माण 24 माह में पूरा होगा। राज्य सरकार ने इस संस्थान के लिए 10 एकड़ की भूमि विभाग को उपलब्ध करा दी है। यह छत्तीसगढ़ का पहला योग और प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान केंद्र और अस्पताल होगा जो गैर संचारी रोगों जैसे मोटापा, प्रीडायबिटीज, मेटाबोलिक सिंड्रोम, व गठिया आदि के  उपचार की सुविधा प्रदान करेगा। अनुसंधान केन्द्र में बाह्य रोगी और प्रशासनिक ब्लॉक, आंतरिक रोगी ब्लॉक, स्टाफ क्वार्टर, योग हॉल, आहार केन्द्र, मालिश और फिजियोथेरेपी अनुभाग के साथ ही अनुसंधान ब्लॉक भी स्थापित होंगे। यह केन्द्र स्पा और वेलनेस थेरेपी में प्रशिक्षण प्रमाणन पाठ्यक्रम और अनुसंधान में फेलोशिप पाठ्यक्रम संचालित करेगा। केंद्र में वेलनेस थिरेपी में प्रशिक्षण प्रमाणन पाठ्यक्रम और अनुसंधान में फेलोशिप पाठ्यक्रम का भी संचालन होगा। इस संस्थान के शुरू होने से योग और प्राकृतिक चिकित्सा के प्रभावों के बारे में नए ज्ञान का विकास होगा। इस मौके पर स्वास्थ्य मंत्री श्री श्याम बिहारी जायसवाल ने अपने संबोधन में कहा कि भारत देश अपनी पुरानी पद्धतियों को संजोकर लगातार आगे बढ़ रहा है। श्री जायसवाल ने कहा कि आज धनतेरस के अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने राज्य को केंद्रीय योग और प्राकृतिक चिकित्सा अनुसंधान संस्थान के रूप में जो उपहार दिया है उसे हम और हमारी आने वाली पीढि?ां भी याद करती रहेंगी। उन्होंने कहा कि इस अनुसंधान केंद्र के स्थापित हो जाने के बाद राज्य के युवाओं को स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। युवा यहां से प्रशिक्षण प्राप्त कर सक्षम बनेंगे और स्वरोजगार को बढ़ावा देंगे। उन्होंने कहा कि भारत देश योग और आयुर्वेद में सदैव अग्रणी रहा है और इस तरह के अनुसंधान केंद्रों के खुलने से इस परंपरा को और बढ़ावा मिलेगा। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय छत्तीसगढ़ के चतुमुर्खी विकास के लिए लगातार काम कर रहे हैं। राज्य की स्वास्थ्य सुविधाओं में विस्तार ,मुख्यमंत्री की प्राथमिकताओं में शामिल है। रायपुर के डीडीयू आॅडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम के दौरान सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल, विधायक श्री पुरंदर मिश्रा, विधायक श्री खुशवंत साहेब, विधायक श्री मोती लाल साहू, आयुष विभाग के अधिकारी एवं आयुर्वेद कॉलेज के विद्यार्थी उपस्थित थे। 0000 recent visitors 71

दमघोंटू हुई हवा, देश के 32 सबसे प्रदूषित शहरों में 11 हरियाणा के, दिवाली से पहले मंडराया खतरा

हरियाणा मौसम में बदलाव के चलते दिवाली से पहले ही दिल्ली से सटे शहरों में हवा दमघोंटू बन रही है। शहरों पर स्मॉग की चादर छाने लगी है। देश के 32 प्रदूषित शहरों में 11 अकेले हरियाणा के हैं। हरियाणा में भिवानी सबसे अधिक प्रदूषित रहा। यहां का एक्यूआई 283 दर्ज किया गया। इसी तरह, सोनीपत में 272, रोहतक 254, गुरुग्राम 239, कैथल 233, हिसार 225, करनाल 215, कुरुक्षेत्र 214, फरीदाबाद 208, सिरसा 209 और जींद में 207 रहा। क्या कहना है मौसम विभाग का मौसम विभाग के अनुसार अगले सात दिनों तक इस हालत में बदलाव आने लायक कोई मौसमी स्थिति नहीं बन रही है। चार दिन बाद दिवाली को देखते हुए हालात और खराब हो सकते हैं। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) का पूर्वानुमान है कि सोमवार और मंगलवार को दो दिन तक यही स्थिति बनी रह सकती है। बुधवार से हवा गंभीर श्रेणी में पहुंचने की आशंका है। मौसम विशेषज्ञों के अनुसार इस दिन से हवा में पटाखों की हिस्सेदारी बढ़ेगी। इससे वायु गुणवत्ता खराब होगी।   पराली जलने के मामलों में नहीं आ रही कमी प्रदूषण के बढ़ने के बावजूद पराली जलने के मामलों में कमी नहीं आ रही। हरियाणा में पराली जलने के कुल मामलों में 700 का आंकड़ा पार कर लिया। रविवार को 14 नए मामले आए। पराली जलाने वाले 9 किसानों की रेड एंट्री की गई है। अभी तक राज्य में कुल 441 किसानों की मेरी फसल मेरा ब्योरा पोर्टल पर रेड एंट्री हो चुकी है, जो दो सीजन तक एमएसपी पर अपनी फसल नहीं बेच सकेंगे। नाै किसानों पर पुलिस ने एफआईआर भी दर्ज की गई है। recent visitors 62

मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों को धनतेरस पर्व की बधाई और शुभकामनाएं दी

रायपुर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने आज यहाँ अपने निवास कार्यालय में आरोग्य के देवता भगवान धन्वंतरि की पूजा अर्चना कर प्रदेशवासियों के निरोगी एवं सुखमय जीवन की कामना की। उन्होंने  प्रदेशवासियों को धनतेरस पर्व की बधाई और शुभकामनाएं दी। इस मौके पर श्री साय ने कहा कि समृद्धि व ऐश्वर्य के लिए धन के देवता कुबेर और आरोग्य के लिए भगवान धन्वंतरि की पूजा की जाती है। उन्होंने कहा कि दीपावली का पर्व सभी के लिए सुख-समृद्धि लेकर आए और भगवान धन्वंतरि सभी को आरोग्य प्रदान करें। recent visitors 55

प्रधानमंत्री मोदी की पहल पर आरंभ “रन फॉर यूनिटी” देश की एकता, स्वास्थ्य और फिटनेस के संकल्प को दर्शाती है : मुख्यमंत्री डॉ. यादव

सरदार पटेल के उद्दात और विराट व्यक्तित्व को समाज में पुनर्स्थापित कर रही है रन फॉर यूनिटी : मुख्यमंत्री डॉ. यादव सरदार पटेल ने रियासतों का विलय कराकर देश को वर्तमान स्वरूप प्रदान किया : मुख्यमंत्री डॉ. यादव प्रधानमंत्री मोदी की पहल पर आरंभ "रन फॉर यूनिटी" देश की एकता, स्वास्थ्य और फिटनेस के संकल्प को दर्शाती है  : मुख्यमंत्री डॉ. यादव मुख्यमंत्री ने सरदार पटेल के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर दिलाई राष्ट्रीय एकता की शपथ मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने रन फॉर यूनिटी को झंडी दिखाकर किया रवाना लौह पुरूष भारत रत्न सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती पर टी.टी. नगर स्टेडियम में हुआ कार्यक्रम भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में लौह पुरुष भारत रत्न सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती पर राष्ट्रीय एकता, स्वास्थ्य और फिटनेस के संकल्प को दर्शाती "रन फॉर यूनिटी" की पहल अभूतपूर्व है। स्वतंत्रता के साथ ही सरदार पटेल ने देश के स्वास्थ्य की सर्वाधिक चिंता की। विभिन्न रियासतों द्वारा अपनाए गए विपरीत विचारों के बावजूद दो साल से भी कम समय में रियासतों का विलय कराकर सरदार पटेल ने देश को वर्तमान स्वरूप प्रदान किया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सरदार वल्लभ भाई पटेल के उद्दात और विराट व्यक्तित्व को समाज में पुनर्स्थापित करने के लिए देश को "रन फॉर यूनिटी" का विचार प्रदान किया। मुख्यमंत्री डॉ. यादव भारत की अखंडता को समर्पित लौह पुरुष सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती के उपलक्ष्य में तात्या टोपे नगर स्टेडियम में आयोजित "रन फॉर यूनिटी" कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने सरदार पटेल के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उपस्थितजन को राष्ट्रीय एकता की शपथ दिलाई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कार्यक्रम में सहभागिता कर रहे ऊर्जावान युवाओं को झंडी दिखाकर रवाना किया। कार्यक्रम में विधायक भगवान दास सबनानी, भोपाल महापौर श्रीमती मालती राय, मुख्य सचिव अनुराग जैन, अपर मुख्य सचिव राजेश राजौरा सहित जन-प्रतिनिधि, अधिकारी तथा बड़ी संख्या में युवा उपस्थित थे। खेल एवं युवक कल्याण मंत्री विश्वास सारंग ने कहा कि सरदार वल्लभ भाई पटेल ने देश को एक करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। पृथक मत रखने वाले राजे-राजवाड़ों से संघर्ष किया और देश को वर्तमान स्वरूप प्रदान किया। "रन फॉर यूनिटी" कार्यक्रम देश की एकता और अखंडता को कायम रखने के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराने का अवसर है। सासंद वी.डी. शर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में विकास और जन-कल्याण की गतिविधियों के साथ ही राज्य शासन द्वारा शस्त्र पूजा और गोवर्धन पूजा जैसे आयोजनों से भारतीय सांस्कृतिक परिवेश समृद्ध हो रहा है। "रन फॉर यूनिटी" के अंतर्गत प्रतिभागी टी.टी. नगर स्टेडियम से कमला नेहरू स्कूल, न्यू मार्केट, रोशनपुरा से होते हुए टी.टी. नगर स्टेडियम पहुंचे।   recent visitors 63

धनतेरस पर खूब बरसा धन, 60 हजार करोड़ का कोराबार की आश

नई दिल्ली धनतेरस का त्योहार आज देशभर में धूमधाम से मनाया जा रहा है और इस दौरान व्यापारियों की जोरदार बिक्री हो रही है. कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के मुताबिक इस साल धनतेरस पर लगभग 60 हज़ार करोड़ रुपए के कारोबार होने का अनुमान लगाया गया है. लोगों ने सोने-चांदी के गहनों, बर्तनों, कपड़ों, इलेक्ट्रॉनिक्स और वाहनों की ख़रीदारी की फैस्टिव सीजन मे सोने-चांदी की बिक्री में भी तेज़ी आ गई हैै, जिसमें अब तक 20 हजार करोड़ रुपए का सोना और 2500 करोड़ रुपए की चांदी बिकी है. वोकल फॉर लोकल का दिखा असर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वोकल फॉर लोकल अभियान का असर बाज़ारों में साफ नज़र आ रहा आ रहा है.इस साल मैक्सिमम लोग भारतीय सामान ख़रीदते हुए नजर आ रहे है जिसके कारण चीनी सामान की बिक्री घट गई और चीन को क़रीब 1.25 लाख करोड़ रुपए का नुकसान हुआ. कन्फ़ेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) जो व्यापारियों का संगठन है उसने व्यापारियों से अपील की कि वे कुम्हारों, कारीगरों और स्थानीय लोगों द्वारा बनाए गए सामान को ख़रीदकर उनकी मदद करें, ताकि वे भी दिवाली खुशी से मना सकें. खरीदारी का रिवाज धनतेरस पर खरीदारी करने की परंपरा चली आ रही है इस दिन सोना-चांदी, बर्तन, वाहन, मोबाइल, कपड़े और फर्नीचर जैसी चीज़ें ख़रीदना शुभ माना जाता है.साथ ही, इस दिन झाड़ू ख़रीदने का भी प्राचीन रिवाज है. कुम्हारों से मिट्टी के दीये और सजावट का सामान ख़रीदकर लोग वोकल फॉर लोकल अभियान को आगे बढ़ाने मे मदद कर रहे हैं. 80 हजार से अधिक सोने का भाव देश में लगभग चार लाख छोटे और बड़े ज्वेलर्स काम करते हैं. भारतीय मानक ब्यूरो में 2 लाख ज्वेलर्स पंजीकृत हैं जिन्होंने आज लगभग 25 टन सोने की बिक्री की जिसका मूल्य 20 हज़ार करोड़ रुपये तथा इसी तरह देश भर में 250 टन चांदी बिकी, जिसकी कीमत लगभग 2,500 करोड़ रुपये है।पिछले वर्ष सोने का भाव 60 हजार रुपये प्रति 10 ग्राम था, जो अब 80 हजार से अधिक है, और चांदी का भाव पिछले वर्ष 70 हजार था, जो अब 1 लाख पहुंच गया है. इसलिए, वजन में बिक्री कम होने के बावजूद भी मुद्रा के रूप में बिक्री बढ़ी है।इसके अलावा पुराने चांदी के सिक्के की भी जबरदस्त मांग रही जो लगभग पूरे देश में 1200 से 1300 प्रति नग बिका. अगर आप गांव या अन्य कहीं से शहर में खरीदारी करने आ रहे हैं तो घंटाघर आएं। इस जगह से चारों तरफ का बाजार नजर आएगा। वहीं, बलदाऊ चौक, स्टेशन रोड, माहिल तालाब, जिला परिषद, कालपी स्टैंड में भी दुकानें सज गईं हैं। इलेक्ट्राॅनिक की दुकानों पर ऑटोमैटिक वाशिंग मशीन, फ्रिज, एलसीडी, फर्नीचर में दीवान, पलंग, सोफे, सराफा दुकानों में गणेश लक्ष्मी के सिक्के, आभूषण और मूर्ति, घंटी, आरती की थाली, पूजा का सामान, पीतल का लोटा, बोतल, कढ़ाई, इलेक्ट्रॉनिक्स दीपक बाजार की रौनक बढ़ा रहे हैं। घर को सजाने के लिए इलेक्ट्रॉनिक झूमर भी मिल रहे हैं। बाइक, कार और ज्वैलरी की होगी अधिक खरीद हीरो एजेंसी के संचालक शरद महेश्वरी ने बताया कि धनतेरस को लेकर उनकी एजेंसी पर करीब 200 की बुकिंग है। अगर जिले की सभी कंपनी की बात करें तो करीब एक हजार गाड़ी की खरीदारी धनतेरस पर होगी। बाइक से 15 से 17 करोड़ का कारोबार होने वाला है। फर्नीचर व इलेक्ट्रॉनिक दुकानदार नितिन सिंह ने बताया कि जिले भर में 100 के करीब दुकानें हैं। इनमें दस से 12 करोड़ का कारोबार होने की उम्मीद है। वहीं, ट्रैक्टर एजेंसी संचालक राकेश अग्रवाल ने बताया कि इस बार 15 ट्रैक्टर बिकने की उम्मीद है। पांच करोड़ तक का कारोबार हो सकता है। बर्तन दुकानदार दीपक गुप्ता ने बताया कि जिले भर में अनुमानित एक से डेढ़ करोड़ का कारोबार होगा। कार और आभूषणों का कारोबार करीब दस करोड़ तक हो सकता है। वहीं छोटे से लेकर बड़े दुकानदारों का कारोबार करीब 60 करोड़ होगा। घंटाघर पर मिलेंगे दीप और गणेश-लक्ष्मी की मूर्ति शहर के घंटाघर में दीपों की आधा दर्जन दुकानें सजाई गई हैं। संदीप प्रजापति ने बताया कि इस बार दीपक स्टैंड भी बाजार में आए हैं। इसमें सात दीपक एक साथ रखे जा सकेंगे, इसकी कीमत 100 रुपये हैं। सादे दीपक 20 रुपये के 25 मिल रहे हैं। कई प्रकार के नए दीप आए हैं। इनकी कीमत 10 रुपये से लेकर 50 रुपये है। भगवान की मूर्तियां भी कोलकाता से आई हैं। इसकी कीमत 100 रुपये से लेकर पांच हजार तक है। रीना गुप्ता ने बताया कि गणेश-लक्ष्मी की सजी मूर्तियों की कीमत 100 रुपये से दो हजार के बीच है। इस बार कोलकाता, कालपी, कानपुर की मूर्ति कई खासियत समेटे हैं। भगवान की छोटी मूर्ति की कीमत बीस रुपये से लेकर 1100 रुपये तक की है। इसमें कई प्रकार की मूर्ति हैं। कुछ मूर्ति कवर्ड के अंदर हैं। जो रोशनी करती हैं। भगवान के वस्त्र बेचने वाले शिवम बताते हैं। बाजार में पिछली बार से इस बार खूब भीड़ देखने को मिल रही है। वस्त्र भी कई नए आए हैं। जिससे भगवान जी अच्छे दिखेंगे। जिसमें पगड़ी बीस रुपये से लेकर 50 रुपये तक की है। पोशाक 100 रुपये से लेकर एक हजार तक की है। माला दस रुपये से 200 रुपये तक की है। चुनरी दस से 100 रुपये तक की है। कुबेर यंत्र 50 रुपये से 500 तक का है। श्रीयंत्र दस से 50 तक का है। कुछ स्टीकर आए हैं, जिसमें यंत्र बने हैं। जिनकी कीमत बीस रुपये से लेकर 200 रुपये तक की है। मिठाई, रंगोली, पटाखे भी खूब बिके मिठाई नमकीन की दुकान लगाए सागर बताते हैं कि इस बार स्वाद न बिगड़े इसलिए अच्छे पकवान बनाए गए हैं। नमकीन 250 से लेकर 500 रुपये, बालूशाही 200 रुपये से 300 रुपये, इमरती 250 रुपये से 300 रुपये, रंगोली बेचने वाले दुकानदार इरफान ने बताया कि छलनी बीस रुपये से लेकर 100 रुपये तक है। रंगोली में भरे जाने वाले रंग दस रुपये के 100 ग्राम हैं। खील 120 रुपये किलो, लइया 80 रुपये किलो, इलाइची दाना 40 रुपये से लेकर 60 रुपये तक के पैकेट में बिक रहे हैं। बिजली से चलने वाले पटाखे दिवाली पर नए कपड़े पहनने की होड़ छोटे से लेकर बड़े में … Read more