केजरीवाल ने चुनाव आयोग को लिखे पत्र में दावा किया कि हमारे कार्यकर्ताओं को BJP वाले धमका रहे, दिल्ली पुलिस की भी की शिकायत

नई दिल्ली दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल ने आज मुख्य चुनाव आयुक्त को पत्र लिखा है। केजरीवाल ने अपने पत्र में दावा किया है कि नई दिल्ली विधानसभा में AAP कार्यकर्ताओं को भाजपा कार्यकर्ताओं की ओर से धमकाया और परेशान किया जा रहा है। केजरीवाल ने इलेक्शन कमिश्नर को लिखे पत्र में दिल्ली पुलिस की भी शिकायत की है। केजरीवाल ने चुनाव आयोग से दोषी पुलिस अधिकारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने की भी मांग की है। अरिवंद केजरीवाल ने यह भी आरोप लगाया कि उनके कार्यकर्ताओं को गैरकानूनी रूप से हिरासत में लिया गया और बीएनएसएस,2023 की धारा 126 के तहत निराधार और झूठे आरोपों के तहत मामला दर्ज किया गया है। केजरीवाल ने पत्र में क्या-क्या लिखा? अरविंद केजरीवाल ने अपने पत्र में लिखा कि मैं चुनाव के दिन से पहले नई दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में भाजपा कार्यकर्ताओं और दिल्ली पुलिस की ओर से हमारे जमीनी स्तर के स्वयंसेवकों को दी जा रही धमकी और उत्पीड़न पर अपनी गंभीर चिंता व्यक्त करने के लिए लिख रहा हूं। कल,हमारे वरिष्ठ स्वयंसेवक चेतन (प्रिंसेस पार्क पार्ट-2 के निवासी) को अवैध रूप से हिरासत में लिया गया और तिलक मार्ग पुलिस स्टेशन में BNSS, 2023 की धारा 126 के तहत मामला दर्ज किया गया। इस आधार पर कि उनके खिलाफ पहले भी मामले दर्ज हैं, जबकि ऐसा कोई मामला नहीं है। उन पर बेशर्मी से ऐसे आरोप लगाए गए जो उन्होंने कभी किए ही नहीं। पुलिस अधिकारियों द्वारा उन्हें इस हद तक गंभीर शारीरिक दुर्व्यवहार का सामना करना पड़ा कि वे बेहोश हो गए और बाद में उन्हें लेडी हार्डिंग अस्पताल ले जाया गया। बाद में काफी संघर्ष के बाद उन्हें संबंधित रिटर्न ऑफिसर/SDM के सामने पेश किया गया और जमानत दे दी गई,जिस मामले में उन्हें बेशर्मी से फंसाया गया था। झूठे केस में फंसाया गया- केजरीवाल अरविंद केजरीवाल ने आगे कहा कि एक अन्य समान घटना में,हमारे वरिष्ठ स्वयंसेवक श्री ओम प्रकाश (निवासी जोधपुर मेस, पांडारा रोड) को तिलक मार्ग पुलिस स्टेशन से फोन आया और उन्हें पुलिस स्टेशन में उपस्थित होने के लिए कहा गया क्योंकि एसएचओ उनसे बात करना चाहते थे। पुलिस स्टेशन पहुंचने पर उन्हें गैरकानूनी रूप से हिरासत में लिया गया और बीएनएसएस, 2023 की धारा 126 के तहत निराधार और झूठे आरोपों के तहत मामला दर्ज किया गया कि उनके खिलाफ पहले से मामले दर्ज हैं, जबकि ऐसा कुछ नहीं है। बाद में बहुत संघर्ष के बाद,उन्हें संबंधित रिटर्निंग ऑफिसर/एसडीएम के समक्ष पेश किया गया और जमानत दी गई, जबकि उन्हें खुलेआम और स्पष्ट रूप से फंसाया गया था। केजरीवाल ने की चुनाव आयोग से ये मांग केजरीवाल ने अपने पत्र में आगे लिखा कि दिल्ली पुलिस को यह सुनिश्चित करने के लिए निर्देश जारी किए जाने चाहिए कि हमारे स्वयंसेवक चुनाव के दिन उत्पीड़न या गलत तरीके से हिरासत में लिए जाने के डर के बिना स्वतंत्र रूप से काम कर सकें। मैं अपने प्रमुख जमीनी स्तर के स्वयंसेवकों की एक सूची संलग्न कर रहा हूं जिन्हें पुलिस सुरक्षा प्रदान की जानी चाहिए,क्योंकि उन्हें हाल के दिनों में भाजपा कार्यकर्ताओं और दिल्ली पुलिस ने निशाना बनाया है। हम आग्रह करते हैं कि उन्हें दिल्ली पुलिस के अलावा अन्य कानून प्रवर्तन एजेंसियों की सुरक्षा प्रदान की जानी चाहिए। अरविंद केजरीवाल ने आगे कहा कि हम मांग करते हैं कि जिन पुलिस अधिकारियों ने इस असंवैधानिक और अवैध तरीके से और अपने कर्तव्यों की पूर्ण अवहेलना में काम किया है, उन्हें तत्काल निलंबित किया जाए। चुनाव आयोग को उन कानून प्रवर्तन अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करके एक उदाहरण पेश करना चाहिए जो हमारे स्वयंसेवकों को डराने या दबाने के लिए राजनीतिक दबाव में काम करते पाए जाते हैं। हमारे स्वयंसेवकों पर हमला करने और धमकाने में शामिल व्यक्तियों को भारतीय न्याय संहिता, 2023 की धारा 170 और 171 और चुनाव कानूनों के अन्य प्रासंगिक प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया जाना चाहिए और मुकदमा चलाया जाना चाहिए। recent visitors 86

लॉ कॉलेज के छात्रों ने शिकायत की थी कि बाहरी लोग उन्हें धमकी दे रहे हैं, सरस्वती पूजा का कर रहे विरोध, हाई कोर्ट भड़का

कोलकाता कोलकाता के जोगेश चंद्र लॉ कॉलेज में सरस्वती पूजा को लेकर विवाद का मामला हाई कोर्ट पहुंच गया। एचसी ने यह सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाने को कहा कि उत्सव शांतिपूर्ण तरीके से सम्पन्न हो। दरअसल, लॉ कॉलेज के छात्रों ने शिकायत की थी कि बाहरी लोग उन्हें धमकी दे रहे हैं और सरस्वती पूजा की तैयारियों में बाधा डाली जा रही है। इसे लेकर सुनवाई करते हुए अदालत ने पुलिस को कार्यक्रम के लिए सुरक्षा मुहैया कराने का निर्देश दिया। जस्टिस जॉय सेनगुप्ता ने कहा कि कानून और व्यवस्था बनाए रखने के लिए संयुक्त आयुक्त स्तर का अधिकारी स्थिति की निगरानी करेगा। कलकत्ता हाई कोर्ट की ओर से कहा गया, 'हमें एक आवेदन मिला है, जिसमें राज्य और कॉलेज के अधिकारियों को निर्देश देने की मांग की गई। कोलकाता के प्रिंस अनवर शाह रोड के पास स्थित जोगेश चंद्र चौधरी कॉलेज और जोगेश चंद्र चौधरी लॉ कॉलेज में पर्याप्त सुरक्षा की जरूरत है। सरस्वती पूजा का रोकने का प्रयास हो रहा है। ऐसे में कोई भी बाहरी व्यक्ति कॉलेज परिसर में जबरन प्रवेश नहीं कर सकता है। सरस्वती पूजा सम्पन्न कराने के लिए ओपन एंट्री और एग्जिट को रोका जाए।' मोहम्मद शब्बीर अली नाम के बाहरी व्यक्ति पर आरोप है कि उसने धमकी दी और उत्सव को रोकने का प्रयास किया। अब छात्रों ने उच्च न्यायालय के आदेश पर राहत व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हें अपने धर्म का जश्न मनाने का अधिकार है। 'उत्सव को रोकने वालों से सख्ती से निपटा जाए' पश्चिम बंगाल विधानसभा के अध्यक्ष बिमान बनर्जी ने शुक्रवार को कहा था कि उत्सव को रोकने के किसी भी प्रयास को अनुमति नहीं दी जाएगी। उन्होंने कहा कि पिछले वर्षों की तरह जोगेश चंद्र लॉ कॉलेज परिसर में पूजा की इजाजत दी जानी चाहिए और उत्सव को रोकने की कोशिश करने वालों से सख्ती से निपटा जाना चाहिए। उन्होंने कहा, 'कॉलेज में सरस्वती पूजा को रोकने के किसी भी प्रयास की अनुमति नहीं दी जाएगी। अगर कोई धमकायेगा या जबरदस्ती करनेगा या किसी अन्य तरीके से उत्सव को रोकने की कोशिश करता है, तो सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।' बनर्जी की टिप्पणी कॉलेज के विद्यार्थियों की ओर से 30 जनवरी को लगाए गए आरोपों के बाद आई। recent visitors 58

हेल्थ टिप्स – क्या ज्यादा फायदेमंद? आलू या शकरकंद, एक्सपर्ट से जानें बेनिफिट्स, ज्यादा खाने के नुकसान, किसे नहीं खाना चाहिए

Which is more beneficial? Potato or sweet potato हर भारतीय रसोई में आलू और शकरकंद की खास जगह है। ये दोनों ही फूड हमारी थाली में अहम स्थान रखते हैं। इन दोनों में कई सारी समानताएं हैं, जो उन्हें एक जैसा बनाती हैं। अंग्रेजी भाषा में दोनों के नाम भी मिलते-जुलते हैं। आलू को ‘पोटैटो’ और शकरकंद को ‘स्वीट पोटैटो’ के नाम से जाना जाता है।आलू को सब्जियों का राजा कहा जाता है और हर भारतीय रसोई में हमेशा इसकी मौजूदगी होती है। वहीं शकरकंद अपने मीठे स्वाद और न्यूट्रिएंट्स की वजह से अलग पहचान रखता है।शकरकंद को कई डिश में मिठास के लिए इस्तेमाल किया जाता है। सर्दी के मौसम में शकरकंद खूब खाया जाता है। हालांकि, जब बात सेहत की आती है, तो यह सवाल उठता है कि इन दोनों में से क्या अधिक फायदेमंद है? आलू के फायदे आलू के कई सारे चाहने वाले हैं। लोग इसे अलग-अलग रूपों में पसंद करते हैं। हालांकि इसके स्वाद के साथ हेल्थ बेनिफिट्स की वजह से भी इसे पसंद किया जाता है। विटामिन C: एक मध्यम आकार का यानी तकरीबन 115 ग्राम का एक आलू खाने से विटामिन C की दैनिक जरूरत की 11% पूरा हो जाता है।विटामिन C कोलेजन बनाने में मदद करता है। यह आयरन के अवशोषण में सहायक होता है। इसके अलावा आलू में भरपूर मात्रा में एंटीऑक्सिडेंट भी होता है।विटामिन B6: आलू में विटामिन B6 भी होता है, जो हमारी दैनिक आवश्यकता का 25% पूरा करता है। विटामिन B6 रेड ब्लड सेल्स के उत्पादन में मददगार है।यह ऊर्जा के रूपांतरण और ब्रेन के न्यूरोट्रांसमीटर के निर्माण में मदद करता है, जो मूड और नींद को नियंत्रित करते हैं। फाइबर: आलू में फाइबर भी पाया जाता है, जो पाचन तंत्र को स्वस्थ रखता है।पोटेशियम: इसमें पोटेशियम होता है, जो ब्लड प्रेशर को कंट्रोल करने में मदद करता है। यह नर्वस सिस्टम और मांसपेशियों के कार्य में मदद करता है। स्टार्च: आलू में एक प्रकार का कार्बोहाइड्रेट होता है, जिसे स्टार्च कहा जाता है। यह छोटी आंत में नहीं टूटता, बल्कि सीधे बड़ी आंत में जाता है। यह आंतों के स्वास्थ्य के लिए अच्छा होता है। हालांकि, पेट की समस्या हो तो आलू खाने से बचना चाहिए। शकरकंद अपने लो-ग्लाइसेमिक इंडेक्स और फाइबर के कारण डायबिटीज कंट्रोल करने और वजन घटाने में मददगार है। शकरकंद फाइबर, विटामिन्स, मिनरल्स और एंटीऑक्सिडेंट्स से भरपूर होता है। इसके छिलके में पाया जाने वाला फाइबर प्रीबायोटिक गुणों से भरपूर होता है, जो गुड बैक्टीरिया के विकास को बढ़ावा देता है और आंतों की हेल्थ को बेहतर बनाता है। विटामिन A: नारंगी शकरकंद में बीटा-कैरोटीन और प्रोविटामिन A की भरपूर मात्रा होती है, जो आंतों में जाकर विटामिन A में बदल जाता है। एक मध्यम आकार का शकरकंद (114 ग्राम) खाने से रोज की विटामिन A की जरूरत का 122% मिल जाता है। यह सेल्स के विकास, इम्यून सिस्टम, प्रजनन और आंखों के स्वास्थ्य के लिए जरूरी होता है। पॉलीफेनोल्स: शकरकंद में पॉलीफेनोल्स एंटीऑक्सिडेंट्स होते हैं, जो सूजन को कम करने, कोलेस्ट्रॉल के स्तर को सुधारने और ब्लड शुगर को कंट्रोल करने में मदद करते हैं। बैंगनी शकरकंद में पाया जाने वाला एंथोसाइनिन सूजन को कम करने और मेटाबॉलिज्म को बेहतर बनाने में सहायक होता है। विटामिन C और विटामिन B6: शकरकंद विटामिन C और विटामिन B6 का भी अच्छा स्रोत है। इसमें भी आलू की तरह प्रतिरोधी स्टार्च पाया जाता है, जो आंतों के स्वास्थ्य को सुधारने, ब्लड शुगर कंट्रोल करने में मदद करता है। साथ ही इससे पेट भरे होने का एहसास होता है, जो वजन घटाने में मददगार हो सकता है।तो, क्या आपने यह सोच लिया है कि आपकी हेल्थ के लिए क्या बेहतर है– आलू या शकरकंद? आइए ग्राफिक के जरिए दोनों में पाए जाने वाले न्यूट्रिएंट्स और डेली वैल्यू के बीच के अंतर को समझते हैं। आलू और शकरकंद दोनों ही हेल्थ के लिए फायदेमंद हैं, लेकिन अधिक मात्रा में खाने से कई नुकसान हो सकते हैं। साथ ही एलर्जी की समस्याओं से जूझ रहे व्यक्तियों को शकरकंद खाने से बचना चाहिए।शकरकंद में विटामिन A की अधिकता होती है। इससे शरीर में पॉइजनिंग हो सकती है। वहीं अधिक मात्रा में आलू खाने से कई सारी समस्याएं पैदा हो सकती हैं। आइए इसे ग्राफिक के जरिए जानते हैं। आपके लिए कौन सा बेहतर? आलू और शकरकंद दोनों ही हेल्थ के लिए फायदेमंद होते हैं। इनमें कार्बोहाइड्रेट्स, फाइबर, विटामिन्स, मिनरल्स और एंटीऑक्सिडेंट्स की भरपूर मात्रा पाई जाती है। शकरकंद में विटामिन A की मात्रा ज्यादा होती है, जो आंखों की सेहत और इम्यून फंक्शन के लिए बेहद जरूरी है।अपनी हेल्थ को ध्यान में रखते हुए जरूरत के अनुसार, आलू और शकरकंद दोनों को हम अपनी डाइट में संतुलित मात्रा में शामिल कर सकते हैं। अगर इनके साथ प्रोटीन रिच फूड, कई सारी हरी सब्जियां और हेल्दी फैट्स हो, तो ये हमारी सेहत के लिए अधिक फायदेमंद साबित होते हैं। क्रॉनिक डायबिटीज के मरीजों को आलू खाने से बचना चाहिए। इससे ब्लड शुगर लेवल बढ़ सकता है।आलू में स्टार्च की अधिक मात्रा होती है। ऐसे में गैस्ट्रिक या एसिडिटी की समस्या से जूझ रहे लोगों को आलू से परहेज करना चाहिए।आलू में एक ऐसा केमिकल होता है, जो एनेस्थीसिया के असर को कम कर सकता है। साथ ही सर्जरी से रिकवरी में देरी का कारण बन सकता है। इसलिए किसी सर्जरी के बाद इसे खाने से बचना चाहिए।आलू में ऑक्सलिक एसिड पाया जाता है, जो ब्लैडर सर्जरी के बाद दर्द पैदा कर सकता है। इसलिए ब्लैडर सर्जरी से पहले आलू नहीं खाना चाहिए।क्रॉनिक डायबिटीज हो तो शकरकंद नहीं खाना चाहिए। इससे ब्लड शुगर लेवल बढ़ सकता है।लिवर की बीमारी से जूझ लोगों को भी शकरकंद नहीं खाना चाहिए। शकरकंद में पोटैशियम बहुत ज्यादा होता है, जो लिवर को नुकसान पहुंचा सकता है। recent visitors 160

28 से 31 जनवरी के बीच इन विमानों से 28,990 लोगों ने की यात्रा, मात्र चार दिन में 229 विमानों का आवागमन हुआ

महाकुंभ नगर मौनी अमावस्या के दौरान प्रयागराज एयरपोर्ट पर मात्र चार दिन में 229 विमानों का आवागमन हुआ। 28 से 31 जनवरी के बीच इन विमानों से 28,990 लोगों ने यात्रा की। जबकि 2019 में यह संख्या मात्र 50 थी। इतनी बड़ी संख्या में विमानों के आवागमन का यह नया कीर्तिमान है। 2019 में शुरू हुए सिविल एयरपोर्ट पर इतनी बड़ी संख्या में न तो कभी विमानों का आवागमन हुआ और न ही यात्रियों का आवागमन हुआ है। बसंत पंचमी पर विमानों के आवागमन की संख्या फिर से बढ़ेगी। अभी औसतन प्रतिदिन 30-35 विमानों का आवागमन हो रहा है। 28 जनवरी को 28 विमान शेड्यूल होकर, जबकि तीन बिना समयसारिणी के अनुसार यहां आए। इससे 4336 यात्री प्रयागराज आए। जबकि इतने ही विमान प्रयागराज से रवाना हुए, जिससे 4042 यात्रियों ने उड़ान भरी। 29 जनवरी को 21 विमान समय सारिणी के अनुक्रम में और तीन विमान बिना बिना समय सारिणी के आए। इससे कुल 3278 यात्रियों का प्रयागराज आना हुआ। जबकि वापस में 24 विमान गए जिससे 2931 यात्रियों ने उड़ान भरी। 30 जनवरी को 29 विमानों से 3779 यात्री आए, इसमें पांच उड़ानें नान शेड्यूल रही। जबकि यहां से 29 उड़ानें रवाना हुई, इससे 3762 यात्री यहां से गए। जबकि 31 जनवरी को पुन: 62 विमानों का आवागमन हुआ। इसमें 21 विमान शेड्यूल और नौ विमान नान शेड्यूल रहे। इससे 3380 यात्री यहां आए। जबकि 32 विमानों से 3482 यात्रियों ने उड़ान भरी। इसमें 10 विमान नान शेड्यूल रहे।   231 करोड़ रुपये से बना नया टर्मिनल प्रयागराज एयरपोर्ट से इन विमानों का संचालन इंडिगो, एलाइंस एयर, अकासा एयर, स्पाइसजेट, एयर इंडिया ने किया। एयरपोर्ट के नए टर्मिनल से विमानों का संचालन शुरू हो जाने से अब आवागमन आसान हो गया है। इसे बनाने में 231 करोड़ रुपये खर्च हुए हैं। इसकी कुल क्षमता 1200 यात्रियों की हैं। यहां नया एयरो ब्रिज, नया टैक्सी, नए चेक इन काउंटरों की भी संख्या बढ़ी है। प्रयागराज से अभी अहमदाबाद, मुंबई, बेंगलुरु, दिल्ली, कोलकाता, भुवनेश्वर, रायपुर, लखनऊ, पुणे, भोपाल, नागपुर, चेन्नई, गुवाहाटी, चंडीगढ़, देहरादून, बिलासपुर, लखनऊ, बिलासपुर, इंदौर, अमृतसर, जम्मू, श्रीनगर, हैदराबाद आदि के लिए सीधी अथवा कनेक्टिंग उड़ान उपलब्ध है। recent visitors 44

महाकुंभ आ रहे श्रद्धालुओं के लिए वसंत पंचमी स्‍नान पर भीड़ नियंत्रण को रेलवे ने बदली व्यवस्था

महाकुंभ नगर प्रयागराज जंक्शन समेत छिवकी, नैनी जंक्शन, प्रयाग जंक्शन, फाफामऊ, सूबेदारगंज व रामबाग रेलवे स्टेशन पर एक ओर से यात्रियों को प्रवेश मिलेगा और दूसरे ओर से निकास होगा। भीड़ प्रबंधन के लिए यह नियम दो फरवरी से पांच फरवरी लागू रहेगा। सभी रेलवे स्टेशनों पर यह नियम लागू महाकुंभ के चौथे स्नान पर्व वसंत पंचमी पर इस बदली व्यवस्था के तहत ही आवागमन होगा। झूंसी के अलावा प्रयागराज के सभी रेलवे स्टेशनों पर यह नियम लागू किया गया है। सीपीआरओ शशिकांत त्रिपाठी ने बताया कि यात्रियों के सुगम, सुरक्षित आवागमन के लिए यह बदलाव किया गया है। सभी रेलवे स्टेशन पर अनारक्षित यात्रियों के लिए यात्री आश्रय मिलेगा। अनारक्षित यात्रियों कों दिशावार यात्रा के अनुरूप प्रवेश दिया जाएगा। अनारक्षित यात्रियों के लिए यात्री आश्रय खुले हैं। टिकट के लिए अनारक्षित टिकट काउंटर, एटीवीएम और मोबाइल टिकटिंग आदि की सुविधा उपलब्ध होगी।   प्रयागराज जंक्शन प्रवेश केवल सिटी साइड (प्लेटफार्म नंबर नंबर-1 की ओर) से दिया जाएगा। निकास केवल सिविल लाइंस साइड की ओर से मिलेगा आरक्षित श्रेणी के यात्रियों को सिटी साइड स्थित गेट नंबर पांच से प्रवेश दिया जाएगा। प्रयागराज छिवकी स्टेशन प्रवेश केवल प्रयागराज-मीरजापुर राजमार्ग को जोड़ने वाले सीओडी मार्ग से दिया जाएगा।-निकास केवल जीईसी नैनी रोड (प्रथम प्रवेश द्वार) की ओर से दिया जाएगा। आरक्षित यात्रियों को गेट नंबर दो से प्रवेश दिया जाएगा। नैनी जंक्शन प्रवेश केवल स्टेशन रोड से दिया जाएगा। निकास केवल मालगोदाम की ओर (द्वितीय प्रवेश द्वार) से दिया जाएगा। आरक्षित श्रेणी के यात्रियों को गेट नंबर दो से प्रवेश दिया जाएगा। सूबेदारगंज स्टेशन प्रवेश केवल झलवा (कौशांबी रोड) की ओर से दिया जाएगा। निकास केवल जीटी रोड की ओर दिया जाएगा। आरक्षित श्रेणी के यात्रियों को गेट नंबर तीन से प्रवेश दिया जाएगा। फाफामऊ स्टेशन प्रवेश केवल प्लेटफार्म नंबर चार की ओर से (रंगपुरा की ओर से टाटा मोटर्स वर्कशाप की ढलान से) दिया जाएगा। स्नान कर आने वाले लोग 23 नंबर पांटून पुल से यहां आएंगे। निकास केवल एक नंबर की ओर से बनारस रोड की ओर दिया जाएगा। अनारक्षित यात्रियों के लिए भी प्रवेश वैशाली गेस्ट हाउस के सामने फ्लाई ओवर के माध्यम से चार नंबर की ओर होगा। प्रयाग स्टेशन प्रवेश केवल यूनिवर्सिटी रोड की ओर से दिया जाएगा। जौनपुर और बनारस के लिए गेट नंबर दो से, लखनऊ और अयोध्या के लिए गेट नंबर तीन से प्रवेश मिलेगा। निकास केवल रामप्रिया रोड(आइइआरटी के पहले से) की ओर दिया जाएगा। आरक्षित श्रेणी के यात्रियों को गेट नंबर एक से प्रवेश दिया जाएगा। रामबाग स्टेशन प्रवेश केवल स्टेशन रोड लल्लू एंड संस की ओर से दिया जाएगा। निकास केवल लाउदर रोड से गेट नंबर एक दो तीन की ओर से होगा । आरक्षित श्रेणी के यात्री आश्रय स्थल संख्या चार में जाना होगा। वहां से उन्हें मुख्य द्वारा से प्लेटफार्म पर ले जाया जाएगा।   recent visitors 41

इस माह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कर सकते है वाशिंगटन यात्रा, तैयारियां जारी

नई दिल्ली/वाशिंगटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इस महीने वाशिंगटन यात्रा पर जा सकते हैं। यह दौरा 10 और 11 फरवरी को पेरिस के ग्रैंड पैलेस में होने वाली आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) एक्शन समिट में उनकी भागीदारी के तुरंत बाद हो सकता है। 27 जनवरी को अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ पीएम मोदी की फोन पर बातचीत के दौरान जिन मुद्दों पर चर्चा हुई उनमें व्हाइट हाउस का दौरा भी शामिल था। इस दौरान दोनों देशों के बीच 'दोस्ती और रणनीतिक संबंधों की मजबूती' को लेकर बात हुई। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने शुक्रवार को नियमित मीडिया ब्रीफिंग के दौरान कहा, "दोनों पक्ष भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को और गहरा करने के लिए पीएम मोदी की अमेरिका यात्रा पर काम कर रहे हैं। इस यात्रा के तारीखों पर काम किया जा रहा है और उचित समय पर इसकी घोषणा की जाएगी।" उम्मीद जताई जा रही है कि प्रधानमंत्री पेरिस में एआई शिखर सम्मेलन में भाग लेने के बाद द्विपक्षीय यात्रा के लिए संयुक्त राज्य अमेरिका जाएंगे। यह यात्रा दोनों देशों के बीच मित्रता और रणनीतिक संबंधों को मजबूत करेगी। पीएम मोदी राष्ट्रपति ट्रंप के ऐतिहासिक दूसरे राष्ट्रपति कार्यकाल के दौरान व्हाइट हाउस का दौरा करने वाले पहले विदेशी नेताओं में शामिल होंगे। अमेरिकी राष्ट्रपति ने पहले ही भारत और प्रधानमंत्री मोदी के साथ 'महान साझेदारी' को मजबूत करने का वादा किया है। पूर्व विदेश सचिव हर्षवर्धन श्रृंगला ने आईएएनएस को बताया, "हमने राष्ट्रपति ट्रंप के पदभार ग्रहण करने के तुरंत बाद प्रधानमंत्री मोदी को अमेरिका यात्रा के लिए भेजे गए निमंत्रण के संदर्भ में जमीनी स्तर पर काम शुरू कर दिया है।" श्रृंगला ने कहा कि इस यात्रा से सभी आगामी निर्णयों के लिए मंच तैयार हो जाएगा। इससे वर्ष के अंत में भारत में आयोजित होने वाले क्वाड शिखर सम्मेलन के लिए राष्ट्रपति ट्रंप की यात्रा से पहले संबंधों में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। recent visitors 73

दो दिवसीय मातृभाषा समारोह का आयोजन

Two day mother tongue festival organized सुशील दामले (विशेष संवाददाता) भोपाल। राजधानी स्थित सुभाष खेल मैदान शक्ति नगर में दो दिवसीय मातृभाषा समारोह का आयोजन किया जा रहा हैं,कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पी नरहरि प्रमुख्य सचिव मध्य प्रदेश,सोमकांत जी उमलाकर वरिष्ठ समाजसेवी एवं मातृभाषा मंच के अध्यक्ष संतोष कुमार रावत उपस्थित हुए,कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलित कर सरस्वती पूजन के साथ हुआ,इस कार्यक्रम में 11भाषाओं में आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रम हुए,जिसमें 180 लोगों ने भाग लिया,जिसमें तेलुगू में कुचीपुड़ी और नाटेशा कोटुवम,मलयालम में थिरुवाथिरा काली,उड़िया में नृत्य,तमिल में दुर्गा स्तुति,नेपाली में सालैजो,पंजाबी,भोजपुरी  और अन्य भाषाएं शामिल रहीं,समाजों के कलाकारों ने सांस्कृतिक छटा बिखेरी और साथ ही लोगों ने भाषायी संस्कृतियों के पारंपरिक व्यंजनों का लुत्फ उठाया,वही पारंपरिक व्यंजनों की बात करें तो स्टॉल नंबर 14 में पंजाबी व्यंजन का स्टाल लगा हुआ है,जिसमें छोले कुलचे एवं रायता उपलब्ध है,स्टाल पर भीड़ देखने को मिली,छोले कुलचे के स्वाद ने सभी को पंजाब की याद दिलाई, वही स्टॉल संचालक जसपाल गिल ने हमें बताया कि,प्रत्येक वर्ष हम अपना स्टॉल लगाते हैं,जो आए हुए लोगों को काफी पसंद आता है recent visitors 118