गृह मंत्रालय ने जारी किया है निर्देश, भारत-पाक युद्ध के दौरान केंद्र सरकार के निर्देश पर दुर्ग जिले में मॉक होगा ड्रिल

दुर्ग भारत-पाक युद्ध के दौरान आपातकालीन स्थिति से निपटने केंद्र सरकार के निर्देश पर छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में मॉक ड्रिल होगा. इसकी तैयारी जिला प्रशासन ने शुरू कर दी है. मॉक ड्रिल को लेकर कलेक्टर ने आज बैठक बुलाई है. मॉक ड्रिल के दौरान आपदा प्रबंधन के लिए एसडीआरएफ, एनडीआरएफ को जिम्मेदारी दी जाएगी. कलेक्टर अभिजीत सिंह ने कहा, भिलाई इस्पात संयंत्र जैसे बड़े सयंत्र की वजह से दुर्ग जिले में मॉक ड्रिल किया जाएगा. इसके लिए आज शाम बैठक रखी गई है. बता दें कि पहलगाम अटैक का बदला लेने के लिए भारत कड़ा रुख अपनाने की तैयारी कर रहा है. गृह मंत्रालय ने कई राज्यों को दिए हैं निर्देश बता दें कि पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध वॉर जारी है. युद्ध की आग कभी भी भड़क सकती है. ऐसे में भारत ने अपनी ओर से तैयारी तेज कर दी है. केंद्र सरकार ने सुरक्षा तैयारियों को लेकर बड़ा कदम उठाया है. गृह मंत्रालय ने देश के कई प्रदेशों को 7 मई को सिविल डिफेंस मॉक ड्रिल आयोजित करने के निर्देश दिए हैं. इसके तहत छत्तीसगढ़ के दुर्ग में कल मॉक ड्रिल किया जाएगा. recent visitors 52

शास्त्री नगर की छात्रा सुहानी को 500 में से 497 अंक (99.4%) मिले, उज्जैन की बेटी ने किया कमाल

उज्जैन शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शास्त्री नगर की छात्रा सुहानी को 500 में से 497 अंक (99.4%) मिले हैं। सुहानी ने अपनी सफलता का श्रेय स्कूल-कोचिंग के शिक्षकों, माता-पिता और बड़ी बहन को दिया। मध्यप्रदेश माध्यमिक शिक्षा मंडल की कक्षा दसवीं के परीक्षा परिणाम आज मंगलवार को घोषित हो गए। उज्जैन की सुहानी प्रजापति ने कक्षा दसवीं में मध्यप्रदेश के टॉप फाइव में चौथा स्थान प्राप्त कर उज्जैन के साथ ही अपने माता-पिता और गुरुजनों का भी मान बढ़ाया है। आज रिजल्ट से पहले सुहानी सुबह से ही थोड़ी टेंशन में थी, लेकिन जैसे ही रिजल्ट घोषित हुआ और जब उसने प्रदेश के टॉप फाइव विद्यार्थियों में अपना नाम देखा तो वह खुश हो गई। शासकीय उत्कृष्ट उच्चतर माध्यमिक विद्यालय शास्त्री नगर में कक्षा दसवीं में पढ़ने वाली सुहानी प्रजापति नीलगंगा चौराहा शास्त्री नगर क्षेत्र में ही रहती हैं। वो सामान्य परिवार से हैं। उसके पिता उत्तम प्रजापति ऑटो चलाते हैं, जबकि मां कविता प्रजापति ग्रहणी हैं। बड़ी बहन सिद्धि प्रजापति वर्तमान में कक्षा 12वीं की पढ़ाई कर रही है। कक्षा दसवीं की टॉप फाइव में चौथा स्थान पाने वाली सुहानी प्रजापति को 500 में से कुल 497 अंक मिले हैं और उन्हें 99.4% प्राप्त हुए हैं। सुहानी अपने इस सफलता का श्रेय स्कूल और कोचिंग के टीचर को देने के साथ ही अपने माता-पिता और बड़ी बहन को भी देती हैं, क्योंकि टीचर के साथ ही माता-पिता और बहन ने भी इस उपलब्धि के लिए उसके साथ काफी मेहनत की है। सोशल मीडिया से बनाई दूरी पढ़ाई के लिए किया मोबाइल का उपयोग सुहानी ने बताया कि प्रदेश में टॉप चार में आने के लिए मैंने शुरू से ही प्रयास करना शुरू कर दिए थे। मैं प्रतिदिन 2 से 3 घंटे पढ़ाई करती थी। इसके साथ ही मैंने पूरे साल सोशल मीडिया से दूरी बनाए रखी। मोबाइल का उपयोग में सिर्फ और सिर्फ पढ़ाई के लिए ही करती थी। अगर मुझे पढ़ाई के दौरान कोई भी परेशानी आती तो स्कूल और कोचिंग पर टीचर और घर पर बड़ी बहन मेरी हर मुश्किल को आसान कर देती थी। इंजीनियरिंग करना चाहती हैं सुहानी कक्षा दसवीं में प्रदेश की टॉप फाइव की सूची में शामिल सुहानी ने बताया की वह आगे चलकर मैथ्स सब्जेक्ट लेना चाहती है और फिर इंजीनियरिंग के साथ ही आईआईटी जे ई ई के माध्यम से अपना करियर बनाना चाहती है। recent visitors 62

पाकिस्तान के खिलाफ तैयारी! 48 घंटों के अंदर दूसरी बार पीएम नरेंद्र मोदी से मिले अजित डोभाल, हुई मीटिंग

नई दिल्ली पीएम नरेंद्र मोदी से राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजित डोभाल ने मंगलवार सुबह ही मुलाकात की। उनकी बीते 48 घंटों के अंदर दूसरी बार पीएम नरेंद्र मोदी के साथ मीटिंग हुई है। पाकिस्तान के साथ जिस तरह से फिलहाल तनावपूर्ण स्थिति है, उसे देखते हुए यह अहम मुलाकात है। भारत सरकार ने देश भर में 7 मई को मॉक ड्रिल करने को कहा है। यह ड्रिल हर जिलों में की जाएगी और इस दौरान लोगों को बताया जाएगा कि किसी भी तरह की हमले की स्थिति में क्या जाना चाहिए। कैसे लोग अपनी और बच्चों, महिलाओं एवं बुजुर्गों की जान बचा सकते हैं। 1971 के बाद यह पहला मौका होगा, जब इस तरह से मॉक ड्रिल की जाएगी। माना जा रहा है कि पाकिस्तान की किसी भी हिमाकत को लेकर ऐसी तैयारी कराई जा रही है कि आम नागरिक संकट में बच सकें। अजित डोभाल के अलावा पीएम नरेंद्र मोदी की कई बार डिफेंस मिनिस्टर राजनाथ सिंह, चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल अनिल चौहान के अलावा तीनों सेनाओं के प्रमुखों से मुलाकात हो चुकी है। इन मुलाकातों के सिलसिले इतने तेज हैं कि अकसर कयास लगते रहते हैं कि भारत पाकिस्तान के खिलाफ सख्त कदम उठा सकता है। यही नहीं पाकिस्तान के तो डिफेंस मिनिस्टर ख्वाजा आसिफ समेत कई नेता लगातार अलर्ट मोड में है। ख्वाजा आसिफ ने बार फिर कहा है कि एलओसी पर कभी भी भारत की ओर से हमला किया जा सकता है। यही नहीं पाकिस्तान ने तो अब आईएसआई चीफ आसिम मलिक को ही राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार बना दिया है। दरअसल पाकिस्तान के खिलाफ भारत ने कूटनीतिक ऐक्शन भी लिया है। ब्रिटेन, जर्मनी, फ्रांस समेत कई देशों के राजदूतों को बुलाकर भारत ने बताया है कि पहलगाम आतंकी हमला किसने कराया और उसकी क्य़ा तैयारी है। यही नहीं जब पाकिस्तान ने इस मामले को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में उठाया तो वहां भी उसे तंज झेलने पड़े। किसी भी सदस्य ने पाकिस्तान का साथ नहीं दिया। इसकी बजाय यह और पूछ लिया कि इस हमले में कहीं उसके यहां से ऐक्टिव लश्कर-ए-तैयबा का हाथ तो नहीं है। इस सवाल पर पाकिस्तान बगलें झांकने लगा। बता दें कि पहलगाम में हुए आतंकी हमले में 26 पर्यटकों की मौत हो गई थी। खूंखार आतंकियों ने 22 अप्रैल को किए इस हमले में कई लोगों का धर्म पूछा था और फिर उन्हें करीब से गोली मार दी। इस हमले के बाद से ही तनाव की स्थिति बनी हुई है। भारत सरकार ने 1960 से चले आ रहे सिंधु जल समझौते को रोक दिया है। यही नहीं करीब 10 पनबिजली परियोजनाओं में तेजी लाई जा रही है। यदि इन्हें पूरा कर लिया गया तो फिर पाकिस्तान को करारा झटका लगेगा और वहां पानी तक की किल्लत हो सकती है। recent visitors 65

सरकारी जमीनों में बने तीन अवेध मदरसे, दो मजार व एक ईदगाह पर चला बुलडोजर, प्रशासन की कार्रवाई

लखनऊ यूपी के श्रावस्ती में प्रशासन की ओर से अवैध मदरसों के विरुद्ध कार्रवाई की जा रही है। सरकारी जमीनों में बने तीन अवेध मदरसे, दो मजार व एक ईदगाह को बुलडोजर से ढहा दिया गया। इसके साथ ही बिना मान्यता के संचालित 11 मदरसों को सील किया गया। तहसील क्षेत्र जमुनहा के ग्राम प्रतापपुर कानीबोझी में मदरसा कन्जुल इमान लिल बनात मकतब सरकारी भूमि पर बना हुआ था। जिसकी जांच कर गई थी और सरकारी भूमि को खाली करने की नोटिस दी गई थी लेकिन संचालक की ओर से भूमि खाली नहीं किया गया। इस पर सोमवार को प्रशासन ने जेसीबी से मदरसे को जमीदोज कर दिया। इसी तहसील क्षेत्र के ग्राम चन्दन कोटिया में खलिहान की भूमि पर स्थित मदरसा अल जमातुल कादरिया अम उलूम पर भी ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की गई। तहसील भिनगा क्षेत्र के ग्राम परसोहना में सरकारी भूमि पर स्थित बाबा बांगभरी मजार व ईदगाह को भी ढहाया गया। तहसील भिनगा के ही ग्राम गुलरा में स्थित अस्थाना हजरत बाबा जमील वारसी मजार परिसर की बाउंड्री जिसका कुछ हिस्सा सरकारी जमीन पर बना था। उसे गिरा दिया गया। जनपद के अलग अलग स्थानों पर बिना मान्यता के संचालित 11 मदरसों को चिन्हित करते हुए सील कर दिया गया। रविवार को भी सरकारी जमीनों में बने पांच मदरसे व एक ईदगाह पर प्रशासन का बुलडोजर चला था। बहराइच में 24 से अधिक मदरसों पर कार्रवाई, नौ सील नेपाल सीमा से लगे 10 किलोमीटर दायरे में सरकारी जमीनों पर बने अनाधिकृत मदरसों पर लगातार कार्रवाई हो रही है। सोमवार को सीमा से लगे पौंडा गांव में जांच के दौरान एक और मदरसे को सील कर दिया गया है। अब तक 24 से अधिक मदरसे कार्रवाई के जद में आ चुके हैं। नौ मदरसों को सील किया जा चुका है। recent visitors 48

नेशनल हाइवे पर देर रात भीषण सड़क हादसा, पिता-पुत्र समेत चार की मौत, पांच लोग घायल

भिंड नेशनल हाइवे 719 पर देर रात कार और बाइक में आमने-सामने भिड़ंत  में पिता-पुत्र और भतीजे सहित चार लोगों की मौत हो गई। जबकि पांच लोग घायल हो गए। हादसे के बाद सड़क किनारे दोनों तरफ खंती में 50 मीटर के क्षेत्रफल में मृतकों के शव बिखर गए। ग्वालियर में शादी समारोह से लौट रहे विधायक नरेंद्र सिह कुशवाह ने हाइवे पर गाड़ी रोककर घायलों को जिला अस्पताल पहुंचाया।   रात 12.30 बजे पिढौरा गांव के पास मेहगांव की तरफ से आ रही तेज रफ्तार कार ने भिण्ड की ओर से आ रही बाइक को सामने से टक्कर मार दी। जिससे बाइक सवार हाइवे पर उछलकर गिरे, वहीं कार रोड से गुलाटी खाते हुए करीब 40 मीटर की दूरी पर बिजली के खंभे से टकरा गई। हादसे में 4 की मौत, 5 घायल हादसे बाइक पर सवार सुजान सिंह (50) पुत्र कुंदन सिंह बघेल, ऋषिकेश बघेल (22) पुत्र सुजान सिंह, बिहारी लाल बघेल (40) पुत्र रामदूज बघेल व कार चालक महमूद खान(19) पुत्र हमीद खान की मौके पर मौत हो गई। जबकि कार में सवार सूरज (19) पुत्र मुन्नालाल, बल्लू (22) पुत्र फरियाद, अंशू (22) पुत्र जाफत खान, चालू (22) पुत्र मुनव्वर खान, सकील खान (24) घायल हुए हैं। जिनका उपचार ग्वालियर में चल रहा है। मोबाइल की रोशनी से उठाए मृतक व घायल हाइवे पर कार और बाइक की रफ्तार इतनी तेज थी कि दुर्घटना के बाद हाइवे किनारे घायल और मृतकों के शव 50 मीटर में बिखर गए। पुलिस ने मोबाइल की रोशनी में पहले घायलों को उठाकर एंबुलेंस से अस्पताल भिजवाया। उसके बाद मृतकों के शव को पोस्टमार्टम के लिए डेड हाउस भेजा। recent visitors 56

पिता की जमीन के फौती नामांतरण पर बेटे से 50 लाख रुपए मांगे गए, कलेक्टर की बड़ी कार्रवाई

इंदौर जमीन के नामांतरण को लेकर इंदौर में अब तक की सबसे बड़ी रिश्वत मांगने का मामला सामने आया है। पिता की जमीन के फौती नामांतरण पर बेटे से 50 लाख रुपए मांगे गए। पटवारी ने रेसीडेंसी कोठी पर मिलने बुलाकर डिमांड की। यह सुनने के बाद आवेदक की जमीन खिसक गई। बाद में वकील ने कलेक्टर को फोन लगाकर सबूत सहित घटनाक्रम की जानकारी दी। इस पर पटवारी को तुरंत सस्पेंड कर तहसीलदार के खिलाफ विभागीय जांच शुरू कर दी गई। जमीन की कीमते आसमान पर, भ्रष्टाचार लगातार इंदौर में जमीन की कीमत आसमान छू रही है। उससे जुड़े कामों में भ्रष्टाचार के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। बगैर लेन-देन के नामांतरण, बटांकन और सीमांकन नहीं होते। ऐसा ही एक मामला हाल ही में सामने आया, जिसमें नायब तहसीलदार नागेंद्र त्रिपाठी पर 50 लाख रुपए की रिश्वत मांगे जाने का आरोप लगा। वैभव पिता अशोक ने मल्हारगंज तहसील के जाख्या की 31 हजार वर्ग फीट जमीन के फौती नामांतरण का आवेदन वकील राहुल दवे के माध्यम से लगाया था। इस पर पहले पटवारी ओम त्रिपुरेश मिश्रा ने वकील दवे से संपर्क कर 50 लाख रुपए साहब के देने के साथ दो दिन में नामांतरण का दावा किया था, जिस पर उन्होंने इनकार कर दिया। बाद में सीधे वैभव को फोन लगाकर रेसीडेंसी पर बुलाया गया और 50 लाख की मांग की गई। यह सुनकर उसने कहा कि इतने मैं तो दूसरी जमीन आ जाएगी। ये जमीन पिता की है, जिसका नामांतरण करना है। इसमें गलत क्या है? जब गलत नहीं करा रहा हूं तो रिश्वत किस बात की। कलेक्टर को लगाया फोन वैभव ने रेसीडेंसी से निकलते ही वकील दवे को घटनाक्रम बताया। उन्होंने कलेक्टर आशीष सिंह से बात कर घटनाक्रम की जानकारी दी। इस पर कलेक्टर का कहना था कि नामांतरण भी होगा और दोषियों पर कार्रवाई भी। उन्होंने तुरंत पटवारी को सस्पेंड कर दिया और नायब तहसीलदार त्रिपाठी की विभागीय जांच बैठाकर एसडीएम निधि वर्मा को रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। पटवारी का हो चुका तबादला मजेदार बात ये है कि नामांतरण आवेदन आने पर पटवारी मिश्रा सक्रिय हो गया। उसका कहना था कि मैं तो आवेदक को जानता हूं। मैं काम कर दूंगा और ‘व्यवहार’ निभाते हुए रिपोर्ट बनाकर दे दी। कहना था कि आगे का काम तहसीलदार से समझ लेना। तहसीलदार त्रिपाठी ने शान पटेल नाम का एक एवजी बैठा रखा है, जिसने 50 लाख मांगे और दो दिन बाद छुट्टी पर जाने की बात कही। इधर, दवे ने साफ इनकार कर दिया। संवाद केंद्र पर थोकबंद शिकायत नामांतरण व सीमांकन के आवेदकों से बात करने के लिए कलेक्टर ने संवाद केंद्र शुरू किया है। इस पर ऑपरेटर सीधे आवेदक से बात करते हैं और पूछते हैं कि काम करने के एवज में आपसे रिश्वत तो नहीं मांगी जा रही? चौंकाने वाली बात ये है कि कई पटवारियों के खिलाफ शिकायतें आ चुकी हैं। शिकायत आई है नामांतरण को लेकर एक शिकायत आई, जिसमें रिकॉर्डिंग भी पेश की गई। उसके आधार पर पटवारी के खिलाफ कार्रवाई की व नायब तहसीलदार के खिलाफ जांच की जा रही है। एसडीएम की रिपोर्ट में दोषी पाए जाने पर कार्रवाई होगी। आशीष सिंह, कलेक्टर recent visitors 49

नायब तहसीलदार ने मांगी 50 लाख की रिश्वत, कलेक्टर ने की सख्त कार्रवाई

Naib Tehsildar demanded a bribe of 50 lakhs, Collector took strict action इंदौर ! मध्य प्रदेश के इंदौर जिले में जमीन के फौती नामांतरण के बदले 50 लाख रुपए की रिश्वत मांगे जाने का बड़ा मामला सामने आया है। इस सनसनीखेज खुलासे के बाद प्रशासन हरकत में आ गया है। कलेक्टर आशीष सिंह ने तत्काल प्रभाव से संबंधित पटवारी को निलंबित कर दिया है और नायब तहसीलदार नागेंद्र त्रिपाठी पर विभागीय जांच बैठा दी गई है। क्या है पूरा मामला? Collector took strict actionमल्हारगंज तहसील के जाख्या क्षेत्र में स्थित 31 हजार वर्गफुट जमीन का फौती नामांतरण करवाने के लिए वैभव, पिता अशोक, ने वकील राहुल दवे के माध्यम से आवेदन दिया था। आरोप है कि पटवारी ओम त्रिपुरेश मिश्रा ने पहले वकील से, फिर सीधे वैभव से संपर्क कर 50 लाख रुपये की मांग की। यह रकम नायब तहसीलदार के लिए बताई गई थी और आश्वासन दिया गया था कि रकम मिलते ही नामांतरण दो दिन में हो जाएगा। जब वैभव ने रिश्वत देने से इनकार किया और पूरे घटनाक्रम की जानकारी वकील को दी, तब वकील ने कलेक्टर से सीधे संपर्क कर सभी साक्ष्यों सहित पूरी बात बताई। कलेक्टर का त्वरित एक्शन Collector took strict actionकलेक्टर आशीष सिंह ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तुरंत पटवारी को निलंबित कर दिया और एसडीएम निधि वर्मा को मामले की जांच सौंपी। साथ ही, नायब तहसीलदार त्रिपाठी के खिलाफ विभागीय जांच के आदेश दिए गए हैं। बढ़ता भ्रष्टाचार और जमीनों की आसमान छूती कीमतेंइंदौर में जमीन की बढ़ती कीमतों के साथ नामांतरण, बटांकन और सीमांकन जैसे मामलों में भ्रष्टाचार भी तेजी से बढ़ा है। आम नागरिकों को बिना लेन-देन के वैध कार्यों में भी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। Read more : शासकीय ज्ञानोदय आवासीय विद्यालय :शिक्षकों की घोर लापरवाही से 93 छात्र विद्यालय से बाहर निकलने हुए मजबूर शिकायतों का भंडार, संवाद केंद्र से खुल रही पोलकलेक्टर द्वारा शुरू किए गए संवाद केंद्र पर लगातार शिकायतें मिल रही हैं, जिनमें कई पटवारियों के खिलाफ भ्रष्टाचार की पुष्टि हो चुकी है। इस केंद्र से आवेदकों से सीधे संपर्क कर यह जाना जा रहा है कि उनसे रिश्वत तो नहीं मांगी गई। अंतिम निर्णय रिपोर्ट के बादएसडीएम निधि वर्मा की जांच रिपोर्ट के बाद दोषियों के खिलाफ अंतिम कार्रवाई तय की जाएगी। कलेक्टर ने स्पष्ट किया है कि “नामांतरण भी होगा और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।” इस खबर से जुड़ी हर अपडेट के लिए हमारी वेबसाइट से जुड़े रहें। recent visitors 99