Friday, July 3, 2026 10:33 am

दो भाषा के समर्थन में तमिलनाडु MP के विवादित बोल- साउथ से 40 साल पीछे हैं उत्तर के राज्य

नई दिल्ली तमिलनाडु और संसद में जारी त्रि-भाषा विवाद के बीच तमिलनाडु के एक सांसद ने कहा है कि देश के उत्तरी राज्य दक्षिणी राज्यों से 40 साल पीछे हैं। उन्होंने इसके पीछे दो-भाषा फॉर्मूले को असली वजह बताया है। मरुमलार्ची द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (MDMK) के सांसद और पार्टी प्रमुख वाइको के बेटे दुरई वाइको ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के साथ हुई एक मुलाकात का जिक्र करते हुए कहा कि दो भाषा फॉर्मूले के कारण ही तमिलनाडु के लोग लगभग सभी क्षेत्रों में हावी हैं। वाइको तमिलनाडु के शिक्षा मंत्री अंबिल महेश पोय्यामोझी के साथ केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात कर पीएम स्कूल्स फॉर राइजिंग इंडिया (पीएम श्री) योजना के तहत फंड जारी करने का आग्रह करने पहुंचे थे। इस पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री ने कहा कि तमिलनाडु को राष्ट्रीय शिक्षा नीति पर हस्ताक्षर करना होगा, जिसमें तीन-भाषा नीति का प्रावधान किया गया है। इस मुलाकात के दौरान वाइको ने केंद्रीय मंत्री संग भाषा विवाद पर तर्क-कुतर्क किए। शिक्षा मंत्री संग वाद-विवाद, तर्क-कुतर्क इस मुलाकात के बारे में वाइको ने कहा, "तमिलनाडु के शिक्षा मंत्री ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री से कहा कि तमिलनाडु ने पीएम श्री योजना में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है, इसलिए हमें फंड मिलना चाहिए। आप इसे एनईपी से क्यों जोड़ रहे हैं। इस पर उन्होंने (प्रधान) ने कहा कि तमिलनाडु 40 साल पीछे है और अब आपको जाग जाना चाहिए, आप छात्रों को हिंदी क्यों नहीं सीखने दे रहे हैं?" वाइको ने बताया कि जब उन्हें बोलने का मौका मिला तो उन्होंने मंत्रीजी से कहा, "तमिलनाडु 40 साल पीछे नहीं है। उत्तरी राज्यों की तुलना में हम 40 साल आगे हैं और इसकी वजह दो भाषा फॉर्मूला है।" इतना ही नहीं एमडीएमके नेता ने कहा कि भाजपा को छोड़कर तमिलनाडु के राजनीतिक दल इस बात पर जोर दे रहे हैं कि वे तीन-भाषा नीति को स्वीकार नहीं करेंगे। न हम हिन्दी के विरोधी, न थोपने वाले लोकसभा में तिरुचिरापल्ली का प्रतिनिधित्व करने वाले वाइको ने कहा, "चूंकि एनईपी तीन-भाषा फॉर्मूले पर जोर देती है, इसलिए हमने कुछ बदलावों का सुझाव दिया है। अगर वे बदलाव मंजूर करते हैं तो हमें इस पर हस्ताक्षर करने में कोई आपत्ति नहीं है।" उन्होंने यह भी कहा कि तमिलनाडु की पार्टियां हिंदी के खिलाफ नहीं हैं। उन्होंने कहा, "चेन्नई में हिंदी प्रचारक सभा 60-70 वर्षों से काम कर रही है लेकिन हम राज्य के लोगों पर हिंदी थोपना नहीं चाहते हैं।" दुनिया पर हावी होने में दो-भाषा का योगदान उन्होंने अंग्रेजी का समर्थन करते हुए कहा कि यह लोगों से संवाद करने का एक माध्यम है और भारत को इसमें महारत हासिल करने की जरूरत है क्योंकि यह दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की ओर अग्रसर है। उन्होंने कहा, “दक्षिण (भारत) के लोगों के लिए अंग्रेजी प्रगति का एक साधन रही है। तमिल लोग दुनिया भर में, सभी क्षेत्रों में, चाहे वह आईटी हो या चिकित्सा विज्ञान। वे अंग्रेजी दक्षता के कारण ही हावी हैं। वहां तक हमारे पहुंचने में दो-भाषा नीति का बड़ा योगदान रहा है।” recent visitors 22

साल का पहला सूर्य ग्रहण 29 मार्च को लगेगा, खंडग्रास सूर्य ग्रहण होगा, इस दौरान चंद्रमा सूर्य का कुछ हिस्सा ही ढकेगा

नई दिल्ली साल 2025 का पहला सूर्य ग्रहण 29 मार्च को लगेगा। यह खंडग्रास सूर्य ग्रहण होगा जिसका मतलब है कि इस दौरान चंद्रमा सूर्य का कुछ हिस्सा ही ढकेगा। यह ग्रहण ज्योतिषीय दृष्टि से भी खास रहेगा क्योंकि इस दौरान मीन राशि में सूर्य, राहु, शुक्र, बुध और चंद्रमा मौजूद रहेंगे। सूर्य ग्रहण 2025 की तिथि और समय यह ग्रहण 29 मार्च 2025 को लगेगा और दोपहर 2:21 बजे से शुरू होकर शाम 6:14 बजे तक रहेगा। यह घटना चैत्र मास की अमावस्या के दिन घटित होगी। कहां-कहां दिखाई देगा सूर्य ग्रहण? यह ग्रहण पूरी तरह से नहीं बल्कि आंशिक रूप से कुछ देशों में दिखाई देगा। खासतौर पर यूरोप, उत्तरी अमेरिका और अफ्रीका के कुछ हिस्सों में इसे देखा जा सकेगा। क्या भारत में दिखेगा सूर्य ग्रहण? बता दें कि भारत में यह सूर्य ग्रहण दिखाई नहीं देगा। चूंकि यह ग्रहण भारतीय समयानुसार नहीं लगेगा इसलिए इसका धार्मिक या ज्योतिषीय प्रभाव भी नहीं माना जाएगा। इसी वजह से भारत में इस ग्रहण के लिए सूतक काल भी मान्य नहीं होगा। सूर्य ग्रहण के दौरान क्या करें? ➤ भगवान विष्णु और शिवजी का ध्यान करें और मंत्र जाप करें। ➤ ग्रहण समाप्त होने के बाद स्नान करें और घर की शुद्धि करें। ➤ जरूरतमंद लोगों को भोजन, वस्त्र आदि दान करें। क्या न करें? ➤ ग्रहण के दौरान भोजन पकाने और खाने से बचें। ➤ इस समय पूजा-पाठ और अन्य धार्मिक कार्य न करें। ➤ कोई भी शुभ कार्य करने से परहेज करें। अंत में बता दें कि यह सूर्य ग्रहण खगोलीय दृष्टि से महत्वपूर्ण है लेकिन भारत में इसका कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। इसलिए भारतीय लोगों को इस ग्रहण के नियमों का पालन करने की जरूरत नहीं होगी।   recent visitors 36

उद्योगों की स्थापना में विभिन्न संवर्गों की आरक्षित दर पर भूखंडों का आवंटन : उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री

जयपुर, उद्योग मंत्री कर्नल राज्यवर्धन राठौड़ ने बुधवार को विधानसभा में कहा कि रीको के औद्योगिक क्षेत्रों में एससी/एसटी वर्ग के लिए 6 प्रतिशत,महिलाओं के लिए 5 प्रतिशत, बैंचमार्क विकलांगता वाले व्यक्ति को 3 प्रतिशत, पूर्व सैनिकों के लिए 2 प्रतिशत एवं सर्वोच्च बलिदानियों के आश्रितों को 1 प्रतिशत की आरक्षित दर पर भूखंड आवंटन किया जाता है। प्रदेश में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत 2022 से फरवरी, 2025 तक 62 पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित किया गया गया है। इसी तरह डॉ. भीमराव अम्बेडकर राजस्थान दलित आदिवासी उद्यम प्रोत्साहन योजना के तहत 2022 से फरवरी, 2025 तक 98 पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित किया गया गया है। उद्योग मंत्री प्रश्नकाल के दौरान सदस्य द्वारा इस सम्बन्ध में पूछे गए पूरक प्रश्नों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत 2022 से फरवरी, 2025 तक 62 पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित किया गया गया है। इसी तरह डॉ. भीमराव अम्बेडकर राजस्थान दलित आदिवासी उद्यम प्रोत्साहन योजना के तहत 2022 से फरवरी, 2025 तक 98 पात्र व्यक्तियों को लाभान्वित किया गया गया है। इससे पहले विधायक श्री कैलाशचंद्र मीणा के मूल प्रश्न के लिखित जवाब में उद्योग मंत्री ने जानकारी दी कि वर्तमान में बांसवाडा के परतापुर गढी रीको औद्योगिक क्षेत्र के विस्तार हेतु कोई प्रस्ताव विचाराधीन नहीं है। उन्होंने बताया कि रीको द्वारा स्थापित औद्योगिक क्षेत्रों में रीको भू-निपटान नियम, 1979 के नियम 3 (ए) (iv) के तहत आरक्षित औद्योगिक भूखण्डों पर ई-नीलामी में सफल बोलीदाता द्वारा प्रस्तुत दर पर उद्यमियों को  एससी/एसटी वर्ग को 50 प्रतिशत, एक्स.सर्विसमेन को 25 प्रतिशत, डिपेण्डेन्ड ऑफ disesed आर्मड फॉरसेस सर्विस पर्सनल/पैरामिलिट्री पर्सनल को 50 प्रतिशत, बैंचमार्क विकलांगता वाले व्यक्ति को 50 प्रतिशत एवं महिला उद्यमियों को 25 प्रतिशत की रियायत प्रदान की जाती है। नियम की प्रति उन्होंने सदन के पटल पर रखी। उन्होंने बताया कि टीएसपी क्षेत्र जिला बांसवाडा एवं विधानसभा गढी में बेरोजगार युवाओं हेतु स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर सृजित करने एवं उद्यम स्थापना तथा संचालन में सहयोग प्रदान करने के उद्द्देश्य से वर्तमान में प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम एवं अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के आवेदकों हेतु डॉ. भीमराव अम्बेडकर राजस्थान दलित आदिवासी उद्यम प्रोत्साहन योजना संचालित की जा रही है। उद्योग मंत्री ने जानकारी दी कि प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम के तहत विभिन्न वर्गों को परियोजना लागत पर 15 से 35 प्रतिशत अनुदान दिया जाता है। डॉ. भीमराव अम्बेडकर राजस्थान दलित आदिवासी उद्यम प्रोत्साहन योजना के तहत अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के आवेदकों को उद्यम लगाने हेतु परियोजना लागत पर 25 प्रतिशत (अधिकतम 25 लाख) मार्जिन मनी अनुदान एवं ऋण पर 6 से 9 प्रतिशत ब्याज अनुदान दिया जाता है। इसी प्रकार रीको द्वारा जिला बांसवाडा एवं डूंगरपुर में जनजाति बाहुल्य क्षेत्रीय औद्योगीकरण प्रोत्साहन योजना 2009-10 के तहत औद्योगिक प्रयोजनार्थ आवंटित भूमि पर 1 वर्ष में उत्पादन प्रारम्भ करने एवं 3 वर्ष तक निरन्तर उत्पादनरत रहने पर प्रथम वर्ष भूखण्ड की कीमत का 15 प्रतिशत, द्वितीय वर्ष भूखण्ड की कीमत का 15 प्रतिशत एवं तृतीय वर्ष भूखण्ड की कीमत का 20 प्रतिशत राशि के पुर्नभरण का प्रावधान है। योजना की प्रति उन्होंने सदन के पटल पर रखी। recent visitors 29

पीएम मोदी ने दी राष्ट्रीय दिवस की बधाई- भारत मॉरीशस में नई संसद के निर्माण में सहयोग करेगा

मॉरीशस प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को अपनी दो दिवसीय सरकारी यात्रा के दौरान मॉरीशस में एक संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। उन्होंने घोषणा की कि भारत, मॉरीशस में एक नए संसद भवन के निर्माण में सहयोग करेगा। पीएम मोदी ने कहा, आज, मॉरीशस के प्रधानमंत्री नवीन चंद्र रामगुलाम और मैंने भारत-मॉरीशस साझेदारी को 'बढ़ी हुई रणनीतिक साझेदारी' का दर्जा देने का फैसला किया। यह भारत की ओर से मॉरीशस को एक उपहार होगा।" उन्होंने इसे दोनों देशों के लोकतांत्रिक मूल्यों और मजबूत संबंधों का प्रतीक बताया। भारत-मॉरीशस के मजबूत रिश्ते प्रधानमंत्री मोदी ने भारत और मॉरीशस के ऐतिहासिक और सांस्कृतिक संबंधों पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि दोनों देश न केवल हिंद महासागर के जरिए जुड़े हैं, बल्कि परंपराओं और संस्कृति के भी साझेदार हैं। भारत और मॉरीशस ने विभिन्न क्षेत्रों में एक-दूसरे का समर्थन किया है, जिसमें स्वास्थ्य, अंतरिक्ष और रक्षा जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्र शामिल हैं। मॉरीशस के राष्ट्रीय दिवस पर बधाई प्रधानमंत्री मोदी ने 140 करोड़ भारतीयों की ओर से मॉरीशस के लोगों को उनके राष्ट्रीय दिवस पर बधाई दी। उन्होंने कहा कि यह उनके लिए गर्व की बात है कि उन्हें एक बार फिर मॉरीशस के राष्ट्रीय दिवस के अवसर पर वहां आने का मौका मिला। भारत और मॉरीशस के रिश्ते वर्षों से प्रगाढ़ रहे हैं, और इस यात्रा के दौरान लिए गए नए फैसले दोनों देशों के बीच सहयोग को और मजबूत करेंगे। recent visitors 16

दुनिया में हर धर्म और पूजा पद्धति में कुछ अच्छे गुण होते हैं, 1526 में विष्णु मंदिर तोड़कर नष्ट कर दिया गया: सीएम योगी

लखनऊ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुधवार को कहा कि इस्लाम से भी पहले के ग्रंथों में संभल का उल्लेख है। संभल में श्री हरि विष्णु मंदिर को 1526 में तोड़कर नष्ट कर दिया गया था। संभल का उल्लेख 5000 साल पुराने ग्रंथों में किया गया है। उनमें भगवान विष्णु के भावी अवतार का उल्लेख है। दूसरी ओर इस्लाम का उदय केवल 1,400 साल पहले हुआ। मैं ऐसी चीज़ की बात कर रहा हूं जो इस्लाम से कम से कम 2,000 साल पुरानी है। इन बातों के सबूत सदियों से मौजूद हैं। सीएम योगी ने कहा कि 1526 में संभल में भगवान विष्णु का मंदिर तोड़ा गया और दो साल बाद 1528 में अयोध्या में राम मंदिर को भी तोड़ दिया गया था। आरएसएस से जुड़ी साप्ताहिक पत्रिका 'ऑर्गनाइजर' द्वारा लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम 'मंथन: कुंभ और उसके आगे' में बोलते हुए उन्होंने कहा कि दोनों कृत्य एक ही व्यक्ति द्वारा किए गए थे। आदित्यनाथ ने कहा कि दुनिया में हर धर्म और पूजा पद्धति में कुछ अच्छे गुण होते हैं। मुख्यमंत्री ने जोर देकर कहा कि किसी की आस्था को जबरन छीनना और उनकी मान्यताओं को कुचलना अस्वीकार्य है। खासकर जब हम संभल के बारे में सच्चाई जानते हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि संभल एक ऐतिहासिक सत्य का प्रतिनिधित्व करता है और उन्होंने हमेशा इसके बारे में खुलकर बात की है। उन्होंने कहा कि मैं योगी हूं। मैं हर संप्रदाय, समुदाय और पूजा पद्धति का सम्मान करता हूं। अगर आप गोरखनाथ पीठ जाएं, तो आप देखेंगे कि वहां किसी के साथ कोई भेदभाव नहीं है। सभी जाति, क्षेत्र और संप्रदाय के लोग एक साथ बैठकर एक ही थाली में भोजन करते हैं। हमारे पूज्य संत, चाहे वे किसी भी धर्म से जुड़े हों, एक साथ बैठकर भोजन करते हैं और उन्हें समान सम्मान मिलता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि इसलिए मैं कहता हूं कि भारत की वैदिक परंपरा की भावना, जैसा कि उपनिषदों में व्यक्त किया गया है, हमारे अंदर गहराई से समाहित है। पूजा की हर पद्धति, चाहे वह सनातन धर्म से जुड़ी हो या दुनिया के किसी भी अन्य धर्म से, उसमें कुछ अंतर्निहित अच्छाइयां होती हैं, यही वजह है कि इतने सारे लोग उनका पालन करते हैं। विपक्षी दलों और आलोचकों की ओर इशारा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इन लोगों को पहले धर्मग्रंथों को पढ़ना चाहिए, उसके बाद ही मुझे उन पर बहस करने की चुनौती देनी चाहिए। recent visitors 24

छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने एक्स पर शेयर भोजन करते वीडियो

रायपुर छत्तीसगढ़ के वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने अपने गांव से एक वीडियो जारी किया है, जिसमें वे अपनी गांव के घर में भोजन करते नजर आ रहे हैं. खास बात यह है कि इस वीडियो में ओपी चौधरी गांव में हरियाली के बीच घर के छत पर सुकून से खाट पर बैठकर खाना खा रहे हैं. इस वीडियो को एक्स पर शेयर करते हुए उन्होंने छत्तीसगढ़ी में लिखा कि “गांव घर के सोन्हा खुसबू, खटिया के सुकुन, अउ दाल-भात-चटनी के सुवाद… जय हो छत्तीसगढ़ महतारी.” recent visitors 23

संतुलित,व्यापक और देश के समग्र विकास पर केंद्रित है मध्यप्रदेश का बजट – डा.राजीव जैन

Madhya Pradesh’s budget is balanced, comprehensive and focused on the overall development of the country – Dr. Rajiv Jain भोपाल (सुशील दामले) | मध्यप्रदेश के बजट 2025-26 में विभिन्न क्षेत्रों पर विशेष ध्यान दिया गया है, जैसे कि कृषि, शिक्षा, स्वास्थ्य, खेल, महिला सशक्तिकरण, औद्योगिक विकास, बुनियादी ढांचे, और रोजगार सृजन। यह बजट संतुलित और व्यापक है, जो देश के समग्र विकास पर केंद्रित है¹।शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र में प्रावधान कृषि क्षेत्र में प्रावधान नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा को बढ़ावा यह बजट मध्यप्रदेश के विकास के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है, जो देश के समग्र विकास पर केंद्रित है। डा.राजीव जैनसंयोजक एवं प्रवक्ताब्लाइंड क्रिकेट एसोसिएशन इंडिया एमपी चैप्टर भोपाल। recent visitors 100