CBSE Board 10वीं और 12वीं की परीक्षा शुरू

नई दिल्ली  केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) की 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं आज यानी शनिवार से शुरू हो जाएंगी. परीक्षा सुबह 10.30 बजे से शुरू होगी. आपको बता दें कि 10वीं की परीक्षा 15 फरवरी से 18 मार्च के बीच और 12वीं की 15 फरवरी से 4 अप्रैल 2025 तक होगी. रिपोर्ट के मुताबिक, इस साल लगभग 44 लाख छात्र-छात्राओं के सीबीएसई बोर्ड परीक्षा में शामिल हो रहे हैं. पहले दिन 10वीं कक्षा के छात्रों की इंग्लिश कम्युनिकेटिव, लैंग्वेज एंड लिटरेचर की और 12वीं के छात्रों की एंटरप्रेन्योरशिप विषय की परीक्षा होगी. दिल्ली मेट्रो ने किए खास इंतजाम दिल्ली मेट्रो ने सीबीएसई बोर्ड परीक्षा 2025 को लेकर एक विशेष घोषणा की है. परीक्षा देने जाने वाले छात्र-छात्राओं को मेट्रो स्टेशन पर टिकट लेने और प्रवेश के दौरान फ्रिक्सिंग में प्राथमिकता दी जाएगी. यानी इन दोनों काम में कम समय लिया जाएगा.  15 फरवरी से 4 अप्रैल 2025 तक सीबीएसई बोर्ड की 10वीं और 12वीं की परीक्षा चलेगी. इस दौरान दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (DMRC) ने परीक्षा में बैठने वाले विद्यार्थियों के लिए  सुगम और परेशानी मुक्त यात्रा को लेकर कुछ सुविधाओं की घोषणा की है. लगभग 3.30 लाख छात्र-छात्राएं और हजारों स्कूल कर्मचारी शहर भर में आवागमन करेंगे. इसलिए DMRC  CISF के साथ साझेदारी कर परीक्षा के दिनों में बढ़ती भीड़ को नियंत्रित करने के लिए मेट्रो स्टेशनों पर विशेष सुविधा उपाय लागू कर रहा है. मेट्रो स्टेशनों पर परीक्षार्थियों को जो सुविधाएं मिलेंगी     अपना सीबीएसई एडमिट कार्ड दिखाने पर छात्रों को मेट्रो स्टेशनों पर सुरक्षा जांच के दौरान प्राथमिकता दी जाएगी.     टिकट ऑफिस मशीन (TOM) और कस्टमर केयर (CC) केंद्रों पर टिकट खरीदते समय अपने एडमिट कार्ड दिखाने वाले छात्रों को भी प्राथमिकता दी जाएगी.     डीएमआरसी स्टाफ ने स्कूलों का दौरा किया. प्रिंसिपलों से बातचीत की और उन्हें नजदीकी मेट्रो स्टेशनों और छात्रों के लिए उपलब्ध सहायता के बारे में जानकारी दी.     डीएमआरसी ने स्कूलों से अनुरोध किया है कि वे छात्रों को अपनी यात्रा की प्लानिंग में सहायता करने के लिए आसान टिकट बुकिंग के लिए क्यूआर कोड के साथ-साथ नजदीकी मेट्रो स्टेशन का विवरण प्रदान करने वाले पोस्टर लगाएं.     मेट्रो स्टेशनों पर परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए  विशेष केंद्रीकृत घोषणाएं की जाएंगी.     परीक्षार्थियों की सुविधा के लिए परीक्षा केंद्रों के निकटतम मेट्रो स्टेशनों की एक विस्तृत सूची भी डीएमआरसी वेबसाइट और आधिकारिक मोबाइल एप्लिकेशन पर अपलोड की गई है. डीएमआरसी की वेबसाइट पर जाकर जानकारी ले सकते हैं परीक्षार्थी डीएमआरसी छात्रों से अपनी यात्रा की प्लानिंग पहले से बनाने का आग्रह किया है. साथ  ही सभी उम्मीदवारों को उनकी परीक्षाओं के लिए शुभकामनाएं दी है. अधिक अपडेट के लिए, उम्मीदवार डीएमआरसी की आधिकारिक वेबसाइट (www.delhimetrorail.com) और डीएमआरसी मोमेंटम दिल्ली सारथी 2.0 मोबाइल ऐप पर जा सकते हैं. सीबीएसई ने जारी की गाइडलाइन सीबीएसई ने सब्जेक्ट स्पेसिफिक गाइडलाइन जारी की हैं, जिसमें सब्जेक्ट कोड, क्लास स्पेसिफिकेशन, थ्योरी और प्रैक्टिकल के लिए अधिकतम अंक, प्रोजेक्ट वर्क, इंटरनल असेसमेंट और आंसर शीट के फॉर्मेट जैसी महत्वपूर्ण जानकारी दी गई है. परीक्षाओं के सुचारू संचालन को सुनिश्चित करने  के लिए स्कूलों को इन निर्देशों का सख्ती से पालन करने का निर्देश दिया गया है. छात्र यहां देख सकते हैं सैंपल क्वेश्चन पेपर्स छात्र सीबीएसई एकेडमिक वेबसाइट cbseacademic.nic.in पर 10वीं और 12वीं के लिए सैंपल क्वेश्चन पेपर्स देख सकते हैं. ये छात्रों को लेटेस्ट क्वेश्चन फॉर्मेट, मार्किंग और परीक्षा पैटर्न से परिचित कराने के लिए डिज़ाइन किए गए हैं, ताकि वे अपनी बोर्ड अपनी बोर्ड परीक्षाओं के लिए प्रभावी ढंग से तैयारी कर सकें. सीबीएसई मार्कशीट में जारी रहेंगे ये बदलाव सीबीएसई डिस्टिंक्शन न देने या टॉपर्स की घोषणा न करने की अपनी नीति जारी रखेगा. 2024 की तरह, 2025 की कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षा देने वाले छात्रों को समग्र डिवीजन, डिस्टिंक्शन या कुल अंकों का का प्रतिशत नहीं मिलेगा. recent visitors 55

भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने किया आर्ट ऑफ लिविंग के 10वें अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन का उद्घाटन

भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने किया आर्ट ऑफ लिविंग के 10वें अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन का उद्घाटन  “हम एक भी महिला की आँखों से आंसू नहीं गिरने दे सकते,” – गुरुदेव रवि शंकर सम्मेलन के उद्घाटन समारोह में कर्नाटक के राज्यपाल थावर चंद गेहलोत, केंद्रीय मंत्री श्रीमती अन्नपूर्णा देवी, पूर्व विदेश मंत्री एवं संस्कृति मंत्री श्रीमती मीनाक्षी लेखी, श्रम और रोजगार मंत्रालय तथा सूक्ष्म, लघु और मझले उद्योग मंत्री श्रीमती शोभा करंदलाजे, कॉमनवेल्थ की सचिव-जनरल सुपैट्रीशिया स्कॉटलैंड, सिनेमा की दिग्गज अभिनेत्री और सांसद श्रीमती हेमा मालिनी और यूरोपीय संसद की सदस्य श्रीमती मारिया जॉर्जियाना टियोडोरस्कू भी उपस्थित थीं।  बेंगलुरु  भारत की राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन के 10वें संस्करण के उद्घाटन सत्र का शुभारंभ किया। उन्होंने 50 देशों की 500 से अधिक प्रतिनिधियों को प्रेरित करते हुए, हर महिला को अपने भीतर की शक्ति, गुण और प्रतिभाओं को पहचानने और समाज में सकारात्मक प्रभाव डालने के लिए प्रेरित किया। माननीय राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू ने कहा, "गुरुदेव रवि शंकर और आर्ट ऑफ लिविंग ने दुनिया भर के लोगों को ध्यान और मानवीय सेवाओं के माध्यम से आंतरिक शांति पाने के लिए प्रेरित किया है। आज की इस प्रतिस्पर्धात्मक दुनिया में हमें यह सुनिश्चित करना चाहिए कि हमारे मानवीय मूल्य बरकरार रहें। यहीं पर महिलाओं की भूमिका महत्त्वपूर्ण हो जाती है क्योंकि वे करुणा और दयालुता के साथ नेतृत्व करती हैं। माननीय राष्ट्रपति ने मानसिक स्वास्थ्य पर काम करने की आवश्यकता पर कहा, "सभी को अपनी बात रखने और अभिव्यक्त करने के लिए एक सुरक्षित वातावरण और समर्थन प्रणाली बना कर ही आप इस विषय पर चुप्पी तोड़ सकते हैं । मानसिक शक्ति के बिना बाधाओं और रूढ़ियों को तोड़ना संभव नहीं है।" "विशेष रूप से 'जस्ट बी' थीम पर आधारित इस सम्मेलन ने जीवन की चुनौतियों का सामना करने और दुनिया में सार्थक बदलाव लाने के लिए सजग रूप से ठहराव, संतुलन, आत्म-स्वीकृति और लचीलेपन को अपनाने की अपील की।" अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन के प्रेरणास्त्रोत, वैश्विक मानवतावादी और आध्यात्मिक गुरु गुरुदेव रवि शंकर ने कहा, “हम किसी भी महिला की आंखों से एक भी आंसू नहीं गिरने दे सकते।” उन्होंने कहा कि एक सकारात्मक वातावरण से प्रगति होती है, और एक महिला की उपस्थिति से ही वातावरण खुशहाल और सकारात्मक हो जाता है। उन्होंने कहा, “महिलाओं की भावनाएँ एक आशीर्वाद है क्योंकि यह भावनात्मक शक्ति ही है जो उन्हें लोगों को एकजुट करने की क्षमता देती है। शायद अगर महिलाएं दुनिया के प्रमुख देशों में नेतृत्व की भूमिका निभाएं, तो जो संघर्ष, विवाद, युद्ध और विभिन्न सामाजिक विकृतियाँ हम आज देखते हैं, वे कम हो सकती हैं या यहां तक कि समाप्त हो सकती हैं।” गुरुदेव ने यह भी कहा, “भारत ने दिखाया है कि महिलाओं को सशक्तिकरण की कितनी आवश्यकता है और यह बहुत प्रगतिशील है। यहां पुरानी कथाओं के अनुसार सभी मुख्य मंत्रालयों का प्रभार महिलाओं को ही सौंपा गया हैं, जैसे रक्षा मंत्रालय- दुर्गा, वित्त मंत्रालय – लक्ष्मी और शिक्षा मंत्रालय – सरस्वती सम्भालती हैं । आंतरिक शक्ति, आत्मप्रेम और सजगता के साथ नेतृत्व की भूमिकाओं को संतुलित करना, 10वें अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में गूंजता हुआ संदेश था, जिसमें सत्ता, कूटनीति और कला के क्षेत्र से जुड़ी बेहतरीन महिला नेताओं का संगम हुआ। लगभग दो दशकों और 10 संस्करणों में, अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन ने 115 देशों से प्रतिष्ठित वक्ताओं और 6,000 प्रतिनिधियों को एकत्रित किया है। इस वर्ष के सम्मेलन में 60 से अधिक वक्ता और 50 से अधिक देशों के 500 से अधिक प्रतिनिधि शामिल हैं। यह सम्मेलन महिलाओं के लिए एक ऐसा मंच है जहां वे आत्मचिंतन कर सकती हैं, प्रेरित हो सकती हैं, संवाद कर सकती हैं और अपनी जीवनयात्रा साझा कर सकती हैं।  साथ ही ध्यान, प्राणायाम और योग के माध्यम से अपने भीतर की यात्रा पर ध्यान केंद्रित कर सकती हैं। अंतरराष्ट्रीय महिला सम्मेलन की शुरुआत गुरुदेव की बहन और सम्मेलन की अध्यक्ष श्रीमती भानुमति नरसिम्हन के दृष्टिकोण से हुई। वह पिछले चार दशकों से भारत के दूर-दराज क्षेत्रों में समग्र शिक्षा के प्रसार के लिए काम कर रही हैं और लाखों लोगों को ध्यान और खुशी का रास्ता दिखा चुकी हैं। सम्मेलन के बारे में उन्होंने कहा, "‘जस्ट बी’ हमें अपने आप से जुड़ने, ठहरने और जीवन में संतुलन बनाने के लिए प्रेरित करता है। ध्यान हमें वर्तमान में रहने में सहायता करता है, जिससे स्पष्टता और रचनात्मकता बढ़ती है। यह सम्मेलन एक ऐसा मंच है जहां हम सब मिलकर सीख सकते हैं, अपने विचार साझा कर सकते हैं और एक-दूसरे के साथ दयालुता और आंतरिक शांति को अपनाते हुए आगे बढ़ सकते हैं।" सम्मानित वक्ताओं ने अपनी व्यक्तिगत यात्राओं के दृष्टिकोण से महिलाओं को आगे बढ़ने, बदलाव लाने और अपने समुदायों और राष्ट्रों को प्रेरित करने के लिए अपने विचार साझा किए। प्रसिद्ध अभिनेत्री और सांसद हेमा मालिनी ने कहा, “कई भूमिकाओं को सहजता  के साथ संतुलित करना वह वास्तविकता है जिसका सामना कई महिलाएँ करती हैं। कई लोग पूछते हैं कि मैं नृत्य, प्रस्तुतियाँ और सार्वजनिक सेवा को कैसे सम्भालती हूँ? मैं कहती हूँ, 'जस्ट बी।' योग, नृत्य और ध्यान, जिसे गुरुदेव ने सिखाया है; मुझे खुद को केंद्रित करने में मदद करते हैं।" महिला और बाल विकास मंत्री माननीय श्रीमती अन्नपूर्णा देवी ने कहा: "'जस्ट बी' हमें यह याद दिलाता है कि भौतिक सफलता का पीछा करते हुए हमें जमीन से जुड़े रहना चाहिए। ध्यान और प्राणायाम हमें संतुलन और स्पष्टता पाने में मदद करते हैं। जब महिलाएं खुद को पूरी तरह से स्वीकार करती हैं, तो उन्हें आत्मविश्वास और स्वतंत्रता मिलती है।" माननीय केंद्रीय राज्य मंत्री, श्रीमती शोभा करंदलाजे  ने भारत की नीति में बदलाव के बारे में बताया, जहां अब "महिलाओं के विकास" से "महिला-नेतृत्व वाले विकास" की ओर ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने कहा, "शासन, व्यापार और विज्ञान में महिलाएं नेतृत्व कर रही हैं।" उन्होंने गर्व से भारत के योगदान और दुनिया में उसकी नेतृत्व की बात की, जो "विजय नहीं, बल्कि ज्ञान और मानव मूल्यों" के माध्यम से हुआ है। उन्होंने आर्ट ऑफ लिविंग के काम की सराहना की, जो तनाव-राहत कार्यक्रमों और सेवा परियोजनाओं से दुनिया भर में लाखों लोगों को शांति दे रहा है। कॉमनवेल्थ की माननीय महासचिव, पैट्रीशिया स्कॉटलैंड का मुख्य संदेश … Read more

डिप्टी CM साव के गढ़ में खिला कमल, 18 में से 11 वार्डों में भाजपा का कब्जा

मुंगेली  मुंगेली जिले के लोरमी नगर पालिका में भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्ष प्रत्याशी सुजीत वर्मा ने परचम लहराया है. प्रदेश के डिप्टी सीएम अरुण साव इस चुनाव में लगातार प्रचार प्रसार करते नजर आए थे. जहां भाजपा के अध्यक्ष प्रत्याशी सुजीत वर्मा 2456 मतों से जीत दर्ज कर ली है. तो वहीं कांग्रेस के अनिल दास को हार का सामना करना पड़ा है. मुंगेली जिले के लोरमी नगर पंचायत को अरुण साव के डिप्टी सीएम बनने के बाद नगर पालिका का दर्जा मिला है. जहां पहले 15 वार्ड में नगर पंचायत में चुनाव होता था. लेकिन इस बार नगर पालिका क्षेत्र में कुल 18 वार्डों में चुनाव हुआ है. यहां पर 11 पार्षद भाजपा के, एक निर्दलीय सहित 6 कांग्रेस प्रत्याशियों ने जीत हासिल की है. जिनमें 2 भाजपा के पार्षद प्रत्याशी मतदान के पहले ही निर्विरोध चुने गए हैं. वहीं सुजीत वर्मा की जीत के बाद भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह का माहौल है. लोरमी में भाजपा जीत का जश्न मना रही है. 49 नगर पालिका परिषदों में अध्यक्ष और पार्षदों के लिए हुआ चुनाव 49 नगर पालिका परिषदों में अध्यक्ष और पार्षदों का निर्वाचन किया गया, जिनमें बीजापुर, किरंदुल, बड़ी-बचेली, दंतेवाड़ा, सुकमा, कोण्डागांव, कांकेर, नारायणपुर, कवर्धा, पंडरिया, कुम्हारी, अहिवारा, अमलेश्वर, दल्लीराजहरा, बालोद, बेमेतरा, डोंगरगढ़, महासमुंद, बागबाहरा, सरायपाली, तिल्दा-नेवरा, गोबरणवापारा, आरंग, अभनपुर, मंदिर हसौद, गरियाबंद, बलौदाबाजार, भाटापारा, सिमगा, तखतपुर, रतनपुर, बोदरी, गौरेला, पेण्ड्रा, मुंगेली, लोरमी, खरसिया, जांजगीर-नैला, चांपा, अकलतरा, सक्ती, दीपिका, कटघोरा, बांकी-मोंगरा, बलरामपुर, रामानुजगंज, सूरजपुर, मनेन्द्रगढ़ और जशपुरनगर शामिल हैं. recent visitors 28

खड़िया समाज के वार्षिक सामाजिक सम्मेलन में शामिल हुए मुख्यमंत्री साय

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने खड़िया अनुसूचित जनजाति उत्थान समिति के वार्षिक सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि शिक्षा किसी भी समाज की प्रगति का सबसे मजबूत आधार है। उन्होंने समाज के सभी प्रबुद्धजनों और युवाओं से शिक्षा को प्राथमिकता देने और अगली पीढ़ी को सही मार्गदर्शन देने का आह्वान किया। मुख्यमंत्री साय ने अपने संबोधन में कहा कि जनजातीय समाज की वास्तविक प्रगति तब होगी जब शिक्षा, आर्थिक सशक्तिकरण और सामाजिक एकता को समान रूप से बढ़ावा दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार समाज के प्रत्येक वर्ग के उत्थान के लिए प्रतिबद्ध है और आने वाले वर्षों में विकास की नई ऊंचाइयां देखने को मिलेंगी। उन्होंने कहा कि शिक्षा और एकता से ही समाज, राज्य और देश की समृद्धि का मार्ग प्रशस्त होता है। उन्होंने खड़िया समाज के ऐतिहासिक सफर की चर्चा करते हुए 2011 में समाज को अनुसूचित जनजाति वर्ग में शामिल करने के ऐतिहासिक निर्णय को याद किया और इसके लिए तत्कालीन मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम की शुरुआत में माता सरस्वती और स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद तेलंगा खड़िया के छायाचित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित किए गए। इस अवसर पर विधायक एवं सरगुजा क्षेत्र विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष श्रीमती गोमती साय, पूर्व विधायक भरत साय, और समाज के प्रमुख पदाधिकारी उपस्थित थे। 13 महीनों में सरकार ने दिए विकास को नए आयाम मुख्यमंत्री साय ने कहा कि प्रदेश सरकार ने मात्र 13 महीनों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की गारंटियों को जमीन पर उतार दिया है। उन्होंने बताया कि सरकार बनने के बाद पहली ही कैबिनेट बैठक में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 18 लाख परिवारों को लाभान्वित करने का निर्णय लिया गया। उन्होंने कहा कि किसानों के हितों को प्राथमिकता देते हुए धान खरीदी की दर ₹3,100 प्रति क्विंटल निर्धारित की गई है, जिससे पिछले दो खरीफ सीजन में किसानों को 21 क्विंटल प्रति एकड़ की दर से धान बेचने का लाभ मिला है। इस वर्ष प्रदेश में 149 लाख मीट्रिक टन से अधिक धान खरीदी कर एक नया रिकॉर्ड स्थापित किया गया है। वनवासी समाज के उत्थान के लिए सरकार के ठोस प्रयास मुख्यमंत्री साय ने वनवासी समाज के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी देते हुए बताया कि तेंदूपत्ता संग्रहण दर को ₹4,000 से बढ़ाकर ₹5,500 प्रति मानक बोरा कर दिया गया है, जिससे लाखों संग्राहकों को सीधा लाभ मिल रहा है। इसके अलावा 70 लाख माताओं-बहनों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए महतारी वंदन योजना के तहत प्रति माह ₹1,000 की आर्थिक सहायता दी जा रही है। भूमिहीन कृषि मजदूरों के लिए दीनदयाल उपाध्याय भूमिहीन कृषि मजदूर कल्याण योजना के तहत प्रत्येक वर्ष ₹10,000 की सहायता राशि दी जा रही है, जिससे समाज के सबसे जरूरतमंद वर्ग को सीधा लाभ मिल रहा है। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि जनजातीय समाज की शिक्षा और समग्र विकास के लिए पीएम जनमन योजना और धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान जैसी योजनाएँ चलाई जा रही हैं। उन्होंने बताया कि यूपीएससी की तैयारी कर रहे जनजातीय युवाओं को अधिक अवसर देने के लिए दिल्ली के द्वारका स्थित ट्राइबल यूथ हॉस्टल में सीटों की संख्या 50 से बढ़ाकर 185 कर दी गई है। इसके अलावा, बच्चों की उच्च गुणवत्ता की शिक्षा प्रदान करने के लिए  राज्य में 341 विद्यालयों को पीएमयोजना के अंतर्गत सम्मिलित किया जा रहा है, ताकि वे निजी स्कूलों के समान सुविधाओं का लाभ उठा सकें। जनजातीय समाज को संगठित होकर आगे बढ़ना होगा: विधायक श्रीमती गोमती साय विधायक श्रीमती गोमती साय ने कहा कि जो समाज शिक्षा, आर्थिक विकास और सामाजिक एकता पर बल देता है, वही उन्नति करता है। उन्होंने जनजातीय समाज के लोगों से एकजुट होकर आगे बढ़ने का आह्वान किया, जिससे हर वर्ग का समग्र विकास संभव हो सके। सभा में उपस्थित सभी लोगों ने जनजातीय समाज की शिक्षा, रोजगार और सामाजिक उत्थान के लिए सामूहिक रूप से कार्य करने का संकल्प लिया। इस अवसर पर खड़िया समाज के प्रदेश अध्यक्ष मदन नायक, जिला संरक्षक बोध साय मांझी, जिला महामंत्री कृपाल मांझी, जिला उपाध्यक्ष रामसागर सोरेंग और बाल कुमार प्रधान सहित बड़ी संख्या में समाज के गणमान्यजन उपस्थित थे। recent visitors 55

रायपुर में भाजपा महापौर प्रत्याशी मीनल चौबे 27298 वोट से आगे, जीववर्धन चौहान रायगढ़ में 25 हजार वोट आगे

रायपुर छत्तीसगढ़ के नगरीय निकाय चुनाव की मतगणना शुरू हो गई है. सभी जगहों पर भाजपा आगे चल रही है. रायपुर में भाजपा महापौर प्रत्याशी मीनल चौबे 27298 वोट से आगे चल रही हैं. कुल 87425 वोटों की गिनती हो चुकी है. इसमें मीनल चौबे को 54899 वोट और कांग्रेस प्रत्याशी दीप्ति दुबे को 27601 वोट मिले हैं. रायगढ़ में भाजपा महापौर प्रत्याशी जीववर्धन चौहान ने 25 हजार वोट की बढ़त बनाई हुई है. इसके अलावा 37 वार्डों में भी भाजपा पार्षद प्रत्याशी आगे चल रहे. वहीं दुर्ग में भाजपा महापौर उम्मीदवार अल्का बाघमार भी 25 हजार वोट से आगे हैं. बता दें कि प्रदेश में चाहे सरकार भाजपा की हो या कांग्रेस की, लेकिन रायपुर नगर निगम के महापौर की कुर्सी पर कांग्रेस का ही कब्जा रहा. साल 2004 में सुनील सोनी को छोड़कर भाजपा कभी महापौर का चुनाव नहीं जीत पाई. इस बार के निकाय चुनाव की मतगणना जारी है. 70 हजार वोटों की गिनती पूरी हो गई है. इसमें से मीनल चौबे को 43 हजार वोट मिले हैं. जानिए, रायपुर नगर निगम का इतिहास ब्रिटिश शासन के दौरान 17 मई 1867 को रायपुर नगर समिति बनी. इसका प्राथमिक उद्देश्य तेजी से बढ़ती शहरी बस्ती में बुनियादी नागरिक सुविधाएं सुनिश्चित करना था. इसके बाद साल 1973 में इसका स्वरूप बदला और रायपुर नगर निगम बना. उस समय रायपुर नगर निगम में कुल 40 वार्ड थे. 1980 में पहली बार हुए नगर निगम चुनाव में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (आईएनसी) के स्वरूप चंद जैन महापौर बने. इसके बाद 1981 से 82 तक कांग्रेस के एसआर मूर्ति महापौर बने. 1982 से 1983 तक फिर स्वरूपचंद जैन महापौर रहे. 1983 से 84 तक कांग्रेस के ही तरुण चटर्जी, 1984-85 तक कांग्रेस के संतोष अग्रवाल महापौर चुने गए. 1985 से लेकर 1995 तक रायपुर नगर निगम में प्रशासक बैठे थे. फिर 1995 में वार्डों की संख्या बढ़कर 60 कर दी गई . 1995-2000 तक कांग्रेस के बलबीर एस जुनेजा महापौर चुने गए. पहले नगर निगम कार्यालय जयस्तंभ के पास था. इसके बाद नया नगर निगम कार्यालय सीटी कोतवाली के पास भव्य रूप में बनाया गया है, जिसे व्हाइट हाउस के नाम से भी जाना जाता है. वर्तमान में रायपुर नगर निगम में कुल 70 वार्ड हैं. 2004 में पहली बार महापौर चुनाव में कांग्रेस को मिली थी हार साल 2000 में छत्तीसगढ़ गठन के बाद तरुण प्रसाद चटर्जी रायपुर के पहले महापौर थे. हालांकि बाद में उन्होंने भाजपा ज्वाइन कर लिया था. छत्तीसगढ़ राज्य बनने के बाद पहले स्थानीय निकाय चुनाव साल 2004 में हुआ. तब भाजपा के सुनील सोनी रायपुर नगर निगम के महापौर बने, जो वर्तमान में विधायक हैं. रायपुर नगर निगम के इतिहास में ऐसा पहली बार हुआ था, जब कांग्रेस को महापौर चुनाव में हार का सामना करना पड़ा था. 2010 से 2015 तक कांग्रेस नेत्री किरणमयी नायक महापौर रहीं. वे रायपुर नगर निगम की पहली महिला महापौर थीं. इसके बाद 2015 से 2020 तक कांग्रेस के प्रमोद दुबे महापौर रहे. 2020 से 2025 तक एजाज ढेबर महापौर रहे. भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार में महापौर का अप्रत्यक्ष चुनाव हुआ. इस नियम को बदलते हुए वर्तमान साय सरकार ने इस बार महापौर का प्रत्यक्ष चुनाव कराया. सभी जगह ईव्हीएम से चुनाव संपन्न कराया गया. recent visitors 139

कपल का बाथरूम में कर रहे थे ये काम, तभी हो गया कांड, अब रोते-रोते पहुंचे थाने

लखनऊ  सुशांत गोल्फ सिटी इलाके में ऋषिका रेजिडेंशियल सोसायटी में दंपती का बाथरूम में अलग-अलग नहाते समय विडियो बनाए जाने के मामले में पुलिस छह लोगों से पूछताछ कर रही है। पीड़ित परिवार से विडियो वायरल करने की धमकी देकर 6 करोड़ रुपये की मांग की गई है। सुशांत गोल्फ सिटी इलाके में ऋषिका रेजिडेंशियल सोसायटी में एक महिला परिवारजनों के साथ रहती है। 11 फरवरी की देर रात एक अनजान नंबर से उनके मोबाइल पर विडियो भेजा गया। विडियो में पीड़िता के पति बाथरूम में नहा रहे थे। इसके बाद पीड़िता के मोबाइल पर एक और विडियो रिकॉर्डिंग भेजी गई। दूसरी विडियो में पीड़िता नहाते हुए दिखाई दी। विडियो आने के बाद पीड़िता ने बाथरूम चेक किया तो उसकी फॉल्स सीलिंग में छेद था। आशंका है कि किसी ने फॉल्स सीलिंग में स्पाई कैम लगाकर विडियो बना लिया। एक मेसेज भेजकर विडियो वायरल करने की धमकी देकर 6 करोड़ रुपये की मांग भी की। पुलिस को बताने पर जान से मारने की धमकी दी गई है। इस मामले की जांच के लिए चार टीमों का गठन किया गया है। पुलिस के मुताबिक पीड़िता के घर में रेनोवेशन का कार्यचल रहा है। बाथरूम में भी रेनोवेशन किया गया था। ऐसे में आशंका व्यक्ति की जा रही है कि फॉल्स सीलिंग का काम करने वाले लोगों ने उसमें स्पाई कैम लगाया होगा। शक के आधार पर पुलिस फॉल्स सीलिंग का काम करने वालों समेत 6 लोगों से पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि मामले की पड़ताल की जा रही है। recent visitors 70

गृह मंत्री शर्मा के कबीरधाम में भाजपाईयों ने फहराया परचम

कवर्धा प्रदेश के गृह मंत्री विजय शर्मा के प्रभाव क्षेत्र वाले कबीरधाम जिला में नगरीय निकाय चुनाव में भाजपा के पक्ष में एकतरफा माहौल दिख रहा है. पंडरिया नगर पालिका समेत साथ पांडातराई, बोड़ला, लोहारा इंदौरी और पिपरिया नगर पंचायत में भाजपा के अध्यक्ष प्रत्याशियों ने जीत हासिल की है, वहीं कवर्धा नगर पालिका में भाजपा के अध्यक्ष पद के प्रत्याशी आगे चल रहे हैं. कवर्धा नगर पालिका अध्यक्ष पद के चुनाव में भाजपा प्रत्याशी चंद्रप्रकाश चंद्रवंशी कांग्रेस प्रत्याशी संतोष यादव (भक्कू) से आगे चल रहे हैं. वहीं बात करें पंडरिया नगर पालिका की तो भाजपा प्रत्याशी की मंजिला कुर्रे ने प्रतिद्वंदियों को शिकस्त देते हुए जीत हासिल की है. वहीं पांडातराई नगर पंचायत में भाजपा की अध्यक्ष प्रत्याशी सरिता सोनी, बोड़ला नगर पंचायत से भाजपा के विजय पाटिल, लोहारा नगर पंचायत से भाजपा के संतोष मिश्रा और पिपरिया नगर पंचायत से भाजपा के घुरूवा राम साहू ने जीत हासिल की है. recent visitors 37