मैदान में बांग्लादेश के पूर्व कप्तान की छाती में उठा दर्द, आनन-फानन में अस्पताल लेकर भागे

ढाका बांग्लादेश क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान तमीम इकबाल को अस्पताल में एडिमट कराया गया है. तमीम ने ढाका प्रीमियर लीग (DPL) 2025 के मैच में फील्डिंग के दौरान सीन में दर्द की शिकायत की. यह वाकया सोमवार 24 मार्च को मोहम्मडन स्पोर्टिंग क्लब शिनपुकुर क्रिकेट क्लब के बीच मैच के दौरान हुआ. सूत्रों ने बताया कि बाएं हाथ के इस बल्लेबाज की हालत गंभीर है. इस मुकाबले में तमीम मोहम्मडन स्पोर्टिंग क्लब की कप्तानी कर रहे थे. तमीम को लेकर ये अपडेट 36 साल के तमीम टॉस के लिए मैदान पर उतरे, लेकिन शिनपुकुर की पारी के दौरान फील्डिंग करते समय उन्हें असहजता महसूस हुई. इसके बाद उनके इलाज के लिए मेडिकल टीम पहुंची और उन्हें ढाका ले जाने के लिए हेलीकॉप्टर भी बुलाया गया. हालांकि, तमीम की हालत गंभीर थी और वो हेलीकॉप्टर में चढ़ने की हालत में नहीं थे. ऐसे में उन्हें ढाका की बजाय स्थानीय फाजिल तुन्नेस अस्पताल ले जाया गया. फाजिल तुन्नेस अस्पताल सावर शहर में स्थित है, जो ढाका डिवीजन के अंतर्गत आता है. मोहम्मडन स्पोर्टिंदग क्लब के अधिकारी तारिकुल इस्लाम ने इंडिया टुडे से कहा, 'तमीम फिलहाल अस्पताल में भर्ती हैं और उनकी हालत इतनी अच्छी नहीं है कि उसे विमान से ढाका ले जाया जा सके.' ढाका प्रीमियर लीग के मौजूदा सीजन में तमीम शानदार फॉर्म में चल रहे हैं और वो इस सीजन में चौथे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले खिलाड़ी हैं. बाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने सात मैचों में 73.60 की औसत और 102.50 के स्ट्राइक-रेट से 368 रन बनाए हैं, जिसमें दो शतक भी शामिल हैं. बता दें कि तमीम इकबाल ने चैम्पियंस ट्रॉफी 2025 से पहले इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास ले लिया था. तमीम ने जुलाई 2023 में भी अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले लिया था, लेकिन बाद में उन्होंने अपना मन बदल लिया. तमीम ने बांग्लादेश के लिए अपना आखिरी मैच सितंबर 2023 में खेला. तमीम ने 2007 वर्ल्ड कप में भारत को दिया था दर्द तमीम इकबाल ने फरवरी 2007 में जिम्बाब्वे के खिलाफ वनडे मैच से अपने इंटरनेशनल करियर का आगाज किया. उसी साल वनडे वर्ल्ड कप में भारत के खिलाफ बांग्लादेश की जीत में उन्होंने मैच जिताऊ अर्धशतक बनाया था. तमीम इकबाल ने बांग्लादेश के लिए 70 टेस्ट मैचों में 38.89 के एवरेज से 5134 रन बनाए, जिसमें 10 शतक और 31 अर्धशतक शामिल रहे. वहीं 243 वनडे इंटरनेशनल में तमीम के नाम पर 36.65 की औसत से 8357 रन दर्ज हैं. वनडे इंटरनेशनल में तमीम इकबाल ने 14 शतक और 56 अर्धशतक लगाए. तमीम ने 78 टी20 इंटरनेशनल में 24.08 के एवरेज से 1758 रन बनाए. टी20 इंटरनेशनल में तमीम के नाम पर 1 शतक और सात अर्धशतक दर्ज हैं. तमीम इकबाल अपने देश के लिए वनडे इंटरनेशनल में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले प्लेयर हैं. बांग्लादेश के एकदिवसीय कप्तान के रूप में तमीम का जीत प्रतिशत मशरफे मुर्तजा से थोड़ा अधिक है. तमीम ने बांग्लादेश को अपनी कप्तानी में 37 में से 21 मुकाबले जिताए. साल 2017 में तमीम ने न्यूजीलैंड के खिलाफ एक टेस्ट मैच में भी बांग्लादेश की कप्तानी की थी.   recent visitors 78

ग्रीन भारत एक्सपो का समापन : क्लीन एंड ग्रीन एनर्जी में ही भविष्य : मंत्री सारंग

India Green Expo concludes: Clean and green energy is the future: Minister Sarang भोपाल (सुशील दामले)। राजधानी में पिछले तीन दिनों से चल रहे ग्रीन भारत एक्सपो का आज समापन हुआ। इलेक्ट्रिक व्हीकल और सोलर एनर्जी पर केंद्रित इस एक्सपो में देशभर की प्रतिष्ठित कंपनियों, निर्माताओं और संभावित निवेशकों ने भाग लिया। एक्सपो का आयोजन इमेजिन इवेंट और डिक्की द्वारा किया गया था। खेल एवं युवक कल्याण तथा सहकारिता मंत्री विश्वास सारंग ने एक्सपो का समापन करते हुए डिक्की और इमेजिन इवेंट को इस आयोजन के लिए बधाई दी। उन्होंने कहा कि क्लीन एंड ग्रीन एनर्जी ही भविष्य की मांग है। हमें प्रकृति का संरक्षण करते हुए सतत विकास की ओर बढ़ना होगा। उन्होंने जोर देते हुए कहा कि ग्रीन एनर्जी सिर्फ पर्यावरण संरक्षण का जरिया नहीं, बल्कि उद्यमिता और स्वरोजगार के अनंत अवसर भी प्रदान करती है। मंत्री सारंग ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने क्लीन और ग्रीन एनर्जी सेक्टर में अपार संभावनाओं के द्वार खोले हैं। भारत में कई पहलें इस उभरते क्षेत्र में युवाओं को इनोवेशन और स्टार्टअप्स के लिए आकर्षित कर रही हैं। समापन समारोह में उन्होंने एक्सपो में भाग लेने वाली कंपनियों और प्रतिनिधियों को स्मृति चिन्ह भेंट किए। युवाओं के लिए नए अवसर डिक्की के अध्यक्ष डॉ. अनिल सिरवैया ने बताया कि एक्सपो के जरिए युवाओं को ग्रीन एनर्जी सेक्टर में उद्यमिता के अवसरों से परिचित कराना प्रमुख उद्देश्य था। तीन दिनों में कई युवा और उद्यमी विभिन्न कंपनियों से जुड़े और व्यापार की संभावनाओं पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं से सोलर स्टार्टअप्स को बेहतरीन बढ़ावा मिल सकता है, खासतौर पर ग्रामीण क्षेत्रों में। इमेजिन इवेंट के कल्याण कुशवाह ने बताया कि एक्सपो ने पर्यावरणीय समाधान और आर्थिक बचत के नए विकल्पों से लोगों को आकर्षित किया। विशेष रूप से “शून्य निवेश पर सूर्यपति” योजना ने जबरदस्त चर्चा बटोरी, जिससे घरों की बिजली मुफ्त करने की संभावनाएं खुलती हैं। मुख्य आकर्षण: समापन समारोह में श्री सुरेंद्र सिंह, डॉ. राजीव जैन, डिक्की के उपाध्यक्ष पंकज पाटिल, नरेश चौधरी, प्रमेश विनोदिया, मदन लाल खटीक, डा. आदिल बेग,रवि कुशवाहा, उमेश अहिरवार सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।समापन समारोह के अंत में डा राजीव जैन ने सभी का आभार व्यक्त किया। recent visitors 138

कार चलाते योगाचार्य को आया साइलैंट अटैक, हुई दर्दनाक मौत

अशोकनगर  वेटरनरी डॉक्टर और योग गुरु पवन सिंघल का हार्ट अटैक से निधन हो गया. हार्ट अटैक से पहले डॉ. पवन योगा क्लास लेने के लिए जा रहे थे और इससे पहले उन्होंने 2 घंटे की दौड़ लगाई थी. इससे पहले कि वे योगा क्लास लेने पहुंच पाते, रास्ते में पार्क के पास ही उनका निधन हो गया. कार में आया साइलेंट अटैक 54 वर्षीय डॉ. पवन सिंघल रोजाना की तरह रविवार सुबह योग क्लास के लिए जा रहे थे. क्लास के पहले 2 किलोमीटर दौड़ लगाने के बाद वे कार से तुलसी सरोवर पार्क के लिए निकले. रास्ते में पार्क के पास उन्हें साइलेंट हार्ट अटैक आ गया. जब लोग उनकी कार के पास पहुंचे तो देखा कि कार बंद थी और लाइट जल रही थी. काफी देर तक उनके बाहर नहीं निकलने पर योग स्टूडेंट्स ने कार का दरवाजा खोला. उन्हें तुरंत जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. दौड़ और सूर्य नमस्कार का रेकॉर्ड योगाचार्य डॉ. सिंघल के नाम 11 घंटे में 100 किमी दौड़, 8 घंटे में 3600 सूर्य नमस्कार और 17 बार रक्तदान का रेकॉर्ड है। वे रोज घंटों योग करते थे। उनकी ऑनलाइन कक्षा में मप्र, राजस्थान, उत्तरप्रदेश और दिल्ली से सैकड़ों लोग जुड़ते थे। बेहद संतुलित खान-पान योगाचार्य डॉ. सिंघल का खान-पान बेहद संतुलित था। एक माह से नमक व शक्कर खाना पूरी तरह बंद कर दिया था। योगार्थियों ने बताया, नवरात्र में वे 10 दिन सिर्फ नींबू पानी पीते थे, एक बार तो फल व ड्राई फ्रूट का सेवन भी बंद कर दिया। वे सिर्फ पांच घंटे ही नींद लेते थे। सर्दियों में भी उन्होंने गर्म कपड़े नहीं पहने। डॉ. पवन सिंघल के नाम कई रिकॉर्ड दर्ज वेटरनरी डॉ. पवन सिंघल के नाम दौड़ और योगा में भी कई रिकॉर्ड दर्ज हैं. दरअसल, वे अपने प्रोफेशन के अलावा योग और दौड़ के लिए भी मशहूर थे. उन्होंने 11 घंटे में 100 किलोमीटर की दौड़ पूरी की थी. वहीं, 5100 बार सूर्य नमस्कार करने का भी रिकॉर्ड बनाया था. पतंजलि कायाकल्प योग क्लास के जरिए जिले के अलावा अन्य राज्यों के लोग भी ऑनलाइन उनसे जुड़ते थे. हाल ही में उन्होंने 116 यूनिट ब्लड डोनेट करने का रिकॉर्ड बनाया था. 24 मार्च 2015 से वे लगातार योग कर रहे थे. एक महीने पहले छोड़ा था नमक और शक्कर डॉक्टर और योगाचार्य डॉ. पवन सिंघल के स्टूडेंट्स ने बताया कि एक महीने पहले से उन्होंने नमक और शक्कर का सेवन बंद कर दिया था. यह बात उन्होंने योग क्लास में अपने सहयोगियों को भी बताई थी. सहयोगियों के मुताबिक, '' नवरात्रि में वे 10 दिन सिर्फ नींबू पानी पीते थे और रोजाना सिर्फ 5 घंटे सोते थे. पूरी सर्दियों में उन्होंने गर्म कपड़े नहीं पहने.'' recent visitors 65

कूनो नेशनल पार्क में बाड़े से खुले जंगल में छोड़ी गई मादा चीता और उसके 4 शावक बीती शाम को पार्क की सीमा से बाहर निकल गए

श्योपुर  कूनो नेशनल पार्क में एक माह पहले बाड़े से निकालकर खुले जंगल में छोड़ी गई मादा चीता और उसके 4 शावक बीती शनिवार की शाम को पार्क की सीमा से बाहर निकल गए. हालांकि रविवार शाम को फिर से पांचों ने कूनो के जंगल की ओर रुख कर लिया. लेकिन ज्वाला और चारों शावक बीती रात श्यामपुर के पास देखे गए. वहीं, सुबह वीरपुर के नजदीक कूनो नदी में नजर आए. इस दौरान रात और सुबह के वक्त चहलकदमी करते नजर आई चीता फैमली के वीडियो बनाकर लोगों ने सोशल मीडिया पर वायरल भी किए. बीती आधी रात को मादा चीता ज्वाला और उसके ये शावक वीरपुर तहसील के ग्राम श्यामपुर से करीब एक किलोमीटर की दूरी पर निर्माणधीन श्योपुर-ग्वालियर ब्रॉडगेज ट्रैक से गुजरते नजर आए. इस दौरान यहां से निकल रहे ट्रक चालकों ने इनके वीडियो भी बनाए. वहीं, सुबह ये पांचों चीते निकलकर कूनो सायफन के निकट से निकलते हुए कूनो नदी में दिखे. कूनो नदी में ज्वाला और चारों शावक निर्माणधीन रेलवे पुल के नीचे काफी देर तक बैठे रहे. यही वजह है कि कूनो सायफन से गुजरने वाले राहगीरों की चीतों को देखने के लिए भीड़ भी लग गई. बताया गया है कि इसके बाद ये पांचों कूनो पार्क के जंगल की ओर बढ़ गए. कूनो नेशनल पार्क के डीएफओ आर थिरुकुराल ने आजतक को फोन कॉल पर बताया कि हम चीतों की लोकेशन शेयर नहीं कर सकते हैं. चीते जहां भी हैं, हमारी ट्रैकिंग टीमें उन पर निगरानी बनाए हुए हैं. सभी चीता पूरी तरह फिट हैं और स्वछंद विचरण कर रहे हैं. बता दें कि मादा चीता ज्वाला और उसके 4 शावकों को गत 21 फरवरी को खुले जंगल में खजूरी क्षेत्र में छोड़ा गया था. हालांकि, बीते एक माह से ये कूनो पार्क की सीमा में ही थे, लेकिन अब ये पहली बार पार्क की सीमा से बाहर निकले हैं. वहीं, चीतों के बाहर निकलने पर क्षेत्र के चीता मित्र रवि रावत श्यामपुर और उनकी टीम ने आसपास के लोगों केा जागरूक किया और कहा कि चीतों की सुरक्षा हम सबकी जिमेदारी है. चीता लोगों पर हमला नहीं करता है, लिहाजा इसे भगाएं नहीं और सुरक्षा करें. पता हो कि कूनो नेशनल पार्क में कुल 17 चीते खुले जंगल में आजाद घूम रहे हैं. इनमें 11 शावक शामिल हैं. जबकि पार्क के बाड़े में अभी 9 चीते बंद हैं. recent visitors 83

फिल्म फेस्टिवल में उज्जैन का फिर लहराया परचम, कालभैरव डॉक्यूमेंट्री को श्रेष्ठ आध्यात्मिक राष्ट्रीय पुरस्कार

उज्जैन उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग द्वारा आयोजित अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोह में लगातार तीसरी बार उज्जैन ने अपना परचम लहराया। मंथन इंडिया फिल्म्स की ओर से बनाई गई काल भैरव फिल्म को 45 अंतरराष्ट्रीय फिल्मों में से चुनकर श्रेष्ठ आध्यात्मिक राष्ट्रीय पुरस्कार दिया गया। फिल्म के निर्देशक दीपक कोडापे ने बताया कि उत्तर प्रदेश टूरिज्म द्वारा गोरखपुर में धर्म एवं अध्यात्म पर आधारित अंतरराष्ट्रीय फिल्म समारोह का आयोजन किया गया। इस फिल्म महोत्सव में 110 देशों से 300 से ज्यादा फिल्में आई थीं। जिनमें से 45 फिल्मों को स्क्रीनिंग के लिए चयनित किया गया था। इन फिल्मों में से काल भैरव डॉक्यूमेंट्री फिल्म को श्रेष्ठ आध्यात्मिक फिल्म का राष्ट्रीय पुरस्कार 2025 प्राप्त हुआ। काल भैरव डॉक्यूमेंट्री फिल्म का निर्देशन दीपक कोडापे ने किया है। सिनेमैटोग्राफर के रूप में देवांश भट्ट, शुभम मरमट, मयंक सोलंकी, अजय पटवा और संपादन का कार्य मंथन स्टूडियो में किया गया है। लेखन आनंद निगम, पार्श्व संगीत कुमार शिवम, ग्राफिक डिजाइन ऋतिक तिवारी द्वारा किया गया। फिल्म का शोध कार्य उज्जैन लाइव फेसबुक पेज प्रमुख एवं लेखक नितिन शर्मा द्वारा किया गया। ये रहे मौजूद कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर प्रसिद्ध फिल्म लेखक और डायरेक्टर अनुराग कश्यप, बहुचर्चित फिल्म 'द कश्मीर फाइल्स' के डायरेक्टर विवेक रंजन अग्निहोत्री, प्रसिद्ध अभिनेता और वॉइसओवर आर्टिस्ट राजेश खट्टर, डाइरेक्टर पुंडलिक धूमल, कास्टिंग डायरेक्टर और प्रोड्यूसर पराग मेहता, अभिनेत्री स्मृति मिश्रा, निदेशक अरुण शंकर, प्रसिद्ध सिनेमैटोग्राफर और डायरेक्टर धरम गुलाटी, फिल्म निर्देशक केतकी कपाड़िया एवं उत्तर प्रदेश पर्यटन विभाग के अधिकारी गण मौजूद थे। यह है फ़िल्म में उज्जैन की काल भैरव डॉक्यूमेंट्री में काल भैरव मंदिर से जुड़े आध्यात्मिक, ऐतिहासिक, पौराणिक और पुरातात्विक विषय पर फिल्मांकन किया गया है। ये तीसरी बार लगातार मंथन इंडिया फिल्म एवं दीपक कोडापे ने अंतरराष्ट्रीय और राष्ट्रीय पुरस्कार प्राप्त कर उज्जैन को गौरवांवित किया है। फिल्म अमृत मंथन को भी अंतरराष्ट्रीय सर्वश्रेष्ठ फिल्म का पुरस्कार प्राप्त हो चुका है।   recent visitors 46

दुर्घटना होते-होते बची जब हिमाचल प्रदेश के डिप्टी सीएम और डीजीपी सवार फ्लाइट की लैंडिंग के दौरान तकनीकी खराबी आई

शिमला  हिमाचल प्रदेश के शिमला एयरपोर्ट पर एक बड़ा हादसा टल गया। यात्रियों से भरे फ्लाइट की लैंडिंग के दौरान तकनीकी दिक्कत आई और प्लेन क्रैश होने से बच गया। इमरजेंसी ब्रेक लगाकर प्लेन को रोका गया। इस फ्लाइट में हिमाचल प्रदेश के डिप्टी सीएम मुकेश अग्निहोत्री और डीजीपी अतुल वर्मा भी सवार थे। एयरलाइन कंपनी ने भी टेक्निकल प्रॉब्लम की पुष्टि की है। घटना जुब्बरहट्टी एयरपोर्ट पर हुई। बताया जा रहा है कि प्लेन में सवार यात्रियों में हड़कंप मच गया। कई सहम गए। हालांकि चालक दल ने लोगों को शांत रहने को कहा। सुरक्षित लैंडिंग के बाद यात्रियों की जान में जान आई। रनवे पर तेज आवाज के साथ फटा टायर इमरजेंसी लैंडिंग के दौरान विमान का टायर भी फट गया। तेज आवाज हुई और प्लेन डगमगा गया। गनीमत रही कि प्लेन रनवे से बाहर नहीं गया और बड़ा हादसा होने से टल गया। हादसे के बाद सुरक्षा कारणों के चलते धर्मशाला जाने वाली अगली उड़ान को रद्द कर दिया गया। धर्मशाला की फ्लाइट्स कैंसल एयरलाइन कंपनी के मुताबिक इस घटना के बाद धर्मशाला समेत सारी फ्लाइट कैंसल कर दी गई हैं। अधिकारी मौके पर पहुंचे हैं और मामले की जांच शुरू कर दी गई है। डेप्युटी सीएम और डीजीपी एयरपोर्ट से सुरक्षित निकल चुके हैं। जुब्बड़हट्टी एयरपोर्ट के ऑफिशिएटिंग डायरेक्टर केपी सिंह ने बताया कि विमान में तकनीकी खामी की बात सामने आई है। धर्मशाला की फ्लाइट को कैंसल कर दिया गया है। विमान की आधे रनवे पर लैंडिंग क्यों करवाई गई इसकी जानकारी अभी सामने नहीं आई है। recent visitors 52

मध्यप्रदेश में न्याय व्यवस्था में तेजी लाने पुलिस, चिकित्सा, न्यायालय, अभियोजन एवं जेल के बीच समन्वय स्थापित किया जाएगा

देवास  मध्यप्रदेश में न्याय व्यवस्था में तेजी लाने के साथ ही पारदर्शी बनाने की पहल की गई है. इस काम में पुलिस विभाग के साथ ही चिकित्सा, न्यायालय, अभियोजन एवं जेल के बीच समन्वय स्थापित किया जाएगा. डिजिटल प्लेटफॉर्म के माध्यम से ये सारे विभाग सूचनाओं तथा दस्तावेजों का आदान-प्रदान करेंगे. डीजीपी कैलाश मकवाना ने ये पहल शुरू की है. इसके लिए देवास जिले को पायलट डिस्ट्रिक्ट के रूप में चयनित किया गया है. संबंधित विभाग मिलकर प्रक्रिया को सरल बनाएंगे इस अभियान का उद्देश्य एफआईआर से लेकर अंतिम निर्णय तक के मार्ग में आने वाली समस्त प्रक्रियाओं को सभी विभागों के समन्वय से सरल करना है. संबंधित विभागों को एकीकृत डिजिटल प्लेटफार्म के माध्यम से जोड़कर न्याय व्यवस्था को तेज किया जाएगा. इसी संबंध में देवास में कार्यशाला का आयोजन किया गया. इसमें मध्यप्रदेश हाई कोर्ट के न्यायमूर्ति संजीव एस. कालगांवकर, एडीजी एससीआरबी चंचल शेखर के मुख्य आतिथ्य में कार्यशाला में इसी बात पर मंथन किया गया. संबंधित विभागीय अफसरों को ट्रेनिंग बता दें कि पायलट प्रोजेक्ट के तहत देवास प्रदेश का पहला ऐसा जिला है, जहां अधिकतम विवेचकों को टेबलेट प्रदान किए जाएंगे, जिससे उनकी कार्यप्रणाली अधिक सुदृढ़, पारदर्शी एवं दक्ष बनेगी. इस डिजिटल एकीकरण के तहत समन एवं वारंट, बेल एप्लीकेशन मोड्यूल में तेजी लाई जाएगी. इसके लिए विभागीय अफसरों को ट्रेनिंग दी जा रही है. योजना के तहत पुलिसकर्मियों, चिकित्सकों, एफएसएल अधिकारियों, अभियोजन अधिवक्ताओं और विवेचकों को इस बारे में ट्रेनिंग देने की योजना तैयार की गई है. देवास में आयोजित इस कार्यशाला में देवास के प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश अजय कुमार मिश्रा, एडीजी उज्जैन उमेश जोगा, डीआईजी उज्जैन नवनीत भसीन, कलेक्टर देवास ऋतुराज सिंह आदि मौजूद रहे. समन और वारंट भी ऑनलाइन होंगे तामील देवास पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद ने इस परियोजना के बारे में विस्तार से जानकारी दी. उन्होंने बताया कि अब न्याय व्यवस्था के सभी स्तंभ एक साझा डिजिटल मंच पर आपस में जुड़ेंगे, जिससे प्रक्रिया में पारदर्शिता, गति और सुगमता आएगी. पायलट प्रोजेक्ट के अंतर्गत अपराध पंजीकरण के बाद एमएलसी, एफएसएल रिपोर्ट का आदान प्रदान करना है. साथ ही न्यायालय द्वारा जारी समस्त समन और वारंट भी ऑनलाइन तामील किए जाएंगे. recent visitors 53