भारत का टी-20 सीरीज में कब्जा, Bangladesh को 86 रन से रौंदा, रिंकू-नीतीश के आगे टेके घुटने…

नई दिल्ली  सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में भारतीय टीम ने धमाकेदार प्रदर्शन किया. टीम ने बांग्लादेश के खिलाफ बुधवार (9 अक्टूबर) को दिल्ली के अरुण जेटली स्टेडियम में खेले गए मैच में 86 रनों से जीत दर्ज की है. इस जीत के साथ ही भारतीय टीम ने 3 मैचों की टी20 सीरीज में 2-0 से कब्जा जमा लिया है. इस मैच के हीरो बल्लेबाज नीतीश रेड्डी और रिंकू सिंह रहे, जिन्होंने ताबड़तोड़ अंदाज में फिफ्टी जमाई. इसके बदौलत भारतीय टीम ने बांग्लादेश के सामने 222 रनों का टारगेट सेट किया. इसके बाद गेंदबाजों ने बांग्लादेशी बल्लेबाजों को जमकर रुलाया और पूरी टीम 9 विकेट पर 135 रन ही बना सकी. बांग्लादेश के लिए अपनी आखिरी सीरीज खेल रहे महमूदुल्लाह ने शानदार बल्लेबाजी की और 41 रन बनाए. उनके अलावा कोई भी बल्लेबाज 20 रनों का आंकड़ा नहीं छू सका. मैच में भारतीय गेंदबाजों ने मिलकर शानदार प्रदर्शन किया. नीतीश रेड्डी और वरुण चक्रवर्ती ने 2-2 विकेट झटके. जबकि अर्शदीप सिंह, वॉशिंगटन सुंदर, अभिषेक शर्मा, मयंक यादव और रियान पराग को 1-1 सफलता मिली. बांग्लादेश टीम का स्कोरकार्ड: (135/9, 20 ओवर) बल्लेबाज गेंदबाज रन बनाए विकेटपतन परवेज हुसैन क्लीन बोल्ड  अर्शदीप सिंह 16 1-20 नजमुल हुसैन कैच- हार्दिक पंड्या वॉशिंगटन सुंदर 11 2-40 लिटन दास क्लीन बोल्ड वरुण चक्रवर्ती 14 3-42 तौहीद हृदोय क्लीन बोल्ड अभिषेक शर्मा 2 4-46 मेहदी हसन कैच- रवि बिश्नोई रियान पराग 16 5-80 जाकिर अली कैच- वॉशिंगटन सुंदर मयंक यादव 1 6-83 रिशद हुसैन कैच- हार्दिक पंड्या वरुण चक्रवर्ती 9 7-93 तंजीम हसन कैच- हार्दिक पंड्या नीतीश रेड्डी 8 8-120 महमूदुल्लाह कैच- रियान पराग नीतीश रेड्डी 41 9-127 नीतीश और रिंकू सिंह ने जमाई धांसू फिफ्टी मैच में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने उतरी भारतीय टीम की शुरुआत अच्छी नहीं रही थी. टीम ने 25 रनों पर 2 और 41 रनों पर तीसरा विकेट गंवा दिया था. संजू सैमसन (10), अभिषेक शर्मा (15) और कप्तान सूर्यकुमार यादव (8) जल्दी पवेलियन लौट गए थे. इसके बाद नीतीश रेड्डी और रिंकू सिंह ने मोर्चा संभाला. दोनों ने मिलकर 49 गेंदों पर 108 रनों की पार्टनरशिप की और टीम का स्कोर 200 के पार पहुंचाया. नीतीश ने करियर के दूसरे ही मैच में पहली फिफ्टी जमाई. उन्होंने 27 गेंदों पर फिफ्टी लगाई. इस दौरान 4 छक्के और 3 चौके लगाए. मैच में नीतीश 34 गेंदों पर कुल 74 रन बनाए. इस दौरान 7 छक्के और 4 चौके जड़े. नीतीश के आउट होते ही रिंकू सिंह ने 26 गेंदों पर अर्धशतक जड़ दिया. रिंकू ने अपनी पारी में 3 छक्के और 5 चौके जमाए. इसके बदौलत भारतीय टीम ने 9 विकेट गंवाकर 221 रन बनाए. बांग्लादेश के लिए रिशद हुसैन ने सबसे ज्यादा 3 विकेट लिए. जबकि मुस्ताफिजुर रहमान, तस्कीन अहमद और तंजीम हसन साकिब को 2-2 विकेट मिले. भारतीय टीम का स्कोरकार्ड: (221/9, 20 ओवर) बल्लेबाज गेंदबाज रन बनाए विकेटपतन संजू सैमसन कैच- नजमुल हुसैन  तस्कीन अहमद 10 1-17 अभिषेक शर्मा क्लीन बोल्ड तंजीम हसन 15 2-25 सूर्यकुमार यादव कैच- नजमुल हुसैन मुस्ताफिजुर रहमान 8 3-41 नीतीश रेड्डी कैच- मेहदी हसन मुस्ताफिजुर रहमान 74 4-149 रिंकू सिंह कैच- जाकिर अली तस्कीन अहमद 53 5-185 रियान पराग कैच- महमूदुल्लाह तंजीम हसन 15 6-213 हार्दिक पंड्या कैच- मेहदी हसन रिशद हुसैन 32 7-214 वरुण चक्रवर्ती कैच- परवेज हुसैन रिशद हुसैन 0 8-214 अर्शदीप सिंह कैच- लिटन दास रिशद हुसैन 6 9-220 पहला मैच भारतीय टीम ने 71 गेंदों में जीता था बांग्लादेश क्रिकेट टीम इन दिनों भारत दौरे पर है, लेकिन यहां उसकी हमेशा की तरह ही फजीहत हो रही है. भारतीय टीम ने सबसे पहले मेहमान टीम बांग्लादेश को टेस्ट सीरीज में 2-0 से क्लीन स्वीप किया. इसके बाद अब टी20 सीरीज में भी सूपड़ा साफ करने की ओर अग्रसर हैं. दोनों टीमों के बीच सीरीज का पहला मुकाबला 6 अक्टूबर को ग्वालियर में खेला गया, जिसमें 11.5 ओवर में ही बांग्लादेश को 7 विकेट से हरा दिया था. मैच में बांग्लादेश टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए 127 रन ही बना सकी थी. जवाब में भारतीय टीम ने 71 गेंदों में मैच जीत लिया था. बांग्लादेश के खिलाफ भारत का पलड़ा भारी भारत और बांग्लादेश की टीमें जब भी टी20 सीरीज में आमने-सामने आई हैं, तब भारतीय टीम का पलड़ा ही भारी रहा है. दोनों टीमों के बीच पहला मुकाबला 6 जून 2009 को नॉटिंघम में खेला गया था. वहीं आखिरी मुकाबला (मौजूदा सीरीज से पहले) 22 जून 2024 को नॉर्थ साउंड में हुआ था. 15 सालों के दरयान दोनों देशों के बीच 16 टी20 मुकाबले हुए हैं. इस दौरान बांग्लादेश की टीम को सिर्फ एक बार जीत मिल सकी है. यह मुकाबला 3 नवंबर 2019 को दिल्ली में खेला गया था. जहां बांग्लादेशी टीम को 7 विकेट से जीत मिली थी. यदि पिछले 5 टी20 मुकाबलों में टक्कर की बात करें, तो इस दौरान भारत को ही जीत मिली है. मैच में भारत-बांग्लादेश की प्लेइंग-11: भारतीय टीम: अभिषेक शर्मा, संजू सैमसन (विकेटकीपर), सूर्यकुमार यादव (कप्तान), नीतीश रेड्डी, हार्दिक पंड्या, रियान पराग, रिंकू सिंह, वाशिंगटन सुंदर, वरुण चक्रवर्ती, अर्शदीप सिंह और मयंक यादव. बांग्लादेश टीम: लिटन दास (विकेटकीपर), नजमुल हुसैन शांतो (कप्तान), परवेज हुसैन इमोन, तौहीद हृदोय, महमूदुल्लाह, जाकिर अली, मेहदी हसन मिराज, रिशद हुसैन, तस्कीन अहमद, मुस्ताफिजुर रहमान और तंजीम हसन साकिब. recent visitors 105

भारत ने 82 रन से दर्ज की जीत, सेमीफाइनल की उम्मीदों है बाकी

दुबई भारत और श्रीलंका के बीच महिला टी20 वर्ल्ड कप 2024 का 12वां मैच बुधवार (9 अक्टूबर) को खेला गया. मैच में भारतीय टीम ने 82 रनों से जीत दर्ज कर सेमीफाइनल में पहुंचने की उम्मीद बरकरार रखी है. मैच में भारतीय टीम ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए 173 रनों का टारगेट सेट किया. जवाब में श्रीलंकाई टीम 90 रनों पर ही सिमट गई. हरमन और मंधाना ने खेली अर्धशतकीय पारी भारतीय टीम ने पहले बैटिंग करते हुए 3 विकेट पर 172 रन बनाए. टीम के लिए कप्तान हरमनप्रीत कौर और उपकप्तान स्मृति मंधाना ने फिफ्टी जमाई. हरमन ने 27 गेंदों पर नाबाद 52 रनों की आतिशी पारी खेली. जबकि मंधाना ने 38 गेंदों पर 50 रन जड़े. इनके अलावा ओपनर शेफाली वर्मा ने 40 गेंदों पर 43 रन जड़े. मैच में हरमन और मंधाना ने 1-1 छक्का जमाया. जेमिमा रोड्रिग्ज ने 16 और ऋचा घोष ने 6 रन बनाए. श्रीलंका के लिए कप्तान चमारी अट्टापट्टू और अमा कंचना ने 1-1 विकेट लिया. टी20 वर्ल्ड कप में तेज फिफ्टी लगाने वाली भारतीय बैटर 27 – हरमनप्रीत कौर Vs श्रीलंका, दुबई, 2024 31 – स्मृति मंधाना vs ऑस्ट्रेलिया, गुयाना, 2018 32 – हरमनप्रीत कौर vs ऑस्ट्रेलिया, केपटाउन, 2023 33 – हरमनप्रीत कौर vs न्यूजीलैंड, गुयाना, 2018 36 – मिताली राज vs श्रीलंका, बासेतेर, 2010 पॉइंट्स टेबल में भारतीय टीम ने किया सुधार ग्रुप ए में भारत और श्रीलंका दोनों के लिए ही यह टूर्नामेंट का तीसरा मैच था. भारतीय टीम ने अब तक 2 मैच जीते और एक गंवाया है. भारत ने पिछले मैच में पाकिस्तान को 6 विकेट से धूल चटाई थी. श्रीलंका पांचवें पायदान पर है. उसने टूर्नामेंट में एक भी जीत दर्ज नहीं की है. यह मैच जीतने के साथ ही भारतीय टीम पॉइंट्स टेबल में दूसरे नंबर पर पहुंच गई है. साथ ही टीम का नेट रनरेट प्लस में 0.576 पर पहुंच गया है. जबकि मैच से पहले यह माइन में -1.217 था. पॉइंट्स टेबल में फिलहाल ऑस्ट्रेलिया 2 जीत के साथ टॉप पर है. उसका नेट रनरेट 2.524 है. मैच में भारत और श्रीलंका की प्लेइंग-11 भारतीय टीम: शेफाली वर्मा, स्मृति मांधना, जेमिमा रोड्रिग्स, हरमनप्रीत कौर (कप्तान), ऋचा घोष (विकेटकीपर), दीप्ति शर्मा, सजीवन सजना, अरुंधति रेड्डी, श्रेयंका पाटिल, आशा सोभना और रेणुका ठाकुर सिंह. श्रीलंकाई टीम: विशमी गुणरत्ने, चमारी अट्टापट्टू (कप्तान), हर्षिता समरविक्रमा, कविशा दिलहारी, नीलाक्षी डी सिल्वा, अनुष्का संजीवनी (विकेटकीपर), अमा कंचना, सुगंधिका कुमारी, इनोशी प्रियदर्शनी, उदेशिका प्रबोधनी और इनोका राणावीरा.   recent visitors 66

सुप्रीम कोर्ट जल्द सुनाएगा अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के अल्पसंख्यक दर्जे पर फैसला

नई दिल्ली अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) के अल्पसंख्यक दर्जे पर सुप्रीम कोर्ट जल्द फैसला सुना सकता है। इसकी संभावना इसलिए है क्योंकि मामले की सुनवाई करने वाली सात सदस्यीय संविधान पीठ की अध्यक्षता प्रधान न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़ ने की थी जो 10 नवंबर को सेवानिवृत हो रहे हैं। फैसले का अल्पसंख्यक राजनीति पर भी होगा असर 10 नवंबर तक सुप्रीम कोर्ट में सिर्फ 15 कार्य दिवस बचे हैं। सुप्रीम कोर्ट ने एक फरवरी को फैसला सुरक्षित रखा था। अभी तक आठ महीने से ज्यादा बीत चुके हैं। इस मामले में जो फैसला आएगा वह एएमयू का भविष्य तय करने वाला होगा। इससे तय होगा कि एएमयू अल्पसंख्यक संस्थान माना जाएगा या नहीं। सुप्रीम कोर्ट का जो भी फैसला आएगा उसका अल्पसंख्यक राजनीति पर भी असर होगा। इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती इस मामले में एएमयू ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के पांच जनवरी 2006 के फैसले को चुनौती दी है। हाई कोर्ट ने उस फैसले में एएमयू में पोस्ट ग्रेजुएट पाठ्यक्रम में मुसलमानों को 50 फीसद आरक्षण रद्द करते हुए कहा था कि एएमयू कभी भी अल्पसंख्यक संस्थान नहीं था, इसलिए पीजी पाठ्यक्रम में मुस्लिम छात्रों को आरक्षण नहीं दिया जा सकता। हाई कोर्ट ने मुस्लिम छात्रों को दिये जाने वाले आरक्षण को असंवैधानिक घोषित कर दिया था। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में सुप्रीम कोर्ट की पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ के अजीज बाशा मामले में 1968 में दिए फैसले को आधार बनाया था, जिसमें कहा गया था कि एएमयू अल्पसंख्यक संस्थान नहीं है। हाईकोर्ट ने अजीज बाशा फैसले के बाद एएमयू कानून में 1981 में संशोधन कर इसे अल्पसंख्यक दर्जा देने के प्रविधानों को भी रद्द कर करते हुए संशोधन को इसलिए गलत ठहराया था कि इससे सुप्रीम कोर्ट का फैसला निष्प्रभावी किया गया है।   बड़ी पीठ के पास विचार के लिए भेजा गया 12 फरवरी 2019 को सुप्रीम कोर्ट की तीन न्यायाधीशों की पीठ ने मामले को सात न्यायाधीशों की पीठ को विचार के लिए भेज दिया था। इसके अलावा, 1981 में भी अल्पसंख्यक दर्जे का एक मामला सात न्यायाधीशों को भेजा गया था, उसमें अजीज बाशा फैसले का मुद्दा भी शामिल था। प्रधान न्यायाधीश डीवाई चंद्रचूड़, संजीव खन्ना, सूर्यकांत, जेबी पार्डीवाला, दीपांकर दत्ता, मनोज मिश्रा और सतीश चंद्र शर्मा की सात सदस्यीय पीठ ने आठ दिनों तक दोनों पक्षों की बहस सुनी। क्या है एएमयू की दलील? एएमयू ने अल्पसंख्यक दर्जे का दावा करते हुए दलील दी थी कि एएमयू की स्थापना मुसलमानों ने की थी। एएमयू ने 1968 के अजीज बाशा फैसले पर भी पुनर्विचार का अनुरोध किया जबकि केंद्र सरकार ने एएमयू के अल्पसंख्यक दर्जे की मांग का विरोध करते हुए कहा था कि न तो एएमयू की स्थापना मुसलमानों द्वारा की गई है और न ही उसका प्रशासन अल्पसंख्यकों द्वारा संचालित होता है। केंद्र की दलील थी कि एएमयू की स्थापना 1920 में ब्रिटिश कालीन कानून के जरिए हुई थी और उस समय एएमयू ने अपनी मर्जी से अल्पसंख्यक दर्जा छोड़ कर इंपीरियल कानून के जरिए विश्वविद्यालय बनना स्वीकार किया था। recent visitors 74

मोदी सरकार ड्रोन क्षेत्र में अगली पीएलआई योजना लाने का प्रयास कर रही है

नई दिल्ली  सरकार ड्रोन क्षेत्र के लिए एक नई उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन (पीएलआई) योजना लाने की योजना बना रही है। यह योजना कार्यान्वयन, दस्तावेजीकरण और अन्य पहलुओं के संदर्भ में अधिक प्रभावी होगी। नागर विमानन सचिव वुमलुनमंग वुआलनाम ने कहा कि सरकार ड्रोन क्षेत्र में अगली पीएलआई योजना लाने का प्रयास कर रही है। ड्रोन क्षेत्र के लिए पहली पीएलआई योजना 120 करोड़ रुपये के परिव्यय के साथ 2021 में लाई गई थी। तीन वित्त वर्षों (2021-24) के लिए लाई गई यह योजना अब बंद हो गई है। नागर विमानन सचिव ने स्वीकार किया कि पहली योजना के तहत कुछ प्रक्रियाएं ड्रोन क्षेत्र में स्टार्टअप और सूक्ष्म, लघु और मझोले उद्यम (एमएसएमई) मंत्रालय के लिए बोझिल थीं, लेकिन सरकार कार्यान्वयन, दस्तावेजीकरण और अपनाई जाने वाली प्रक्रियाओं के संदर्भ में अधिक कुशल पीएलआई योजना पर विचार करेगी। वुआलनाम के अनुसार, ड्रोन क्षेत्र को तीन खंडों- नागरिक उपयोग, सुरक्षा/रक्षा बलों द्वारा उपयोग, तथा ड्रोन के अवैध या अनियमित उपयोग में विभाजित किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा, “हमें इस बारे में बहुत स्पष्ट होना होगा कि हम इन तीनों क्षेत्रों में कैसे काम करते हैं।” उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि ड्रोन के गलत उपयोग की कुछ घटनाएं युवाओं, स्टार्टअप और महिला स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) द्वारा ड्रोन का अधिक उपयोग किए जाने में बाधा बन सकती हैं। उद्योग मंडल फिक्की द्वारा आयोजित एक सम्मेलन को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा, “हमें इस बात का ध्यान रखना होगा कि… ड्रोन रोधी प्रौद्योगिकियां विकसित की जा रही हैं।” फिक्की ने एक परिचर्चा पत्र में सुझाव दिया है कि नई योजना के अंतर्गत परिव्यय को बढ़ाकर 1,000 करोड़ रुपये किया जाना चाहिए, ताकि स्टार्टअप और नए उद्यमियों को अधिक स्वदेशी कलपुर्जों और उप-प्रणालियों के साथ ड्रोन विकसित करने में सहायता मिल सके। नागर विमानन सचिव ने कहा कि नमो ड्रोन दीदी योजना के तहत 3,000 और ड्रोन खरीदने के लिए निविदाएं तैयार हैं। इस योजना का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को कृषि ड्रोन प्रदान करना है और 15,000 ड्रोन महिलाओं के नेतृत्व वाले एसएचजी को दिए जाएंगे। वुआलनाम ने कहा कि 1,000 ड्रोन की पहली खेप को हासिल कर लिया गया है और वितरित कर दिया गया है। योजना के तहत 3,000 ड्रोन के लिए निविदाएं तैयार हैं और संबंधित एजेंसियों द्वारा जल्द ही जारी की जाएंगी।     recent visitors 86

शेन वॉटसन का मानना है कि स्मिथ को अब भारत के खिलाफ ओपन ही करना चाहिए

मुंबई  बॉर्डर गावस्कर ट्रॉफ़ी में ऑस्ट्रेलिया के लिए ओपन कौन करेगा? क्या स्टीव स्मिथ को ही ओपन करना चाहिए या उन्हें अपने ओरिजनल नंबर चार के पोज़िशन पर वापस जाना चाहिए? ये सवाल अभी भी बने हुए हैं। पूर्व ऑस्ट्रेलियाई ऑलराउंडर शेन वॉटसन का मानना है कि स्मिथ को अब ओपन ही करना चाहिए। मुंबई में इंटरनेशनल मास्टर्स लीग लॉन्च इवेंट कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा, “स्मिथ ने ओपन करने का निर्णय ख़ुद लिया था और मुझे लगता है कि उन्हें अब अपने निर्णय पर खड़ा रहना चाहिए। नंबर चार पर जाना एक सुरक्षित फ़ैसला हो सकता है, लेकिन मैं उन्हें ओपन ही करते देखना पसंद करूंगा। उनके पास वह क्षमता है और वह कर सकते हैं।” डेविड वॉर्नर के संन्यास के बाद स्मिथ ने ख़ुद ओपनिंग करना चुना था, लेकिन तब वॉटसन ने कैमरून ग्रीन का सलामी बल्लेबाज़ी के लिए समर्थन किया था। अब वॉटसन का कहना है, “ग्रीन ने पिछले कुछ मैचों में नंबर चार पर बेहतरीन प्रदर्शन किया है। न्यूज़ीलैंड के ख़िलाफ़ उनका शतक विशेष था और अब वह भविष्य के परफ़ेक्ट नंबर चार हैं।” स्मिथ ने ओपनर के रूप में अब तक चार टेस्ट मैचों में 28.5 की औसत से 171 रन बनाए हैं, लेकिन वॉटसन को यह चिंता की बात नहीं लगती है। उन्होंने कहा, “मुझे लगता है कि थोड़ा सा मामला तकनीकी है। पिछले दो टेस्ट मैचों में वह जिस तरह से आउट हुए, मैंने उन्हें कभी भी ऐसे आउट होते नहीं देखा। लेकिन अभी सीरीज़ होने में समय है और वह अपनी तकनीक में यह सुधार कर सकते हैं। अगर वह उस सुधार के साथ ओपन करते हैं, वह एक बेहतरीन सलामी बल्लेबाज़ साबित हो सकते हैं।”     recent visitors 80

हरियाणा-जम्मू में चला योगी का जादू, जहां-जहां किया प्रचार, खिल गया कमल

चंडीगढ़  हरियाणा विधानसभा चुनाव के कुछ महीनों पहले तक दुष्यंत डिप्टी सीएम पद पर काबिज थे, लेकिन भाजपा में हुई हलचल ने सारे समीकरण बदल दिए। जेजेपी और भाजपा का गठबंधन टूटा। इसके बाद उनकी पार्टी के कई विधायक भी टूट गए। उनकी वापसी की उम्मीद कहे जा रहे 2024 विधानसभा चुनाव भी बड़ा जेजेपी और दुष्यंत के लिए बड़े झटके की तरह रहे। हरियाणा की उचाना कलां सीट से मैदान में उतरे दुष्यंत 5वें स्थान पर रहे। उन्हें 5 फीसदी से भी कम वोट मिले। वह दल के उन नेताओं में शामिल थे, जिनकी जमानत जब्त हो गई थी। सीट पर भाजपा के देवेंद्र चतुर्भुज अत्तरी ने महज 32 वोट के अंतर से कांग्रेस के बृजेंद्र सिंह को हराया है। दुष्यंत इस सीट पर दो निर्दलीय उम्मीदवारों विकास और वीरेंद्र घोघारियां से भी पिछड़ गए। उन्होंने सीट 41 हजार से ज्यादा वोट से गंवाई।विधानसभा चुनाव में जेजेपी का एक भी उम्मीदवार चुनाव नहीं जीत सका। यहां तक कि पार्टी का वोट शेयर भी 15 प्रतिशत से घटकर 1 फीसदी से भी कम पर आ गया था। दुष्यंत पूर्व सीएम ओम प्रकाश चौटाला के पोते और पूर्व उप प्रधानमंत्री देवी लाल के परपोता हैं। हालांकि, पूर्व मुख्यमंत्री देवी लाल, बंसी लाल और भजन लाल के परिवार के सदस्य जीतने में कामयाब रहे। पूर्व सीएम भजन लाल के बेटे चंद्र मोहन पंचकूला से जीते, पूर्व उप प्रधानमंत्री देवी लाल के पोते आदित्य देवी लाल डबवाली से जीते, अर्जुन चौटाला रनिया से विजयी रहे। पूर्व सीएम बंसी लाल की परपोती श्रुति चौधरी तोषाम से जीतीं। हालांकि, भजन लाल के परिवार से भव्य बिश्नोई बड़ा झटका साबित हुआ। शुरुआती राउंड्स में आदमपुर सीट से आगे चल रहे भव्य को हार का सामना करना पड़ा। खास बात है कि आदमपुर सीट पर 50 सालों से ज्यादा समय तक भजन लाल परिवार का कब्जा रहा। हरियाणा-जम्मू में चला योगी का जादू, जहां-जहां किया प्रचार, खिल गया कमल  यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ की लोकप्रियता ने हरियाणा और जम्मू-कश्मीर में हालिया विधानसभा चुनावों में भी अपना प्रभाव दिखाया है। उनकी रैलियों की मांग हमेशा बनी रही और उम्मीदवारों के बीच उनकी उपस्थिति जीत की पक्की गारंटी मानी जाती है। योगी ने हरियाणा में 14 रैलियां और जम्मू में 4 रैलियां की थी। जम्मू में उन्होंने जिन विधानसभा क्षेत्रों में प्रचार किया, वहां बीजेपी ने जीत हासिल की। हरियाणा में भी एंटी-इन्कंबेंसी माहौल के बावजूद योगी की रैलियों ने बीजेपी को 14 में से 9 सीटें जीतने में मदद की। क्योंकि पार्टी को पिछले दस सालों में सत्ता के खिलाफ जनता की नाराजगी का सामना करना पड़ा था। योगी की रैलियों में उमड़ने वाली भीड़ और उनका बोलने का अंदाज चुनावी नतीजों में सीधे तौर पर परिवर्तित होता है। उनकी लोकप्रियता के चलते बीजेपी ने दोनों राज्यों में उनकी रैलियों को एक प्रमुख रणनीति का हिस्सा बनाया था। इन चुनावों के परिणाम ने यह साबित कर दिया कि सीएम योगी, पीएम मोदी के बाद, बीजेपी के सबसे लोकप्रिय चेहरे हैं। उनके प्रभावी प्रचार से न केवल बीजेपी की स्थिति मजबूत हुई, बल्कि उन्होंने पार्टी की जीत तय करने में भी अहम भूमिका निभाई है। इस प्रकार योगी की रैलियों की सफलता ने साबित किया है कि उनकी रणनीतियां अन्य राज्यों के चुनावों में भी बीजेपी के लिए फायदेमंद साबित हो सकती हैं।     recent visitors 98

लद्दाख और अरुणाचल की मौजूदा स्थिति का जायजा लेगा सैन्य नेतृत्व

नई दिल्ली  चीन को कड़ा संदेश देने के लिए पहली बार सेनाध्यक्ष जनरल उपेंद्र द्विवेदी के नेतृत्व में भारतीय सेना के शीर्ष अधिकारी वास्तविक नियंत्रण रेखा के पास 10-11 अक्टूबर को सिक्किम में बैठक करेंगे। इस महत्वपूर्ण बैठक को रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सहित शीर्ष रक्षा अधिकारी संबोधित करेंगे। शीर्ष सैन्य कमांडरों की महत्वपूर्ण बैठक वास्तविक नियंत्रण रेखा के करीब किसी स्थान पर होगी। बैठक में एलएसी पर संवेदनशील स्थिति, विशेष रूप से लद्दाख और अरुणाचल प्रदेश की स्थिति का जायजा लिया जाएगा, जहां दोनों पक्ष नियमित आधार पर गतिरोध और टकराव में लगे हुए हैं। सम्मेलन का दूसरा चरण 28-29 अक्टूबर को दिल्ली में होने की संभावना है। अधिकारियों ने कहा कि शीर्ष अधिकारी मौजूदा वैश्विक संघर्षों के सबक और सेना के विभिन्न अंगों सहित भारतीय बलों के लिए सीख पर भी चर्चा करेंगे। जनरल द्विवेदी के नेतृत्व में शीर्ष सेना कमांडरों की यह पहली बैठक होगी। उन्होंने इस साल 30 जून को सेना प्रमुख का पद संभाला था। हाल ही में जनरल द्विवेदी ने सीमा पर चीन के साथ स्थिति स्थिर लेकिन सामान्य बताया था। उन्होंने यह भी कहा था कि संवेदनशील क्षेत्र में चीन के साथ लंबे समय से चल रहे सैन्य गतिरोध में भारतीय सेना और चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) के बीच विश्वास को सबसे ज्यादा नुकसान पहुंचा है। अप्रैल, 2020 जैसी स्थिति बहाल होने तक स्थिति संवेदनशील बनी रहेगी और हम किसी भी तरह की आकस्मिकता का सामना करने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं।     recent visitors 97