भारत ने आज पाकिस्तान के खिलाफ कई बड़े फैसले लिए, सभी प्रकार की डाक और पार्सल सेवाओं पर लगाई रोक

नई दिल्ली भारत सरकार ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लेते हुए पाकिस्तान से आने वाली सभी प्रकार की डाक और पार्सल सेवाओं के आदान-प्रदान को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह निर्णय हवाई और जमीनी दोनों मार्गों के लिए लागू होगा। भारत ने आज पाकिस्तान के खिलाफ कई बड़े फैसले लिए हैं जिनमें सभी प्रकार के आयात पर पूर्ण रोक और पाकिस्तानी झंडे वाले जहाजों का भारतीय बंदरगाहों पर प्रवेश बैन कर दिया गया है। अब डाक विभाग द्वारा जारी एक सार्वजनिक नोटिस में कहा गया है, "भारत सरकार ने हवाई और जमीनी मार्गों के माध्यम से पाकिस्तान से आने वाले सभी श्रेणियों के मेल और पार्सल के आदान-प्रदान को निलंबित करने का फैसला लिया है।" पाकिस्तान के साथ डाक सेवाओं का इतिहास भारत और पाकिस्तान के बीच डाक सेवाओं का आदान-प्रदान लंबे समय से सीमित स्तर पर जारी था। हालांकि, अगस्त 2019 में जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के बाद पाकिस्तान ने कुछ समय के लिए डाक सेवाओं को निलंबित कर दिया था, जो बाद में तीन महीने बाद बहाल हो गई थीं। लेकिन अब, भारत सरकार ने मौजूदा तनावपूर्ण स्थिति को देखते हुए सभी डाक और पार्सल सेवाओं को पूरी तरह से बंद करने का फैसला किया है। प्रभाव और संभावित परिणाम इस निलंबन से दोनों देशों के बीच पत्राचार, व्यापारिक डाक, और व्यक्तिगत पार्सलों का आदान-प्रदान पूरी तरह से ठप हो जाएगा। विशेषज्ञों का मानना है कि इसका सबसे अधिक प्रभाव उन लोगों पर पड़ेगा जो दोनों देशों के बीच पारिवारिक या व्यापारिक पत्राचार पर निर्भर हैं। इसके अलावा, यह कदम पाकिस्तान की अर्थव्यवस्था पर भी असर डाल सकता है, क्योंकि भारत से आयात होने वाले कुछ सामानों का परिवहन डाक सेवाओं के माध्यम से होता था। भारत ने पाकिस्तान से प्रत्यक्ष, अप्रत्यक्ष आयात पर तत्काल प्रभाव से प्रतिबंध लगाया इससे पहले आज ही भारत ने राष्ट्रीय सुरक्षा और सार्वजनिक नीति के हित में तत्काल प्रभाव से पाकिस्तान से सभी वस्तुओं के प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष आयात पर प्रतिबंध लगा दिया है। एक सरकारी आदेश में यह जानकारी दी गई। इस निर्णय से पाकिस्तान से भारत में माल की सभी आवक पूरी तरह से रुक जाएगी। भारत का पाकिस्तान को पिछले साल अप्रैल से इस साल जनवरी तक निर्यात 44.76 करोड़ डॉलर था, जबकि आयात मात्र 4.2 लाख डॉलर था। विदेश व्यापार महानिदेशालय (डीजीएफटी) ने दो मई को एक अधिसूचना में कहा कि “इस संबंध में विदेश व्यापार नीति (एफटीपी) 2023 में एक प्रावधान जोड़ा गया है, जिसके तहत अगले आदेश तक तत्काल प्रभाव से पाकिस्तान में बने या वहां से निर्यात किए जाने वाले सभी सामानों के प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष आयात या पारगमन पर रोक लगाई जाएगी।” इसमें कहा गया कि यह प्रतिबंध राष्ट्रीय सुरक्षा और सार्वजनिक नीति के हित में लगाया गया है। आदेश में कहा गया कि इस प्रतिबंध के किसी भी अपवाद के लिए भारत सरकार की मंजूरी की आवश्यकता होगी। एफटीपी में ‘पाकिस्तान से आयात पर प्रतिबंध’ शीर्षक के तहत प्रावधान डालते हुए इसमें कहा गया है, “पाकिस्तान से आयात या निर्यात किए जाने वाले सभी सामानों का प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष आयात या पारगमन, चाहे स्वतंत्र रूप से आयात योग्य हो या अन्यथा अनुमति प्राप्त हो, तत्काल प्रभाव से अगले आदेश तक प्रतिबंधित रहेगा।” अप्रैल-जनवरी 2024-25 के दौरान पड़ोसी देश से मुख्य आयात में फल और मेवे (80 हजार डॉलर), कुछ तिलहन और औषधीय पौधे (2.6 लाख डॉलर) और जैविक रसायन शामिल थे। यह निर्णय 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के बाद लिया गया है, जिसमें 26 लोग मारे गए थे। पाकिस्तान के ध्वज वाले जहाजों के बंदरगाह में प्रवेश पर रोक भारत ने शनिवार को आधिकारिक तौर पर पाकिस्तान के ध्वज वाले जहाजों को भारत में किसी भी बंदरगाह में प्रवेश पर रोक लगाने के निर्णय की घोषणा की। यह प्रतिबंध तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है। सरकार की ओर से शनिवार को जारी एक आधिकारिक निर्देश के अनुसार, पाकिस्तान के झंडे वाले किसी भी जहाज को भारतीय बंदरगाहों पर जाने से रोक दिया गया है, जबकि भारतीय झंडे वाले जहाजों को भी पाकिस्तान के बंदरगाहों पर ठहरने से रोक दिया गया है। सरकार ने राष्ट्रीय सुरक्षा चिंताओं का हवाला देते हुए कहा कि यह आदेश ‘सार्वजनिक हित में और भारतीय जहाजरानी के हित में भारतीय संपत्तियों, कार्गो और संबंधित बुनियादी ढांचे की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए’ लागू किया गया है। यह निर्देश तुरंत प्रभावी हो गया है और अगली सूचना तक लागू रहेगा। पाकिस्तान पर भारत का ताबड़तोड़ ऐक्शन आतंकी हमले के बाद भारत ने कई कदम उठाए, जिसमें अटारी सीमा चौकी को तत्काल बंद करना शामिल है, जिसका इस्तेमाल कुछ खास तरह के सामानों की आवाजाही के लिए किया जाता है। इसके अलावा भारत ने पाकिस्तानी सैन्य अताशे को निष्कासित करने और 1960 की सिंधु जल संधि को निलंबित करने की घोषणा की है।इसके कारण भारत और पाकिस्तान के बीच व्यापार पहले ही पूरी तरह से ठप्प हो चुका है। साल 2019 में पुलवामा आतंकी हमले के बाद दोनों पक्षों द्वारा उठाए गए कदमों के बाद दोनों देशों के बीच दोतरफा व्यापार नगण्य हो गया था।   recent visitors 48

देश के सरकारी बैंक में है खाता तो ध्यान दें! फिर हुई FD Interest रेट में कटौती, जानें अब कितना मिलेगा ब्याज

नई दिल्ली  पंजाब नेशनल बैंक (PNB) ने फिर से अपनी फिक्स्ड डिपॉजिट (FD) की ब्याज दरों में बदलाव किया है। यह बदलाव 3 करोड़ रुपये से कम की एफडी पर किया गया है। बैंक ने अप्रैल 2025 में भी ऐसा ही बदलाव किया था। इस बार, बैंक ने कुछ खास समय वाली एफडी पर ब्याज दरों को 25 बेसिस पॉइंट्स तक घटा दिया है। नई दरें 1 मई, 2025 से लागू हो गई हैं। ब्याज दरों में बदलाव के बाद पंजाब नेशनल बैंक आम नागरिकों को 7 दिनों से लेकर 10 साल तक की एफडी पर 3.50% से 7.10% तक ब्याज दे रहा है। सबसे ज्यादा ब्याज दर 390 दिनों की एफडी पर मिल रही है। यह 7.10% है। किसके लिए कितनी दर? पीएनबी ने आम नागरिकों के लिए 3 करोड़ रुपये से कम की जमा पर ब्याज दरें कम की गई हैं। 180 से 270 दिनों की एफडी पर ब्याज दर 6.25% से घटाकर 6% कर दी गई है। इसी तरह, 271 से 299 दिनों की एफडी पर ब्याज दर 6.5% से घटाकर 6.25% कर दी गई है। 303 दिनों की FD पर ब्याज दर 6.4% से घटाकर 6.15% कर दी गई है। 304 दिनों से लेकर 1 साल से कम की FD पर ब्याज दर अब 6.5% की जगह 6.25% होगी। 1 साल की FD पर ब्याज दर 6.8% से घटाकर 6.7% कर दी गई है। सीनियर सिटिजंस के दर 60 साल से ऊपर और 80 साल से कम उम्र के वरिष्ठ नागरिकों को 5 साल तक की एफडी पर 50 बेसिस पॉइंट्स ज्यादा ब्याज मिलेगा। 5 साल से ज्यादा की एफडी पर उन्हें 80 बेसिस पॉइंट ज्यादा ब्याज मिलेगा। यह नियम 3 करोड़ रुपये से कम की जमा पर लागू होगा। वरिष्ठ नागरिकों को अब 4.00% से 7.60% तक ब्याज मिलेगा। वहीं 80 साल या उससे ज्यादा उम्र के सुपर सीनियर नागरिकों को सभी तरह की एफडी पर 80 बेसिस पॉइंट ज्यादा ब्याज मिलेगा। बदलाव के बाद, सुपर सीनियर नागरिकों को 4.30% से 7.90% तक ब्याज मिलेगा। इस बैंक ने भी किया बदलाव बंधन बैंक ने भी 3 करोड़ रुपये से कम की FD पर ब्याज दरों में बदलाव किया है। अब यह बैंक आम नागरिकों को 7 दिनों से लेकर 10 साल तक की FD पर 3% से 7.75% तक ब्याज देगा। वरिष्ठ नागरिकों को 3.75% से 8.25% तक ब्याज मिलेगा। सबसे ज्यादा ब्याज दर, जो कि 7.75% और 8.25% है, 1 साल की एफडी पर मिल रही है। नई दरें 1 मई, 2025 से लागू हो गई हैं। recent visitors 43

सूअरों से फलस की रक्षा के लिए खेत में गया था किसान, बाघ का बना शिकार

बालाघाट  वन परिक्षेत्र कटंगी के गोरेघाट सर्किल में एक किसान अपने खेत में बनी झोपडी में बैठा था। इसी दौरान शनिवार की अलसुबह साढ़े चार से पांच बजे के बीच बाघ ने किसान को अपना शिकार बना लिया। इस घटना के बाद से किसानों और पूरे गांव में दहशत बनी है। जानकारी के अनुसार, गांव गोरेघाट जंगल से लगा है। इस गांव के किसानों ने खेतों में रबी की फसल लगाई है। फसल को खाने जंगली सूअर रोजाना खेत में आ जाते हैं। इस वजह से किसान उन्हें भागने के लिए फटाखे फोड़ते है। पटाखे फोड़कर झोपड़ी में जाकर बैठ गया था ग्राम गोरेघाट निवासी किसान प्रकाश पिता तुकाराम पाने (58 वर्ष) ने रात तीन बजे जंगली सूअर को भागने के लिए पटाखे फोड़े और खेत की झोपड़ी में जाकर बैठ गया। सुबह होने पर वो घर नहीं पहुंचा, तो उसका पुत्र खेत में झोपडी तरफ जाकर देखा, लेकिन नहीं दिखाई दिया। आवाज लगाई, पर पता नहीं चलने पर झोपडी के आगे एक बंधी में बाघ उसके पिता को खाते दिखा। बाघ को देख वो उल्टे पर गांव में लौट आया और परिजन सहित आसपास में जानकारी दी। तभी सभी लोग मौके पर गए और बाघ को भगाने के लिए शोर मचाने लगे। बाघ ने किसान के शरीर के आधे पैर को खा लिया। जिसकी सूचना वन विभाग को दी गई, लेकिन वन विभाग 11 बजे तक मौके पर नहीं पहुंच पाया। 15 दिन से बाघ का मूवमेंट किसानों में बताया कि गोरेघाट से समीप में जंगल लगा है। बाघ 15 दिनों से खेत में विचरण कर रहा है। इसके एक सप्ताह पहले भी खेत में बैठे एक किसान ने इस बाघ को नजदीक से देखा था। उस समय गनीमत रही कि बाघ सोया था, नहीं तो बड़ी घटना हो सकती थी। बताया गया कि इतने दिनों में ग्राम गोरेघाट में बाघ ने पांच बकरियों का शिकार किया है। वन विभाग को मिली सूचना     गोरेघाट में एक किसान का बाघ ने शिकार किया है। इसकी सूचना मिलने पर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ हमारा दल मौके पर पहुंच रहा है। मौके पहुंचने के बाद आगे की जांच की जाएगी। – बाबूलाल चढ़ार, वन परिक्षेत्र अधिकारी कटंगी।   recent visitors 64

CSK को हराकर भी आज नहीं मिलेगा प्लेऑफ का टिकट, RCB के लिए 16 पॉइंट्स भी काफी नहीं

नई दिल्ली रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु वर्सेस चेन्नई सुपर किंग्स IPL 2025 का 52वां मैच आज यानी शनिवार, 3 मई को बेंगलुरु के एम चिन्नास्वामी स्टेडियम में खेला जाना है। टूर्नामेंट से बाहर हो चुकी सीएसके के पास अब गंवाने के लिए कुछ नहीं है, ऐसे में उनकी नजरें बचे मैचों में बाकी टीमों का समीकरण खराब करने पर होगी। इस लिस्ट में आरसीबी उनकी पहली शिकार बन सकती है। वहीं बेंगलुरु की नजरें चेन्नई सुपर किंग्स को मात देकर 16 पॉइंट्स तक पहुंचने पर होगी, हालांकि 16 अंक हासिल करने के बाद भी आरसीबी को आज प्लेऑफ का टिकट नहीं मिलेगा। जी हां, आईए जानते हैं इसके पीछे का कारण- RCB को 16 अंकों के बावजूद क्यों नहीं मिलेगा प्लेऑफ का टिकट? रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु की टीम फिलहाल 10 मैचों में 7 जीत के साथ पॉइंट्स टेबल में तीसरे पायदान पर है। आगर आज आरसीबी सीएसके को हराती है तो वह पॉइंट्स टेबल में नंबर-1 बन जाएगी और उनके खाते में 16 अंक हो जाएंगे। 16 अंकों के बावजूद आरसीबी को प्लेऑफ का टिकट इसलिए नहीं मिलेगा क्योंकि अभी भी उनके अलावा 6 टीमें ऐसी हैं जो 16 या उससे अधिक अंक हासिल कर सकती है। यही वजह है आरसीबी को 16 पॉइंट्स होने के बावजूद आज प्लेऑफ का टिकट नहीं मिलेगा। किसी भी टीम के आगे क्वालीफाई का मार्क तब तक नहीं लगेगा जब तक एक तय अंक तक लीग स्टेज में शामिल 10 में से ज्यादा से ज्यादा 4 टीमें ना पहुंच पाए। उदहारण के लिए- लीग स्टेज में फिलहाल 7 टीमें ऐसी हैं जो 17 या उससे अधिक अंक हासिल कर सकती है। वहीं 5 टीमें ऐसी है जो 20 या उससे अधिक अंक हासिल कर सकती है। जो टीम 20 पॉइंट्स तक सबसे पहले पहुंचेगी और उनका नेट रन रेट बाकी चार टीमों से बेहतर होगा तो उसे प्लेऑफ का टिकट मिल जाएगा। recent visitors 56

आतंकी हमले में मारे गए हिंदूओं की आत्मा की शांति हेतु तर्पण, मुंडन और सामूहिक श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित

ओंकारेश्वर  जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले में मृत श्रद्धालुओं को हिंदू महासभा ने ओंकारेश्वर गौमुख घाट पर तर्पण, मुंडन करवाकर सामूहिक श्रद्धांजलि दी। हिन्दू परंपरा अनुसार शोक व्यक्त कर समाज में जागरूकता और राष्ट्ररक्षा का संकल्प भी लिया गया। आयोजन हिन्दू समाज के आत्मबोध का प्रतीक आयोजन संत सौमित्रदास त्यागी बापू (प्रदेश पदाधिकारी, संत महासभा) के सानिध्य में हुआ। नर्मदा जल से तर्पण और शास्त्र विधि से मुंडन कर श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम में हिन्दू महासभा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। त्यागी बापू ने कहा, “कश्मीर में हुई घटना केवल पीड़ा ही नहीं, चेतना का संदेश भी है। जब तक हिन्दू समाज एकजुट होकर आत्मरक्षा के लिए सजग नहीं होगा, तब तक ऐसी घटनाएं होती रहेगी। यह आयोजन हिन्दू समाज के आत्मबोध का प्रतीक है। राष्ट्ररक्षा और सामाजिक संकल्प प्रदेश उपाध्यक्ष एवं पूर्व सैनिक प्रदीप सिंह ठाकुर ने कहा, देश की सीमाओं की रक्षा के साथ-साथ अब समय है कि समाज के भीतर फैले आतंकवाद के विरुद्ध भी सजग रहा जाए। हिन्दू महासभा समाज के प्रत्येक वर्ग की सुरक्षा व अधिकारों के लिए प्रतिबद्ध है। जिला संगठन मंत्री पं. जीतू दुबे ने कहा, यह कार्यक्रम केवल श्रद्धांजलि नहीं, बल्कि हिन्दू समाज को एकजुट कर इस्लामिक कट्टरवाद के विरुद्ध चेतना जगाने का माध्यम है। हम सरकार से भी अपेक्षा करते हैं कि देश में रह रहे अवैध घुसपैठियों पर त्वरित कार्यवाही हो। अंत में सभी उपस्थितजनों ने नर्मदा तट पर राष्ट्र और धर्म की रक्षा हेतु कार्यरत रहने का संकल्प लिया। recent visitors 42

जबलपुर ऑर्डिनेंस फैक्ट्री ने रद्द की छुट्टियां, वापस बुलाए सभी कर्मचारी, गोला-बारूद बनाने का आया है बड़ा ऑर्डर

जबलपुर जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में आतंकी हमले के बाद देश में तनाव बढ़ गया है। ऐसे में मध्य प्रदेश के जबलपुर की आयुध निर्माण फैक्ट्री खमरिया ने अपने सभी अधिकारियों और कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी हैं। यह फैसला तुरंत लागू हो गया है। फैक्ट्री ने यह कदम इसलिए उठाया है ताकि इस साल का उत्पादन लक्ष्य समय पर पूरा किया जा सके। फैक्ट्री को डर है कि अगर छुट्टियां दी गईं तो सेना के लिए गोला-बारूद बनाने का काम पिछड़ जाएगा। गोला बारूद बनाने का मिला बड़ा टारगेट दरअसल, OFK को इस साल गोला-बारूद बनाने का एक बड़ा टारगेट मिला है लेकिन, अप्रैल के महीने में फैक्ट्री उतना काम नहीं कर पाई जितना उसने सोचा था। इसलिए, फैक्ट्री के बड़े अधिकारियों ने यह फैसला लिया है कि सभी कर्मचारियों को बिना छुट्टी के काम करना होगा। इससे फैक्ट्री ज्यादा गोला-बारूद बना पाएगी और सेना को समय पर गोला-बारूद मिल जाएगा। जनसंपर्क अधिकारी ने दी जानकारी आयुध भंडार के जनसंपर्क अधिकारी अविनाश शंकर ने इस बारे में जानकारी दी। उन्होंने कहा, 'अधिकारियों और कर्मचारियों की दो दिन से अधिक की छुट्टियां तत्काल प्रभाव से रद्द की गई हैं ताकि हम इस वित्तीय वर्ष का निर्धारित उत्पादन लक्ष्य हासिल कर सकें। 4000 कर्मचारी करते हैं काम खमरिया आयुध निर्माण फैक्ट्री भारतीय सेना के लिए गोला-बारूद बनाती है। इस फैक्ट्री में लगभग 4,000 कर्मचारी काम करते हैं। यह फैक्ट्री देश की सुरक्षा के लिए बहुत ही जरूरी है। यहां बनने वाला गोला-बारूद सेना को दुश्मनों से लड़ने में मदद करता है। पहलगाम हमले के बाद सरकार और सेना सावधान यह फैसला ऐसे समय में लिया गया है जब देश की सुरक्षा को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं। पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद सरकार और सेना दोनों ही सावधान हैं। ऐसे में, गोला-बारूद की फैक्ट्री में उत्पादन बढ़ाना जरूरी है ताकि सेना को किसी भी हालत से निपटने के लिए तैयार रखा जा सके। recent visitors 52

गावस्कर का मानना है कि पाकिस्तान का एशिया कप में भी हुक्का-पानी बंद होगा, खतरे में ACC, भारत का कड़ा प्रहार

नई दिल्ली पहलगाम आतंकी हमले के बाद देश में गम और गुस्सा है। इस हमले में 26 लोगों की मौत हुई। भारत ने पाकिस्तान के खिलाफ कई सख्त कदम उठाए हैं। वहीं, भारत के पूर्व कप्तान और दिग्गज क्रिकेटर सुनील गावस्कर ने एक बड़ी भविष्यवाणी की है। गावस्कर का मानना है कि पाकिस्तान का एशिया कप में भी हुक्का-पानी बंद होगा। उन्होंने एशियन क्रिकेट काउंसिल (एससीसी) के भविष्य को भी खतरे में करार दिया। उन्होंने कहा कि ना सिर्फ पाकिस्तान को एशिया कप से बाहर किया जा सकता है बल्कि एससीसी को भी भंग किया जा सकता है। बता दें कि एशिया कप 2025 की मेजबानी भारत के पास है, जिसका आयोजन टी20 फॉर्मेट में होना है। 'बीसीसीआई का रुख वही रहा…' गावस्कर ने स्पोर्ट्स टुडे से कहा, "भारतीय क्रिकेट बोर्ड (बीसीसीआई) का रुख हमेशा से वही रहा है, जो भारत सरकार उन्हें करने के लिए कहती है। इसलिए मुझे नहीं लगता कि एशिया कप के मामले में इसमें कोई बदलाव होगा। एशिया कप के इस संस्करण के लिए भारत और श्रीलंका मेजबान हैं, इसलिए यह इस बात पर निर्भर करता है कि क्या चीजें बिल्कुल बदली हैं? लेकिन अगर चीजें नहीं बदली हैं तो मैं पाकिस्तान को अब एशिया कप का हिस्सा बनते नहीं देखता, जिसकी मेजबानी भारत और श्रीलंका करने जा रहे हैं।" शिया कप का आयोजन सितंबर 2025 में प्रस्तावित है। 'केवल तीन-चार देशों का टूर्नामेंट' उन्होंने कहा, "मुझे नहीं पता कि यह कैसे होगा। हो सकता है कि एशियन क्रिकेट काउंसिल को भंग कर दिया जाए और केवल तीन देशों या चार देशों का टूर्नामेंट हो सकता है, जिसमें हांगकांग या यूएई को आमंत्रित किया जा सकता है। एसीसी को भंग किया जा सकता है। लेकिन मुझे लगता है कि यह इस बात पर निर्भर करता है कि अगले कुछ महीनों में क्या होता है।" इस साल की शुरुआत में भारत ने चैंपियंस ट्रॉफी के लिए पाकिस्तान का दौरा नहीं किया था और अपने सभी मैच दुबई में खेले थे, जिसमें फाइनल भी शामिल था। भारत ने फाइनल में न्यूजीलैंड को हराकर खिताब जीता था। 'अगर दो देश लड़ रहे हैं तो…' पूर्व कप्तान ने कहा, "ऐसा हो सकता है कि भारत एसीसी से बाहर निकलने का फैसला ले ले। हम कह सकते हैं कि हम बांग्लादेश, श्रीलंका, अफगानिस्तान में 4 देशों का टूर्नामेंट या 5 देशों का टूर्नामेंट आयोजित करने जा रहे हैं। ऐसा हो सकता है टूर्नामेंट बांग्लादेश या श्रीलंका में आयोजित जाए लेकिन जाहिर है कि भारत भारत इसकी मेजबानी करेगा।" उन्होंने कहा, "जो कुछ हो रहा है, उसके मद्देनजर मुझे बिल्कुल भी आश्चर्य नहीं होगा अगर एसीसी को भंग कर दिया जाए। मेरा मतलब है कि अगर दो देश एक-दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं तो एक-दूसरे के साथ खेल खेलना थोड़ा मुश्किल है।" recent visitors 58