कार्तिकेय की मतदाताओं को चेतावनी: कांग्रेस का विधायक चुना तो गांव में नहीं होगा विकास कार्य

Karthikeya’s warning to voters: If a Congress MLA comes, not a single brick is going to be laid in the village. please understand all of you शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान ने एक कार्यक्रम में कहा कि उपचुनाव में 19-20 होता है तो आप समझिए, किसका नुकसान होगा? अपने पैरों पर हम क्यों कुल्हाड़ी मारें? MP Bypoll 2024: मध्य प्रदेश के बुधनी विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव को लेकर अब राजनीति चरम पर पहुंच गया है. इस सीट पर बीजेपी के बीच मुख्य मुकाबला है. इस बीच केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान के पुत्र कार्तिकेय सिंह चौहान ने एक चुनावी कार्यक्रम में कुछ ऐसा कह दिया कि उनके बयान को लेकर कांग्रेस ने उन्हें नसीहत देने लगे हैं. एमपी कांग्रेस के बड़े नेता ने उन पर पलटवार करते हुए कार्तिकेय सिंह को नसीहत दी है. दरअसल, कार्तिकेय सिंह चौहान ने एक सभा को संबोधित करते हुए कहा कि उपचुनाव में 19-20 होता है तो आप समझिए, किसका नुकसान होगा? अपने पैरों हम क्यों कुल्हाड़ी मारें? ये है कार्तिकेय का बयान एमपी के पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान ने कहा, “अपनी पोलिंग में गड़बड़ी कर हम क्यों अपनी इज्जत खराब करें? क्या हम को नहीं जाना काम कराने के लिए मुख्यमंत्री के पास, क्या हमें नहीं जाना काम कराने के लिए कृषि मंत्री के पास. आप ही लोग बताईए, सरपंच जी कैसे कराएंगे आप काम. जबाव दीजिए.” उन्होंने आगे कहा कि यदि उन्नीसा-बीस हुआ तो हम किस मुंह से अपने नेताओं के पास काम कराने जाएंगे. अगर गलती से भी कांग्रेस का विधायक आ जाता है तो एक ईंट गांव में नहीं लगने वाली है. समझ लेना आप सब. दिग्विजय सिंह ने क्या दी नसीहत? एमपी के पूर्व सीएम शिवराज सिंह चौहान के बेटे कार्तिकेय सिंह चौहान के इस बयान पर पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ने ट्वीट कर उन्हें नसीहत दी है. उन्होंने एक्स पोस्ट में लिखा, “कार्तिकेय अभी से इस प्रकार का भाषण ना दो. अपने पिता शिवराज सिंह चौहान जी से सीखो. लोकतंत्र में सरकार और विपक्ष दोनों मिलकर भारत निर्माण में सहयोग करते हैं.” उन्होंने कहा कि 10 साल तक मैं मुख्यमंत्री रहा, लेकिन मैंने इस प्रकार की भाषा का कभी उपयोग नहीं किया. आपके पिता गवाह हैं. पंचायत राज कानून में निर्माण काम करने के जिम्मेदार सरपंच की होती है, ना कि विधायक की. आप तो अभी ना सरपंच हैं ना विधायक. आप मेरे पुत्र नहीं पौत्र समान हैं. यह मेरी राय है. आप मानें ना मानें, आप जानें. जय सियाराम. recent visitors 147

अहमदाबाद पुलिस ने50 बांग्लादेशी घुसपैठियों को गिरफ्तार किया, 200 लोगों से क्राइम ब्रांच की पूछताछ

अहमदाबाद देश के विभिन्न हिस्सों में अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी और रोहिंग्या मुस्लिमों की धर-पकड़ जारी है। अब गुजरात के अहमदाबाद में अवैध रूप से रह रहे 50 बांग्लादेशी नागरिकों की पहचान करके उन्हें हिरासत में लिया गया है। इसके अलावा, गुजरात की क्राइम ब्रांच घुसपैठियों की पहचान के लिए सैकड़ों लोगों से अभी पूछताछ कर रही है। इससे पहले पुणे और त्रिपुरा से भी अवैध बांग्लादेशी पकड़े गए थे। अहमदाबाद से पकड़ाए अवैध बांग्लादेशियों को लेकर गुजरात पुलिस के क्राइम ब्रांच के डीसीपी अजीत राजियान ने जानकारी दी है। उन्होंने बताया, “हम अवैध रूप से रहने वाले लोगों के खिलाफ लगातार कार्रवाई कर रहे हैं। इसके साथ ही 200 से ज्यादा लोगों से पूछताछ की जा रही है।” रिपोर्ट के मुताबिक, ये सभी फर्जी आधार कार्ड बनाने, वेश्यावृत्ति और कई अन्य अवैध गतिविधियों में शामिल थे। महाराष्ट्र की पुणे पुलिस ने भी खुफिया सूचना के आधार पर रजनगाँव में 21 अक्टूबर 2024 को सर्च ऑपरेशन चलाकर 21 बांग्लादेशियों को गिरफ्तार किया था। पुलिस अधीक्षक पंकज देशमुख ने कहा था, “उनमें से नौ के पास फर्जी आधार कार्ड, पैन कार्ड थे और उनमें से एक के पास वोटर आईडी कार्ड भी था। बांग्लादेशी नागरिक के पास वोटर आईडी कार्ड था, उसने इसे गुजरात से हासिल किया था।” एसपी ने कहा कि ये सभी या तो पैदल चलकर सीमा पार करते हुए पश्चिम बंगाल में यहाँ आए या फिर नावों से समुद्री मार्ग से अवैध रूप से यहाँ पहुँचे। उन्होंने कहा, “इनमें से कुछ के बच्चे भी हैं, जिनकी उम्र तीन साल से पाँच साल के बीच है। भारत में घुसने के बाद ये गुजरात और मुंबई चले गए। कुछ दिन पहले ये पुणे आए हैं।” उन्होंने कहा कि जाँच चल रही है और 2-3 दिन में यह बात स्पष्ट हो जाएगी। जिन लोगों को पुलिस ने पकड़ा है, उनके नाम हैं- अजमुल शरत खान उर्फ ​​हासिफ खान (50), मोहम्मद अकबर अजीज अकबर सरदार (32), शफीकुल अलीमिया शेख (20), हुसैन मुखिद शेख (30), तारिकुल अतियार शेख (38), मोहम्मद उमर फारूक बाबू उर्फ ​​बाबू बुख्तियार शेख (32), शाहीन शहजान ( 44), मोहम्मद हुसैन शेख (32), रऊफ अकबर दफादार (35), इब्राहिम काजोल शेख (35)। इनके अलावा फरीद अब्बास शेख (48), मोहम्मद सद्दाम अब्दुल सखावती (35), मोहम्मद अब्दुल हबीब रहमान सरदार (32), आलिमिया तोहकील शेख (60), मोहम्मद इसराइल फकीर (35), फ़िरोज़ा मुताक़ीन शेख़ (20), लिपिया हसमुख मुल्ला (32), सलमा मलिक रोशन मलिक (23), हिना मुल्ला जुल्फिकार मुल्ला (40), सोनदीप उर्फ ​​काजोल बासुदीप विशेष (30) और येनूर शाहदता मुल्ला (25) भी पकड़ाए हैं। एसपी पंकज देशमुख ने कहा था, “हम पता लगा रहे हैं कि वे कितने समय से भारत में हैं। प्रारंभिक जाँच से पता चलता है कि वे 6 महीने से लेकर 10 साल से ये देश में रहे हैं। हम पता लगा रहे हैं कि इस देश में रहने का उनका मकसद क्या है। उनमें से कई लोग श्रम गतिविधि में लिप्त हैं और उन्हें मजदूरी कर रहे हैं। इसलिए, उनकी वास्तविक स्थिति पर टिप्पणी करना अभी बहुत प्रारंभिक है।” उन्होंने आगे कहा, “हमने उनके पास से मतदाता पहचान पत्र, पैन कार्ड और आधार कार्ड जैसे दस्तावेज जब्त किए हैं। इसके अलावा, कई लोगों के पास से अवैध रूप से रह रहे लोगों के बारे में भी जानकारी मिली है। हम इस पहलू की भी जाँच कर रहे हैं कि क्या कोई संगठित रैकेट या एजेंट है, जो बांग्लादेशी नागरिकों को हमारे देश में लाकर स्थापित कर रहा है।” इसी तरह, त्रिपुरा की राजधानी अगरतला रेलवे स्टेशन पर सुरक्षा एजेंसियों ने 22 अक्टूबर 2024 की सुबह तीन रोहिंग्या मुस्लिम और दो बांग्लादेशी नागरिकों को हिरासत में लिया। राजकीय रेलवे पुलिस (GRP) के प्रभारी अधिकारी तपस दास ने कहा कि उन्हें सूचना मिली कि कुछ रोहिंग्या और बांग्लादेशी नागरिक त्रिपुरा से बाहर जाने के लिए अगरतला रेलवे स्टेशन पर आएँगे। तपस दास ने आगे बताया कि पूछताछ में पता चला कि रोहिंग्या नागरिक हैदराबाद जाने वाले थे, जबकि बांग्लादेशी नागरिक मुंबई जाने की योजना बना रहे थे। उन्होंने कहा, “हमने उनके पास से बांग्लादेशी मुद्रा, दस्तावेज और कुछ मोबाइल फोन जब्त किए हैं। हम उन्हें अदालत में पेश करके आगे की पूछताछ के लिए पुलिस रिमांड माँगेंगे।” बता दें कि पश्चिम बंगाल में भारत-बांग्लादेश सीमा पर मानव तस्करों का एक बड़ा गिरोह काम कर रहा है, जो सिर्फ चार हजार रुपए में बांग्लादेश की सीमा से ऐसे लोगों को भारत में घुसपैठ कराता है। घुसपैठ करने वालों में बांग्लादेशी के साथ-साथ रोहिंग्या मुस्लिम भी शामिल हैं। इसके बाद घुसपैठियों को फर्जी पहचान देकर जम्मू-कश्मीर, महाराष्ट्र, गुजरात, दिल्ली सहित देश के विभिन्न हिस्सों में बसाया जाता है।   recent visitors 184

तीन बार के MLA हरविंदर कल्याण बने हरियाणा विधानसभा अध्यक्ष

चंडीगढ़ हरियाणा की 15वीं विधानसभा का विशेष सत्र शुक्रवार से शुरू हो रहा है। इस दौरान नवनिर्वाचित विधायकों को शपथ दिलाई जाएगी। इसके अलावा सदन के स्पीकर और डिप्टी स्पीकर के चुनाव की तैयारियां भी हो गई हैं। करनाल के घरौंदा विधानसभा क्षेत्र से तीसरी बार विधायक बने हरविंदर कल्याण शुक्रवार को हरियाणा विधानसभा के नए स्पीकर चुने जाएंगे। वहीं जींद विधानसभा क्षेत्र से तीन बार विधायक रहे कृष्ण मिड्ढा विधानसभा के डिप्टी स्पीकर चुने जाएंगे। गौरतलब है कि विधानसभा स्पीकर का चुनाव शुक्रवार को होगा। इससे पहले नवनिर्वाचित 90 विधायकों को प्रोटेम स्पीकर रघुवीर सिंह कादियान शपथ दिलाएंगे। हरविंदर कल्याण भाजपा के टिकट पर रोर समुदाय से चुने गए दो विधायकों में से एक हैं। उनका नाम मंत्री पद के लिए भी विचार किया गया था। हालांकि बाद में बीजेपी हाईकमान ने उन्हें विधानसभा स्पीकर के रूप में चुनने का फैसला किया। हरविंदर कल्याण के स्पीकर के चुनाव का मतलब करनाल को प्रतिनिधित्व देना भी होगा। इससे पहले करनाल जिले को मंत्रिमंडल में कोई प्रतिनिधित्व नहीं मिला था। कृष्ण मिड्ढा होंगे डिप्टी स्पीकर वहीं कृष्ण मिड्ढा को डिप्टी स्पीकर बनाने के पीछे बीजेपी का उद्देश्य पंजाबी-खत्री समुदाय को प्रतिनिधित्व देना है। इस समुदाय से नवनिर्वाचित सदन में आठ भाजपा विधायक हैं। इसके अलावा इस कदम का मकसद जींद के शहरी क्षेत्रों में पकड़ मजबूत करना है। यहां के नरवाना से कृष्ण कुमार बेदी को मंत्री पद भी दिया गया है। कृष्ण मिड्ढा के पिता हरि चंद मिड्ढा जींद से भारतीय राष्ट्रीय लोकदल (INLD) के विधायक थे। कृष्ण मिड्ढा अपने पिता के निधन के बाद जींद उपचुनाव लड़ने लिए 2019 में भाजपा में शामिल हो गए थे जिसमें उन्हें जीत भी मिली थी। क्या होगी प्रकिया विधानसभा अध्यक्ष के चुनाव के लिए तैयार की गई प्रक्रिया के मुताबिक विधानसभा का एक सदस्य हरविंदर कल्याण के नाम का प्रस्ताव रखेगा। प्रस्ताव को समर्थन मिलने के बाद कार्यवाहक अध्यक्ष उन्हें निर्वाचित घोषित करेंगे। डिप्टी स्पीकर के चुनाव की प्रक्रिया स्पीकर के समान ही होगी। recent visitors 63

कांग्रेस ने बुधनी विजयपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए स्टार प्रचारकों की लिस्ट की जारी, 40 नेता करेंगे प्रचार

भोपाल  मध्यप्रदेश के सीहोर जिले की बुधनी विधानसभा और श्योपुर जिले की विजयपुर विधानसभा उपचुनाव के लिए मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी द्वारा 40 स्टार प्रचारकों की सूची जारी की गई है।प्रदेश कांग्रेस चुनाव आयोग कार्य प्रभारी जेपी धनोपिया ने उक्त सूची मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि बुधनी और विजयपुर विधानसभा में उपचुनाव हो रहे हैं, आगामी 13 नवम्बर को मतदान होना नियत है। दोंनो विधानसभा क्षेत्रों में कांग्रेस नेतागणों को प्रचार-प्रसार हेतु स्टार प्रचारक बनाया गया है। राजस्थान के विधायक सचिन पायलट और कांग्रेस के सचिवगण संजय दत्त, चंदन यादव, आनंद चौधरी, रनविजयसिंह लोचन भी दोनो सीटों पर प्रचार करते नजर आएंगे। कांग्रेस के यह दिग्गज नेता करेंगे दोनों सीटों पर प्रचार कांग्रेस पार्टी ने दोनों विधानसभा सीटों के लिए जो लिस्ट जारी की है उसमें से कांग्रेस के सचिव मप्र प्रभारी जितेन्द्र सिंह, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी, मप्र विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार, पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ एवं दिग्विजय सिंह और राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गेहलोत, राजस्थान के विधायक सचिन पायलट, अभा कांग्रेस के सचिवगण संजय दत्त, चंदन यादव, आनंद चौधरी, रनविजयसिंह लोचन, पूर्व केंद्रीय मंत्री कांतिलाल भूरिया और अरूण यादव, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह राहुल भैया, राज्यसभा सांसद विवेक तन्खा, अशोक सिंह, राजस्थान की सांसद संजना जाटव, पूर्व नेता प्रतिपक्ष डॉ. गोविंद सिंह, सीडब्लूसी मेंबर कमलेश्वर पटेल, विधायक ओमकार मरकाम, पूर्व मंत्री सज्जन सिंह वर्मा, उपनेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे, पूर्व मंत्री जयवर्धन सिंह, विधायक फूलसिंह बरैया, पूर्व मंत्री लाखन सिंह यादव, विधायकगण आरिफ मसूद, दिनेश गुर्जर, नीटू सिकरवार, बाबू जंडेल, पंकज उपाध्याय, प्रवीण पाठक, सिद्धार्थ कुशवाह, हिना कांवरे, सतीश सिकरवार, विक्रांत भूरिया, सत्य नारायण पटेल, हीरालाल अलावा, रोशनी यादव, रिचा गोस्वामी और मितेन्द्र  दर्शन सिंह यादव को बुधनी एवं विजयपुर उपचुनाव में प्रचार हेतु स्टार प्रचारक बनाया गया है। recent visitors 84

दीपावली के बाद भोपाल में 300 क्षेत्रों में बढ़ सकती है प्रॉपर्टी की कीमतें

After Diwali, property prices may increase in 300 areas in Bhopal. भोपाल। भोपाल शहर में बीते छह महीने में एक हजार 294 स्थानों पर जमकर प्रॉपर्टी की खरीद -फरोख्त की गई है। इनमें से 300 स्थान ऐसे हैं, जहां वर्तमान दरों से अधिक दरों पर रजिस्ट्रियां हुई हैं। ऐसे में अब जिला प्रशासन और पंजीयन विभाग ने इन स्थानों पर प्रॉपर्टी की दरें बढ़ाने का निर्णय लिया है। संभवत : दीपावली के बाद यहां प्रॉपर्टी महंगी हो सकती है और इसके लिए किसी भी तरह की कोई दावे-आपत्ति भी नहीं लिए जाएंगे। इस संबंध में कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने गुरुवार को वरिष्ठ जिला पंजीयक मुकेश श्रीवास्तव, स्वप्नेश शर्मा सहित अन्य अधिकारियों के साथ बैठक ली और उन्हें नई कलेक्टर गाइडलाइन का प्रस्ताव तैयार करने के निर्देश दिए हैं। बता दें कि मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने राजधानी भोपाल सहित प्रमुख जिलों में प्रॉपर्टी की जमकर खरीद-फरोख्त के चलते पिछले दिनों तीन-तीन महीने में प्रॉपर्टी की दरें तय करने के निर्देश दिए थे। एआई से किया जाएगा सर्वे अधिकारियों ने बताया कि शहर के किन स्थानों पर अधिक दामों में प्रॉपर्टी की ज्यादा खरीद-फरोख्त की जा रही है, इसका पता लगाने के लिए एआई की मदद ली जाएगी। इससे यह पता चल सकेगा कि किन क्षेत्रों में अधिक दामों पर जमकर प्रॉपर्टी की खरीद-फरोख्त की जा रही है। इन्हीं स्थानों को प्रस्ताव में शामिल किया जाएगा।उप जिला मूल्याकंन और जिला मूल्यांकन में सहमति के बाद नई दरें एक जनवरी से लागू कर दी जाएंगी। जिले में प्रॉपर्टी की बढ़ती खरीद-फरोख्त के चलते हर तीन महीने यानि अप्रैल, जुलाई, अक्टूबर और जनवरी में दरें दोबारा से बढ़ाई जाएंगी। ऐसे में एक स्थान पर तीन-तीन महीनों की खरीद-फरोख्त का असर प्रॉपर्टी के दामों पर पड़ेगा।यहां बढ़ सकते हैं प्रॉपर्टी के दाम एआई की मदद से पंजीयन के पोर्टल के बीते छह महीने के डेटा का विश्लेषण किया जा रहा है। क्षेत्रीय स्थान, मेट्रो रूट, प्रमुख सरकारी परियोजनाएं और बस स्टैंड के आसपास की प्रॉपर्टी का मूल्यांकन एआई मॉडल से किया गया है। कोलार सिक्सलेन की वजह से गोल जोड़, थुआखेड़ा से लेकर कजलीखेड़ा तक बदलाव होगा। चूनाभट्टी से नेहरू नगर, कोटरा, वैशाली नगर में भी दरें बदलेंगी।सलैया से बगली के बीच, बैरागढ़ रेलवे लाइन के आसपास, सनखेड़ी, हिनोतिया आलम, बरखेड़ा नाथू, कलखेड़ा, सेवनियां गोंड से लेकर इंद्रपुरी से अयोध्या बायपास और यहां से आशाराम तिराहा तक प्रस्तावित बायपास से 100 मीटर तक की दरों में बदलाव प्रस्तावित किया जाएगा। हुई थी 25 से 95 प्रतिशत वृद्धिअप्रैल 2024 में नई गाइडलाइन लागू की थी, जिसमें कोलार, सलैया, अयोध्या बाइपास और मिसरोद में 25 से लेकर 94 प्रतिशत तक दाम बढ़ाए गए थे। सबसे ज्यादा मिसरोद के कोरल वुड्स के मुख्य मार्ग पर प्रति वर्ग मीटर 94 प्रतिशत की बढ़ोतरी की थी। यहां रहवासी प्लाट की कीमत 44 हजार रुपये वर्ग मीटर से बढ़ाकर 70 हजार रुपये प्रति वर्ग मीटर किया गया। recent visitors 126

आदित्य ठाकरे के खिलाफ मिलिंद देवड़ा लड़ सकते हैं चुनाव, शिंदे सेना दे सकती है वर्ली से टिकट

मुंबई  शिवसेना के एक पैंतरे से मुंबई की वर्ली सीट पर अब मुकाबला दिलचस्प होने वाला है। महायुति ने पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे के बेटे और पूर्व कैबिनेट मंत्री रहे आदित्य ठाकरे को वर्ली विधानसभा में घेरने की रणनीति बनाई है। शिंदे की शिवसेना वर्ली से राज्यसभा सांसद मिलिंद देवड़ा को मैदान में उतार सकती है। मिलिंद दो बार साउथ मुंबई से सांसद रहे हैं और फिलहाल शिवसेना के राज्यसभा सांसद हैं। उनके पिता मुरली देवड़ा मुंबई के मेयर और केंद्र सरकार में मंत्री रह चुके हैं। आदित्य ठाकरे ने बुधवार को वर्ली सीट से नामांकन दाखिल किया था। लोकसभा चुनाव में यूबीटी को वर्ली में मिली थी बढ़त आदित्य ठाकरे पहली बार 2019 में वर्ली विधानसभा से चुनाव लड़े और 67,427 वोटों से जीते। तब महाराष्ट्र में शिवसेना और बीजेपी के बीच गठबंधन था। उन्होंने एनसीपी उम्मीदवार सुरेश माणे को हराया था। पिछले चुनाव में महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना ने भी आदित्य के खिलाफ कैंडिडेट नहीं उतारा था। जीत के बाद आदित्य अपने पिता उद्धव ठाकरे के मंत्रिमंडल में शामिल हुए। लोकसभा चुनाव के दौरान वर्ली से शिवसेना यूबीटी को सिर्फ 6700 वोटों से लीड मिली थी, इसलिए मिलिंद देवड़ा के मैदान में उतरने से मुकाबला टक्कर का होगा, ऐसी उम्मीद की जा रही है। जनवरी में कांग्रेस छोड़कर शिवसेना में शामिल हुए थे देवड़ा मिलिंद देवड़ा को भी राजनीति विरासत में मिली है। दो बार लोकसभा सांसद रह चुके मिलिंग अभी राज्यसभा सदस्य हैं। उन्होंने करीब 10 महीने पहले राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा से पहले कांग्रेस से इस्तीफा दे दिया था। वह एकनाथ शिंदे की शिवसेना में शामिल हुए। जून में उन्होंने शिवसेना सांसद के तौर पर संसद में राष्ट्रपति के अभिभाषण के धन्यवाद प्रस्ताव पर पहला भाषण दिया। उन्होंने राज्यसभा में कहा था कि मुझे पिता ने पार्टी के प्रति वफादारी से पहले देश के प्रति वफादारी सिखाया है। recent visitors 75

आगरा से आया 9 क्विंटल मावा भोपाल पुलिस ने किया जब्त, लिए 4 सैंपल

भोपाल  आगरा से भोपाल आए नौ क्विंटल मावा बाजार में आपूर्ति करने की तैयारी थी, लेकिन इससे पहले ही बजरिया पुलिस ने गुरुवार को जब्त किया है। जब चालक उचित जानकारी नहीं दे पाया तो पुलिस ने खाद्य सुरक्षा प्रशासन विभाग को इसकी जानकार दी। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर मावा जब्त किया। मावे के चार नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए हैं। मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी देवेंद्र कुमार दुबे ने बताया कि बजरिया पुलिस द्वारा गुरुवार सुबह वाहन चेकिंग की जा रही थी। इसी दौरान रेलवे स्टेशन के बाहर एक लोडिंग वाहन में 23 मावा की डलिया रखी हुई मिली। पुलिस टीम ने वाहन चालक से पूछताछ की तो वह कोई उचित जवाब नहीं दे पाया। पुलिस की सूचना पर खाद्य सुरक्षा प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और वाहन चालक से पूछताछ की तो उसने अपना नाम नारायण सोनी बताया और जानकार दी कि यह मावा आगरा स्टेशन से भोपाल के लिए दीवान सिंह ने बुक करवाया था। टीम ने खाद्य कारोबारी का इंतजार किया, लेकिन वह मौके पर नहीं पहुंचा। ऐसे में कारोबारी की अनुपस्थित के कारण 23 डलिया लगभग नौ क्विंटल मावा जब्त किया गया है। जिसकी कीमत लगभग दो लाख रुपये है। मावा के नमूने जांच के लिए भेज दिए गए हैं। टीम द्वारा मावा भेजने वालों की जानकारी जुटाई जा रही है। दीपावली में बढ़ जाती खपत, मिलावट की आशंका दीपावली से पहले शहर में मावा और पनीर की खपत बढ़ जाती है। ऐसे में ग्वालियर, भिंड, मुरैना सहित कई जिलों से आने वाले मावा में मिलावट की आशंका होती है। इसी वजह से खाद्य सुरक्षा प्रशासन की टीम द्वारा निरीक्षण के दौरान मिलने वाले संदेही मावा को जब्त कर नमूने लिए जा रहे हैं। recent visitors 70