हफ्ते में दो दिन सीएम मोहन से लेकर विधायक तक सब रहेंगे भोपाल में

भोपाल मध्य प्रदेश में भाजपा समन्वय की नई नीति पर काम शुरू कर रही है। इसके लिए पार्टी नई रीति नीति की राह में आगे बढ़ रही है। अब सभी मंत्री और भाजपा के विधायकों को सोमवार और मंगलवार को राजधानी भोपाल में ही रहना होगा। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि विधायक अपने क्षेत्र के विकास कार्यों को राजधानी भोपाल के स्तर से पूरे करवाएं। अगर कहीं किसी कार्य में देरी हो रही है या अन्य कोई समस्या हो तो वे सीधे विभागीय मंत्री, उच्च अधिकारियों को सीधे सूचित करवा सकें। इतना ही नहीं अगर कोई बड़ी बाधा हो तो सीधे मुख्यमंत्री के ध्यान में ला सकें। सोमवार मंगलवार का दिन इसलिए भी तय किया गया है क्योंकि अक्सर मंगलवार को ही मंत्रालय में कैबिनेट की बैठक होती है। जिसमें अधिकांश मंत्री मौजूद रहते हैं। ऐसे में विधायक मंत्रियों से मिलकर अपने विधानसभा क्षेत्रों के रोडमैप पर होने वाले काम की जानकारी देंगे। जिससे कामों में तेजी लाई जा सकेगी। सोमवार और मंगलवार राजधानी भोपाल में सीएम डॉ. मोहन यादव ने पिछले दिनों मंत्रियों से भी कहा है कि वे विधायकों से मिलें और उनकी बातों को तवज्जो दें। मोहन यादव के अनुसार सभी विधायक और मंत्री सोमवार, मंगलवार को भोपाल में रहें। उसके बाद वे अपने क्षेत्र में जाएं और विकास कार्यों पर सतत निगरानी बनाए रखें। इसे लेकर सीएम ने भी निर्देश दिए हैं। सरकारी अफसरों को भी निर्देश इतना ही नहीं सरकार ने विधायक मंत्रियों के अलावा सभी विभागों के प्रमुख सचिव, आयुक्तों, संचालकों सहित अन्य अधिकारियों से भी कहा है। वे भी सोमवार और मंगलवार को हमेशा अपने ऑफिस में मौजूद रहें। सीएम ने कहा कि विधायकों की किसी भी समस्या को तत्काल संज्ञान में लाएं और सभी काम तेजी से पूरे करवाएं। विकास कार्यों में आएगी तेजी विधायक दल की बैठक में कई विधायकों ने मुख्यमंत्री से यह कहा था कि कई कामों में सरकारी अधिकारी नियमों का अड़ंगा डालकर काम नहीं बढ़ाते हैं। ऐसे में जनता के बीच जाकर विधायकों को असहज होना पड़ता है। कई विधायकों ने मंत्रियों से मुलाकात नहीं हो पाने और तवज्जो नहीं मिलने का मसला संभागवार बैठक के दौरान उठाया था। इसके बाद डॉ. मोहन यादव ने साफ कर दिया था कि सभी विधायकों से मिलने के लिए मंत्री समय निकालें। इससे प्रदेश में विकास कार्यों की रफ्तार तेज होगी। recent visitors 119

मथुरा जंक्शन पर इनामी बदमाश के साथ जीआरपी की मुठभेड़, बदमाश को किया गिरफ्तार

मथुरा उत्तर प्रदेश के मथुरा में रविवार को मथुरा जंक्शन रेलवे स्टेशन पर जीआरपी और इनामी बदमाश के बीच मुठभेड़ हो गई। घटना से यात्रियों में अफरातफरी मच गई। जीआरपी टीम ने तत्काल घेराबंदी की। सूझबूझ से किसी यात्री को चोट पहुंचे बिना बदमाश को गिरफ्तार कर लिया। इस पर 15 इनाम घोषित था।   घटना दोपहर करीब 1:30 बजे की है। जंक्शन के प्लेटफार्म नंबर एक पर यात्रियों की भीड़ थी। इसी समय जीआरपी टीम को सूचना मिली कि 15 हजार का इनामी बदमाश सत्य प्रकाश पुत्र रामबाबू, निवासी नगला छत्ती, थाना फरह मौजूद है। उसके पास अवैध असलाह है। वह किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में आगरा एंड पर मौजूद है। सूचना पर जीआरपी टीम ने बदमाश को पकड़ने के लिए घेराबंदी की। घिरता देख बदमाश ने भागते हुए जीआरपी टीम पर गोली चला दी। बदमाश के हमले से पुलिस बाल-बाल बच गई। पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की। घेराबंदी कर आरोपी सत्यप्रकाश को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से तमंचा कारतूस और जमीन पर गिरा खाली खोखा बरामद किया है।   आरोपी के पास से बरामद बैग से पुलिस ने करीब ढाई लाख रुपए के जेवर बरामद किए हैं। ये जेवर आरोपी ने ट्रेन में सफर कर रही महिला यात्रियों से चुराए थे। थानाध्यक्ष जीआरपी संदीप तोमर ने बताया कि आरोपी सत्य प्रकाश ने 14 फरवरी 2024 को आंध्र एक्सप्रेस ट्रेन में सफर कर रही महाराष्ट्र निवासी महिला यात्री प्रीति का बैग चुराया था। 17 मार्च 2024 को गोल्डन टेंपल एक्सप्रेस ट्रेन में मेरठ की रहने वाली प्रीति यादव का बैग चुराया था। दोनों वारदातों के मुकदमे जीआरपी थाने में दर्ज हैं।   आरोपी के खिलाफ दर्ज हैं 17 मुकदमे बदमाश सत्य प्रकाश के खिलाफ चोरी, लूट समेत अन्य आपराधिक वारदातों के 17 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। यह लगातार ट्रेनों में सक्रिय रहकर वारदातों को अंजाम दे रहा था। जीआरपी और रेल यात्रियों के लिए लंबे समय से सिर दर्द बना हुआ था। आरोपी को गिरफ्तार करने वाली टीम में एसआई गौरव शर्मा, एसआई शिवपाल सिंह और सर्विलांस प्रभारी अमित कुमार सिंह शामिल रहे।   recent visitors 152

ऊर्जा के चार संयुक्त उपक्रमों को मंजूरी, राजस्थान के सीएम की अध्यक्षता में हुई बैठक

जयपुर. मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की अध्यक्षता में मुख्यमंत्री कार्यालय में आयोजित राज्य मंत्रिमण्डल की बैठक में प्रदेश में मेट्रो रेल परियोजनाओं के विकास एवं संचालन के लिए संयुक्त उपक्रम, अक्षय एवं ताप विद्युत परियोजनाओं तथा विद्युत प्रसारण परियोजनाओं के लिए संयुक्त उपक्रम, इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट, संस्कृत शिक्षा विभाग में पदनाम परिवर्तन एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में सूपर स्पेशियलिटी शिक्षकों की कमी दूर करने से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय किए गए। उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचन्द बैरवा, उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ एवं संसदीय कार्य मंत्री जोगाराम पटेल ने पत्रकार वार्ता को सम्बोधित करते हुए मंत्रिमंडल में लिए गए निर्णयों की जानकारी दी। उप मुख्यमंत्री डॉ. प्रेमचन्द बैरवा ने बताया कि मेट्रो रेल नीति 2017 के अनुसार केंद्र सरकार और राज्य के बीच संयुक्त उद्यम (जेवी) कंपनी के गठन के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। यह संयुक्त उद्यम राजस्थान में वर्तमान में चल रही एवं भविष्य की मेट्रो रेल परियोजनाओं के विकास, परिचालन एवं क्रियान्वयन के लिए होगा। दिल्ली मेट्रो, कोच्चि मेट्रो, बैंगलुरू मेट्रो, उत्तर प्रदेश मेट्रो, नोएडा मेट्रो, मध्य प्रदेश मेट्रो, नागपुर मेट्रो आदि लगभग सभी राज्यों में भी सफलता पूर्वक जेवी का यही मॉडल अपनाया गया है। मेट्रो रेल नीति-2017 के अनुसार इस जेवी को भारत सरकार से मेट्रो परियोजना लागत में वित्तीय सहयोग (अंशपूंजी एवं ऋण के रूप में) प्राप्त हो सकेगा। साथ ही, राज्य की मेट्रो परियोजनाओं के लिए तकनीकी एवं प्रशासनिक सहयोग प्राप्त हो सकेगा। अक्षय, तापीय ऊर्जा एवं प्रसारण परियोजनाओं के लिए ज्वाइंट वेंचर संसदीय कार्य मंत्री  जोगाराम पटेल ने बताया कि प्रदेश को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से राज्य सरकार निरंतर प्रयास कर रही है। बीते 10 मार्च 2024 को राज्य सरकार और विभिन्न केन्द्रीय पीएसयू के बीच हुए एमओयू की अनुपालना में मंत्रिमंडल की बैठक में आज भारत सरकार की विभिन्न पीएसयू के साथ ज्वाइंट वेंचर कंपनियों के गठन के प्रस्तावों का अनुमोदन किया गया। इन परियोजनाओं में राज्य सरकार की कंपनियों की हिस्सेदारी 26 प्रतिशत और केन्द्रीय पीएसयू कंपनियों की हिस्सेदारी 74 प्रतिशत रहेगी। इन जेवी कंपनियों में राज्य सरकार की कंपनियों की शेयर हॉल्डिंग के लिए वर्तमान परिसंपत्तियों से अंश पूंजी की व्यवस्था की जाएगी। कोल इंडिया लिमिटेड और आरवीयूएनएल के बीच संयुक्त उपक्रम उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड ने बताया कि कोल इंडिया लिमिटेड और आरवीयूएनएल के बीच दो अलग अलग जेवी की स्थापना की जाएगी। इसमें एक तापीय परियोजना एवं दूसरी अक्षय ऊर्जा परियोजना होगी। इन जेवी से बिजली की बेस लोड और पीक लोड डिमांड पूरी होगी। साथ ही बिजली उत्पादन में प्रदेश के वित्तीय भार में कमी आएगी। पहली परियोजना के अंतर्गत कालीसिंध तापीय परियोजना झालावाड़ परिसर में 800 मेगावाट की इकाई या किसी अन्य पीटहैड ग्रीनफील्ड कोयला परियोजना की स्थापना की जाएगी। दूसरी जेवी के तहत दो हजार से ढाई हजार मेगावाट क्षमता की सौर ऊर्जा परियोजना, पंप स्टोरेज परियोजना और पवन ऊर्जा परियोजना की स्थापना की जाएगी। इन परियोजनाओं से 17 हजार 200 से 24 हजार 400 करोड़ रूपये का प्रदेश में निवेश होगा। एनटीपीसी ग्रीन एनर्जी एवं आरवीयूएनएल के मध्य संयुक्त उपक्रम उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री ने बताया कि अक्षय ऊर्जा परियोजना की स्थापना के लिए एनटीपीसी ग्रीन एनर्जी एवं आरवीयूएनएल के मध्य ज्वाइंट वेंचर बनाई जाएगी। यह उपक्रम 25 हजार मेगावाट की सोलर/विंड/हाइब्रिड एनर्जी सहित नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं की स्थापना करेगा। इसके माध्यम से प्रदेश में एक लाख करोड़ रूपये का निवेश होगा। पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन एवं राजस्थान विद्युत प्रसारण निगम के मध्य ज्वाइंट वेंचर कंपनी कर्नल राठौड़ ने बताया कि विद्युत प्रसारण परियोजनाओं की स्थापना के लिए पावर ग्रिड कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड एवं राजस्थान विद्युत प्रसारण निगम के मध्य ज्वाइंट वेंचर कंपनी की स्थापना की जाएगी। इससे राजस्थान में बढ़ती विद्युत लोड मांग की पूर्ति के लिए ट्रांसमिशन प्रणाली का विकास हो सकेगा। यह जेवी ठव्व्ड (निर्माण, स्वामित्व, संचालन एवं रखरखाव) आधार पर ट्रांसमिशन सिस्टम का संचालन करेगी और अपने द्वारा बनाई गई संपूर्ण ट्रांसमिशन क्षमता राजस्थान डिस्कॉम को उपलब्ध करवाएगी। इस जेवी के माध्यम से प्रदेश में 10 हजार करोड़ का निवेश होगा। इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट बनाया जाएगा संसदीय कार्य मंत्री ने बताया कि राज्य सरकार द्वारा प्रस्तुत वर्ष 2024-25 के लेखानुदान में प्रसारण निगम में केन्द्र सरकार के ऊर्जा मंत्रालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप इंफ्रास्ट्रक्चर इन्वेस्टमेंट ट्रस्ट इनविट लाने की घोषणा की गई है। इसकी अनुपालना में राजस्थान विद्युत प्रसारण निगम लिमिटेड इनविट का गठन करेगा तथा इसे सेबी में पंजीकृत किया जाएगा। आरवीपीएन को इनविट के माध्यम से अपनी परिचालन ट्रांसमिशन परिसंपति के मुद्रीकरण के लिए अधिकृत करने का प्रस्ताव आज अनुमोदित किया गया है। आरजीएचएस में क्लेम सेटलमेंट में आएगी स्पष्टता कर्नल राठौड़ ने बताया कि जिन राज्य कर्मचारी एवं पेंशनरों ने आरजीएचएस के अलावा निजी मेडिकल इंश्योरेंस भी ले रखा है, उन्हें अब केन्द्र सरकार/सीजीएचएस के प्रावधानों से क्लेम का भुगतान किया जाएगा। पहले क्लेम का सेटलमेंट मेडिकल इंश्योरेंस कंपनी द्वारा किया जाएगा तथा इसके उपरांत शेष राशि का क्लेम आरजीएचएस के पेटे से सेटल किया जाएगा। इस निर्णय से आरजीएचएस और निजी मेडिकल इंश्योरेंस दोनों में पंजीकृत कर्मचारियों एवं पेंशनरों के क्लेम सेटलमेंट के संदर्भ में स्पष्टता आएगी। चिकित्सा शिक्षा में सुपर स्पेशियलिटी शिक्षकों की कमी होगी दूर उन्होंने बताया कि चिकित्सा शिक्षा विभाग के अंतर्गत राजस्थान चिकित्सा सेवा (कॉलेज शिक्षा) नियम 1962 के नियम 7 के उपनियम 1 में संशोधन के प्रस्ताव का अनुमोदन किया गया। इसके अंतर्गत राजकीय चिकित्सा महाविद्यालयों में 1 अप्रेल 2020 या इसके पश्चात सुपर स्पेशियलिटी एवं सब स्पेशियलिटी में नये शुरू होने वाले विभाग में राजस्थान चिकित्सा सेवा (कॉलेज शिक्षा) नियम 1962 के नियम 24 के उपनियम 1 में वर्णित प्रक्रिया के बाद भी आचार्य, सह आचार्य के पद रिक्त रहते हैं तो इन्हें विशेष भर्ती से भरा जा सकेगा। इस निर्णय से राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग द्वारा निर्धारित मापदण्डों की पूर्ति हेतु चिकित्सा शिक्षकों की कमी दूर होगी और सुपर स्पेशियलिटी में स्वास्थ्य सुविधाओं को बढ़ावा मिलेगा। संस्कृत शिक्षा में 2 हजार 827 भर्तियों का रास्ता साफ,  शारीरिक शिक्षा अनुदेशकों का पदनाम परिवर्तन उन्होंने बताया कि संस्कृत शिक्षा विभाग में शारीरिक शिक्षा अनुदेशक ग्रेड 2 एवं  शारीरिक शिक्षा अनुदेशक ग्रेड 3 का पदनाम अब शिक्षा विभाग की तर्ज पर वरिष्ठ शारीरिक शिक्षा अध्यापक व शारीरिक शिक्षा अध्यापक किया गया। … Read more

जोकोविच बनाम अल्कराज, ओलंपिक टेनिस गोल्ड मेडल मैच आज

पेरिस  टेनिस के ‘बादशाह’ नोवाक जोकोविच और ‘युवराज’ कार्लोस अल्काराज रविवार को पेरिस ओलंपिक में पुरुष टेनिस एकल के स्वर्ण पदक के लिए जब कोर्ट में उतरेंगे तो दर्शकों को एक बार फिर विंबलडन फाइनल की तरह बेहद अनुभवी बनाम युवा खिलाड़ी की प्रतिद्वंद्विता देखने को मिलेगी।  ओलंपिक टेनिस के फाइनल में जगह बनाने वाले जोकोविच सबसे उम्रदराज पुरुष खिलाड़ी है तो वही अल्काराज सबसे युवा खिलाड़ी है। सर्बिया के 37 साल के जोकोविच अपने शानदार करियर में रिकॉर्ड 24 ग्रैंड स्लैम जीत चुके है लेकिन उनके पिटारे में ओलंपिक का स्वर्ण पदक नहीं है। दूसरी तरफ स्पेन के अल्काराज हाल के दिनों में जोकोविच के सबसे बड़े प्रतिद्वंदी बन कर उभरे हैं। अल्काराज जून में फ्रेंच ओपन चैम्पियन बनने के बाद विंबलडन के फाइनल में सीधे सेटों में जोकोविच पर जीत के साथ अपने खिताब का बचाव किया था। उन्होंने 2023 विम्बलडन फाइनल में भी इस दिग्गज को हराया था। शानदार लय में चल रहे अल्काराज ने ओलंपिक सेमीफाइनल में कनाडा के फेलिक्स ऑगर अलियासिमे को आसानी से 6-1, 6-1 से शिकस्त दी तो वही जोकोविच ने लोरेंजो मुसेटी को 6-4, 6-2 से हराकर पहली बार ओलंपिक के अंतिम चार मुकाबले में जीत दर्ज की। जोकोविच को बीजिंग (2008) में राफेल नडाल, लंदन (2012) में एंडी मरे, तोक्यो (2021) में अलेक्जेंडर ज्वेरेव ने ओलंपिक सेमीफाइनल में हराया था।  उन्होंने 2008 ओलंपिक में कांस्य पदक जीता था, लेकिन वह वास्तव में अब इसमें सुधार करना चाहते थे। ओलंपिक मुकाबलों को रोलां गैरां कोर्ट पर खेला जा रहा है जहां अल्काराज ने इस साल फ्रेंच ओपन का खिताब जीता है ऐसे में जोकोविच को फाइनल में मिलने वाली मुश्किल चुनौती के बारे में जानते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘अल्काराज ने साबित किया है कि वह इस समय दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी है।’’ घुटने में दर्द के साथ खेल रहे जोकोविच ने हालांकि अपनी जीत की उम्मीद जताते हुए कहा, ‘‘मैं अपने बारे में और फाइनल में संभावनाओं के बारे में अधिक आश्वस्त महसूस कर रहा हूं।’’   recent visitors 105

एससी-एसटी अभ्यर्थियों के मिलेगी एक लाख की प्रोत्साहन राशि, छत्तीसगढ़ में यूपीएससी-प्री उत्तीर्ण से 6 अगस्त तक मांगे आवेदन

रायपुर. आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग ने प्रोत्साहन राशि एक लाख रूपए हेतु संघ लोक सेवा आयोग ( यूपीएससी) की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा वर्ष 2024 में सफलता प्राप्त करने वाले प्रदेश के अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (एसटी,एससी) के पात्र अभ्यर्थियों से 6 अगस्त 2024 तक आवेदन पत्र आमंत्रित किया  है। इच्छुक एवं पात्र अभ्यर्थी निर्धारित प्रपत्र में आवेदन पत्र आयुक्त, आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास, ब्लाक-डी, भूतल, इन्द्रावती भवन, नवा रायपुर अटल नगर छत्तीसगढ़ में अंतिम तिथि तक जमा कर पावती प्राप्त कर सकते हैं। आवेदन पत्र समय सीमा में रजिस्ट्रर्ड डाक से भी उपरोक्त पते पर भेजा जा सकता है। पात्रता, शर्ते तथा आवेदन पत्र का प्रारूप विभाग की वेबसाईट ट्राइबल डॉट सीजी डॉट जीओवी डॉट इन (https://tribal.cg.gov.in/ ) से डाउनलोड किया जा सकता है। उल्लेखनीय है कि राज्य सरकार ने छत्तीसगढ़ के एसटी,एससी वर्ग के युवाओं के सिविल सेवा के प्रति उनके परिश्रम के सम्मान में प्रोत्साहन स्वरूप संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा में सफलता प्राप्त करने पर एक लाख रुपए प्रोत्साहन राशि दिए जाने का प्रावधान किया है। recent visitors 123

महाराणा प्रताप सेना अध्यक्ष ने सीएम को लिखा पत्र, राजस्थान-अजमेर दरगाह में रुद्राभिषेक की दें अनुमति

अजमेर. अब अजमेर में गरीब नवाज की दरगाह में रुद्राभिषेक करने की अनुमति देने के लिए राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखा गया है। महाराणा प्रताप सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. राजवर्धन सिंह परमार ने ताजमहल की घटना के बाद कल राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा को पत्र लिखते हुए अजमेर दरगाह में रुद्राभिषेक करने की अनुमति मांगी है। पत्र में राजवर्धन सिंह परमार ने लिखा है कि महाराणा प्रताप सेना ने राजस्थान प्रदेश में दो बार जन जागरण यात्रा कर लोगों की अजमेर दरगाह पर राय जानी है। उनके अनुसार भी अजमेर में स्थित दरगाह, दरगाह भी हमारा पवित्र हिंदू मंदिर है। परमार ने पत्र में लिखा कि इस सावन के पवित्र महीने में महाराणा प्रताप सेना अजमेर में स्थित दरगाह जहां हमारा पवित्र शिव मंदिर है, वहां रुद्राभिषेक करना चाहती है। उन्होंने पत्र के माध्यम से आवश्यक अनुमति देने व समय तथा दिनांक बताने का अनुरोध किया है। उल्लेखनीय है कि महाराणा प्रताप सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजवर्धन सिंह परमार अजमेर में स्थित दरगाह में हिंदू शिव मंदिर होने का दावा कर चुके हैं और इसकी एएसआई सर्वेक्षण करने की मांग मुख्यमंत्री प्रधानमंत्री व राष्ट्रपति से पत्र के माध्यम से कर चुके हैं। recent visitors 116

पर्यावरण के संरक्षण का पर्व हरेली, मुख्यमंत्री साय ने किया वृक्षारोपण

रायपुर, छत्तीसगढ़ एक कृषि प्रधान राज्य है। हरियाली अमावस्या को मनाया जाने वाला हरेली त्यौहार का छत्तीसगढ़ के जनजीवन में व्यापक प्रभाव देखा जा सकता है।  हरेली के दिन किसान भाई नांगर (हल) एवं कृषि औजार की पूजा करते हैं, जो हमारे छत्तीसगढ की कृषि प्रधान संस्कृति का अभिन्न हिस्सा है। वहीं दूसरी ओर देखा जाए तो हरेली पर्व का महत्व धरती को हरा-भरा बनाये रखने के लिए पेड़-पौधे की महत्ता को भी प्रदर्शित करता है।       यहाँ यह उल्लेखनीय है कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने "एक पेड़ मां के नाम" लगाने की अपील की है यह एक जन आंदोलन बन गया है । मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आम नागरिकों से आव्हान किया है कि धरती को हरा- भरा बनाने हरेली के दिन अधिक से अधिक संख्या में वृक्षारोपण करें। recent visitors 100