पुलिस का कार्य, आचरण और व्‍यवहार ऐसा हो कि आमजन में विश्‍वसनीयता कायम हो

भोपाल पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा ने मंगलवार 03 दिसंबर को पुलिस मुख्‍यालय भोपाल से वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्‍यम से प्रदेश के समस्‍त जोनल अतिरिक्‍त पुलिस महानिदेशक, पुलिस महानिरीक्षक, उप पुलिस महानिरीक्षक एवं पुलिस अधीक्षकों की बैठक ली। बैठक में डीजीपी ने कहा कि हमें प्रोफेशनल पुलिसिंग की ओर बढ़ना है। अकाउंटेबिलिटी, रिस्‍पोंसिवनेस और डिसिप्लिन, यूनिफार्म सर्विस होने के चलते अनिवार्यत: कायम रखना हैं। हमें रूल-ऑफ-लॉ अर्थात कानून सर्वोपरि है, को ध्‍यान में रखते हुए कानून के अनुसार कार्य करना हैं। हमारा आचरण निष्‍ठा और ईमानदारी युक्‍त हो तथा किसी भी तरह की नशाखोरी, भ्रष्‍ट्राचार आदि से दूर रहें। सिंहस्थ 2028 की तैयारी पूरी तत्‍परता से करें डीजीपी ने कहा कि सिंहस्‍थ-2028 मेगा इंवेंट है इसकी तैयारी में और गतिशीलता लाने की जरूरत है। उज्‍जैन के सराउंडिंग जिलों में भी पर्याप्‍त व्‍यवस्‍था सुनिश्चित करना है। समय पर प्‍लान बनाकर शासन को भेजना है ताकि सभी व्‍यवस्‍थाएं चाक-चौबंद हो सकें। साइबर क्राइम, अवैध नशा और यातायात सुरक्षा पुलिस की प्राथमिकताएं डीजीपी ने निर्देशित किया कि सायबर क्राइम, अवैध नशे के कारोबार और यातायात सुरक्षा पर तत्‍काल प्रभावशाली कार्य किया जाना सुनिश्चित करें। उन्‍होंने कहा कि हमारा कर्तव्‍य है कि हम युवा पी‍ढ़ी को नशे की गिरफ्त में आने से रोकें। इसलिए सभी स्‍कूल, कॉलेज में पुलिस अधिकारी पहुंचे और व्‍यापक जागरूकता अभियान चलाएं। इसके लिए मीडिया के सभी माध्‍यम, शार्ट वीडियो, पंपलेट, संगोष्‍ठी आदि का प्रयोग करें। आपके द्वारा की गई कार्यवही का समाज में प्रभाव दृष्टिगोचर होना भी सुनिश्चित करें। आसूचना तंत्र को मजबूत करें और अवैध नशे के कारोबार के पूरे नेटवर्क का पता लगाकर नेस्‍तनाबूद करें। पुलिस का कर्त्तव्य है कि आमजन को सुरक्षित और सुगम यातायात सुलभ कराएं। साथ ही हेलमेट पहनने को लेकर व्‍यापक जनजागरूकता निर्मित करें। थाना स्‍टॉफ आमजन से संवेदनशील सद्व्‍यवहार और बदमाशों पर सख्‍ती रखे- उन्‍होंने कहा कि सिटीजन सेंट्रिक सर्विसेज, जो पुलिस द्वारा दी जा रही हैं उनका रिव्‍यू करें और कौन सी सेवाएं दी जा सकती, उन्‍हें जोड़ने की संभावनाओं पर विचार करें। पुलिस स्‍टेशन पर आमजन का सर्वाधिक साबका पड़ता है। अत: अपने अधीनस्‍थ स्‍टॉफ को अपडेटेड रखें और उन्‍हें इम्‍पॉवर्ड करें। थाना स्‍टॉफ आमजन से संवेदनशीलतापूर्ण सद्व्‍यवहार करें और बदमाशों से सख्‍ती से निपटें। बेसिक पुलिसिंग को मजबूत करने के लिए ध्‍यान देने की आवश्‍यकता है। परेड निर्धारित समय पर हो। अधिकारी अपने-अपने कार्य क्षेत्र में सरप्राइज विजिट करें तथा सुपरविजन नोट भी देना सुनिश्चित करें। पुलिस की दृश्‍यता सड़कों पर विशेषकर सायंकाल में होना चाहिए। जनसुनवाई प्रत्‍येक मंगलवार अनिवार्यत: हो डीजीपी ने कहा कि हमें अपनी विश्‍वसनीयता आमजन के बीच स्‍थापित करना होगा। अच्‍छे पुलिसकर्मियों को रिवार्ड और बुरे को दंडित करना सुनिश्चित करें। आपकी कार्यप्रणाली से आमजनता को राहत मिले और कार्रवाई सही हो, इसका ध्‍यान रखें। सांप्रदायिक सद्भावना बरकरार रखें। वीवीआईपी विजिट के दौरान निर्धारित सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करें। कोई भी अधिकारी अपना कार्यक्षेत्र नहीं छोड़े। शासन के निर्देशानुसार प्रत्‍येक मंगलवार को अनिवार्यत: जनसुनवाई करें और आवेदनों पर निष्‍पक्षता से त्‍वरित कार्रवाई सुनिश्चित करें।   recent visitors 77

4800 वितरण ट्रांसफार्मर स्थापित किए, आपूर्ति क्षमता का व्यापक विस्तार

भोपाल रिवेम्प्ड ड़िस्ट्रिब्यूशन सेक्टर स्कीम (RDSS) के तहत मालवा और निमाड़ क्षेत्र में बिजली वितरण क्षमता बढ़ाने, लाइन लॉस कम करने के लिए सतत कार्य किए जा रहे हैं। अब तक करीब 5500 किमी लंबी बिजली लाइन में केबल का कार्य किया गया है। कुल 4800 वितरण ट्रांसफार्मर भी स्थापित किए गए हैं। ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने कहा कि इस योजना से उपभोक्ता सेवाओं में बढ़ोत्तरी, आपूर्ति में गुणात्मक सुधार हो रहा है। मप्र पश्चिम क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी इंदौर की प्रबंध निदेशक सुरजनी सिंह ने बताया कि रिवेम्प्ड डिस्ट्रिब्यूशन सेक्टर स्कीम में 565 ग्रिडों पर केपिसिटर बैंक लगा दिए गए हैं। इंदौर शहर के सिरपुर, मालवा मिल, सुखलिया इत्यादि में 20 किमी नई अंडरग्राउंड केबल स्थापित की गई है। मालवा और निमाड़ के इंदौर व उज्जैन संभाग के विभिन्न जिलों में 4800 वितरण ट्रांसफार्मर स्थापित किए गए हैं। इन ट्रांसफार्मरों से किसानों, घरेलू, व्यापारिक क्षेत्र के अलावा उद्योगों की बिजली आपूर्ति व्यवस्था में भी सुधार एवं बढ़ोत्तरी हुई है। प्रबंध निदेशक ने बताया कि कुल 1136 किमी में घरेलू से पृथक कृषि लाइन स्थापित की गई हैं। दो हजार किमी की एलटी केबल स्थापित की गई है। इससे विद्युत अवरोध, ट्रिपिंग एवं अन्य शिकायतें घटी हैं। 1300 किमी के तार यानि कंडक्टर की क्षमता बढ़ाने के कार्य हुए हैं। करीब एक हजार किमी की लाइन फीडर विभक्तिकरण, एक दूसरे से जोड़ने के लिए स्थापित की गई हैं। अब तक आरडीएसएस में 33/11 केवी के नए 49 ग्रिड तैयार हो चुके हैं। इनसे बिजली वितरण जारी हैं। वहीं इस योजना में 70 पुराने ग्रिडों का रिनोवेशन किया गया है। लगभग 15 किमी की सर्विस केबल स्थापित की गई हैं। उन्होंने बताया कि इन कार्यों पर अब तक 600 करोड़ रूपये से ज्यादा राशि व्यय हुई है।   recent visitors 58

बुरहानपुर अपने समृद्ध इतिहास के साथ केले के लिए देशभर में जाना जाता

बुरहानपुर मध्यप्रदेश का ऐतिहासिक जिला बुरहानपुर अपने समृद्ध इतिहास के साथ केले के लिए देशभर में जाना जाता है। केला जिले की प्रधान फसल है। जिले में करीबन 25 हजार 239 हैक्टेयर क्षेत्र में केला फसल का रकबा है। वहीं 18 हजार 625 कृषकों द्वारा केला फसल लगाई जाती है। केले में प्रचुर मात्रा में पोषक तत्व होते है। "एक जिला-एक उत्पाद" अंतर्गत शामिल केला फसल के तने के रेशे से, जिला प्रशासन द्वारा नवाचारों की श्रृंखला बनाकर उसे धरातल पर परोसने का कार्य जारी है। इस कार्य में आजीविका मिशन अग्रणी भूमिका निभा रहा है। कहते हैं कि महिलाओं के हाथों में कमाल का हुनर होता है, जिसे निखारने के लिए अवसर चाहिए होता है। यही मौका राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन जिले की महिलाओं को उपलब्ध करा रहा है। सरकार की मंशानुसार महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने के लिए हर संभव प्रयास जारी है। जिले में केले के तने के रेशों से विभिन्न उत्पाद तैयार किये जा रहे है। स्व- सहायता समूह की महिलाओं को इस कार्य के लिए तकनीकी मार्गदर्शन के साथ प्रशिक्षित किया जाता है, जिससे वे पर्स, टोकरियां, झाडू़, फाईल फोल्डर, पेन स्टैण्ड, झूमर, तोरण, टोपियां, की-रिंग आदि उत्पाद तैयार करती है। इन उत्पादों के विक्रय से उन्हें आर्थिक संबल मिल रहा है। सामुदायिक भवन दर्यापुर में महिलाएं केले के तने के रेशे से चटाई बनाने का कार्य कर रही हैं। महिलाएं चटाई की बुनाई के लिए विविंग मशीन का उपयोग कर, इस काम को आसानी से कर पा रही हैं। इस कार्य में जुटी महिलाएं बताती है कि, एक मीटर चटाई बनाने में 2 घंटे का समय लगता है और उससे 200 रूपये की आमदनी होती है। मांग के अनुसार चटाई की संख्या घटाई-बढ़ाई जाती है। विविंग मशीन से चटाई बनाने में समय की काफी बचत होती है और उसकी फिनिशिंग भी अच्छी आती है। विविंग मशीन तमिलनाडु़ राज्य से बुलाई गई है। इसके अलावा जिले में समूह की महिलाओं को केले के तने से फाईबर निकालने के लिए फाइबर एक्सट्रेक्टर मशीनें भी उपलब्ध कराई गई है। मशीन की सहायता से तने से रेशा बड़ी सरलता के साथ निकलता है।   recent visitors 67

संबल योजना में कुल 10 हजार 236 श्रमिक परिवार होंगे लाभान्वित

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव 4 दिसम्बर को संबल योजना अंतर्गत अनुग्रह सहायता के 10 हजार 236 प्रकरणों में श्रमिकों के परिवारों को सहायता राशि 225 करोड़ रुपए सिंगल क्लिक से वितरित करेंगे। भोपाल में आयोजित कार्यक्रम में श्रम, पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री प्रहलाद सिंह पटेल सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं हितग्राही उपस्थित रहेंगे। संबल योजना प्रदेश में असंगठित क्षेत्र में कार्यरत लाखों श्रमिकों के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण योजना है। इसमें अनुग्रह सहायता योजना में दुघर्टना में मृत्यु होने पर 4 लाख रूपये एवं सामान्य मृत्यु पर 2 लाख रूपये प्रदान किये जाते हैं। इसी प्रकार स्थायी अपंगता पर 2 लाख रूपये एवं आंशिक स्थायी अपंगता पर 01 लाख रूपये तथा अंत्येष्टि सहायता के रूप में 5 हजार रूपये प्रदान किये जाते हैं। संबल योजना में जहाँ एक ओर महिला श्रमिक को प्रसूति सहायता के रूप में 16 हजार रूपये दिये जाते हैं तो वहीं दूसरी ओर श्रमिकों के बच्चों को शिक्षा प्रोत्साहन योजना के अंतर्गत निःशुल्क शिक्षा भी उपलब्ध करवायी जाती है। प्रदेश के लाखों श्रमिक एवं प्लेटफार्म वर्कर्स को भी संबल योजना में सम्मिलित किया जाकर इनका पंजीयन प्रारम्भ किया गया है। इन्हें भी संबल योजना में लाभ प्रदान किये जा रहे हैं। संबल योजना प्रदेश में असंगठित क्षेत्र में कार्यरत लाखों श्रमिकों के लिए एक अत्यंत महत्वपूर्ण योजना है। इसमें श्रमिक को जन्म से लेकर मृत्यु तक आर्थिक सहायता प्राप्त होती है। मध्यप्रदेश सरकार ने संबल योजना को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। संबल योजना में सभी योजनाओं जैसे अंत्येष्टी सहायता, मृत्यु अथवा दिव्यांगता पर अनुग्रह सहायता, शिक्षा प्रोत्साहन योजना, प्रसूति सहायता, आयुष्मान भारत, राशन पर्ची आदि का लाभ दिया जा रहा है। प्रदेश सरकार द्वारा प्रदेश के लाखों निर्माण श्रमिकों के लिये भी निर्माण मंडल के माध्यम से कई योजनाएं संचालित की जाती हैं इनमें निर्माण श्रमिकों की मृत्यु होने पर अनुग्रह सहायता तथा स्थायी एवं आंशिक अपंगता पर सहायता भी सम्मिलित है। सभी संबल हितग्राहियों को आयुष्मान भारत निरामय योजना अंतर्गत पात्र श्रेणी में चिन्हित किया गया है। अब वे भी 5 लाख रूपये वार्षिक निःशुल्क चिकित्सा प्राप्त कर रहे है। प्रदेश में अब तक 1 करोड़ 73 लाख श्रमिकों का संबल 2.0 योजना के अंतर्गत पंजीयन किया जा चुका है।   recent visitors 70

‘ऑल त्रिपुरा होटल एंड रेस्टोरेंट ने बांग्लादेशी पर्यटकों को अपनी सेवाएं उपलब्ध नहीं कराने का निर्णय लिया

अगरतला बांग्लादेश में भारतीय ध्वज का अपमान किए जाने के मद्देनजर ‘ऑल त्रिपुरा होटल एंड रेस्टोरेंट ओनर्स एसोसिएशन (एटीएचआरओए)’ ने बांग्लादेशी पर्यटकों को अपनी सेवाएं उपलब्ध नहीं कराने का निर्णय लिया है। एसोसिएशन ने यह जानकारी दी है। एटीएचआरओए के महासचिव सैकत बंद्योपाध्याय ने बताया कि यह निर्णय सोमवार को हुई एक आपातकालीन बैठक में लिया गया। उन्होंने कहा, ‘‘भारत एक धर्मनिरपेक्ष देश है और हम सभी धर्मों का सम्मान करते हैं। हमारे राष्ट्रध्वज का अपमान किया गया और बांग्लादेश में कट्टरपंथियों का एक वर्ग अल्पसंख्यकों का उत्पीड़न कर रहा है। पहले भी ऐसी घटनाएं होती थीं, लेकिन अब सभी हदें पार हो गई हैं।’’ बंद्योपाध्याय ने कहा, ‘‘बांग्लादेश में मौजूदा स्थिति वास्तव में चिंताजनक है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हम बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों के साथ किए जा रहे व्यवहार की निंदा करते हैं।’’ इससे पहले, निजी अस्पताल ‘आईएलएस हॉस्पिटल’ ने पड़ोसी देश में अल्पसंख्यकों पर किए जा रहे अत्याचारों के विरोध में बांग्लादेश के किसी भी मरीज का इलाज नहीं करने की घोषणा की थी।   recent visitors 79

उपराष्ट्रपति ने केंद्र सरकार के विकास कि खोलीं पोल : कृषि मंत्री शिवराज से पूछा- किसानों से किए वादे क्यों नहीं निभाएं 

Vice President exposed the development of the Central Government: asked Agriculture Minister Shivraj- why did you not fulfill the promises made to the farmers भोपाल। किसान आंदोलन को लेकर उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने मंगलवार को सीधे कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से कई सवाल किए। उन्होंने शिवराज की ओर इशारा करते हुए कहा, कृषि मंत्री जी, आपका एक-एक पल भारी है। मेरा आपसे आग्रह है और भारत के संविधान के तहत दूसरे पद पर विराजमान व्यक्ति आपसे अनुरोध कर रहा है कि कृपया करके मुझे बताइए कि किसान से क्या वादा किया गया था? और जो वादा किया गया था, वह क्यों नहीं निभाया गया? वादा निभाने के लिए हम क्या कर रहे हैं? बीते साल भी आंदोलन था, इस साल भी आंदोलन है। कालचक्र घूम रहा है। हम कुछ नहीं कर रहे हैं। धनखड़ ने मुंबई में केंद्रीय कपास प्रौद्योगिकी अनुसंधान संस्थान (CIRCOT) के शताब्दी समारोह के में ये बातें कहीं। कार्यक्रम में शिवराज भी मौजूद थे। हालांकि, उन्होंने उपराष्ट्रपति के सवालों का जवाब नहीं दिया। शिवराज ने कहा- भारत अपने किसानों के बिना समृद्ध देश नहीं बन सकता। उपराष्ट्रपति बोले- हिंदुस्तान का किसान असहाय है… 4 पॉइंट पहली बार मैंने भारत को बदलते हुए देखा है। पहली बार मैं महसूस कर रहा हूं कि विकसित भारत हमारा सपना नहीं लक्ष्य है। दुनिया में भारत कभी इतनी बुलंदी पर नहीं था। जब ऐसा हो रहा है तो मेरा किसान परेशान और पीड़ित क्यों है? यह समय मेरे लिए कष्टदायक है क्योंकि मैं राष्ट्रधर्म से ओतप्रोत हूं। दुनिया में हमारी साख पहले कभी इतनी नहीं थी, भारत का प्रधानमंत्री आज विश्व के शीर्ष नेताओं में गिना जाता है। मोदी ने दुनिया को संदेश दिया है कि समाधान केवल बातचीत से ही निकल सकता है। ऐसे में किसानों की समस्या दूर की जाए। विकसित राष्ट्र का दर्जा पाने के लिए प्रत्येक नागरिक की आय में आठ गुना वृद्धि करनी होगी। कौन हैं वो लोग जो किसानों को कहते हैं कि उसके उत्पाद का उचित मूल्य दे देंगे? मुझे समझ नहीं आता कि कोई पहाड़ गिरेगा। किसान अकेला है, जो असहाय है। जिस समय धनखड़ का कृषि मंत्री से सवाल, उसी समय नोएडा में किसानों का धरना किसानों की 4 मांगें recent visitors 155

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद के लिए शपथ ग्रहण समारोह की तैयारी जारी, कल होगा शपथ ग्रहण

मुंबई महाराष्ट्र में मुख्यमंत्री के नाम पर अभी सस्पेंस बना हुआ है। महायुति के प्रचंड बहुमत हासिल करने बाद भी सीएम के नाम को लेकर बीते कई दिनों से मंथन जारी है। इस बीच महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री पद के लिए शपथ ग्रहण समारोह की तैयारी पर जारी है। समारोह 5 दिसंबर को मुंबई के आजाद मैदान में होगा। मुंबई के आजाद मैदान में मंच बनाने की तैयारी शुरू हो गई है। मुंबई में बढ़ते प्रदूषण को देखते हुए बृहन्मुंबई म्युनिसिपल कारपोरेशन (बीएमसी) की ओर से पानी का छिड़काव किया जा रहा है। इस समारोह को भव्य बनाने के लिए खास इंतजाम किए गए हैं। यह कार्यक्रम इतना भव्य होगा कि इसमें 40 हजार लोगों के जुटने की उम्मीद है। शपथ ग्रहण समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी शामिल होने आशंका है। साथ ही भारतीय जनता पार्टी के बड़े नेता और एनडीए शासित राज्यों के मुख्यमंत्रियों के भी कार्यक्रम में शामिल होने की उम्मीद है। महायुति के घटक दलों के नेता तैयारियों का जायजा लेने के लिए मंगलवार को आजाद मैदान जाएंगे। सूत्रों के मुताबिक, माना जा रहा है कि महाराष्ट्र में अगले मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस होंगे। हालांकि, अभी यह पूरी तरह से साफ नहीं हो पाया है। औपचारिक घोषणा बुधवार को विधायक दल की बैठक के बाद होगी। बता दें कि महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में भारतीय जनता पार्टी ने 132 सीटें जीतकर सबसे बड़ी पार्टी बनी है। महायुति की बात करें तो भाजपा ने 132, शिवसेना ने 57, एनसीपी ने 41 सीटों पर जीत हासिल की। वहीं महाविकास अघाड़ी में शिवसेना (यूबीटी) ने 20, कांग्रेस ने 16, एनसीपी (शरद पवार) ने 10 सीट पर जीत दर्ज की थी। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, पर्यवेक्षक नियुक्त किए जाने के बाद भाजपा के वरिष्ठ नेता विजय रुपाणी मंगलवार को देश की आर्थिक राजधानी मुंबई पहुंच जाएंगे। वहीं, केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बुधवार को मुंबई पहुंचेगी। बुधवार को ही कि विधानसभा की विधि मंडल में भाजपा विधायक दल की बैठक होगी, जिसमें भाजपा विधायक दल का नेता चुना जाएगा। विधायक दल का नेता चुनने के बाद महायुति के नेता राजभवन जाकर सरकार बनाने का दावा पेश करेंगे।   recent visitors 83