मुख्यमंत्री के गृह जिला उज्जैन में अजाक्स का बड़ा शक्ति प्रदर्शन, मुख्यमंत्री कर सकते हैं बड़ी घोषणा

Ajax staged a major show of strength in Ujjain, the Chief Minister’s home district; the Chief Minister may make a major announcement. भोपाल। पिछले चार महीने से मध्य प्रदेश अनुसूचित जाति- जनजाति अधिकारी कर्मचारी संघ (अजाक्स) में चल रही ग्रुपबाजी के बीच प्रांतीय अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा के नेतृत्व में पहली बार मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के गृह जिला उज्जैन में 28 जून दिन रविवार को बड़ा शक्ति प्रदर्शन करने की पूरी तैयारी हो चुकी है। यह कार्यक्रम उज्जैन शहर के परेड ग्राउंड दशहरा मैदान में सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक चलेगा। कार्यक्रम में मुख्य रूप से मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, केंद्रीय मंत्री, राज्यपाल, राज्य के मंत्री, विधायको के अलावा कई बड़े अफसर और कई दिग्गज नेता तथा अजाक्स के प्रांतीय पदाधिकारी, सदस्यों के शामिल होने की खबर है। आईएएस वर्मा ग्रुप के कर्ताधर्ताओं ने आयोजन को बड़े स्तर पर भव्य स्वरूप देने की योजना को मूर्त रूप दे दिया है। जिसकी मैदानी तैयारियां लगभग पूरी हो चुकीं हैं। आईएएस वर्मा के नेतृत्व की बढ़ेगी ताकत संघ के कार्यकारी अध्यक्ष इंजीनियर एसएल सूर्यवंशी ने अजाक्स के समर्पित पदाधिकारियों से बड़ी संख्या में शामिल होने की अपील की है। बता दें, संघ की प्लानिंग के मुताबिक अगर यह आयोजन सफल हुआ, तो प्रांतीय अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा के लिए बड़ी संजीवनी साबित होगा। साथ ही उनकी संगठनात्मक ताकत में भी इजाफा होगा। वहीं दूसरी ओर अजाक्स में घुसपैठ की नाकाम कोशिश करने वाले दूसरे गुट (मुकेश मौर्य और आईएएस विशेष गढ़पाले) को बड़ा तमाचा लगेगा। मुख्यमंत्री कोई बड़ी घोषणा कर सकते हैं, ऐसी संभावना जताई जा रही है। क्योंकि उनके द्वारा पूर्व में दिया गया एक कथित बयान उनका पीछा नहीं छोड़ रहा है। ऐसे में यह आयोजन उनके लिए किसी अग्नि परीक्षा से कम नहीं है। संघ आरक्षित वर्ग के हित में उठाता है आवाज संघ के कार्यकारी अध्यक्ष इंजीनियर एसएल सूर्यवंशी ने बताया कि अजाक्स हमेशा आरक्षित वर्ग के अधिकारियों, कर्मचारियों और सामाजिक लोगों के हित में हक और अधिकारों की आवाज को संवैधानिक तरीके से उठाता है। सरकार या किसी अन्य पर कोई दबाव बनाने का काम नहीं करता है। इस महासम्मेलन में भी अधिकारियों, कर्मचारियों और सामाजिक लोगों के हितों की रक्षा के लिए कुछ मुद्दों ओर समस्याओं की ओर केंद्र और राज्य सरकार का ध्यानाकर्षित किया जाएगा। यह आयोजन उज्जैन संभाग के आरक्षित वर्गों के लिए वरदान साबित होगा। आयोजन में यह होंगे शामिल संघ के पदाधिकारियों के मुताबिक, मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव, राज्यपाल थावरचंद गहलोत, केंद्रीय मंत्री अर्जुनराम मेघवाल, केंद्रीय मंत्री किरेन रिजीजू, केंद्रीय मंत्री सावित्री ठाकुर, केंद्रीय मंत्री रामदास आठवले, उज्जैन जिले के प्रभारी मंत्री गौतम टेटवाल, पूर्व केंद्रीय मंत्री सत्यनारायण जटिया, राज्यसभा सांसद व राष्ट्र संत उमेश नाथ महाराज, अनुसूचित जाति मोर्चा भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष लाल सिंह आर्य, सांसद अनिल फिरोजिया, विधायकगण अनिल जैन, सतीश मालवीय, चिंतामण मालवीय, तेज बहादुर सिंह चौहान, महेश परमार और दिनेश जैन, अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य रामलाल मालवीय, उज्जैन के महापौर मुकेश टेटवाल, उज्जैन नगर पालिका निगम की अध्यक्ष कलावती यादव, समाजसेवी नारायण यादव, बजाज के पूर्व प्रांतीय अध्यक्ष व वर्तमान संरक्षक सेवानिवृत आईएएस जेएन कंसोटिया, प्रांतीय अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा, कार्यकारी अध्यक्ष इंजीनियर एसएल सूर्यवंशी, प्रांतीय उपाध्यक्ष आईएएस मीनाक्षी सिंह, प्रांतीय महासचिव (प्रशासन) इंजीनियर एमसी अहिरवार, महासचिव गण गौतम पाटिल, विजय शंकर श्रवण, महेश विरोलिया, महिला प्रकोष्ठ अध्यक्ष निर्मल पाटिल, उज्जैन संभागीय अध्यक्ष जगन्नाथ बागड़ी, जिला अध्यक्ष डॉक्टर आरएल परमार और उनकी पूरी टीम के सदस्य तथा हजारों की संख्या में अन्य लोग शामिल होंगे। recent visitors 38

IAS वर्मा के समर्थन में जंग छेड़ने का ऐलान, बोले… छेड़ा है तो छोड़ेंगे नहीं, परिणाम भुगतने ही होंगे

He announced a war in support of IAS Verma. भोपाल। अजाक्स के प्रांताध्यक्ष एवं वरिष्ठ आईएएस अधिकारी संतोष वर्मा के विरुद्ध की गई कार्यवाही से अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के संयुक्त सामाजिक संगठनों में सरकार के खिलाफ दिनोंदिन नाराजगी बढ़ती जा रही है। सभी जिलों से आवाज उठने की खबरें लगातार आ रही हैं। संगठनों का आरोप है कि यह कार्रवाई सरकार की संकुचित मानसिकता का परिणाम है। सरकार वंचित वर्ग के ईमानदार अधिकारियों को निशाना बना रही है। लोगों का कहना है कि संतोष वर्मा को बदनाम करने की साजिश आदिवासी समाज का अपमान है, जिसे बर्दास्त नहीं किया जाएगा। कलेक्टर ऑफिस तक निकला मार्च 13 दिसंबर को प्रदेश के सभी जिलों में धरना-प्रदर्शन किया गया। भोपाल में भी बड़ी संख्या में एससी-एसटी और ओबीसी के लोग सड़कों पर उतरे और राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम कलेक्टर को ज्ञापन सौंपकर अपना विरोध दर्ज कराया। पदाधिकारियों का कहना है कि… “छेड़ा है तो छोड़ेंगे नहीं”। ईट का जवाब पत्थर से देंगे। एससी/एसटी/ओबीसी संयुक्त मोर्चा मध्य प्रदेश के मुख्य पदाधिकारी लोकेश मुजल्दा, महेंद्र लोदी और प्रियंका जाटव का कहना है कि यह कार्यवाही न केवल एक ईमानदार आदिवासी अधिकारी की गरिमा पर आघात है, बल्कि संविधान की मूल आत्मा- ‘समता, बंधुता और सामाजिक न्याय’ के विरुद्ध है। आईएएस वर्मा सच्चे लोकसेवक और समाजसुधारक 23 नवंबर को अजाक्स अधिवेशन में आईएएस संतोष वर्मा ने सामाजिक समरसता, जाति व्यवस्था खत्म करने, रोटी-बेटी संबंध बनाने, हिंदू एकता और संविधान सर्वोपरि रखने की बात की थी। 27 मिनट के इस भाषण में से समाज विरोधी तत्वों ने 7 सेकंड की तोड़-मरोड़कर कट वीडियो बनाई और उसे प्रसारित किया। जिसके बाद तथाकथित सामाजिक संघटनों ने इस वक्तव्य को अपनी असिमता से जोड़ा और विरोध जताने लगे। जिसके दबाव में सरकार ने आईएएस वर्मा को बिना वीडियो के मूल भाव को समझे नोटिस थमा दिया, जो गलत है। आरक्षित वर्ग के संगठनों ने कहा कि “यह कार्यवाही संविधान, न्याय और आदिवासी सम्मान पर सीधा हमला है।” सयुंक्त मोर्चा के अनुसार आईएएस वर्मा ने संबोधन में जातिवाद उन्मूलन, मानवता की सर्वोच्चता, संविधान की प्रधानता तथा यह स्पष्ट किया कि प्रशासनिक पद पर पहुँचने के बावजूद सामाजिक भेदभाव स्वतः समाप्त नहीं होता है।मोर्चा का आरोप है कि कुछ षड़यंत्रकारियों ने आईएएस वर्मा का 7 सेकंड की वीडियो क्लिप प्रचारित किया, जिससे समाज में भ्रम और वैमनस्यता फैली। इसके लिए प्रचारित करने वाले ही जिम्मेदार हैं। वर्मा पर एकपक्षीय कार्यवाही से एससी-एसटी वर्ग में बड़ा आक्रोश सयुंक्त मोर्चा ने कहा कि इस प्रकार का दुष्प्रचार लोकतांत्रिक मूल्यों के लिए घातक है। आईएएस वर्मा पर एकपक्षीय कार्यवाही करते हुए उनके विरुद्ध विभागीय जाँच बैठा दी गई है। यह कार्यवाही समाज विशेष द्वारा फैलायी गई भ्रामक जानकारी के दबाव में की गई है। जो आदिवासी समाज की आवाज को दबाने का प्रयास है। यह कार्यवाही भारतीय संविधान के अनुच्छेद 14, 15(4), 16(4), 21, 38(2) एवं 46 की भावना के विपरीत है। यह अनुच्छेद समानता और वंचित वर्गों के संरक्षण की गारंटी देता है। जयस समेत अन्य संगठनों ने दी चेतावनी… 18 जनवरी को भोपाल में 5 लाख लोगों का जंगी प्रदर्शनअजाक्स, जयस समेत अन्य संगठनों ने ऐलान किया है कि 18 जनवरी 2026 को भोपाल में प्रदेश के सभी जिलों से 5 लाख से अधिक लोग जुटेंगे। इस जंगी आंदोलन में एससी-एसटी वर्ग के अधिकारियों और सामाजिक लोगों पर हो रहे दमनकारी जुल्म तथा वर्मा पर की गई कार्यवाही का विरोध जताएँगे। इसी दौरान सभी लोग संविधान की शपथ भी लेंगे। लोगों का कहना है कि अब किसी भी SC/ST/OBC अधिकारी पर अन्याय सहन नहीं करेंगे।” एससी/एसटी/ओबीसी संयुक्त मोर्चा मध्य प्रदेश के मुख्य पदाधिकारी लोकेश मुजल्दा, महेंद्र लोदी और प्रियंका जाटव ने चेतावनी दी है कि “आरक्षित वर्ग के अधिकारियों पर की जा रही प्रताड़ना तुरंत बंद करना होगी। नहीं तो मोहन सरकार को इसके परिणाम भुगतने होंगे। आरक्षित वर्गों की लगातार हो रही उपेक्षा, मांगों पर तत्काल एक्शन ले सरकार recent visitors 272

जेएन कंसोटिया का 21 साल बाद इस्तीफा, आईएएस संतोष वर्मा के हाथ में अजाक्स की कमान 

JN Kansotia resigns after 21 years, IAS Santosh Verma takes charge of Ajax  भोपाल। मप्र अनुसूचित जाति जनजाति अधिकारी कर्मचारी संघ (अजाक्स) की प्रांतीय साधारण सभा में आईएएस संतोष वर्मा आम सहमति से नए प्रान्तध्यक्ष चुने लिए गए हैं। रविवार को राजधानी के तुलसी नगर सेकण्ड स्टॉप डॉ. आम्बेडकर जयंती मैदान में आम सभा सम्पन्न हुई। इसी सभा में 21 साल से अजाक्स की अपने हाथ में कमान रखने वाले जेएन कंसोटिया ने निजी कारणों का हवाला देते हुए प्रान्ताध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया। उन्हें संरक्षक और सेवानिवृत्त प्रकोष्ठ का अध्यक्ष बनाकर जिम्मेदारियों से मुक्त कर दिया गया। उनके अलावा अन्य नियुक्तियां भी की गई। बता दें उनका कार्यकाल सितम्बर 2026 तक है, लेकिन इस्तीफा दें दिया। इस्तीफे की जानकारी जैसे ही महासचिव इंजी एसएल सूर्यवंशी ने सभा में रखी तो सभी ने एक स्वर में अस्वीकार कर दिया। प्रान्ताध्यक्ष कंसोटिया ने स्वयं मंच से इसे स्वीकार करने का आग्रह किया। जिसके बाद नए अध्यक्ष पर विचार मंथन हुआ। संघ के महासचिव राजवीर अग्निहोत्री ने नए प्रान्ताध्यक्ष के नाम पर  कार्यवाहक अध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा के नाम का प्रस्ताव रखा। जिसको सभी ने ध्वनि मत से अपना समर्थन दिया।  कार्यक्रम का प्रारंभ संविधान निर्माता बाबा साहब और धरती आबा बिरसा मुण्डा के चित्र पर माल्यार्पण के साथ शुरू हुआ और नए प्रान्ताध्यक्ष के स्वागत व नारेबाजी के साथ ही आयोजन का समापन हुआ। आयोजन में राज्यसभा सदस्य बालयोगी उमेशनाथ महाराज का पुष्पगुच्छ देकर सम्मान किया। साधारण सभा का संचालन घनश्याम भकोरिया एवं प्रवक्ता विजय शंकर श्रवण ने किया। जबकि आभार भोपाल जिलाध्यक्ष विनोद बट्टी ने व्यक्त किया। कंसोटिया ने समाज के साथ हो रहे भेदभाव पर जताई चिंता  जेएन कांसोटिया ने अजाक्स संगठन की ताकत का उल्लेख किया गया। समाज के शासन और सामाजिक स्तर पर हो रहे भेदभाव पर विस्तार से प्रकाश डाला और नए नेतृत्व को इन मुद्दों को प्रमुखता से उचित मंच पर रखने का आव्हान किया। उन्होंने सिविल जजों की भर्ती में अजा-जजा का चयन ना होना, बैकलॉग की पूर्ती न होने पर चिन्ता व्यक्त करते हुए अजाक्स को और अधिक प्रभावी रुप से कदम उठाने पर बल दिया।   कंसोटिया ने कहा कि समाज ही अजाक्स है और अजाक्स ही समाज है। यही संघठन की ताकत है, तभी प्रदेश के अधिकारी कर्मचारी डिमोशन से बच गए। यह बहुत बड़ा चेलेंज है कि हमको सरकारी सिस्टम से बाहर किया जा रहा है। उन्होंने सिविल जज भर्ती पर भी सवाल उठाया है। उन्होंने कहा कि आज उद्योग धंधे में जीरो, सेवाक्षेत्र में जीरो, निर्णय प्रक्रिया, मीडिया में हमारी भागीदारी जीरो है। ग्वालियर में बाबा साहब के बारे में लोग गलत टिप्पणी कर रहे हैं, यह गलत है इसका विरोध करना है। ग्वालियर ओर दिल्ली में सीजेआई की घटना पर कोई कार्यवाही नहीं हुई, यह बड़ा प्रश्न है। उन्होंने कहा कि घर -घर अम्बेडकर, हर दिन अम्बेडकर अभियान पर अजाक्स तेजी से काम कर रहा है। सामाजिक भेदभाव बढ़ता जा रहा है। यह भी हमारे लिए बड़ा चैलेज है। सफाई कर्मियों के साथ भी बड़ा भेदभाव हो रहा है। जाति छुपाना बड़ी मानसिकता है, इसे दूर करना होगा। उन्होंने क्रिमिलेयर पर भी सवाल उठाया। साथ ही 20 आईएएस अफसरों के बेटे क्या बने, यह रिपोर्ट बताई। अंत में उन्होंने 21 साल से मिले सम्मान का भी जिक्र किया और आगे भी अजाक्स के लिए काम करने का वचन दिया। हमारा ज़ब कारवाँ बढ़ेगा तो हमें कोई रोक नहीं सकता: संतोष वर्मा नए प्रांताध्यक्ष आईएएस संतोष वर्मा ने कहा कि संघ के लिए  हमको समय देना होगा। अगर साल में एक दिन भी नहीं दिया तो हमारा अस्तित्व नहीं बचेगा। आईएएस कंसोटिया मेरे गुरु रहे हैं और आज हमें फिर उनके मार्गदर्शन में काम करने का मौका मिला है। अभी संघठन की स्तिथि ठीक नहीं है। 2016 में हमने ताकत दिखाई ओर हम माँ के लाल बन गए। क्या हमने हजारों सालो से पीड़ा नहीं झेली है। उन्होंने कहा कि यदि अब भी नहीं जागे तो आने वाली पीढ़ी नहीं बचेगी। उन्होंने सिविल जज परीक्षा पर भी सवाल उठाया। ज़ब हमारे बच्चे आईएएस, आईपीएस डिप्टी कलेक्टर, डीएसपी बन सकते हैं तो जज क्यों नहीं बन सकते है। हमारे भविष्य का बीज नष्ट किया जा रहा है। मैंने मंत्रालय में 8 महीने की सर्विस में देखा है कि किस तरह से हमारे वर्ग के सेवकों की सीआर बिगाड़ी जाती है। एक अफसर को एक छोटी सी गलती के लिए 12 साल तक परेशान किया गया। हमारी लड़ाई किसी धर्म से नहीं, बल्कि दोषी व्यवस्था से है। व्यक्ति को अपने के साथ समाज के लिए जीना चाहिए। प्रशासन में हमारे समाज की ज्यादा संख्या बढ़ाना होगी, तभी हमारे अधिकार सुरक्षित रहेंगे। उन्होंने कहा कि हमारा ज़ब कारवाँ बढ़ेगा तो हमें कोई रोक नहीं सकता है। प्रांतीय महासचिव इंजी सूर्यवंशी ने संघ के एजेंडे पर की चर्चा  साधारण सभा का प्रारंभ प्रांतीय महासचिव इंजी. एसएल सूर्यवंशी ने संघ के एजेण्डा बिन्दुओं को बताते हुए अजाक्स की 30 वर्षीय संघर्षमयी यात्रा का उल्लेख किया। उन्होंने आरक्षण अधिनियम 199, पदोन्नति नियम 2002 छात्रवृत्ति मंहगाई सूचकांक जोडने, निजी  इंजीनियरिंग तथा मेडिकल कॉलेज फीस का शासन से वहन कर सुप्रीम कोर्ट से बैक वर्ड नेस के डाटा की अनिवार्यता समाप्त करने, शासकीय खरीदी में 30% खरीदी आरक्षित वर्ग से करने, सिविल जज परीक्षा में आरक्षित वर्ग के मेरिट होल्डर को अनारक्षित कोटे में शामिल करने का निर्णय उच्च न्यायालय से हटाने सहित अजाक्स भवन, विभिन्न जिलों जैसे सिंगरौली, रीवा, सतना, ग्वालियर अनुपपुर इत्यादि में निःशुल्क कोचिंग क्लासेस की शुरुआत तथा उच्च शिक्षा के लिए भेजे जाने वाले आरक्षित वर्ग की सीट में बढ़ोतरी करने जैसी उल्लेखनीय सफलताओं का जिक्र किया। इसके अलावा सूर्यवंशी ने आउट सोर्स, मंदिरों में पुजारियों की नियुक्ति, पदोन्नति और निजी क्षेत्र आदि में आरक्षण देने जैसे विषयों पर न्यायालय मे अजाक्स द्वारा दायर याचिकाओं के बारे मे बताया। उन्होंने एकजुटता बनाये रखने की भी बात कही। सूर्यवंशी ने बैकलॉग पूर्ति करने वरीष्ठता के आधार पर उच्च पदों का प्रभार देने छात्रवृत्ति समय पर देने छात्रावासों में छात्रा-छात्राओं के लिए जिला स्तर पर 5000 सीट तथा संभाग स्तर पर 10000 वृद्धि करने की मांग रखी। प्रदेश भर की नगर पालिकाओं नगर निगमों तथा पंचायतों सहित अन्य क्षेत्रो मे कार्यरत सफाई कामगारों को … Read more

अजाक्स कार्यालय पर बाबा साहब अंबेडकर की पुण्यतिथि एवं महापरिनिर्वाण दिवस के रूप में मनाया

भोपाल ! राजधानी स्थित अजाक्स कार्यालय सेकण्ड स्टॉप पर बाबा साहब अंबेडकर की पुण्यतिथि एवं महापरिनिर्वाण दिवस के रूप में मनाया गया, जिसमें मुख रूप से मध्य प्रदेश अजाक्स के प्रांतीय सचिव इंजीनियर एम सी अहिरवार उपस्थित हुए,वहीं कार्यकम की शुरुआत बाबा साहब अंबेडकर की प्रतिमा में फुल अर्पित करके की गई,कार्यालय में बच्चों को रेलवे,बैंकिंग,पटवारी,एवं एम पी पी एस सी की कोचिंग निःशुल्क कराई जाती हैं, वहीं इंजीनियर एम सी अहिरवार ने बाबा साहब के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि,भारतीय संविधान के निर्माता,समाज सुधारक,बुद्धिजीवी और चिंतक डॉक्टर भीमराव अंबेडकर ने जो देश को दिया है,उसे कभी भुलाया नहीं जा सकता है,बाबा साहब ने सामाजिक भेदभाव और छूआ-छूत के विरूद्ध अभियान चलाया,और सबके लिए समान अधिकार,स्वतंत्रता और व्यवहार की वकालत की,बाबा साहब का देश की उन्नति के लिए दिया गया, अतुलनीय योगदान हमेशा याद रहेगा,वहीं सभी बच्चों को बाबा साहेब के बताए मार्ग पर चलने का संकल्प दिलाया recent visitors 103