मंत्री तोमर ने स्थानीय बुजुर्गों से विकास कार्यों का भूमिपूजन कराया

ग्वालियर ग्वालियर में प्रगति की यात्रा लगातार जारी रहेगी। प्रदेश सरकार इसके लिये धन की कमी नहीं आने देगी। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के नेतृत्व में सरकार ने शहरों के सुनियोजित विकास के लिये कारगर योजनायें बनाई हैं। इन योजनाओं से ग्वालियर की तस्वीर भी बदल रही है। यह बात ऊर्जा मंत्री प्रद्युम्न सिंह तोमर ने उपनगर ग्वालियर की विभिन्न बस्तियों में विकास कार्यों के भूमि-पूजन कार्यक्रम में कही। तोमर ने स्थानीय बुजुर्गों से विकास कार्यों का भूमिपूजन कराया। मंत्री तोमर ने मंगलवार को लगभग पाँच करोड़ रूपए लागत के विकास कार्यों की आधारशिला रखी। इनमें वार्ड-31 के अंतर्गत 2 करोड़ 65 लाख रूपए की लागत से आरपी कॉलोनी के पार्क का विकास व सौंदर्यीकरण सहित इस क्षेत्र की अन्य बस्तियों में सीसी रोड़ व नाली निर्माण कार्य, वार्ड-7 की गंगा विहार कॉलोनी में लगभग एक करोड़ 68 लाख रूपए की लागत से सीसी रोड़ एवं पीएचई कॉलोनी में लगभग 14 लाख 40 हजार रूपए की लागत से पार्क विकास कार्य शामिल हैं। ऊर्जा मंत्री तोमर ने आरपी कॉलोनी पार्क में  स्थानीय निवासियों का आह्वान किया कि वे कमेटी बनाकर अपनी देखरेख में पार्क का सौंदर्यीकरण व विकास कार्य कराएँ।  नगर निगम के अधिकारियों को निर्देश दिए कि पार्क के सभी कार्य गुणवत्ता के साथ मूर्तरूप दें। उन्होंने लक्ष्मणपुरा नाले का काम जल्द से जल्द शुरू करने के लिये  निर्देशित किया।  स्थानीय निवासियों को भरोसा दिलाया कि यहां की दुर्गा कॉलोनी में अगली बरसात में जल भराव की समस्या न रहे, इसके लिये प्रभावी कदम उठाए जायेंगे।   ग्वालियर को स्वच्छता में अव्वल बनाने  सभी एकजुट हों ऊर्जा मंत्री तोमर ने भूमि-पूजन कार्यक्रमों में मौजूद लोगों का आह्वान करते हुए कहा कि विकास के लिये धन की व्यवस्था हम करेंगे, आप सब ग्वालियर शहर को स्वच्छता में अव्वल बनाने में सहभागी बनें। सभी लोग मिल-जुलकर प्रयास करेंगे तो निश्चित ही ग्वालियर शहर भी स्वच्छता में इंदौर की तर्ज पर अग्राणी शहर के रूप में उभरकर सामने आयेगा। इन कार्यक्रमों में नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष हरीपाल सहित अन्य क्षेत्रीय जन-प्रतिनिधिगण शामिल हुए।   recent visitors 81

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुजरात के मुख्यमंत्री से सौजन्य भेंट की

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गुजरात प्रवास के दौरान मंगलवार को गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल से सौजन्य भेंट की। मुख्यमंत्री निवास अहमदाबाद में गुजरात के मुख्यमंत्री पटेल ने मुख्यमंत्री डॉ. यादव का आत्मीय स्वागत किया। अहमदाबाद में बुधवार को मुख्यमंत्री डॉ. यादव, गुजरात के मुख्यमंत्री पटेल और गुजरात के वरिष्ठ मंत्री गण एवं वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय बैठक में हिस्सा लेंगे। बैठक में दोनों राज्यों में जन कल्याण से संबंधित महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा होगी।   recent visitors 48

राजस्व प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध होगी कार्रवाई

मध्यप्रदेश का स्थान राजस्व प्रकरणों के निराकरण में देश के अव्वल प्रदेशों में राजस्व प्रकरणों का निराकरण निर्धारित समय-सीमा में किया जाए राजस्व प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध होगी कार्रवाई राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने ली समीक्षा बैठक भोपाल राजस्व मंत्री करण सिंह वर्मा ने कहा है कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण में मध्यप्रदेश का स्थान देश के अव्वल प्रदेशों में है। उन्होंने कहा कि किसानों तथा भूधारकों के हित को ध्यान में रखते हुए राजस्व प्रकरणों के निराकरण के संबंध में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संकल्प को पूरा करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देशन में राजस्व महा अभियान 3.0 शुरू किया गया है। राजस्व मंत्री वर्मा ने इंदौर के रेसीडेंसी में इंदौर जिले के समस्त राजस्व अधिकारियों की बैठक ली। इस बैठक में जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, विधायक सुउषा ठाकुर, कलेक्टर आशीष सिंह सहित सभी अपर कलेक्टर, एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार और अन्य राजस्व अधिकारी मौजूद थे। बैठक में मंत्री वर्मा ने इंदौर जिले में चल रहे राजस्व महा अभियान 3.0 की प्रगति और राजस्व प्रकरणों के निराकरण की समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिए की सभी राजस्व प्रकरण निर्धारित समय सीमा में निराकृत किए जाएं। राजस्व प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही, लेतलाली तथा किसी भी प्रकार की त्रुटि अक्षम्य है। लापरवाही, लेतलाली एवं ऋटि करने वाले अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि राजस्व प्रकरणों का निराकरण हर हाल में समय सीमा में सुनिश्चित किया जाए। राजस्व प्रकरणों का निराकरण किसानों एवं भूधारकों के हित से जुड़ा हुआ विषय है। प्रधानमंत्री मोदी का संकल्प है कि किसानों को राजस्व प्रकरणों के निराकरण के संबंध में किसी भी तरह की परेशानी नहीं हो। प्रधानमंत्री मोदी के इसी संकल्प को पूरा करने के लिए मुख्यमंत्री डॉ. यादव के नेतृत्व में राजस्व महा अभियान चलाया जा रहा है। राजस्व प्रकरणों के निराकरण और राजस्व संबंधी अन्य कार्यों के लिए किसी को भी परेशान नहीं होना पड़े। सभी राजस्व अधिकारी किसानों एवं अन्य भू- धारकों के हित में पूर्ण लगन, ईमानदारी, मेहनत से संवेदनशील होकर कार्य करें। सभी राजस्व अधिकारी अपने अधिकारों के साथ ही कर्तव्यों पर भी विशेष ध्यान दें। बैठक में इंदौर कलेक्टर आशीष सिंह ने विगत दो राजस्व महा अभियान में प्राप्त उपलब्धियां तथा वर्तमान राजस्व महा अभियान 3.0 की प्रगति की जानकारी दी।   recent visitors 51

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 20 नवम्बर को प्रातः 9.15 बजे स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट रायपुर से नई दिल्ली रवाना हुए

रायपुर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय 20 नवम्बर को प्रातः 9.15 बजे स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट रायपुर से नई दिल्ली रवाना हुए। मुख्यमंत्री साय वहां संध्या  5.30 बजे से 7.30 बजे तक एम्फी थियेटर-1 भरतमंडपम में आयोजित छत्तीसगढ़ राज्य सांस्कृतिक दिवस कार्यक्रम में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री 21 नवम्बर को दोपहर 1.45 बजे नियमित विमान से रायपुर लौट आएंगे। यहां यह उल्लेखनीय है कि नई दिल्ली के प्रगति मैदान में 14 नवम्बर से 27 नवम्बर तक आयोजित 43वें भारत अंतर्राष्ट्रीय मेले में छत्तीसगढ़ राज्य की उपलब्धियों के प्रचार-प्रसार एवं प्रदर्शन के लिए कुल 11 स्टाल लगाए गए हैं, जहां विकसित छत्तीसगढ़ 2047 की अवधारणा पर छत्तीसगढ़ के ग्रामोद्योग, सेल्फ हेल्प ग्रुप, हाथकरघा, हस्तशिल्प, हर्बल एवं कृषि विभाग के प्रदर्शन स्टाल लगे हैं। 20 नवम्बर को यहां छत्तीसगढ़ राज्य सांस्कृतिक दिवस मनाया जाएगा। इस अवसर पर राज्य की समृद्ध संस्कृति एवं लोककला का प्रदर्शन होगा। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय छत्तीसगढ़ राज्य सांस्कृतिक दिवस कार्यक्रम में शामिल होंगे। recent visitors 61

प्रदेश में कृषि के लिये पर्याप्‍त मात्रा में विद्युत एवं सिंचाई की सुविधा उपलब्‍ध कराई जा रही है- CM यादव

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा है कि यह वर्ष पर्याप्‍त वर्षा एवं अनुकूल मौसम के कारण किसानों के लिए अच्‍छा रहा है, जिसके फलस्‍वरूप खरीफ फसल भी अच्‍छी रही है एवं रबी की बोवाई भी तेजी से हो रही है। प्रदेश में कृषि के लिये पर्याप्‍त मात्रा में विद्युत एवं सिंचाई की सुविधा उपलब्‍ध कराई जा रही है। अंतर्राष्‍ट्रीय कारणों से उर्वरक आपूर्ति में चुनौतियों के बाद भी खरीफ में किसानों को पर्याप्‍त उर्वरक उपलब्‍ध कराने के समुचित प्रयास किये गये। किसानों को रबी में निरंतर उर्वरक उपलब्‍ध कराया जा रहा है। निरंतर की जा रही है उर्वरक उपलब्धता की समीक्षा मुख्‍यमंत्री डॉ. यादव द्वारा की जा रही निरंतर उर्वरक उपलब्‍धता की समीक्षा एवं व्‍यक्तिगत प्रयासों के फलस्‍वरूप प्रदेश में डीएपी और एनपीके की 31 रेक एवं यूरिया की 20 रेक ट्रांजिट में है। डीएपी और एनपीके प्रतिदिन औसतन 11 हजार 500 मीट्रिक टन एवं यूरिया प्रतिदिन औसतन 16 हजार मीट्रिक टन प्राप्‍त हो रहे है। रबी 2024-25 के शेष अंतराल के लिये पर्याप्‍त उर्वरक व्‍यवस्‍था सुनिश्चित कराई जा रहा है। इसके लिए केन्द्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्रालय, दिल्ली से निरंतर समन्‍वय किया जा रहा है। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि खरीफ-2024 में 17.58 लाख मीट्रिक टन यूरिया का विक्रय हुआ था जो खरीफ-2023 में 15.54 लाख मीट्रिक टन था। इस वर्ष खरीफ में 2.04 लाख मीट्रिक टन यूरिया का अधिक विक्रय हुआ है। खरीफ-2024 में डीएपी और एनपीके 10.47 लाख मीट्रिक टन किसानों को विक्रय किया गया, जो विगत खरीफ-2023 में 10.56 लाख मीट्रिक टन था। इस प्रकार प्रदेश में खरीफ-2024 में उर्वरकों की पर्याप्‍त उपलब्‍धता रही है। रबी फसल मौसम में किसानों को कृषि कार्य के लिये पर्याप्‍त मात्रा में विद्युत एवं सिंचाई सुविधा उपलब्‍ध कराई जा रही है। अंतर्राष्‍ट्रीय कारणों से विशेषकर डीएपी उर्वरक आपूर्ति में चुनौतियों बनी हुई हैं। रबी 2024-25 में 1 अक्‍टूबर से अभी तक 7.3 लाख मीट्रिक टन यूरिया का विक्रय हुआ है, जबकि विगत वर्ष 1 अक्‍टूबर से 18 नवम्‍बर 2023 तक 7.4 लाख मीट्रिक टन यूरिया का‍विक्रय हुआ था। रबी 2024-25 में 1 अक्‍टूबर से अभी तक 6.1 लाख मीट्रिक टन डीएपी और एनपीके का विक्रय हुआ है, जबकि विगत वर्ष 1 अक्‍टूबर से 18 नवम्‍बर 2023 तक 6.3 लाख मीट्रिक टन डीएपी और एनपीके का‍विक्रय हुआ था। 254 अतिरिक्त नगद उर्वरक विक्रय केन्‍द्र स्‍वीकृत मार्कफेड के नगद उर्वरक विक्रय केन्‍द्रों पर भीड़ को नियंत्रित करने हेतु 254 अतिरिक्‍त नगद उर्वरक विक्रय केन्‍द्र स्‍वीकृत किये गये हैं। कलेक्‍टर की अनुशंसा पर 160 विक्रय केन्‍द्र प्रारंभ भी किये जा चुके हैं। उर्वरकों के अधिक मूल्‍य पर विक्रय एवं कालाबाजारी के प्रकरणों पर कार्रवाई करते हुए 40 प्रकरणों में पुलिस ने एफआईआर भी दर्ज कराई गई है। recent visitors 57

मुख्यमंत्री डॉ. यादव के निर्देश पर वन्य-जीव जंगली हाथी के रहवास, प्रबंधन एवं मानव-वन्य-जीव द्वंद के उपायों के अध्ययन के लिये भ्रमण पर जायेंगे वन अधिकारी

भोपाल मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के निर्देश पर प्रदेश में वन्य-जीव जंगली हाथी के रहवास, प्रबंधन एवं मानव-वन्य-जीव द्वंद के उपायों के संबंध में वन अधिकारियों का अध्ययन दल कर्नाटक एवं तमिलनाडु जाएगा। प्रधान मुख्य वन संरक्षक (वन्य-जीव) एवं मुख्य वन्य-जीव अभिरक्षक व्ही.एन. अम्बाडे ने इसके लिये निर्देश जारी कर दिये हैं। अम्बाडे ने बताया कि यह अध्ययन दल 30 नवम्बर तक अध्ययन करेगा। अध्ययन दल द्वारा मानव-हाथी संघर्ष प्रबंधन रणनीतियाँ, प्रभावी अवरोध, बंदी प्रबंधन, सामुदायिक सहभागिता और एआई के उपयोग विषय पर अध्ययन करेगा। अम्बाडे ने क्षेत्र संचालक, संजय टाइगर रिजर्व, बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व, कान्हा टाइगर रिजर्व और वन मण्डलाधिकारी उत्तर शहडोल, उमरिया, पश्चिम मण्डला, पूर्व मण्डला, सीधी, दक्षिण शहडोल, कटनी और अनूपपुर वन मण्डल को इस संबंध में आदेश जारी किये हैं। अम्बाडे ने बताया कि राज्य वन अधिकारियों के 2 बैच इस अध्ययन दौरे पर जायेंगे, जिसमें कर्नाटक और तमिलनाडु राज्य शामिल होंगे। दोनों बेचों के लिये एपीसीसीएफ वाइल्ड लाइफ एल. कृष्णमूर्ति समन्वयक होंगे। प्रथम अध्ययन दल 23 नवम्बर तक अध्ययन करेगा, जिसमें टीम प्रभारी आईएफएस अमित कुमार दुबे एवं फील्ड डायरेक्टर संजय टाइगर रिजर्व के नेतृत्व में उप संचालक बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व, डीएफओ शहडोल उत्तर, उमरिया, मण्डला पश्चिम और सीधी वन संभाग के साथ एक-एक रेंज अधिकारी कान्हा, बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व, शहडोल उत्तर, उमरिया, मण्डला पश्चिम और सीधी वन संभाग, पशु चिकित्सक संजय टाइगर रिजर्व के अधिकारी प्रथम बैच में शामिल रहेंगे। दूसरा अध्ययन दल 25 से 30 नवम्बर तक अध्ययन करेगा। इसमें टीम प्रभारी डॉ. अनुपम सहाय आईएफएस एवं फील्ड डायरेक्टर बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व टीम में डिप्टी डायरेक्टर संजय टाइगर रिजर्व, कान्हा टाइगर रिजर्व बफर, डीएफओ शहडोल दक्षिण, मण्डला पूर्व, कटनी, अनूपपुर वन संभाग, एडीजी संजय टाइगर रिजर्व, एसडीओ शहडोल दक्षिण, मण्डला पूर्व, कटनी, अनूपपुर वन संभाग, एक-एक रेंज अधिकारी संजय टाइगर रिजर्व, शहडोल दक्षिण, मण्डला पूर्व, कटनी, अनूपपुर वन संभाग और पशु चिकित्सक बाँधवगढ़ टाइगर रिजर्व शामिल रहेंगे।   recent visitors 58

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन जल्द ही भारत का दौरा कर सकते हैं, जल्द होगा तारीखों का ऐलान!

मॉस्को क्रेमलिन के प्रेस सचिव दिमित्री पेसकोव ने मंगलवार को कहा कि रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन जल्द ही भारत का दौरा कर सकते हैं। रूस की प्रमुख समाचार एजेंसी आरआईए नोवोस्ती ने पेस्कोव के हवाले से कहा, "मुझे उम्मीद है कि जल्द ही, बहुत जल्द ही हम उनकी (व्लादिमीर पुतिन) यात्रा की सटीक तारीखें तय कर लेंगे। आप जानते हैं कि हमारे नेता एक-दूसरे के यहां दौरे करते रहते हैं। इसलिए, निश्चित रूप से, प्रधानमंत्री मोदी की रूस की दो यात्राओं के बाद, अब राष्ट्रपति पुतिन के भारत आने की उम्मीद है।' पेस्कोव ने कहा, "हम इसका बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। हम इस यात्रा के लिए बहुत सावधानी से तैयारी शुरू करेंगे। हम इस क्षण को बहुत महत्व देते हैं। अभी मेरे पास कोई तारीख नहीं है।" राष्ट्रपति के प्रेस सचिव ने यह भी बताया कि रूसी राष्ट्रपति के साथ अपने संबंधों के कारण भारतीय प्रधानमंत्री यूक्रेन में चल रहे संघर्ष के बारे में प्रत्यक्ष जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। पेसकोव ने कहा, "कम से कम वह (पीएम मोदी) सीधे तौर पर (रूसी राष्ट्रपति से) जानकारी प्राप्त कर सकते हैं, यह बहुत महत्वपूर्ण है। इससे प्रधानमंत्री मोदी को स्थिति का निष्पक्ष मूल्यांकन करने का अवसर मिलता है, न कि बाहर से सूचना और प्रचार के दबाव में आने का।" उन्होंने यह बात स्पुतनिक की ओर से आयोजित 'भारतीय और रूसी मीडिया के बीच सहयोग के नए अवसर: भारत और रूस के लोगों के बीच संबंधों को मजबूत करना' विषय पर आयोजित एक मीटिंग में कही। पेस्कोव के अनुसार, रूसी राष्ट्रपति सभी देशों की मदद की बहुत सराहना करते हैं, खासकर उन देशों की जिनके साथ मास्को के अच्छे संबंध हैं, जैसे भारत। क्रेमलिन के प्रेस सचिव ने कह, "हम यूक्रेन में संघर्ष के समाधान को सुगम बनाने के उद्देश्य से सभी संभावित देशों के प्रयासों की वास्तव में सराहना करते हैं। खासकर जब ये प्रयास भारत जैसे हमारे महान दोस्तों की तरफ से आते हैं। इस अर्थ में, राष्ट्रपति पुतिन वास्तव में प्रधानमंत्री मोदी द्वारा किए गए प्रयासों की सराहना करते हैं। वह इसके लिए प्रधानमंत्री मोदी के आभारी हैं।" recent visitors 53