Saturday, July 4, 2026 10:18 pm

Amazon-Flipkart पर ED की बड़ी कार्रवाई, 16 ठिकानों पर मारी रेड

नई दिल्ली  प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने गुरुवार को कथित मनी लॉन्ड्रिंग गतिविधियों को लेकर अमेज़न और फ्लिपकार्ट सहित ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म से जुड़े देश भर के कई विक्रेताओं के यहां छापे मारे। केंद्रीय एजेंसी ने इन विक्रेताओं से संबंधित कम से कम 15 से 16 ठिकानों पर छापेमारी की है। आधिकारिक सूत्रों ने बताया कि प्रवर्तन निदेशालय ने गुरुवार को विदेशी मुद्रा प्रबंधन अधिनियम (फेमा) जांच के तहत अमेजन और फ्लिपकार्ट जैसी ई-कॉमर्स दिग्गज कंपनियों पर कारोबार करने वाले कुछ विक्रेताओं के खिलाफ छापेमारी की। सूत्रों ने बताया कि यह कार्रवाई कुछ पसंदीदा विक्रेताओं के वित्तीय लेन-देन से संबंधित है, जो अमेज़न और फ्लिपकार्ट जैसे ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के माध्यम से व्यापार करते हैं। फेमा के तहत की जा रही इस जांच के संबंध में दिल्ली, गुरुग्राम (हरियाणा), हैदराबाद (तेलंगाना) और बेंगलुरु (कर्नाटक) में कई स्थानों पर तलाशी ली गई। दरअसल, भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग की एंटीट्रस्ट जांच में पाया गया है कि अमेजन और फ्लिपकार्ट ने चुनिंदा विक्रेताओं को तरजीह देकर, कुछ लिस्टिंग को प्राथमिकता देकर और उत्पादों पर भारी छूट देकर स्थानीय प्रतिस्पर्धा कानूनों का उल्लंघन किया, जिससे अन्य कंपनियों को नुकसान हुआ। ईडी अमेज़न और फ्लिपकार्ट जैसे ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म के संभावित दुरुपयोग की जांच कर रहा है, जो अवैध वित्तीय प्रथाओं में शामिल हो सकते हैं। अवैध वित्तीय गतिविधियों मं  भी लिप्त होने की सबसे अधिक संभावना है।   recent visitors 53

औचक छापेमारी कर देह व्यापार के धंधे का पर्दाफाश करते हुए 10 लड़के-लड़कियों को आपत्तिजनक हालत में किया गिरफ्तार

रूपनगर रूपनगर में देह व्यापार के धंधे पर्दाफाश हुआ है। सदर पुलिस ने गुप्त सूचना के आधार पर औचक छापेमारी कर देह व्यापार के धंधे का पर्दाफाश करते हुए 2 होटलों से 10 लड़के-लड़कियों को आपत्तिजनक हालत में गिरफ्तार किया है। सदर पुलिस ने 3 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज कर लिया गया है और बाकी के खिलाफ जांच जारी है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, रूपनगर के ख्यासपुरा गांव के पास हाईवे पर सदर पुलिस ने एक गुप्त सूचना मिलने पर 2 होटलों में औचक छापेमारी की, जहां से 10 लड़के-लड़कियों को आपत्तिजनक हालत में बरामद किया गया। SHO थाना सदर सिमरनजीत सिंह ने बताया कि पुलिस ने अब तक 3 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है, जबकि लड़कियों को मेडिकल जांच के लिए सिविल अस्पताल रूपनगर भेज दिया गया है और मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि पुलिस को लंबे समय से रूपनगर-नंगल हाईवे पर चल रहे कुछ होटलों में देह व्यापार के धंधे की शिकायत मिल रही थी, लेकिन कल पुख्ता सूचना के बाद पुलिस टीमों ने मौके पर जाकर छापेमारी की और सफलता हासिल की है। recent visitors 61

एक निजी विमानन कंपनी द्वारा भुवनेश्वर से हैदराबाद के लिए संचालित उनकी उड़ान दो बार हुई रद्द यात्रियों ने विरोध प्रदर्शन किया

हैदराबाद हैदराबाद के लिए निर्धारित एक उड़ान के दो बार रद्द होने को लेकर कई यात्रियों ने बृहस्पतिवार को यहां बीजू पटनायक अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे (बीपीआईए) पर विरोध प्रदर्शन किया। कई यात्रियों ने दावा किया कि उड़ान रद्द होने के कारण उनके निर्धारित कार्यक्रम बाधित हुए हैं। प्रदर्शनकारी यात्रियों के अनुसार, एक निजी विमानन कंपनी द्वारा भुवनेश्वर से हैदराबाद के लिए संचालित उनकी उड़ान बुधवार को रद्द कर दी गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें बताया गया था कि बृहस्पतिवार को उड़ान का समय पुनर्निर्धारित किया गया है, लेकिन इसे फिर से रद्द कर दिया गया, जिससे उन्हें असुविधा हुई। यात्रियों ने यह भी आरोप लगाया कि हवाई अड्डे के अधिकारियों ने उन्हें उड़ान रद्द होने के संबंध में किसी विशेष कारण के बारे में सूचित नहीं किया है। ​​​​​​​बीपीआईए, भुवनेश्वर के निदेशक प्रसन्ना प्रधान ने कहा कि तकनीकी समस्याओं के कारण बृहस्पतिवार को हैदराबाद से उड़ान के आगमन में देरी हुई। प्रधान ने कहा, ‘‘बृहस्पतिवार को सुबह 11:15 बजे विमान भुवनेश्वर में उतरा और गंतव्य के लिए उड़ान भरने के लिए तैयार है। तकनीकी समस्याओं के मामले में सुरक्षा पहली एवं सबसे बड़ी प्राथमिकता है और यात्रियों को देरी के कारणों को स्वीकार करना चाहिए।'' recent visitors 61

सब्जियों की बढ़ती कीमतों ने बढ़ाई घर के खाने की लागत, शाकाहारी थाली महंगी

Rising prices of vegetables increase the cost of home food, vegetarian thali becomes expensive अक्टूबर में सब्जियों की कीमतों में वृद्धि के कारण घर में बना शाकाहारी और मांसाहारी खाना महंगा हो गया है। रेटिंग एजेंसी क्रिसिल की रिपोर्ट के अनुसार, शाकाहारी थाली की कीमत पिछले साल की तुलना में 20% बढ़कर 33.3 रुपये प्रति प्लेट तक पहुंच गई है, जो सितंबर के 31.3 रुपये प्रति प्लेट से अधिक है। इस बढ़ोतरी का मुख्य कारण सब्जियों की कीमतों में उछाल है। आइए जानते हैं कि आखिर शाकाहारी और मांसाहारी थाली की कीमतों में यह इजाफा क्यों हुआ। क्रिसिल की रिपोर्ट के अनुसार अक्टूबर में प्याज की कीमतें सालाना आधार पर 46 फीसदी बढ़ीं, जबकि आलू की कीमतें 51 फीसदी बढ़ीं, जिसका मुख्य कारण लगातार बारिश होना है, जिसके कारण आवक कम हुई आलू-प्याज-टमाटर ने बढ़ाई महंगाई रिपोर्ट के अनुसार मासिक ‘रोटी चावल दर’ रिपोर्ट के अनुसार, अक्टूबर में प्याज की कीमतें सालाना आधार पर 46 फीसदी बढ़ीं, जबकि आलू की कीमतें 51 फीसदी बढ़ीं, जिसका मुख्य कारण लगातार बारिश होना है, जिसके कारण आवक कम हुई और महाराष्ट्र और कर्नाटक में फसल भी प्रभावित हुई. रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि टमाटर की कीमतें एक साल पहले की समान अवधि के 29 रुपए प्रति किलोग्राम से दोगुनी होकर 64 रुपए प्रति किलोग्राम हो गई हैं, क्योंकि बारिश के कारण आवक प्रभावित हुई है. रिपोर्ट में कहा गया है कि मध्य प्रदेश, राजस्थान और हिमाचल प्रदेश से आपूर्ति शुरू होने के साथ नवंबर से इस जिंस (टमाटर) की कीमतें स्थिर होने की संभावना है. ये भी है महंगाई का कारण रिपोर्ट में कहा गया है कि सब्जियों की कीमतों का कुल थाली लागत में 40 प्रतिशत भारांश होता है और इसलिए उतार-चढ़ाव ने कुल लागत को प्रभावित किया. रिपोर्ट में कहा गया है कि शाकाहारी थाली में 11 प्रतिशत भार वाली दालों की कीमतों में इस महीने के दौरान 11 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जिसका कारण शुरुआती स्टॉक में कमी, स्टॉक पाइपलाइन में कमी और त्योहारी मांग का होना है. रिपोर्ट में कहा गया है कि नई आवक के कारण दिसंबर से कीमतों में गिरावट आने की उम्मीद है. रिपोर्ट में कहा गया है कि ईंधन की लागत में सालाना आधार पर 11 प्रतिशत की गिरावट ने भोजन की लागत में उछाल को रोकने में मदद की. मांसाहारी थाली में मामूली इजाफा वहीं दूसरी ओर मांसाहारी थाली की महंगाई को लेकर भी रिपोर्ट में ज्यादा चिंता व्यक्त नहीं की गई है. मांसाहारी थाली के मामले में, ब्रॉयलर की कीमतों में 9 प्रतिशत की गिरावट, जो कि थाली की लागत का आधा हिस्सा है, ने लागत में अपेक्षाकृत धीमी वृद्धि की. रिपोर्ट के अनुसार घर में बनी मांसाहारी थाली की कीमत अक्टूबर में 61.6 रुपये रही, जबकि एक महीने पहले इसी अवधि में यह 59.3 रुपये और एक साल पहले इसी अवधि में 58.6 रुपए थी. रिपोर्ट में कहा गया है कि मांसाहारी थाली की लागत में 22 प्रतिशत हिस्सा सब्जियों की कीमतों का भी रहा. recent visitors 191

लाहौल-स्पीति जिला के ताबो और कुकुमसेरी में गुरूवार को न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे दर्ज किया गया

शिमला हिमाचल प्रदेश में ठंड का कहर बढ़ता जा रहा है। जनजातीय और उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में जहां पारा माइनस में पहुंच गया है, वहीं मैदानी इलाकों में घना कोहरा छाने से दृश्यता पर असर पड़ा है। लाहौल-स्पीति जिला के ताबो और कुकुमसेरी में गुरूवार को न्यूनतम तापमान शून्य से नीचे दर्ज किया गया। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला की रिपोर्ट के मुताबिक ताबो में न्यूनतम तापमान सबसे कम -1.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। इसी जिले के कुकुमसेरी में पहली बार पारा शून्य से नीचे -0.4 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड हुआ। लाहौल-स्पीति में पारे के शून्य से नीचे पहुंचने से नदी-नालों और झरनों का पानी जमना शुरू हो गया है। उधर, मैदानी हिस्सों की बात करें तो पूर्वान्ह करीब 11 बजे तक कई स्थानों पर घना कोहरा छाने से लोग परेशान हो रहे हैं। बिलासपुर में आज सुबह कोहरे से बिजिविलिटी गिरकर 50 मीटर रह गई। इसी तरह सुंदरनगर में विजिलिविटी 200 मीटर रही। 11 नवंबर को बारिश-बर्फबारी का अनुमान मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के मुताबिक आगामी 10 नवंबर तक राज्य भर में मौसम साफ बना रहेगा। 11 नवंबर को मध्यवर्ती व उच्च पर्वतीय क्षेत्रों में बारिश व बर्फबारी होने के आसार हैं। 12 व 13 नवंबर को मौसम के फिर शूष्क रहने का अनुमान है। शिमला और डल्हौजी सहित 10 शहरों का पारा गिरा मौसम विभाग की रिपोर्ट के अनुसार बीते 24 घंटों के दौरान 10 शहरों के न्यूनतम तापमान में गुरूवार को गिरावट दर्ज की गई। हिल्स स्टेशन शिमला और डल्हौजी का पारा भी गिरा है। इसी तरह नाहन, बिलासपुर, चंबा, कुकुमसेरी, सियोबाग, बरठीं, पांवटा साहिब और सराहन के तापमान में गिरावट आई है। शिमला में न्यूनतम तापमान 10.4 डिग्री, सुंदरनगर में 11.1 डिग्री, भुंतर में 9.4 डिग्री, कल्पा में 6.5 डिग्री, धर्मशाला में 13.5 डिग्री, उना में 11.6 डिग्री, नाहन में 15.9 डिग्री, केलांग में 4.6 डिग्री, पालमपुर में 10.5 डिग्री, सोलन में 11.5 डिग्री, मनाली में 8.3 डिग्री, कांगड़ा में 13.2 डिग्री, मंडी में 14.7 डिग्री, बिलासपुर में 14.5 डिग्री, हमीरपुर में 13.2 डिग्री, चंबा में 11.7 डिग्री, डल्हौजी में 10.5 डिग्री, जुब्बड़हट्टी में 13.4 डिग्री, कुफरी में 9.9 डिग्री, नारकंडा में 8.4 डिग्री, भरमौर में 11.4 डिग्री, रिकांगपिओ में 8.9 डिग्री, सियोबाग में 6.7 डिग्री, धौलाकूआं में 15.9 डिग्री, बरठीं में 12.8 डिग्री, पांवटा साहिब में 18 डिग्री, सराहन में 13 डिग्री और मशोबरा में 10.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। recent visitors 65

मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी कहे जाने वाले इंदौर में मेट्रो रेल का बरसों पुराना इंतजार साल 2025 की शुरुआत में खत्म होगा

 इंदौर मध्यप्रदेश की आर्थिक राजधानी कहे जाने वाले इंदौर में मेट्रो रेल का बरसों पुराना इंतजार वर्ष 2025 की शुरुआत में खत्म हो सकता है। मध्यप्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के एक अधिकारी ने बुधवार को यह जानकारी देते हुए बताया कि शुरुआत में शहर के गांधी नगर स्टेशन से सुपर कॉरिडोर के स्टेशन क्रमांक-तीन के बीच 5.9 किलोमीटर के सर्वोच्च प्राथमिकता वाले खंड पर मेट्रो रेल चलाई जाएगी। यहां सितंबर 2023 में इसका प्रायोगिक परीक्षण (ट्रायल रन) किया गया था। ट्रायल पूरा होते ही सौंपी जाएगी रिपोर्ट अधिकारी ने पीटीआई-भाषा को बताया कि हम इस मार्ग पर नये साल की शुरुआत में मेट्रो रेल के वाणिज्यिक परिचालन के आगाज की कोशिश में जुटे हुए हैं। इसके लिए मार्ग पर हमारे अलग-अलग परीक्षण जारी हैं। उन्होंने बताया कि मध्यप्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ये परीक्षण पूरे होते ही मेट्रो रेल सुरक्षा आयुक्त (सीएमआरएस) को अपनी रिपोर्ट सौंप देगा। इसके बाद सीएमआरएस का दल इस मार्ग का निरीक्षण करके इंतजामों का जायजा लेगा। इनकी हरी झंडी मिलते ही शुरू होगा परिचालन अधिकारी ने बताया कि सीएमआरएस की हरी झंडी के बाद ही इस मार्ग पर मेट्रो रेल का वाणिज्यिक परिचालन शुरू किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि शहर में मेट्रो रेल के स्टेशन इस तरह डिजाइन किए गए हैं कि इनके जरिये छह डिब्बों की रेल चलाई जा सकती है। हालांकि शुरुआत में हम तीन डिब्बों की रेल चलाएंगे। यात्रियों की तादाद बढ़ने पर इसमें तीन और डिब्बे जोड़े जा सकते हैं। मैट्रो की क्षमता, लागत और गलियारे की लंबाई अधिकारी ने बताया कि मेट्रो रेल के एक डिब्बे में करीब 300 यात्री सफर कर सकते हैं जिनमें सीट पर बैठने वाले 50 लोग शामिल हैं। उन्होंने बताया कि इंदौर में 7,500.80 करोड़ रुपये की कुल लागत वाली मेट्रो रेल परियोजना के पहले चरण की नींव 14 सितंबर 2019 को रखी गई थी। इसके तहत शहर में करीब 31.50 किलोमीटर लम्बा मेट्रो रेल गलियारा बनाया जाना है। मेट्रो रेल कॉरपोरेशन बताया, शहर में मेट्रो रेल के स्टेशन इस तरह डिजाइन किए गए हैं कि इनके जरिये छह डिब्बों की रेल चलाई जा सकती है.  हालांकि, शुरुआत में हम तीन डिब्बों की रेल चलाएंगे. यात्रियों की तादाद बढ़ने पर इसमें तीन और डिब्बे जोड़े जा सकते हैं. मेट्रो रेल के एक डिब्बे में करीब 300 यात्री सफर कर सकते हैं जिनमें सीट पर बैठने वाले 50 लोग शामिल हैं. इंदौर में 7,500.80 करोड़ रुपये की कुल लागत वाली मेट्रो रेल परियोजना के पहले चरण की नींव 14 सितंबर 2019 को रखी गई थी. इसके तहत शहर में करीब 31.50 किलोमीटर लंबा मेट्रो रेल कॉरिडोर बनाया जाना है. recent visitors 110

मुख्यमंत्री डॉ. यादव 9 नवम्बर को इंदौर से करेंगे 1574 करोड़ रूपये अंतरित

भोपाल प्रदेश की लाड़ली बहनों को 1250 रूपये की नवम्बर माह की किश्त जल्द मिलने वाली है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 9 नवम्बर को इंदौर से 1.29 करोड़ लाड़ली बहनों के खाते में 1574 करोड़ रूपये अंतरित करेंगे। उल्लेखनीय है कि लाड़ली बहना योजना के तहत लाभार्थी महिलाओं को जून 2023 से अक्टूबर 2024 तक मासिक आर्थिक सहायता राशि की कुल 17 किश्तों का अंतरण किया गया है। इसके अतिरिक्त माह अगस्त 2023 एवं 2024 में (कुल 2 बार) लाभार्थी महिलाओं को 250 रूपये की राशि की विशेष आर्थिक सहायता का भी अंतरण किया गया। योजना के प्रारंभ में पात्र हितग्राहियों को 1000 रूपये प्रतिमाह की राशि का भुगतान किया गया। अक्टूबर 2023 से मासिक आर्थिक सहायता की राशि में 250 रूपये प्रतिमाह की वृद्धि की गई। प्रदेश में महिला सशक्तिकरण की दिशा में मुख्यमंत्री लाड़ली बहना योजना 2023 का संचालन किया जा रहा है। यह योजना प्रदेश की महिलाओं के आर्थिक स्वावलंबन, उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सतत सुधार तथा परिवार के निर्णयों में उनकी भूमिका सुदृढ़ करने की दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम है। वित्तीय वर्ष 2024-25 में योजना के तहत लगभग 18 हजार 984 करोड़ रूपये की राशि का प्रावधान किया गया है। योजना का प्रभाव लाड़ली बहना योजना प्रदेश की सबसे बड़ी डीबीटी योजना में शामिल है। योजना के वृहद स्वरूप ने प्रदेश की महिलाओं के समग्र सशक्तिकरण में महती भूमिका निभाई है। इस योजना से न केवल महिलाओं ने अपनी छोटी-छोटी वित्तीय आवश्यकताओं को पूरा किया है बल्कि योजना का लाभ प्राप्त करने के लिये महिलाएं बैंकिंग प्रणाली से सीधे परिचित हुई हैं। इससे परिवार के निर्णयों में भी उनकी भूमिका बड़ी है और सामाजिक रूप से महिलाओं के सम्मान में वृद्धि हुई है।   recent visitors 54