पार्षद पति की दबंगई, सफाई कर्मचारी को जमकर पीटा, पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ की एफआईआर

बिलासपुर  नगर पंचायत बोदरी के पार्षद पति व उसके साथियों ने मिलकर सफाई कर्मचारी की पिटाई कर दी. जिससे उसे चोटें आई है. इसके बाद वहां भारी संख्या में भीड़ जुट गई. सूचना पर पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और दोनों पक्षों को शांत कराया. इस मामले में पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ अपराध दर्ज किया है. चकरभाठा पुलिस ने बताया कि चकरभाठा वार्ड क्रमांक 7 निवासी प्रशांत वर्मा सफाई कर्मचारी है. 14 मार्च को शाम 6 बजे सत्तर खोली के पास था. वहां वार्ड क्रमांक 7 का पार्षद पति आशीष खत्री व उनके अन्य साथियों ने गाली-गलौज करते हुए प्रशांत के साथ मारपीट की. इस मामले की रिपोर्ट दर्ज करवाने थाने जाते समय पीड़ित का दोस्त सुमित चौहान, पंकज वर्मा के साथ भी मारपीट की गई. वहीं, आशीष खत्री ने भी प्रशांत व उसके साथियों पर मारपीट करने का आरोप लगाया है. पुलिस ने दोनों पक्षों के खिलाफ अपराध दर्ज कर आगे की कार्रवाई में जुट गई है. वहीं, दूसरे प्रकरण में चकरभाठा वार्ड क्रमांक 8 निवासी प्रकाश मत्तानी ने अपराध दर्ज कराया है कि 14 मार्च को शाम 6.30 बजे घर से अपने बाइक से रवि के साथ नयापारा की ओर जा रहा था. रास्ते में वार्ड क्रमांक 7 सत्तर खोली चकरभाठा के पास जीत वर्मा अपने साथियिं के साथ मिला. उसने मारपीट का आरोप लगाते हुए प्रकाश की पिटाई कर दी. recent visitors 34

राजधानी रायपुर और बिलासपुर में पारा 40 डिग्री के पार, मार्च के महीने में ही शुरू AC और कुलर

रायपुर मार्च के महीने में ही में सूरज की किरणें झुलसाने लगी हैं. राजधानी रायपुर और बिलासपुर में पारा 40 डिग्री के पार पहुंच गया है. मध्य छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में शनिवार को ग्रीष्म लहर चली. रविवार को भी मौसम विभाग ने मध्य छत्तीसगढ़ में लू चलने की चेतावनी जारी की है. रायपुर में शनिवार को अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. इसके चलते भारी गर्मी का अहसास हो रहा था. रायपुर शहर 16 मार्च को आकाश आंशिक मेघमय रहने की संभावना है. अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है. मौसम विभाग के मुताबिक छत्तीसगढ़ में अगले 48 घंटो में अधिकतम तापमान में कोई विशेष परिवर्तन नहीं होने की संभावना है. उसके पश्चात आगामी 3 दिनों में 2-3 डिग्री सेल्सियस की गिरावट आ सकती है. प्रदेश में सर्वाधिक अधिकतम तापमान 40.5 डिग्री सेल्सियस बिलासपुर में दर्ज किया गया. उत्तरी पाकिस्तान और उसके आसपास के क्षेत्रों में चक्रवाती परिसंचरण के रूप में पश्चिमी विक्षोभ अब उत्तरी पाकिस्तान और उससे सटे जम्मू क्षेत्र में औसत समुद्र तल से 3.1 और 9.6 किमी ऊपर स्थित है. इसके चलते प्रदेश में मौसम शुष्क रहने की संभावना है. साथ ही मध्य छत्तीसगढ़ में एक-दो स्थानों पर ग्रीष्म लहर चलने की संभावना है. 2 दिनों के बाद प्रदेश में एक-दो स्थानों पर हल्की वर्षा होने की संभावना है. घरों में चलने लगे AC और कूलर तेजी से बढ़ना चालू हो गए तापमान के कारण पिछले तीन दिनों से लोग बेचैन हैं. शाम को हल्की ठंडक रहती है, लेकिन दोपहर और दिन ढलने के बाद कूलर और एसी की जरूरत पड़ने लगी है. मौसम विभाग ने पिछले ही महीने अपने मौसम पूर्वानुमान में चेताया था कि इस साल मार्च से ही गर्मी अपने तेवर दिखाने चालू कर देगी. प्रशांत महासागर में सक्रिय ला नीना इफेक्ट गर्मी को और बढ़ाएगा. इस वजह से मार्च से लेकर अप्रैल और मई तक जोरदार गर्मी पड़ने की संभावना है. ग्रीष्म लहर के लिए दो शर्तें है आवश्यक मौसम विभाग के अनुसार ग्रीष्म लहर के लिए अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक होना चाहिए. या अधिकतम तापमान सामान्य से 4.5 डिग्री सेल्सियस या उससे अधिक होना चाहिए. आंकड़ों के मुताबिक में बिलासपुर  40.5 डिग्री सेल्सियस और रायपुर का अधिकतम तापमान 40 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है. जो सामान्य से 5.3 डिग्री ज्यादा है. माना हवाई अड्डे पर आज दिन का अधिकतम तापमान 39.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो आज के दिन के सामान्य तापमान से छह डिग्री ज्यादा था. पेंड्रा रोड के तापमान 39.5 डिग्री था, जो सामान्य से साढ़े 7 डिग्री ज्यादा रहा. recent visitors 36

कर्नाटक सरकार ने मुस्लिम के लिए उठाया ये बड़ा कदम, बीजेपी ने लगाया तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप

बेंगलूरू कर्नाटक सरकार ने हाल ही में एक बड़ा निर्णय लिया है, जिससे राजनीतिक माहौल में हड़कंप मच गया है। राज्य सरकार ने मुस्लिम ठेकेदारों को सरकारी निविदाओं में 4 प्रतिशत आरक्षण देने का प्रस्ताव पारित किया है। यह फैसला राज्य के मुख्यमंत्री सिद्धारमैया की अध्यक्षता में हुई एक कैबिनेट बैठक में लिया गया। इसके साथ ही कर्नाटक सरकार ने कर्नाटक ग्राम स्वराज और पंचायत राज (संशोधन) विधेयक को भी मंजूरी दी। इस फैसले से जहां एक तरफ मुस्लिम ठेकेदारों में खुशी की लहर है, वहीं दूसरी तरफ भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने कांग्रेस पर तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया है। कर्नाटक सरकार का बड़ा कदम कर्नाटक सरकार ने अब सरकारी निविदाओं में मुस्लिम ठेकेदारों के लिए 4 प्रतिशत आरक्षण देने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने शुक्रवार को कर्नाटक ट्रांसपेरेंसी इन पब्लिक प्रोक्योर्मेंट (KTPP) एक्ट में बदलाव का प्रस्ताव पेश किया, जिसे कैबिनेट ने मंजूरी दे दी। इस बदलाव के बाद, अब एक करोड़ रुपये तक की निविदाओं में मुस्लिम ठेकेदारों को 4 प्रतिशत आरक्षण मिलेगा। यह निर्णय कर्नाटक के मुस्लिम ठेकेदारों के लिए महत्वपूर्ण है क्योंकि इससे उन्हें सरकारी टेंडर हासिल करने में कुछ हद तक सहूलियत हो सकती है। हालांकि, इस फैसले के राजनीतिक और कानूनी पहलू भी हैं, जिन पर बहस हो रही है। भाजपा का तुष्टीकरण की राजनीति का आरोप कर्नाटक सरकार के इस फैसले के बाद, भाजपा ने कांग्रेस पर तुष्टीकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया है। भाजपा के वरिष्ठ नेता रविशंकर प्रसाद ने शनिवार को एक प्रेस वार्ता में कहा कि कर्नाटक सरकार का यह कदम राहुल गांधी के पूर्ण समर्थन से लिया गया है। उन्होंने यह भी कहा कि यह कदम राहुल गांधी की "मानसिकता" को दर्शाता है और कांग्रेस केवल एक समुदाय को खुश करने के लिए ऐसे फैसले ले रही है। रविशंकर प्रसाद ने कहा, "कर्नाटक सरकार ने इस फैसले को पारित करने से पहले यह सुनिश्चित किया कि राहुल गांधी का पूरा समर्थन हो।" इसके साथ ही उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस के नेता ऐसे निर्णयों के माध्यम से देश में धार्मिक असंतुलन को बढ़ावा दे रहे हैं। मुस्लिम ठेकेदारों के लिए 4% आरक्षण कर्नाटक सरकार द्वारा पारित इस प्रस्ताव के बाद, एक करोड़ रुपये तक की सरकारी निविदाओं में मुस्लिम ठेकेदारों के लिए 4 प्रतिशत आरक्षण का रास्ता साफ हो गया है। इसका मुख्य उद्देश्य मुस्लिम समुदाय के ठेकेदारों को सरकारी ठेकों में समान अवसर प्रदान करना है। कर्नाटक सरकार का कहना है कि इस निर्णय से मुस्लिम ठेकेदारों को सार्वजनिक कार्यों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा। वहीं, विपक्षी पार्टी भाजपा का कहना है कि यह कदम असंवैधानिक है और धर्म आधारित आरक्षण संविधान के खिलाफ है।   भाजपा ने दी संविधान का हवाला भा.ज.पा. नेता रविशंकर प्रसाद ने स्पष्ट रूप से कहा कि सरकारी ठेकेों में धर्म आधारित आरक्षण पूरी तरह से असंवैधानिक है। उनका कहना है कि भारतीय संविधान में धर्म के आधार पर आरक्षण की कोई व्यवस्था नहीं है। उन्होंने यह भी कहा कि केवल सामाजिक पिछड़ेपन के आधार पर आरक्षण की अनुमति दी जा सकती है, न कि किसी विशेष धार्मिक समुदाय के लिए सीधे आरक्षण दिया जा सकता है। रविशंकर प्रसाद ने इस फैसले को राष्ट्रीय स्तर पर एक खतरनाक कदम बताया और कहा कि इस तरह के निर्णय राष्ट्र की एकता और अखंडता को खतरे में डाल सकते हैं। उनका कहना था, "स्वतंत्रता संग्राम के दौरान छोटे-छोटे मुद्दों के आधार पर विभाजन हुआ था। इस प्रकार की नीतियां भी भविष्य में किसी बड़े विभाजन का कारण बन सकती हैं।"   recent visitors 55

CM ने जिला अधिवक्ता संघ के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को दिलाई शपथ

रायपुर जशपुर जिला व्यवहार न्यायालय में आयोजित जिला अधिवक्ता संघ के शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को शपथ दिलाई और उन्हें न्यायिक सेवा के प्रति समर्पण का संकल्प दिलाते हुए शुभकामनाएं दीं। समारोह में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री मंसूर अहमद, अतिरिक्त जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री जनार्दन खरे, विधायक श्रीमती गोमती साय और श्रीमती रायमुनी भगत सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। शपथ ग्रहण करने वालों में अध्यक्ष श्री ओम प्रकाश साय, वरिष्ठ उपाध्यक्ष श्री जनार्दन प्रसाद सिन्हा, कनिष्ठ उपाध्यक्ष श्रीमती दीपिका कुजूर, सचिव श्री सत्य प्रकाश तिवारी, सह सचिव श्री सूरज चौरसिया, कोषाध्यक्ष श्री सुचेन्द्र कुमार सिंह, ग्रंथपाल श्री गोपाल प्रसाद रवानी और क्रीड़ा एवं सांस्कृतिक सचिव श्री सत्येन्द्र जोल्हे शामिल थे। मुख्यमंत्री  श्री साय ने अधिवक्ता संघ के सभी पदाधिकारियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि न्यायपालिका लोकतंत्र की रीढ़ है और अधिवक्ताओं की इसमें प्रमुख भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि अधिवक्ताओं को पूरी प्रतिबद्धता और समर्पण के साथ न्याय प्रक्रिया को तेज करने में योगदान देना चाहिए, ताकि समाज के सबसे वंचित तबके को भी न्याय सुलभ हो सके। जशपुर अधिवक्ता संघ की ऐतिहासिक भूमिका और न्याय की परंपरा मुख्यमंत्री श्री साय ने जशपुर जिला अधिवक्ता संघ के ऐतिहासिक योगदान की चर्चा करते हुए कहा कि यह संघ हमेशा से सामाजिक न्याय और विधिक सेवा में अग्रणी रहा है। उन्होंने श्री भारतचंद काबरा, श्री बालासाहेब देशपांडे और श्री नरहरि साय जैसी विभूतियों का स्मरण करते हुए कहा कि इन सभी ने शोषित, पीड़ित और वंचित लोगों को न्याय दिलाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने अधिवक्ताओं से आह्वान किया कि वे इस परंपरा को बनाए रखते हुए लोगों के अधिकारों की रक्षा करें और उनके लिए न्याय की राह को सुगम बनाएं। बार काउंसिल के जीर्णोद्धार एवं ई-लाइब्रेरी के लिए 1 करोड़ रुपये की घोषणा मुख्यमंत्री श्री साय ने अधिवक्ताओं के लिए सुविधा और संसाधनों को आधुनिक बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए बार काउंसिल के जीर्णोद्धार और ई-लाइब्रेरी के निर्माण हेतु 1 करोड़ रुपये की घोषणा की। उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक के इस दौर में ई-लाइब्रेरी से अधिवक्ताओं और कानून के छात्रों को नवीनतम विधिक जानकारी और अद्यतन संदर्भ सामग्री तक सहज पहुंच प्राप्त होगी। इससे न्यायिक प्रक्रियाओं में दक्षता बढ़ेगी और नए अधिवक्ताओं को अध्ययन व अनुसंधान के बेहतर अवसर मिलेंगे। न्यायपालिका और अधिवक्ता संघ का अटूट रिश्ता – प्रधान जिला न्यायाधीश इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री मंसूर अहमद ने कहा कि न्यायपालिका और अधिवक्ता संघ के बीच अटूट रिश्ता है, और दोनों को मिलकर समाज में न्याय और विधि व्यवस्था को सुदृढ़ करने के लिए कार्य करना  चाहिए। उन्होंने अधिवक्ताओं को न्याय की गरिमा बनाए रखने और विधिक सेवा को समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने की अपील की। इस अवसर पर वक्ताओं ने अधिवक्ताओं की समाज में भूमिका, विधिक सहायता की आवश्यकता और न्याय प्रणाली को अधिक प्रभावी बनाने के उपायों पर विचार साझा किए। शपथ ग्रहण समारोह में कलेक्टर श्री रोहित व्यास, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्री शशिमोहन सिंह, पवन साय, कृष्ण कुमार राय, रामप्रताप सिंह सहित कई वरिष्ठ अधिवक्ता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे। recent visitors 66

सपना देखा, संघर्ष किया और एक साथ हासिल की सफलता, तीन भाइयों का यूपी पुलिस में हुआ चयन

गोरखपुर सफलता सिर्फ मेहनत से नहीं, अनुशासन, समर्पण और सही दिशा में किए गए प्रयासों से भी मिलती है। यही कहानी है झंगहा के मोतीराम अड्डा,दुबियारी दाड़ी टोला के रहने वाले राजकिशोर पाल के तीन बेटों धीरज, नीरज और अमन की। इन्होंने एक साथ उत्तर प्रदेश पुलिस की सिपाही भर्ती परीक्षा पास कर घर और गांव का नाम रोशन किया। तीनों भाइयों ने अपने बाबा विश्वनाथ पाल और पिता राजकिशोर पाल से प्रेरणा लेकर बचपन में ही पुलिस फोर्स में जाने का सपना देखा था, जिसे अब हकीकत बना दिया है। तीनों भाइयों की सफलता कोई संयोग नहीं, बल्कि वर्षों की मेहनत और अनुशासन का परिणाम है। इनके बाबा विश्वनाथ पाल सेना में थे, जिनकी कहानियां सुनकर ही राजकिशोर पाल ने 30वीं बटालियन पीएसी में भर्ती होकर देशसेवा की राह चुनी। यही संस्कार धीरज (29), नीरज (27) और अमन (25) को भी मिले। इनके घर में अनुशासन और कड़ी मेहनत की परंपरा शुरू से रही।तीनों भाइयों ने इंटर की पढ़ाई पूरी करने के बाद से ही पुलिस भर्ती की तैयारी शुरू कर दी। सुबह-सुबह अवधपुर गांव में स्थित शांति देवी के बगीचे में दौड़ लगाना, व्यायाम करना और फिर पढ़ाई में जुट जाना,यह उनकी दिनचर्या बन गई थी। इनके साथ तीन लड़कियों समेत चार अन्य लोग भी तैयारी कर रहे थे। सभी एक-दूसरे का सहयोग करते थे और किसी की हिम्मत न टूटने देते। हर दिन चार से पांच घंटे पढ़ाई, शारीरिक प्रशिक्षण और अनुशासन इनकी सफलता की कहानी का हिस्सा बना। पिता का अनुशासन और मां का समर्पण बना ताकत राजकिशोर पाल की पत्नी आशा देवी गृहिणी हैं, लेकिन उनके अंदर भी वही अनुशासन है जो एक फौजी परिवार में होना चाहिए। तीनों बेटों की दिनचर्या, खान-पान और पढ़ाई को लेकर वे बेहद सख्त रहती थीं। पिता राजकिशोर पाल ने हमेशा सिखाया कि अगर लक्ष्य बड़ा हो, तो मेहनत भी उतनी ही बड़ी होनी चाहिए। तीनों भाइयों का कहना है, बाबा ने सेना की वर्दी पहनी, पिता जी पीएसी की वर्दी में देशसेवा कर रहे हैं और अब हम तीनों यूपी पुलिस में शामिल होकर उसी परंपरा को आगे बढ़ाएंगे। गांव में जश्न, पूरे इलाके में खुशी का माहौल जैसे ही तीनों भाइयों के चयन की खबर आई, पूरा गांव खुशी से झूम उठा। घर में मिठाइयां बंटी, ढोल-नगाड़े बजे और पूरे इलाके में तीनों भाइयों की सफलता की चर्चा होने लगी। यह सिर्फ एक परिवार की सफलता नहीं, बल्कि गांव के हर उस युवा के लिए प्रेरणा बन गई, जो मेहनत कर अपने सपनों को सच करना चाहता है। छोटा भाई भी पढ़ाई में जुटा तीनों भाइयों के अलावा घर में सबसे छोटा भाई आकाश बीटेक की पढ़ाई झांसी में कर रहा है। वह भी अपने भाइयों की सफलता से प्रेरित होकर खुद के लिए बड़ा लक्ष्य तय कर चुका है। संघर्ष और जिम्मेदारी के बीच धीरज को मिली सफलता धीरज पाल की शादी वर्ष 2022 में हुई थी। उनका डेढ़ वर्ष का बेटा रुद्र है। पत्नी प्रियंका भी उनकी सफलता से बेहद खुश हैं। शादी के बाद भी धीरज ने अपने लक्ष्य से समझौता नहीं किया और पूरी मेहनत से तैयारी जारी रखी।परिवार की जिम्मेदारियों के साथ उन्होंने फोर्स में भर्ती होने का सपना जिंदा रखा और आखिरकार सफलता हासिल की। खास बात यह है कि उन्होंने लोको पायलट की प्रारंभिक परीक्षा भी पास कर ली है, जिससे उनकी मेहनत और लगन का अंदाजा लगाया जा सकता है। recent visitors 56

यूपी भाजपा ने जारी की नए जिला अध्यक्षों की लिस्ट, कुछ को दिया दोबारा तो कुछ को बनाया नया अध्यक्ष

लखनऊ उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी ने नए जिला अध्यक्षों की लिस्ट जारी कर दी है। इटावा से अन्नू गुप्ता, रामपुर से हरीश गंगवार, मथुरा से निर्भय पांडेय, बुलंदशहर में विकास चौहान को दोबारा जिला अध्यक्ष बनाया गया है। मैनपुरी से ममता राजपूत, मथुरा से महानगर अध्यक्ष बने राजू यादव, मुरादाबाद से आकाश पाल, बहराइच से ब्रजेश पांडेय दोबारा मौका मिला, फर्रुखाबाद में फतेह चंद्र वर्मा, ओम प्रकाश राय को गाजीपुर का जिलाध्यक्ष बनाया गया। अमेठी में सुधांशु शुक्ला, उन्नाव में अनुराग अवस्थी, आजमगढ़ से ध्रुव सिंह, हरदोई में बीजेपी के जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन, ललितपुर के नए जिलाध्यक्ष हरिश्चंद्र रावत के रूप में कार्य करने का मौका मिला है जबकि यूपी के 26 जिलों के अध्यक्ष और महानगर की चुनाव की प्रक्रिया रोकी गई। गौरतलब है कि जिला अध्यक्षों की लिस्ट 30 दिसंबर तक होनी थी, लेकिन नहीं हो सकी है। इसको लेकर कई तरह की बातें सामने आ रही हैं की लोगों में आपसी खींचतान और सामाजिक समीकरण ठीक से नहीं बैठ रहा है। जिससे कई जिलों में अध्यक्ष को लेकर आम सहमति नहीं बन पा रही है, लेकिन नई लिस्ट में दलितों और महिलाओं की हिस्सेदारी पर सहमति बन गई है। फिर नए नामों की लिस्ट जारी की गई है। फिलहाल 26 जिलों के अध्यक्ष और महानगर की चुनाव की प्रक्रिया रोकी गई। भाजपा के नवनिर्वाचित जिलाध्यक्षों की सूची- क्र. सं. जिला जिलाध्यक्ष का नाम 1 बुलंदशहर विकास चौहान  2 कानपुर ग्रामीण उपेंद्र नाथ पासवान 3 कानपुर देहात रेणुका सचान 4 कानपुर महानगर दक्षिण शिवराम सिंह चौहान 5 कानपुर महानगर उत्तर अनिल दीक्षित 6 सोनभद्र नंदलाल गुप्ता 7 प्रयागराज महानगर संजय शुक्ला 8 प्रयागराज यमुनापार राजेश शुक्ला 9 प्रयागराज गंगापार निर्मला पासवान 10 गाजीपुर ओम प्रकाश राय 11 सुल्तानपुर सुशील त्रिपाठी 12 मछलीशहर डॉ. अजय कुमार सिंह 13 भदोही दीपक मिश्रा 14 प्रतापगढ़ आशीष श्रीवास्तव 15 गाजीपुर ओमप्रकाश राजभर 16 वाराणसी महानगर अध्यक्ष प्रदीप अग्रहरि 17 कासगंज नीरज शर्मा 18 गोरखपुर जनार्दन तिवारी 19 औरैया सर्वेश कठेरिया 20 सुल्तानपुर सुशील त्रिपाठी 21 हरदोई अजीत सिंह बब्बन 22 उन्नाव अनुराग अवस्थी 23 अमेठी सुधांशु शुक्ला 24 फर्रुखाबाद फतेहचंद्र वर्मा 25 बहराइच ब्रजेश पांडेय (दूसरी बार) 26 रामपुर हरीश गंगवार 27 ललितपुर हरिश्चंद्र रावत 28 इटावा अन्नू गुप्ता 29 मथुरा महानगर अध्यक्ष राजू यादव 30 मथुरा निर्भय पांडेय 30 इटावा अरुण कुमार गुप्ता 31 मैनपुरी ममता राजपूत 32 लखनऊ महानगर आनंद द्विवेदी 33 बलरामपुर रवि मिश्रा 34 उन्नाव अनुराग अवस्थी 35 फिरोजाबाद महानगर अध्यक्ष सतीश दिवाकर  36 गौतम बुद्धनगर अभिषेक शर्मा  37 नोएडा महानगर महेश चौहान 38 लालगंज विनोद राजभर 39 आजमगढ़ ध्रुव सिंह  40 गोरखपुर महानगर अध्यक्ष देवेश श्रीवास्तव 41 गोरखपुर जनार्दन तिवारी  42 रायबरेली बुद्धि लाल 43 लखनऊ जिला विजय मौर्या 44 गाजियाबाद महानगर अध्यक्ष मयंक गोयल 45 कासगंज नीरज शर्मा   46 मुरादाबाद महानगर अध्यक्ष गिरीश भंडुला 47 मुरादाबाद  आकाश पाल (दोबारा चुने गए) 48 आगरा जिला प्रशांत पोनिया 49 आगरा महानगर अध्यक्ष राजकुमार गुप्ता   50 अमेठी सुधांशु शुक्ला   भाजपा के नवनिर्वाचित जिलाध्य्क्ष- क्र. सं. जिला जिलाध्यक्ष 51 ललितपुर हरिश्चंद्र रावत  52 गाजीपुर ओमप्रकाश राय 53 बदायूं राजीव कुमार गुप्ता 54 श्रावस्ती मिश्रीलाल वर्मा 55 बहराइच  बृजेश पांडेय (दोबारा) 56 बिजनौर भूपेंद्र सिंह चौहान 'बॉबी' 57 गोंडा  अमर किशोर कश्यप उर्फ बमबम 58 संभल  हरेंद्र चौधरी 59 सहारनपुर महानगर शीतल विष्णोई 60 मुजफ्फरनगर सुधीर सैनी 61 झांसी जिला प्रदीप पटेल 62 महोबा मोहनलाल कुशवाह 63 चित्रकूट महेन्द्र कोटार्य 64 संत कबीरनगर नीतू सिंह 65 महाराजगंज अशोक उर्फ़ संजय पांडेय 66 मऊ रामाश्रय मौर्य 67 कुशीनगर दुर्गेश राय 68 बस्ती विवेकानंद मिश्रा 69 बलिया संजय मिश्रा 70 मेरठ महानगर विवेक रस्तोगी 71 शाहजहांपुर ज़िला कृष्ण चंद मिश्रा 72 शाहजहांपुर महानगर शिल्पी गुप्ता recent visitors 56

बैतूल आइल मिल में बड़ा हादसा, दो कर्मचारियों के शव मिले, पुलिस ने शुरू की जांच

बैतूल बैतूल के सदर क्षेत्र में स्थित बैतूल आइल मिल में बड़ा हादसा हो गया। पूर्व कांग्रेस विधायक निलय डागा और उनके परिवार के स्वामित्व वाली मिल के वाटर ट्रीटमेंट टैंक में गिरने से दो कर्मचारियों की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद हड़कंप मच गया और फैक्ट्री प्रबंधन ने तत्काल पुलिस और परिजनों को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस और एसडीईआरएफ की टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद दोनों शवों को टैंक से बाहर निकाला और जिला अस्पताल भेज दिया।     हादसे में जान गंवाने वाले कर्मचारियों की पहचान कैलाश पानकर (53 वर्ष), निवासी कंपनी गार्डन, बैतूल और दयाराम नरवरे (56 वर्ष), निवासी रामनगर गंज, बैतूल के रूप में हुई है। दोनों ही मिल में मशीन ऑपरेटर के तौर पर कार्यरत थे। बैतूल आइल मिल के मैनेजर अजय कुमार मिश्रा ने बताया कि टैंक की सफाई हर दो महीने में एक बार की जाती है। शनिवार रात की शिफ्ट (शाम 4 बजे से रात 12 बजे) के दौरान कैलाश पानकर और दयाराम नरवरे सफाई के लिए टैंक में उतरे थे। जब रात 12 बजे उनकी ड्यूटी समाप्त हुई और दूसरी शिफ्ट के कर्मचारी पहुंचे, तो उन्होंने दोनों को टैंक के अंदर पड़ा पाया। तुरंत फैक्ट्री प्रबंधन को सूचना दी गई, जिसके बाद पुलिस और राहत दल मौके पर पहुंचे। 50 लाख रुपये मुआवजा देने की मांग घटना की जानकारी मिलते ही मृतकों के स्वजन और स्थानीय लोग अस्पताल पहुंच गए। गुस्साए स्वजन ने 50 लाख रुपये मुआवजे और अन्य सुविधाओं की मांग को लेकर अस्पताल के सामने चक्काजाम कर दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि मिल प्रबंधन की लापरवाही के कारण यह हादसा हुआ है। अस्पताल में तनावपूर्ण माहौल स्थिति को नियंत्रण में लाने के लिए पुलिस, प्रशासन और मिल प्रबंधन के अधिकारी लगातार स्वजन से बातचीत कर रहे हैं। इस दौरान अस्पताल में तनावपूर्ण माहौल बना है। स्वजन ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया और अपनी मांगों को पूरा करने की शर्त रखी। हादसे के कारणों की जांच जारी एसडीओपी शालिनी परस्ते ने बताया कि हादसे के कारणों की जांच की जा रही है। टैंक में उतरने के दौरान सुरक्षा उपकरणों का इस्तेमाल किया गया था या नहीं, यह भी जांच का विषय है। पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही है और मिल प्रबंधन से भी पूछताछ की जा रही है।   recent visitors 34