Wednesday, July 8, 2026 7:05 am

3 महीने में 45 लाख रुपए की ठगी, राजस्थान-अजमेर के 11वीं के स्टूडेंट ने 200 लोगों को लगाया चूना

भरतपुर. राजस्थान का भरतपुर जिला साइबर ठगी के नाम से मशहूर है, मगर अब अजमेर के एक 11वीं कक्षा के छात्र ने करीब 200 लोगों को साइबर ठगी का शिकार बनाकर सारे ठगी के रिकॉर्ड तोड़ दिए। पीड़ित की शिकायत पर अजमेर की साइबर थाना पुलिस ने मात्र 19 वर्षीय नसीराबाद निवासी काशिफ मिर्जा पुत्र परवेज मिर्जा को गिरफ्तार किया है। आरोपी सोशल मीडिया यूजर्स को लाखों करोड़ों रुपए मुनाफे का लालच देकर इन्वेस्टमेंट स्कीम बताता था। साइबर थाने के सब इंस्पेक्टर मनीष चारण ने जानकारी देते हुए बताया कि जिला पुलिस अधीक्षक वंदिता राणा के सुपरविजन में पूरी कार्रवाई को अंजाम दिया गया। आरोपी ने दो महिलाओं से पिछले 3 महीने में 45 लाख रुपए की ठगी कर डाली। आरोपी बोलता है फर्राटेदार इंग्लिश आरोपी इतना शातिर है कि अपनी अच्छी इंग्लिश बोलकर भोले भाले लोगों को अपने जाल में फंसा लेता और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लोगों को अच्छा मुनाफा कमाने की बात कहकर इन्वेस्टमेंट स्कीम बताता और उनकी मेहनत की कमाई रकम अपने खाते में डलवा लेता। आरोपी कासिम अब तक 200 लोगों से ऑनलाइन और साइबर ठगी कर चुका है। साइबर थाना पुलिस ने आरोपी को सोमवार को गिरफ्तार कर माननीय न्यायालय के समक्ष पेश किया। माननीय न्यायालय ने आरोपी को पुलिस रिमांड पर 2 दिन के लिए सौंपा है। लग्जरी लाइफ जीता है आरोपी पुलिस पूछताछ में सामने आया कि 19 साल का 11वीं कक्षा का छात्र काशिफ मिर्जा के पास एक लग्जरी कार है,महंगे फोन है, और ब्रांडेड लैपटॉप ऑपरेट करता है, जिसे पुलिस ने बरामद किया है। पीड़ित महिला ने नसीराबाद सिटी थाने में दर्ज कराया था मुकदमा मात्र 45 दिन में 9999 के बदले 15999 रुपए, 8 सप्ताह में करीब 30000 और करीब 99,999 के 13 सप्ताह में 1,39,999 रुपए इस तरह से आरोपी कम राशि के बदले मोटे मुनाफे का लालच लेता था। जो अब पुलिस की गिरफ्त में है। पुलिस आरोपी से लगातार पूछताछ कर रही है । पुलिस को और भी मामले खुलने की पूरी आशंका है। recent visitors 69

शादी का झांसा देकर किया ब्लैकमेल, छत्तीसगढ़-कोण्डागांव में दुष्कर्म के आरोपी को पुलिस ने दबोचा

कोण्डागांव. कोण्डागांव जिले के माकडी थाना क्षेत्र में युवती से बर्बरता पूर्वक दुष्कर्म के आरोपी फिरोज अहमद को पुलिस ने महज 72 घंटों में गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने पीड़िता को शादी का झांसा देकर पहले माकडी में शारीरिक संबंध बनाए और उसकी अश्लील तस्वीरें खींचीं। इन तस्वीरों का इस्तेमाल कर उसे मुंबई के धारावी तक ले गया, जहां भी उसने कई बार जबरन शारीरिक संबंध बनाए। मामले की शिकायत पीड़िता की मां ने कोण्डागांव कोतवाली में की, जिसके बाद केस दर्ज कर थाना माकडी में स्थानांतरित किया गया। रिपोर्ट के अनुसार, आरोपी ने पीड़िता को धमकी दी कि अगर उसने बात नहीं मानी, तो उसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल कर देगा। इस घटना के बाद पीड़िता किसी तरह अपने गृह जिले कोण्डागांव लौटी, जहां उसे जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक वाय. अक्षय कुमार के निर्देशन में, एएसपी कौशलेन्द्रदेव पटेल और साइबर प्रभारी सतीश भार्गव के नेतृत्व में टीम बनाई गई। पुलिस टीम ने तत्परता से कार्रवाई कर आरोपी फिरोज अहमद उर्फ शहरोज (22 वर्ष) को उत्तर प्रदेश के अमेठी जिले से हिरासत में लिया और ट्रांजिट रिमांड पर कोण्डागांव लाया गया। आरोपी को आज न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया। recent visitors 73

एमवाय अस्पताल में बच्चे की तबियत को लेकर बवाल, 3 डॉक्टर और 2 सुरक्षाकर्मी घायल

इंदौर मंगलवार देर रात इंदौर के एमवाय अस्पताल में एक बच्चे के परिजनों और डॉक्टरों के बीच गंभीर विवाद हो गया, जिसमें 3 डॉक्टर और 2 सुरक्षा गार्ड घायल हो गए। यह घटना शिशु वार्ड में भर्ती एक बच्चे के इलाज के दौरान हुई, जहां बच्चे के परिजन दीपक और प्रदीप सोलंकी ने डॉक्टरों से बच्चे की तबीयत को लेकर सवाल किए। इस दौरान माहौल इतना गर्म हो गया कि बात हाथापाई तक पहुंच गई। डॉ. श्वेतांक सोनी शिशु रोग विभाग में कार्यरत हैं। उन्होंने बताया कि वे चेस्ट वार्ड में बैठे थे, तभी रात करीब 12 बजे दीपक और प्रदीप सोलंकी उनसे मिलने पहुंचे और बच्चे की सेहत के बारे में बातचीत करने लगे। डॉक्टरों के अनुसार, परिजन लगातार नाराजगी जाहिर कर रहे थे और अस्पताल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाने लगे। डॉक्टरों ने उन्हें समझाने की कोशिश की लेकिन परिजन मानने को तैयार नहीं थे। स्थिति बिगड़ती देख डॉक्टरों ने अस्पताल के सुरक्षा गार्ड को बुलाया, लेकिन परिजन गार्ड से भी उलझ पड़े। स्थिति और अधिक बिगड़ गई जब दीपक और प्रदीप के कुछ अन्य साथी भी वहां आ पहुंचे और उन्होंने डॉक्टरों के चैंबर में रखे डॉक्यूमेंट्स को बिखेर दिया। इस बीच, बच्चे के परिजनों के साथ आई महिलाओं ने भी लेडी गार्ड के साथ दुर्व्यवहार किया और मारपीट की। जब डॉक्टरों ने इस पर आपत्ति जताई, तो परिजनों ने उनके साथ भी मारपीट शुरू कर दी। घटना के दौरान अन्य डॉक्टर मौके पर पहुंचे और उन्होंने मामले को शांत करने की कोशिश की, लेकिन उन्हें भी हमले का शिकार होना पड़ा। जूनियर डॉक्टरों ने किया प्रदर्शन घटना की जानकारी मिलते ही अस्पताल में हंगामा मच गया। वहां मौजूद अन्य जूनियर डॉक्टर भी एकत्र हो गए और उन्होंने अपने साथियों के समर्थन में प्रदर्शन करना शुरू कर दिया। इस दौरान पुलिस को सूचना दी गई, जिसके बाद एमवाय चौकी और संयोगितागंज पुलिस मौके पर पहुंची। संयोगितागंज पुलिस थाना प्रभारी (टीआई) सतीश पटेल ने बताया कि अस्पताल में डॉक्टरों और गार्ड के साथ मारपीट की घटना की सूचना मिलते ही वे फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया। डॉक्टरों ने परिजनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की, जिस पर पुलिस अधिकारियों ने सुबह 4 बजे एफआईआर दर्ज की। मारपीट का मामला दर्ज हुआ पुलिस ने डॉ. श्वेतांक सोनी की शिकायत पर दीपक सोलंकी और प्रदीप सोलंकी समेत उनके साथियों के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज किया है। पुलिस ने दो आरोपियों को हिरासत में लिया है और अन्य आरोपियों की तलाश जारी है।  घटना के बाद, डॉक्टरों ने हंगामे के विरोध में कुछ समय के लिए काम बंद कर दिया था, लेकिन एफआईआर दर्ज होने के बाद वे अपनी ड्यूटी पर लौट आए। अस्पताल में सुरक्षा की स्थिति को देखते हुए पुलिस अधिकारियों ने सुबह तक अस्पताल में ही डेरा जमाए रखा और वहां का माहौल शांत किया। recent visitors 50

चेहरे के बाल हटाने के लिए वैक्सिंग क्यों नुकसानदायक है

मुंहासें, दाग-धब्बे और झुर्रियां जैसी कई चीजें आपके चेहरे की सुंदरता को कम कर देती हैं। जिन्हें दूर करने के लिए आप कई तरीके अपनाते हैं। इन सभी चीजों की तरह चेहरे पर मौजूद अनचाहे बाल भी आपकी चेहरे की सुंदरता को कम कर देती हैं। चेहरे से बाल हटाने के लिए महिलाएं कई तरीके अपनाती हैं। इनमें से कुछ घरेलू उपाय होते हैं। मगर कुछ महिलाएं चेहरे से अनचाहे बालों को हटाने के लिए वैक्सिंग भी करवाती हैं। हाथ, पैर और अंडरआर्म्स से बालों को हटाने के लिए आपने वैक्सिंग के बारे में तो सुना ही होगा। अब चेहरे से बाल हटाने के लिए भी वैक्सिंग कराई जाती है। चेहरे पर वैक्सिंग करने के होने वाले नुकसानों के बारे में बताते हैं। चेहरे पर वैक्सिंग कराने के नुकसान- रैशेज : चेहरे पर वैक्सिंग करने से कुछ समय के लिए रैशेज और जलन होना सामान्य होता है। हालांकि यह रैशेज साइड इफेक्ट होते हैं। यह रैशेज एक दिन तक रहते हैं। अगर यह रैशेज ज्यादा समय तक रहते हैं तो उस प्रोडक्ट का इस्तेमाल करना बंद कर दें। सन सेंसिटिविटी : अगर आपको सन बर्न हुआ है तो उस दौरान चेहरे पर वैक्स नहीं करनी चाहिए। उस दौरान आपको अपनी त्वचा का खास ध्यान रखना चाहिए। साथ ही अगप आपने अगर चेहरे पर वैक्स कराई है तो धूप में निकलने से बचना चाहिए। चेहरे पर वैक्सिंग के दौरान बालों के साथ त्वचा की ऊपरी परत एपिडर्मिस भी हट जाती है। जिसकी वजह से आपकी त्वचा सूरज की रोशनी में ज्यादा संवेदनशील हो जाती है। इनग्नोन हेयर : शेविंग के साथ वैक्सिंग की वजह से भी इनग्रोन हेयर की समस्या हो जाती है। वैक्सिंग के दौरान इनग्रोन हेयर से बचने के लिए बालों के विपरीत तरफ स्ट्रिप खीचें। कई बार बालों की जड़ें मजबूत होने की वजह से यह वैक्सिंग की मदद से पूरी तरह निकल नहीं पाते हैं जिससे इनग्रोन हेयर रह जाते हैं। दर्द : वैक्सिंग की वजह से दर्द बहुत होता है। ऐसा तब होता है जब बहुत जल्दी वैक्स स्ट्रिप को हटा दिया जाता है। इस दौरान संवेदनशील त्वचा पर सबसे ज्यादा दर्द होता है। इंफेक्शन : कुछ लोगों को वैक्सिंग की वजह से इंफेक्शन हो जाता है। कई बार वैक्सिंग के दौरान त्वचा से खून आने लगता है या त्वचा खराब हो जाती है। अगर किसी जगह पर पहले से कट है तो वहां वैक्स लगाने से इंफेक्शन होने की संभावना बढ़ जाती है।   recent visitors 125

नीमराणा होटल में फायरिंग सहित आधा दर्जन हैं मामले, राजस्थान-अलवर की 20 हजार की इनामी लेडी डॉन गिरफ्तार

अलवर. राष्ट्रीय राजमार्ग संख्या 48 पर नीमराणा के मोहलड़िया गांव के समीप होटल हाईवे किंग पर 8 सितंबर को 5 करोड़ रुपये की रंगदारी के लिए ताबड़तोड़ फायरिंग करने के मामले में कौशल चौधरी गैंग की लेडी डॉन और कौशल की पत्नी मनीषा और उसके भाई मनीष को गिरफ्तार किया गया है। मनीषा को क्राइम ब्रांच मानेसर की टीम ने पकड़ा है। वहीं मनीष गुरुग्राम की भौंडसी जेल में बंद था, उसे नीमराणा पुलिस प्रोडक्शन वारंट पर लेकर आई है। मनीषा पर गुरुग्राम के एक होटल मालिक से दो करोड़ रुपये की फिरौती मांगने का भी आरोप है। मनीषा कौशल गैंग को ऑपरेट कर रही थी और उस पर 20 हजार रुपये का इनाम घोषित था। गैंग ऑपरेट करने में विदेश में बैठा उसका भाई गैंगस्टर सौरभ गाडौली उसकी मदद कर रहा था। गौरतलब है कि नीमराना की होटल पर फायरिंग करने वाली कौशल चौधरी गैंग ने 32 राउंड फायर कर 5 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी। मामले में पुलिस ने सचिन उर्फ प्रवीण उर्फ धोलिया, योगेश उर्फ मोनू, विजय कुमार उर्फ काले, धर्मेंद्र सिंह पुत्र ओमप्रकाश, दीपक यादव, सूबेसिंह यादव, गौरव सिंह पुत्र सत्यप्रकाश को पहले ही गिरफ्तार कर लिया है। वहीं दो शार्प शूटर पंजाब के जालंधर निवासी पुनीत शर्मा उर्फ पुनीत जालंधर, नरेंद्र कुमार उर्फ शर्मा उर्फ लल्ली अब भी पुलिस की गिरफ्त से दूर हैं। इन दोनों शूटरों पर पंजाब के अंतरराष्ट्रीय सर्कल स्टाइल कबड्डी खिलाड़ी संदीप नांगल अंबिया की हत्या सहित तीन बड़े हत्याकांडों को अंजाम देने का आरोप है। इनकी तलाश में पंजाब पुलिस और वहां की एजेंसियां पिछले करीब तीन साल से लगी हुई हैं। मनीषा को 2019 में खांडसा मंडी में रंगदारी के मामले में भी पकड़ा गया था। जमानत मिलने पर जेल से बाहर आने के बाद फिर से सक्रिय हो गई थी 15 सितंबर को भिवाड़ी के समीप स्थित हरियाणा के एक होटल मालिक से दो करोड़ रुपये की फिरौती मांगी गई थी, जिसके बाद बिलासपुर थाने में केस दर्ज किया गया था। होटल के नंबर पर कॉल कर फिरौती मांगने वाले ने खुद को कौशल चौधरी और अमित डागर गिरोह का बदमाश बताया था। फिरौती नहीं देने पर फायरिंग की धमकी दी थी। कहा था कि पुलिस में शिकायत की तो जान से मार देंगे। सोमवार को मानेसर क्राइम ब्रांच इंचार्ज एसआई ललित कुमार की टीम ने आरोपी मनीषा निवासी नाहरपुर रूपा, गुड़गांव को देवीलाल कॉलोनी से गिरफ्तार कर लिया। मनीषा के खिलाफ करीब आधा दर्जन मामले दर्ज हैं। वह इससे पहले भोंडसी जेल, गुरुग्राम और होशियारपुर (पंजाब) जेल में भी रह चुकी है। आरोपी मनीषा कौशल के गैंग को ऑपरेट कर रही थी। वारदात में उसकी संलिप्तता जानने के लिए पुलिस ने उसे छह दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। recent visitors 82

BRTS के विशेष कॉरिडोर में चल रहीं आईबसों में टिकट घोटाला, डेढ़ करोड़ रुपये हजम कर लिए गए कर्मचारी

 इंदौर  अटल इंदौर सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विस लिमिटेड (एआईसीटीएसएल) भी रोडवेज की राह पर चलती दिख रही है। बीआरटीएस के विशेष कॉरिडोर में चल रहीं आईबसों में टिकट घोटाला सामने आया है। करीब डेढ़ करोड़ रुपये हजम कर लिए गए। घोटाले के लिए बदनाम नगर निगम के तैनात कर्मचारी यहां भी केंद्र में हैं। मामला सामने आने के बाद दो कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया गया है। कुछ की जगह बदल कर इधर-उधर किया गया है। आशंका है कि घोटाले का आकार काफी बड़ा हो सकता है। अधिकारी अभी जांच जारी रहने की बात कह रहे हैं। ये कर रहे थे घोटाला आईबस के टिकट काउंटर पर तैनात कर्मचारियों से लेकर कंपनी में निगरानी के लिए तैनात सुपरवाइजर और अन्य अधिकारी टीम बनाकर घोटाले को अंजाम दे रहे थे। आईबस में जितने टिकट काटे जाते और जो कुल रुपया जमा होता, रिकॉर्ड में उसे कम दिखाया जाता था। इसके लिए आईबस के टिकटिंग सिस्टम को भी बदल दिया गया। करीब डेढ़ साल से यह फर्जीवाड़ा जारी था। गोपनीय शिकायत मिली इस बीच किसी ने गोपनीय शिकायत कर दी। नगर निगम के अपरआयुक्त और सिटी बस कंपनी के प्रभारी अधिकारी ने अपने स्तर पर जांच की। धांधली में शामिल एक कर्मचारी ने पूछताछ में कबूल भी कर लिया। इसके बाद खामोशी से नगर निगम ने दो कर्मचारियों की बर्खास्तगी का आदेश निकाल दिया। सिस्टम में शामिल कुछ लोगों की जगह बदल दी गई। न तो एफआइआर की गई न ही जांच का दायरा बढ़ाया गया। ऐसे किया घोटाला घोटाले को अंजाम देने के लिए आइबस स्टेशन पर टिकट खिड़की से घोटाले की शुरुआत हुई। ऑनलाइन सिस्टम को बंद कर हाथ में पकड़ी जाने वाली इलेक्ट्रानिक टिकट मशीन (ईटीएम) से टिकट काटे जाते थे। संबंधित कर्मचारी मशीन का डाटा दर्ज करवाने शाम को एआईसीटीएसएल के दफ्तर जाते थे। वहां सुपरवाइजर और कंप्यूटर ऑपरेटर भी इनसे मिला होता था। ये लोग मिलकर टिकट की संख्या और रुपये को कम कर सिस्टम में दर्ज करते थे। इसके बाद उस मशीन का डाटा डिलीट कर दिया जाता था। दो कर्मियों को किया बर्खास्त घोटाले की प्रारंभिक पुष्टि होने के बाद कंपनी के सीईओ और नगर निगम अपर आयुक्त दिव्यांक सिंह ने अपने स्तर पर जांच को अंजाम दिया। इसके बाद सुपरवाइजर (ईटीएम) सुखदेव ग्रेवाल को बर्खास्त कर दिया गया है। एक अन्य आउटसोर्स कर्मचारी धर्मेंद्र राजावत को भी हटा दिया गया है। इन लोगों पर निगरानी की जिम्मेदारी वाले तीन अन्य अधिकारियों चेतन कर्निक, जगजीतसिंह और अमित पाल की जगह बदली गई है। बताया जा रहा है कि घोटाले की जानकारी पूर्व के कुछ अधिकारियों को भी थी। अब यह भी जांच की जा रही है। recent visitors 109

भगवान बिरसा मुंडा ’’माटी के वीर पदयात्रा’’ आज जशपुर के पुरना नगर मैदान से हुई शुरू

रायपुर भगवान बिरसा मुंडा ’’माटी के वीर पदयात्रा’’ आज जशपुर के पुरना नगर मैदान से हुई शुरू। पदयात्रा में केंद्रीय युवा कार्यक्रम, खेल, श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया और मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय 10 हज़ार से  अधिक माय भारत युवा स्वयंसेवकों के साथ पदयात्रा कर रहे हैं।           माटी के वीर पदयात्रा में उपमुख्यमंत्री श्री अरुण साव,  वित्त, आवास एवं पर्यावरण, योजना आर्थिक एवं सांख्यिकी तथा जिले के प्रभारी मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी, आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग, कृषि विकास एवं कृषि कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिक विभाग मंत्री श्री रामविचार नेताम, खेल एवं युवा कल्याण, राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के मंत्री श्री टंक राम वर्मा, महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, सांसद श्री राधेश्याम राठिया, सरगुजा क्षेत्र विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं विधायक श्रीमती गोमती साय, विधायक श्रीमती रायमुनी भगत, विधायक रामकुमार टोप्पो, विधायक सुशांत शुक्ला, राज्य महिला आयोग की सदस्य श्रीमती प्रियम्वदा सिंह जूदेव शामिल हैं। पदयात्रा विभिन्न मार्गों से गुजरते हुए समापन रणजीता स्टेडियम में होगा।   भारत माता, छत्तीसगढ़ महतारी और भगवान बिरसा मुंडा की वेशभूषा धारण किए युवा पदयात्रा की शोभा बढ़ा रहे हैं। recent visitors 131