शेख हसीना की सत्ता हिलाने वाले छात्र नेता एम नाहिद इस्लाम और आसिफ महमूद को मंत्री बनाया गया

ढाका बांग्लादेश में नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद युनुस ने गुरुवार को अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में शपथ ली थी. युनूस ने शुक्रवार को विभिन्न मंत्रालयों के कार्यभार का बंटवारा किया गया. गौर करने वाली बात ये है कि यूनुस ने 27 मंत्रालय या विभाग अपने पास रखे हैं. नई सरकार के विदेश मंत्री तौहीद हुसैन ने किसी देश का नाम लिए बिना कहा, "हमें बड़े देशों के साथ संबंधों में संतुलन बनाए रखने की जरूरत है." बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख प्रो. मोहम्मद यूनुस ने शुक्रवार को नवनियुक्त 16 सदस्यीय सलाहकार परिषद के विभागों का बंटवारा कर दिया. यूनुस ने रक्षा, लोक प्रशासन, शिक्षा, ऊर्जा, खाद्य, जल संसाधन और सूचना जैसे  27 मंत्रालय अपने पास रखे हैं. राजनयिक मोहम्मद तौहीद हुसैन को विदेश मंत्रालय का प्रमुख नियुक्त किया है. अंतरिम कैबिनेट में शामिल किए दो छात्र नेताओं नाहिद इस्लाम और आसिफ महमूद को क्रमशः दूरसंचार और सूचना प्रौद्योगिकी तथा युवा और खेल मंत्रालयों का प्रभार दिया गया है. नोबेल पुरस्कार विजेता 84 वर्षीय यूनुस ने गुरुवार को अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में शपथ ली थी. उन्होंने शेख हसीना की जगह ली है, जिन्होंने नौकरियों में विवादास्पद कोटा प्रणाली को लेकर अपनी सरकार के खिलाफ हुए हिंसक विरोध प्रदर्शनों के बाद देश छोड़ दिया था और भारत आ गईं थीं. यूनुस हसीना के लंबे समय से आलोचक भी हैं. जानें किसको कौन सा मंत्रालय मिला  1- ब्रिगेडियर जनरल (सेवानिवृत्त) एम सखावत हुसैन गृह मंत्रालय 2- फरीदा अख्तर मत्स्य पालन और पशुधन मंत्रालय 3- खालिद हुसैन धार्मिक मामलों का मंत्रालय 4- नूरजहां बेगम स्वास्थ्य मंत्रालय 5- शर्मीन मुर्शिद सामाजिक कल्याण मंत्रालय 6- सुप्रदीप चकमा अभी शपथ नहीं ली 7- प्रोफेसर बिधान रंजन रॉय अभी शपथ नहीं ली 8- तौहीद हुसैन विदेश मंत्रालय 9- मोहम्मद नज़रुल इस्लाम कानून मंत्री 10- आदिलुर रहमान खान उद्योग मंत्रालय 11- एएफ हसन आरिफ एलजीआरडी मंत्रालय 12- सईदा रिज़वाना हसन पर्यावरण मंत्रालय 13- नाहिद इस्लाम डाक, दूरसंचार और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय 14- आसिफ महमूद युवा और खेल मंत्रालय 15- फारूक-ए-आजम अभी शपथ नहीं ली 16- सालेह उद्दीन अहमद वित्त मंत्रालय और योजना मंत्रालय सलाहकार परिषद के तीन सदस्य राजधानी में अनुपस्थित होने के कारण गुरुवार रात शपथ नहीं ले सके, और यह अनुमान लगाया जा रहा है कि यूनुस उन्हें 27 विभागों में से कुछ सौंप सकते हैं. सेवानिवृत्त सेना ब्रिगेडियर जनरल एम सखावत हुसैन को गृह मंत्रालय की देखरेख का काम सौंपा गया है. हुसैन 2001 से 2005 तक कोलकाता में बांग्लादेश के उप उच्चायुक्त थे और 2006 से 2009 तक बांग्लादेश के विदेश सचिव के रूप में कार्यरत थे. विदेश मामलों के सलाहकार हुसैन ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कानून और व्यवस्था बहाल करना फिलहाल अंतरिम सरकार की प्रमुख प्राथमिकता है और पहला लक्ष्य हासिल होने के बाद अन्य काम भी पटरी पर आ जाएंगे. उन्होंने यह भी कहा कि बांग्लादेश को सभी देशों के साथ अच्छे संबंध रखने की जरूरत है.  हुसैन ने किसी देश का नाम लिए बिना कहा, "हमें बड़े देशों के साथ संबंधों में संतुलन बनाए रखने की जरूरत है." बांग्लादेश बैंक के पूर्व गवर्नर सलाहुद्दीन अहमद वित्त और योजना मंत्रालयों के प्रभारी होंगे, जबकि पूर्व अटॉर्नी जनरल ए एफ हसन आरिफ स्थानीय सरकार मंत्रालय की देखरेख करेंगे. कौन हैं मोहम्मद यूनुस? बांग्लादेश के नए प्रमुख बने मोहम्मद यूनुस ऐसे 32वें शख्स बने हैं, जो नोबेल पुरस्कार जीत चुके हैं और अब राष्ट्र प्रमुख की जिम्मेदारी निभाएंगे. इससे पहले पूरी दुनिया में 31 लोग और हैं, जिन्हें नोबेल पुरस्कार भी मिला है और उन्होंने राष्ट्र प्रमुख की भूमिका भी निभाई है. गरीबों के बैंकर के रूप में पहचाने जाने वाले यूनुस और उनके द्वारा स्थापित ग्रामीण बैंक को 2006 का नोबेल शांति पुरस्कार मिला चुका है. उन्होंने गांव में रहने वाले गरीबों को 100 डॉलर से कम के छोटे-छोटे कर्ज दिलाकर लाखों लोगों को गरीबी से बाहर निकालने में मदद की थी. इन गरीबों को बड़े बैंकों से कोई मदद नहीं मिल पाती थी. उनके कर्ज देने के इस मॉडल ने दुनिया भर में ऐसी कई योजनाओं को प्रेरित किया. इसमें अमेरिका जैसे विकसित देश भी शामिल हैं.  अमेरिका में यूनुस ने एक अलग गैर-लाभकारी संस्था ग्रामीण अमेरिका की भी शुरुआत की. 84 वर्षीय यूनुस जैसे-जैसे सफल होते गए उनका झुकाव राजनीति में करियर बनाने की ओर बढ़ता चला गया. उन्होंने 2007 में अपनी खुद की पार्टी भी बनाने की कोशिश की. लेकिन जब उनकी इस महत्वाकांक्षा ने बड़ा रूप लेना शुरू किया तब शेख हसीना नाराज हो गईं. हसीना ने यूनुस पर पर 'गरीबों का खून चूसने' का आरोप भी लगाया. recent visitors 95

महाबहस के लिए डोनाल्ड ट्रंप और कमला हैरिस तैयार, एबीसी न्यूज के मंच पर मुकाबला, तारीख भी हुई फिक्स

पाम बीच अमेरिका में इस साल होने वाले राष्ट्रपति पद के चुनाव में रिपब्लिकन उम्मीदवार डोनाल्ड ट्रंप और डेमोक्रेटिक उम्मीदवार कमला हैरिस ने 10 सितंबर को चुनावी बहस के लिए सहमति व्यक्त की है, जिसमें दोनों उम्मीदवारों का आमना-सामना होगा। अमेरिकी व्यापारिक टेलीविजन प्रसारण नेटवर्क ‘अमेरिकन ब्रॉडकास्टिंग कंपनी’ (एबीसी) ने यह जानकारी दी। इस घोषणा से कुछ देर पहले ही ट्रंप ने एक संवाददाता सम्मेलन में कहा था कि उन्होंने तीन टेलीविजन नेटवर्क के समक्ष राष्ट्रपति पद के चुनाव की प्रक्रिया के तहत तीन बहसों का प्रस्ताव रखा है। उन्होंने कहा कि वे सितंबर में कुछ निश्चित तारीखों पर सहमत हैं। इस साल होने वाले राष्ट्रपति पद के चुनाव की प्रक्रिया के तहत प्रथम बहस ट्रंप और डेमोक्रेटिक पार्टी के पूर्व उम्मीदवार जो बाइडन के बीच हुई थी। इस बहस में अमेरिका के मौजूदा राष्ट्रपति बाइडन के खराब प्रदर्शन के बाद उन पर उम्मीदवारी छोड़ने के लिए चौतरफा दबाव था। बाद में बाइडन ने अपनी उम्मीदवारी छोड़ते हुए हैरिस का नाम इसके लिए प्रस्तावित किया था। तीन बहस चाहते हैं ट्रंप हालांकि, गुरुवार को उन्होंने अपने मन में बदलाव की घोषणा की और हैरिस पर फॉक्स और एनबीसी पर सितंबर में दो और बहसों के लिए सहमत होने का दबाव बनाने की कोशिश की। जब उनसे पूछा गया कि अगर हैरिस केवल एबीसी बहस के लिए सहमत होती हैं तो वह क्या करेंगे। इस पर ट्रंप ने कहा, 'मुझे नहीं पता कि यह कैसे काम करेगा। हम तीन बहस करना चाहेंगे। हमें लगता है कि हमें तीन बहस करनी चाहिए।' न्यूज़ कॉन्फ्रेंस के कुछ घंटों बाद हैरिस ने संवाददाताओं से कहा कि वह खुश हैं कि उन्होंने आखिरकार 10 सितंबर को एबीसी पर उनके साथ बहस करने के लिए हैं। मैं इसके लिए उत्सुक हूं और उम्मीद करती हूं कि वह आएंगे।   recent visitors 107

निश्चित रूप से हम नस्ल आधार पर किसी भी तरह के हमले या हिंसा भड़काने के खिलाफ हैं – एंटोनियो गुतारेस

संयुक्त राष्ट्र बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों की घटनाओं के बीच, संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुतारेस के एक प्रवक्ता ने कहा कि वह नस्ली आधार पर होने वाले किसी भी तरह के हमले या हिंसा भड़काने के खिलाफ हैं। महासचिव के उप प्रवक्ता फरहान हक ने  यहां कहा, ‘‘यह स्पष्ट है कि हम सुनिश्चित करना चाहते हैं कि हाल के सप्ताह में बांग्लादेश में जो हिंसा हो रही है उस पर नियंत्रण पाया जाए। निश्चित रूप से हम नस्ल आधार पर किसी भी तरह के हमले या हिंसा भड़काने के खिलाफ हैं।’’ वह बांग्लादेश में हिंदुओं और अन्य अल्पसंख्यक समुदायों पर हो रहे हमलों के संबंध में महासचिव की प्रतिक्रिया से जुड़े सवालों के जवाब दे रहे थे। सोमवार को प्रधानमंत्री शेख हसीना के पद से इस्तीफा देने और देश छोड़कर भारत आ जाने के बाद से जारी हिंसा में कई हिंदू मंदिरों, घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में तोड़फोड़ की गई है और अवामी लीग से जुड़े कम से कम दो हिंदू नेताओं की हत्या कर दी गई। नोबेल पुरस्कार विजेता मोहम्मद यूनुस को अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में शपथ दिलाए जाने पर हक ने संयुक्त राष्ट्र की ‘‘सरकार बनाने की एक समावेशी प्रक्रिया’’ की आशाओं का उल्लेख किया और कहा, ‘‘हम उम्मीद बरकरार रखे हुए हैं। शांति बहाली का कोई भी संकेत एक अच्छी चीज है।’’ जब उनसे पूछा गया कि क्या महासचिव गुतारेस ने यूनुस को बधाई दी है या फोन पर बात की है? तो हक ने कहा कि गुतारेस ने उनसे बात नहीं की है, लेकिन बांग्लादेश में संयुक्त राष्ट्र की स्थानीय समन्वयक ग्विन लुईस शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हई थीं। हक ने कहा, ‘‘निश्चित रूप से, वह और देश की टीम सक्रिय तौर पर यह सुनिश्चित कर रही है कि जमीनी स्तर पर परिवर्तन शांतिपूर्ण हो।’’ पिछले कुछ सप्ताहों में बांग्लादेश में हुई हत्याओं की जांच का हिस्सा बनने के लिए संयुक्त राष्ट्र से किए गए अनुरोध पर हक ने कहा कि संयुक्त राष्ट्र गौर करेगा कि गठित होने वाली किसी भी नयी सरकार से उसे किस प्रकार का औपचारिक अनुरोध प्राप्त होता है।   recent visitors 88

निरीक्षण ऑडिट रिर्पोट के आधार पर ही भविष्य में अनुदान ओर अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी- मंत्री कुशवाह

भोपाल सामाजिक न्याय दिव्यंजन सशक्तिकरण मंत्री नारायण सिंह कुशवाह ने कहा कि प्रदेश में दिव्यंजन कल्याण, नशा मुक्ति तथा वरिष्ठजनों के लिए संचालित आश्रमों व संस्थाओं की गुणवत्ता की ऑडिट करायी जा रही है। निरीक्षण ऑडिट रिर्पोट के आधार पर ही भविष्य में अनुदान ओर अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी। यह ऑडिट रिपोर्ट प्रत्येक तिमाही में तैयार कराई जाएगी। कुशवाह ने ऑडिट के सभी बिंदुओं पर प्राप्त रिपोर्ट का विस्तृत एनालिसिस के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं। मंत्री कुशवाह ने कहा है कि भारत सरकार और राज्य सरकार सामाजिक न्याय और दिव्यांगजन सशक्तिकरण के क्षेत्र में संचालित विभिन्न शासकीय और अशासकीय संस्थाओं को आर्थिक और तकनीकी सहयोग प्रदान करती है। उन्होंने कहा कि इन संस्थाओं पर गुणवत्ता नियंत्रण राज्य शासन की जिम्मेदारी है। सामाजिक न्याय विभाग द्वारा संस्थानों की गुणवत्ता ऑडिट करने का निर्णय लिया गया है। आयुक्त सामाजिक न्याय एवं दिव्यंगिता सशक्तिकरण डॉ. आर आर भोसले ने बताया कि प्रदेश में दिव्यांगजन सशक्तिकरण के क्षेत्र में 36 राज्य सरकार से अनुदान प्राप्त संस्थाओं तथा 54 केंद्रीय और जिला निराश्रित नीति से अनुदान प्राप्त संस्थाओं की गुणवत्ता ऑडिट कराई जा रही है इसी प्रकार वरिष्ठजनों के लिए संचालित 79 अशासकीय की संस्थाओं तथा नशामुक्ति अभियान के अंतर्गत संचालित केंद्रीय अनुदान प्राप्त अशासकीय 13 नशामुक्ति सह पुनर्वास केंद्र, सात आउट रीच एंड ड्राप इन सेंटर, तीन कम्यूनिटी बेस्ड पियरलेड सेंटर का भी ऑडिट कराया जा रहा है। ऑडिट के लिए गठित टीम का दायित्व है कि वह सभी केंद्रों पर साफ़ सफाई, भोजन व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाओं, सुरक्षा, फर्नीचर ओर अन्य सामग्री की गुणवत्ता, मनोरंजन, खेलकूद सुविधाओं, ओर ऑफिस रिकॉर्ड की जानकारी प्राप्त की करेंगी। इसके आधार पर संस्थाओं की ग्रेडिंग की जाएगी। अब यह ऑडिट प्रत्येक तिमाही में की जाएगी, उन्होंने बताया कि 50 प्रतिशत से कम अंक पाने वाली संसथाओ के विरुद्ध एक्ट के प्रावधानों के तहत कर्रवाई की जायगी।   recent visitors 72

भारत ने शेख हसीना के सत्ता में दोबारा वापसी का समर्थन किया- गेश्वर रॉय

नई दिल्ली बांग्लादेश में छात्र आंदोलन को लेकर फैली अशांति के बीच शेख हसीना प्रधानमंत्री के पद से इस्तीफा देकर भारत चली आई थीं और फिलहाल यही हैं. इसे लेकर उनकी कट्टर प्रतिद्वंद्वी और बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री खालिदा जिया की पार्टी बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (BNP) भारत पर भड़क गई है. पार्टी ने कहा है कि अगर भारत शेख हसीना की मदद करेगा तो उससे सहयोग जारी रखना मुश्किल हो जाएगा. बीएनपी के वरिष्ठ नेता और मंत्री रह चुके गेश्वर रॉय ने बात करते हुए कहा कि उनकी पार्टी भारत और बांग्लादेश के बीच पारस्परिक सहयोग का समर्थन करती है. लेकिन, "अगर आप हमारी दुश्मन की मदद करेंगे तो हमारे लिए पारस्परिक सहयोग को जारी रखना मुश्किल हो जाएगा.' उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भारत ने शेख हसीना के सत्ता में दोबारा वापसी का समर्थन किया था. गेश्वर रॉय ने आगे कहा, 'शेख हसीना को भारत ढो रहा है… भारत और बांग्लादेश के लोगों को एक-दूसरे से कोई दिक्कत नहीं है. लेकिन क्या भारत को पूरे देश की जगह एक पार्टी को बढ़ावा देना चाहिए?' शेख हसीना फिलहाल भारत में रह रही हैं लेकिन वो कहां जाएंगी, इसे लेकर असमंजस बरकरार है. अभी यह स्पष्ट नहीं है कि वो भारत में ही रहेंगी, किसी दूसरे देश से शरण की मांग करेंगी या फिर वापस बांग्लादेश लौट जाएंगी. इस बीच उनके बेटे सजीब वाजेद ने हाल ही में कहा था कि बांग्लादेश में लोकतंत्र की बहाली होते ही उनकी मां वापस वतन लौट जाएंगी. बांग्लादेश से भागने के बाद शेख हसीना का कोई बयान सामने नहीं आया है, हालांकि, उनके बेटे सजीब वाजेद लगातार मीडिया से बात कर रहे हैं. उन्होंने अपनी मां की सुरक्षा करने के लिए भारत सरकार का धन्यवाद किया है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रति अपनी कृतज्ञता जताई है. साथ ही उन्होंने उन रिपोर्ट्स को भी खारिज किया है जिसमें कहा जा रहा है कि शेख हसीना ने ब्रिटेन में राजनीतिक शरण की मांग की है. बांग्लादेश में अंतरिम सरकार का गठन इस बीच गुरुवार शाम को बांग्लादेश के नोबेल शांति पुरस्कार विजेता अर्थशास्त्री मोहम्मद यूनुस ने बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के प्रमुख के रूप में शपथ ले ली है. उन्हें राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने शपथ दिलाई. शपथ लेने के बाद यूनुस ने कहा कि मैं संविधान की रक्षा करूंगा, उसका समर्थन करूंगा और उसका संरक्षण करूंगा. मोहम्मद यूनुस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार में 16 लोग शामिल हैं जिनमें हसीना के विरोधी छात्र नेता नाहिद इस्लाम और आसिफ महमूद भी हैं. दोनों ही छात्र नेता बांग्लादेश में आरक्षण विरोधी प्रदर्शनों का नेतृत्व कर रहे थे. प्रधानमंत्री मोदी ने दी मोहम्मद यूनुस को बधाई मोहम्मद यूनुस के बांग्लादेश की अंतरिम सरकार का मुखिया चुने जाने पर पीएम मोदी ने उन्हें बधाई दी है. साथ ही प्रधानमंत्री ने बांग्लादेश में हिंदुओं और सभी नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की भी मांग की है. पीएम मोदी ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, 'प्रोफेसर मोहम्मद यूनुस को उनकी नई जिम्मेदारी संभालने पर मेरी शुभकामनाएं. हम उम्मीद करते हैं कि हिंदुओं और अन्य सभी अल्पसंख्यक समुदायों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी और स्थिति जल्द से जल्द सामान्य होगी. भारत शांति, सुरक्षा और विकास के लिए दोनों देशों के लोगों की साझा आकांक्षाओं को पूरा करने की खातिर बांग्लादेश के साथ काम करने के लिए प्रतिबद्ध है.'   recent visitors 130

गर्भवती महिलाओं की नि:शुल्क जाँच में निजी भागीदारी के प्रदेशव्यापी अभियान का किया शुभारंभ

भोपाल उप-मुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ल ने श्यामशाह मेडिकल कालेज रीवा से प्रदेश में गर्भवती महिलाओं की निःशुल्क जाँच अभियान का शुभारंभ किया। उप-मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि प्रधानमंत्री जननी सुरक्षा कार्यक्रम के तहत हर माह की 9 और 25 तारीख को गर्भवती महिलाओं की नि:शुल्क जाँच के शिविर सभी अस्पतालों में लगाए जाएंगे। इनमें गर्भवती महिलाओं को जाँच, उपचार, दवा और आने-जाने की सुविधा नि:शुल्क दी जाएगी। कार्यक्रम में वीडियो कान्फ्रेंसिंग से शामिल मण्डला और रतलाम जिले के हितग्राहियों से उप-मुख्यमंत्री ने संवाद किया। वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से प्रदेश के समस्त अस्पताल और मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा सिविल सर्जन शामिल हुए। उप-मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि मातृ-मृत्यु दर और शिशु-मृत्यु दर को नियंत्रित करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री जननी सुरक्षा कार्यक्रम के तहत हर गर्भवती महिला को नि:शुल्क जाँच, उपचार और दवा की सुविधा दी जा रही है। इस कार्यक्रम के तहत यदि शासकीय अस्पताल में सोनोग्राफी की सुविधा नहीं है तो गर्भवती महिला की निजी सोनोग्राफी केन्द्र में सोनोग्राफी कराई जाएगी। इसकी राशि का भुगतान सरकार करेगी। सरकारी अस्पताल से जारी वाउचर से महिला सात दिन में कभी भी अपनी जाँच सोनोग्राफी सेंटर में करा सकती है। सही समय में रिस्क चिन्हांकन से उचित निदान कर सुरक्षित प्रसव सुनिश्चित किया जायेगा। मातृ-मृत्यु दर को नियंत्रित करने में जागरूकता और नागरिकों की सक्रिय सहभागिता आवश्यक है। उल्लेखनीय है कि मातृ-मृत्यु दर और शिशु-मृत्यु दर नियंत्रित करने के प्रयासों में निजी अस्पतालों की भागीदारी देने वाला मध्यप्रदेश देश का दूसरा राज्य है। गर्भवती महिलाओं की निजी सोनोग्राफी केन्द्रों में जाँच के लिए 15 करोड़ रुपए का प्रावधान कर दिया गया है। स्त्री रोग विशेषज्ञ और रेडियोलॉजिस्ट के पदों पर शीघ्र होगी भर्ती उप-मुख्यमंत्री शुक्ल ने कहा कि स्वास्थ्य सुविधाओं का तेजी से विस्तार किया जा रहा है। इसके लिए बजट की कोई कमी नहीं है। शीघ्र ही स्त्री रोग विशेषज्ञ तथा रेडियोलॉजिस्ट के पदों पर भर्ती की जाएगी। विशेषज्ञ डॉक्टरों की पदस्थापना तथा आवश्यक उपकरण स्थापित करके सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में जिला अस्पताल के समकक्ष स्वास्थ्य सुविधाएं दी जाएंगी। सुपर स्पेशलिटी हास्पिटल रीवा के लिए दूसरी कैथलैब मशीन शीघ्र ही उपलब्ध हो जाएगी। 20 करोड़ की लागत से कैंसर क्रिटिकल केयर यूनिट के लिए भवन और 29 करोड़ लागत की लायनेक मशीन की व्यवस्था उप-मुख्यमंत्री ने कहा कि कैंसर क्रिटिकल केयर यूनिट के लिए रीवा में 20 करोड़ की लागत से भवन बनाया जा रहा है। इसमें कैंसर के उपचार के लिए 29 करोड़ रुपए की लायनेक मशीन खरीदने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। डॉक्टरों के साथ-साथ पैरामेडिकल स्टाफ और नर्सों की भी भर्ती की जाएगी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के प्रयासों से गरीब से गरीब रोगियों के लिए भी एयर एंबुलेंस की सुविधा उपलब्ध हो गई है। उप-मुख्यमंत्री ने प्रसव-पूर्व जाँच पुस्तिका तथा पोस्टर का विमोचन किया। संयुक्त संचालक डॉ अर्चना मिश्रा ने बताया कि प्रत्येक गर्भवती महिला को दवा, जाँच और आने-जाने की नि:शुल्क सुविधा दी जा रही है। जरूरत होने पर नि:शुल्क रक्ताधान का भी प्रावधान है। नगर निगम के अध्यक्ष व्यंकटेश पाण्डेय, रेडक्रास के समिति के अध्यक्ष डॉ प्रभाकर चतुर्वेदी, मेडिकल कालेज के डीन डॉ सुनील अग्रवाल, क्षेत्रीय संचालक स्वास्थ्य डॉ केएल नामदेव, संजय गांधी हास्पिटल के अधीक्षक डॉ राहुल मिश्रा तथा बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।   recent visitors 88

15 अगस्त के दिन छोटे और बड़े तालाब की हर वोट पर तिरंगा लहराया जाएगा, तिरंगा यात्रा भी निकाली जाएगी.

भोपाल स्वतंत्रता दिवास यानी  15 अगस्त की शाम को मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के दोनों ताल छोटा और बड़ा तालाब राष्ट्रभक्ति के रंग में रंगे नजर आएंगे. छोटे और बड़े तालाब की हर वोट पर तिरंगा लहराया जाएगा. इसके साथ ही राजधानी भोपाल में तिरंगा यात्रा भी निकाली जाएगी. इस तिरंगा आयोजन को लेकर खेल और युवा कल्याण मंत्री विश्वास सारंग ने बैठक आयोजित कर अधिकारियों को दिशा निर्देश दिए हैं.  भोपाल के तात्या टोपे स्टेडियम स्थित मेजर ध्यानचंद हॉल में तिरंगा यात्रा की तैयारियों के सम्बंध में मंत्री सारंग ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के खेल अधिकारियों की बैठक लेकर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए. उन्होंने सभी जिला खेल अधिकारियों से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कहा कि जिला प्रशासन के साथ समन्वय स्थापित कर 313 ब्लॉक में भी तिरंगा यात्रा निकले. इसमें खेल से जुड़े शासकीय और अशासकीय व्यक्ति, स्पोट्र्स क्लब, सोसायटी, खिलाड़ी, कोच, अकादमी सभी शामिल हो. मंत्री सारंग ने कहा कि 15 अगस्त की शाम को भोपाल के बड़े और छोटे तालाब में वॉटर स्पोर्टस खिलाड़ियों के माध्यम से हर वोट पर तिरंगा फहराकर देश प्रेम की भावना को जाग्रत किया जाएगा. उन्होंने इसमें सभी वॉटर स्पोर्टस के खिलाड़ियों को जोड़ने की बात कही. पुलिस बैंड भी होगा शामिल इस दौरान देशभक्ति का म्यूजिक/रीदम भी गूंजे. उन्होंने कहा कि ऐसा विहंगम दृश्य दिखे, जिससे सभी अभिभूत हों. मंत्री सारंग ने कहा कि तिरंगा यात्रा में सभी जिलों में पुलिस बैंड सबसे आगे चलें. उन्होंने ग्रामीण युवा समन्वयक, समाज सेवी संस्था,जनअभियान परिषद, एनसीसी, स्काउट गाईड, एनएसएस सभी के साथ तिरंगा यात्रा के लिये समन्वय स्थापित करने को कहा. मंत्री सांरग ने जिले के शहीद स्मारक जैसे स्थलों से यात्रा शुरू और समाप्त करने को कहा. उन्होंने कहा कि ऐसे स्थानों से यात्रा शुरू न करने की स्थिति में आधे घंटे पहले वहां आवश्यक रूप से पुष्पांजलि अर्पित करें. recent visitors 98